मुंबई के सीएसएमटी रेलवे स्टेशन से अगवा एक साल की बच्ची को रेलवे पुलिस ने दिवा से बरामद किया। मामले में महिला गिरफ्तार, पुराने चोरी के मामलों की भी जांच।
मुंबई: छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (सीएसएमटी) रेलवे स्टेशन से अगवा हुई एक साल की बच्ची को रेलवे पुलिस ने दिवा से बरामद कर लिया है। इस मामले में एक महिला को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी जानकारी और स्थानीय स्तर पर मिली गुप्त सूचनाओं की मदद से बच्ची का पता लगाया। पुलिस की जांच में गिरफ्तार महिला के खिलाफ पहले भी चोरी के मामले दर्ज होने की जानकारी सामने आई है।
ट्रेन छूटने के बाद स्टेशन पर सो गया था परिवार
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 15 अक्टूबर 2026 को शिकायतकर्ता महिला अपने पति और एक साल की बच्ची के साथ धाराशिव स्थित अपने गांव जाने के लिए सीएसएमटी रेलवे स्टेशन पहुंची थी। रात करीब 7 बजे स्टेशन पहुंचने के बाद उनकी ट्रेन छूट गई। इसके बाद परिवार मुख्य रेल लाइन के प्लेटफॉर्म नंबर 12 और 13 के सामने लगे स्टील के बेंच के पास सो गया।
16 अक्टूबर की सुबह करीब 4 बजे से 5:25 बजे के बीच एक अज्ञात महिला ने परिवार के सोने का फायदा उठाया और माता-पिता की सहमति के बिना बच्ची को लेकर चली गई। बच्ची के गायब होने का पता चलने पर परिवार ने सीएसएमटी रेलवे पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई।
इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
सीसीटीवी से पता चला, पनवेल लोकल से दिवा पहुंची महिला
मामले की गंभीरता को देखते हुए सीएसएमटी रेलवे पुलिस थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक संभाजी कटारे ने वरिष्ठ अधिकारियों को घटना की जानकारी दी। इसके बाद आरोपी की तलाश के लिए चार अलग-अलग पुलिस दल बनाए गए। जांच में अपराध शाखा और अपराध का खुलासा करने वाली टीम को भी शामिल किया गया।
सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी जांच से पुलिस को पता चला कि संदिग्ध महिला बच्ची को लेकर सीएसएमटी स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 2 से सुबह 5:22 बजे पनवेल जाने वाली धीमी लोकल ट्रेन में सवार हुई थी। इसके बाद उसने रास्ते में ट्रेन बदली और दिवा रेलवे क्षेत्र की ओर चली गई।
इस सुराग के आधार पर पुलिस ने महिला की तलाश शुरू की। गुप्त सूचना देने वालों और स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के जरिए पुलिस को पता चला कि संदिग्ध महिला दिवा के सद्गुरु नगर इलाके में रहती है।
दिवा में बच्ची के साथ पकड़ी गई आरोपी महिला
पुलिस ने जांच के आधार पर महिला के रहने की जगह का पता लगाया और उसे बच्ची के साथ पकड़ लिया। कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद मामले में उसकी भूमिका सामने आने पर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
इस घटना में बच्ची को लेकर जाने का कथित उद्देश्य भी जांच का अहम पहलू है। पुलिस की ओर से इसकी स्पष्ट पुष्टि होने पर ही किसी विशेष मकसद को अंतिम तथ्य के रूप में दर्ज किया जा सकता है।
पहले भी चोरी के मामलों में नाम सामने आया
पुलिस की जांच में गिरफ्तार महिला के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड की जानकारी भी सामने आई है। उसके खिलाफ दादर रेलवे पुलिस थाने और सायन पुलिस थाने की सीमा में चोरी के मामले दर्ज होने की बात सामने आई है।
हालांकि, पुराने मामलों का उल्लेख अपने आप में इस घटना में उसकी भूमिका का प्रमाण नहीं है। मौजूदा मामले में उसकी जिम्मेदारी का निर्धारण जांच और कानूनी प्रक्रिया के आधार पर होगा।
वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में कार्रवाई
यह कार्रवाई मुंबई रेलवे पुलिस आयुक्त एम. राकेश कलासागर, पुलिस उपायुक्त प्रज्ञा जेडगे और सहायक पुलिस आयुक्त सोपान काकड़ के मार्गदर्शन में की गई।
इस कार्रवाई में सीएसएमटी रेलवे पुलिस थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक संभाजी कटारे, जांच अधिकारी सहायक पुलिस निरीक्षक अश्विनी पाटील, स्थानीय अपराध शाखा के निरीक्षक कदम, पुलिस उपनिरीक्षक चंगरपल्लु और सोनार सहित संबंधित पुलिसकर्मियों ने हिस्सा लिया।
इसके अलावा पुलिस हवलदार नांगरे, ठोंबरे, राजेश राठोड, टिंगरे और ठाकुर; महिला पुलिस हवलदार स्मिता भोईटे; पुलिसकर्मी पाटील, जाधव, गायकवाड और कोठावळे; सहायक पुलिस निरीक्षक अभिजत टेलर, सहायक पुलिस फौजदार हरिश्चंद्र और शेडगे; पुलिस हवलदार साळुंके, मोरे और केदार; पुलिसकर्मी देसाई तथा महिला पुलिसकर्मी धायगुडे ने भी कार्रवाई में योगदान दिया।
रेलवे पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी जांच और स्थानीय स्तर पर मिली सूचनाओं के जरिए बच्ची का पता लगाकर आरोपी महिला को गिरफ्तार किया। मामले में आरोपी के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई और जांच की स्थिति महत्वपूर्ण रहेगी।
