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Shiv Sena Reward on Pahalgam Attackers: पहलगाम आतंकी हमलावरों के खिलाफ जम्मू-कश्मीर पुलिस ने 20 लाख रुपये की ईनामी घोषणा की है। इसी कड़ी में महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की शिवसेना की ओर से अतिरिक्त 10 लाख रुपये की ईनामी घोषणा की गई है।
मंत्रालय प्रतिनिधि मुंबई: महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की अगुवाई वाली शिवसेना की ओर से जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमलों के आतंकवादियों की सूचना देने वाले को 10 लाख रुपये का अतिरिक्त इनाम देने की घोषित की है। इसके पहले जम्मू-कश्मीर पुलिस ने इन आतंकियों पर 20 लाख रुपये का इनाम घोषित किया है।
किसने किया ऐलान?
शिवसेना के अनुसार पार्टी ने यह कदम आतंकवाद के खिलाफ़ एक कड़ा रुख अपनाते हुए उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में किया है। पार्टी के युवा नेता राहुल कनाल ने इस इनामी राशि की घोषणा की है। शिवसेना के युवा नेता राहुल कनाल कुछ समय पहले कुणाल कामरा कंट्रोवर्सी मामले से चर्चे में आए हैं। उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के खिलाफ बयानबाज़ी को लेकर उन्होंने कुछ कार्यकर्ताओं के साथ उस स्टूडियो को तोड़ दिया था। जिसमें कुणाल कमारा ने शिंदे पर कटाक्ष करने वाले वीडियो शूट किया था। इसके बाद उनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई। राहुल एन कनाल शिवसेना के सोशल मीडिया प्रभारी होने के साथ यूथ विंग युवा सेना के महासचिव हैं।
शिवसेना ने दी यह दलील
राहुल कनाल के अनुसार यह घोषणा जम्मू-कश्मीर पुलिस द्वारा तीन संदिग्धों की तस्वीरें जारी करने के जवाब में की गई है, जिसके लिए पुलिस ने 20 लाख रुपये का इनाम घोषित किया है। एकनाथ शिंदे ने कहा, कि हम आतंकवाद और उसका समर्थन करने वालों के खिलाफ़ मजबूती से खड़े हैं। हम नागरिकों से आग्रह करते हैं कि वे ऐसी कोई भी जानकारी लेकर आगे आएं, जिससे इन अपराधियों को न्याय के कटघरे में लाने में मदद मिल सके। शिवसेना के अनुसार इनामी राशि में इज़ाफा करके, हमारा उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि दोषियों को जवाबदेह ठहराया जाए और पीड़ितों और उनके परिवारों को जल्द न्याय मिले।
पहलगाम आतंकी हमले में 26 लोगों की जान चली गई, जिनमें ज़्यादातर पर्यटक महाराष्ट्र से थे। शिवसेना की पहल का उद्देश्य संदिग्धों को पकड़ने में जम्मू-कश्मीर पुलिस के प्रयासों का समर्थन करना है। पहलगाम हमले के बाद खुद डिप्टी सीएम शिंदे श्रीनगर पहुंचे थे। वहां उन्होंने महाराष्ट्र के घायल टूरिस्ट सुबोध पाटिल से मुलाकात की थी। इसके साथ पर्यटकों को रेस्क्यू किया गया था। शिवसेना ने अब कुछ मोबाइल नंबर जारी करके कहा है कि हम जनता से अपील करते हैं कि वे इस अवसर का उपयोग आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में योगदान देने और हमारे राष्ट्र की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद करने के लिए करें।
Mumbai Cyber Fraud News: मुंबई की जुहू पुलिस ने एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया है, जिन्होंने महाराष्ट्र सरकार की सबसे पॉल्युलर लाडकी बहिण योजना का नाम इस्तेमाल कर सैकड़ों महिलाओं के अकाउंट खुलवाए और फिर उन अकाउंट को साइबर ठगों और अवैध रूप से ट्रेडिंग, मनी लॉन्ड्रिंग करने वालों को बेच दिया। (Crores of rupees transaction from Ladki Bahin Yojana account, Mumbai Police exposed cyber fraud)
जानकारी मिलते ही जुहू पुलिस स्टेशन के पुलिस इंस्पेक्टर प्रवीण पाटिल और एपीआई रंजीत चव्हाण मौके पर यानी नेहरू नगर गए और वहां लोगों के बैंक अकाउंट खोल रहे अविनाश कांबले को पकड़ा। इसके बाद पुलिस स्टेशन लाकर उससे पूछताछ शुरू कर दी। पूछताछ में कांबले ने बताया कि वो वसई का रहने वाला है और आठवीं तक पढ़ाई की है। उसने बताया कि वो फूड डिलीवरी का काम करता था, इसी दौरान उसकी मुलाकात रितेश जोशी नाम के शख्स से हुई जिसने उसे बताया कि उसे लोगों के बैंक अकाउंट खोलने है जिसके लिए उसे प्रति अकाउंट 5 हजार रुपये मिलेंगे। उस 5 हजार रुपये में से एक हजार रुपये वो खाता धारक को देता था जिनके नाम पर अकाउंट खोला जाता था। (Crores of rupees transaction from Ladki Bahin Yojana account, Mumbai Police exposed cyber fraud)
आरोपी ने आगे बताया कि उसने खुद के नाम से 13 बैंकों में अकाउंट खुलवाए हैं उसमें से 3 अकाउंट का इस्तेमाल वो खुद करता है और बाकी 10 अकाउंट उसने बेच दिया इसी तरह वो और लोगों के बैंक खाते भी बेच देता था। हर बैंक खाते के बदले उसे 4 हजार रुपये का मुनाफा हो जाता था। कांबले के बयान के आधार पर पुलिस ने रितेश जोशी की पत्नी फाल्गुनी जोशी को और कांबले की प्रेमिका श्रुति रवि राउत को गिरफ्तार कर लिया है। फाल्गुनी जोशी हर बार बैंक खातों के बदले कांबले से पैसों का लेनदेन करती थी। पत्नी की गिरफ्तारी के बारे में पता चलते ही रितेश जोशी फरार हो गया। फिलहाल पुलिस उसकी और उसके 2 अन्य साथियों की तलाश कर रही है। (Crores of rupees transaction from Ladki Bahin Yojana account, Mumbai Police exposed cyber fraud)
सूत्रों ने बताया कि जांच के दौरान पता चला कि आरोपी पिछले एक साल से ज्यादा समय से इसी तरह झुग्गी झोपड़ियों में जाकर मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिन योजना के नाम पर लोगों के बैंक अकाउंट खुलवाया करते थे और आरोपियों ने पुलिस को बताया कि अबतक वो लोग तकरीबन 1000 बैंक अकाउंट खुलवा चुके हैं। पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने पूछताछ में जिन अकाउंट की डिटेल दी उसके मुताबिक सिर्फ फरवरी के महीने में उन्होंने यस बैंक में 10 अकाउंट खोले थे जिसमें उन्हें 7 करोड़ रुपये के ट्रांजेक्शन दिखाई दिए हैं। लेकिन जब पुलिस करवाई करने गई तो उस अकाउंट में महज 3 से 4 लाख रुपये ही बचे थे जिसे फ्रीज कर दिया गया है। (Crores of rupees transaction from Ladki Bahin Yojana account, Mumbai Police exposed cyber fraud)
अवैध ट्रेडिंग
लांडगे ने बताया कि अवैध रूप से ट्रेडिंग करने के लिए आरोपी उन बैंक अकाउंट का इस्तेमाल करते थे और सरकार को बिना टेक्स दिए ट्रेडिंग में कमाए पैसों को उन बैंक खातों से निकाल लेते थे। आगे चलकर अगर इनकम टैक्स की नोटिस आती भी है तो वो उस महिला को आएगी, जिसके नाम पर बैंक अकाउंट खोले गए हैं। पुलिस से मिली अबतक की जानकारी में पता चलता है कि आरोपियों ने इन बैंक खातों का इस्तेमाल कर तकरीबन 100 करोड़ रुपये की हेरा फेरी की है। (Crores of rupees transaction from Ladki Bahin Yojana account, Mumbai Police exposed cyber fraud)
जांच में रूकावट
एक अधिकारी ने बताया कि बैंक अकाउंट्स खोलने के लिए कई पैन कार्ड, आधार कार्ड, वोटर आईडी, राशनकार्ड , फॉर्म 60, पासपोर्ट जैसे दस्तावेज की आवश्यकता होती है लेकिन आरोपी जानबूझकर कई बार पेन कार्ड का इस्तेमाल ना करते हुए फॉर्म 60 का इस्तेमाल करते थे। जिसकी वजह से पुलिस को यह पता लगाने में दिक्कत होती है कि किसी आदमी के नाम पर कितने और कहां कहां बैंक अकाउंट खोले गए हैं। (Crores of rupees transaction from Ladki Bahin Yojana account, Mumbai Police exposed cyber fraud)
पुलिस के मुताबिक 50 वर्षीय व्यक्ति ने अपनी शिकायत में बताया कि सड़क के एक हिस्से पर पानी फैला था और कुछ छींटे उनकी कार के बगल से गुजर रहे दोपहिया वाहन पर सवार दो व्यक्तियों पर पड़े थे। इसी बात को लेकर दोनों ने कैब ड्राइवर के साथ हाथापाई शुरू कर दी। जब पैसेंजर ने बीच बचाव करना चाहा तो उसपर भी थप्पड़ जड़ दिए। अधिकारी ने बताया कि बाद में दोनों आरोपियों की पहचान 21 वर्षीय आसिफ आरिफ खान और 35 वर्षीय चित्रांगन हीरालाल अग्रवाल के रूप में हुई है। Mumbai: FIR registered against two food delivery boys for attacking cab driver and passenger
अधिकारी ने बताया कि बाद में शिकायतकर्ता अपने वाहन चालक के साथ तिलक नगर पुलिस थाना पहुंचा। उन्होंने बताया कि दो पहिया वाहन के पंजीकरण संख्या के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई। अधिकारी ने बताया कि दोनों आरोपी एक प्राईवेट कंपनी में फुड डिलीवरी का काम करते हैं और उनके खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि मामले की तहकीकात की जा रही है। Mumbai: FIR registered against two food delivery boys for attacking cab driver and passenger
मुंबई की सड़कों पर एक बार फिर से मराठी भाषा को लेकर विवाद शुरू हो गया है। सोशल मीडिया पर एक वीडियो ने हड़कंप मचा दिया। जिसमें मराठी ना बोलने पर एक लड़की को बीच सड़क पर एक युवक धमका रहा था।
मुंबई: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई शहर में एक बार फिर मराठी भाषा को लेकर विवाद होने शुरू हो गए हैं। कहीं कोई पिज्जा डिलीवरी बॉय को मराठी के नाम पर परेशान करते हुए मुफ्त का पिज़्ज़ा हथिया ले रहा है तो कहीं बीच सड़क पर एक लड़की को मराठी के नाम पर लताड़ रहा है। जबकि देश या राज्य का कानून इसका समर्थन नही करता। एक तरफ देश आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होने की अपील कर रहा है तो दूसरी तरफ मुंबई जैसे आधुनिक शहर में जात-पात, धर्म और भाषा को लेकर लोग विवाद खड़ा कर रहे हैं। Once again there was a dispute over Marathi language in Mumbai, a girl was harassed on the road: Video Viral
रफ्तारभरी जिंदगी
मुंबई की रफ्तारभरी ज़िंदगी में एक बार फिर भाषा बहस का मुद्दा बन गई है। हाल ही में एक वीडियो इंटरनेट पर तेजी से वायरल हुआ है, जिसमें एक युवक बीच सड़क पर एक लड़की को केवल इसलिए अपशब्द कहता और डराता-धमकाता नजर आ रहा है क्योंकि वो मराठी भाषा में बात नहीं कर रही थी। दिलचस्प बात तो ये है कि ये वीडियो उस घटना के कुछ ही दिनों बाद सामने आया है, जिसमें एक कपल ने पिज्जा डिलीवरी एजेंट को मराठी में बात करने की शर्त पर भुगतान देने से इनकार कर दिया और मुफ्त का पिज़्ज़ा रख लिया। Once again there was a dispute over Marathi language in Mumbai, a girl was harassed on the road: Video Viral
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मराठी में बात करने की जबरदस्ती
वीडियो में देखा जा सकता है कि एक युवक सड़क पर खड़ी एक युवती पर सिर्फ इसलिए आग-बबूला हो जाता है क्योंकि वो मराठी में बात नहीं कर रही थी। युवक उसे आक्रामक लहजे में धमकाता है, उसकी भाषा पर सवाल उठाता है और उसके मूल राज्य के बारे में जानने की कोशिश करता है। इस पर लड़की शांत लेकिन स्पष्ट जवाब में कहती है कि मुझे मराठी नहीं आती। यह सूनते ही युवक का बर्ताव और उग्र हो जाता है, लड़की उसे कहती है कि वो महाराष्ट्र में रहती है और यहां उसका खुद का घर है। Once again there was a dispute over Marathi language in Mumbai, a girl was harassed on the road: Video Viral
सोशल मीडिया पर मचा बवाल
वीडियो को @AshishGupta325 नाम के एक्स (पूर्व ट्विटर) यूजर ने शेयर किया था, जो अब लाखों व्यूज बटोर चुका है। बाकी यूज़र्स इस वीडियो को लेकर बुरी तरह बंट गए हैं। जहां एक यूजर ने लिखा- “मैं पुणे में खुद ऐसी स्थिति झेल चुका हूं। स्थानीय भाषा थोपना बिल्कुल गलत है।” वहीं एक और यूजर ने कहा कि “महाराष्ट्र अब बाहरी लोगों से तंग आ चुका है, चाहे वो मराठी सीख भी लें, फिर भी हम नहीं चाहते कि वे यहां रहें।” Once again there was a dispute over Marathi language in Mumbai, a girl was harassed on the road: Video Viral
महाराष्ट्र में बीएमसी चुनाव के साथ अगले कुछ समय में नगरपालिका चुनाव होने जा रहे है। इस बीच बीजेपी ने पार्टी के जिलाध्यक्ष घोषित कर दिए हैं। अब देखना होगा कि जिलाध्यक्ष के लिए उत्तर भारतीय लोगों को किनारे रखने की योजना बीजेपी के लिए कितना कारगर साबित होती है।
मंत्रालय प्रतिनिधि मुंबई: महाराष्ट्र में नगरपालिका और पंचायती चुनाव की तैयारियां जोर शोर से हो रही है। कुछ दिन पहले ही सुप्रीम कोर्ट ने महाराष्ट्र चुनाव आयोग से चार सप्ताह के भीतर राज्य में स्थानीय निकाय चुनावों की अधिसूचना जारी करने के निर्देश दिए हैं। इसी के मद्देनजर सियासी दलों ने चुनाव को लेकर तैयारी करनी शुरू कर दी है। चुनाव की सियासी तपिश के बीच भारतीय जनता पार्टी अब राज्य में अपने जिला संगठन को नए सिरे से दुरुस्त कर रही है। लेकिन इस लिस्ट में उत्तर भारतीयों को शामिल नहीं किया गया है।
नुकसान का खतरा
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने मंगलवार को अपने जिलाध्यक्ष के नाम की घोषणा की है। बीजेपी ने महाराष्ट्र के 78 जिलों में से 58 जिलाध्यक्षों के नाम का ऐलान किया जबकि 20 जिलाध्यक्षों के नाम की घोषणा नहीं हो सकी। बीजेपी ने 58 जिलाध्यक्षों में से 19 पुराने नेताओं को फिर से मौका दिया जबकि 39 नए चेहरों को जिले की कमान सौंपी है। इसमें बीजेपी ने किसी भी उत्तर भारतीय नेता को जिलाध्यक्ष की कमान नहीं दी। ऐसे में उत्तर भारतीयों को इग्नोर करने को लेकर बीएमसी चुनाव में नुकसान होने का डर सताने लगा है।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद महाराष्ट्र में नगरपालिका चुनाव होने की उम्मीद जगी है। मुंबई में बीएमसी चुनाव भी होने है। ऐसे में बीजेपी ने अपने जिन 58 जिलाध्यक्ष की घोषणा की है, उसमें मुंबई रीजन के छह जिलों में से तीन जिलाध्यक्ष नियुक्त किए हैं और तीन जिले को पेंडिंग रखा गया है। कोंकण इलाके के कुल 14 जिलाध्यक्ष हैं, जिसमें 12 के नाम घोषित किए हैं। इसमें 5 नेताओं को फिर से मौका मिला है जबकि 2 जिलाध्यक्षों के बारे में पार्टी ने कोई फैसला नहीं लिया।
पश्चिम महाराष्ट्र क्षेत्र के 13 जिलों में से बीजेपी ने 11 जिलाध्यक्षों के नाम का ऐलान किया। इन 11 में से 4 जिलाध्यक्ष पुराने नेताओं में से बनाए गए हैं, जबकि दो जिलाध्यक्षों के नाम घोषित नहीं किए। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और प्रदेश अध्यक्ष चंद्रशेखर बावनकुले के विदर्भ के कुल 19 जिलाध्यक्षों में से 15 जिलाध्यक्षों के नाम घोषित कर दिए गए हैं। इसमें दो पुराने चेहरों पर भरोसा जताया बाकी नए लोगों को शामिल किया गया है।
उत्तर भारतीय को किया इग्नोर
बीजेपी ने उत्तर महाराष्ट्र इलाके के 12 जिलों में से 9 जिलाध्यक्ष के नाम का ऐलान कर दिया। नासिक जिले में विवाद के चलते अध्यक्ष की घोषणा नहीं हुई है। उत्तर महाराष्ट्र के 4 जिलाध्यक्षों को दोबारा से मौका दिया गया है। मराठवाड़ा इलाके के 15 जिलों में से 8 जिलाध्यक्षों के नाम घोषित किए गए हैं। जिसमें तीन पुराने चेहरों को कमान सौंपी गई है जबकि 7 जिलाध्यक्षों के नाम का ऐलान नहीं हो सका है।
मुंबई के बीएमसी चुनाव होने हैं, जिसके चलते बीजेपी ने मुंबई रीजन की ज्यादातर जिलों में बीजेपी ने जिलाध्यक्षों की नियुक्ति का ऐलान कर दिया है। बीजेपी ने उत्तर मुंबई से दीपक तावडे और उत्तर मध्य से विरेंद्र म्हात्रे का नाम घोषित किया जबकि उत्तर पूर्व मुंबई से दीपक दलवी को फिर से अवसर दिया गया है। बीजेपी ने दक्षिण मुंबई, दक्षिण मध्य मुंबई और उत्तर पश्चिम मुंबई के जिला अध्यक्ष के नाम घोषित नहीं किए हैं।
क्या कहते हैं कार्यकर्ता ?
बीजेपी ने मुंबई के छह जिलों में से तीन जिले के अध्यक्ष बनाए हैं, उसमें किसी भी उत्तर भारतीय नेता का नाम शामिल नहीं है। इस तरह से बीजेपी ने किसी उत्तर भारतीय नेता को जिलाध्यक्ष नहीं बनाया है। हालांकि, दक्षिण मुंबई, दक्षिण मध्य मुंबई और उत्तर पश्चिम मुंबई के जिलाध्यक्षों की घोषणा पार्टी ने नहीं की है, ऐसे में दक्षिण मुंबई और दक्षिण मध्य मुंबई जिले से उत्तर भारतीय अध्यक्ष देने की संभावना कम ही है, लेकिन उत्तर पश्चिम मुंबई से बीजेपी उत्तर भारतीय को जिलाध्यक्ष बना सकती है। ऐसा भाजपा कार्यकर्ताओं का मानना है।
दूसरी लिस्ट पर नजर
उत्तर भारतीय समाज की पैनी नजर बीजेपी के दूसरी जिलाध्यक्षों की लिस्ट पर टिकी है। बीजेपी अगर किसी उत्तर भारतीय को जिलाध्यक्ष नहीं बनाया तो बीएमसी चुनाव में उत्तर भारतीय की नारजगी देखने को मिल सकती है। उत्तर भारतीय वोटों की नाराजगी महानगरपालिका के चुनाव में बीजेपी को भुगतना पड़ सकता है। उत्तर प्रदेश, बिहार और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों समेत बड़ी संख्या में उत्तर भारतीय समाज के लोग मुंबई में रहते हैं और इनके वोट बैंक बीजेपी के लिए हमेशा से फायदेमंद रहा है।
मुंबई में करीब 30 लाख उत्तर भारतीय वोटर्स हैं। 2024 के चुनाव में मुंबई में दोनों ही गठबंधनों से 14 उम्मीदवार उत्तर भारतीय मैदान में उतरे थे, जिनमें से 6 विधायक बनने में कामयाब रहे। कलीना, कुर्ला, दहिसर, चारकोप, कांदिवली-ईस्ट, बोरीवली, मागाठणे, वर्सोवा, गोरेगांव, दिंडोशी, जोगेश्वरी-पूर्व और अंधेरी ईस्ट इलाके में उत्तर भारतीय निर्णायक भूमिका अदा करते रहे हैं।
उत्तर भारतीयों की भूमिका
मुंबई से बाहर महाराष्ट्र के दूसरे इलाकों में भी बड़ी संख्या में उत्तर भारतीय वोटर रहते हैं। नवी मुंबई, ठाणे, कल्याण, पुणे, नागपुर, कोल्हापुर, अकोला, औरंगाबाद इसमें शामिल हैं। यहां उत्तर भारतीयों के वोट नतीजों पर प्रभाव डालने वाली स्थिति में हैं। मुंबई की बीएमसी से लेकर पुणे, नागपुर, औरंगाबाद और ठाणे नगर निगम की सीटों पर उत्तर भारतीयों का प्रभाव रहा है। इस तरह मुंबई ही नहीं बल्कि महाराष्ट्र के अन्य कई शहरों में भी उत्तर भारतीय वोटर मुख्य भूमिका में हमेशा से रहे है।
मुंबई में एक बार फिर भाषा को लेकर विवाद का मामला सामने आया है, यहां एक कस्टमर ने एक पिज्जा डिलीवरी बॉय को मराठी नहीं आने के कारण पिज्जा के पैसे देने से इनकार कर दिया।
मुंबई: देश में जहां एक ओर भारत आतंकवाद से लड़ रहा है तो दूसरी तरफ अंदरूनी लोग अभी भी जात-पात, धर्म और भाषा को मुद्दा बनाकर आपस में विवाद कर रहे हैं। ताजा मामला मुंबई के भांडुप से सामने आ रहा है। जहां एक ग्राहक ने डिलीवरी बॉय से पिज्जा तो ले लिया लेकिन मराठी में बोलने को कहते हुए विवाद खड़ा कर दिया और तो और पैसे देने से मना कर दिया क्योंकि उसे मराठी नहीं आती।
मिली जानकारी के मुताबिक, भांडुप इलाके में साईं राधे नाम की बिल्डिंग में डोमिनोज़ पिज्जा के डिलीवरी बॉय रोहित लेवरे सोमवार की रात यानी 12 मई पिज्जा डिलीवर करने गया था। लेकिन कस्टमर ने उसे मराठी नहीं आने को लेकर बवाल खड़ा कर दिया और कहा कि मराठी बोलो तो ही पैसे देंगे। हालांकि कस्टमर ने पिज्जा रख लिया और पैसे देने में नाटक करने लगे। डिलीवरी बॉय ने इसका एक वीडियो भी बनाया, जिसमें एक पुरुष और महिला उससे भाषा को लेकर विवाद कर रहे हैं।
मुंबई: सोशल मीडिया पर आए दिन मुंबई लोकल ट्रेन की ऐसी ऐसी वीडियोज वायरल होती रहती हैं, जिसे देखकर हम यह सोचने पर मजबूर हो जाते हैं कि एक व्यक्ति अपने दिनचर्या वाले काम को करने के लिए किस रास्ते तक जा सकता है। मुंबई की लोकल ट्रेनें शहर की जीवन रेखा मानी जाती हैं, लेकिन इनमें होने वाली भीड़ कई बार यात्रियों के लिए खतरा बन जाता है। अब हाल ही में, एक ऐसा ही मामला सामने आया है, जहां कुछ महिलाएं मजबूरन चलती लोकल ट्रेन के दरवाजे से लटक कर सफर करती नजर आईं। यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ और इसके बाद रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल खड़े हो गए। (Viral Video: Crowd attack in Mumbai, woman forced to hang in train, people scolded her a lot)
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
यह वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्विटर के X पर ‘Mumbai Railway Users’ नामक अकाउंट से शेयर किया गया है। इसमें कुछ महिलाएं भीड़ के कारण ट्रेन के अंदर जगह न मिलने पर दरवाजे के बाहर लटक कर यात्रा करती दिखाई दे रही हैं। बताया गया है कि यह घटना कल्याण स्टेशन से रवाना होने वाली ‘लेडीज स्पेशल’ ट्रेन की है, जो उस दिन करीब 40 मिनट की देरी से पहुंची थी। देरी के कारण प्लेटफॉर्म पर भारी भीड़ जमा हो गई और महिलाओं को मजबूरी में दरवाजे पर लटकना पड़ा। इसमें लटकी हुई महिला भी अंदर की भीड़ को जगह देने के लिए चिल्ला रही थी। भीड़ इतनी ज्यादा थी कि कोई हिल भी नहीं पा रहा था। कहीं उस महिला का हाथ छूट जाता तो मौके पर ही उसकी मौत हो जाती। (Viral Video: Crowd attack in Mumbai, woman forced to hang in train, people scolded her a lot)
इस वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों की तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कई लोगों ने ट्रेनों की समय पर न आने और भीड़भाड़ को ऐसी घटनाओं के लिए जिम्मेदार ठहराया, वहीं कुछ ने यात्रियों की तरफ से उठाए गए जोखिम भरे कदम की आलोचना की। कई यूजर्स ने कहा कि यात्रियों को अपनी सुरक्षा से कोई समझौता नहीं करना चाहिए और ऐसे खतरनाक तरीकों से बचना चाहिए। (Viral Video: Crowd attack in Mumbai, woman forced to hang in train, people scolded her a lot)
सतर्क रहने की है जरूरी
भारतीय रेलवे पहले भी कई बार यात्रियों को चलती ट्रेन के दरवाजे पर खड़े होने या बाहर लटकने से मना कर चुका है। यह न केवल कानून के खिलाफ है बल्कि जानलेवा भी साबित हो सकता है। यह घटना रेलवे के लिए एक चेतावनी है कि रेलवे को महिला यात्रियों की सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के लिए ठोस कदम उठाना चाहिए। अगर ऐसे हालात बने रहे तो भविष्य में और गंभीर घटनाएं हो सकती हैं। (Viral Video: Crowd attack in Mumbai, woman forced to hang in train, people scolded her a lot)
Maharashtra: पुणे जिले के पिंपरी रेलवे स्टेशन के नजदीक एक जंगल में पुराने तोप के गोले मिले है। पुलिस ने आगे की कार्रवाई के लिए इन बमों को भारतीय सेना को सौंपने का फैसला किया है।
मुंबई: भारत और पाकिस्तान हमले के बीच महाराष्ट्र के पुणे में तोप के गोले मिलने से सनसनी फैल गई। हालांकि बरामद तोप के गोले जंग रहित पूराने है। सरकारी रेलवे पुलिस (GRP) और बम निराेधक दस्ते ने इसकी पृष्ठी की। कहा कि खतरे की कोई बात नही है। पुणे जिले के पिंपरी रेलवे स्टेशन के नजदीक एक जंगल से पुराने तोप के 9 गोले बरामद हुए है। (Pune: Sensation due to finding cannon balls near Pimpri railway station)
6 महिनों से पड़े थे गोले
रेलवे पुलिस ने सोमवार को मीडिया को बताया कि पिंपरी रेलवे स्टेशन के पास जंग लगे नाै तोप के गोले मिलने की जानकारी मिली है। यह तोप के गोले करीब छह महिने से यहां पड़े होने की प्राथमिक जानकारी मिली है। इसकी सूचना मिलते ही पिंपरी सरकारी रेलवे पुलिस (जीआरपी) ने बम का पता लगाने और निपटान करने वाले दस्ते (बीडीडीएस) के साथ मिलकर घटनास्थल पर तुरंत कार्रवाई की और तोप के गोलों को बरामद कर लिया है। (Pune: Sensation due to finding cannon balls near Pimpri railway station)
अधिकारी ने कहा कि इन तोप के गोलों को आगे की जांच के लिए सेना अधिकारियों को सौपे जाने की प्रक्रिया जारी है। उन्हाेंने आशा जताई कि इन गोलाें काे स्क्रैप व्यापारी लाया हाेगा। अधिकारियों ने बताया कि चिंता की कोई बात नहीं है। उन्होंने कहा कि पहले भी इसी तरह के गोले मिले हैं और इसका भारत और पाकिस्तान के बीच चल रहे युद्ध संकट से कोई संबंध नहीं है। अधिकारियों ने पुष्टि करते हुए कहा कि आयुध सक्रिय नहीं था और इससे तत्काल कोई खतरा नहीं था। पुलिस ने आगे की कार्रवाई के लिए इन बमों को भारतीय सेना को सौंपने का फैसला किया है। (Pune: Sensation due to finding cannon balls near Pimpri railway station)
महाराष्ट्र की ताजा बड़ी खबरों में भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव को लेकर आपत्तिजनक पोस्ट के खिलाफ मालवनी से एक महिला सहित कुर्ला के एक 20 वर्षीय छात्र को गिरफ्तार किया गया है। साथ ही ठाणे के सड़क हादसे में एक की मौत। 2 करोड़ की ड्रग्स के साथ मेडिकल रिप्रजेंटेटिव गिरफ्तार। नागपुर के दामाद ने ससुर का किया मर्डर।
न्यूज़ डेस्क मुंबई: भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव चल रहा है। फिलहाल युद्ध विराम की घोषणा हो गई है। इसी बीच सोशल मीडिया पर ऑपरेशन सिंदूर को लेकर आपत्तिजनक पोस्ट को लेकर मलाड़ पश्चिम के मालवनी और कुर्ला पुलिस ने दो लोगों पर एफआईआर दर्ज किया है। जिसमें एक महिला समेत 20 वर्षीय छात्र भी शामिल हैं। इसके साथ ही ठाणे के एक सड़क हादसे में एक स्कूटर चालक की मौके पर ही मौत हो गई। नागपुर के एक 40 वर्षीय बेरोजगार ने पैसों के लेन-देन को लेकर अपने ससुर के सर पर हथौड़ा मारकर हत्या कर दी। ठाणे में पुलिस ने एक मेडिकल रिप्रजेंटेटिव को 2 करोड़ रुपये के ड्रग्स के साथ गिरफ्तार किया है। (Maharashtra Big news: Two arrested from Malvani and Kurla for objectionable post on India Pakistan)
ऑपरेशन सिंदूर पर विवादास्पद टिप्पणी
मुंबई के मालाड़ पश्चिम में मलवनी इलाके की 40 वर्षीय ब्यूटीशियन पर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को लेकर सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक स्टेटस डालने के आरोप में मामला दर्ज किया गया है। वहीं एक अन्य मामले में कुर्ला के रहने वाले 20 वर्षीय छात्र को सेना के हमलों पर कथित रूप से भारत विरोधी टिप्पणी करने पर गिरफ्तार किया गया है। (Maharashtra Big news: Two arrested from Malvani and Kurla for objectionable post on India Pakistan)
बता दें कि पहले मामले में महिला के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। साथ ही उसे जांच में शामिल होने के लिए नोटिस भेजा गया है। महिला ने अपने व्हाट्सएप स्टेटस में लिखा कि जब सरकारें गैर-जिम्मेदार फैसले लेती हैं, तो आम लोग भुगतते हैं, सत्ता में बैठे लोग और इसके साथ ऑपरेशन सिंदूर को लेकर एक आपत्तिजनक शब्द भी इस्तेमाल किया। दूसरे मामले में पुलिस ने बताया कि छात्र ने इंस्टाग्राम पर भारत विरोधी पोस्ट डाली थी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। (Maharashtra Big news: Two arrested from Malvani and Kurla for objectionable post on India Pakistan)
नागपुर शहर में एक 40 वर्षीय बेरोजगार व्यक्ति को अपने 65 वर्षीय ससुर की हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी गौतम फुलझेले ने 5 मई को अपने ससुर जनार्दन दामके पर उस वक्त हथौड़े से हमला किया, जब वे सो रहे थे। जानकारी के अनुसार, जनार्दन दामके ने अपनी बेटी स्वाति (गौतम की पत्नी) से पैसे उधार लिए थे, जिससे दोनों के बीच विवाद हो गया। गंभीर रूप से घायल जनार्दन की शनिवार को इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर गौतम को गिरफ्तार कर लिया है और आगे की जांच जारी है। (Maharashtra Big news: Two arrested from Malvani and Kurla for objectionable post on India Pakistan)
ठाणे सड़क हादसे में एक की मौत
महाराष्ट्र के ठाणे में एक ट्रक की टक्कर से दोपहिया वाहन सवार की मौत हो गई है। घटना रविवार रात करीब 10 बजे की है। ठाणे के कुपरबावड़ी एक्सप्रेस हाईवे पर ब्रिज के नीचे हुई इस घटना में जानकारी मिली कि ट्रक ने अपना नियंत्रण खो दिया था। अनियंत्रित ट्रक ने स्कूटर को टक्कर मार दी, जिससे स्कूटर सवार की मौके पर ही मौत हो गई। (Maharashtra Big news: Two arrested from Malvani and Kurla for objectionable post on India Pakistan)
2 करोड़ की ड्रग्स
महाराष्ट्र के ठाणे में पुलिस ने एक मेडिकल रिप्रजेंटेटिव को गिरफ्तार किया है। मेडिकल रिप्रजेंटेटिव के पास से पुलिस ने दो करोड़ रुपए का प्रतिबंधित ड्रग्स कोडीन पाउडर बरामद किया। कोडीन मॉर्फिन का एक अफीम और प्रोड्रग है जो मुख्य रूप से दर्द, खांसी और दस्त के इलाज में प्रयोग किया जाता है। इसका आमतौर पर एक मनोरंजक दवा के रूप में भी प्रयोग किया जाता है। यह अफीम पोस्त, पापावर सोम्निफेरम के रस में प्राकृतिक रूप से पाया जाता है। इसका उपयोग आमतौर पर हल्के से मध्यम डिग्री के दर्द के इलाज के लिए किया जाता है। (Maharashtra Big news: Two arrested from Malvani and Kurla for objectionable post on India Pakistan)
भारत पाकिस्तान के बीच तनाव के दरम्यान जहां देश भर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, वहीं मुंबई के पवई इलाके में अचानक ड्रोन दिखा तो लोग घबरा गए।
मुंबई: भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के चलते सुरक्षा के मद्देनजर ड्रोन और पटाखों पर बैन लगा दिया गया है। लेकिन पवई इलाके के साकी विहार रोड पर एक ड्रोन उड़ते हुए देखा गया। लोगों ने जब देखा तो घबरा गए। तुरंत इसकी सूचना पुलिस को दी। बता दें कि पाकिस्तान ने भारत के कई हिस्सों पर ड्रोन से हमले किए हैं।
बता दें कि स्थानीय लोगों ने आसमान में उड़ते ड्रोन को देखा तो अपनी सुरक्षा को लेकर घबरा गए। तुरंत इसकी सूचना मुंबई पुलिस कंट्रोल रूम को दी। मौके पर पुलिस पहुंची और जांच शुरू की।
आरोपी युवक की पहचान
वहीं जांच के बाद पुलिस ने पाया कि यह ड्रोन 23 साल के अंकित ठाकुर का है। हैदराबाद का रहने वाला अंकित ने पुलिस को बताया कि यह ड्रोन एक साल पहले खरीदा था और वह इसे रिपेयर करवा कर टेस्टिंग के लिए उड़ा रहा था। लेकिन ड्रोन अचानक बहुत ऊंचाई पर उड़ गया, जिसके कारण आसपास के लोगों को संदिग्ध लगा और उन्होंने पुलिस को सूचना दी।
अपराध दर्ज
पवई पुलिस ने इस मामले की जांच की और अंकित ठाकुर के खिलाफ बिना अनुमति के ड्रोन उड़ाने को लेकर केस दर्ज किया। पुलिस के अनुसार, मुंबई पुलिस ने 4 अप्रैल को एक महीने के लिए ड्रोन, माइक्रोलाइट एयरक्राफ्ट, हॉट एयर बैलून और पैराग्लाइडिंग जैसी चीजों पर रोक लगा दी थी। इसी कारण बिना अनुमति के ड्रोन उड़ाना गैरकानूनी है।
भारत-पाकिस्तान के बढ़ते तनाव के बीच मुंबई में सुरक्षा व्यवस्था को और भी कड़ा कर दिया गया है। सुरक्षा कारणों से, ड्रोन उड़ाने और पटाखे फोड़ने पर पूरी तरह से पाबंदी है। बिना परमिशन के ड्रोन उड़ाना गंभीर अपराध माना जाता है और इसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाती है।
ड्रोन का लाइसेंस
अंकित के पास जो ड्रोन था, उसका लाइसेंस भी नहीं था। सुरक्षा नियमों के अनुसार, ड्रोन उड़ाने के लिए संबंधित अधिकारियों से परमिशन लेनी होती है और नियमों का उल्लंघन करने पर सख्त सजा का प्रावधान है। इस घटना से यह भी साफ हुआ कि सुरक्षा के मद्देनजर सभी नागरिकों को नियमों का पालन करना आवश्यक है और बिना अनुमति इस तरह की कोई भी गतिविधि गंभीर अपराध हो सकता है।