बोरीवली के राधाकृष्ण होटल में डोसे में चूहा मिलने का वीडियो वायरल होने के बाद होटल मालिक से ₹25 लाख की कथित जबरन वसूली की मांग हुई। ₹6 लाख लेते दो महिलाएं पुलिस के जाल में फंसीं।
मुंबई: बोरीवली के राधाकृष्ण होटल में डोसे के अंदर चूहा मिलने का वीडियो वायरल होने के बाद शुरू हुआ विवाद अब कथित जबरन वसूली के मामले तक पहुंच गया है। होटल मालिक से कथित तौर पर ₹25 लाख की मांग की गई थी। बातचीत के बाद रकम ₹7 लाख तय हुई। इसमें से ₹1 लाख दिए जाने के बाद बाकी ₹6 लाख लेते समय दो महिलाओं को पुलिस ने पकड़ लिया। मामले में बोरीवली पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(2) और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया है।
पुलिस के अनुसार, पकड़ी गई महिलाओं की पहचान मानसी अमित आचार्य, उम्र 36 वर्ष और किंजल सुभाष भाटिया, उम्र 29 वर्ष के रूप में हुई है। दोनों पर आरोप है कि उन्होंने होटल मालिक से कार्रवाई और मामला दर्ज कराने से बचने के लिए पैसों की मांग की।
24 सितंबर की रात शुरू हुआ था विवाद
जानकारी के अनुसार, 24 सितंबर 2026 की रात करीब 9 बजे बोरीवली पश्चिम स्थित राधाकृष्ण होटल-बैंक्वेट-फास्ट फूड में एक ग्राहक को दिए गए मसाला डोसे में चूहा मिलने का आरोप सामने आया था। इस घटना का वीडियो बनाया गया और 26 सितंबर के आसपास वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
वीडियो सामने आने के बाद खाद्य एवं औषधि प्रशासन यानी एफडीए ने होटल का निरीक्षण किया। जांच के दौरान केवल डोसे में चूहा मिलने की शिकायत ही नहीं, बल्कि होटल में साफ-सफाई और खाद्य सुरक्षा से जुड़ी कई कमियां भी सामने आने की जानकारी है।
एफडीए की कार्रवाई में होटल का खाद्य लाइसेंस निलंबित किया गया। निरीक्षण के दौरान मक्खियां, फर्श पर रखी खाद्य सामग्री, खाद्य पदार्थों के अनुचित भंडारण और नाली एवं जल निकासी व्यवस्था से जुड़ी गंदगी जैसी कमियां सामने आई थीं। महाराष्ट्र एफडीए के आयुक्त तुकाराम मुंढे और खाद्य विभाग के संयुक्त आयुक्त संतोष कृष्ण कांबळे के स्तर पर विभागीय कार्रवाई की जानकारी भी सामने आई है।
₹25 लाख से शुरू हुई कथित मांग
पुलिस के अनुसार, 30 सितंबर से 5 अक्टूबर के बीच होटल मालिक से संपर्क कर कथित तौर पर ₹25 लाख की मांग की गई। बातचीत के बाद रकम घटाकर ₹7 लाख करने पर सहमति बनी।
इस रकम में से ₹1 लाख 30 सितंबर को दिए जाने की बात पुलिस जांच में सामने आई है। इसके बाद बाकी ₹6 लाख 5 अक्टूबर को देने की बात तय हुई। पुलिस ने इसी दौरान जाल बिछाया।
5 अक्टूबर को करीब शाम 5:45 बजे जब दोनों महिलाएं बाकी ₹6 लाख लेने पहुंचीं, तब पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया। पुलिस ने इस मामले में बोरीवली पुलिस स्टेशन में CR No. 1265/2026 दर्ज किया है।
गिरफ्तारी की स्थिति में क्या है?
इस मामले में दोनों महिलाओं को ₹6 लाख लेते समय पुलिस ने पकड़ा है। हालांकि उपलब्ध जानकारी में उनकी आगे की कानूनी स्थिति को लेकर अलग-अलग विवरण सामने आए हैं। इसलिए फिलहाल इतना स्पष्ट है कि दोनों पुलिस की कार्रवाई में पकड़ी गई हैं और मामले की जांच जारी है।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि कथित पैसों की मांग में इनके अलावा किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका थी या नहीं। उपलब्ध जानकारी में अमर नाम के एक व्यक्ति का भी उल्लेख सामने आया है, जिसकी भूमिका की पुष्टि जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।
वीडियो बनाने और वायरल करने को लेकर भी जांच
डोसे में चूहा मिलने की मूल घटना और उसका वीडियो कैसे बना, इसकी भी जांच जारी है। उपलब्ध जानकारी में अमित त्रिवेदी का नाम उस घटनाक्रम से जुड़ा बताया गया है। हालांकि मूल घटना में चूहा डोसे तक कैसे पहुंचा, इसे लेकर अभी अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है।
यानी एक तरफ होटल में खाद्य सुरक्षा और साफ-सफाई से जुड़ी एफडीए की कार्रवाई हुई, वहीं दूसरी तरफ इसी घटना को लेकर होटल मालिक से कथित रूप से पैसे मांगने का मामला सामने आया है। पुलिस अब दोनों घटनाक्रमों के बीच की पूरी कड़ी की जांच कर रही है।
पुलिस टीम ने ऐसे पकड़ा
इस कार्रवाई में उत्तर क्षेत्र-2 के पुलिस उपायुक्त संदीप घुगे, सहायक पुलिस आयुक्त संतोष धनवटे, वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक पुष्पलता मंडले, पुलिस निरीक्षक अपराध दिग्विजय पाटील के मार्गदर्शन में अपराध जांच टीम ने कार्रवाई की।
टीम में राजू कोरडे, पुलिस कांस्टेबल 092951 पेडणेकर, पुलिस कांस्टेबल 111809 जाधव और महिला पुलिस कांस्टेबल 112473 नवले शामिल थीं।
मामला अब किस दिशा में जाएगा?
बोरीवली पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(2) और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया है। धारा 308(2) जबरन वसूली से संबंधित है, जबकि धारा 3(5) समान उद्देश्य से किए गए कृत्य में साझा मंशा से जुड़ी है।
अब पुलिस कथित रूप से मांगी गई रकम, पहले दिए गए ₹1 लाख, 5 अक्टूबर को लिए जाने वाले ₹6 लाख, फोन और अन्य संपर्कों तथा इस पूरे घटनाक्रम में शामिल संभावित अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। वहीं डोसे में चूहा मिलने की मूल घटना और होटल की खाद्य सुरक्षा से जुड़ी एफडीए कार्रवाई भी इस पूरे मामले का अहम हिस्सा बनी हुई है।
