जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के खिलाफ भारत की सरकार अब सख्त हो गई है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने एक अहम बैठक कर पांच बड़े फैसले किए हैं। जिसमें सिंघु जल समझौते पर रोक, उच्चायोग बंद, नागरिकों के वीजा रद, अटारी बॉर्डर भी बंद का ऐलान कर दिया है।
नई दिल्ली- पहलगाम में आतंकी हमले के बाद सीसीएस की बैठक में कई बड़े फैसले लिए गाए हैं। विदेश साचिव विक्रम मिश्री ने एक प्रेस कॉन्प्रेंस को संबोधित करते हुए जानकारी दी कि पाकिस्तानी राजनयिकों को 48 घटे में देश छोड़ने को कहा गया है। सार्क वीजा वाले सभी पाकिस्तानी नागरिकों का वीजा रद्द करने का फैसला लिया गया है। इसके साथ ही, सिंघु जल समझाते पर रोक लगाई गई है। अटरी वाघा बॉर्डर को बंद किया गया है। दक्षिण कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर हुए आतंकी हमले के बाद प्रधानंत्री आवास पर सुरक्षा मामलों की कैबिनेट कमेटी (सीसीएस) की बैठक खत्म हो गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में केद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, विदेश मंत्री एस जयशंकर, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल सहित कई शीर्ष अथिकारी भी शामिल हुए। वैठक में केंद्र सरकार हमले की जानकारी दी। (India’s big action after Pahalgam attack)
अबू तालाह है मास्टरमाइंड
इलाके में एक साल से सक्रिय थे आतंकी
पहलगाम हमले को अंजाम देने वाले आतंकी पिछले एक साल से जम्मू-कश्मीर में सक्रिय थे और इन्हीं आतंकियों ने मई 2024 में पुंछ में वायु सेना के काफिले पर हुए हमले को अंजाम दिया था। सूत्रों के मु्तबिक, जुलाई 2024 में इन आतंकियों ने जम्मू से कश्मीर की तरफ मुवमेंट किया था और फिर ये श्रीनगर के डाचीगाम जंगल क्षेत्र में जाकर छिप गए थे। दिसंवर 2024 में सुरक्षा बलों ने इस इलाके में बड़ा सर्च ऑपरेशन चलाया था, लेकिन उस दौरान तीन आतंकी भागने में सफल हो गए थे। अब जांच में सामने आया है कि पहलगाम हमले को उन्हीं बचे हुए आतेकियों ने अंजाम दिया है। जिसमें उन्हें उनके पाकिस्तानी हैंडलर की मद मिली। इस हमले का मास्टरमाइंड अबू तालाह पाक अधिकृत कश्मीर से आतांकियों को निर्देश दे रहा था।
भारत के पांच सख्त फैसले
- सबसे पहला फैसला है कि भारत और पाकिस्तान के बीच स्थित ऑटारी बॉर्डर चेक पोस्ट को बंद किया जाएगा। यह एक वड़ा कदम है जिससे दोनों देशों के बीच सीमित आवाजाही भी रुक जाएगी।
- दुसरा फैसला है कि पाकतिस्तान में मौजूद भारत का दूतवास अव बंद किया जाएग। यह कूटनीतिक रिश्तों में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है।
- भारत ने तीसरा कडा कदम उठाते हुए इंडस वॉटर ट्रीटी (जल संधि) को भी रोक दिया है। इसका असर पाकिस्तान को काफी बड़े स्तर पर होगा।
- चौथा फैसला यह है कि भारत में मौजूद सभी पाकिस्तानी राजनायिकों को 48 घंटे के भीतर देश छेड़ने का आदेश दिया गया है।
- पादवां और अहम फैसला है कि अब पाकिस्तानियों को भारत का वीजा नही मिलेगा।
रक्षा मत्री राजनाथ सिंह की कड़ी चेतावनी
ऐसा जवाब देंगे कि दुनिया देखेगी
केद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पहलगाम हमले पर आतंकियों को कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंनि सख्त लफ्जो में कहा, कि पहलगाम में आतंक्रियों ने थर्म को निशाना बनाकर कायराना हमला किया है। इसमें हमारे देश ने कई निर्दोष नागरिकों को खोया है। जिन्होंने इस घटना को अंजाम दिया है, हम सिर्फ उन लोगों तक ही नहीं पहुंचेंगे, बल्कि उन लोगों तक भी पहुंचेंगे जो पर्द के पीछे बैठकर भारत की धरती पर नापाक साजिश रची है। राजनाथ सिंह ने कहा कि हमारी टेरेरिज्म के खिलाफ जीरो टोलरेंस की पॉलिसी है। भारत का एक एक नागरिक इस कायरतापूर्ण हरकत के खिलाफ एकजुट है। भारत एक इतनी पुरानी सभ्यता और इतना बड़ा देश है, जिसको ऐसी किसी भी आतंकी गतिविधियों से डराया नहीं जा सकता है। ऐसी हरकतों का जवाब, हमले के जिम्मेदार लोगों को आने वाले कुछ ही समय में जोरदार तरीके से दिया जाएगा।

पहलगाम के जल्लादों की हुई पहचान
जम्मू-कक्मीर के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले में लोगों की हत्या करने वाले आतकियों के स्केच पहले जारी किए गए थे, अब तरवीर भी जारी कर दी गई हैं। इन आतकवादियों की पहचान आसिक फौजी, सुलेमान शाह और अबू तालाह के रूप में हुई है। एक आतंकवादी मारा गया है। अब पहचान होने के बाद आतंकी कानून की पकड़ से दूर नही है, ऐसे में उन 27 लोगों की मौत को भी न्याय मिल सकेगा। सभी अपराधियों की पहचान कर ली गई है और उनकी तलाश जारी है। प्रात जानकारी के अनुसार इन 4 लोगों में से एक की मौत हो गई है। पुलिस शेष तीन लोगों की तलाश कर रही है जिनके पास के जंगल में छिपे होने का संदेह है।
दिंडोशी सत्र न्यायालय ने पॉक्सो आरोपी फरहान खान को 20 साल सश्रम कारावास की सज़ा सुनाई
आईबी अधिकारी मनीष रंजन को पल्नी और बच्चों के सामने मारी गोली

पहलगाम में हुए आतंकवादी हमलें में खुकिया ब्यरो के अधिकारी मनीष रंजन की भी मौत हो गई। मनीष रंजन बिहार के रहने वाले थे। वह छुट्टी मनाने के लिए परिवार के साथ पहलगाम गए थे। आईबी के सूत्री से मिली प्राथमिक जानकारी के मुताबिक, उन्हें उनकी फ्नी और बच्चे के समने गोली मारी गई मनीष रंजन पिछले दो वर्षों से आईंबी के हैदराबाद कार्यालय के मंत्री अनुभाग में कार्यरत थे।
घाटी के जंगलों में उतरे पैरा कमांडो
भारतीय सेना, सीआरपीएक और जमू-कश्मीर पुलिस की संयुक्त टीमें ऑपरेशन को अंजाम दे रहीं हैं। सुरक्षा एजीसियां इस हमले को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरत रही है और आतंकियों के नेटवर्क को तोड़ने के लिए लगातार ऑपरेशन किए जा रहे हैं। (India’s big action after Pahalgam attack)
टुरिस्ट तेजी से कैसिल कर रहे ट्रैवल प्लान
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए हालिया आतंकी हमले के बाद, गर्मियों में कश्मीर घूमने का सपना देख रहे हजारो टूरिस्ट अब अपने ट्रैवल प्लान कैसिल कर रहे हैं। हमले के बाद से घाटी को लेकर एक बार फिर सुरक्षा को लेकर चिंता बढ गई है। टूर ऑपरेटर्स के मुताबिक, सिरफ 24 घटों में ही कशमीर ट्रिप की कैसिलेशन रिक्वेस्ट में करीब 25 फीसदी
की बढोतरी हुई है। लोगों में डर इस कदर है कि वे अब हिमाचल प्रदेश और उत्तराखड़ जैसी सुरक्षित मानी जाने वाली जगहों की तरफ रुख कर रहे हैं।
बैग में 13 करोड़ रु, कीमत की कोकीन लेकर मुंबई पहुंचा विदेशी नागरिक, कस्टम विभाग ने किया गिरफ्तार
फिल्मी सितारों का बयान
नर्क में बदलता जा रहा है स्वर्ग
सलमान खन ने एवस पर लिखा- कश्मीर को धरती का स्वर्ग कहा जाता है, लेकिन अब यह नर्क में बदलता जा रहा है। निर्दोष लोगों को निशाना बनाया जा रहा है, मेरी सवेदनाएं उनके परिवार वालों के साथ हैं। मासूम को मारना कायनात को मारना है।
हम एकजुट होकर मजबूत बनें
शहरुख खान ने लिखा- पहलगाम में हुई हिंसा पर दुख और गुस्से को शब्दो में बया करना मुश्किल है। ऐसे समय में, हम केवल भगवान से पीड़ित परिवारों के लिए प्राथना कर सकते हैं। हम एक राष्ट्र के रूप में एकजुट होकर मजबूत बने।
आमिर खान ने की हमले की निंदा
आमिर खान प्रोडकशंस ने एक्स पर लिखा- हम पहलगाम में हाल ही में हूए आतंकी हमले से बहुत स्तब्ध और दुखी है, जिसमें कई निर्दोष लोगों की जान चली गई और कई लोगों को दुख और पीड़ा हुई। हमारी सवेदनाएं पीड़ितों और उनके परिवारों के साथ है।









