Category: West India

  • Mumbai: वक्फ बील के खिलाफ मुम्बई में विरोध प्रदर्शन

    Mumbai: वक्फ बील के खिलाफ मुम्बई में विरोध प्रदर्शन

    देश भर के मुसलमान वक्फ संशोधन बील को लेकर विरोध कर रहे हैं। उनका कहना है कि वक्फ बोर्ड संपत्ति का कामकाज मुसलमानों के ही हाथ में होना चाहिए। सरकार पारदर्शिता के नाम पर हमारी संपत्ति में हस्तक्षेप करना चाहती है।

    मुम्बई: लोकसभा और राज्यसभा में वक्फ संशोधन विधेयक के पास होने के बाद से इसके खिलाफ देश के अलग-अलग हिस्सों में प्रदर्शन शुरू हो गए हैं। इस बीच महाराष्ट्र में भी मुस्लिम समुदाय के लोगों ने वक्फ बील के खिलाफ मुम्बई की सुन्नी मस्जिद में विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने काली पट्टी बांधकर संशोधित विधेयक के विरोध में नारे लगाए। (Mumbai News, Protest held in Mumbai against Waqf Bill)

    इस बील को लेकर मुफ्ती मोहम्मद जुबैर बरकती ने कहा, “लोकसभा और राज्यसभा में जो वक्फ बील पास हुआ है वो पूरी तरह से इस्लाम और मुसलमानों के हक में नहीं है। ये उनकी अपनी सोच है जो वो कह रहे हैं कि ये मुसलमानों के लिए बेहतर है लेकिन हम दूर तक देख रहे हैं कि ये मुसलमानों के खिलाफ है।” (Mumbai News, Protest held in Mumbai against Waqf Bill)

    सुप्रीम कोर्ट का रुख

    मुफ्ती जुबैर ने आगे कहा, “मुसलमान पूरी तरह से सुन्नी उलेमाओं पर भरोसा करते हैं, सुन्नी उलेमा जो भी बयान देंगे और जिसका सपोर्ट करेंगे वही सही माना जाएगा। हम देश में कानूनी दायरे में सुप्रीम कोर्ट के जरिए जो भी हमें हक मिल सकता है, हमारे हक के लिए हम पूरी कोशिश करेंगे।” (Mumbai News, Protest held in Mumbai against Waqf Bill)

    सरकार ने नहीं मानी बात

    वहीं उत्तर प्रदेश में भी इस बील को लेकर मुसलमान विरोध करते नजर आ रहे हैं। संभल में एक युवक ने कहा, “हमें इस बात की नाराजगी है कि सरकार ने हमारी बात नहीं मानी। लेकिन हम जो भी करेंगे, वह संविधान के दायरे में करेंगे। हम ऐसा कोई भी काम नहीं करना चाहते कि हमारे परिवार, क्षेत्र और राज्य या देश में इसको लेकर शांति भंग हो। (Mumbai News, Protest held in Mumbai against Waqf Bill)

    वक्फ का काम

    युवक ने आगे कहा, “हमारे पास सुप्रीम कोर्ट का भी रास्ता है। हम विधेयक का विरोध करने के लिए कानून का सहारा लेंगे। वक्फ की संपत्ति की देखभाल का काम मुसलमानों के हाथों में ही रहना चाहिए। सरकार हमारे हक में सेंधमारी का काम कर रही है। वक्फ बोर्ड संशोधन में अच्छी खासी खामी नजर आती है।” (Mumbai News, Protest held in Mumbai against Waqf Bill)

  • वक्फ संशोधन विधेयक में क्या है सेक्शन 40, जिसे खत्म करने का किया ऐलान

    वक्फ संशोधन विधेयक में क्या है सेक्शन 40, जिसे खत्म करने का किया ऐलान

    लोकसभा में केंद्रीय मंत्री वक्फ एक्ट के सेक्शन 40 खत्म करने का ऐलान कर दिया है। वक्फ बोर्ड अधिनियम 40 के तहत वक्त बोर्ड को वक्फ संपत्तियों के फैसले का अधिकार दिया गया था। लेकिन अब इसे हटाने का प्रस्ताव किया गया है, जिससे बोर्ड की स्वतंत्रता पर सवाल उठ रहे हैं।

    Waqf Amendment Bill 2024: 2 अप्रैल को लोकसभा में पेश किए गए ‘वक्फ संशोधन बिल 2024’ में सबसे बड़ा बदलाव है सेक्शन 40 को खत्म करना। ये सेक्शन ही इस बोर्ड को किसी भी भूमि को वक्फ संपत्ति में बदलने की अनुमति देता था। अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू ने बुधवार को संसद में एक बहस के दौरान इसे वक्फ अधिनियम का सबसे कठोर प्रावधान बताया था। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    रिजिजू ने चर्चा के दौरान कहा कि, ‘अधिनियम में सबसे कठोर प्रावधान सेक्शव 40 है, जिसके तहत वक्फ बोर्ड किसी भी जमीन को वक्फ संपत्ति घोषित कर सकता था, लेकिन संशोधन के तहत हमने उस प्रावधान को हटा दिया है।” ऐसे में, दूसरी तरफ सवाल उठता है कि आखिर ये सेक्शन 40 है क्या? और इसे हटाने के बाद किस तरीके के बदलाव आ सकते हैं? (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    वक्फ कानून अधिनियम 40

    वक्फ कानून का अधिनियम 40 वक्फ संपत्तियों के बारे में फैसला करने से जुड़ा हुआ है। इसका मतलब है कि अगर किसी संपत्ति के बारे में यह सवाल उठता है कि क्या वह संपत्ति वक्फ है या नहीं ? तो वक्फ बोर्ड इस सवाल का फैसला खुद कर सकता था। इस फैसले को चुनौती देने का अधिकार किसी के भी पास नहीं था। अगर किसी को आपत्ति होती भी थी तो वह, वक्फ ट्रिब्यूनल में अपील कर सकता था। जिसपर फैसले का अधिकार भी वक्फ बोर्ड के ही पास था। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    इस सेक्शन के तहत, अगर वक्फ बोर्ड किसी संपत्ति को वक्फ संपत्ति मानता है, तो उसका यह फैसला अंतिम होता है। इसका मतलब है कि सरकार या कोई और संस्थान इस फैसले में हस्तक्षेप नहीं कर सकता। अगर किसी को बोर्ड के फैसले से आपत्ति होती, तो वह वक्फ ट्रिब्यूनल में अपील कर सकता था। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    यह सेक्शन वक्फ बोर्ड को एक तरह से स्वतंत्रता देता था कि वह बिना किसी बाहरी दबाव के यह तय कर सके कि कोई संपत्ति वक्फ बोर्ड की संपत्ति है या नही? साथ ही, अगर कोई अन्य ट्रस्ट या सोसाइटी की संपत्ति को वक्फ संपत्ति के रूप में पंजीकरण कराने की आवश्यकता होती, तो बोर्ड उसे ऐसा करने का निर्देश दे सकता था। अब, वक्फ संशोधन बिल में इस सेक्शन को हटाने के प्रस्ताव से वक्फ बोर्ड की ताकत और स्वतंत्रता पर सवाल उठने लगे हैं। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    सरकारी हस्तक्षेप नहीं

    सेक्शन 40 के तहत, बोर्ड के फैसले पर सरकार या किसी अन्य सरकारी संस्थान का कोई सीधा हस्तक्षेप नहीं होता था। इसका मतलब है कि वक्फ संपत्तियों के मामलों में बोर्ड का फैसला ही सर्वोपरि होता था। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    इस सेक्शन के तहत अगर कोई संपत्ति किसी अन्य ट्रस्ट या सोसाइटी के तहत पंजीकृत होती, लेकिन वक्फ बोर्ड को लगता कि वह संपत्ति वक्फ संपत्ति हो सकती है, तो बोर्ड उसकी जांच कर सकता था। अगर बोर्ड ने यह फैसला लिया कि वह संपत्ति वक्फ संपत्ति है, तो उस ट्रस्ट या सोसाइटी को उसे वक्फ एक्ट के तहत पंजीकरण करने के लिए कहा जाता था। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    सेक्शन 40 को लागू नहीं किया जाएगा

    वक्फ (संशोधन) बिल 2025 में इस सेक्शन को हटा दिया गया है। इस बदलाव को लेकर केंद्रीय मंत्री ने संसद में ऐलान किया कि सेक्शन 40 को अब लागू नहीं किया जाएगा। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    इस बदलाव के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसद कालन बैनर्जी ने संसद में कहा कि अगर सेक्शन 40 को हटा दिया गया, तो वक्फ बोर्ड महज एक ‘गुड़िया’ बनकर रह जाएगा, जिसकी कोई ताकत नहीं होगी। उनका कहना था कि अगर इस सेक्शन को हटा दिया जाता है, तो वक्फ बोर्ड को बनाए रखने का कोई मतलब नहीं है और इसकी शक्तियां सीधे तौर पर मंत्री को दे दी जानी चाहिए। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    केंद्र सरकार का तर्क

    केंद्र सरकार का कहना है कि इस बदलाव से वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन में पारदर्शिता और प्रभावशीलता आएगी। उनका मानना है कि अब वक्फ संपत्तियों के मामलों में कोई भ्रम नहीं होगा और यह प्रक्रिया ज्यादा सरल और सुचारू होगी। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    वक्फ कानून मे संशोधन का असर

    विपक्ष का कहना है कि इस बदलाव से वक्फ बोर्ड की स्वायत्तता खत्म हो जाएगी और सरकार को वक्फ संपत्तियों के मामलों में ज्यादा नियंत्रण मिलेगा। वहीं, सरकार का कहना है कि यह बदलाव वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन को और बेहतर बनाएगा। अब यह देखना होगा कि इस बिल को लेकर आगे क्या कदम उठाए जाते हैं और इसका वक्फ बोर्ड पर क्या प्रभाव पड़ेगा। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

  • Mumbai: अंधेरी रेलवे स्टेशन का फुट ओवर ब्रिज हुआ बंद

    Mumbai: अंधेरी रेलवे स्टेशन का फुट ओवर ब्रिज हुआ बंद

    पश्चिम रेलवे के एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि अंधेरी रेलवे स्टेशन का फुट ओवर ब्रिज सोमवार 7 अप्रैल से बंद कर दिया जाएगा। यहां मरम्मत कार्य के चलते ब्रिज को बंद किया जा रहा है जो 6 जून 2025 के बाद फिर से खोल दिया जाएगा। (Mumbai Foot over bridge of Andheri railway station closed)

    मुम्बई: गुरुवार को अंधेरी रेलवे स्टेशन पर फुट ओवर ब्रिज को लेकर पश्चिमी रेलवे (Western Railway) ने एक घोषणा कर दी है। अंधेरी रेलवे स्टेशन पर एक फुट ओवर ब्रिज (FOB) लगभग 3 महीने तक मरम्मत कार्यों के कारण जनता के लिए बंद रहेगा। एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि मुंबई के अंधेरी स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 4 और 5 के बीच फुट ओवर ब्रिज की दक्षिण की ओर की सीढ़ी के प्रतिस्थापन कार्य के संबंध में, सीढ़ी 7 अप्रैल से 6 जून 2025 तक बंद रहेगी।(Mumbai Foot over bridge of Andheri railway station closed)

    पश्चिमी रेलवे ने एक बयान में कहा, “यात्रियों से अनुरोध किया जाता है कि वे अपनी सुविधा के लिए स्टेशन पर उपलब्ध वैकल्पिक सीढ़ियों और फुट ओवर ब्रिज का उपयोग करें।” इस फुट ओवर ब्रिज का मरम्मत कार्य लगभग 3 महिनों तक चलने वाला है। पश्चिम रेलवे ने यात्रियों की असुविधा के लिए खेद भी प्रकट किया। (Mumbai Foot over bridge of Andheri railway station closed)

    सफलतापूर्वक उद्घाटन

    इस बीच, पश्चिमी रेलवे ने वानखेड़े स्टेडियम एफओबी का सफलतापूर्वक पुनर्निर्माण और उद्घाटन किया, जिससे प्रतिष्ठित वानखेड़े स्टेडियम में इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2025 मैचों से पहले क्रिकेट प्रशंसकों के लिए बेहतर कनेक्टिविटी और सुविधा सुनिश्चित हुई, एक आधिकारिक बयान में पहले कहा गया था, कि मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन (MCA) से आवश्यक धन प्राप्त करने के बाद एफओबी का पुनर्निर्माण केवल आठ महीनों में पूरा हुुआ। (Mumbai Foot over bridge of Andheri railway station closed)

    अधिकारी ने क्या कहा?

    मुख्य जनसंपर्क अधिकारी विनीत अभिषेक ने बताया कि नवनिर्मित एफओबी अब दो सीढ़ियों के साथ चालू है – एक पूर्व की ओर और दूसरी पश्चिम की ओर, दोनों उत्तर दिशा की ओर हैं। उन्होंने कहा, “इससे पैदल यात्रियों की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित होगी, खासकर आगामी आईपीएल मैचों के दौरान। 48 मीटर लंबाई और 6.30 मीटर चौड़ाई वाले एफओबी का 6.50 करोड़ रुपये की लागत से पुनर्निर्माण किया गया है। पूर्व और पश्चिम की ओर की दो अन्य दक्षिण की ओर सीढ़ियाँ 7 अप्रैल, 2025 तक एमसीए को सौंप दी जाएँगी। सुरक्षा और दृश्यता बढ़ाने के लिए एमसीए द्वारा लाइट और निगरानी कैमरे लगाए गए हैं।” (Mumbai Foot over bridge of Andheri railway station closed)

    एफओबी का लाभ

    उन्होंने आगे कहा कि भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान बॉम्बे द्वारा किए गए सुरक्षा ऑडिट के बाद मूल एफओबी को जून 2020 में बंद कर दिया गया था। उन्होंने कहा, “इस महत्वपूर्ण पैदल यात्री संपर्क मार्ग को बहाल करने की आवश्यकता को समझते हुए, पश्चिम रेलवे ने इसे पूरा करने के लिए समर्पित प्रयासों के साथ पुनर्निर्माण प्रक्रिया शुरू की। पश्चिम रेलवे समय पर बुनियादी ढांचे में सुधार के माध्यम से यात्री सुरक्षा और सुविधा को प्राथमिकता देने के लिए प्रतिबद्ध है। इस एफओबी के फिर से खुलने से क्रिकेट प्रेमियों और यात्रियों को समान रूप से लाभ मिलने की उम्मीद है।” (Mumbai Foot over bridge of Andheri railway station closed)

  • Mumbai: पुनर्विकास बना आम आदमी की मुसीबत, किराए ने तोड़ा रिकॉर्ड

    Mumbai: पुनर्विकास बना आम आदमी की मुसीबत, किराए ने तोड़ा रिकॉर्ड

    देश की आर्थिक राजधानी मुम्बई में लगातार पुनर्विकास परियोजनाओं के चलते यहां किराए के पैसों में दोगुना इजाफा हो गया है। लेकिन बिल्डरों को मिली मनमानी छूट से आम आदमी की कमरतोड़ नुकसान हो रहा है। सरकार को इसपर विचार करने की जरूरत है। (Redevelopment has become a problem in Mumbai for the common man, rent has broken records)

    मुम्बई: देश की आर्थिक राजधानी मुम्बई (Bombay is the financial capital of the country) में चल रहे घरों के पुनर्विकास कार्यों ने एक नई मुसीबत खड़ी कर दी है। शहर के कई हिस्सों में मकानों के किराए में बेतहाशा वृद्धि देखी जा रही है। बांद्रा, खार, चेंबूर, कांदीवली, बोरिवली और मालाड़ जैसे इलाकों में किराए 50 से 65 प्रतिशत तक बढ़ चुके हैं, जिससे आम लोगों के लिए घर का किराया भरना बेहद मुश्किल हो गया है। साथ ही झोपड़पट्टी पुनर्वसन प्रकल्पों में बिल्डरों की मनमानी लोगों के लिए मुसीबत बनी हुई है। (Redevelopment has become a problem in Mumbai for the common man, rent has broken records)

    बिना योजना के पुनर्विकास से बढ़ी परेशानी

    मुम्बई में हजारों पुरानी इमारतों को तोड़कर नई इमारतों का निर्माण किया जा रहा है, लेकिन इनमें रहने वाले किरायेदारों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई है। डेवलपर्स द्वारा अस्थायी आवास के लिए जो किराया दिया जाता है, वह बाजार दर से काफी कम होता है। ऐसे में लोग मजबूरी में महंगे और छोटे घरों में रहने को विवश हो रहे हैं। ऐसे ही झोपड़पट्टी पुनर्वसन प्राधिकरण (Slum Rehabilitation Authority) के तहत बन रहे परियोजनाओं में भी झोपड़ा धारकों को दिया जाने वाला वैकल्पिक किराए का पैसा बाजार मूल्यांकन के मुकाबले काफी कम होता है। (Redevelopment has become a problem in Mumbai for the common man, rent has broken records)

    प्रशासन की चुप्पी पर उठ रहे सवाल

    विशेषज्ञों का कहना है कि सरकार की ढीली नीतियों और पुनर्विकास में बिल्डरों को दी गई खुली छूट ने इस समस्या को और भी गंभीर बना दिया है। कोविड़ महामारी के बाद से घरों की मांग में तेजी आई है, और अब पुनर्विकास की वजह से किराए के मकानों की संख्या घट रही है, जिससे किराए और भी बढ़ रहे हैं। (Redevelopment has become a problem in Mumbai for the common man, rent has broken records)

    बिल्डरों को फायदा, जनता परेशान

    बांद्रा, खार और सांताक्रुज़ जैसे इलाकों में स्टूडियो अपार्टमेंट का किराया 25,000 रुपये से बढ़कर 50,000 रुपये तक पहुंच गया है, जबकि 1 बेडरूम हॉल किचिन के लिए 75,000 रुपये तक देने पड़ रहे हैं। प्रॉपर्टी बाजार में रेंटल यील्ड दोगुनी हो चुकी है, जिसका सीधा लाभ बिल्डर्स और मकान मालिकों को मिल रहा है। (Redevelopment has become a problem in Mumbai for the common man, rent has broken records)

    क्या आम आदमी के लिए बचेगा कोई विकल्प?

    अगर यही हालात जारी रहा, तो आने वाले वर्षों में मुम्बई में मध्यम वर्ग के लिए किफायती घर पाना नामुमकिन हो जाएगा। सरकार को चाहिए कि वह पुनर्विकास के लिए ठोस नीति बनाए और किराएदारों की सुरक्षा सुनिश्चित करे, वरना यह संकट और भी गहराता जाएगा। (Redevelopment has become a problem in Mumbai for the common man, rent has broken records)

  • मुंबई से दुबई चलेगी अंडरवाटर ट्रेन; 2 घंटे में होगा सफर पूरा

    मुंबई से दुबई चलेगी अंडरवाटर ट्रेन; 2 घंटे में होगा सफर पूरा

    Mumbai to Dubai Underwater Train: 2030 तक शुरू होगी मुंबई दुबई अंडरवाटर ट्रेन, 1000 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेगी, अधिक जानकारी: भारत से दुबई तक… (Underwater train will run from Mumbai to Dubai, journey will be completed in 2 hours)

    Mumbai to Dubai Underwater Train: 2030 तक शुरू होगी मुंबई से दुबई के बीच अंडरवाटर ट्रेन, 1000 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेगी, अधिक जानकारी: भारत से दुबई तक अंडरवाटर ट्रेन चलेगी. इस ट्रेन की स्पीड 600 किमी प्रति घंटे से 1000 किमी प्रति घंटे तक हो सकती है और यह मुंबई से दुबई तक का सफर सिर्फ दो घंटे में तय कर सकेगी। (Underwater train will run from Mumbai to Dubai, journey will be completed in 2 hours)

    तकनीकी चुनौतियां

    यह (Mumbai-Dubai Underwater Train) प्रोजेक्ट काफी चर्चा में है, और इसे लेकर बड़े निवेश और तकनीकी चुनौतियां सामने आ रही हैं। आपने हवाई यात्रा का अनुभव तो किया होगा, लेकिन अब आप सोच रहे होंगे कि समुद्र के नीचे ट्रेन से यात्रा करना कैसा होगा? यह बात थोड़ी अजीब लग सकती है, लेकिन यह सच है। (Underwater train will run from Mumbai to Dubai, journey will be completed in 2 hours)

    हालांकि यह प्रोजेक्ट बेहद रोमांचक है, लेकिन इसमें काफी सारे निवेश की आवश्यकता होगी। अनुमान के मुताबिक, इसे पूरा करने के लिए अरबों डॉलर की जरूरत होगी। इस प्रोजेक्ट को तकनीकी और इंजीनियरिंग की कई बड़ी चुनौतियों का सामना करना होगा। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर सब कुछ सही रहा, तो इस प्रोजेक्ट को 2030 तक पूरा किया जा सकता है। (Underwater train will run from Mumbai to Dubai, journey will be completed in 2 hours)

    भारत और दुबई के बीच रेल नेटवर्क

    आपको बता दें कि भारत और दुबई के बीच एक शानदार रेल नेटवर्क स्थापित किया जाएगा, जो समुद्र के नीचे लगभग 1200 मील (लगभग 2000 किलोमीटर) की दूरी तय करेगा। इस अंडरवाटर ट्रेन की मदद से यात्री समुद्र के रास्ते अपने गंतव्य तक पहुंच सकेंगे। यद्यपि यह परियोजना अभी भी चर्चा में है और अनुमोदन की प्रतीक्षा कर रहा है। आशा है कि यह यात्रा अगले कुछ वर्षों में शुरू हो सकेगा। यदि यह योजना सफल रही तो यात्रियों के लिए यह एक नया और रोमांचक अनुभव होगा, जिससे उनकी यात्रा और भी खास हो जाएगी। इसपर किराया क्या होगा? सरकारी दस्तावेजों में क्या होगा? व्यापार पर इसका कितना असर पड़ेगा? सुरक्षा व्यवस्था का इंतजाम कैसे होंगे? ऐसे बहोत सारे मुद्दों पर विचार करना अभी बाकी है। (Underwater train will run from Mumbai to Dubai, journey will be completed in 2 hours)

  • Mumbai: ट्रैफिक पुलिसकर्मी को ‘चोर’ कहने पर ट्रक ड्राइवर पर मामला दर्ज

    Mumbai: ट्रैफिक पुलिसकर्मी को ‘चोर’ कहने पर ट्रक ड्राइवर पर मामला दर्ज

    ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन और चालान कटने से नाराज एक ट्रक ड्राइवर ने पुलिस का विडियो बनाकर सोशल मीडिया पर शेयर कर दिया। पोस्ट में लिखा था कांदीवली ट्रैफिक पुलिस चोर है। (Mumbai News Case filed against truck driver for calling traffic policeman a thief)

    Mumbai: मुंबई के कांदीवली में ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने पर जुर्माना लगाए जाने से नाराज एक ट्रक ड्राइवर ने कथित तौर पर ट्रैफिक पुलिस कांस्टेबल को चोर कहा और इस घटना को ऑनलाइन सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट कर दिया। ट्रैफिक पुलिसकर्मी की शिकायत के बाद कांदिवली पूर्व की समता नगर पुलिस ने ड्राइवर के खिलाफ मामला दर्ज किया है। (Mumbai News Case filed against truck driver for calling traffic policeman a thief)

    कांदिवली ट्रैफिक पुलिस को “चोर” कहा

    पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, आरोपी की पहचान यशवंत बंदगर के रूप में हुई है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, 24 मार्च को ट्रैफिक कांस्टेबल विकास पोल ने ट्रक को रोका, जो बिना क्लीनर के ड्राइवर गाडी चला रहा था। ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन पा कर कांस्टेबल पोल ने जुर्माने के रूप में ड्राइवर का चालान काटा, जिसके बाद दोनों के बीच तीखी बहस हुई। जुर्माने से नाराज यशवंत ने अपने मोबाइल फोन पर इस झगड़े का वीडियो रिकॉर्ड किया और फेसबुक पर वीडियो पोस्ट करते हुए कांदिवली ट्रैफिक पुलिस को “चोर” कहा। (Mumbai News Case filed against truck driver for calling traffic policeman a thief)

    विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज

    इतना ही नहीं सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट करने के साथ वह लोगों से वीडियो को शेयर करने और इसे वायरल करने का भी आग्रह किया। सोशल मीडिया पोस्ट के बारे में पता चलने पर कांस्टेबल पोल ने समता नगर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। जांच के बाद पुलिस ने यशवंत बंदगर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। (Mumbai News Case filed against truck driver for calling traffic policeman a thief)

    सोशल मीडिया पर ट्रेंड

    आजकल इसका ट्रेंड चलने लगा है कि लोग सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल सरकारी कर्मचारियों को डराने और धमकाने के लिए करने लगे हैं। जिन्हें नियम कानून के बारे में पता भी नहीं वो लोग भी ऐसी सामग्री देखकर उत्साहित हो जाते हैं। ऐसा ही चलता रहा तो पुलिस सुरक्षा और कानून की गरिमा ही खत्म हो जाएगी। जिसपर सख्त कार्यवाही होना बहुत जरूरी है। समता नगर पुलिस स्टेशन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि जांच जारी है और निष्कर्षों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। (Mumbai News Case filed against truck driver for calling traffic policeman a thief)

  • मुंबई लोकल ट्रेन के यात्रियों की बल्ले-बल्ले, रोज मिलेंगे 10 हजार और हफ्ते में 50 हजार रुपये का इनाम

    मुंबई लोकल ट्रेन के यात्रियों की बल्ले-बल्ले, रोज मिलेंगे 10 हजार और हफ्ते में 50 हजार रुपये का इनाम

    Mumbai Local Lucky Yatri Yojana : अगर आप मुंबई लोकल ट्रेन से सफर करते हैं, तो अब आपके पास हर दिन 10 हजार रुपये से लेकर सप्ताह में 50 हजार रूपये तक जीतने का शानदार मौका है। 8 हफ्ते तक चलेगी लक्की यात्री योजना। भ्रष्टाचार या अधिकारियों का मुनाफा? (Mumbai local train passengers will get a reward of 10 thousand rupees daily and 50 thousand rupees weekly)

    Mumbai Local Train: मुंबई में लोकल ट्रेन से यात्रा करने वाले लोगों के लिए अच्छी खबर है। मध्य रेलवे (Central Railway) ने यात्रियों के लिए ‘लकी यात्री योजना’ (Lucky Yatri Yojana) शुरू करने की घोषणा की है। इसके तहत यात्रियों को वैध टिकट या पास होने पर हर दिन 10,000 रुपये और हर हफ्ते 50,000 रुपये तक जीतने का मौका मिल सकता है। लेकिन इस योजना के शुरू होने से पहले ही कालाबाजारी को लेकर प्रतिक्रियाएं सामने आ रही है। (Mumbai local train passengers will get a reward of 10 thousand rupees daily and 50 thousand rupees weekly)

    किसको और कैसे मिलेगा इनाम?

    मध्य रेल की घोषणा के मुताबिक, हर दिन एक भाग्यशाली यात्री को 10,000 रुपये मिलेंगे। इसके अलावा हर एक हफ्ते में एक बंपर इनाम की घोषणा की जाएगी जिसमें जीतने वाले विजेता यात्री को 50,000 रुपये का बंपर इनाम दिया जाएगा। मध्य रेल लाइन के हर रेलवे स्टेशनों पर टिकट चैकिंग के दौरान रैंडम तरिके से विजेताओं का चयन किया जाएगा। टिकट चैकिंग के दौरान चुने गए यात्री को अपना वैध टिकट या पास दिखाना अनिवार्य होगा। इसके साथ ही खास बात यह है कि यह योजना सभी तरह के टिकट और पास पर यात्रा कर रहे सभी यात्रियों के लिए लागू होगा। (Mumbai local train passengers will get a reward of 10 thousand rupees daily and 50 thousand rupees weekly)

    Lucky Yatri Yojana

    मध्य रेलवे के रेल यात्रियों के आंकड़ों के मुताबिक, लोकल ट्रेन से हर दिन 40 लाख से अधिक यात्री सफर करते हैं, जिनमें से लगभग 20 प्रतिशत यात्री बिना टिकट यात्रा करते हैं और रोजाना लगभग 4,000 से 5,000 यात्री बिना टिकट पकड़े जाते हैं। ऐसे यात्रियों को वैध टिकट खरीदने को लेकर प्रोत्साहित करने के लिए रेलवे ने ‘लकी यात्री योजना’ की शुरूआत कर रही है। मध्य रेल प्रशासन का मानना है कि इससे लोग आकर्षित होंगे और ज्यादा से ज्यादा टिकट की बिक्री होगी। (Mumbai local train passengers will get a reward of 10 thousand rupees daily and 50 thousand rupees weekly)

    भ्रष्टाचार या अधिकारियों का मुनाफा?

    मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी स्वप्नील नीला ने बताया कि “लकी यात्री योजना यात्रियों को टिकट खरीदने के लिए प्रेरित करने और नियमित यात्रियों को इनाम देने के लिए बनाई गई है। हर दिन एक यात्री को 10,000 रुपये और हर हफ्ते एक यात्री को 50,000 रुपये का इनाम दिया जाएगा।” लेकिन इस योजना के तहत काफ़ी गड़बड़ी होने की भी संभावना जताई जा रही है। एक यात्री ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इस योजना का लोग गलत फायदा भी उठा सकते हैं। रेलवे स्टेशन पर विजेता का चयन करने वाले भी इसका भरपूर फायदा उठा सकते हैं। फिलहाल मुंबईकरों को ऐसी योजना की जरूरत नही है। हां लेकिन सरकारी भ्रष्ट अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए मुनाफा कमाने का रास्ता खुल सकता है। (Mumbai local train passengers will get a reward of 10 thousand rupees daily and 50 thousand rupees weekly)

    कब से लागू होगी योजना?

    लकी यात्री योजना अगले हफ्ते से शुरू होने की उम्मीद है। विजेता का चयन स्टेशनों पर टिकट चेकर द्वारा रैंडम तरीके से किया जाएगा। भाग्यशाली यात्री से वैध टिकट या सीजन पास दिखाने के लिए कहा जाएगा। सत्यापन के बाद नकद पुरस्कार तुरंत विजेता यात्री को दे दिया जाएगा। अगले सप्ताह से शुरू होने वाली यह योजना आठ सप्ताह तक चलेगी। एफसीबी इंटरफ़ेस कम्युनिकेशन प्राइवेट लिमिटेड द्वारा प्रायोजित इस योजना के लिए यात्रियों को कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं देना होगा। (Mumbai local train passengers will get a reward of 10 thousand rupees daily and 50 thousand rupees weekly)

  • 4 साल के बच्चे का अपहरण और हत्या, 25 वर्षीय युवक गुजरात से गिरफ्तार

    4 साल के बच्चे का अपहरण और हत्या, 25 वर्षीय युवक गुजरात से गिरफ्तार

    कांदीवली पश्चिम से 4 साल के बच्चे का अपहरण कर हत्या के मामले में कांदीवली पुलिस ने मालाड़ पश्चिम के रहने वाले 25 वर्षीय युवक को गुजरात से किया गिरफ्तार। आरोपी युवक पीड़ितों का रिश्तेदार बताया जा रहा है। ( 4 year old child kidnapped and murdered, 25 year old youth arrested from Gujarat)

    मुंबई- कांदीवली पश्चिम के इरानी वाडी 3 नंबर इलाके की घटना ने यहां लोगों को हैरान कर दिया है। एक 4 साल के बच्चे का अपहरण और हत्या के बाद से यहां मातम पसर गया है। 22 मार्च की देर रात हुई घटना में आखिरकार पुलिस ने बड़ी मशक्कत के साथ आरोपी को गुजरात के सुरत से गिरफ्तार कर लिया है। घटना की पड़ताल के लिए कांदीवली पुलिस ने कुल 6 अलग-अलग टीम गठित किया था। मामले की पड़ताल जारी। ( 4 year old child kidnapped and murdered, 25 year old youth arrested from Gujarat)

    कांदीवली पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक रविंद्र अडाणे ने बताया कि वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में कुल 6 टीमों का गठन किया गया था। पुलिस अधिकारियों ने तांत्रिक विश्लेषण के जांच पड़ताल शुरू की तो आरोपी का लोकेशन बार बार बदल रहा था। इस बीच पुलिस की टीमों ने कांदीवली, बोरीवली, मालाड़, अंधेरी, सांताक्रूज़ और विरार होते हुए गुजरात के कुछ हिस्सों तक के लगभग 150 से 200 सीसीटीवी कैमरों की तलाशी ली। पुलिस ने बताया कि आखिरकार आरोपी के सूरत में छिपे होने की जानकारी मिली। ( 4 year old child kidnapped and murdered, 25 year old youth arrested from Gujarat)

    उत्तर प्रादेशिक विभाग के अप्पर पुलिस आयुक्त अभिषेक त्रिमुखे, मुंबई पुलिस जोन 11 के पुलिस उपायुक्त आनंद भोईटे, मालवनी विभाग की एसीपी श्रीमती निता पाडवी से निर्देश लेकर वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक रविंद्र अडाणे ने कांदीवली पुलिस स्टेशन के पुलिस उपनिरीक्षक नारायण खाडे, पुलिस सिपाही तिजारे और चौहाण को सुरत के लिए रवाना किया और वहां से 25 वर्षीय आरोपी अशोक गरुड़ को गिरफ्तार किया। अपहर और हत्या का कारण अभी तक स्पष्ट नही हुआ है। ( 4 year old child kidnapped and murdered, 25 year old youth arrested from Gujarat)

    पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, 22 मार्च की रात लगभग 1:45 से 4 बजे के बीच कांदीवली पश्चिम के इरानी वाडी 3 नंबर इलाके में 4 साल का बच्चा अपने रिश्तेदारों के साथ सो रहा था। इस बीच बच्चा अचानक गायब हो गया और बाद में मृत पाया गया। पीड़ित परिवार ने शिकायत दर्ज कराई कि उन्ही के रिश्तेदार ने बच्चे का अपहरण कर हत्या की है, जो मालाड़ पश्चिम के वलनई वसाहत में “सी” वार्ड का रहने वाला है। पुलिस ने गु.र.क्र.221/2025 में भारतीय न्याय संहिता की धारा  140, 103 के तहत मुकदमा दर्ज जांच शुरू की तब तक आरोपी फरार हो चुका था। ( 4 year old child kidnapped and murdered, 25 year old youth arrested from Gujarat)

    कांदीवली पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक गिरफ्तार 25 वर्षीय आरोपी अशोक गरुड़ पेशे से नौकरी करता है। रिश्तेदारों के बीच आपसी रंजीश का मामला हो सकता है। फिलहाल आरोपी काफी डरा और घबराया हुआ है। जल्द ही बच्चे के अपहरण और हत्या के पीछे का मकसद पता कर लिया जाएगा। फिलहाल तफतिश जारी है। ( 4 year old child kidnapped and murdered, 25 year old youth arrested from Gujarat)

  • Mumbai Crime: वकीलों का ‘स्पेशल 26’ मुम्बई के व्यापारी से 11.5 लाख रुपये की ठगी, 4 गिरफ्तार

    Mumbai Crime: वकीलों का ‘स्पेशल 26’ मुम्बई के व्यापारी से 11.5 लाख रुपये की ठगी, 4 गिरफ्तार

    Mumbai Crime News: मुम्बई पुलिस ने चार फर्जी अधिकारियों को गिरफ्तार किया है, जिन्होंने फिल्म ‘स्पेशल 26’ के एक सीन जैसी डकैती की। आश्चर्य की बात यह है कि इन चार फर्जी लोगों में से दो वकील हैं। पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने सोने के कारोबारी से 11 लाख 50 हजार रुपए ठग लिए। (Mumbai Crime Special 26 of lawyers duped a Mumbai businessman of Rs 11.5 lakh, 4 arrested)

    मुम्बई: चार नकली आईबी के अधिकारियों ने भायखला में एक सोने के कारोबारी की शॉप पर छापा मारा। खुफिया इकाई का अधिकारी होने का दावा करते हुए उन्होंने शॉप पर सोना तस्करी का आरोप लगाया। उनमें से एक ने लैपटॉप पर कुछ नोट किया और फिर व्यवसायी के खिलाफ मामला दर्ज कराने की धमकी देने लगा। उन्होंने 25 लाख रुपये की फिरौती मांगी और 11 लाख 50 हजार रुपए जबरन वसूल लिये। मुंबई पुलिस ने चार नकली बदमाशों को गिरफ्तार किया है। जिन्होंने फिल्म ‘स्पेशल 26’ के एक दृश्य जैसी डकैती की थी। आश्चर्य की बात यह है कि इन चार फर्जी लोगों में से दो पेशे से वकील हैं। (Mumbai Crime Special 26 of lawyers duped a Mumbai businessman of Rs 11.5 lakh, 4 arrested)

    स्पेशल 26 की रेड

    भायखला में रहने वाले एक व्यापारी की बालाजी गोल्ड नामक सोने चांदी के गहनों की दुकान है। बुधवार दोपहर करीब तीन बजे व्यापारी अपने दो कर्मचारियों के साथ बैठा था। तभी चार लोग शॉप में घुस गए। चारों ने अपने पहचान पत्र दिखाते हुए बताया कि वे खुफिया ब्यूरो के अधिकारी हैं। चारों ने दुकान और वर्कशॉप की तलाशी ली और किसी को भी वहां से बाहर न जाने की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि उन्हें सूचना मिली है कि वे नकदी के बदले सोना बेच रहे हैं और सोने की तस्करी कर रहे हैं। चारों में से एक ने अपने बैग से लैपटॉप निकाला और स्टोर में मौजूद सामान को रिकॉर्ड करने लगा। (Mumbai Crime Special 26 of lawyers duped a Mumbai businessman of Rs 11.5 lakh, 4 arrested)

    किडनैपिंग और फिरौती

    उन्होंने व्यापारी को अपने साथ ले लिया और कहा कि तुम्हें हमारे साथ चलना होगा। केस दर्ज कराने की धमकी देकर 25 लाख रुपए की फिरौती मांगी। जब व्यापारी ने कहा कि उसके पास इतने पैसे नहीं हैं तो समझौता होने के बाद 11.5 लाख रुपए देना तय हुआ। वे चारों व्यापारी के साथ गिरगांव पहुंचे। व्यापारी ने अपने कर्मचारी से यह रकम लाने को कहा। कर्मचारी की ओर से पैसे देने के बाद चारों ने व्यापारी को विनय होटल के सामने टैक्सी से उतार दिया और फरार हो गये। (Mumbai Crime Special 26 of lawyers duped a Mumbai businessman of Rs 11.5 lakh, 4 arrested)

    सीसीटीवी की मदद से गिरफ्तार

    व्यापारी सीधा-साधा कारोबार करता है। उसे पता था कि अधिकारी झूठे उसको फंसाने की कोशिश कर रहे हैं। खुद के साथ कोई अप्रिय घटना न हो जाए इसके लिए व्यापारी ने मौके पर पैसे देकर अपना छुटकारा कर लिया। बाद में इसकी शिकायत उसने वीपी रोड पुलिस स्टेशन में दर्ज कराई। मामला दर्ज होते ही पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और तांत्रिक विश्लेषण के जरिए आरोपियों का पता लगाकर सबसे पहले आजाद मैदान इलाके से किशन शेलार को गिरफ्तार किया। उनसे पूछताछ से मिली जानकारी के आधार पर पवन चौधरी, सूर्यकांत शिंदे और श्रीजीत गायकवाड़ को गिरफ्तार किया गया। (Mumbai Crime Special 26 of lawyers duped a Mumbai businessman of Rs 11.5 lakh, 4 arrested)

    आरोपियों में से दो निकले वकिल

    पुलिस ने बताया कि सूर्यकांत और श्रीजीत दोनों पेशे से वकील हैं। फर्जी अधिकारी बनकर अपराध दर्ज कराने की धमकी देकर व्यवसायी से 25 लाख रुपये की फिरौती मांगी। समझौता होने के बाद 11 लाख 50 हजार रुपए देना तय हुआ। तदनुसार, यह राशि प्राप्त करने पर आरोपी भाग निकले और व्यापारी को छोड़ दिया। (Mumbai Crime Special 26 of lawyers duped a Mumbai businessman of Rs 11.5 lakh, 4 arrested)

  • कांदीवली का ग्रोवेल्स मॉल होगा बंद, बॉम्बे हाई कोर्ट का आदेश

    कांदीवली का ग्रोवेल्स मॉल होगा बंद, बॉम्बे हाई कोर्ट का आदेश

    पर्यावरण मंजूरी प्राप्त किए बिना मॉल का संचालन करना गलत है। कंपनी ने 5 मार्च को याचिका डाली थी जिसमें मॉल के संचालन को बंद करने के MPCB के निर्देश को चुनौती दी गई थी। (Grovels Mall in Kandivali will be closed, Bombay High Court ordered)

    मुम्बई: बॉम्बे हाई कोर्ट ने कांदिवली पूर्व स्थित ग्रोवेल्स 101 मॉल को तुरंत बंद करने का आदेश दे दिया है। पर्यावरण मंजूर प्राप्त किए बिना मॉल का संचालन करने के लिए ग्रोवेल्स 101 मॉल के खिलाफ महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (MPCB) के बंद करने के निर्देश को अदालत ने बरकरार रखा है। (Grovels Mall in Kandivali will be closed, Bombay High Court ordered)

    कंपनी की याचिका

    बॉम्बे हाई कोर्ट के जस्टिस एमएस सोनक और जितेंद्र जैन की खंडपीठ ने मॉल का संचालन करने वाली कंपनी ग्रेउर एंड वील (इंडिया) लिमिटेड की याचिका को खारिज कर दी है, जिसमें एमपीसीबी के 5 मार्च के बंद करने के आदेश को चुनौती दी गई थी। (Grovels Mall in Kandivali will be closed, Bombay High Court ordered)

    अदालत ने कहा, “पर्यावरण मंजूरी प्राप्त किए बिना निर्मित मॉल का संचालन करना बेहद गंभीर है और स्थापन/ संचालन के लिए सहमति प्राप्त किए बिना ऐसे मॉल का संचालन करना परिस्थितिकी मुद्दे की गंभीरता को बढ़ाता है।” जजों ने कहा कि याचिकाकर्ता कंपनी ने कानूनी आवश्यकताओं की अनदेखा किया और आवश्यक मंजूरी के बिना ही मॉल का निर्माण कार्य आगे बढ़ा दिया। (Grovels Mall in Kandivali will be closed, Bombay High Court ordered)

    तर्क नहीं आया काम

    हालांकि, कंपनी ने तर्क दिया था कि 2016 में एमनेस्टी स्कीम के तहत पर्यावरण मंजूरी के लिए आवेदन किया गया था और ये आवेदन अभी तक लंबित है। लेकिन कोर्ट ने इस बचाव में कोई दम नहीं पाया और बताया कि आवेदन की स्थिति पर कोई स्पष्टता नहीं थी। (Grovels Mall in Kandivali will be closed, Bombay High Court ordered)

    अदालत ने टिप्पणी करते हुए कहा, कि याचिकाकर्ता खुद को कानून से ऊपर मानता है और कहा कि इस तरह के तर्कों के आधार पर पर्यावरण कानून के अनुपालन को विफल नहीं होने दिया जा सकता। याचिकाकर्ता ने मॉल का निर्माण करके कानून को अपने हाथ में ले लिया है, यह कहते हुए अदालत ने फैसला सुनाया कि यह उचित ही है कि बंद करने के निर्देशों को तुरंत लागू किया जाए। (Grovels Mall in Kandivali will be closed, Bombay High Court ordered)

    कोर्ट ने निष्कर्ष निकाला कि “हम इस उम्मीद में कोई भी जुर्माना नही लगा रहे हैं कि भविष्य में ऐसी गलती नहीं दोहराई जाएगी। एमपीसीबी को तुरंत अपने बंद करने के निर्देशों को लागू करना चाहिए।” (Grovels Mall in Kandivali will be closed, Bombay High Court ordered)