Category: Police Action

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  • मुंबई के दहिसर में मिलावटखोरी के खिलाफ फूड एंड ड्रग्स की कार्रवाई

    मुंबई के दहिसर में मिलावटखोरी के खिलाफ फूड एंड ड्रग्स की कार्रवाई

    मुंबई क्राईम ब्रांच युनिट 12 की टीम ने दहिसर पूर्व इलाके में फूड एंड ड्रग्स ऑफिसर की मदद से छापामारी कर 39,917 रुपये के माल जब्त किया है। गिरफ्तार 38 वर्षीय आरोपी अमूल, गोकुल और नंदिनी दूध में मिलावटखोरी कर बिक्री कर रहा था।

    मुंबई: दहिसर (पूर्व), रूम नं. 07, मनुभाई चाळ, एस.पी.रोड, घरटनपाडा, नितीन इंडस्ट्रीज के कमरे में तडके सुबह के लगभग 5 बजे जब मुंबई क्राईम ब्रांच युनिट 12 की टीम ने छापेमारी की तो वहां 38 वर्षीय सैदुल नरसिम्हा कावेरी नामक व्यक्ति अमूल, गोकुल और नंदिनी ब्रांड के दूध के पैकेट में अस्वच्छ पानी मिला कर पैकिंग करता हुआ पकड़ा गया। इसकी गुप्त सूचना पहले से मिली थी इसलिए पुलिस ने मुंबई शहर की अन्न सुरक्षा अधिकारी श्रीमती अर्चना रामभाऊ वानरे को भी साथ ले गई थी। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह दहिसर पश्चिम के आईसी कॉलोनी झोपडपट्टी इलाके और चाय की टपरी चलाने वालों को यह मिलावटी दूध का पैकेट वितरित करता था। Food and Drugs action against adulteration in Dahisar, Mumbai

    दूध में मिलावटखोरी

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    दूध हमारे जीवन का इतना महत्वपूर्ण आहार है। जिसे हमारे शारिरीक पोषक तत्व के लिए इस्तेमाल करते है। खासकर हम अपने बच्चों को एक भरोसे के आधार पर कंपनी के ब्रांड को देखते हुए खरीद कर पिला देते हैं। ऐसे में मिलावट खोरी के कारण बच्चों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ कितना महंगा पड़ सकता है। इस बारे में सोचना भी कोई नही चाहेगा। लेकिन कुछ लोग मुनाफे के चक्कर में मिलावटी दूध बेचकर हमारे स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। ऐसे ही एक सूचना पर मुंबई क्राईम ब्रांच युनिट 12 की टीम ने सतर्कता दिखाई और सीधे फूड एंड ड्रग्स ऑफिसर को साथ लेकर छापामारी कर दी।

    पुलिस ने क्या कहा?

    दहिसर (पूर्व) क्राईम ब्रांच युनिट 12 के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक सचिन गवस ने बताया कि युनिट की महिला पुलिस हवलदार पडवळ को इसकी गुप्त सूचना मिली थी। उन्होंने बताया, कि हमने अन्न व औषध प्रशासन से संपर्क किया और मुंबई शहर अन्न सुरक्षा अधिकारी के साथ सहायक पुलिस निरीक्षक रासकर, पुलिस हवलदार बिचकर, गोमे, गोरूले, महिला पुलिस हवलदार पडवळ, पुलिस सिपाही के साथ एक टीम बनाकर घटना स्थल पर छापामारी की जहां से आरोपी को रंगे हाथ पकड़ा गया। घटना स्थल से (1) अमुल, गोकुळ व नंदिनी नामांकीत कंपनी के 29,917/- रू किमत के कुल 488 लिटर दुध, (2) अमुल ताजा, अमुल गोल्ड व अमुल बफेलो के 1350 बनावट खाली प्लास्टिक की थैलियां (3) दूध में मिलावटखोरी के लिए आवश्यक साधन सामुग्री (4) मोबाईल फोन तकरिबन 10,000/- रू कुल मिलाकर लगभग 39,917/- रुपये का माल जब्त किया गया।

    पहले भी यही करता था और हुआ था गिरफ्तार

    पुलिस ने बताया कि आरोपी के खिलाफ दहिसर पुलिस थाने में पहले से इसी तरह का अपराध दर्ज है। दहिसर पुलिस ठाणे गुरक्र. 175/2021 भारतीय दंड संहिता की धारा  272, 482, 486, 420, 468, 34 एवं अन्न सुरक्षा व मानदे अधिनियम 2006 व नियमन 2011 की धारा 26, 27, 31 में भी इसी तरह के अपराध में इसकी गिरफ्तारी हुई थी। पुलिस ने बताया कि फिलहाल वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में आरोपी को दहिसर पुलिस थाने के हवाले कर भारतीय न्याय संहिता की धारा 274, 345(3), 347(1), 318(4), 336(3), 3(5) के साथ-साथ  26, 27, 31, शिक्षा कलम 59 व 63 अन्न सुरक्षा व मानदे कायदा 2006 नियम व नियमन 2011 के तहत गिरफ्तार किया गया है। मामले की और अधिक तहकीकात दहिसर पुलिस कर रही है। Food and Drugs action against adulteration in Dahisar, Mumbai

  • Mumbai: डिलीवरी बॉय ने डोरबेल बजाया तो फायरिंग कर दी, जांच में जुटी पुलिस

    Mumbai: डिलीवरी बॉय ने डोरबेल बजाया तो फायरिंग कर दी, जांच में जुटी पुलिस

    मेडिकल स्टोर से दवाई लेकर आए डिलीवरी बॉय को डोर बेल बजाना पड़ा भारी। गुस्साए ग्राहक ने अपनी एयर गन निकाल कर फायरिंग कर दी। घटना में हुए धमाके से आस पास के लोगों में दहशत का माहौल फैल गया। Mumbai delivery boy opened fire when someone rang the doorbell, police investigating

    मुंबई: लोअर परेल इलाके में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां एक व्यक्ति ने अपनी नाराज़गी का इजहार करने के लिए डिलीवरी बॉय पर एयर गन से फायरिंग कर दी। हालांकि फायरिंग की घटना से आस पास के लोगों में दहशत का माहौल फैल गया। लेकिन गनीमत रही की डिलीवरी बॉय या किसी और को कोई नुकसान नहीं हुआ है। मामले की सूचना मिलने पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और जांच में जुट गई। Mumbai delivery boy opened fire when someone rang the doorbell, police investigating

    सिर्फ दो बाज बजाया था बेल

    पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, घटना उस समय हुई जब डिलीवरी बॉय दवाइयों का ऑर्डर लेकर आया हुआ था। डिलीवरी बॉय ने दो बार डोरबेल बजाया, लेकिन ग्राहक तुरंत बाहर नहीं आया और जब आया भी तो अपना ऑडर लेने के बजाय जैसे ही दरवाजा खोला, वैसे ही डिलीवरी बॉय पर आरोपी ने रायफल तान दी। यह देख कर डिलीवरी बॉय घबरा गया। आरोपी ने पुलिस को बताया कि बार-बार डोरबेल बजने से मुझे गुस्सा आ गया और मैने अपनी एयर राइफल निकाल कर हवा में गोली चला दी। Mumbai delivery boy opened fire when someone rang the doorbell, police investigating

    पुलिस की पूछताछ

    पुलिस ने आरोपी की पहचान 35 वर्षीय सौरभ कुमार अविनाश कुमार सिंह के रूप में की है। आरोपी लोअर परेल, शंकरराव नारम पथ के प्रकाश कॉटन बिल्डिंग का निवासी है। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने एक मेडिकल स्टोर से दवाइयां मंगवाई थीं, लेकिन डिलीवरी बॉय के बार-बार घंटी बजाने पर वह गुस्से में आ गया और फायरिंग कर दी। Mumbai delivery boy opened fire when someone rang the doorbell, police investigating

    Mumbai पुलिस ने क्या कहा?

    पुलिस ने बताया कि फायरिंग में किसी को कोई चोट नहीं लगी है। आरोपी और कॉल करने वाले व्यक्ति को पुलिस स्टेशन ले जाकर पूछताछ की जा रही है। मुंबई की एनएम जोशी मार्ग पुलिस स्टेशन ने मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि इस तरह की घटनाओं में तुरंत पुलिस को सूचना दें और किसी भी प्रकार के हिंसक कदम से बचें। Mumbai delivery boy opened fire when someone rang the doorbell, police investigating

  • High Security Number Plate: एक बार फिर से समय सीमा बढ़ी, लेकिन आखिरी मौका, नहीं तो जब्त होगी गाड़ी

    High Security Number Plate: एक बार फिर से समय सीमा बढ़ी, लेकिन आखिरी मौका, नहीं तो जब्त होगी गाड़ी

    HSRP Number Plate Deadline: महाराष्ट्र परिवहन की ओर से हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट (HSRP) लगवाने की समय सीमा 30 नवंबर तक बढ़ा दी गई है। 1 दिसंबर, 2025 के बाद हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट नहीं लगवाने वाले वाहनों पर एयर स्पीड स्क्वॉड के जरिए कार्रवाई शुरू कर दी जाएगी। High Security Number Plate: Deadline extended once again, but this is the last chance, otherwise the vehicle will be confiscated

    डिजिटल डेस्क
    मुंबई:
    महाराष्ट्र परिवहन की ओर से हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट (HSRP) लगवाने की समय सीमा 30 नवंबर तक बढ़ा दी है। 1 दिसंबर, 2025 के बाद से हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट नही लगवाने वाले वाहनों पर एयर स्पीड स्क्वॉड के जरिए कार्रवाई शुरू की जाएगी। दरअसल सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद महाराष्ट्र में 2019 से पहले सभी वाहनों पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगवाना अनिवार्य कर दिया गया है। जबकि इसको लेकर विभाग ने कई बार समय सीमा बढ़ा दी है। इस बार समय पर नियमों का पालन नहीं करने पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिये गये हैं। High Security Number Plate: Deadline extended once again, but this is the last chance, otherwise the vehicle will be confiscated

    पर्याप्त फिटमेंट सेंटर ही नही

    हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगाने के लिए रोसमार्टा नामक कंपनी को जिम्मेदारी सौंपी गई है। हालांकि, वाहनों की संख्या और एचएसआरपी नंबर प्लेट के पंजीकरण और फीटिंग में लगने वाला समय बार-बार बढ़ाई जा चुकी है। कारण कंपनी ने नंबर प्लेट लगाने के लिए पर्याप्त फिटमेंट सेंटर अभी तक स्थापित नहीं कर पाई हैं। High Security Number Plate: Deadline extended once again, but this is the last chance, otherwise the vehicle will be confiscated

    High Security Number Plate Status

    खबर के मुताबिक, राज्य भर में अब तक केवल 28 लाख वाहन चालकों ने ही हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट के लिए पंजीकरण कराया है। इनमें से लगभग 20 लाख वाहनों में नंबर प्लेट लग चुकी हैं। इसमें नंबर प्लेट लगाने की गति बडी धीमी प्रतीत हुई है और लगभग 70 लाख वाहनों ने अभी तक पंजीकरण के लिए आवेदन नहीं किया है। साथ ही वाहन चालकों की ओर से नंबर प्लेट लगवाने के लिए दी गई तारीख सितंबर और अक्टूबर मालूम हो रही है। चूंकि नंबर प्लेट लगवाने की वर्तमान समय सीमा 15 अगस्त को समाप्त हो गई थी, इसलिए सुरक्षा नंबर प्लेट लगवाने की समय सीमा बढ़ाने की मांग की जा रही थी। High Security Number Plate: Deadline extended once again, but this is the last chance, otherwise the vehicle will be confiscated

    धीमी गति से चल रहा है काम

    पुणे में हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट की समीक्षा के बाद पुणे क्षेत्रीय परिवहन विभाग (आरटीओ) ने पाया कि काम धीमी गति से चल रहा है। इसलिए आरटीओ ने कंपनी को सुविधाएं बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। पुणे क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी स्वप्निल भोसले ने नंबर प्लेट लगने के बाद उसे उसी दिन वाहन पोर्टल पर पंजीकृत किए जाने को कहा गया है। लोगों में सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगाने के बारे में जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिये गये हैं। नंबर प्लेट लगाने के लिए आवेदन भरने हेतु साप्ताहिक बाजारों, सरकारी कार्यालयों और निजी कार्यालयों में कैंप लगाए जाने को कहा गया है। High Security Number Plate: Deadline extended once again, but this is the last chance, otherwise the vehicle will be confiscated

    आयुक्त ने दिए सख्त कार्रवाई के आदेश

    इसके अनुसार, परिवहन विभाग ने गुरुवार को नंबर प्लेट लगवाने की समय सीमा 30 नवंबर तक बढ़ाने का फैसला किया। हालांकि, इसके बाद नंबर प्लेट न लगवाने वाले वाहनों के खिलाफ 1 दिसंबर से स्पीड स्क्वॉड के माध्यम से कार्रवाई के निर्देश जारी किए हैं। परिवहन आयुक्त विवेक भीमनवार की ओर से जारी आदेश में कहा गया है, कि कार्रवाई के समय वाहन को जब्त कर लिया जाएगा और नंबर प्लेट लगाए बिना उसे छोड़ा नहीं जाएगा। High Security Number Plate: Deadline extended once again, but this is the last chance, otherwise the vehicle will be confiscated

  • मुंबई पुलिस को चकमा देकर महिला कैदी फरार, जेजे अस्पताल की घटना

    मुंबई पुलिस को चकमा देकर महिला कैदी फरार, जेजे अस्पताल की घटना

    मुंबई के जेजे अस्पताल में इलाज के दौरान एक महिला कैदी ने पुलिस को धक्का देकर फरार हो गई है। इस घटना के बाद से कैदियों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़ा हो गया है। शहर भर में तलाशी अभियान जारी..

    मुंबई: भायखला के जे.जे. अस्पताल से एक महिला कैदी पुलिस कांस्टेबल को धक्का देकर फरार हो गई। इस घटना के बाद से मुंबई पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। जबकि महिला गर्भवती थी जिसे भारत में घुसपैठ और फर्जी दस्तावेज बनवाने के जुर्म में गिरफ्तार किया गया था। खबर के मुताबिक गुरुवार दोपहर की इस घटना के बाद से मुंबई पुलिस ने शहर भर में तलाशी अभियान शुरू कर दिया है। इसके साथ ही पुलिस अभिरक्षा से इस तरह कैदी के भाग जाने से कैदियों के लिए लागू सुरक्षा प्रोटोकॉल की कड़ी जांच हो रही है।

    मुंबई पुलिस की महिला कारावास में थी ज़ेरबंद

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    फरार बांगलादेशी महिला रुबीना इरशाद शेख की फाइल तस्वीर

    पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक 25 वर्षीय बांगलादेशी रुबीना इरशाद शेख को नवी मुंबई की वाशी पुलिस ने 7 अगस्त को फर्जी जन्म प्रमाण पत्र के आधार पर भारतीय पासपोर्ट हासिल करने के आरोप में गिरफ्तार किया था। उस पर भारतीय दंड संहिता की कई धाराओं के साथ-साथ पासपोर्ट अधिनियम और विदेशी अधिनियम के तहत गिरफ्तार कर उसे भायखला के महिला कारावास में ज़ेरबंद कर दिया गया था।

    जेल से लाया गया था अस्पताल

    रुबीना को 11 अगस्त को बुखार, सर्दी और त्वचा संक्रमण की शिकायत के साथ-साथ उसकी पांच महीने की गर्भावस्था से संबंधित मेडिकल जांच के लिए जेजे अस्पताल ले जाया गया। 14 अगस्त को दोपहर के समय वह अपने साथ आई पुलिस को चकमा देने में कामयाब हो गई। उसने एक कांस्टेबल को धक्का दिया और अस्पताल की भीड़ का फायदा उठाकर भाग गई।

    अस्पताल में डर का माहौल

    मुंबई पुलिस के सूत्रों के मुताबिक लापता कैदी की तलाशी अभियान तेज कर दी गई है। जगह-जगह टीम बनाकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस के मुताबिक, रुबीना को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की हर संभव कोशिश की जा रही है। इस घटना ने जेल से अस्पताल लाए जाने वाले कैदियों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़ा कर दिया है। वहीं अस्पताल के मरीजों में भी डर का माहौल उत्पन्न कर दिया है।

  • भारत पर बांगलादेशी हुस्न का खतरा

    भारत पर बांगलादेशी हुस्न का खतरा

    बांग्लादेशी महिलाएं भारतीय युवाओं को अपने हुस्न के जलवे दिखाकर भारत में घुसपैठ करने में कामयाब हो रही हैं। भारत में घुसपैठ करने के लिए यह लोग धर्म को भी त्यागने के लिए तैयार हो जाते है। इसके पीछे के कई राज पर से मुंबई पुलिस ने पर्दा उठा दिया है।

    डिजिटल डेस्क
    मुंबई-
    बांगलादेशी हुस्न का जलवा भारतीय युवाओं पर सर चढ़कर बोल रहा है। इसमें जात-पात और धर्म को दर किनारे कर शादियां तक रचाई जा रही है। ऐसे ही एक मामले में मुंबई पुलिस की क्राईम ब्रांच की टीम ने मंजू शर्मा उर्फ बांगलादेशी महिला अल्ताफ शेख और उसके भारतीय पति पुरुषोत्तम प्रसाद शर्मा को गिरफ्तार किया है। इनके पास से नकली दस्तावेज और इंटरनेशनल गिरोह के कई सारे सूराग पुलिस ने हासिल किया है।

    गिरफ्तार आरोपी ने खोले राज़

    मिली जानकारी के मुताबिक, बांगलादेशी भारत में घुसपैठ करने के लिए सारी हदें पार कर रहे हैं। भारतीय नागरिकता हासिल करने के लिए ये लोग धर्म की परवाह किए बगैर किसी से भी शादी रचाने के लिए तैयार हो जाते है। मुंबई क्राईम ब्रांच युनिट की टीम ने जिस बांगलादेशी महिला अल्ताफ शेख को गिरफ्तार किया है उसने ऐसे-ऐसे राज खोले हैं जिससे एक बहोत बड़ा भांडाफोड़ होने की आशंका जताई जा रही है।

    भारत में अवैध घुसपैठ

    यह महिला बांग्लादेश से अवैध रूप से भारत में दाखिल हुई थी. पूछताछ में उसने एक ऐसे नेटवर्क का खुलासा किया है, जो वर्षों से फर्जी भारतीय पहचान पत्र तैयार कर विदेशी नागरिकों को देश के भीतर बसाने का काम कर रहा है। सूत्रों के मुताबिक, अल्ताफ ने बताया कि बांग्लादेशी नागरिक पहले एजेंटों के जरिये पश्चिम बंगाल में फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनवाते हैं। इसके आधार पर आधार कार्ड तैयार कराए जाते हैं। दस्तावेज हाथ लगते ही इन घुसपैठियों को भारत के अलग-अलग शहरों की ओर रवाना कर दिया जाता है। यहां वे आम लोगों की तरह अपनी पहचान छुपाकर बसने की कोशिश करते हैं।

    प्रेम जाल का षडयंत्र

    सूत्रों के मुताबिक, प्रेम जाल बिछाकर विवाह करना इस गिरोह की खास रणनीति में शामिल है। अल्ताफ शेख ने माना कि महिला घुसपैठिए खासकर हिन्दू पुरुषों को निशाना बनाती हैं, जबकि पुरुष घुसपैठिए हिन्दू लड़कियों से शादी कर स्थायी रूप से देश में रहना चाहते हैं। कारण यहां हिंदूओं पर शक नही किया जाता।

    अल्ताफ शेख से बनी मंजू शर्मा

    अल्ताफ शेख पुलिस को बताया, कि वह पहले पश्चिम बंगाल के रास्ते भारत में आई और फिर फर्जी दस्तावेज तैयार करवाए और फिर मुंबई पहुंची। इसके बाद उसकी पुरुषोत्तम प्रसाद शर्मा से ऐसे ही मुलाकात हुई, तो उसने पुरुषोत्तम के साथ शादी रचाने का मन बना लिया। दोनों की नजदीकियां बढ़ीं और जल्द ही उन्होंने शादी कर ली। इसके बाद से वह मंजू शर्मा नाम पर पिछले कई सालों से मुंबई में ही रह रही थी। उसका आधार कार्ड भी पुरुषोत्तम ने फर्जी दस्तावेजों की मदद से बनवाया। मुंबई क्राइम ब्रांच ने 3 अगस्त 2025 को अल्ताफ और उसके पति को गिरफ्तार किया। पुलिस को शक है कि इस रैकेट की जड़ें देश के कई अन्य राज्यों तक फैली हो सकती हैं।

    1000 बांग्लादेशियों को भेजा वापस

    पिछले तीन महीनों में मुंबई पुलिस करीब 1000 बांग्लादेशी नागरिकों को उनके देश वापस भेज चुकी है, और यह संख्या लगातार बढ़ रही है। मुंबई पुलिस इस तरह के मामलों की जांच पर तेजी से काम कर रही है। अल्ताफ की गिरफ्तारी के बाद से पुलिस को फर्जी दस्तावेज तैयार करने वाले गिरोह से जुड़े और भी नामों के प्रकाश में आने की उम्मीद है।

  • Bigg Boss के नाम पर 10 लाख रुपये की ठगी, मुंबई पुलिस ने किया FIR दर्ज

    Bigg Boss के नाम पर 10 लाख रुपये की ठगी, मुंबई पुलिस ने किया FIR दर्ज

    Bigg Boss 19 सीजन विवादों में घिर गया है। एक डॉक्टर से शो का हिस्सा बनने को लेकर 10 लाख रुपये की ठगी का आरोप लगा है। मुंबई पुलिस द्वारा FIR दर्ज करने के बाद इसका वीडियो भी वायरल हो रहा है।

    डिजिटल डेस्क
    मुंबई:
    देश का सबसे चर्चित टेलिविजन रियलिटी शो बिग बॉस सीज़न 19 शुरू होने से पहले ही विवादों में घिर गया है। हालांकि फैंस शो को लेकर बेहद एक्साइटेड नजर आ रहे हैं, लेकिन शुरू होने से पहले ही शो में भाग लेने को लेकर पैसों के लेन-देन और ठगी का मामला प्रकाश में आ रहा है। सोशल मीडिया पर एक वीडियो पिछले 2 दिनों से वायरल हो रहा है। इसमें एक डॉक्टर ने बिग बॉस कंटेस्टेंट सिलेक्शन को लेकर गंभीर आरोप लगाए है। उन्होंने दावा किया, कि बिग बॉस में आने के नाम पर उनसे पैसे लेकर धोखा दिया गया है।

    बिग बॉस पर लगे आरोप

    बिग बॉस में कंटेस्टेंट बनकर भेजने के नाम पर जिस व्यक्ति ने ठगी का आरोप लगाया है वह मध्य प्रदेश के भोपाल के रहने वाले पेशे से डॉक्टर हैं। डॉक्टर अभिनीत गुप्ता पेशे से एक स्किन स्पेशलिस्ट यानी डर्माटॉलॉजिस्ट हैं। 10 लाख रुपये की धोखाधड़ी के बाद उन्होंने पहले भोपाल में शिकायत दर्ज कराई और उसके बाद मुंबई के ओशिवारा पुलिस स्टेशन में केस दर्ज करवाया।

    पहले की थी 1 करोड़ रुपये की मांग

    हाल ही में मुंबई के एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में शामिल होकर भोपाल के रहने वाले हैं डॉक्टर अभिनीत गुप्ता ने इस पूरी ठगी का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि ये मामला साल 2022 का है। उस दौरान किसी करण सिंह नामक व्यक्ति का उन्हें फोन आया था और उसने बिग बॉस में एंट्री दिलाने के लिए उन्हें लालच दिया था। उस दौरान करण सिंह ने उन्हें कहा था कि बिग बॉस के मेकर्स से उनकी अच्छी पहचान है वो उनकी एंट्री बिग बॉस में करा देगा लेकिन उसके लिए 1 करोड़ रुपये देने होंगे।

    60 लाख में सौदा तय 10 लाख की ठगी

    कॉन्फ़्रेंस के दौरान डॉक्टर ने बताया कि उन्होंने 1 करोड़ रुपये देने से मना किया, तो सिंह ने उनसे 60 लाख रुपयों की मांग करते हुए उनकी मीटिंग एंडेमोल कंपनी के अध्यक्ष के साथ तय कर दी। मुंबई में बिकेसी स्थित बिग बॉस के ऑफिस में मिटिंग के दौरान कंपनी के सीईओ ने भी करण के बैंक अकाउंट में 10 लाख रुपयों का भुगतान करने को कहा, जबकि डॉक्टर ने बिग बॉस के बैंक अकाउंट में पैसा जमा करना चाहते थे तो, कंपनी के लोगों ने बताया कि उन्हें लोगों को पैसे देने पडते हैं जब कंपनी पेमेंट कर देगी तो उसका भुगतान आप को हो जाएगा। इस वजह से उन्होंने सिंह के बैंक अकाउंट में 10 लाख रुपये ट्रांसफर किए। यह पूरी प्रक्रिया बिग बॉस सीज़न 16 के लिए चल रहा था। लेकिन सीजन 16 के कंटेस्टेंट्स की लिस्ट जब सामने आई तो उसमें उनका नाम नहीं था।

    लगातार देता रहा झांसा

    अभिनीत ने आगे बताते हुए कहा कि जब मैंने करण से पूछा कि लिस्ट में मेरा नाम क्यों नहीं है? तो उसने कहा कि वाइल्ड कार्ड के तौर पर आपकी एंट्री होगी, लेकिन सीजन खत्म हो गया और मेरी एंट्री नहीं हुई। इसके बाद जब मैंने दोबारा पूछा तो वो मुझे फिर से गुमराह करता रहा और उसने कहा कि 17वें सीजन में एंट्री होगी। 17वें सीजन के खत्म होने के बाद भी एंट्री नहीं हुई तब मैंने उससे पैसे वापस मांगे तो उसने नहीं दिए। मैंने पुलिस स्टेशन जाकर शिकायत दर्ज की। आप को बता दें, कि साल 2025 में सीजन 19वां आ रहा है। जो 24 अगस्त से जियो हॉटस्टार पर और कलर्स पर देखने को मिलेगा। उससे पहले ही शो को लेकर पैसों की लेनदेन और ठगी के कारण विवादित चर्चा में बना हुआ है।

  • मुंबई में भारी मात्रा में ड्रग्स हुए बरामद 2 विदेशियों के साथ कुल 5 गिरफ्तार

    मुंबई में भारी मात्रा में ड्रग्स हुए बरामद 2 विदेशियों के साथ कुल 5 गिरफ्तार

    मुंबई पुलिस की एंटी-नारकोटिक्स सेल ने 4.034 किलोग्राम मेफेड्रोन बरामद कर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वहीं, कस्टम विभाग ने एयरपोर्ट से 94 लाख और 14.5 करोड़ रुपए की हाइड्रोपोनिक वीड जब्त की है। इन सभी मामलों में NDPS एक्ट के तहत कार्रवाई कर मामले की तहकीकात की जा रही है।

    मुंबई: एंटी-नारकोटिक्स सेल (ANC) ने ड्रग्स के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए 4.034 किलोग्राम मेफेड्रोन (MD) बरामद की है, जिसकी कीमत करीब 10.07 करोड़ रुपए बताई जा रही है। मुंबई पुलिस ने यह कार्रवाई मालाड, जोगेश्वरी, दादर और नवी मुंबई जैसे चार अलग-अलग इलाकों में
    छापेमारी कर गिरफ्तारी की है। खबरों के मुताबिक, इस ऑपरेशन में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें दो विदेशी नागरिक भी शामिल हैं। जांच में सामने आया है कि ये आरोपी मुंबई के अलग-अलग इलाकों में मेफेड्रोन की सप्लाई कर रहे थे।

    मुंबई पुलिस से मिली जानकारी

    पुलिस ने बताया कि घाटकोपर, वर्ली और बांद्रा यूनिट्स की अलग-अलग कार्रवाई में 504, 518, 766, 690 और 1.024 किलोग्राम मेफेड्रोन बरामद किया है। ये सभी बरामदगियां अलग-अलग मामलों में हुई हैं। अब तक इस मामले में चार FIR दर्ज हो चुकी हैं और मुंबई पुलिस की मुताबिक नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटेंसेज (NDPS) एक्ट के तहत आगे की जांच जारी है।

    एयरपोर्ट पर छापेमारी

    इससे पहले, मुंबई कस्टम के एयरपोर्ट अथॉरिटी ने गुरुवार को छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे (CSMI) पर बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपए का मादक पदार्थ जब्त किया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस ऑपरेशन में कस्टम ने कुल 0.947 किलोग्राम संदिग्ध हाइड्रोपोनिक वीड (गांजा) बरामद किया था।

    आरोपी यात्री गिरफ्तार

    दरअसल, बैंकॉक से मुंबई पहुंचे एक यात्री को जांच के दौरान रोका गया। उसके पास से 947 ग्राम हरे रंग की गांठों के रूप में संदिग्ध हाइड्रोपोनिक वीड बरामद हुई, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 94 लाख रुपए बताई जा रही है। यह मादक पदार्थ वैक्यूम-सील प्लास्टिक पैकेट्स में पैक किया गया था और यात्री के ट्रॉली बैग में छिपाकर रखा गया था। आरोपी यात्री को एनडीपीएस एक्ट, 1985 के तहत गिरफ्तार किया गया।

    इससे पहले, मुंबई एयरपोर्ट पर कस्टम विभाग ने 5 और 6 अगस्त की दरमियानी रात को एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए 14.5 करोड़ रुपए की हाइड्रोपोनिक वीड जब्त की थी। मुंबई कस्टम्स की ओर से जारी बयान के अनुसार, यह जब्ती एनडीपीएस अधिनियम, 1985 के तहत दर्ज एक केस में की गई थी। इस दौरान एक यात्री को भी गिरफ्तार किया गया था।

  • 1 करोड़ की फिरौती मामले में 6 लोगों पर मुकदमा दर्ज हाई प्रोफाइल डॉली गिरफ्तार

    1 करोड़ की फिरौती मामले में 6 लोगों पर मुकदमा दर्ज हाई प्रोफाइल डॉली गिरफ्तार

    मुंबई में एक महिला ने अपने बैंक कर्मचारी दोस्तों के साथ मिलकर अपने एक्स-ब्वॉयफ्रेंड से 1 करोड़ रुपये की फिरौती मांगी। इसमें निजी डेटा की चोरी कर धमकाया गया, नौकरी छीन ली गई और बदनाम करने की कोशिश से परेशान पीड़ित जब कोर्ट पहुंचा। तब जाकर पुलिस ने किया 6 लोगों पर केस दर्ज.. Case filed against 6 people in 1 crore ransom case, high profile Dolly arrested

    मुंबई: कांदीवली पश्चिम के चारकोप इलाके में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जहां एक प्राइवेट बैंक में काम करने वाली एक महिला कर्मचारी ने उसके एक्स ब्वॉयफ्रेंड से 1 करोड़ रुपये की फिरौती मांगी। आरोपी महिला ने धमकी दी कि अगर पैसा नहीं दिए तो वह उसे जेल भिजवा देगी। पीड़ित ने डर के साये में कई दिनों तक यह सब झेला, लेकिन आखिरकार हिम्मत जुटाकर पुलिस को आप बीती सुनाई। लेकिन पुलिस ने भी जब फरियाद नहीं सूनी तब उसने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया और आखिरकार पुलिस ने भरोरे को तार तार कर मानसिक प्रताड़ित कर रही ब्लैकमेलर एक्स गर्लफ्रेंड को गिरफ्तार कर लिया। Case filed against 6 people in 1 crore ransom case, high profile Dolly arrested

    बदनाम कर जेल में सड़ाने की धमकी

    दरअसल, चारकोप पुलिस ने डॉली कोटक नाम की एक प्राइवेट बैंक में काम करने वाली महिला को गिरफ्तार किया है। उस पर अपने एक्स-बॉयफ्रेंड से एक करोड़ रुपये की फिरौती मांगने का आरोप है। पीड़ित एक आईटी सेक्टर में काम करता था। लेकिन वह पहले से ही एक झूठे केस में फंसा हुआ था और हाल ही में जमानत पर बाहर आया। तभी कोर्ट के बाहर डॉली ने उसकी बहन को पकड़ लिया और कहा, “भाई को बचाना है तो 1 करोड़ रुपये दो, वरना मैं मीडिया में उसका नाम खराब कर दूंगी और जेल में सड़ने दूंगी।” Case filed against 6 people in 1 crore ransom case, high profile Dolly arrested

    डिजिटल डाटा की चोरी

    खबरों के मुताबिक, डॉली कोटक यहीं नहीं रुकी, उसने तीन अन्य बैंक कर्मचारियों की मदद से पीड़ित के निजी और डिजिटल डाटा तक अपनी पहुंच बनाई। इसमें एचडीएफसी बैंक के हर्ष श्रीवास्तव और अनंत रुइया तथा आईसीआईसीआई बैंक के जयेश गायकवाड़ का नाम भी शामिल है। जिन लोगों ने डॉली की मदद की। इनकी मदद से डॉली ने पीड़ित के ईमेल से लेकर बैंक खाते, लोकेशन और निजी फोटोज तक एक्सेस पा लिया। यहां तक कि पीड़ित के ईमेल से अपना नंबर भी लिंक करा लिया गया। Case filed against 6 people in 1 crore ransom case, high profile Dolly arrested

    नौकरी से निकालवा दिया

    मई 2024 में पीड़ित को डॉली के नंबर से एक धमकी भरा मैसेज आया कि “पैसे दे दो या जेल में मरो, तुम कभी नहीं जीत पाओगे।” इसके कुछ दिन बाद उसने पीड़ित के ईमेल आईडी से कंपनी के एचआर को कई बदनाम करने वाले मेल भेज दिए, जिससे उसकी नौकरी चली गई। पुलिस में शिकायत के बावजूद जब कोई कार्रवाई नहीं हुई तो पीड़ित ने आखिरकार बोरिवली मजिस्ट्रेट कोर्ट का रुख किया। कोर्ट के आदेश पर चारकोप पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 175(3) के तहत मामला दर्ज किया। Case filed against 6 people in 1 crore ransom case, high profile Dolly arrested

    कुल 6 लोगों पर मुकदमा दर्ज

    एफआईआर में डॉली कोटक, उसके भाई सागर कोटक, दोस्त प्रमिला वाज़ और तीन बैंक कर्मचारियों को आरोपी बनाया गया है। इन सभी पर आईटी एक्ट, आइपीसी की कई धाराओं और भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि वह और डॉली पहले रिलेशनशिप में थे। यह मामला न केवल ब्लैकमेलिंग और निजी रिश्तों के खतरनाक मोड़ की तरफ इशारा करता है, बल्कि यह भी दिखाता है कि डिजिटल जानकारी का दुरुपयोग कितना घातक हो सकता है। Case filed against 6 people in 1 crore ransom case, high profile Dolly arrested

  • Mumbai: 15 साल की लड़की को प्रेगनेंट कर दुष्कर्म के आरोपी ने दी मां को धमकी

    Mumbai: 15 साल की लड़की को प्रेगनेंट कर दुष्कर्म के आरोपी ने दी मां को धमकी

    विक्रोली के पार्कसाईट पुलिस ने 23 वर्षीय युवक को दुष्कर्म के आरोप में गिरफ्तार किया है। मामला तब सामने आया जब 15 साल की लड़की अपने 19 हफ्ते के गर्भपात कराने उड़ीसा के एक अस्पताल में भर्ती हुई।

    मुंबई: गुरुवार को मुंबई पुलिस ने एक 23 वर्षीय युवक को नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म और गर्भवती करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। 15 वर्षीय नाबालिग बच्ची की मां जब गर्भपात कराने उड़ीसा के एक अस्पताल ले गई, तो डॉक्टरों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। इसके बाद बरहामपुर के बैद्यनाथपुर पुलिस स्टेशन में जीरो एफआईआर दर्ज कर मुंबई पुलिस को मामला ट्रांसफर किया गया। बरहामपुर के पुलिस अधीक्षक सरवणा विवेक एम. ने बताया कि 28 जुलाई को एमकेसीजी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल से मेडिको लीगल शिकायत मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शिकायत दर्ज कराई। Mumbai: Accused of raping a 15-year-old girl after impregnating her, threatens her mother

    नाबालिग का बयान क्या था?

    पुलिस ने बताया कि अस्पताल के गायनोकोंलॉजी विभाग में भर्ती लड़की 19 सप्ताह की गर्भवती थी और वह गर्भपात कराना चाहती थी। पूछताछ में लड़की ने बताया कि वह पिछले 14 साल से अपने माता-पिता के साथ मुंबई में रह रही थी। मार्च में एक दिन आरोपी ने उसे जबरदस्ती अपने घर ले जाकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए, जिसके कारण वह गर्भवती हो गई। Mumbai: Accused of raping a 15-year-old girl after impregnating her, threatens her mother

    कैसे हुआ खुलासा?

    इसके बाद जब लड़की को अपनी गर्भावस्था का पता चला, तो उसने अपनी मां को इस घटना के बारे में बताया। मां ने जब आरोपी से इस बारे में बात की, तो आरोपी के परिवार वालों ने उन्हें चुप रहने की धमकी दी। इसके बाद, मां अपनी बेटी को बरहामपुर ले गई ताकि गर्भपात कराया जा सके, लेकिन डॉक्टरों की पूछताछ से मामला प्रकाश मे आया और उन्होंने स्थानीय पुलिस को इसकी सूचना नहीं दी। Mumbai: Accused of raping a 15-year-old girl after impregnating her, threatens her mother

    Mumbai एफआईआर ट्रांसफर

    बरहामपुर पुलिस ने लड़की के बयान के आधार पर जीरो एफआईआर दर्ज कर इसे मुंबई में विक्रोली स्थित पार्कसाइट पुलिस स्टेशन को भेजा दिया। इसके बाद पार्कसाइट पुलिस ने औपचारिक एफआईआर दर्ज की और प्रारंभिक सबूतों के आधार पर आरोपी को गुरुवार को गिरफ्तार कर लिया। लड़की को बरहामपुर के चाइल्ड वेलफेयर कमेटी के सामने पेश किया गया, जहां उसकी पुनर्वास और आर्थिक सहायता की व्यवस्था की गई। कमेटी ने उसका मेडिकल चेकअप और इलाज भी सुनिश्चित किया। Mumbai: Accused of raping a 15-year-old girl after impregnating her, threatens her mother

  • गिरफ्तारी से बचने के लिए आत्महत्या की कोशिश, पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज

    गिरफ्तारी से बचने के लिए आत्महत्या की कोशिश, पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज

    एक नाबालिग बच्ची के शोषण के आरोप में जब फरार 55 वर्षीय आरोपी को मुंबई पुलिस गिरफ्तार करने पहुंची तो आरोपी दरवाजा बंद कर आत्महत्या की धमकी देता रहा। जब पुलिस ने दरवाजा तोड़कर अंदर दाखिल हुई तबतक आरोपी फंदे से लटक चुका था।

    मुंबई: मंगलवार की रात को 55 वर्षीय एक व्यक्ति ने उस समय दरवाजा बंद कर आत्महत्या करने का प्रयास किया जब मुंबई पुलिस की टीम उसे गिरफ्तार करने के लिए गई थी। पुलिस उसे एक नाबालिग बच्ची के साथ कथित तौर पर यौन उत्पीड़न करने के आरोप में गिरफ्तार करने गई थी। लकवे से पीड़ित एक व्यक्ति के देखभाल के लिए उसे नियुक्त किया गया था। उसी दौरान पीड़ित की नाबालिग बच्ची पर उत्पीड़न के आरोप लगे हैं। Tried to commit suicide to avoid arrest, case registered under POCSO Act

    पुलिस ने क्या कहा?

    नाबालिग बच्ची के यौन उत्पीड़न मामले की जांच कर रहे एक पुलिस अधिकारी ने गुरुवार को जानकारी देते हुए बताया कि “व्यक्ति को तुरंत पास के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां वह लगभग 36 घंटे तक बेहोश पड़ा रहा और बाद में उसे होश आया। फिलहाल उसकी हालत स्थिर है।” Tried to commit suicide to avoid arrest, case registered under POCSO Act

    नाबालिग बच्ची का यौन शोषण

    नाबालिग लड़की के पिता को पिछले साल लकवा का दौरा पड़ा था। पुलिस में दर्ज शिकायत के अनुसार, आरोपी जिसे मई महीने में सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक नाबालिग लड़की के पिता की देखभाल के लिए रखा गया था। शिकायत के मुताबिक नाबालिग की मां जब काम पर चले जाती थी तब हर रोज बच्ची का यौन शोषण और अश्लील टिप्पणियां करता था। यहां तक कि लड़की की शिकायत पर उसकी मां ने आरोपी को चेतावनी भी दी उसके बावजूद आरोपी उसे परेशान करता रहा।

    लड़की के बेडरूम में क्यों घूसा

    शिकायत के मुताबिक, 28 जुलाई को आरोपी ने लड़की के बेडरूम में घुसकर कथित तौर पर परेशान किया। जिसके बाद लड़की की मां ने पुलिस मे शिकायत करने का फैसला लिया। पुलिस ने 29 जुलाई को भारतीय न्याय संहिता और पोक्सो अधिनियम की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। पुलिस के अनुसार, मुकदमा दर्ज होने की जानकारी मिलते ही, आरोपी मुंबई से फरार हो गया। पहले उत्तर प्रदेश और बाद में कर्नाटक भाग गया। Tried to commit suicide to avoid arrest, case registered under POCSO Act

    आत्महत्या की कोशिश

    मंगलवार को पुलिस को जब पता चला कि आरोपी बदलापुर में है तो दो सहायक पुलिस निरीक्षक और तीन से चार कांस्टेबल की एक टीम वहां पहुंची। रात करीब 10 बजे, आरोपी ने अपने घर का दरवाज़ा अंदर से बंद कर लिया और आत्महत्या की धमकी देने लगा। हालांकि, पुलिस ने उसे समझाने की कोशिश की लेकिन उसने आत्महत्या का प्रयास किया। जांच में शामिल एक अधिकारी ने बताया कि पुलिस ने दरवाज़ा तोड़कर उसे बचाया और अस्पताल पहुंचाया।