Category: Finance & Banking

Read the latest finance and banking news, market updates and expert insights from India and around the world. Stay informed with coverage on banking, personal finance, investments, loans, insurance, stock markets, digital payments, economic trends and financial policies on Indian FastTrack.

  • अपनी परिस्थितियों से तंग आकर माता-पिता ने नवजात बच्ची को छोड़ा

    अपनी परिस्थितियों से तंग आकर माता-पिता ने नवजात बच्ची को छोड़ा

    पनवेल में एक आश्रम के बाहर एक नवजात बच्ची लावारिस हालत में मिली। टोकरी में इस बच्ची के साथ एक चिट्ठी भी मिली। इसे पढने के बाद लोगों का दिल छलक गया। कईयों ने बहा दिए आंसू.. Tired of their circumstances, parents abandoned their newborn baby girl

    मुंबई: देश की आर्थिक राजधानी बम्बई से सटे नवी मुंबई के पनवेल इलाके से एक दिल को झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। यहां तक्का नामक परिसर में स्थित स्वप्नालय आश्रम के बाहर फुटपाथ पर एक नवजात बच्ची लावारिस हालत में पाई गई है। रात के सन्नाटे में किसी ने इस मासूम बच्ची को एक प्लास्टिक की टोकरी में दूध की बोतल, सेरेलैक और कुछ कपड़ों के साथ छोड़ दिया था। Tired of their circumstances, parents abandoned their newborn baby girl

    बच्ची के साथ एक चिट्ठी भी लोगों को बरामद हुई है। अंग्रेजी में लिखी इस चिट्ठी को जिसने भी पढ़ा, उसका दिल भर आया। चिट्ठी पढ़ने वालों ने बताया, कि यह कोई क्रूरता नहीं, बल्कि मां-बाप की मजबूरी है जो इस नवजात बच्ची को ऐसे सूनसान में छोड़कर जाना पड़ा है। मां-बाप के दिल की इस टीस ने सभी की आंखों में आंसू ला दिया। Tired of their circumstances, parents abandoned their newborn baby girl

    चिट्ठी में क्या लिखा था?

    मौके पर बच्ची के पास से मिली चिट्ठी उनके परिवार की बेबसी की कहानी बयां कर रही थी। चिट्ठी में बच्ची के माता-पिता ने अंग्रेजी में लिखा था, कि “हमें बहुत दुख है, कि हमें यह करना पड़ रहा। हमारे पास कोई दूसरा रास्ता नहीं है। हम इस बच्ची का मानसिक और आर्थिक रूप से पालन-पोषण नहीं कर सकते। प्लीज इसे किसी के साथ न जोड़ें या मामले को बढ़ाएं नहीं। हम नहीं चाहते कि वह उन मुश्किलों का सामना करे, जो हमें झेलनी पड़ रही हैं। हम आपसे बिनती करते हैं, कि इसकी जिंदगी को बचाएं। हम उम्मीद करते हैं, कि एक दिन हम इसे वापस ले सकेंगे। हम उसके करीब हैं। हमें माफ करें।” Tired of their circumstances, parents abandoned their newborn baby girl

    चश्मदीदों ने क्या कहा?

    स्थानीय लोगों के अनुसार, बच्ची के रोने की आवाज सुनकर कुछ लोग दौड़े और बास्केट में लिपटी हुई नवजात को देखकर हैरान रह गए। उन्होंने तुरंत पनवेल शहर पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बच्ची को अपने कब्जे में लिया और उसे पास के अस्पताल में भर्ती कराया। अस्पताल के डॉक्टरों ने बताया कि बच्ची की हालत स्थिर है, और उसे अलीबाग में आगे की मेडिकल जांच के लिए भेजा जाएगा। Tired of their circumstances, parents abandoned their newborn baby girl

    समाज से सवाल ?

    इस घटना ने हमारे समाज के सामने यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर ऐसी क्या परिस्थिति रही होगी, जहां माता-पिता को अपने ही कलेजे के टुकड़े को छोड़ने का इतना कठोर फैसला लेना पड़ा होगा? सोचकर ही दिल कमजोर पड़ जाता है। Tired of their circumstances, parents abandoned their newborn baby girl

    एक स्थानीय निवासी ने कहा, “यह सोचकर ही आंखें नम हो जाती है कि कोई मां-बाप अपनी बच्ची को इस तरह छोड़ने को मजबूर कैसे हुए होंगे? हमें समाज के रूप में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कुछ करना होगा।” Tired of their circumstances, parents abandoned their newborn baby girl

    उस चिट्ठी में लिखा हर शब्द माता-पिता के दर्द और उनकी मजबूरी को बयां करता है। जहां पुलिस बच्ची के माता-पिता की तलाश में जुटी है, वहीं समाज के सामने यह सवाल है कि क्या हम ऐसी परिस्थितियों को रोकने के लिए तैयार हैं? Tired of their circumstances, parents abandoned their newborn baby girl

  • अब EMI नहीं भरने पर बैंक या उसकी एजेंसी परेशान नहीं कर सकती, RBI की नई गाइडलाइन

    अब EMI नहीं भरने पर बैंक या उसकी एजेंसी परेशान नहीं कर सकती, RBI की नई गाइडलाइन

    RBI की नई गाइडलाइन में लोनधारकों को कई महत्वपूर्ण अधिकार दिया गया है। यदि कोई बैंक या रिकवरी एजेंट अनुचित व्यवहार करता है तो ग्राहक पुलिस में शिकायत कर सकता है और बैंक से पेनल्टी की मांग भी कर सकता है। ग्राहकों को मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना से बचाने के लिए RBI ने नई गाइडलाइन जारी किया है।

    डिजिटल डेस्क
    नई दिल्ली:
    वर्तमान के आर्थिक दौर में कई लोग अपने जरूरी खर्चों के लिए लोन लेते हैं। चाहे घर खरीदना हो या नया व्यवसाय शुरू करना हो, लोन हमारी जिंदगी का अहम हिस्सा बन गया है। लेकिन कई बार नौकरी छूटना, व्यापार में घाटा या स्वास्थ्य समस्याओं के कारण लोन की ईएमआई भरना लोगों को मुश्किल हो जाता है। ऐसी स्थिति में लोग न केवल आर्थिक दबाव में आते हैं, बल्कि बैंकों और रिकवरी एजेंटों के दबाव से भी परेशान हो जाते हैं। Now the bank or its agency cannot harass you for not paying EMI, new RBI guideline

    इन्हीं समस्याओं को ध्यान में रखते हुए भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने लोनधारकों के अधिकारों की सुरक्षा के लिए नई गाइडलाइन्स जारी की हैं। इन नियमों का मकसद लोन न चुका पाने वाले लोगों को अनुचित परेशानियों से बचाना और वित्तीय संस्थानों को ग्राहकों के साथ उचित व्यवहार करने लिए सिखाना है।

    Reserve-Bank-of-India

    RBI की नई गाइडलाइन्स

    RBI के नए नियमों के तहत अब बैंक और रिकवरी एजेंट मनमाने तरीके से लोनधारकों को परेशान नहीं कर सकेंगे। पहले रिकवरी एजेंट कभी भी अनुचित समय पर फोन करते थे, धमकी देते थे या अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल करते थे। अब ऐसी हरकतें पूरी तरह प्रतिबंधित हैं। RBI के नए नियम न केवल लोनधारकों की गरिमा की रक्षा करते हैं, बल्कि बैंकिंग प्रक्रिया में पारदर्शिता भी बढ़ाते हैं। यह पहल बैंक और ग्राहक के बीच विश्वास बढ़ाने में मददगार साबित होगी। ऐसा माना जा रहा है। Now the bank or its agency cannot harass you for not paying EMI, new RBI guideline

    लोनधारकों का अधिकार

    RBI की नई गाइडलाइन्स लोनधारकों को कई महत्वपूर्ण अधिकार देती हैं। यदि कोई बैंक या रिकवरी एजेंट अनुचित व्यवहार करता है तो ग्राहक पुलिस में शिकायत कर सकता है और बैंक से पेनल्टी की मांग भी कर सकता है। यह नियम मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना से बचाने के लिए बनाए गए हैं। लोन प्रकृया से जूझ रहे लोगों को यह समझना जरूरी है कि वित्तीय मुश्किलें सामान्य हैं और वे सम्मान के साथ व्यवहार पाने के हकदार हैं। अगर कोई धमकी या अपमान करता है तो वे तुरंत कार्रवाई कर सकते हैं।

    कैसे कर सकते हैं शिकायत ?

    RBI की नई गाइडलाइन के मुताबिक, ग्राहक अपनी शिकायत बैंक की शिकायत निवारण सेल में या RBI के ग्राहक सेवा विभाग में दर्ज करा सकते हैं। गंभीर मामलों में पुलिस में भी FIR दर्ज कराई जा सकती है। शिकायत करते समय फोन कॉल रिकॉर्डिंग, मैसेज के स्क्रीनशॉट और गवाहों के बयान जैसे सबूत जुटाना जरूरी है। बैंक भी अपने रिकवरी एजेंटों के व्यवहार की जिम्मेदारी उठाने के लिए बाध्य है।

    रिकवरी एजेंटों के लिए नियम कानून

    RBI ने रिकवरी एजेंटों के लिए सुबह 7 बजे से शाम 7 बजे तक कॉल या मिलने का समय तय किया है। इस समय के बाहर वसूली करना नियमों का उल्लंघन माना जाएगा। रात में या छुट्टियों के दिन परेशान करना सख्त मना है। अगर कोई एजेंट इन नियमों का उल्लंघन करता है, तो तुरंत शिकायत करें। यह नियम ग्राहकों की निजता और पारिवारिक शांति की रक्षा करते हैं। Now the bank or its agency cannot harass you for not paying EMI, new RBI guideline

    बैंक की किश्त अगर बाउंस हो जाए तो क्या करें?

    जब कोई लोनधारक लगातार तीन EMI बाउंस करता है, तो बैंक पहला नोटिस भेजती है। इसके साथ ही अपनी स्थिति सुधारने के लिए 90 दिन का समय देती है। चौथी-पांचवी EMI न भरने पर बैंक दूसरा नोटिस भेजती है, जिसमें नीलामी की चेतावनी होती है। नए नियम के अनुसार इस दौरान भी बैंक या रिकवरी एजेंट अनुचित व्यवहार नहीं कर सकते। लोनधारक इस अवधि में बैंक से बात करके समाधान खोज सकते हैं। Now the bank or its agency cannot harass you for not paying EMI, new RBI guideline

    रिकवरी एजेंटों के की सीमाएं क्या है?

    RBI ने रिकवरी एजेंटों को साफ निर्देश दिए हैं कि वे धमकी, अपमानजनक भाषा या शारीरिक प्रताड़ना नहीं कर सकते। वे परिवारजनों या दोस्तों को परेशान नहीं कर सकते और जबरन घर में प्रवेश भी नहीं कर सकते। अगर कोई एजेंट नियम तोड़ता है तो उसकी रिपोर्ट तुरंत करें। बैंक को अपने एजेंटों के व्यवहार की जिम्मेदारी लेनी होती है और उल्लंघन पर कड़ी कार्रवाई करनी होती है। Now the bank or its agency cannot harass you for not paying EMI, new RBI guideline

    नीलामी प्रक्रिया पर कानूनी सुरक्षा

    जब लोनधारक पूरी तरह EMI नहीं चुका पाता तो बैंक कानूनी प्रक्रिया के तहत संपत्ति की नीलामी कर सकती है। यह प्रक्रिया न्यायालय के अधीन होती है और इसमें पारदर्शी होनी चाहिए। बैंक अपनी मर्जी से संपत्ति जब्त नहीं कर सकती। नीलामी से पहले लोनधारक के पास अपनी बात कहने और न्यायालय से सुरक्षा मांगने का अधिकार होता है। अगर नीलामी राशि लोन से अधिक होती है तो बची हुई राशि वापस की जाती है। Now the bank or its agency cannot harass you for not paying EMI, new RBI guideline

    RBI की नई गाइडलाइन्स लोनधारकों को कानूनी सुरक्षा और मानसिक शांति प्रदान करती हैं। ये नियम वित्तीय संस्थानों और ग्राहकों के बीच बेहतर तालमेल और पारदर्शिता लाने में मदद करेगी। इसलिए लोनधारकों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहना और जरूरत पड़ने पर सही कदम उठाना चाहिए।

    Disclaimer
    यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। किसी भी वित्तीय या कानूनी निर्णय से पहले संबंधित विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य लें। RBI के नियम समय-समय पर बदल सकते हैं, इसलिए आधिकारिक स्रोतों से जानकारी लेते रहें।

  • गवर्नर संजय मल्होत्रा के हस्ताक्षर वाले 20 रुपये के नए नोट होंगे जारी- RBI

    गवर्नर संजय मल्होत्रा के हस्ताक्षर वाले 20 रुपये के नए नोट होंगे जारी- RBI

    Reserve Bank Of India
    Reserve Bank of India

    RBI 20 रुपये के नए नोट जारी करने जा रहा है। इसके फीचर्स वर्तमान में चल रहे 20 रुपये के नोट जैसा ही रहेगा और इस नए नोट के जारी होने से पूराने नोटों पर किसी भी तरह प्रभाव नहीं होगा। सिर्फ गवर्नर के हस्ताक्षर बदलने वाले है। मार्केट में दोनों की वैल्यू उतनी ही होगी। New Rs 20 notes will be issued with the signature of Governor Sanjay Malhotra – RBI

    नई दिल्ली: रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (Reserve Bank of India) जल्द ही महात्मा गांधी (नई) सीरीज में 20 रुपये मूल्यवर्ग के नए बैंक नोट जारी करेगा। इन नोटों पर गवर्नर संजय मल्होत्रा (Governor Sanjay Malhotra) के हस्ताक्षर होंगे। New Rs 20 notes will be issued with the signature of Governor Sanjay Malhotra – RBI

    आरबीआई ने शनिवार को जारी बयान में बताया है कि महात्मा गांधी (नई) श्रृंखला में 20 रुपये मूल्यवर्ग के बैंक नोट जारी किए जाएंगे, जिन पर गवर्नर संजय मल्होत्रा के हस्ताक्षर होंगे। बयान के अनुसार इन नोटों का डिजाइन हर तरह से महात्मा गांधी (नई) श्रृंखला के 20 रुपये मूल्यवर्ग के बैंक नोटों जैसा ही है। New Rs 20 notes will be issued with the signature of Governor Sanjay Malhotra – RBI

    केंद्रीय बैंक ने बताया कि रिजर्व बैंक द्वारा अतीत में जारी किए गए 20 रुपये मूल्यवर्ग के सभी बैंक नोट वैध मुद्रा बने रहेंगे। नए 20 रुपये के बैंक नोटों का डिजाइन मौजूदा महात्मा गांधी (नई) श्रृंखला के 20 रुपये के नोटों जैसा ही रहेगा। आरबीआई के मुताबिक डिजाइन, रंग या सुरक्षा सुविधाओं में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। New Rs 20 notes will be issued with the signature of Governor Sanjay Malhotra – RBI

    बयान के मुताबिक रिजर्व बैंक द्वारा जारी किए गए 20 रुपये के सभी पिछले संस्करण वैध मुद्रा माने जाते रहेंगे और नई श्रृंखला के साथ प्रचलन में बने रहेंगे। केंद्रीय बैंक ने कहा कि यह अपडेट आरबीआई द्वारा नियमित रूप से जारी किए जाने वाले बैंक नोटों का हिस्सा है, जिसमें रिजर्व बैंक गवर्नर के हस्ताक्षर अपडेट किए गए हैं। आरबीआई के मुताबिक इससे बाजार में पहले से मौजूद उसी मूल्यवर्ग के मौजूदा 20 रुपये के करेंसी नोटों की वैधता पर कोई असर नहीं पड़ता है। New Rs 20 notes will be issued with the signature of Governor Sanjay Malhotra – RBI

  • Mumbai BMC: खिचड़ी घोटाले में शिवसेना सांसद का बेटा भी शामिल, 8 के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल

    Mumbai BMC: खिचड़ी घोटाले में शिवसेना सांसद का बेटा भी शामिल, 8 के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल

    बृहन्मुंबई महानगर पालिका खिचड़ी घोटाले में शिवसेना शिंदे गुट के सांसद गजानन किर्तिकर के बेटे सहित 8 लोगों के खिलाफ मुंबई पुलिस ने कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किया है। जबकि गजानन किर्तिकर का बेटा अमोल किर्तिकर शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट का नेता है। (Mumbai BMC: Shiv Sena MP’s son also involved in Khichdi scam, chargesheet filed against 8)

    मुंबई: कोविड महामारी के दौरान बृहन्मुंबई महानगर पालिका (BMC) की खिचड़ी वितरण योजना में 14.57 करोड़ रुपये की हेराफेरी मामले में 8 आरोपियों के खिलाफ किला कोर्ट में मुंबई पुलिस ने आरोप पत्र दाखिल किया है। आरोपियों पर धोखाधड़ी, आपराधिक साजिश और सरकारी रेकॉर्ड में फर्जीवाड़े के गंभीर आरोप लगे हैं, जिनकी विस्तृत जांच के बाद EOW ने यह चार्जशीट दायर की है। कल्याण के रहने वाले 36 वर्षीय गोपाल पांडुरंग लवाने ने इसको लेकर शिकायत दर्ज की थी। (Mumbai BMC: Shiv Sena MP’s son also involved in Khichdi scam, chargesheet filed against 8)

    क्या है घोटाला?

    श्री वैष्णवी किचन और सह्याद्री रिफ्रेशमेंट के पार्टनर गोपाल पांडुरंग लवाने की शिकायत के मुताबिक, अप्रैल 2020 से जुलाई 2020 के बीच कोविड संकट के दौरान आरोपियों ने खिचड़ी के 100 और 200 ग्राम वजन के पैकेटों की आपूर्ति की थी और BMC से 300 ग्राम प्रति पैकेट के हिसाब से भुगतान वसूला। इसमें आरोपियों ने 6.27 करोड़ रुपये का घपला किया। (Mumbai BMC: Shiv Sena MP’s son also involved in Khichdi scam, chargesheet filed against 8)

    इन आठ के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल

    आठ आरोपियों में राज्य के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे गुट के सांसद गजानन किर्तिकर के सुपुत्र अमोल किर्तिकर भी शामिल हैं। बता दें कि अमोल किर्तिकर शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट के नेता हैं। जिन्होंने हालही में गोरेगांव पूर्व से विधानसभा चुनाव लड़ा था। इसके अलावा आरोप पत्र में सुनील कदम उर्फ बाला कदम, राजीव सालुंखे, सुजीत पाटकर, संजय चंद्रकांत माशेलकर, प्रांजल माशेलकर, प्रीतम माशेलकर और सूरज चव्हाण का नाम दर्ज है। आरोपियों ने जांच एजेंसियों को गुमराह करने के लिए फर्जी दस्तावेज भी तैयार किए थे। इसके कारण मामले में आईपीसी की धारा 465, 468, 471 (जालसाजी और दस्तावेजों में फर्जीवाड़ा) भी जोड़ दी गई हैं। (Mumbai BMC: Shiv Sena MP’s son also involved in Khichdi scam, chargesheet filed against 8)

  • म्हाडा ने ‘Book My Home’ पोर्टल लॉन्च किया है। अब आप ऑनलाइन फ्लैट की बुकिंग कर सकेंगे

    म्हाडा ने ‘Book My Home’ पोर्टल लॉन्च किया है। अब आप ऑनलाइन फ्लैट की बुकिंग कर सकेंगे

    म्हाडा कोंकण बोर्ड ने मुंबई महानगर क्षेत्र में 13,395 बिना बिके फ्लैटों की बिक्री के लिए ऑनलाइन पोर्टल लॉन्च किया है। 17 से 30 लाख रुपये के ये सभी बिना बिके फ्लैट म्हाडा परियोजनाओं में मुंबई से सटे विरार (बोलिंज), खोनी, शिरधोन, गोथेघर और भंडारली में स्थित हैं। (MHADA launched ‘Book My Home’ portal, now you can book flat online)

    मुंबई– महाराष्ट्र हाउसिंग एंड एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (MHADA) की सहायक कंपनी कोंकण हाउसिंग एंड एरिया डेवलपमेंट बोर्ड (KHADB) ने बुधवार को ‘बुक माई होम’ पोर्टल के माध्यम से मुंबई महानगर क्षेत्र (MMR) में 13,395 बिना बिके फ्लैटों की बिक्री के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू की है। पोर्टल और आवेदन प्रक्रिया की शुरुआत बुधवार को MHADA के उपाध्यक्ष और सीईओ संजीव जायसवाल ने की। पोर्टल संभावित घर खरीदारों को ‘पहले आओ, पहले पाओ’ (FCFS) श्रेणी के तहत वास्तविक समय में फ्लैट देखने और चुनने में सक्षम बनाया गया है। (MHADA launched ‘Book My Home’ portal, now you can book flat online)

    Book my home पोर्टल की खासियत

    इससे पहले, एफसीएफएस योजना में आवेदकों के पास इस बात पर कोई नियंत्रण नहीं था कि उन्हें कौन सा फ्लैट मिलेगा। केएचएडीबी की मुख्य अधिकारी रेवती गायकर ने कहा, “‘बुक माई होम’ पोर्टल के साथ, आवेदक अब वास्तविक समय में उपलब्ध फ्लैट देख सकते हैं और अपनी पात्रता के अनुसार अपनी पसंदीदा इकाई और मंजिल का चयन कर सकते हैं। पोर्टल योजना और फ्लैट स्तर पर विस्तृत जानकारी भी देता है, जिससे उपयोगकर्ता सूचित निर्णय लेने में सक्षम हो सकते हैं।” (MHADA launched ‘Book My Home’ portal, now you can book flat online)

    मिली जानकारी के मुताबिक Book my home पोर्टल से संबंधित यहां जीन फ्लैटों का जिक्र किया जा रहा है। ये सभी 17 से 30 लाख रुपये के बिना बिके फ्लैट म्हाडा परियोजनाओं में मुंबई से सटे विरार (बोलिंज), खोनी, शिरधोन, गोथेघर और भंडारली में स्थित हैं। ये सभी यूनिट एमएमआर के अंतर्गत आते हैं, जिनकी कीमतें फ्लैट के क्षेत्र फल और स्थान के आधार पर तय किए गए हैं। (MHADA launched ‘Book My Home’ portal, now you can book flat online)

    कैसे होगी प्रकृया

    जानकारी देते हुए अधिकारियों ने बताया कि इन सभी फ्लैटों के पंजीकरण से लेकर फ्लैट चुनने तक की पूरी प्रक्रिया पूरी तरह से ऑनलाइन है और इसमें कोई मैनुअल हस्तक्षेप नही किया जा सकता। उम्मीदवारों को पंजीकरण के समय अपने आधार कार्ड, पैन कार्ड और स्व-घोषणा की स्कैन की गई प्रतियां अपलोड करनी होंगी। इन दस्तावेजों को डिजिटल सिस्टम द्वारा स्वचालित रूप से सत्यापित किया जाता है, जिसके बाद उम्मीदवार उपलब्ध फ्लैटों की सूची देख सकते हैं। (MHADA launched ‘Book My Home’ portal, now you can book flat online)

    क्या है खास बात ?

    आवेदक, सत्यापन के बाद, वास्तविक समय में उपलब्ध इन्वेंट्री से अपनी इच्छित इकाई चुनकर फ्लैट बुक कर सकते हैं। बुकिंग FCFS के आधार पर की जाती है। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत आने वाले फ्लैटों को छोड़कर सभी फ्लैटों के लिए पात्रता की सभी शर्तें माफ कर दी गई हैं। (MHADA launched ‘Book My Home’ portal, now you can book flat online)

  • Mumbai MHADA Lottery: दिवाली से पहले मुंबई में मिलेगा म्हाडा का किफायती घर

    Mumbai MHADA Lottery: दिवाली से पहले मुंबई में मिलेगा म्हाडा का किफायती घर

    Mumbai mhada Lottery tickets
    खबर से संबंधित म्हाडा मुख्यालय में बैठक की तस्वीर

    MHADA LOTTERY: मुंबई में अपना किफायती घर खरीदने वालों को म्हाडा दीवाली से पहले लॉटरी के जरिए कम कीमतों पर घर खरीदने का मौका दे रही है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की देखरेख में योजना को पूरा किया जाने वाला है। (Mumbai MHADA Lottery, MHADA’s affordable house will be available in Mumbai before Diwali)

    Mumbai MHADA Lottery: म्हाडा (Maharashtra Housing and Area Development Authority) ने आम जनता के लिए एक बड़ी खबर की घोषणा की है। मुंबई में खुद का किफायती घर खरीदने वालों के लिए ये अच्छी खबर है। MHADA के उपाध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी संजीव जायसवाल ने जानकारी दी है, कि दिवाली से पहले MHADA 5,000 किफायती घरों की लॉटरी निकालेगी। यह लॉटरी मुख्य रूप से आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS), निम्न आय वर्ग (LIG) और मध्यम आय वर्ग (MIG) के परिवारों को ध्यान में रखकर उन्हें सशक्त करने का फैसला किया गया है। म्हाडा प्रशासन चाहती है कि शहर के अधिक से अधिक जरूरतमंद लोगों को अपना खुद का घर मिलना चाहिए। (Mumbai MHADA Lottery, MHADA’s affordable house will be available in Mumbai before Diwali)

    आम आदमी का खयाल

    MHADA की इस पहल से उन हजारों परिवारों को राहत मिलेगी जो लंबे समय से अपने खुद के घर का सपना देख रहे हैं। खास बात यह है कि लॉटरी में शामिल किए जा रहे घरों की कीमतें आम आदमी की पहुंच में होंगी, ताकि विभिन्न आर्थिक वर्गों के नागरिक बिना किसी भारी आर्थिक बोझ के अपने सपनों का आशियाना खरीद सकें। ख़ास बात ये है कि इन 5,000 घरों का निर्माण मुंबई में ही किया गया है। MHADA ने यह भी सुनिश्चित किया है कि आवंटित घरों में आधुनिक सुविधाएं रहने वाली है, जिससे वहां रहने वाले परिवारों को एक बेहतर जीवन स्तर मिल सके। (Mumbai MHADA Lottery, MHADA’s affordable house will be available in Mumbai before Diwali)

    15 करोड़ दस्तावेज होंगे सार्वजनिक

    इसके साथ ही MHADA ने जनता को सशक्त बनाने और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए एक और कदम उठाया है। MHADA में 15 करोड़ से अधिक सरकारी दस्तावेज अब आम नागरिकों के लिए सार्वजनिक करने का फैसला किया है। इस सुविधा की वजह से आरटीआई की जरूरत कम और जानकारी एक क्लिक पर उपलब्ध होगी। बांद्रा के MHADA मुख्यालय में आयोजित एक समारोह में IAS Sanjeev Jaiswal ने Citizen Facilitation Centre (CFC), Visitor Management System (VMS) और Office Navigator का उद्घाटन किया। (Mumbai MHADA Lottery, MHADA’s affordable house will be available in Mumbai before Diwali)

    डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन की दिशा में बड़ा कदम

    MHADA अब नागरिकों के लिए Online Grievance Redressal System को भी मजबूत कर रही है, जिससे शिकायतों का समाधान डिजिटल माध्यम से तेज और पारदर्शी तरीके से होगा। ग्रामीण इलाकों से आने वाले नागरिकों की सुविधा के लिए अलग से स्टाफ भी नियुक्त किया गया है। साथ ही, जनता दरबार के जरिए प्रत्यक्ष संवाद स्थापित कर नागरिकों की समस्याएं भी सुनी जा रही हैं। (Mumbai MHADA Lottery, MHADA’s affordable house will be available in Mumbai before Diwali)

    मुख्यमंत्री का एक्शन प्लान

    मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के निर्देशों के तहत, MHADA ने 100-Day Action Plan तैयार किया है। इसमें ‘Ease of Living’, ‘Website Enhancement’ और नागरिक सुविधाओं को प्राथमिकता दी गई है। इससे जनता को बेहतर सेवाएं तेजी से मिलेंगी। संजीव जायसवाल के नेतृत्व में MHADA ने जनता की सेवा को केंद्र में रखते हुए एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। पारदर्शिता, डिजिटल सुविधा, समयबद्ध आवास वितरण और किफायती घरों की उपलब्धता जैसे कदम महाराष्ट्र में नागरिकों के जीवन को सरल, सुलभ और सम्मानजनक बनाने की दिशा में एक मजबूत पहल साबित होंगे। ऐसी जानकारियां म्हाडा कार्यकारी अधिकारी संजीव जायसवाल ने दी। (Mumbai MHADA Lottery, MHADA’s affordable house will be available in Mumbai before Diwali)

  • बिना ब्याज लोन का झांसा देकर 1 करोड़ 14 लाख रूपये की ठगी

    बिना ब्याज लोन का झांसा देकर 1 करोड़ 14 लाख रूपये की ठगी

    Mumbai Cyber Fraud: मुंबई के साइबर क्राइम पुलिस ने दिल्ली की एक नकली कॉल सेंटर पर छापामारी कर करोड़ों रुपये के फर्जीवाडे का खुलासा किया है। जो नकली मुहर और डॉक्यूमेंट बनाकर आम लोगों को ठगी का शिकार बनाते थे।

    Mumbai Cyber Crime: मुंबई पुलिस की साइबर क्राइम विभाग ने दिल्ली में फर्जी कॉल सेंटर चलाने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने छापामारी के दौरान 105 मोबाइल फोन और 1 लैपटॉप के साथ 3 लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बताया कि आरोपी आम लोगों को ज़ीरो इंटरेस्ट रेट पर लोन देने का झांसा देकर ठगी करते थे। (1 crore 14 lakh rupees were defrauded by giving the false promise of interest free loan)

    नकली मुहर और डॉक्यूमेंट का इस्तेमाल

    पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक आरोपी कॉल सेंटर के माध्यम से वरिष्ठ नागरिकों को फोन करते थे और उनसे कहते थे कि वह बजाज फाइनेंस (Bajaj Finance) और यस बैंक (Yes Bank) से बोल रहे हैं। उनके साथ धोखाधड़ी करने के लिए जीरो इंटरेस्ट रेट पर लोन देने का झांसा देते थे। इसके बाद जैसे ही उनका शिकार लोन के लिए अपने डॉक्यूमेंट भेज देते थे, तो उनपर नकली मुहर और डॉक्यूमेंट बनाकर अलग-अलग माध्यमों से उनकी ठगी किया करते थे।

    बजाज फायनेंस पर भरोसा

    पुलिस ने बताया कि मुंबई के एक बुजुर्ग व्यक्ति को इसी तरिके से 1 करोड़ 14 लाख रूपये का धोखा दिया गया। शिकायत में पीड़ित बुजुर्ग व्यक्ति ने बताया कि बीना ब्याज के लोन का झांसा देकर पहले आरोपियों ने उनके डॉक्यूमेंटस मांगे। बजाज फायनेंस का नाम सुनकर उन्हें भरोसा हुआ और जैसे ही लोन के लिए उन्होंने अपने डॉक्यूमेंटस भेजे इसके बाद अकाउंट डिटेल और ओटीपी शेयर किया, आरोपियों ने उनके डॉक्यूमेंटस से छेड़छाड़ कर उनके अकाउंट में लोन का पैसा ट्रान्सफर करवाया और बाद में उनके अकाउंट से सारे पैसे उड़ा लिए। (1 crore 14 lakh rupees were defrauded by giving the false promise of interest free loan)

    नकली कल सेंटर का खुलासा

    मुंबई साइबर सेल से मिली जानकारी के मुताबिक, शिकायत के आधार पर मुंबई साइबर पुलिस की टीम ने दिल्ली से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो मैक्सिमाइजर मार्केटिंग (OPC) प्राइवेट लिमिटेड, आनंद विहार, हरी नगर, नई दिल्ली के नाम से कॉल सेंटर ऑपरेट कर रहे थे।

    105 मोबाइल फोन

    गिरफ्तार किये गए आरोपियों के नाम शहजाद लाल मोहम्मद खान उर्फ रहमान, अनुज उत्तम सिंह रावत उर्फ अनिल कुमार यादव और मोहम्मद आमिर हुसैन बताए जा रहे हैं। पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों के पास से 105 मोबाइल फोन और 1 लैपटॉप बरामद किए गए है।

    132 मामलों में शामिल

    पुलिस को जांच में पता चला कि जिस मोबाइल नंबर का इस्तेमाल आरोपी कर रहे थे वो नंबर नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर दर्ज देशभर के अलग-अलग 132 मामलों में शामिल है। जांच में यह भी बात सामने आई है कि आरोपियों ने अलग-अलग प्रकार से नागरिकों का भरोसा जीतकर उनसे करोड़ों रुपये की ठगी की है। (1 crore 14 lakh rupees were defrauded by giving the false promise of interest free loan)

    पुलिस ने क्या कहा?

    मुंबई क्राइम ब्रांच के डीसीपी दत्ता नलावडे ने बताया कि इस मामले में आरोपियों के खिलाफ आईटी एक्ट और BNS की तमाम धाराओं के तहत केस रजिस्टर किय गया है और मामले की अभी और अधिक तहकीकात की जा रही है।

  • Bombay High Court: लोन डिफॉल्ट पर बैंकों को नहीं मिलेगा एलओसी जारी करने का अधिकार

    Bombay High Court: लोन डिफॉल्ट पर बैंकों को नहीं मिलेगा एलओसी जारी करने का अधिकार

    Bombay High Court: बॉम्बे हाईकोर्ट ने हाल ही में एक ऐसा फैसला सूना दिया, जिसके बाद से बैंक सेक्टर में हाहाकार मच गया है। कोर्ट के फैसले के मुताबिक लोन डिफॉल्ट के मामलों अब कोई भी बैंक एलओसी जारी नहीं कर सकेगा।

    मुंबई- आजकल लोन लेना एक सामान्य प्रक्रिया बन गई है। बैंक अपने ग्राहकों को कर्ज चुकाने के लिए एक निश्चित समय सीमा देती है और इसके साथ ब्याज भी लेती है। यदि कोई व्यक्ति समय पर लोन का भुगतान नहीं करता, तो बैंक उसके खिलाफ कार्रवाई कर सकती है। हाल ही में, बॉम्बे हाईकोर्ट ने इस विषय पर एक महत्वपूर्ण निर्णय सुनाया है। बॉम्बे हाईकोर्ट ने मंगलवार को यह स्पष्ट कर दिया, कि सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों को कर्ज न चुकाने वालों यानी किसी भी लोन डिफॉल्ट के खिलाफ लुकआउट सकुलर (LOC) जारी करने का अधिकार नहीं है। इस निर्णय के बाद, ऐसे बैंकों द्वारा जारी किए गए सभी एलओसी रह्द कर दिए गए हैं। (Bombay High Court’s decision Banks will not get the right to issue LOC in case of loan default)

    अदालत का आदेश और प्रभाव

    न्यायमूर्ति गौतम पटेल और न्यायमूर्ति माधव जामदार की बेंच ने केंद्र सरकार के उस ज्ञापन को भी असंविधानिक घोषित किया, जिसमें सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के चेयरपर्सन को एलओसी जारी करने का अधिकार दिया गया था। केंद्र सरकार की और से पेश हुए वकील आदित्य ठक्कर ने अदालत से अपने आदेश पर रोक लगाने की अपील की, लेकिन पीठ ने इसे अस्वीकार कर दिया। (Bombay High Court’s decision Banks will not get the right to issue LOC in case of loan default)

    बैंकों का लक्ष्य सिर्फ व्यापार

    देखा जाता है कि ज्यादातर बैंक लोन देने की होड़ में उपभोक्ता से कई दस्तावेजों पर सिग्नेचर  करवा कर उसे फंसा कर रखने की कोशिश करती है। बैंकों का लक्ष्य अपना व्यापार करना होता है। जबतक उपभोक्ता अपने किश्त के पैसे जमा करता है और बैंक को मुनाफा मिलता रहता है, तब तक सब ठिक चलता है। लेकिन जैसे ही परिस्थिति बिगड़ती है और उपभोक्ता पैसे देने में असमर्थ होता है वैसे-वैसे बैंक का रुख कड़ा होने लगता है। हालांकि बैंक अपने पैसों के अलावा ब्याज के पैसौं को मिलाकर चक्रवर्ती ब्याज लगाकर वसूली शुरू कर देती है और वैसे में जब उपभोगकर्ता और अधिक समस्या में फंस जाता है तब बैंक लुकाउट नोटिस जारी कर कानूनी कार्यवाही करती है। अब बम्बई हाईकोर्ट के फैसले के बाद ऐसा नही चलेगा। (Bombay High Court’s decision Banks will not get the right to issue LOC in case of loan default)

    अदालत के फैसले में क्या कहा?

    बम्बई हाईकोर्ट की अदालत ने कई याचिकाओं पर अपना निर्णय सुनाया और कहा कि ब्यूरो ऐसे एलओसी पर कोई कार्रवाई नहीं करेगा। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि इसका निर्णय किसी भी चूककर्ता के खिलाफ न्यायाधिकरण या आपराधिक अदालत के आदेशों को प्रभावित नहीं करेगा। (Bombay High Court’s decision Banks will not get the right to issue LOC in case of loan default)