मंत्रालय प्रतिनिधि मुंबई: शरद पवार गुट की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP-SP) ने शुक्रवार को कहा कि वह राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के माध्यम से महाराष्ट्र में स्कूली पाठ्यक्रम में हिंदी को ‘थोपे जाने’ के खिलाफ पांच जुलाई को होने वाले विरोध मोर्चे का समर्थन करेंगे। पार्टी नेता ने इसके लिए पार्टी पदाधिकारियों, निर्वाचित प्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं से पांच जुलाई को विरोध मोर्चे में बड़ी संख्या में भाग लेने का आह्वान किया है। In Maharashtra, NCP Sharad Pawar faction will support the front against ‘imposition of Hindi’.
एनसीपी शरद पवार गुट के महाराष्ट्र अध्यक्ष पाटिल ने कहा कि इस कदम का शिक्षाविदों, अभिभावकों, भाषाविदों एवं कार्यकर्ताओं ने विरोध किया है और वे सभी दलील दे रहे हैं कि प्रारंभिक शिक्षा बच्चे की मातृभाषा में होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमारे राज्य में मराठी भाषी आबादी हिंदी सहित कई भाषाओं को सीखने के खिलाफ नहीं है। उन्होंने जोर देकर कहा, कि लेकिन प्राथमिक स्तर पर हिंदी को थोपना हमें अस्वीकार्य है। इसके साथ ही उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, कि “अगर तीन-भाषा नीति का इस्तेमाल मातृभाषा को दरकिनार करने के लिए किया जा रहा है, तो मराठी भाषी समुदाय एकजुट होकर ऐसे कदमों का विरोध करेगी।” In Maharashtra, NCP Sharad Pawar faction will support the front against ‘imposition of Hindi’.
शरद पवार गुट के नेता ने इस मुद्दे को भाषाई और क्षेत्रीय पहचान से जुड़ा बताते हुए पार्टी पदाधिकारियों, निर्वाचित प्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं से पांच जुलाई को विरोध मोर्चे में बड़ी संख्या में भाग लेने का आह्वान किया है।पाटिल ने कहा कि इस मोर्चे का उद्देश्य स्कूली शिक्षा में मराठी भाषा की भूमिका की रक्षा करना है। In Maharashtra, NCP Sharad Pawar faction will support the front against ‘imposition of Hindi’.
मुंबईः भांडुप इलाके में रहने वाले पति-पत्नी को हाउस हेल्प (नौकरानी) के ढाई साल के बच्चे पर अत्याचार करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। मुंबई पुलिस की तरफ से मिली जानकारी के मुताबिक, भांडुप इलाके में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। जहां एक पति पत्नी ने अपने घरेलू नौकारानी के ढाई साल के बच्चे को कथित तौर पर अंधविश्वास के चलते प्रताड़ित किया। दंपत्ति ने अंधविश्वास के नाम पर आत्माओं को भगाने की प्रक्रिया करते हुए बच्चे को प्रताड़ित किया। गंभीर रूप से घायल बच्चे को इलाज के लिए परेल के वाडिया अस्पताल में भर्ती कराया गया है। In Mumbai, a child was burnt and beaten due to superstition, police arrested the husband and wife
मानव बलि समेत कई संगीन अपराध का मामला दर्ज
इस घटना के बाद भांडुप पुलिस ने आरोपी दंपत्ति के खिलाफ महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम मानव बलि और अन्य अमानवीय, दुष्ट और अघोरी प्रथाओं के साथ काला जादू रोकथाम और उन्मूलन अधिनियम समेत बाल संरक्षण कानून के तहत मामला दर्ज किया है। भांडुप पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों की पहचान 35 वर्षीय वैभव कोकरे और उसकी 32 वर्षीय पत्नी हर्षदा कोकरे के रूप में हुई है, जो भांडुप पश्चिम के रहने वाले हैं। दोनों ही आरोपी अपने घर के पास ही वाटर सप्लाई का बिजनेस करते हैं। In Mumbai, a child was burnt and beaten due to superstition, police arrested the husband and wife
बच्चे को पांच दिनों तक पिटा और माचिस की तीली से जलाया
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, 37 वर्षीय नौकारानी जो पिछले कुछ हफ़्तों से उनके यहां घर का काम कर रही थी वह काम के दौरान अपने छोटे बेटे को भी साथ लेकर आती थी। कथित तौर पर पति पत्नी को शक होने लगा कि बच्चे पर “भूत” है क्योंकि वह अक्सर रोता रहता था। “उसे भूत से छुटकारा दिलाने” के लिए उन्होंने उसे बेंत से पीटना और माचिस की तीली से जलाना शुरू कर दिया। यह घटनाक्रम लगभग चार से पांच दिनों तक चलता रहा। In Mumbai, a child was burnt and beaten due to superstition, police arrested the husband and wife
दोनों पति पत्नी ने न केवल बच्चे को इस क्रूरता का शिकार बनाया, बल्कि उसकी मां को भी जादू-टोना और भूत-प्रेत भगाने के बहाने परेशान किया। घटना की सूचना मिलते ही भांडुप पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और महिला और उसके बच्चे को आरोपियों से बचाया और दोनों दंपत्ति को पुलिस ने हिरासत में लेकर घटना स्थल पर पंचनामा किया। पुलिस ने तुरंत बच्चे को परेल के वाडिया अस्पताल में भर्ती कराया और मां का बयान दर्ज कर दोनों पति पत्नी को गिरफ्तार कर लिया। दोनों को कोर्ट में पेश किए जाने के दौरान कोर्ट ने मामले की अभी और अधिक तहकीकात के लिए 30 जून तक की पुलिस हिरासत में भेज दिया है। In Mumbai, a child was burnt and beaten due to superstition, police arrested the husband and wife
नई दिल्ली: भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण यानी NHAI ने दिल्ली मुंबई हाईवे पर आपको कई जगहों पर ‘अपना घर’ नाम से इमारतों का निर्माण कर रही है। इन इमारतों को हाईवे पर चलने वाली गाड़ियों की सुरक्षा के लिए बहुत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। दरअसल लंबी दूरी के हाईवे पर नींद आने की वजह से सड़क दुर्घटना बढ़ जाती है। इसी को ध्यान में रखते हुए अब ट्रक ड्राइवरों को ढाबे के पीछे या सड़क के किनारे सोने की जरूरत न पड़े, इसलिए दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर ‘अपना घर’ नाम से आधुनिक और सुरक्षित रेस्ट एरिया तैयार किया गया है। यहां उन्हें आराम करने, नहाने, खाना बनाने और नींद पूरी करने के लिए घर जैसा माहौल मिलेगा। हालांकि इसके लिए किमत अदा करनी पडेगी। लेकिन इसका किराया बहोत ही ज्यादा कम होने वाला है। The government has built ‘Apna Ghar’ on the Delhi-Mumbai highway, people will get facilities in it during the journey
नींद की वजह से होती हैं दुर्घटना
भारत में हर साल करीब 5 लाख सड़क दुर्घटनाएं होती हैं। इनमें से लगभग 1.5 लाख लोगों की मौत हो जाती है। 70% हादसे ड्राइवर की थकान और नींद पूरी न होने की वजह से होते हैं। लंबी दूरी पर चलने वाले ट्रक ड्राइवर अक्सर बिना आराम किए चलते रहते हैं। इसकी वजह से उनकी सेहत पर असर पड़ता है और हादसों का खतरा बढ़ जाता है। NHAI कोटा के प्रोजेक्ट डायरेक्टर संदीप अग्रवाल ने बताया, कि “ट्रक ड्राइवर लगातार सफर करते हैं और ठीक से सो नहीं पाते। इसके कारण सड़क दुर्घटना होती है। इसी के कारण अपना घर योजना की शुरुआत की गई, ताकि वे सुरक्षित जगह पर आराम कर सकें और हादसे से बच सकें।” The government has built ‘Apna Ghar’ on the Delhi-Mumbai highway, people will get facilities in it during the journey
मुंबईः गोरेगांव के आरे कॉलोनी में एक कैंसर पीड़ित दादी को कचरे के ढेर में फेंकने वाले शख्स को मुंबई पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने शर्मशार कर देने वाले मामले में पोते के साथ एक रिश्तेदार और एक ऑटो रिक्शा ड्राइवर गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार पोते की पहचान राहुल शेवाले के रुप में हुई है। इसके साथ पुलिस ने रिश्तेदार बाबा साहब गायकवाड़ और ऑटो ड्राईवर संजय कडरेसिम को गिरफ्तार किया है। इन पर आरोप है कि स्किन कैंसर पीड़िता महिला को हॉस्पिटल में भर्ती करने के बजाय उसे जिंदा कचरे के ढेर में फेंक कर फरार हो गए थे। Mumbai: Auto driver and a relative arrested along with grandson for throwing grandmother in garbage heap
घायल अवस्था में मिली
जानकारी के मुताबिक, गोरेगांव (पूर्व), आरे कॉलोनी के जंगल में 22 जून को कचरे के ढेर में 60 साल की महिला पुलिस को जख्मी अवस्था में मिली थी। शुरुआती जांच में पता चला कि महिला कांदिवली पूर्व के हनुमान नगर इलाके की रहने वाली थी। पुलिस की जांच में पोते ने बताया कि महिला खुद घर से निकल गई थी। लेकिन सीसीटीवी फुटेज और जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि महिला के पोते ने ही 22 तारीख की सुबह ऑटो रिक्शा से महिला को आरे कॉलोनी के जंगल में लाया और कचरे में फेक दिया। Mumbai: Auto driver and a relative arrested along with grandson for throwing grandmother in garbage heap
कूपर अस्पताल में बुजुर्ग का चल रहा इलाज
आरे पुलिस थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक रवीन्द्र पाटील ने बताया, कि जब महिला पुलिस को मिली थी तब वह गंभीर स्थिति में थी। फिलहाल उसे कूपर अस्पताल में भर्ती किया गया है, जहां पर उसका इलाज चल रहा हैं। महिला का नाम यशोदा गायकवाड (60) है और उसको स्किन कैंसर हैं। कूपर अस्पताल के डीन डॉ. सुधीर मेढेकर ने बताया कि महिला की हालत फिलहाल स्थिर है और उनकी नाक और गाल पर अल्सर जैसा कैंसरनुमा घाव है। उन्होंने बताया कि शुरुआती जांच में बेसल सेल कार्सिनोमा (Basal Cell Carcinoma) की आशंका जताई गई है। Mumbai: Auto driver and a relative arrested along with grandson for throwing grandmother in garbage heap
बीजेपी सरकार ने सौंप दिया शिक्षा को माफियाओं के हाथ
शिक्षा को व्यापार की तरह चलाया जा रहा माफियाओं के हाथों
पचास हजार के ऊपर सरकारी स्कूल बंद
हाईकोर्ट ने रद्द की शिक्षकों की मनमानी नियुक्तियां
निःशुल्क शिक्षा देने के अपने दायित्व से भाग रही सरकारें
दिवंगत प्रधानमंत्री राजीव गाँधी के शासन में बच्चों को दिया गया शिक्षा का अधिकार
सरकारों का लोकलुभावन नारा ‘पढ़ेगा इंडिया तो बढ़ेगा इंडिया’ ..
18℅ की GST लगाकर सरकार ने किया आम आदमी के बच्चों को शिक्षा से वंचित
गृहमंत्री अमित शाह का अंग्रेजी न पढाने का बयान देश की तरक्की के लिए बाधक
उत्तर प्रदेश के 70 प्रतिशत इंजीनियर बेकार
देश में लाखों कॉलेज विश्वविद्यालय नेताओं या उनके रिश्तेदारों के…!
धर्म की सियासत चमकाने में व्यस्त बीजेपी सरकार
बीजेपी शासित राज्य मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में 60℅ सरकारी स्कूल बंद
पांच किलो मुफ्त राशन गर्म तवे पर पानी की बूंद जैसा
मुफ्त राशन प्रचार में राशन खर्च से अधिक विज्ञापन का खर्च
विज्ञापनों और कथित धर्म आस्था और हिंदुत्व के नाम पर टिकी बीजेपी सरकार
95℅ जनता को गरीबी रेखा के नीचे रखने का षडयंत्र
मुंबई: बीजेपी के कथित चाणक्य अमित शाह ने अंग्रेजी नहीं पढ़ने की वकालत की है। लेकिन सबसे पहले उन्हें अपने बेटे को जिसे बीसीसीआई का सेक्रेटरी दबाव में बनाया है, इससे कहें कि अंग्रेजी न बोले। इसके साथ ही अपनी सरकार के मंत्रियों, सांसदों और विधायकों को पार्टी से बाहर करें जो विदेश से पढ़कर आए हैं क्योंकि वहां अंग्रेजी ही पढ़ाई जाती है। साथ ही उन मंत्रियों, सांसदों और विधायकों को भी जिनके बेटे, बेटियां विदेश में उच्च शिक्षा ग्रहण कर रहे और जो वहां सेटल्ड हो चुके हैं।
देश के सारे कॉन्वेंट स्कूल बंद कर दें। सीबीएससी जिसमें अंग्रेजी मीडियम से शिक्षा दी जाती है उसकी मान्यताएं खत्म कर दें। संसद में अंग्रेजी बोलने, सेक्रेटरियो द्वारा अंग्रेजी बोलने लिखने की मनाही कर दें। यहां तक कि संसद में अंग्रेजी बोलने वालों को बरखास्त कर दें। तब आम गरीब आदमी या देशवासियों से अंग्रेजी पढ़ने को मना करें। लेकिन अब कोई छात्र किस मीडियम में पढ़ेगा। किस भाषा में बात करेगा सरकार इस पर रोक कैसे लगा सकती है?
बीजेपी सरकार ने सौंप दिया शिक्षा को माफियाओं के हाथ
एक तो वैसे ही बीजेपी सरकार ने शिक्षा को माफियाओं के हाथों में सौप दिया है, जिसे व्यापार की तरह चलाया जा रहा है। मनमानी फीस की वसूली की जा रही है। स्कूल बैग, जूता, मोजा और किताबें वह भी प्राइवेट स्कूलों की जिनका मूल्य चार सौ से कम नहीं है। उसमें भी कमीशन मिलता है। तमाम प्राइवेट स्कूलों में न लाइब्रेरी है, न कंप्यूटर हाल और ना ही साइंस लैब।
फिर भी स्कूलों को दो चार लाख रुपए लेकर मान्यताएं दी जा रही है, जहां शिक्षा के नाम पर नील बटा सन्नाटा है। ट्यूशन पढ़ने के लिए बच्चों पर दबाव डाला जाता है। सरकार जिसका दायित्व है कि निःशुल्क शिक्षा देना।नहीं दे रही। तमाम सरकारी स्कूल बंद कर दिए गए। स्कूलों को मर्च किया जा रहा दूर के स्कूलों में।
हाईकोर्ट ने रद्द की शिक्षकों की मनमानी नियुक्तियां
शिक्षक आंदोलन रत हैं। बिजली कर्मचारी आंदोलन रत हैं, लेकिन बीजेपी सरकारें दो कार्य कर रही। अब तक पचास हजार से ऊपर तक के सरकारी स्कूल बंद कर दिए गए। शिक्षकों की मनमानी नियुक्तियां किए जाने पर हाईकोर्ट ने सारी नियुक्तियां रद्द कर दी हैं। वहीं शिक्षा निःशुल्क देने के अपने दायित्व से भाग रही सरकारें। प्राइवेट स्कूलों की सालाना फीस लाखों में रखी गई है।
उसके अलावा हर वर्ष एडमिशन फीस और तमाम तरह की फीस की वसूली की जा रही है। यहां तक कि फीस जमा नहीं कर पाने वाले छात्रों को गेट से ही घर लौटाया जा रहा। केंद्र सरकार की नाक के नीचे दिल्ली के एक प्राइवेट स्कूल द्वारा तीन साल में हजारों रुपए बढ़ा दिए जाने और छात्रों के घर लौटाए जाने के कारण अभिभावकों को आंदोलन करने के लिए बाध्य होना पड़ा था।
दिवंगत प्रधानमंत्री राजीव गाँधी के शासन में बच्चों को दिया गया शिक्षा का अधिकार
दिवंगत प्रधानमंत्री राजीव गांधी के शासन में बच्चों को शिक्षा का अधिकार दिया गया। अगर पांच दस वर्ष जीवित रहते तो शिक्षा को समवर्ती सूची से निकालकर समूचे देश में एक ही शिक्षा पद्धति लागू कर देते। पाठ्यक्रम भी एक होते ताकि असमय स्थल परिवर्तन का बुरा प्रभाव नहीं पड़ता। छः से चौदह वर्ष आयु तक शिक्षा का अधिकार देने के बाद उनकी योजना कॉलेज और विश्वविद्यालयों में भी निःशुल्क शिक्षा का अधिकार दे देते। लेकिन देश का दुर्भाग्य उनकी मृत्यु की साजिश रची गई।जिससे उनका शिक्षा को लेकर सारी योजना ही बंद हो गई।
सरकारों का लोकलुभावन नारा ‘पढ़ेगा इंडिया तो बढ़ेगा इंडिया’ ..
अब तो सरकारें सारे के सारे सरकारी स्कूल बंद करने पर तुली हुई हैं। हमारी सरकारों ने नारे बड़े लोकलुभावन दिए थे, कि “पड़ेगा इंडिया तो बढ़ेगा इंडिया” लेकिन कार्य उसके ठीक विपरित किए जा रहे हैं। भारी भरकम फीस के कारण लाखों छात्र पांचवीं और आठवी कक्षा के बाद स्कूल छोड़ने के लिए बाध्य हो जाते हैं। प्राइवेट स्कूलों कॉलेजों में पढ़ा पाना देश के नब्बे प्रतिशत लोगों के बूते में नहीं है।
18℅ की GST लगाकर सरकार ने किया आम आदमी के बच्चों को शिक्षा से वंचित
शिक्षा पर 18% की जीएसटी लगाकर सरकार ने आम आदमी के बच्चों को शिक्षा से वंचित कर दिया है। कैसे पड़ेगा इंडिया और कैसे बढ़ेगा इंडिया? देश में एक भी कॉलेज और विश्वविद्यालय ऐसा नहीं है जो दुनिया के टॉप दो सौ विश्वविद्यालयों में स्थान पा सके। इसका कारण है शिक्षा मद में केंद्र सरकार द्वारा कटौती।
गृहमंत्री अमित शाह का अंग्रेजी न पढाने का बयान देश की तरक्की के लिए बाधक
अंग्रेजी भाषा अंतरराष्ट्रीय भाषा है। अंग्रेजी पढ़े लिखे छात्रों को ही खुद अपने ही देश में प्राइवेट जॉब मिल पाता है। बिना अंग्रेजी के कहीं भी कोई पूछता तक नहीं है। विदेश जाने, उच्च शिक्षा प्राप्ति अथवा जॉब पाने के लिए अंग्रेजी टेस्ट अनिवार्य है। ज्ञान विज्ञान की समस्त पुस्तकें अंग्रेजी भाषा में उपलब्ध है। भारतीय भाषाओं में अनुवाद के लिए अरबों खरबों रूपये व्यय करने होंगे। बिना अंग्रेजी ज्ञान के कोई भी विदेश जाकर उच्च शिक्षा या नौकरी या व्यवसाय कर ही नहीं सकता। ऐसे में गृहमंत्री अमित शाह का अंग्रेजी नहीं पढ़ाने का बयान देश की तरक्की के लिए बाधक है।केंद्रीय मंत्री को ऐसे बयान देने से बचना चाहिए।
निःशुल्क शिक्षा देने के अपने दायित्व से भाग रही सरकारें
जबकि शिक्षा को व्यापार करने की छूट कदापि नहीं दी जानी चाहिए। सरकार का दायित्व है, कि सभी बच्चों को निःशुल्क शिक्षा प्रशिक्षण देने की व्यवस्था करना। लेकिन सरकार अपने दायित्व पालन से भाग रही है। निःशुल्क शिक्षा प्रशिक्षण देकर प्रति परिवार एक रोजगार के संसाधन जुटाना सरकार का दायित्व है। जब नब्बे प्रतिशत बच्चे पढ़ेंगे नहीं तो आगे कैसे बढ़ेंगे। शिक्षा का स्तर इतना नीचे गिर चुका है कि उत्तर प्रदेश के सत्तर प्रतिशत इंजीनियर बेकार हैं। उन्हें ज्ञान ही नहीं है कि प्राइवेट शिक्षा संस्थान प्रैक्टिकल कहां करते हैं? बिना प्रेक्टिकल के ज्ञान कैसे आयेगा?
देश में लाखों कॉलेज विश्वविद्यालय नेताओं या उनके रिश्तेदारों के हैं जिनका लक्ष्य दौलत अर्जित करना है। इसीलिए सरकार शिक्षा को माफियाओं के हाथों सौंप चुकी है। सरकार डरती है कि कहीं शिक्षा व्यवसाय पर नकेल कसी गई तो उसके लोग ही सरकार गिरा देंगे। सत्ता बचाने के लिए देश के एक सौ चालीस करोड़ लोगों के जीवन से खिलवाड़ करना सरकार को शोभा नहीं देता। शायद यही वजह है, कि सरकार को चुनाव जीतने के लिए धर्म, नफरत का सहारा लेना पड़ रहा है। अपने वादों को जो कभी पूरे ही नहीं किए सरकार ने, वोट मांगने की हिम्मत ही नहीं है। इसलिए धर्म की सियासत चमकाने का कार्य कर रही सरकार।
बीजेपी शासित राज्य मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में 60℅ सरकारी स्कूल बंद
सिर्फ़ दो बीजेपी शासित राज्यों मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश में ही 60% सरकारी स्कूल बंद कर दिए गए। दोनों राज्यों के दो करोड़ बच्चे चौथी या आठवीं के बाद पढ़ाई छोड़ने को मजबूर हैं। महंगाई इतनी बढ़ गई है, कि पांच किलो मुफ्त राशन गर्म तवे पर पानी की भी बूंद जैसा नहीं है। माता पिता मेहनत करते हैं। महीने में आठ से दस दिन मजदूरी मिलती है शेष दिन फांका कटता है। परिवार का पेट भरे कि बच्चों को प्राइवेट स्कूलों में महंगी शिक्षा लेने भेजें?
95℅ जनता को गरीबी रेखा के नीचे रखने का षडयंत्र
दरअसल पांच किलो मुफ्त राशन का प्रचार करने में राशन खर्च से अधिक विज्ञापन खर्च आ जाता है। विज्ञापनों और कथित धर्म आस्था और हिंदुत्व के नाम पर टिकी बीजेपी सरकारें नहीं चाहती कि अस्सी करोड़ लोग गरीबी रेखा से ऊपर उठ पाएं। ऊपर से अंग्रेजी नहीं पढ़ाने की वकालत? यह वकालत वे लोग करते हैं जो कभी अंग्रेजों की दलाली करते और गांधी के आंदोलन को कुचलने के लिए वायसराय को खत लिखा करते थे। आज उन्हीं की औलादें सत्ता में आई हैं, तो देश को निरक्षर रखने के तमाम उपाय करते रहते हैं। विश्व की चौथी अर्थव्यवस्था चंद पूंजीपतियों की है जबकि सच तो यह है कि देश की 95% आबादी बीजेपी शासन में हैंड टू माउथ हो चुकी है।
विज्ञापनों और कथित धर्म आस्था और हिंदुत्व के नाम पर टिकी बीजेपी सरकार
इतने टैक्स तो लुटेरे अंग्रेजों ने भी नहीं लगाए थे जितनी हिंदुत्ववादी सरकार टैक्स लगाकर 95% जनता को गरीबी रेखा के नीचे रखने का षडयंत्र करती है। गरीबी झेली है। गरीब मां का बेटा हूं। बर्तन माजती थी मां कहने वाले पीएम दिन में पांच ड्रेस वह भी लाखों के बदलते रहते हैं। नेहरू पर आरोप लगाने वाले सोचें कहां राजा भोज कहां गंगू तेली। नेहरू परिवार आजादी के पहले से ही संपन्न रहा था। उनकी बराबरी तो क्या पैरों की धूल बराबर आज कोई नेता नहीं। हर मोर्चे पर नाकाम सरकार केवल विज्ञापनों, व्हाट्सऐप यूनिवर्सिटी के द्वारा ब्रेन वाश करके मूर्ख बनाती और धर्म आस्था के नाम पर वोट मांगती सरकार।
मुंबई: मंगलवार को बोरीवली पूर्व वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे स्थित उन्नत देविपाड़ा मेट्रो स्टेशन के बाहर दोपहर के समय एक खाली बस में आग लग गई। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। बस ड्राइवर बस को कहीं ले जा रहा था। Bus catches fire outside Mumbai metro station, no casualties
मुंबई: शहर की सड़कों पर खड़े बेकार, टूटे-फूटे और लावारिश गाड़ियों को अब तुरंत हटाया जाएगा। बृहन्मुंबई महानगर पालिका (BMC) कमिश्नर भूषण गगराणी ने सभी विभागों को सख्त निर्देश दिए हैं कि ऐसे वाहनों को तुरंत हटाकर उनकी सही तरीके से नष्ट करने की प्रक्रिया शुरू करें। मुंबई जैसे बड़े शहर में लावारिश और कबाड़ गाड़ियों को सड़कों के किनारे खड़े रहने से ट्रैफिक में परेशानी होती है। आम लोगों को पैदल चलने में भी दिक्कत होती है। इसी वजह से बीएमसी ने यह फैसला लिया है कि अब ऐसे वाहनों पर सख्ती से कार्रवाई की जाएगी। Now useless, junk and abandoned vehicles will be removed from the roads of Mumbai, BMC has started strict action
ट्रैफिक में रुकावट और लोगों को परेशानी
पत्रकारों से एक ख़ास बातचीत में भूषण गगराणी ने कहा कि सड़कों को साफ और अड़चन मुक्त बनाना बीएमसी की प्राथमिकता है। बीएमसी ने मई 2025 से हर वॉर्ड में बाहरी एजेंसियों को नियुक्त किया गया हैं जो बीएमसी अधिकारियों के साथ मिलकर बेकार और भंगार गाड़ियों की पहचान कर रहे हैं और उन्हें हटाने के लिए प्रोसिजर चालू कर दिया हैं। अब इस काम में तेजी लाने के लिए सभी को मिलकर काम करने के निर्देश दिए गए हैं। Now useless, junk and abandoned vehicles will be removed from the roads of Mumbai, BMC has started strict action
सिर्फ जुर्माना नहीं, मकसद है सड़कें खाली करना – मुंबई बीएमसी
टूटे-फूटे, छोड़े हुए वाहन, बेकार स्क्रैप और कबाड़, सड़क पर छोड़ी गई अनाधिकृत चीजें।
आगे क्या होगा?
पुलिस की मदद से चलाए जाएंगे विशेष अभियान, हर वॉर्ड में एक नोडल अधिकारी नियुक्त होगा जो बीएमसी, पुलिस और ठेकेदारों के बीच तालमेल बनाएगा, जिन लोगों ने सड़क पर वाहन या कबाड़ छोड़ा है, उनके खिलाफ भी कार्रवाई होगी। अब बीएमसी ने सड़कों को साफ और सुगम बनाने के लिए कमर कस ली है। अगर आपके इलाके में कोई बेकार वाहन या कबाड़ सड़क पर पड़ा है, तो वह जल्द ही हटाया जाएगा। इस कदम से मुंबई की ट्रैफिक और सफाई व्यवस्था में बड़ा सुधार होगा। Now useless, junk and abandoned vehicles will be removed from the roads of Mumbai, BMC has started strict action
मुंबई: गोरेगांव से मानवता को शर्मसार करने वाली एक घटना प्रकाश में आ रही है। यहां एक स्किन कैंसर से पीड़ित एक 60 वर्षीय बुजुर्ग दादी को उनके ही पोते ने आरे कॉलोनी के कूड़े के ढेर में फेंक दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने बुजुर्ग महिला को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया और फिलहाल उनका कूपर अस्पताल में इलाज चल रहा है। इस बुजुर्ग महिला का नाम यशोदा गायकवाड़ बताया जा रहा है जो बोल नहीं सकती। सिर्फ पोता-पोती ही कहती रहती है। Grandson throws his cancer-stricken grandmother in a garbage dump in Mumbai
पुलिस करेगी तकनीकी जांच
आरे कॉलोनी पुलिस थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक रवींद्र पाटिल ने बताया, कि बुढ़ी दादी बोल नही पाती ऐसे में हमारे लिए उसका सही पता लगाना और उनके परिवार के सदस्यों का पता लगाना चुनौती बन गया है। उन्होंने कहा कि शुरुआती जानकारी मिली है कि यशोदा गायकवाड़ अपने पोते के साथ मालाड इलाके में रहती थी। वृद्ध महिला मालाड़ और कांदीवली ऐसे दो जगहों का पता बता रही है। हो सकता है इनमें कही उसके परिवार वाले रहते हो। दादी ने यह भी बताया कि उनका पोता उन्हें यहा छोड़ गया था। हालांकि पुलिस संबंधित पोते का नाम और पता जानने के लिए तकनीकी जांच पर ध्यान केंद्रित कर रही है। Grandson throws his cancer-stricken grandmother in a garbage dump in Mumbai
सीसीटीवी की जांच
वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक रवींद्र पाटिल ने यह भी बताया, कि आरे पुलिस ने इलाके में लगे सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू कर दी है और बुजुर्ग महिला के पोते और परिवार के अन्य सदस्यों की तलाश के लिए एक विशेष जांच टीम का गठन भी किया गया है। हालांकि जिस जगह बुजुर्ग महिला को छोड़ा गया था वहां कोई सीसीटीवी कैमरे नही लगे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि दादी मां का फिलहाल डॉक्टरों की निगरानी में इलाज चल रहा है। Grandson throws his cancer-stricken grandmother in a garbage dump in Mumbai
कूपर अस्पताल के डीन डॉ. सुधीर मेढेकर ने बताया कि महिला की हालत फिलहाल स्थिर है और उनकी नाक और गाल पर अल्सर जैसा कैंसरनुमा घाव है। उन्होंने बताया कि शुरुआती जांच में बेसल सेल कार्सिनोमा (Basal Cell Carcinoma) की आशंका जताई गई है। Grandson throws his cancer-stricken grandmother in a garbage dump in Mumbai
मुंबई: गोरेगांव के भगत सिंह नगर इलाके में सोमवार देर रात एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। शराब के लिए पैसे नही देने पर गुस्से में एक पति ने अपनी पत्नी की गला घोंटकर हत्या कर दी। इससे इलाके में हड़कंप मच गया है और पुलिस ने आरोपी पति को महज 2 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया, जबकि वह भागने की पूरी तैय्यार कर चुका था। 25 वर्षीय मृतक महिला का नाम गौसिया वसीम शेख बताया जा रहा है। Mumbai: Drunkard husband strangled to death for not giving him money
पुलिस ने क्या कहा?
बांगूरनगर पुलिस थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक अनिल ठाकरे ने बताया, कि घटना लगभग रात 10 बजे की है। गौसिया वसीम शेख और उसके पति वसीम रफीक शेख के बीच सोमवार रात को झगड़ा हुआ था। वसीम ने गौसिया से शराब खरीदने के लिए पैसे मांगे, लेकिन उसने पैसे देने से इनकार कर दिया। इस पर दोनों के बीच कहासुनी हो गई, जो धीरे-धीरे हिंसक हो गया। बहस बढ़ने के बाद वसीम ने गुस्से में आकर गौसिया का गला घोंट दिया, जिससे वह मौके पर ही बेहोश हो गई। Mumbai: Drunkard husband strangled to death for not giving him money
हत्या का मामला दर्ज
इसके बाद गौसिया वसीम शेख को तुरंत जोगेश्वरी पूर्व के ट्रॉमा केयर अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही बांगुरनगर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक अनिल ठाकरे ने बताया, कि बांगूरनगर लिंक रोड़ पुलिस थाने में गु.र.क्र. 303/2025 के अंतर्गत भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 103 के तहत अपराध दर्ज किया गया है। Mumbai: Drunkard husband strangled to death for not giving him money
पुलिस ने बताया कि आरोपी घटना स्थल से फरार हो चुका था। बांगूरनगर पुलिस ने तुरंत डिटेक्शन टीम के सहायक पुलिस निरीक्षक संजय सरोळकर, सहायक पुलिस निरीक्षक रंधे और एटीसी दल के पुलिस उपनिरीक्षक पियुप टारे को आरोपी का पीछा करने का निर्देश दिया। वैसे ही सायबर विभाग के सहायक पुलिस निरीक्षक विवेक तांबे को आरोपी के तांत्रिक जांच के निर्देश दिए गए। आरोपी बार बार लोकेशन बदल रहा था। लेकिन जैसे ही पुलिस को पता चला कि आरोपी ट्रेन पकड़ने के लिए गोरेगांव के रामनगर रेलवे स्टेशन जा रहा है, मौके पर पुलिस ने जाल बिछाकर आरोपी वसीम रफीक शेख को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल बांगुरनगर पुलिस थाने के अधिकारी मामले की आगे की जांच कर रहे हैं। Mumbai: Drunkard husband strangled to death for not giving him money
अधिकारियों ने बताया कि सुबह 6.10 बजे गोरेगांव (पूर्व) इलाके में स्थित दादासाहेब फाल्के चित्रनगरी (फिल्म सिटी) में मराठी बिग बॉस के सेट के पीछे बने अनुपमा के सेट पर आग लगी। आग की सूचना मिलते ही मुंबई फायर ब्रिगेड की लगभग चार गाड़ियां और पानी के टैंकर मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का अभियान युद्धस्तर पर शुरू किया। सुबह होने की वजह से सेट पर शूटिंग नहीं चल रही थी, जिससे बड़ी दुर्घटना टल गई। Mumbai: Fire broke out on the set of Anupamaa in Goregaon Film City, goods worth crores burnt to ashes…
इस घटना को लेकर ऑल इंडिया सिने वर्कर्स एसोसिएशन अपने एक आधिकारिक बयान जारी किया है, जिसमें कहा गया, कि “मुंबई की फिल्म सिटी में आज सुबह 5 बजे ‘अनुपमा’ शो के सेट पर भयंकर आग लग गई। सुबह 7 बजे शूटिंग शुरू होनी थी। लेकिन उससे ठीक दो घंटे पहले ही आग ने पूरा सेट तबाह कर दिया। उस वक्त शूटिंग की तैयारियां चल रही थीं। कई कर्मचारी और क्रू मेंबर उस समय सेट पर मौजूद थे।” Mumbai: Fire broke out on the set of Anupamaa in Goregaon Film City, goods worth crores burnt to ashes…