बोरिवली में 35 अतिक्रमणों पर बीएमसी की बड़ी कार्रवाई, 8 किमी फुटपाथ होंगे मुक्त

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बोरिवली पश्चिम में बीएमसी ने 20 अनधिकृत निर्माण और 15 स्टॉल हटाए। 6 फुटपाथ के करीब 8 किमी हिस्से को अतिक्रमणमुक्त करने की मुहिम जारी है।

मुंबई: बोरिवली पश्चिम में पैदल चलने वालों के लिए रास्ता खाली कराने की मुहिम के तहत बीएमसी ने 20 अनधिकृत निर्माण और 15 अनधिकृत स्टॉल पर कार्रवाई की है। 29 सितंबर को लोकमान्य तिलक रोड, मार्केट लेन और बोरिवली सबवे रोड क्षेत्र में हुई इस कार्रवाई के साथ पहले चरण में चिन्हित 6 फुटपाथ के करीब 8 किलोमीटर हिस्से को अतिक्रमणमुक्त करने का काम आगे बढ़ाया गया है।

यह कार्रवाई ‘पादचारी प्रथम’ अभियान के तहत की गई। बीएमसी का उद्देश्य फुटपाथ पर मौजूद ऐसे अतिक्रमण और निर्माण हटाकर पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित, लगातार और बाधामुक्त रास्ता उपलब्ध कराना है। इसका सीधा असर बोरिवली पश्चिम रेलवे स्टेशन से आने-जाने वाले यात्रियों और आसपास के इलाकों में पैदल चलने वाले नागरिकों पर पड़ने की उम्मीद है।

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कार्यवाही की तस्वीर

बोरिवली पश्चिम में इन जगहों पर हुई कार्रवाई

बीएमसी के अनुसार लोकमान्य तिलक रोड, मार्केट लेन और बोरिवली सबवे रोड परिसर में कार्रवाई की गई। कुल 20 अनधिकृत निर्माण और 15 अनधिकृत स्टॉल हटाए गए।

कार्रवाई के लिए बीएमसी ने 2 जेसीबी, 5 डंपर, 10 से अधिक अधिकारी-कर्मचारी और 20 कामगार तैनात किए थे। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए 15 से अधिक पुलिसकर्मियों का बंदोबस्त भी किया गया।

उपायुक्त परिमंडल-7 मनीष वळंजु के मार्गदर्शन में और आर-मध्य विभाग के सहायक आयुक्त डॉ. प्रफुल तांबे के नेतृत्व में संबंधित अधिकारियों, कर्मचारियों और कामगारों की टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया।

6 पदपथों पर करीब 8 किलोमीटर का अभियान

बीएमसी ने बोरिवली क्षेत्र में पहले चरण के तहत 6 फुटपाथ को अतिक्रमणमुक्त करने का काम शुरू किया है। इन सभी हिस्सों की कुल लंबाई करीब 8 किलोमीटर बताई गई है।

फिलहाल बीएमसी की ओर से जारी जानकारी में इन 6 फुटपाथ की पूरी सूची और प्रत्येक फुटपाथ की अलग-अलग लंबाई सार्वजनिक नहीं की गई है। हालांकि, अभियान का उद्देश्य इन मार्गों पर पैदल यात्रियों के लिए उपलब्ध जगह को बाधामुक्त करना है।

बोरिवली पश्चिम में फुटपाथ पर अतिक्रमण की समस्या लंबे समय से सामने आती रही है। वर्ष 2019 में भी रोकडिया लेन से बोरिवली स्टेशन पश्चिम की ओर जाने वाले पदपथ पर अतिक्रमण के कारण लोगों को सड़क पर चलने की स्थिति का उल्लेख किया गया था।

मुंबई में बड़े अभियान का हिस्सा है कार्रवाई

बोरिवली की कार्रवाई मुंबई के व्यापक ‘पादचारी प्रथम’ अभियान का हिस्सा है। अभियान के पहले चरण में बीएमसी ने 200 फुटपाथ से अतिक्रमण हटाने का लक्ष्य रखा था। अगस्त के अंत तक 134 पदपथों पर कार्रवाई शुरू हो चुकी थी और करीब 197 किलोमीटर फुटपाथ को अतिक्रमणमुक्त करने का दावा किया गया था। उस समय 1,459 स्थानों पर कार्रवाई की जानकारी सामने आई थी।

बीएमसी ने अगस्त में पहले चरण के लिए करीब 320 किलोमीटर पदपथों से अतिक्रमण हटाने के निर्देश भी दिए थे। अभियान में अनधिकृत फेरीवालों के साथ फुटपाथ पर मौजूद अन्य प्रकार के अवरोध हटाने और फुटपाथ की सुधार, सुरक्षा तथा सुंदरीकरण से जुड़े काम करने पर भी जोर दिया गया था।

सिर्फ अतिक्रमण हटाना नहीं, पदपथ की मरम्मत भी

बोरिवली पश्चिम में फुटपाथ से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई ऐसे समय हुई है, जब बीएमसी ने इसी क्षेत्र में फुटपाथ की मरम्मत के लिए भी निविदा प्रक्रिया शुरू की है।

आर-मध्य विभाग के बीट नंबर 17 में बोरिवली पश्चिम के विभिन्न स्थानों पर फुटपाथ की मरम्मत के लिए करीब 18.09 लाख रुपये की निविदा जारी की गई थी। इसकी निविदा प्रक्रिया सितंबर के अंतिम सप्ताह में हुई और बोली खोलने की तारीख 30 सितंबर रखी गई थी।

इससे संकेत मिलता है कि क्षेत्र में फुटपाथ को उपयोगी बनाने के लिए अतिक्रमण हटाने के साथ मरम्मत का काम भी अलग स्तर पर आगे बढ़ रहा है। हालांकि, 29 सितंबर की कार्रवाई में हटाए गए अतिक्रमण वाले सभी स्थान इस मरम्मत परियोजना में शामिल हैं या नहीं, इसकी अलग से पुष्टि उपलब्ध नहीं है।

अब असली चुनौती दोबारा अतिक्रमण रोकने की

फुटपाथ खाली कराने के बाद सबसे महत्वपूर्ण चुनौती यह रहेगी कि इन जगहों पर दोबारा अतिक्रमण न हो और पैदल यात्रियों के लिए उपलब्ध रास्ता लगातार बना रहे। बोरिवली पश्चिम के अलग-अलग इलाकों में इस वर्ष भी फुटपाथ और सड़क पर फेरीवालों तथा अन्य अवरोधों को लेकर नागरिक शिकायतें सामने आती रही हैं। चीकूवाड़ी और साईबाबा नगर रोड जैसे इलाकों में पैदल यात्रियों के लिए जगह कम होने की शिकायतें दर्ज हुई थीं।

इसलिए 29 सितंबर की कार्रवाई के बाद केवल हटाए गए निर्माणों की संख्या ही महत्वपूर्ण नहीं होगी, बल्कि यह भी देखना होगा कि इन मार्गों पर पैदल चलने की जगह कितनी लगातार और उपयोगी रहती है।

पैदल चलना अब मौलिक अधिकार

बोरिवली की यह कार्रवाई ऐसे समय हो रही है जब सर्वोच्च न्यायालय ने 19 जून 2026 के फैसले में सुरक्षित और चिन्हित फुटपाथ पर चलने के अधिकार को मौलिक अधिकार माना है। अदालत ने कहा कि सड़क होने पर नगर निगमों और अन्य संबंधित स्थानीय निकायों का दायित्व है कि पैदल चलने वालों के लिए चिन्हित और अच्छी तरह बनाए गए फुटपाथ उपलब्ध कराए जाएं। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि चिन्हित फुटपाथ पर पैदल चलने का अधिकार मोटर वाहनों की आवाजाही पर प्राथमिकता रखता है।

ऐसे में बोरिवली में 6 फुटपाथ के करीब 8 किलोमीटर हिस्से को अतिक्रमणमुक्त करने की कार्रवाई सिर्फ अतिक्रमण हटाने तक सीमित नहीं है। इसके बाद इन रास्तों का रखरखाव, पैदल यात्रियों के लिए लगातार उपलब्ध जगह और दोबारा अतिक्रमण रोकने की व्यवस्था भी उतनी ही महत्वपूर्ण होगी।

फिलहाल बीएमसी की कार्रवाई जारी है और बोरिवली पश्चिम के चिन्हित फुटपाथ को अतिक्रमणमुक्त करने का काम अभियान के अगले चरणों में आगे बढ़ाया जाएगा।

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