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Jhansi News: मुंबई की बोरीवली कोर्ट में पेपर सप्लाई का ऑर्डर दिलाने के नाम पर कारोबारी से 51 लाख की कथित ठगी, पांच पर FIR।
झांसी: उत्तर प्रदेश के झांसी जिले में एक कारोबारी से मुंबई की बोरीवली मजिस्ट्रेट कोर्ट में पेपर सप्लाई का बड़ा ऑर्डर दिलाने के नाम पर 51.62 लाख रुपये की कथित ठगी का मामला सामने आया है। आरोप है कि खुद को कोर्ट का परचेज अधिकारी बताने वाले व्यक्ति ने कारोबारी से करीब 17 हजार पेपर की सप्लाई कराई और भुगतान के बदले फर्जी चेक दिए। पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
झांसी के कोतवाली क्षेत्र में सराय जामा मस्जिद के पास रहने वाले कारोबारी मोहम्मद इरशाद की मोहम्मद एंटरप्राइजेज नाम से फर्म है। पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, 24 अप्रैल को उनके पास एक व्यक्ति ने फोन कर खुद को मुंबई की बोरीवली मजिस्ट्रेट कोर्ट का परचेज अधिकारी बताया। उसने कोर्ट के लिए बड़ी मात्रा में पेपर की जरूरत होने की बात कही और जेम पोर्टल के जरिए खरीदारी की जानकारी दी।
बड़े ऑर्डर का झांसा देकर कराई पेपर की सप्लाई
शिकायत के मुताबिक, कारोबारी ने कम दरों का हवाला देते हुए सीधे सप्लाई करने में रुचि नहीं दिखाई। इसके बाद कथित आरोपी ने उनसे कोटेशन मंगवाया और उसे मंजूर होने की जानकारी दी। इसके बाद पेपर सप्लाई का ऑर्डर देने की बात कही गई।
आरोप है कि इसके बाद कारोबारी को एक परिचित वेंडर से तत्काल माल उपलब्ध कराने के लिए संपर्क कराया गया। कारोबारी ने इस भरोसे पर करीब 51.62 लाख रुपये की लागत से लगभग 17 हजार पेपर खरीदकर सप्लाई कर दिए।
भुगतान के नाम पर दिए गए चेक नहीं हुए क्लियर
मामले में आरोप है कि रौनक एंटरप्राइजेज के पार्टनर द्रिवेंद्र पाठक के कहने पर आफरीन हुसैन सैयद के खाते में 33.36 लाख रुपये का भुगतान कराया गया। वेंडर की ओर से माल भेजे जाने की पुष्टि भी की गई और कथित तौर पर निराला मदन ने माल प्राप्त होने की जानकारी दी।
हालांकि, बिल के एवज में कारोबारी को केवल 3.65 लाख रुपये का भुगतान किया गया। शेष रकम मांगने पर कथित आरोपी पक्ष ने 14.63 लाख रुपये और 17.65 लाख रुपये के दो चेक दिए।
शिकायतकर्ता के अनुसार, इन चेकों पर एसीजेएम, बोरीवली के परचेज अधिकारी की मुहर भी लगी हुई थी। लेकिन बैंक में जमा करने के बाद चेकों का भुगतान नहीं हो सका।
बैंक औपचारिकताओं के नाम पर लगातार टालमटोल
चेक बाउंस होने के बाद कारोबारी ने भुगतान के लिए संपर्क किया। आरोप है कि निराला मदन ने अकाउंट ऑफिसर महेश चौहान का हवाला देते हुए बैंक से जुड़ी औपचारिकताओं का बहाना बनाया और भुगतान को लगातार टालता रहा।
काफी समय बाद 3 जुलाई को 58.36 लाख रुपये के भुगतान का एक और चेक देने की बात कही गई। शिकायत के मुताबिक, यह चेक भी भुन नहीं सका।
जांच में सामने आया कथित आरोपी का दूसरा नाम
शिकायतकर्ता के मुताबिक, जब उन्होंने मामले की जानकारी जुटाई तो उन्हें पता चला कि निराला मदन नाम से संपर्क करने वाले व्यक्ति का वास्तविक नाम पुनीत वेदप्रकाश बगड़िया है। इसके बाद कारोबारी को कथित ठगी का एहसास हुआ।
आरोप है कि जब कारोबारी ने अपने रुपये वापस मांगे तो माल वापस लेने के नाम पर भी उन्हें कथित तौर पर टालमटोल का सामना करना पड़ा।
पांच लोगों के खिलाफ FIR, पुलिस कर रही जांच
पीड़ित कारोबारी की शिकायत पर पुलिस ने द्रिवेंद्र पाठक, निराला मदन उर्फ पुनीत वेदप्रकाश बगड़िया, आफरीन हुसैन सैयद, महेश चौहान समेत पांच लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और अन्य संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की है।
कोतवाली थाना प्रभारी राजेश कुमार के मुताबिक, कारोबारी के साथ व्यापारिक लेनदेन के नाम पर धोखाधड़ी की शिकायत मिली है। मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।
फिलहाल पुलिस मामले में आरोपों की जांच कर रही है। आरोपियों की भूमिका, भुगतान से जुड़े बैंक खातों और कथित फर्जी दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है।
मुंबई में आज रात भी भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है। IMD के ताजा अपडेट में 22 जुलाई के लिए Heavy to Very Heavy Rainfall की चेतावनी।
मुंबई: बुधवार शाम 7:33 बजे तक बारिश का खतरा खत्म नहीं हुआ है। IMD के ताजा आधिकारिक अपडेट के अनुसार, 22 जुलाई को मुंबई-सांताक्रूज क्षेत्र में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दर्ज है। 23 जुलाई को भी भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। ऐसे में मुंबईकरों को आज रात और कल सुबह यात्रा के दौरान विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
मुंबई में मानसून एक बार फिर सक्रिय है और बुधवार, 22 जुलाई 2026 की शाम तक बारिश का खतरा बना हुआ है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा अपडेट के अनुसार, मुंबई-सांताक्रूज के लिए 22 जुलाई को Heavy to Very Heavy Rainfall की चेतावनी दर्ज की गई है।
इसका मतलब है कि पहले जारी किए गए सामान्य बारिश वाले अपडेट की तुलना में मौजूदा स्थिति को अधिक गंभीरता से लेना जरूरी है। मुंबई में रात के दौरान भी बारिश के तेज दौर की संभावना बनी हुई है।
मुंबई में आज रात भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी
IMD के आधिकारिक मुंबई-सांताक्रूज मौसम अपडेट में 22 जुलाई के लिए Generally Cloudy Sky with Heavy Rain का पूर्वानुमान दिया गया है और Heavy to Very Heavy Rainfall कि चेतावनी दी गई है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, बुधवार सुबह 8:30 बजे तक पिछले 24 घंटों में सांताक्रूज में 48.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है।
इसलिए शाम और रात के समय मुंबई के अलग-अलग इलाकों में बारिश की तीव्रता में अचानक बढ़ोतरी हो सकती है। शहर के निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बनने पर सड़क यातायात प्रभावित हो सकता है।
23 जुलाई को भी बारिश से राहत की उम्मीद कम
IMD के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, 23 जुलाई को भी मुंबई में भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। इसके बाद 24 जुलाई से बारिश की तीव्रता में कुछ कमी आने का अनुमान है और मौसम सामान्य रूप से बादलों से घिरा रहने के साथ मध्यम बारिश हो सकती है।
इसका मतलब है कि मुंबईकरों को अगले 24 घंटों के दौरान मौसम को लेकर सतर्क रहने की जरूरत है।
आज रात मुंबई में बाहर निकलने वालों के लिए जरूरी सावधानी
भारी बारिश की चेतावनी के बीच आज रात यात्रा करने वालों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। खासकर:
निचले इलाकों और जलभराव वाले रास्तों से बचें।
तेज बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा टालें।
वाहन चलाते समय कम दृश्यता और फिसलन का ध्यान रखें।
पेड़, बिजली के खंभों और कमजोर संरचनाओं के नीचे खड़े होने से बचें।
समुद्र किनारे जाने से पहले स्थानीय प्रशासन की चेतावनी जरूर देखें।
लोकल ट्रेन, सड़क और अन्य परिवहन सेवाओं के लिए आधिकारिक अपडेट पर नजर रखें।
मुंबई में स्कूल बंद होने को लेकर क्या अपडेट है?
उपलब्ध ताजा जानकारी के अनुसार, मुंबई में सभी स्कूलों और कॉलेजों के लिए शहरव्यापी बंदी की कोई नई आधिकारिक घोषणा इस अपडेट के समय तक सामने नहीं आई है।
हालांकि, भारी बारिश की स्थिति में स्थानीय प्रशासन, शिक्षा विभाग या संबंधित स्कूल अपने स्तर पर निर्णय ले सकते हैं। इसलिए अभिभावकों और छात्रों को स्कूल प्रबंधन तथा प्रशासन की आधिकारिक सूचना को प्राथमिकता देनी चाहिए।
25 से 28 जुलाई: सामान्य रूप से बादल और मध्यम बारिश की संभावना।
मुंबई में बुधवार रात बारिश का खतरा अभी खत्म नहीं हुआ है। IMD के ताजा आधिकारिक अपडेट में 22 जुलाई के लिए भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दर्ज है। 23 जुलाई को भी भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। इसलिए मुंबईकरों को आज रात गैर-जरूरी यात्रा से बचने और स्थानीय मौसम व प्रशासनिक अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी जाती है।
यह अपडेट 22 जुलाई 2026 की शाम उपलब्ध IMD जानकारी के आधार पर तैयार किया गया है। मौसम की स्थिति तेजी से बदल सकती है।
IMD के ताजा अपडेट में 22 जुलाई के लिए मुंबई-सांताक्रूज क्षेत्र में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दर्ज है।
क्या 23 जुलाई को भी मुंबई में बारिश होगी?
हां, IMD के अनुसार 23 जुलाई को भी मुंबई में भारी बारिश की संभावना बनी हुई है।
क्या मुंबई में आज रात यात्रा करना सुरक्षित है?
बारिश की तीव्रता और स्थानीय जलभराव के आधार पर स्थिति बदल सकती है। गैर-जरूरी यात्रा से बचना और स्थानीय प्रशासन व परिवहन सेवाओं के आधिकारिक अपडेट देखना बेहतर है।
अजित पवार की जयंती पर महाराष्ट्र विधान भवन में राहुल नार्वेकर, सचिन अहीर और बाबासाहेब पाटील ने प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
(मंत्रालय प्रतिनिधि) मुंबई: महाराष्ट्र के दिवंगत उपमुख्यमंत्री अजित पवार की जयंती पर बुधवार, 22 जुलाई 2026 को मुंबई स्थित विधान भवन में उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर, विधान परिषद के उपसभापति सचिन अहीर और सहकारिता मंत्री बाबासाहेब पाटील ने उनकी प्रतिमा पर पुष्पहार अर्पित कर अभिवादन किया।
अजित पवार की जयंती के अवसर पर महाराष्ट्र में विभिन्न स्थानों पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किए गए। राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने भी मुंबई स्थित लोक भवन में अजित पवार के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की।
विधान भवन में अजित पवार को दी गई श्रद्धांजलि
विधान भवन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष एडवोकेट राहुल नार्वेकर, महाराष्ट्र विधान परिषद के उपसभापति सचिन अहीर और सहकारिता मंत्री बाबासाहेब पाटील ने अजित पवार की प्रतिमा पर पुष्पहार अर्पित किया।
इस अवसर पर विधान परिषद सदस्य शिवाजीराव गर्जे सहित महाराष्ट्र विधानमंडल सचिवालय के वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी भी मौजूद रहे। अधिकारियों और कर्मचारियों ने अजित पवार की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
विधान भवन की तस्वीर
अधिकारियों और कर्मचारियों ने भी किया अभिवादन
श्रद्धांजलि कार्यक्रम में महाराष्ट्र विधानमंडल सचिवालय के सचिव जितेंद्र भोळे, सचिव शिवदर्शन साठ्ये, सहसचिव राजेश तारवी, उपसचिव विजय कोमटवार तथा वि. स. पागे संसदीय प्रशिक्षण केंद्र एवं जनसंपर्क अधिकारी निलेश मदाने सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने दिवंगत अजित पवार के सार्वजनिक जीवन और महाराष्ट्र के राजनीतिक एवं प्रशासनिक क्षेत्र में उनके योगदान को याद किया।
महाराष्ट्र में कई जगहों पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम
अजित पवार की जयंती के अवसर पर राज्य के विभिन्न हिस्सों में भी श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किए गए। लोक भवन मुंबई में राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने भी उन्हें श्रद्धांजलि दी। वहीं, राज्य सरकार और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी की ओर से भी जयंती के अवसर पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी ने 22 से 26 जुलाई तक ‘जनसेवा सप्ताह’ आयोजित करने की घोषणा की है। इसके तहत राज्यभर में जनसेवा, स्वास्थ्य, पर्यावरण, महिला सशक्तिकरण, युवा और कृषि से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाने की जानकारी सामने आई है।
अजित पवार की जयंती पर विधान भवन में आयोजित श्रद्धांजलि कार्यक्रम में महाराष्ट्र के विधायी और प्रशासनिक तंत्र से जुड़े कई वरिष्ठ अधिकारियों ने उन्हें याद किया। प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उनके सार्वजनिक जीवन और राज्य के लिए किए गए योगदान को सम्मानपूर्वक स्मरण किया गया।
प्रश्न: अजित पवार की जयंती कब मनाई गई? उत्तर: अजित पवार की जयंती 22 जुलाई 2026 को मनाई गई।
प्रश्न: विधान भवन में अजित पवार को किसने श्रद्धांजलि दी? उत्तर: विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर, विधान परिषद के उपसभापति सचिन अहीर और सहकारिता मंत्री बाबासाहेब पाटील ने उनकी प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
शरद पवार और सुप्रिया सुले ने PM मोदी से मुलाकात कर जंतर-मंतर के CJP आंदोलन और छात्रों की मांगों पर चर्चा की। पढ़ें पूरी जानकारी।
(मंत्रालय प्रतिनिधि, मुंबई) नई दिल्ली: राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के अध्यक्ष शरद पवार और सांसद सुप्रिया सुले ने बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से संसद भवन में मुलाकात की। यह बैठक एक दिन पहले जंतर-मंतर पहुंचकर CJP आंदोलनकारी छात्रों से मुलाकात करने के बाद हुई। पार्टी के अनुसार, पवार ने प्रदर्शनकारियों की मांगों और परीक्षा व्यवस्था से जुड़ी चिंताओं को प्रधानमंत्री के सामने रखा।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे CJP (Cockroach Janta Party) आंदोलन के बीच बुधवार को एक महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया। एनसीपी (शरदचंद्र पवार) प्रमुख शरद पवार और महाराष्ट्र के बारामती से सांसद सुप्रिया सुले ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की।
यह मुलाकात ऐसे समय हुई है जब जंतर-मंतर पर छात्रों और प्रदर्शनकारियों का आंदोलन जारी है और परीक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं को लेकर सरकार से जवाबदेही की मांग की जा रही है।
शरद पवार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने आंदोलनकारी छात्रों की मांगों और उनकी चिंताओं को उठाया। एनसीपी (शरदचंद्र पवार) की ओर से बताया गया कि पवार ने प्रदर्शनकारियों की बात को गंभीरता से लेने और उनकी मांगों पर समाधान निकालने की आवश्यकता पर चर्चा की।
शरद पवार, प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी और सुप्रिया सुले की मुलाकात की तस्वीर
पवार ने इससे एक दिन पहले जंतर-मंतर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों से मुलाकात की थी। उन्होंने छात्रों की मांगों को सुना और केंद्र सरकार से इस मुद्दे पर संवेदनशीलता के साथ विचार करने की अपील की।
एक दिन पहले जंतर-मंतर पहुंचे थे शरद पवार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात से एक दिन पहले शरद पवार और सुप्रिया सुले जंतर-मंतर पहुंचे। वहां उन्होंने CJP और छात्र प्रदर्शनकारियों से मुलाकात की।
यह आंदोलन परीक्षा व्यवस्था में कथित गड़बड़ियों और NEET से जुड़े आरोपों को लेकर चल रहा है। प्रदर्शनकारी छात्रों की ओर से परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता, जवाबदेही और कथित अनियमितताओं पर कार्रवाई की मांग की जा रही है।
शरद पवार और सुप्रिया सुले की प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में भी चर्चाएं तेज हो गई हैं। कुछ रिपोर्टों में इस बैठक को लेकर राजनीतिक अटकलों का उल्लेख किया गया है, लेकिन इस मुलाकात का आधिकारिक एजेंडा या विस्तृत बातचीत सार्वजनिक नहीं की गई है।
इसलिए बैठक को किसी संभावित राजनीतिक गठबंधन या भविष्य के राजनीतिक फैसले से जोड़ना फिलहाल अटकलों के दायरे में है। प्रधानमंत्री कार्यालय और शरद पवार के कार्यालय की ओर से बैठक में हुई पूरी बातचीत का विस्तृत ब्यौरा सार्वजनिक नहीं किया गया है।
BJP नेता प्रवीण दरेकर ने की शरद पवार की पहल की सराहना
महाराष्ट्र बीजेपी के वरिष्ठ नेता प्रवीण दरेकर ने शरद पवार की पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि शरद पवार देश के वरिष्ठ नेता हैं और जब भी कोई गंभीर स्थिति सामने आती है, तो वे समाधान निकालने की कोशिश करते हैं।
दरेकर ने पवार की राजनीतिक शैली पर टिप्पणी करते हुए कहा कि उनकी राजनीति को समझना आसान नहीं है, लेकिन छात्रों के आंदोलन को लेकर की गई उनकी पहल की वह सराहना करते हैं।
आंदोलन की पृष्ठभूमि क्या है?
जंतर-मंतर पर चल रहा आंदोलन परीक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं और NEET से जुड़े विवादों को लेकर है। प्रदर्शनकारी छात्रों और समर्थकों की ओर से परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग की जा रही है।
यह आंदोलन इस वक्त दिल्ली से आगे मुंबई, बेंगलुरु और कोलकाता जैसे शहरों तक भी चर्चा में है। विरोध के बीच संसद की कार्यवाही पर भी राजनीतिक दबाव बढ़ने की खबरें सामने आ रही है।
शरद पवार और सुप्रिया सुले की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात को जंतर-मंतर पर चल रहे CJP और छात्र आंदोलन के संदर्भ में एक महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाक्रम माना जा रहा है। पवार ने प्रदर्शनकारियों की मांगों को प्रधानमंत्री के सामने रखने की बात सामने आई है, लेकिन बैठक में किसी ठोस निर्णय या तत्काल सरकारी घोषणा की आधिकारिक जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
आंदोलन और सरकार के बीच आगे कोई औपचारिक बातचीत या निर्णय होता है या नहीं, इस पर अब नजर बनी हुई है।
Q. शरद पवार और सुप्रिया सुले PM मोदी से क्यों मिले? जंतर-मंतर पर चल रहे CJP और छात्र आंदोलन से जुड़ी मांगों और परीक्षा व्यवस्था संबंधी चिंताओं पर चर्चा के लिए यह मुलाकात हुई।
Q. क्या PM मोदी ने आंदोलन को लेकर कोई फैसला किया है? अभी तक बैठक के बाद किसी ठोस निर्णय या तत्काल सरकारी घोषणा की आधिकारिक जानकारी सार्वजनिक नहीं हुई है।
Mumbai Protest Today: शिवाजी पार्क में प्रदर्शन जारी, चेंबूर में भी विरोध की खबर। मुंबई पुलिस ने कई इलाकों में सुरक्षा बढ़ाई और निषेधाज्ञा लागू की।
मुंबई: CJP आंदोलन के समर्थन में मुंबई में भी विरोध-प्रदर्शन का सिलसिला जारी है। 22 जुलाई को शिवाजी पार्क में छात्रों और समर्थकों की भीड़ जुटी है, जबकि चेंबूर में भी पुलिस कार्रवाई के विरोध में प्रदर्शन हुआ। पुलिस ने दक्षिण मुंबई सहित कई संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा बढ़ाई है। 23 जुलाई से 6 अगस्त तक पांच या उससे अधिक लोगों के सार्वजनिक जमावड़े पर प्रतिबंध का आदेश भी जारी किया गया है।
मुंबई में आज, 22 जुलाई 2026, CJP आंदोलन के समर्थन में प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई को लेकर तनाव का माहौल बना हुआ है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन और उसके बाद पुलिस कार्रवाई के विरोध में मुंबई के कई हिस्सों में पिछले कुछ दिनों से विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं।
उपलब्ध ताजा रिपोर्टों के अनुसार, शिवाजी पार्क, दादर और चेंबूर इस पूरे घटनाक्रम के प्रमुख केंद्र रहे हैं। वहीं, दक्षिण मुंबई में आजाद मैदान, CSMT और BMC मुख्यालय के आसपास पुलिस की भारी तैनाती की गई है।
Mumbai Protest Today: आज मुंबई में कहां-कहां प्रदर्शन ?
शिवाजी पार्क, दादर
आज के लिए सबसे स्पष्ट और प्रमुख प्रदर्शन स्थल शिवाजी पार्क रहा। खबर के मुताबिक, मंगलवार शाम यहां 500 से अधिक युवा और छात्र प्रदर्शन में शामिल हुए। बारिश के बावजूद प्रदर्शनकारी यहां मौजूद रहे और शिक्षा व्यवस्था तथा CJP आंदोलन से जुड़े मुद्दों को लेकर नारे लगाए। पुलिस ने कुछ प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया, जिसके बाद प्रदर्शनकारियों और उच्च अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद उन्हें थोड़े समय के लिए प्रदर्शन की अनुमति दी गई।
चेंबूर
चेंबूर के शिवाजी नगर/शिद्धार्थ कॉलोनी क्षेत्र में भी दिल्ली में छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई के विरोध में प्रदर्शन हुए। यहां के स्थानीय निवासियों ने दिल्ली में छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में प्रदर्शन किया।
आजाद मैदान और दक्षिण मुंबई
आजाद मैदान, CSMT और BMC मुख्यालय के आसपास मुंबई पुलिस की अतिरिक्त तैनाती की गई है। यह तैनाती संभावित विरोध प्रदर्शनों और भीड़ जुटने की आशंका को देखते हुए की गई है। इन इलाकों को मुख्य रूप से संवेदनशील या संभावित सभा स्थलों के रूप में बताया जाता है। इसलिए पुलिस ने दक्षिण मुंबई के कई हिस्सों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई और पुलिस मार्च भी किए।
मुंबई पुलिस ने सुरक्षा क्यों बढ़ाई?
यह पूरा घटनाक्रम दिल्ली के जंतर-मंतर और संसद मार्च से जुड़ा हुआ है। CJP आंदोलन के समर्थकों ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार और NEET से जुड़े कथित अनियमितताओं के मुद्दे पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की जा रही है।
20 जुलाई को दिल्ली में CJP के संसद मार्च के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच टकराव के बाद मुंबई सहित कई शहरों में विरोध प्रदर्शन तेज हुए। इसके बाद मुंबई पुलिस ने संभावित सभाओं को रोकने के लिए शहर के प्रमुख स्थानों पर सुरक्षा बढ़ा दी है।
1,000 से अधिक प्रदर्शनकारियों को नोटिस, कई FIR दर्ज
मुंबई में पिछले दिनों हुए प्रदर्शनों को लेकर पुलिस ने बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कार्रवाई की है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक, शनिवार, रविवार और सोमवार को आजाद मैदान, शिवाजी पार्क और चैत्यभूमि में हुए प्रदर्शनों के संबंध में करीब 1,000 लोगों को पुलिस कार्रवाई का सामना करना पड़ा और नोटिस जारी किए गए। इस सिलसिले में लगभग 12 FIR दर्ज की गई हैं।
मुंबई पुलिस ने 23 जुलाई से 6 अगस्त 2026 तक सार्वजनिक स्थानों पर पांच या उससे अधिक लोगों के जमावड़े पर रोक लगाने का आदेश जारी किया है। पुलिस के अनुसार, यह आदेश शांति भंग और सार्वजनिक व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका को देखते हुए लागू किया गया है।
इसका मतलब यह है कि इस अवधि में किसी भी सार्वजनिक सभा या प्रदर्शन के लिए लागू स्थानीय अनुमति और प्रशासनिक निर्देशों का पालन करना जरूरी होगा। किसी भी विरोध प्रदर्शन में शामिल होने से पहले नागरिकों को स्थानीय पुलिस और प्रशासन के आधिकारिक निर्देशों की जानकारी लेनी चाहिए।
आज मुंबई में पुलिस की तैनाती कहां-कहां?
उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, पुलिस की विशेष मौजूदगी और निगरानी इन प्रमुख क्षेत्रों में रही:
शिवाजी पार्क और दादर
चेंबूर के कुछ इलाके
आजाद मैदान
CSMT
BMC मुख्यालय के आसपास
दक्षिण मुंबई के अन्य संवेदनशील क्षेत्र
हालांकि, यह सूची पुलिस तैनाती और रिपोर्ट किए गए प्रदर्शन स्थलों पर आधारित है। इसे मुंबई में आज होने वाले सभी प्रदर्शन स्थलों की आधिकारिक और पूर्ण सूची नहीं माना जाना चाहिए।
मुंबई में विरोध प्रदर्शनों को लेकर सोशल मीडिया पर कई संदेश और पोस्ट तेजी से साझा किए जा रहे हैं। इनमें शिवाजी पार्क, चेंबूर और अन्य स्थानों के नाम शामिल हैं। लेकिन सोशल मीडिया पोस्ट में दी गई जानकारी हमेशा आधिकारिक रूप से सत्यापित नहीं होती।
इसलिए नागरिकों को किसी भी वायरल पोस्ट के आधार पर किसी स्थान पर पहुंचने के बजाय मुंबई पुलिस, स्थानीय प्रशासन या विश्वसनीय समाचार स्रोतों से ताजा जानकारी की पुष्टि करनी चाहिए।
Mumbai Protest Today के तहत 22 जुलाई को सबसे स्पष्ट रूप से सामने आया प्रमुख प्रदर्शन शिवाजी पार्क, दादर में रहा, जबकि चेंबूर में भी विरोध प्रदर्शन की रिपोर्ट सामने आई है। दूसरी ओर, आजाद मैदान, CSMT और BMC मुख्यालय सहित दक्षिण मुंबई के महत्वपूर्ण इलाकों में पुलिस की भारी तैनाती की गई है।
मुंबई पुलिस ने संभावित सभाओं और कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए सुरक्षा बढ़ाई है। 23 जुलाई से 6 अगस्त तक पांच या उससे अधिक लोगों के जमावड़े पर प्रतिबंध लागू होने के कारण आने वाले दिनों में विरोध प्रदर्शनों और पुलिस कार्रवाई पर नजर बनी रहेगी।
Q. आज मुंबई में सबसे प्रमुख प्रदर्शन कहां हुआ? शिवाजी पार्क, दादर में प्रदर्शन प्रमुख रूप से सामने आया है। इसके साथ ही, चेंबूर में भी विरोध प्रदर्शन की रिपोर्ट है।
Q. क्या आज मुंबई में सभी प्रदर्शन स्थलों की आधिकारिक सूची जारी हुई है? उपलब्ध जानकारी में ऐसी कोई पूर्ण और आधिकारिक शहरव्यापी सूची नहीं मिली है। सोशल मीडिया पर प्रसारित स्थानों की स्वतंत्र पुष्टि जरूरी है।
Q. मुंबई में निषेधाज्ञा कब से लागू है? पांच या उससे अधिक लोगों के सार्वजनिक जमावड़े पर प्रतिबंध 23 जुलाई से 6 अगस्त 2026 तक लागू किया गया है
मुंबई के अनुज रावत ने Zomato से जंतर-मंतर प्रदर्शनकारियों के लिए खाना भेजा। बारिश में डिलीवरी पार्टनर का वीडियो सोशल मीडिया पर हुआ वायरल।
मुंबई: मुंबई के रहने वाले अनुज रावत ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे लोगों के लिए Zomato से खाना ऑर्डर किया। वायरल वीडियो में डिलीवरी पार्टनर बारिश के बीच खाने के पैकेट लेकर प्रदर्शन स्थल पर पहुंचता नजर आया। बताया गया कि खाना जरूरतमंद प्रदर्शनकारियों में बांटने के लिए भेजा गया था।
मुंबई से जंतर-मंतर प्रदर्शनकारियों के लिए भेजा खाना
दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे विरोध प्रदर्शन के बीच मुंबई से भेजे गए एक ऑनलाइन फूड ऑर्डर ने सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान खींचा है। खबर के मुताबिक, मुंबई निवासी अनुज रावत ने Zomato के जरिए खाना ऑर्डर किया और डिलीवरी पार्टनर से कहा कि इसे जंतर-मंतर पर मौजूद किसी भी जरूरतमंद या भूखे व्यक्ति को दे दिया जाए।
वायरल वीडियो में डिलीवरी पार्टनर को बारिश के बीच खाने के पैकेट लेकर प्रदर्शन स्थल पर पहुंचते देखा जा सकता है। वीडियो में वह बताता है कि ऑर्डर मुंबई के अनुज रावत ने किया है और खाने का भुगतान ऑनलाइन पहले ही किया जा चुका है।
सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो में डिलीवरी पार्टनर के अनुसार, ऑर्डर देने वाले व्यक्ति का नाम अनुज रावत है और वह मुंबई, महाराष्ट्र से हैं। कथित तौर पर उन्हें निर्देश दिया गया था कि जंतर-मंतर पर जो भी व्यक्ति भूखा हो, उसे खाना दे दिया जाए।
This is the India we refuse to lose 🥹❤️
People sitting miles away are ordering food through Zomato and Swiggy, asking delivery partners to feed hungry protesters at Jantar Mantar
इस घटना की खास बात यह रही कि ऑर्डर किसी एक व्यक्ति के नाम पर नहीं, बल्कि प्रदर्शन स्थल पर मौजूद जरूरतमंद लोगों के लिए किया गया था। भोजन का भुगतान भी पहले ही ऑनलाइन किया जा चुका था।
बारिश के बीच खाना लेकर पहुंचा डिलीवरी पार्टनर
वायरल क्लिप में डिलीवरी पार्टनर भारी बारिश के बीच खाने के पैकेट लेकर जंतर-मंतर पहुंचता नजर आता है। मौके पर मौजूद लोगों ने उसके इस प्रयास के लिए धन्यवाद दिया और मुंबई से खाना भेजने वाले अनुज रावत की भी सराहना की।
इस वीडियो के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर कई लोगों ने इसे इंसानियत और एक-दूसरे की मदद की मिसाल बताया। कुछ यूजर्स ने यह भी सुझाव दिया कि फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म जरूरतमंद लोगों तक भोजन पहुंचाने के लिए भविष्य में विशेष विकल्प उपलब्ध करा सकते हैं।
यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब दिल्ली के जंतर-मंतर पर NEET-UG 2026 और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दों को लेकर प्रदर्शन चल रहा है। सरकारी तंत्र के खिलाफ चल रहे विरोध प्रदर्शन के बीच प्रदर्शनकारियों के समर्थन में अलग-अलग लोगों और समूहों की ओर से भोजन पहुंचाने की घटनाएं इससे पहले भी सामने आईं हैं।
सोशल मीडिया पर लोगों ने की तारीफ
वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने मुंबई के अनुज रावत और खाना पहुंचाने वाले डिलीवरी पार्टनर की जमकर तारीफ की। कई लोगों ने इसे दूरी के बावजूद मदद पहुंचाने का उदाहरण बताया।
इस घटना ने यह भी दिखाया कि ऑनलाइन फूड डिलीवरी की सुविधा का इस्तेमाल केवल व्यक्तिगत ऑर्डर के लिए ही नहीं, बल्कि जरूरतमंद लोगों तक सहायता पहुंचाने के लिए भी किया जा सकता है। मुंबई से दिल्ली तक की दूरी के बावजूद इस तरह मदद पहुंचाने की पहल ने इंटरनेट यूजर्स का ध्यान खींचा।
जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों के लिए मुंबई से खाना भेजने वाले अनुज रावत का कथित कदम सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। बारिश के बीच खाना लेकर पहुंचे Zomato डिलीवरी पार्टनर का वीडियो वायरल होने के बाद लोग इसे इंसानियत और मदद की भावना से जोड़कर देख रहे हैं। हालांकि, घटना से जुड़े व्यक्तिगत दावों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है और खबर का आधार वायरल वीडियो तथा प्रकाशित मीडिया रिपोर्टें हैं।
FAQ
Q. जंतर-मंतर पर खाना किसने भेजा था? वायरल वीडियो में ऑर्डर भेजने वाले व्यक्ति का नाम मुंबई निवासी अनुज रावत बताया गया है।
Q. खाना किसके लिए भेजा गया था? वायरल वीडियो में दिए गए विवरण के अनुसार, खाना जंतर-मंतर पर मौजूद जरूरतमंद या भूखे लोगों में बांटने के लिए भेजा गया था।
Q. क्या खाने का भुगतान पहले किया गया था? वायरल वीडियो में डिलीवरी पार्टनर के अनुसार, ऑर्डर का ऑनलाइन भुगतान पहले ही किया जा चुका था
मुंबई के मलाड में 3,135 वर्गफुट पार्किंग एरिया को ऑफिस यूनिट बताकर मॉर्गेज कराने के आरोप में डेवलपर समेत 5 पर FIR हुई है।
मुंबई: मलाड ईस्ट के Atharva Landmark CHS में कथित तौर पर 3,135 वर्गफुट के कॉमन पार्किंग एरिया को कमर्शियल ऑफिस यूनिट के रूप में दिखाकर मॉर्गेज कराने के मामले में डिंडोशी पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है। मामले में डेवलपर दीपक शाह और Khush Housing Finance Pvt. Ltd. से जुड़े अधिकारियों के नाम शामिल हैं। पुलिस दस्तावेजों की जांच कर रही है।
मलाड में पार्किंग एरिया को ऑफिस यूनिट बताने का आरोप
मुंबई के मलाड ईस्ट में एक हाउसिंग सोसाइटी के कॉमन पार्किंग एरिया को कथित रूप से कमर्शियल ऑफिस यूनिट के रूप में दिखाकर वित्तीय लेनदेन में इस्तेमाल करने का मामला सामने आया है। Atharva Landmark CHS के निवासियों का आरोप है कि सोसाइटी के दूसरे पोडियम पर मौजूद करीब 3,135 वर्गफुट के पार्किंग क्षेत्र को दस्तावेजों में तीन कथित ऑफिस यूनिट—201, 202 और 203—के रूप में दिखाया गया।
इस मामले में दिंडोशी पुलिस ने अमित मागिया, किरण मागिया, कल्पेश डेडिया, हर्षिता कनोजिया और डेवलपर दीपक शाह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। आरोपों में कथित धोखाधड़ी, जालसाजी और cheating शामिल हैं। मामले की जांच अभी जारी है।
सोसाइटी के अनुसार, पार्किंग को लोन की सुरक्षा के तौर पर रखा गया
सोसाइटी के सदस्यों के अनुसार, वर्ष 2011 से 2021 के बीच कई फ्लैट खरीदारों ने अपने घरों के साथ बेसमेंट, ग्राउंड, पहले और दूसरे पोडियम लेवल पर पार्किंग स्पेस खरीदे थे।
बाद में निवासियों को कथित तौर पर पता चला कि दूसरे पोडियम का पार्किंग क्षेत्र Khush Housing Finance Pvt. Ltd. (KHFL) के पास डेवलपर के लोन के लिए सुरक्षा के तौर पर मॉर्गेज किया गया था।
इसके बाद वित्तीय संस्था ने SARFAESI Act के तहत कथित तीन “ऑफिस यूनिट्स” पर कब्जे की कार्रवाई शुरू की। सोसाइटी का दावा है कि ये ऑफिस यूनिट वास्तव में मौजूद ही नहीं हैं और संबंधित क्षेत्र स्वीकृत योजना के अनुसार पार्किंग के लिए निर्धारित है।
दस्तावेजों में गंभीर विसंगतियों का आरोप
सोसाइटी ने Sub-Registrar कार्यालय से प्राप्त दस्तावेजों और अदालत में पेश किए गए दस्तावेजों के बीच कथित अंतर होने का दावा किया है।
सोसाइटी के आरोपों के अनुसार, दस्तावेजों में कथित तौर पर:
मॉर्गेज की तारीखों में अंतर था
खाली स्थानों को बाद में भरे जाने का संदेह है
कुछ दस्तावेजों में स्टांप से जुड़ी विसंगतियां थीं
हस्तलिखित बदलाव किए गए
संपत्ति का विवरण बदला हुआ दिखाई दिया
प्रॉपर्टी शेड्यूल में असंगतियां थीं
कथित रूप से हस्ताक्षरों में छेड़छाड़ की गई
तारीखों में कथित बदलाव कर मॉर्गेज को लोन जारी होने से पहले का दिखाने का आरोप है
सोसाइटी ने यह भी दावा किया कि कुछ दस्तावेजों में 23वीं और 24वीं मंजिल का संदर्भ है, जबकि उसके अनुसार BMC की स्वीकृत योजना में इमारत को 22वीं मंजिल तक मंजूरी मिली थी।
इन सभी आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
कैलाशनाथ डी यादव (बाएं), सचिव, और जगदीश राजपोपत, अध्यक्ष, अथर्व लैंडमार्क
सोसाइटी सचिव ने क्या कहा?
Atharva Landmark CHSL के सचिव कैलाशनाथ डी. यादव के अनुसार, स्वीकृत योजनाओं के मुताबिक दूसरा पोडियम केवल पार्किंग के लिए है। उनका आरोप है कि इसी क्षेत्र को वित्तीय संस्था (बैंक) के सामने ऑफिस यूनिट के रूप में पेश किया गया और डेवलपर के लोन के लिए मॉर्गेज किया गया।
सोसाइटी का यह भी कहना है कि उसे SARFAESI Act के तहत कथित कार्रवाई की कोई उचित नोटिस नहीं दी गई, जिसके बाद निवासियों में चिंता पैदा हो गई।
मामला DRT और Bombay High Court तक पहुंचा
विवाद अब केवल पुलिस जांच तक सीमित नहीं है। Atharva Landmark CHSL और Khush Housing Finance के बीच SARFAESI कार्रवाई को लेकर मामला Debt Recovery Tribunal और Debt Recovery Appellate Tribunal के समक्ष भी चल रहा है।
Bombay High Court ने 25 मार्च 2026 को मामले में सीमित राहत देते हुए विवादित secured assets का physical possession लेने की कार्रवाई को 2 अप्रैल 2026 तक स्थगित किया था। कोर्ट ने स्पष्ट किया था कि उसने मामले के merits पर कोई राय व्यक्त नहीं की है और संबंधित पक्षों को वैधानिक अपील के माध्यम से DRAT में जाने का निर्देश दिया था।
बाद में DRAT से जुड़े घटनाक्रम में KHFL की कब्जे की कार्रवाई पर रोक लगाए जाने की रिपोर्ट सामने आई। रिपोर्ट के अनुसार, विवादित संपत्तियों में दो आवासीय फ्लैट और एक पार्किंग पोडियम शामिल था।
KHFL ने आरोपों को बताया निराधार
Khush Housing Finance ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि उसे शिकायत की विस्तृत जानकारी और दस्तावेजों की जांच करने का अवसर अभी नहीं मिला है।
वित्तीय संस्था के अनुसार, उसने डेवलपर को लोन दिया था और डेवलपर ने फ्लैट्स, ऑफिस और प्रोजेक्ट कैश फ्लो को सुरक्षा के रूप में मॉर्गेज किया था। KHFL का कहना है कि डेवलपर के डिफॉल्ट के बाद SARFAESI Act के तहत कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए कार्रवाई शुरू की गई।
KHFL ने अपने खिलाफ लगाए गए जालसाजी के आरोपों को “पूरी तरह निराधार” बताया है। कंपनी का दावा है कि संभव है कि डेवलपर ने सोसाइटी और वित्तीय संस्था—दोनों को गुमराह किया हो। कंपनी ने यह भी आरोप लगाया कि शिकायत उसकी वैध वसूली कार्रवाई को रोकने के लिए की गई है।
पुलिस जांच में अब किन बिंदुओं पर फोकस?
पुलिस के सामने अब मुख्य रूप से इन बिंदुओं की जांच महत्वपूर्ण होगी:
विवादित पार्किंग क्षेत्र का वास्तविक कानूनी और स्वीकृत उपयोग
कथित ऑफिस यूनिट्स का अस्तित्व और वैधता
मॉर्गेज दस्तावेजों की वास्तविकता
दस्तावेजों में कथित बदलाव और तारीखों की जांच
कथित हस्ताक्षरों की फोरेंसिक जांच
डेवलपर और वित्तीय संस्था के अधिकारियों की भूमिका
लोन और मॉर्गेज प्रक्रिया में इस्तेमाल किए गए रिकॉर्ड
पुलिस अधिकारी के अनुसार, जांच के दौरान दस्तावेजों का सत्यापन किया जा रहा है और विवादित संपत्ति के मॉर्गेज तथा संबंधित पक्षों की भूमिका की जांच की जाएगी।
इस मामले में पुलिस ने FIR दर्ज की है, लेकिन अभी किसी आरोपी को अदालत द्वारा दोषी नहीं ठहराया गया है। दस्तावेजों में कथित जालसाजी, पार्किंग क्षेत्र के कथित गलत इस्तेमाल और मॉर्गेज प्रक्रिया में किसी भी पक्ष की भूमिका का अंतिम निर्धारण जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा।
विवादित संपत्तियों को लेकर कानूनी कार्यवाही DRT/DRAT और अदालतों के समक्ष जारी है। Bombay High Court ने भी अपने 25 मार्च 2026 के आदेश में मामले के merits पर कोई अंतिम राय व्यक्त नहीं की थी।
मलाड के Atharva Landmark CHS का मामला एक ओर कथित दस्तावेजी हेरफेर और कॉमन पार्किंग एरिया के इस्तेमाल के आरोपों से जुड़ा है, तो दूसरी ओर डेवलपर के लोन और वित्तीय संस्था की SARFAESI कार्रवाई से भी संबंधित है। अब पुलिस जांच और चल रही न्यायिक प्रक्रिया से यह स्पष्ट होगा कि विवादित दस्तावेज कैसे तैयार हुए और इस पूरे मामले में किसकी वास्तविक भूमिका थी।
क्या इस मामले में पांच लोगों के खिलाफ FIR दर्ज हुई है?
हां। उपलब्ध जानकारी के अनुसार डिंडोशी पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है। मामले में डेवलपर दीपक शाह और चार अन्य लोगों के नाम शामिल हैं।
विवादित संपत्ति क्या है?
सोसाइटी के अनुसार, करीब 3,135 वर्गफुट का दूसरा-पोडियम क्षेत्र कॉमन पार्किंग के लिए निर्धारित है, जबकि आरोप है कि इसे तीन कथित ऑफिस यूनिट्स के रूप में दिखाया गया।
क्या आरोपियों को दोषी ठहराया गया है?
नहीं। मामला पुलिस जांच और न्यायिक प्रक्रिया में है। अभी अदालत ने किसी आरोपी को दोषी नहीं ठहराया है।
SARFAESI Act क्या है?
SARFAESI Act के तहत पात्र बैंक और वित्तीय संस्थाएं डिफॉल्ट किए गए secured loans की वसूली के लिए कानून में निर्धारित प्रक्रिया के तहत secured assets पर कार्रवाई कर सकती हैं।
मलाड से हरिश्चंद्रगढ़ गए 10 ट्रेकर्स के दल में से चार पर्यटक भूस्खलन की चपेट में आकर घायल हुए। दो को नासिक रेफर किया गया।
अहिल्यानगर: महाराष्ट्र के अहिल्यानगर जिले में स्थित हरिश्चंद्रगढ़ किले से नीचे उतरते समय भूस्खलन की चपेट में आने से मुंबई के मलाड इलाके से गए चार पर्यटक घायल हो गए हैं। पुलिस के अनुसार, घटना रविवार को भारी बारिश के दौरान हुई। घायलों में से दो की हालत गंभीर बताई गई है, जिसके बाद उन्हें नासिक के अस्पताल में रेफर किया गया।
हरिश्चंद्रगढ़ से उतरते समय अचानक हुआ भूस्खलन
पुलिस के अनुसार, मलाड से 10 ट्रेकर्स का एक दल हरिश्चंद्रगढ़ किले पर गया था। रविवार को किले से नीचे उतरते समय एक समतल चट्टान के पास अचानक भूस्खलन हो गया। इस दौरान मिट्टी, पत्थर और चट्टानों का मलबा नीचे की ओर आया, जिसकी चपेट में ट्रेकिंग दल के चार सदस्य आ गए।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, दो पर्यटक मलबे में दब गए, जबकि दो अन्य गिरते हुए पत्थरों की चपेट में आकर घायल हुए। घटना के बाद साथी ट्रेकर्स और स्थानीय ग्रामीणों ने बचाव अभियान में मदद की। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, मलबे में फंसे पर्यटकों को बाहर निकालकर किले से नीचे लाया गया।
घायल पर्यटकों को पहले राजूर के अस्पताल में प्राथमिक उपचार दिया गया। गंभीर चोटों को देखते हुए उनमें से दो को आगे के इलाज के लिए नासिक के अस्पताल भेजा गया। पुलिस अधिकारी के अनुसार, घायलों की हालत में बाद में सुधार की जानकारी मिली है।
घायलों की पहचान राम प्रकाश यादव, निलेश गोमती विश्वकर्मा, कृष्ण कुमार साहू और दिनेश संजय साहू के रूप में बताई गई है।
भारी बारिश के बीच हुआ हादसा
यह हादसा उस समय हुआ जब क्षेत्र में भारी बारिश हो रही थी और हरिश्चंद्रगढ़ पर बड़ी संख्या में पर्यटक मौजूद थे। लगातार बारिश के दौरान पहाड़ी इलाकों में मिट्टी और चट्टानों के खिसकने का खतरा बढ़ जाता है, जिससे ट्रेकिंग मार्गों पर जोखिम बढ़ सकता है।
खबर के मुताबिक, जिस स्थान पर भूस्खलन हुआ वहां लगी लोहे की सुरक्षा रेलिंग ने भी संभावित रूप से बड़ी दुर्घटना को टालने में मदद की। गिरते मलबे की चपेट में आए पर्यटकों को गहरी खाई में गिरने से बचाने में इस सुरक्षा व्यवस्था की भूमिका बताई गई है।
हरिश्चंद्रगढ़ महाराष्ट्र का प्रसिद्ध ट्रेकिंग स्थल
हरिश्चंद्रगढ़ अहिल्यानगर जिले का एक ऐतिहासिक किला है और महाराष्ट्र के प्रमुख ट्रेकिंग स्थलों में शामिल है। जिला प्रशासन के अनुसार, यह किला खिरेश्वर से करीब 8 किलोमीटर और भंडारदरा से करीब 50 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। इसकी ऊंचाई लगभग 1,424 मीटर है।
मानसून के दौरान हरिश्चंद्रगढ़ और आसपास के पहाड़ी क्षेत्रों में पर्यटकों और ट्रेकर्स की संख्या बढ़ जाती है। हालांकि, भारी बारिश के दौरान चट्टानों, मिट्टी और पहाड़ी ढलानों के खिसकने का खतरा बना रहता है।
प्रशासन की ओर से ट्रेकर्स के लिए सावधानी जरूरी
हरिश्चंद्रगढ़ हादसे के बाद मानसून में ट्रेकिंग करने वाले पर्यटकों के लिए मौसम और स्थानीय परिस्थितियों को ध्यान में रखना जरूरी है। भारी बारिश के दौरान पहाड़ी ढलानों, चट्टानों के नीचे और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में रुकने से बचना चाहिए।
फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इस घटना में चार पर्यटक घायल हुए हैं और मामले की जानकारी राजूर पुलिस तथा स्थानीय प्रशासन के स्तर पर सामने आई है।
मलाड से हरिश्चंद्रगढ़ घूमने गए 10 ट्रेकर्स के दल के लिए रविवार का ट्रेक उस समय हादसे में बदल गया, जब लौटते वक्त अचानक भूस्खलन हुआ। चार पर्यटक घायल हुए और स्थानीय लोगों की मदद से बचाव अभियान चलाया गया। मानसून के दौरान पहाड़ी पर्यटन स्थलों पर मौसम और स्थानीय सुरक्षा स्थितियों को नजरअंदाज न करने की जरूरत एक बार फिर सामने आई है।
CJP Protest: मुंबई में प्रदर्शन के बाद पुलिस ने 8 थानों में 900 से ज्यादा लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है. शिवाजी पार्क में सबसे ज्यादा मामले दर्ज.
मुंबई: मुंबई में CJP आंदोलन को लेकर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। शहर के अलग-अलग हिस्सों में हुए प्रदर्शनों के संबंध में 8 पुलिस थानों में FIR दर्ज की गई हैं। पुलिस के अनुसार, इन मामलों में 900 से अधिक लोगों को आरोपी बनाया गया है। सबसे अधिक मामले शिवाजी पार्क पुलिस स्टेशन में दर्ज हुए हैं।
मुंबई में Cockroach Janta Party से जुड़े प्रदर्शनों के बाद पुलिस की कार्रवाई तेज हो गई है। पुलिस के अनुसार, विभिन्न स्थानों पर बिना आवश्यक अनुमति प्रदर्शन और लागू कानून-व्यवस्था संबंधी आदेशों के उल्लंघन के आरोपों में अलग-अलग मामले दर्ज किए गए हैं। यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब CJP आंदोलन से जुड़े प्रदर्शन मुंबई समेत कई शहरों में हुए हैं।
मुंबई में 8 पुलिस स्टेशनों में दर्ज हुई FIR
मुंबई पुलिस की कार्रवाई के तहत कुल 8 पुलिस स्टेशनों में मामले दर्ज किए गए हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, शिवाजी पार्क पुलिस स्टेशन में 600 से अधिक लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। इसके अलावा माहिम में 100 से अधिक, दादर में 70 से अधिक और सायन में 40 से अधिक लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है।
अन्य मामलों में वर्ली पुलिस स्टेशन में 21 लोगों, कालाचौकी में 20 से अधिक, भोईवाड़ा में 20 से अधिक और वडाला टीटी पुलिस स्टेशन में 25 से अधिक लोगों को आरोपी बनाया गया है।
मुंबई में आंदोलन की तस्वीर
किन इलाकों में हुई पुलिस कार्रवाई?
शिवाजी पार्क: 600 से अधिक लोगों के खिलाफ मामला
माहिम: 100 से अधिक लोग
दादर: 70 से अधिक लोग
सायन: 40 से अधिक लोग
वर्ली: 21 लोग
कालाचौकी: 20 से अधिक लोग
भोईवाड़ा: 20 से अधिक लोग
वडाला टीटी: 25 से अधिक लोग
कुल मिलाकर, पुलिस ने 8 अलग-अलग मामलों में 900 से अधिक लोगों के खिलाफ कार्रवाई की है। पुलिस का कहना है कि संबंधित मामलों की जांच जारी है।
चैत्यभूमि प्रदर्शन को लेकर भी तीन मामले दर्ज
मुंबई के दादर स्थित चैत्यभूमि इलाके में हुए प्रदर्शन को लेकर भी पुलिस ने तीन अलग-अलग मामले दर्ज किए हैं। पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस प्रदर्शन में शामिल 50 से अधिक लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई है।
पुलिस के मुताबिक, प्रदर्शन के लिए आवश्यक अनुमति नहीं ली गई थी और उस समय इलाके में सार्वजनिक जमावड़े पर प्रतिबंध से जुड़े आदेश लागू थे। इसके बावजूद प्रदर्शन किए जाने के आरोप में मामले दर्ज किए गए।
चैत्यभूमि इलाके में प्रदर्शन के दौरान कई लोगों, जिनमें छात्र भी शामिल थे, को पुलिस ने हिरासत में लिया था। बाद में कुछ प्रदर्शनकारियों को जांच में शामिल होने के लिए नोटिस जारी कर छोड़ दिया गया।
माहिम पुलिस स्टेशन में दर्ज मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं और महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है। हालांकि, FIR में नामजद होना किसी व्यक्ति को न्यायालय द्वारा दोषी ठहराए जाने के समान नहीं है। मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया और जांच जारी है।
CJP आंदोलन को लेकर मुंबई पुलिस पहले ही जारी कर चुकी है प्रतिबंधात्मक आदेश
CJP आंदोलन से जुड़े प्रदर्शनों के बीच मुंबई पुलिस ने सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रतिबंधात्मक आदेश भी जारी किए हैं। मुंबई पुलिस की आधिकारिक प्रेस रिलीज सूची में 20 जुलाई 2026 को जमावबंदी आदेश के उल्लंघन पर कार्रवाई से संबंधित वार्तापत्र और प्रतिबंधात्मक आदेश दर्ज हैं।
Cockroach Janta Party के प्रदर्शन से जुड़े घटनाक्रम में मुंबई के शिवाजी पार्क और दादर क्षेत्र में बड़ी संख्या में लोग जुटे थे। प्रदर्शनकारियों की ओर से आंदोलन को शिक्षा व्यवस्था और अन्य सार्वजनिक मुद्दों से जुड़े सवालों के समर्थन में बताया गया, जबकि पुलिस ने अनुमति और कानून-व्यवस्था से जुड़े नियमों के उल्लंघन के आधार पर कार्रवाई की है।
मुंबई पुलिस द्वारा दर्ज किए गए मामलों में नामजद लोगों की भूमिका, प्रदर्शन के आयोजन और अनुमति से जुड़े पहलुओं की जांच की जा रही है। पुलिस कार्रवाई के बाद कुछ प्रदर्शनकारियों को जांच में शामिल होने के लिए नोटिस भी जारी किए गए हैं।
फिलहाल, CJP आंदोलन से जुड़े मुंबई के 8 पुलिस स्टेशनों में 900 से अधिक लोगों के खिलाफ FIR दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। आगे की जांच में पुलिस की ओर से अतिरिक्त कार्रवाई या और लोगों को नोटिस दिए जाने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
मुंबई में CJP Protest को लेकर कितने लोगों पर FIR दर्ज हुई?
पुलिस और उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, मुंबई के 8 पुलिस थानों में दर्ज मामलों में 900 से अधिक लोगों को आरोपी बनाया गया है।
CJP Protest को लेकर सबसे ज्यादा FIR किस इलाके में दर्ज हुई?
सबसे अधिक कार्रवाई शिवाजी पार्क पुलिस स्टेशन क्षेत्र में हुई, जहां 600 से अधिक लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
चैत्यभूमि प्रदर्शन को लेकर क्या कार्रवाई हुई?
मुंबई पुलिस के अनुसार, चैत्यभूमि में हुए प्रदर्शन को लेकर तीन अलग-अलग मामले दर्ज किए गए और 50 से अधिक लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई।
क्या FIR में नाम आने का मतलब दोषी साबित होना है?
नहीं। FIR में आरोपी बनाए जाने का अर्थ न्यायालय द्वारा दोषी ठहराया जाना नहीं है। मामले की जांच और आगे की न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही कानूनी निष्कर्ष निकलता है।
Mumbai Spider-Man Viral Video में मुंबई की बारिश के बीच बिलबोर्ड पर दिख रहा 3D स्पाइडर-मैन लोगों का ध्यान खींच रहा है। जानिए वायरल वीडियो की पूरी कहानी।
मुंबई: मुंबई में भारी बारिश के बीच Spider-Man का एक अनोखा वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में ऐसा नजर आता है कि Spider-Man एक बड़े बिलबोर्ड के ऊपर खड़ा है और जाल के सहारे एक कार को रोक रहा है। हालांकि, यह कोई असली सुपरहीरो नहीं, बल्कि फिल्म प्रमोशन के लिए तैयार किया गया 3D विज्ञापन है।
मुंबई में बारिश के बीच एक अनोखे Spider-Man Viral Video ने सोशल मीडिया यूजर्स का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। वायरल वीडियो में एक विशाल बिलबोर्ड पर Spider-Man को इस तरह दिखाया गया है कि वह स्क्रीन से बाहर निकलकर सड़क के ऊपर खड़ा नजर आता है।
पहली नजर में कई लोगों को यह दृश्य असली लगा, लेकिन सामने आई जानकारी के मुताबिक यह एक 3D Billboard Advertisement है, जिसे आगामी फिल्म Spider-Man: Brand New Day के प्रमोशन के लिए तैयार किया गया है।
मुंबई में बारिश के बीच दिखा अनोखा Spider-Man
वायरल वीडियो और तस्वीरों में एक बड़े डिजिटल बिलबोर्ड पर Spider-Man का 3D Visual दिखाई देता है। इसमें ऐसा Illusion बनाया गया है कि Spider-Man बिलबोर्ड के ऊपर खड़ा है और अपने जाल से हवा में लटकी एक कार को पकड़ रहा है।
मुंबई की बारिश और आसमान में छाए बादलों के बीच यह पूरा दृश्य और भी ज्यादा वास्तविक दिखाई देता है। इसी वजह से सोशल मीडिया पर लोगों के बीच यह सवाल भी उठने लगा कि क्या मुंबई में सचमुच कोई Spider-Man नजर आया है।
हालांकि, यह एक Creative Advertising Campaign है, न कि कोई व्यक्ति या फिल्म अभिनेता Spider-Man Costume पहनकर बिलबोर्ड पर खड़ा है।
Tom Holland का नहीं है यह वायरल वीडियो
सोशल मीडिया पर Spider-Man के नाम के साथ अक्सर अभिनेता Tom Holland का जिक्र होता है। लेकिन यहां वायरल Billboard Visual से अभिनेता Tom Holland का कोई लेना देना नहीं है।
यह Visual फिल्म के Promotional Campaign का हिस्सा बताया जा रहा है। फिल्म में Tom Holland Spider-Man के किरदार में नजर आने वाले हैं।
Spider-Man का 3D Billboard क्यों हो रहा है वायरल?
इस Campaign की खासियत इसका Forced Perspective और 3D Visual Effect है। Billboard को इस तरह डिजाइन किया गया है कि अलग-अलग कोण से देखने पर Spider-Man और कार वास्तविक वातावरण का हिस्सा नजर आते हैं।
विज्ञापन एजेंसी Chakli Art द्वारा साझा किए गए Visual के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने इसे लेकर अपनी प्रतिक्रियाएं दीं। कुछ यूजर्स ने इसे शानदार फिल्म प्रमोशन बताया, जबकि कुछ लोगों ने पहले यह सवाल उठाया कि क्या यह असली Installation है या CGI और Digital Visual का इस्तेमाल किया गया है।
फिल्म रिलीज से पहले बढ़ा Spider-Man का क्रेज
यह Viral Campaign ऐसे समय में सामने आया है, जब Spider-Man: Brand New Day की रिलीज को लेकर दर्शकों के बीच उत्साह बढ़ रहा है। रिपोर्ट के अनुसार फिल्म भारत में 30 जुलाई 2026 को और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 31 जुलाई 2026 को रिलीज होने वाली है।
मुंबई में तैयार किया गया यह 3D Billboard इसी Promotional Buzz का हिस्सा माना जा रहा है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रही तस्वीरों और वीडियो ने फिल्म के प्रमोशन को और ज्यादा चर्चा में ला दिया है।
Viral Video देखकर लोग क्यों हुए Confuse?
वायरल वीडियो में 3D Effect इतना प्रभावशाली है कि पहली नजर में Spider-Man वास्तविक व्यक्ति जैसा दिखाई देता है। इसके अलावा, बिलबोर्ड पर दिख रही कार और जाल का Perspective भी ऐसा बनाया गया है कि पूरा दृश्य सड़क के ऊपर घटित होता हुआ नजर आता है।
यही वजह है कि सोशल मीडिया यूजर्स के बीच इस बात को लेकर चर्चा शुरू हो गई कि मुंबई में आखिर ऐसा Spider-Man कहां से आ गया। लेकिन वास्तविक में यह एक Creative 3D Advertisement है।
मुंबई का यह Spider-Man Viral Video किसी असली सुपरहीरो के शहर में आने की कहानी नहीं, बल्कि एक शानदार 3D Advertising Campaign है। बारिश के माहौल और Creative Visual Effects ने इस Billboard को इतना Realistic बना दिया कि सोशल मीडिया पर लोगों को पहली नजर में यह असली घटना जैसा लगा।
FAQ
क्या मुंबई में सचमुच Spider-Man देखा गया?
नहीं। वायरल वीडियो में दिखाई दे रहा Spider-Man एक Creative 3D Billboard Advertisement का हिस्सा है।
क्या यह Tom Holland हैं?
नहीं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार यह Tom Holland का मुंबई में Spider-Man Costume पहनकर किया गया कोई वास्तविक Appearance नहीं है।
यह 3D Spider-Man Billboard क्यों लगाया गया?
यह आगामी फिल्म Spider-Man: Brand New Day के Promotional Campaign का हिस्सा बताया जा रहा है।