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  • Pushpak Express Train Accident: कर्नाटक एक्सप्रेस की चपेट में 11 की मौत 40 घायल

    Pushpak Express Train Accident: कर्नाटक एक्सप्रेस की चपेट में 11 की मौत 40 घायल

    लखनऊ से मुंबई की ओर आ रही पुष्पक एक्सप्रेस ट्रेन हादसे ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया। आग की अफवाह ने यात्रियों को पटरियों पर कूदने के लिए मजबूर कर दिया और वहीं दूसरी तरफ से आ रही कर्नाटक एक्सप्रेस की चपेट में आने से 11 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई।

    न्यूज़ डेस्क
    मुंबई-
    लखनऊ से मुंबई आ रही पुष्पक एक्सप्रेस में आग की अफवाह के बाद ट्रेन से कई यात्रियों ने छलांग लगा दी थी। वहीं यात्री ट्रैक पर दूसरी ट्रेन के आने से शिकार बन गए। हादसे में 11 लोगों की मौत हुई है और 40 से अधिक लोग घायल हो गए हैं। घटना महाराष्ट्र के जलगांव रेलवे ट्रैक की है।

    पीड़ित परिवार को 5 लाख का अनुदान

    इस घटना ने पूरे देश के लोगों को सदमें में दाल दिया है। देश के कई हिस्सों मे रहने वाले परिवारों में मातम का माहौल है। महाराष्ट्र सरकार ने हादसे में मरने वालों के परिवार को 5-5 लाख देने का ऐलान किया। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इसका ऐलान किया। इसके अलावा घायलों के इलाज का खर्च भी प्रदेश सरकार ही उठाएगी। ऐसा ऐलान किया गया है। इसके साथ ही केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने शोक व्यक्त किया। (Pushpak Express Train Accident 11 killed, 40 injured in Karnataka Express)

    महाराष्ट्र के जलगांव में हुए पुष्पक एक्सप्रेस रेल हादसे पर अमित शाह ने दुख जताया है। उन्होंने मरने वालों के प्रति संवेदना जाहिर की है। इसके अलावा उन्होंने महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस से बातचीत कर घटना की जानकारी भी ली है। (Pushpak Express Train Accident 11 killed, 40 injured in Karnataka Express)

    महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने जलगांव में हुए पुष्पक एक्सप्रेस हादसे पर दुख जताया है। इस हादसे में 11 लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई 40 से अधिक घायलों का इलाज़ चल रहा हैं। हादसा ट्रेन में आग लगने की अफवाह फैलने की वजह से हुआ। कुछ यात्रियों ने यह भी बताया कि अगर कर्नाटक एक्सप्रेस के मोटर मेन ने समय पर हॉर्न दिया होता तो यात्री अलर्ट हो जाते। (Pushpak Express Train Accident 11 killed, 40 injured in Karnataka Express)

    8 एंबुलेंस मौके पर, जांच के लिए पहुंचे अधिकारी

    नासिक डिवीजन के कमिश्नर प्रवीण गेदम के मुताबिक, पुष्पक एक्सप्रेस हादसे के बाद मौके पर अधिकारियों को तुरंत भेजा गया। इसके अलावा 8 एंबुलेंस मौके पर घायलों को अस्पताल पहुंचाने के लिए मौजूद रही। डीआरएम और रेलवे अधिकारियों के साथ समन्वय जारी रहा। बचाव दल को भी मौके पर भेजा गया। (Pushpak Express Train Accident 11 killed, 40 injured in Karnataka Express)

    ट्रेन में आग की अफवाह

    पुष्पक एक्सप्रेस ट्रेन में सफर कर रहे यात्री ने बताया कि आखिर पुष्पक एक्सप्रेस में आग लगने की अफवाह कैसे फैली? यात्री के मुताबिक दोपहर 3.30 से 4 बजे के बीच अचानक ट्रेन में आग लगने का हल्ला शुरू हो गया। ट्रेन रुकने से पहले ही यात्रियों ने छलांग लगानी शुरू कर दी। इसी बीच दूसरे ट्रैक पर आ रही कर्नाटक एक्सप्रेस कई लोगों को काटती हुई चली गई। इसके साथ ही यह भी कहा जा रहा है कि पुष्पक एक्सप्रेस के पहियों से चिंगारी निकल रही थी जीसे आग समझ लिया गया। इसी से गलतफहमी हुई और पुष्पक ट्रेन के यात्री ट्रेन से कूद गए और हादसे का शिकार हो गए। (Pushpak Express Train Accident 11 killed, 40 injured in Karnataka Express)

    Pushpak Express and karnataka Express train accident news image
    पुष्पक एक्सप्रेस ट्रेन हादसे की दर्दनाक तस्वीर

    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जताया दुख

    महाराष्ट्र के जलगांव में हुए पुष्पक ट्रेन हादसे पर सीएम योगी ने दुख जताया। उन्होंने हादसे में मरने वालों के प्रति संवेदना वक्त की। उन्होंने घायलों का समुचित उपचार कराए जाने की बात कही। इसके अलावा रेलवे सीपीआरओ ने भी दिया बयान। (Pushpak Express Train Accident 11 killed, 40 injured in Karnataka Express)

    रेलवे सीपीआरओ (Railway CPRO) की ओर से बताया गया है, कि हादसे के वक्त पुष्पक एक्सप्रेस खड़ी थी। ऐसा अलार्म चेन पुलिंंग की वजह से हुआ था।जलगांव के पास पुष्पक एक्सप्रेस के यात्री आग लगने की अफवाह के बाद जब कूदे तो दूसरे ट्रैक पर आ रही कर्नाटक एक्सप्रेस ट्रेन ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। बताया जा रहा है कि हादसे में मरने वालों की संख्या काफी हो सकती है। हालांकि अभी तक किसी की ओर से संख्या की पुष्टि नहीं की गई है। (Pushpak Express Train Accident 11 killed, 40 injured in Karnataka Express)

    रेलवे का आखिरी बयान

    पुष्पक एक्सप्रेस में आग की अफवाह के बाद यात्री दहशत में आ गए थे। आग से बचने के लिए लोग ट्रेन से कूद गए। इसी बीच दूसरे ट्रैक से गुजर रही कर्नाटक एक्सप्रेस की चपेट में आने से 11 लोगों की मौत हो गई। जबकि 40 से अधिक घायल बताये जा रहे हैं। हादसा जलगांव के परांडा स्टेशन के पास हुआ। पुष्पक एक्सप्रेस लखनऊ से मुंबई आ रही थी। रेलवे की ओर से हादसे पर बयान जारी किया गया है, इसमें कहा गया है कि ट्रेन को चेन अलार्म पुलिंंग के बाद रोक दिया गया था। हादसे में कुछ मौतें हुईं हैं। (Pushpak Express Train Accident 11 killed, 40 injured in Karnataka Express)

  • GST Fraud: सरकार को लगाया 340 करोड़ का चूना…मुंबई की रितु निकली मास्टरमाइंड

    GST Fraud: सरकार को लगाया 340 करोड़ का चूना…मुंबई की रितु निकली मास्टरमाइंड

    मुंबई की रितु मीनोचा को 325 करोड़ रुपये के जीएसटी घोटाले में गिरफ्तार किया गया है। रितु पर फर्जी कंपनियां बनाकर इनपुट टैक्स क्रेडिट का दावा करने और सरकार को 340 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाने का आरोप है।

    न्यूज़ डेस्क
    मुंबई-
    अंधेरी की रहने वाली 49 वर्षीय रितु मीनोचा को सोमवार को जीएसटी इंटेलिजेंस महानिदेशालय (DGGI), बेंगलुरु की टीम ने गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार रितु मीनाची पर 325 करोड़ रुपये के जीएसटी घोटाले में अहम भूमिका निभाने का आरोप है। यह मामला फर्जी कंपनियां बनाकर बिना किसी असली वस्तु या सेवा की आपूर्ति के फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट का दावा करने से जुड़ा है। सरकार को इस घोटाले के कारण 340 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। (GST Fraud News Government defrauded of Rs 340 crore…Mumbai’s Ritu turns out to be the mastermind)

    फर्जी कंपनियों का जाल

    जांचकर्ताओं के अनुसार, रितु मीनोचा एक ऐसे गिरोह का हिस्सा थीं, जो कई फर्जी कंपनियों के माध्यम से सरकार को चपत लगाने का काम कर रहे थे। इनमें “गिर नेचर व्यू रिसॉर्ट्स” और “एवेंटीज मीडिया एंड टेक्नोलॉजीज” जैसी कंपनियां शामिल हैं। हालांकि मीनोचा ने अपनी सफाई में कहा, कि उन्हें इन गतिविधियों की जानकारी नहीं थी, लेकिन जांच में यह पाया गया कि उन्होंने इन कंपनियों की डायरेक्टर होने के नाते फर्जी बील जारी किए है। (GST Fraud News Government defrauded of Rs 340 crore…Mumbai’s Ritu turns out to be the mastermind)

    गिरफ्तार कर ले गए बेंगलूर

    गिरफ्तारी के बाद रितु मीनोचा को ट्रांजिट रिमांड पर बेंगलूर ले जाया गया है। इस दौरान उनके वकील सुजय कांतावाला ने अदालत में यह तर्क दिया कि तलाशी के नाम पर अधिकारियों ने उनके घर पर घंटों समय बिताया, जो कानूनी रूप से गलत है। कोर्ट ने हालांकि मीनोचा को दो दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया। (GST Fraud News Government defrauded of Rs 340 crore…Mumbai’s Ritu turns out to be the mastermind)

    सरकारी को बड़ा नुकसान

    जांच एजेंसी का कहना है कि फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट का दावा करने के कारण सरकारी खजाने को भारी नुकसान हुआ है। यह मामला न केवल आर्थिक अपराध से जुड़ा है, बल्कि टैक्स प्रणाली के दुरुपयोग का भी गंभीर उदाहरण है। इस मामले में डीजीजीआई की टीम अन्य संदिग्धों और कंपनियों की जांच कर रही है। जांचकर्ताओं का कहना है कि यह घोटाला बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़े का हिस्सा है, और इसमें शामिल अन्य लोगों की पहचान की जा रही है। (GST Fraud News Government defrauded of Rs 340 crore…Mumbai’s Ritu turns out to be the mastermind)

  • Mumbai: लाल चंदन की तस्करी के आरोप में एक गिरफ्तार

    Mumbai: लाल चंदन की तस्करी के आरोप में एक गिरफ्तार

    राजस्थान के जयपुर से मुंबई में चंदन की तस्करी किए जाने के आरोप में पश्चिम रेलवे की सतर्कता टीम ने एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। लाल चंदन की तस्करी इंडियन रेलवे में प्रमाणित पार्सल के जरिए किया जा रहा था।

    इस्माईल शेख
    मुंबई- पश्चिम रेलवे के सतर्कता विभाग ने मुंबई मे लाल चंदन की तस्करी का खुलासा हुआ है। रविवार को मुंबई सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर एक पार्सल को लेकर हंगामा हो गया। पश्चिम रेलवे की सतर्कता टीम को इसकी जानकारी पहले से थी। जांच के बाद पार्सल के मालिक को बुलाकर लगभग 100 किलो लाल चंदन के लट्ठे बरामद किए गए। एक अधिकारी ने इसकी जानकारी दी। (Mumbai Center Railway Station One arrested for smuggling red sandalwood)

    लाल चंदन की कीमत क्या है?

    एक जानकारी के मुताबिक लाल चंदन की कीमत गुणवत्ता के आधार पर 50,000 रुपये से लेकर 2 लाख रुपये प्रति किलो तक हो सकती है। हालांकि भारत में निजी संपत्ति पर चंदन की खेती अब कानूनी प्रावधान मे है, लेकिन कटाई, बिक्री और परिवहन पर नियम इसे सबसे अधिक नियंत्रित संसाधनों में से एक बनाते हैं। (Mumbai Center Railway Station One arrested for smuggling red sandalwood)

    लाल चंदन पर क्या कहता है कानून?

    वर्ष 2002 तक व्यक्तिगत रूप से चंदन की लकड़ी उगाने पर प्रतिबंध था। आज, हम पेड़ उगा सकते हैं, लेकिन लकड़ी को स्वयं काटना और खुले बाजार में बेचना अवैध है। (Mumbai Center Railway Station One arrested for smuggling red sandalwood)

    रेलवे पार्सल परिवहन में अवैध तस्करी को रोकने के लिए, पश्चिम रेलवे की सतर्कता टीम ने मुंबई सेंट्रल (MMCT) पर रविवार को एक बड़े पैमाने पर जांच अभियान चलाया। लगभग 12 घंटे तक चले इस गहन निरीक्षण में ट्रेन संख्या 12956 (जयपुर – मुंबई सेंट्रल सुपरफास्ट एक्सप्रेस) के लीज़ पार्सल वैन से 15 लकड़ी के लाल चंदन के लठ्ठे बरामद किए गए। इन चार संदिग्ध पैकेजों का वजन कुल 92.9 किलोग्राम था। माना जा रहा है कि इस सामान को वैध पार्सल बुकिंग के नाम पर तस्करी के लिए भेजा गया था। (Mumbai Center Railway Station One arrested for smuggling red sandalwood)

    कौन है आरोपी ?

    पार्सल के मालिक हारून अब्दुल लतीफ मंडवीवाला को गिरफ्तार कर लिया गया है। जब्त किए गए सामान और आरोपी को आगे की जांच और कानूनी कार्रवाई के लिए वन विभाग को सौंप दिया गया है। यह अभियान सतर्कता प्रयासों की प्रभावशीलता को दर्शाता है और यह सुनिश्चित करता है कि पश्चिम रेलवे के परिसर का उपयोग अवैध गतिविधियों के लिए नही किया जा सकता। (Mumbai Center Railway Station One arrested for smuggling red sandalwood)

    कानून कार्यवाही क्या हो सकती है?

    लाल चंदन की तस्करी से जुड़े मामलों में वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1967 और चंदन की लकड़ी के नियम, 1969 के तहत कार्रवाई की जाती है। (Mumbai Center Railway Station One arrested for smuggling red sandalwood)

    Mumbai red sandalwood Smuggling news photo
    लाल चंदन तस्करी के आरोप में गिरफ्तार आरोपी और अधिकारियों की तस्वीर

    लाल चंदन की तस्करी से जुड़े मामलों में कार्रवाई के लिए, सरकार ने कई कदम उठाए हैं। इनमें से कुछ कदम ये रहे: 

    • लाल चंदन को संरक्षित प्रजाति घोषित किया गया है।
    • लाल चंदन के अवैध व्यापार पर नज़र रखने के लिए एक विशेष टास्क फ़ोर्स बनाया गया है।
    • लाल चंदन के अवैध व्यापार को रोकने के लिए बंदरगाहों और हवाई अड्डों पर निगरानी बढ़ाई गई है।
    • लाल चंदन के अवैध व्यापार से जुड़े मामलों में लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान चलाए गए हैं।
    • लाल चंदन के संरक्षण के लिए समुदाय-आधारित कार्यक्रम भी शुरू किए गए हैं।
    • लाल चंदन को दुर्लभ चंदनों में गिना जाता है और इसकी मांग दुनिया के कई देशों में है। इसलिए, इसकी तस्करी होती है।

  • Majhi Ladki Bahin Yojana: 23 जनवरी को एकनाथ शिंदे का लाडकी बहनों के हाथों होगा सत्कार

    Majhi Ladki Bahin Yojana: 23 जनवरी को एकनाथ शिंदे का लाडकी बहनों के हाथों होगा सत्कार

    ‘मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिण योजना‘ के तहत करीब ढाई करोड़ महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने वाले शिवसेना नेता एवं राज्य के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे का लाडकी बहनों के हाथों मुंबई में 23 जनवरी को सत्कार होगा। बाळासाहेब ठाकरे की जयंती का मौका। 9 फरवरी को है एकनाथ शिंदे का जन्म दिन .. (Majhi Ladki Bahin Yojana: On January 23, Eknath Shinde will be felicitated by Ladki sisters)

    न्यूज़ डेस्क
    मुंबई- ‘
    मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहीण योजना’ के तहत करीब ढाई करोड़ महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने वाले राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री, शिवसेना प्रमुख और वर्तमान में महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे का योजना के तहत लाभार्थी महिलाओं के हाथों मुंबई में 23 जनवरी को सत्कार होने जा रहा है। साथ ही विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करने वाले विधायकों का भी होगा सम्मान।जिसको लेकर तैयारियां जोरों में हैं। क्योंकि इस कार्यक्रम में पूरे महाराष्ट्र से बड़ी संख्या में लाभार्थी महिलाओं के साथ ही पार्टी कार्यकर्ता और अन्य लोग भी शामिल होने वाले हैं। (Majhi Ladki Bahin Yojana: On January 23, Eknath Shinde will be felicitated by Ladki sisters)

    लाभार्थियों को हर महिने मिलते हैं 1500

    आपको बता दें कि महाराष्ट्र में “मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहीण योजना” के तहत लाभार्थियों को हर महीने 1500 रुपये देनें का प्रावधान हैं और 23 जनवरी को हर साल बाळासाहेब ठाकरे की जयंती मनाई जाती है। इसी मौके पर राज्य भर के शिवसैनिकों और योजना के तहत लाभार्थी महिलाओं को साथ लेकर भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया जाने वाला है। इसके साथ ही 9 फरवरी को एकनाथ शिंदे का जन्मदिन आ रहा है, जिसको ध्यान में रखते हुए 23 जनवरी, कार्यक्रम के दौरान सदस्यता अभियान और मतदाताओं का आभार मानने के लिए जिलास्तरीय सभाओं का आयोजन किए जाने का ऐलान किया जाने वाला है। सदस्यता अभियान और जिलास्तरीय सभाओं का आयोजन 23 जनवरी से 9 फरवरी तक जारी रहेगा। (Majhi Ladki Bahin Yojana: On January 23, Eknath Shinde will be felicitated by Ladki sisters)

    कहां होगा सम्मान समारोह ..

    सम्मान समारोह कार्यक्रम हिंदुहृदयसम्राट बालसाहेब ठाकरे की जयंती के मौके पर 23 जनवरी को शिवसेना द्वारा वांद्रे कुर्ला कॉम्प्लेक्स में आयोजित किया जाएगा। बाला साहेब भवन में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस के दौरान शिवसेना के उपनेता राहुल शेवाले ने इसकी जानकारी दी। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि जून 2022 में शिवसेना के मुख्य नेता एकनाथ शिंदे ने ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए, बलासाहेब के विचारों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। यह संकल्प लोकसभा और विधानसभा चुनावों में पूरी तरह से सफल रहा, जिसके परिणामस्वरूप शिवसैनिकों और राज्य के नागरिकों की ओर से एकनाथ शिंदे और चुनाव में जीते हुए सभी सांसदों और विधायकों का भव्य नागरी सत्कार किया जाएगा। (Majhi Ladki Bahin Yojana: On January 23, Eknath Shinde will be felicitated by Ladki sisters)

    शिवसेना के 7 सांसद और 57 विधायक

    शेवाले ने कहा कि शिवसेना प्रमुख शिंदे के नेतृत्व में लोकसभा में शिवसेना के 7 सांसद और विधानसभा में 57 विधायक चुनकर आए हैं. विधानसभा चुनावों में शिवसेना को उद्धव ठाकरे की पार्टी उबाठा के मुकाबले 15 लाख 63 हजार 917 अधिक वोट मिले। राज्य के मतदाताओं ने शिंदे के नेतृत्व में विश्वास जताया है। (Majhi Ladki Bahin Yojana: On January 23, Eknath Shinde will be felicitated by Ladki sisters)

    जीत में महिलाओं का योगदान

    शेवाले ने मीडिया से बातचीत में कहा कि विधानसभा चुनाव में महायुती की इस विजय में लाडकी बहनों का बड़ा योगदान रहा है, और उन्हीं लाडकी बहनों के हाथों एकनाथ शिंदे और शिवसेना मंत्रियों का सत्कार किया जाने वाला है। इस मौके पर सोनू निगम और अवधूत गुप्ते का संगीत कार्यक्रम भी आयोजित किया जाएगा। (Majhi Ladki Bahin Yojana: On January 23, Eknath Shinde will be felicitated by Ladki sisters)

    BMC चुनाव को लेकर बैठक

    शेवाले ने कहा कि 23 जनवरी को शिवसेना महायुती के महापौर को फिर से बृहन्मुंबई महानगर पालिका (BMC) पर भगवा ध्वज फहराने का संकल्प करेगी। इस संकल्प के तहत 24 जनवरी से 30 जनवरी तक मुंबई में शाखा स्तर पर बैठकों का आयोजन किया जाएगा। फरवरी के पहले सप्ताह में मुंबई शहर के नए कार्यकारिणी का ऐलान किया जाएगा, जिसके माध्यम से मनपा (BMC) चुनाव लड़ा जाएगा। इसके अलावा उन्होंने जानकारी देते हुए बताया, कि महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे का 9 फरवरी को जन्मदिन है। इस अवसर पर 23 जनवरी से 9 फरवरी तक सदस्यता अभियान और मतदाताओं का आभार मानने के लिए जिलास्तरीय सभाओं का आयोजन किया जाएगा। (Majhi Ladki Bahin Yojana: On January 23, Eknath Shinde will be felicitated by Ladki sisters)

  • Mumbai Airport: 26 करोड़ रुपये का कोकीन 2.55 करोड़ का सोना और हीरे जब्त

    Mumbai Airport: 26 करोड़ रुपये का कोकीन 2.55 करोड़ का सोना और हीरे जब्त

    Mumbai Airport: अधिकारियों ने लगभग 26 करोड़ रुपये का कोकीन जब्त कर एक को गिरफ्तार किया है। इसके पहले 17 और 18 जनवरी की मध्य रात्रि तीन लोगों को गिरफ्तार कर लगभग 2.55 करोड़ रुपये का सोना और हीरे जब्त किए हैं। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)

    न्यूज़ डेस्क
    मुंबई-
    राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने शुक्रवार को यहां छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर 26.62 करोड़ रुपये का 2.6 किलोग्राम संदिग्ध कोकीन जब्त किया है। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। बताया, कि पाउडर को थैले की बाहरी और भीतरी परतों के बीच छिपाया गया था। अधिकारी ने बताया कि यात्री को गिरफ्तार कर लिया गया है और जांच जारी है। इसके साथ ही सीमा शुल्क अधिकारियों ने 17 और 18 जनवरी की मध्य रात्रि में अलग-अलग मामलों में कुल 2.55 करोड़ रुपये का सोना और हीरे जब्त किए हैं। इसको लेकर भी तीन लोगों की गिरफ्तारी हुई है। इसके पीछे किसी बड़े नेटवर्क या सहयोगियों के होने की आशंका जताते हुए डीआरआइ के अधिकारी मामले की और अधिक तहकीकात कर रहे हैं। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)

    बॉम्बे मे कोकीन की तस्करी

    Mumbai airport kokeen drugs Smuggling case latest news photo

    कोकीन नामक ड्रग्स तस्करी के मामले में एक अधिकारी ने बताया कि नैरोबी से आए एक यात्री के थैले में सफेद पाउडर जैसा पदार्थ पाया गया। मौके पर की गई जांच से पता चला कि यह कोकीन है। इसी की वैधानिक पुष्टि के लिए संदिग्ध कोकीन को परीक्षण के लिए फोरेंसिक लैब में भेज दिया गया है। पाउडर को थैले की बाहरी और भीतरी परतों के बीच छिपाया गया था। अधिकारी ने बताया कि यात्री को गिरफ्तार कर लिया गया है और जांच जारी है। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)

    सोने की तस्करी

    Mumbai airport Gold and diamond Smuggling latest news photo

    इसके साथ ही 17 और 18 जनवरी की मध्य रात्रि में सोने की तस्करी को लेकर पहले से जानकारी मिली थी। विशेष जानकारी के आधार पर सीमा शुल्क के अधिकारियों ने बैंकॉक से आ रहे दो यात्रियों को रोका। जांच के दौरान अधिकारियों ने संदिग्धों के शरीर के अंदरूनी हिस्सों में छिपाया गया 24 कैरेट कच्चे सोने का पाउडर (गोल्ड डस्ट/स्वर्ण कण) बरामद किया। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)

    अधिकारियों द्वारा जब्त किए गए शुद्ध सोने का कुल वजन 2.465 किलोग्राम था। इसकी अनुमानित कीमत 1.80 करोड़ रुपये बताई जा रही है। दोनों यात्रियों को सीमा शुल्क अधिनियम, 1962 के प्रावधानों के तहत हिरासत में लिया गया। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)

    हीरे की तस्करी

    एक अलग घटना में, सीमा शुल्क अधिकारियों ने एक अन्य विशेष सूचना पर कार्रवाई करते हुए दुबई जाने वाली फ्लाइट में सवार होने की तैयारी कर रहे एक यात्री को रोका। गहन जांच करने पर, अधिकारियों को यात्री के शरीर के अंदर छिपाकर रखे गए कटे और पॉलिश किए हुए हीरे मिले। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)

    जब्त की गए हीरों में 21.70 कैरेट के लैब निर्मित हीरे थे, जिनकी कीमत 5.20 लाख रुपये थी। 226.95 कैरेट के प्राकृतिक हीरे थे, जिनकी कीमत 69.69 लाख रुपये थी। कुल मिलाकर, जब्त किए गए हीरों की कीमत 74.90 लाख रुपये थी। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)

    इन मामलों में जब्त किए गए सोने और हीरे की कुल कीमत 2.55 करोड़ रुपये है। अब तक इन घटनाओं के सिलसिले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इन मामलों में शामिल किसी बड़े नेटवर्क या सहयोगियों का पता लगाने के लिए आगे की जांच जारी है। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)

  • Maharashtra: परली में आंदोलन, संजय राउत का हमला, PM मोदी मुंबई दौरे पर।

    Maharashtra: परली में आंदोलन, संजय राउत का हमला, PM मोदी मुंबई दौरे पर।

    Narendra Modi in Mumbai: पीएम मोदी की मुंबई यात्रा पर टिप्पणी करते हुए शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट के नेता संजय राउत ने उम्मीद जताई कि PM यहां के विकास को लेकर घोषणा करेंगे। उन्होंने परली में कानून व्यवस्था की स्थिति पर भी सरकार की आलोचना की। (Movement in Parli Maharashtra, Sanjay Raut’s attack, PM Modi on Mumbai tour)

    नितिन तोरस्कर (मंत्रालय प्रतिनिधि)
    मुंबई- 
    भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुंबई दौरे पर हैं। ऐसे में शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट के नेता संजय राउत ने इस पर राज्य मे विकास और कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए। राउत ने कहा, कि “देखते हैं कि मोदी धारावी के लिए कोई घोषणा करते हैं या नहीं। यदि मोदी मुंबई के विकास के लिए आ रहे हैं तो उनका स्वागत है।” इस दौरान बड़ा खुलासा करते हुए उन्होंने याद दिलाया कि “बालासाहेब ठाकरे ही वह व्यक्ति थे जो मोदी के पक्ष में मजबूती से खड़े रहे।” राउत ने तंज कसते हुए कहा कि मोदी के जल्द ही मणिपुर जाने की उम्मीद है। इसके साथ ही राउत ने महाराष्ट्र के बीड जिले में परली आंदोलन को लेकर कानून व्यवस्था पर राज्य सरकार की आलोचना की। (Movement in Parli Maharashtra, Sanjay Raut’s attack, PM Modi on Mumbai tour)

    विरोध प्रदर्शन से कानून व्यवस्था पर चिंता

    संजय राउत ने आगे कहा कि महाराष्ट्र में बीड जिले के परली में विरोध प्रदर्शन कानून व्यवस्था का मुद्दा है। लोग बड़ी संख्या पर आपत्ति जता रहे हैं। कल परली में वाल्मीकि कराड पर मकोका लगाए जाने के बाद समर्थकों ने पुलिस स्टेशन के बाहर धरना दिया। इस अवसर पर वाल्मीकि कराड की मां भी उपस्थित थीं। समर्थक बहुत आक्रामक लग रहे थे। इस दौरान कुछ गंभीर आरोप भी लगाए गए। अब संजय राउत ने इस पर महाराष्ट्र सरकार की कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए। (Movement in Parli Maharashtra, Sanjay Raut’s attack, PM Modi on Mumbai tour)

    बीजेपी भ्रष्ट लोगों बना अड्डा

    संजय राउत ने बीजेपी की भी आलोचना की। उन्होंने कहा कि बीजेपी किसी को भी पार्टी में स्वीकार करे लेती है। महायुति में कई लोग दागी हैं। बीजेपी भ्रष्ट लोगों का अड्डा बन गई है। अमित शाह गुजरात के बर्खास्त गृह मंत्री थे। मुझे शाह को दी गई मदद के बारे में भी पता है। कुछ बातें गोपनीय होती हैं। कहने की जरूरत नहीं कि किसको किससे मदद मिली। ईवीएम को आज महागठबंधन के मंच पर रखा जाना चाहिए। (Movement in Parli Maharashtra, Sanjay Raut’s attack, PM Modi on Mumbai tour)

    https://indian-fasttrack.com/mob-lynching-in-mumbai-dispute-over-overtake-dindoshi-police-station-malad-news

    विधायकों के साथ मीटिंग

    संजय राउत ने यह बयान पीएम नरेंद्र मोदी की ओर से आज महायुति के विधायकों को निर्देश दिए जाने के बाद दिया। परली की स्थिति को देखते हुए धनंजय मुंडे परली गए। हालांकि इससे पहले उन्होंने उपमुख्यमंत्री अजित पवार से मुलाकात की और उनकी अनुमति लेकर परली के लिए रवाना हो गए। वह आज नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन के लिए परली में अनुपस्थित रहेंगे। राज्य में महायुति के सभी विधायक मुंबई में हैं। (Movement in Parli Maharashtra, Sanjay Raut’s attack, PM Modi on Mumbai tour)

  • BMC: मुंबई की सरकारी अस्पतालों में अब नहीं मिलेगी दवाई

    BMC: मुंबई की सरकारी अस्पतालों में अब नहीं मिलेगी दवाई

    बम्बई के सरकारी अस्पतालों में दवाओं को लेकर संकट गहरा रहा है। 120 करोड़ रूपये का बकाया नही मिलने के कारण दवाई आपूर्ति करने वाले कंपनियों ने सप्लाई पर रोक लगाने का ऐलान कर दिया है। (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)

    न्यूज़ डेस्क
    मुंबई-
    बम्बई शहर और आस-पास के गरीब तबके के लोगों की स्वास्थ्य समस्याओं पर इलाज के लिए एक मात्र सरकारी अस्पताल इन दिनों दवाई संकट से जूझ रहा है। जबकि यहां बृहन्मुंबई महानगर पालिका (BMC) द्वारा संचालित अस्पतालों की दवाइयां हमेशा से ही लोगों के इलाज में सटीक साबित हुई। प्राइवेट अस्पतालों के मुकाबले सरकारी अस्पताल के एक ही डोज से मरीज ठिक हो जाया करता है। लेकिन इन सरकारी अस्पतालों में दवाइयां उपलब्ध नही होने के कारण शहर भर के लोगों पर स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा मंडराने लगा है। (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)

    क्या है पूरा मामला?

    मुंबई के बीएमसी द्वारा संचालित अस्पतालों को दवा आपूर्ति करने वाली कंपनियों ने 120 करोड़ रुपये के बकाया नही मिलने के कारण डिलीवरी को निलंबित (Suspended) करने की धमकी दी है। यह कृष्णा डायग्नोस्टिक्स द्वारा आपली चिकित्सा योजना के तहत अपनी पैथोलॉजी सेवाओं को बंद करने के कुछ समय बाद हुआ है, जिसमें बकाया भुगतान नही किए जाने का का हवाला दिया गया था। (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)

    सोमवार से नही होगी दवाई की सप्लाई

    बीएमसी अस्पतालों में दवाई सप्लाई करने वाली 150 से अधिक कंपनियों का प्रतिनिधित्व करने वाली ऑल फूड एंड ड्रग्स लाइसेंस होल्डर फाउंडेशन (AFDLH Fondation) ने सोमवार 13 जनवरी यानी कल से दवाइयों की सप्लाई रोकने की घोषणा की है। कहा, कि यदि उनके चार महीने से लंबित 120 करोड़ रूपये का भुगतान नहीं किया जाता है। तो कोई भी कंपनी सरकारी अस्पतालों में दवाइयों की सप्लाई नही करेगा। इस निर्णय के कारण बम्बई के सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाओं को बुरी तरह से बाधित कर सकता है। इसमें बम्बई ही नही बम्बई और आस-पास को लोग भी स्वास्थ्य समस्याओं का इलाज करवा रहे हैं। (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)

    AFDLH Fondation के अध्यक्ष अभय पांडे ने आपूर्तिकर्ताओं के सामने मौजूद गंभीर वित्तीय स्थिति पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, “हमारे सदस्य वित्तीय बर्बादी के कगार पर हैं।” पश्चिमी उपनगरों के एक विक्रेता ने स्थिति पर निराशा व्यक्त करते हुए कहा, “भुगतान में देरी असहनीय हो गई है। बीएमसी अस्पतालों को आपूर्ति करना एक निरंतर संघर्ष बन गया है, बार-बार याद दिलाने के बावजूद कोई सुनवाई नहीं हो रही है।” (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)

    BMC ने क्या कहा?

    बृहन्मुंबई महानगर पालिका के आयुक्त भूषण गगरानी को लिखे एक औपचारिक पत्र में संस्था ने वित्तीय तनाव की रूपरेखा प्रस्तुत की। पत्र में कहा गया है, कि “बकाया राशि के कारण हमारे सदस्य भारी दबाव में हैं। बार-बार संपर्क करने के बावजूद कोई समाधान नहीं हुआ है। भुगतान पूरा होने तक आपूर्ति स्थगित करने के अलावा हमारे पास कोई विकल्प नहीं है।” इस बीच, बीएमसी के स्वास्थ्य विभाग के उपायुक्त संजय कुर्हाड़े ने आश्वासन दिया, कि “इस मुद्दे को सुलझाने और संकट को हल करने के लिए प्रयास जारी हैं।” (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)

  • मालवनी कच्चा रोड़ और एवरशाइन को जोड़ने वाला ब्रिज क्यों तोडना है जरूरी?

    मालवनी कच्चा रोड़ और एवरशाइन को जोड़ने वाला ब्रिज क्यों तोडना है जरूरी?

    मालाड़ पश्चिम के मालवनी कच्चा रोड़ से एवरशाइन नगर को जोड़ने वाले ब्रिज को लेकर भारतीय जनता पार्टी बिल्डर को फायदा पहुंचाने के लिए लोगों की मुलभुत सुविधाओं से खिलवाड़ कर रही है। (Why is it necessary to break the bridge connecting Malvani Kachha Road and Evershine?)

    इस्माईल शेख
    मुंबई-
    मालाड़ पश्चिम के एक छोटे से ब्रिज को लेकर राजनीती तेज हो गई है। लेकिन इस राजनीतिक खेल में अकेले भारतीय जनता पार्टी लोगों के मुलभुत सुविधाओं के साथ खेल कर रही है और दूसरी पार्टियों के स्थानीय दिग्गज नेता मुकदर्शी बने तमाशा देख रहे हैं। लोगों का कहना है कि ये सारा खेल एवरशाइन नगर के किनारे खाली पड़ी जमीन के बिल्डर को फायदा पहुंचाने के लिए किया जा रहा है। जबकि यही जमीन कभी मैंग्रोवस से भरी हुआ करती थी। (Why is it necessary to break the bridge connecting Malvani Kachha Road and Evershine?)

    भाजपा की दोहरी राजनीति से लोग परेशान

    खबर के मुताबिक भारतीय जनता पार्टी के युवा मोर्चा मुंबई अध्यक्ष तेजिंदर सिंह तिवाना एवरशाइन नगर के निवासियों की आवाज बनकर मालवनी कच्चा रोड़ और एवरशाइन नगर को जोड़ने वाले ब्रिज को तोड़ने की मांग कर रहे हैं। शिकायत के आधार पर कहा जा रहा है कि इस ब्रिज पर बाइक सवारों की वजह से दुर्घटना का खतरा है। जबकि एक समाजसेवक को यह जानने की जरूरत है कि इस ब्रिज के कारण लाखों लोगों को सफर करने में सहूलियत मिलती है। अगर ऐसा ही चलता रहा तो शहर में कोई भी किसी भी रोड़ और रास्ते को बंद करने की मांग को लेकर आंदोलन पर बैठ जाएगा और दूसरी तरफ अगर इस ब्रिज को तोड़ दिया गया तो लाखों लोगों को मालवनी से बाहर निकलने के लिए लंबा और ट्रेफिक से जाम का सफर तय करना पडेगा। (Why is it necessary to break the bridge connecting Malvani Kachha Road and Evershine?)

    आम लोगों ने क्या कहा?

    दूसरी तरफ लोगों का कहना है कि भारतीय जनता पार्टी को मालवनी की जनता से कोई लेना देना नही है वो अपने फायदे के लिए कुछ भी कर सकती है। लेकिन हमारे इलाके के विधायक क्यों खामोश हैं। एक तरफ इसी ब्रिज को बनाने के लिए सरकारी खजाने का करोड़ों रूपया खर्च किया जाता है और दूसरी तरफ बेतूके कारण बता कर उसे तोड़कर आम लोगों का नुकसान किया जाता है। ये तो आम जनता के साथ सरासर अन्याय है। बता दें कि भाजपा के तेजिंदर सिंह तिवाना बेतूके कारण बताकर आंदोलन का इशारा दे रहे हैं। (Why is it necessary to break the bridge connecting Malvani Kachha Road and Evershine?)

    क्या है पूरा मामला?

    तेजिंदर सिंह ने बताया कि एवरशाइन नगर के निवासियों ने पुल पर अवैध रूप से बनाए गए रैंप को ध्वस्त करने के लिए बृहन्मुंबई नगर निगम और मुंबई पुलिस को अल्टीमेटम देने का फैसला किया है। निवासियों ने इस पैदल यात्री पुल का उपयोग करने वाले दोपहिया वाहन सवारों के लिए खतरे पर चर्चा करने के लिए शनिवार शाम को एक सार्वजनिक बैठक का आयोजन किया। (Why is it necessary to break the bridge connecting Malvani Kachha Road and Evershine?)

    निवासियों द्वारा BMC और पुलिस को लिखे गए पत्र में कहा गया है कि रैंप के कारण कई दुर्घटनाएँ हुई हैं, जिनमें से कई में वरिष्ठ नागरिक शामिल हैं। निवासियों ने बाइकर्स को प्रवेश की अनुमति देने वाले रैंप को ध्वस्त करने, FOB पर बाइकर्स को इसका उपयोग करने से रोकने के लिए ट्रैफ़िक पुलिस को तैनात करने और बाइकर्स को पुल पर जाने से रोकने के लिए बोलार्ड लगाने की मांग की है। (Why is it necessary to break the bridge connecting Malvani Kachha Road and Evershine?)

    विरोध प्रदर्शन की योजना

    निवासियों ने 20 जनवरी तक की समयसीमा तय की है, जिसके विफल होने पर वे एक बड़े विरोध प्रदर्शन की योजना बना रहे हैं, जिसमें एवरशाइन नगर के निवासी और भाजपा कार्यकर्ता तजिंदर सिंह तिवाना द्वारा अनिश्चितकालीन अनशन भी शामिल है। बैठक में तिवाना ने कहा, “हमने इन अवैध रैंपों को गिराने के लिए बीएमसी और अन्य अधिकारियों को पत्र लिखा है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई है। (Why is it necessary to break the bridge connecting Malvani Kachha Road and Evershine?)

    समाज सेवकों से अपील

    इस ब्रिज को जबरन अगर प्रशासन ने ध्वस्त कर दिया। तो मालवनी और मालाड़ के लाखों समाजसेवकों और आरटीआइ कार्यकर्ताओं से अनुरोध है कि एवरशाइन से सटे रिक्त भूखंड पर क्या होने वाला है उस पर नजर बनाए रखें। बता दें कि इसके पहले यहाँ मैंग्रोवस की घनी झाडियां हुआ करती थी। कुछ साल पहले इसी ब्रिज के अचानक गिर जाने की वजह से काफी सारे लोग घायल हुए थे। उसी समय धडल्ले से यहा अवैध मिट्टी की भरनी कर मैंग्रोवस को नष्ट कर दिया गया। इस अवैध भरनी की शिकायत पर भरनी माफिया चौरसिया के खिलाफ मालवनी पुलिस थाने में एफआईआर भी दर्ज है। जबकि ध्यान देने बात यह है कि आज भी यहां मैंग्रोवस की झाड़ियां मौजूद है। (Why is it necessary to break the bridge connecting Malvani Kachha Road and Evershine?)

  • चुनाव खत्म हुआ तो विवादों में फंसी ‘मुख्यमंत्री लाडकी बहिन योजना’, क्या हुआ 2100  का वादा?

    चुनाव खत्म हुआ तो विवादों में फंसी ‘मुख्यमंत्री लाडकी बहिन योजना’, क्या हुआ 2100  का वादा?

    महाराष्ट्र सरकार की ‘मुख्यमंत्री लाडकी बहिण योजना’ अब विवादों में फंस गई है। सरकार इसमें अनियमितता को लेकर क्रॉस वेरिफिकेशन कर रही है। वहीं, विपक्ष ने आरोप लगाया है कि चुनाव खत्म तो मामला खत्म। साथ ही राज्य के कृषि मंत्री का कहना है कि इससे किसानों की कर्जमाफी योजना प्रभावित हो रही है। (When elections ended in Maharashtra, ‘Mukhyamantri Ladki Bahini Yojana’ stuck in controversy, what happened to the promise of 2100)

    नितिन तोरस्कर (मंत्रालय प्रतिनिधि)
    मुंबई-
    महाराष्ट्र में बहुचर्चित ‘मुख्यमंत्री लाडकी बहिण योजना‘ अब विवादों में फंस गया है। 2 महीने पहले हुए विधानसभा चुनाव से कुछ ही महीने पहले महायुति गठबंधन ने इस योजना को लागू किया और चुनाव प्रचार में इसका भरपूर इस्तेमाल किया। इतना ही नहीं, चुनाव से पहले महिलाओं के बैंक खातों में 1500 रुपए की कुल 5 किश्तें भी जमा कराई और दावा किया गया कि चुनाव जीतते ही इस योजना के लाभार्थियों को 1500 की जगह 2100 रुपए दिया जाएगा। (When elections ended in Maharashtra, ‘Mukhyamantri Ladki Bahini Yojana’ stuck in controversy, what happened to the promise of 2100)

    2100 बना चुनावी जुमला

    राज्य की महिलाओं ने महायुति को चुनाव तो जिता दिया, लेकिन अब तक उनके खाते में 2100 रुपये की रकम नहीं आई। और तो और 1500 देने मे भी सरकार आना-कानी कर रही है। राज्य के कृषि मंत्री ने यहां तक ​​कह दिया कि लाडकी बहिन योजना की वजह से किसानों की कर्जमाफी योजना प्रभावित हो रही है। महाराष्ट्र सरकार द्वारा शुरू की गई ‘मुख्यमंत्री लाडकी बहिण योजना’ अब विवादों में आ गई है। विधानसभा चुनाव में वादा किया गया था कि चुनाव जीतने के बाद इस योजना की राशि 1500 से बढ़ाकर 2100 कर दी जाएगी। लेकिन चुनाव जीतते ही इस योजना के लाभार्थियों की जांच शुरू कर दी गई। (When elections ended in Maharashtra, ‘Mukhyamantri Ladki Bahini Yojana’ stuck in controversy, what happened to the promise of 2100)

    कहां हुई गडबडी ?

    आरोप है कि बड़ी संख्या में महिलाओं ने इस योजना के तहत दो बार पंजीकरण कराया और दो बार पैसे भी ले लिए। एक ही घर की 4 से 5 महिलाओं ने इस योजना का लाभ उठाया। जिनके पास 4 पहिया वाहन हैं वे भी लाभार्थी बन गईं और जो शादी करके दूसरे राज्य में चले गए है उन लोगों ने भी इस योजना का फायदा उठा लिया। इतना ही नहीं, जिनकी सालाना आय 2.5 लाख से अधिक है वो भी इस योजना का लाभ उठा रहे हैं। अब सरकारी यंत्रणा ऐसे लाभार्थियों की सूची बनाकर उन्हें इस योजना से हटा रही है। (When elections ended in Maharashtra, ‘Mukhyamantri Ladki Bahini Yojana’ stuck in controversy, what happened to the promise of 2100)

    क्रॉस वेरिफिकेशन

    अब तक 1.5 करोड़ से अधिक महिलाएं इस योजना से जुड़ चुकी हैं, जबकि सूची छांटने के बाद यह संख्या करीब 25 लाख कम हो जाएगी. वहीं, राज्य की महिला एवं बाल विकास मंत्री अदिति तटकरे का कहना है कि पात्र लाभार्थियों को क्रॉस वेरिफिकेशन प्रक्रिया से परेशान होने की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि पिछले 2 महीनों में हमारे पास लाडकी बहिन योजना लाभार्थियों के बारे में कुछ शिकायतें मिली हैं, जिनके आधार पर क्रॉस वेरिफिकेशन किया जाएगा। आईटी विभाग की मदद ली जा रही है। आधार कार्ड का क्रॉस वेरिफिकेशन किया जाएगा। (When elections ended in Maharashtra, ‘Mukhyamantri Ladki Bahini Yojana’ stuck in controversy, what happened to the promise of 2100)

    उन्होंने कहा कि पात्र लाभार्थियों को इस प्रक्रिया से परेशान होने की जरूरत नहीं है। हमारा उद्देश्य है कि अधिकतम लाभार्थियों को योजना का लाभ मिले। लेकिन हमें जो शिकायतें मिली हैं, उनका समाधान करने की जरूरत है। इस योजना का उद्देश्य राज्य की महिलाओं को सशक्त बनाना और जिनके परिवार की सालाना आय 2.5 लाख रुपए से कम है, उन्हें आर्थिक सहायता प्रदान करना है। (When elections ended in Maharashtra, ‘Mukhyamantri Ladki Bahini Yojana’ stuck in controversy, what happened to the promise of 2100)

    विपक्ष और पक्ष दोनों ने लगाया आरोप

    महाराष्ट्र सरकार की ‘माझी लाडकी बहिन योजना’ को लेकर कई विवाद सामने आए हैं। विपक्षी दलों का आरोप है कि चुनावी फायदे के लिए बिना उचित जांच के इस योजना को शुरू कर दिया गया, जिसके कारण अपात्र लाभार्थियों को भी इसका फायदा मिला। शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट के प्रवक्ता संजय राउत ने कहा कि सरकार ने वोट पाने के लिए मानदंडों को सख्ती से लागू किए बिना लाभार्थियों को पैसे बांटे। राउत ने यह भी कहा, कि ‘वह सिर्फ चुनावी नारा था, चुनाव से पहले पैसे देकर वोट लिए गए, उसके बाद मामला खत्म हो गया।’ (When elections ended in Maharashtra, ‘Mukhyamantri Ladki Bahini Yojana’ stuck in controversy, what happened to the promise of 2100)

    एक ही महिला को कई योजनाओं का मिला लाभ

    वहीं, महाराष्ट्र के कृषि मंत्री माणिकराव कोकाटे ने भी आरोप लगाया कि लड़की बहन योजना के कारण किसानों के हित की कई योजनाएं बंद हो गईं। उन्होंने अपनी ही सरकार के लाडकी बहिन योजना पर 45 हजार करोड़ और किसान कर्ज योजना पर 15 हजार करोड़ हर साल व्यर्थ में बांटने का आरोप लगाया। अब अगर हमारे मंत्रालय को और पैसा मिलेगा तो हम किसानों को किसान सम्मान योजना का लाभ दे पाएंगे। वैसे भी इस योजना का पैसा महिलाएं लेती हैं और सिर्फ प्रपंच पर खर्च करती हैं। (When elections ended in Maharashtra, ‘Mukhyamantri Ladki Bahini Yojana’ stuck in controversy, what happened to the promise of 2100)

    उन्होंने कहा, ‘इस बात को सभी लोग जानते हैं कि हमारे घर में भी महिलाएं हैं। महिलाओं को दिया जाने वाला पैसा अब सिर्फ प्रपंच पर खर्च होता है। लड़की बहन योजना का पैसा भी इधर-उधर किया गया। बच्चों के लिए ये लो, उनके लिए वो लो। बेकार का खर्च, और कुछ नहीं.’ उनका कहना है कि जो महिलाएं मुख्यमंत्री लाडकी बहिण योजना में सरकारी पैसा ले रही हैं, उन्हें किसान सम्मान योजना में पैसा नहीं लेना चाहिए। मुझे बताइए कि एक महिला दो सरकारी योजनाओं का लाभ कैसे ले सकती है? सरकार को इस पर जीआर लाना चाहिए। (When elections ended in Maharashtra, ‘Mukhyamantri Ladki Bahini Yojana’ stuck in controversy, what happened to the promise of 2100)

    क्या बंद हो जाएगा मुख्यमंत्री लाडकी बहिण योजना ?

    मुख्यमंत्री लाडकी बहिण योजना को लेकर विवादों के बीच लोगों में इस योजना को बंद किए जाने को लेकर चर्चाऐ आम होने लगी है। लोगों को अब लगने लगा है कि शायद महायुति की सरकार ने लोगों को ‘चुनावी जुमले’ जैसे वादों मे फंसा कर धोखा दिया है और अब चुनाव मे जीत हासिल करने के बाद पैसा देना बंद कर दिया है। वहीं राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री एवं वर्तमान में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने स्पष्ट किया है कि इस योजना को बंद नहीं किया जाएगा और पात्र लाभार्थियों को सहायता मिलती रहेगी। उन्होंने कहा, कि सरकार ने लाडकी बहिन योजना शुरू की थी, लेकिन विपक्ष ने इसमें बाधा डालने की कोशिश की। फिलहाल ‘मुख्यमंत्री लाडकी बहिण योजना’ को बंद नहीं किया गया है। हालांकि, सरकार ने संकेत दिया है कि पात्रता मानदंडों की सख्ती से जांच की जाएगी ताकि केवल पात्र लाभार्थियों को ही इसका लाभ मिल सके। इससे यह सुनिश्चित होगा कि योजना का उद्देश्य सही लाभार्थियों तक पहुंचे और किसी भी तरह की अनियमितता से बचा जा सके। (When elections ended in Maharashtra, ‘Mukhyamantri Ladki Bahini Yojana’ stuck in controversy, what happened to the promise of 2100)

  • पवार गुट ‘विलय’ की चर्चा! आदित्‍य ठाकरे ने की फडणवीस से मुलाकात

    पवार गुट ‘विलय’ की चर्चा! आदित्‍य ठाकरे ने की फडणवीस से मुलाकात

    Ajit Pawar and Sharad Pawar: महाराष्‍ट्र में विधानसभा चुनावों के बाद सभी दल अपने हिसाब से भविष्‍य की राह बुन रहे हैं। दरअसल आने वाले नगरपालिका एवं पंचायत चुनाव को लेकर सभी दल नए सिरे से तैयारी कर रहे हैं। (Discussion of ‘merger’ of Pawar groups! Aditya Thackeray met Fadnavis)

    नितिन तोरस्कर (मंत्रालय प्रतिनिधि)
    मुंबई
    – महाराष्‍ट्र की सियासत में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) अजित पवार और शरद पवार गुट आपस में विलय करने की इस वक्‍त सबसे ज्‍यादा चर्चा और बहस का कारण बनी हुई है। अब इन चर्चाओं के बीच उद्धव ठाकरे की शिवसेना गुट के नेता आदित्‍य ठाकरे ने एक बार फिर सीएम देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात की। कुछ दिन पहले भी नागपुर में उद्धव और आदित्‍य ठाकरे ने मुख्यमंत्री से मुलाकात की थी। उसके बाद उद्धव की पार्टी के मुखपत्र सामना में सीएम फडणवीस के कार्यों की तारीफ की गई थी। (Discussion of ‘merger’ of Pawar groups! Aditya Thackeray met Fadnavis)

    आदित्य ठाकरे ने क्या कहा?

    इस गर्म जोशी भरी मुलाकात के बाद आदित्य ठाकरे ने मीडिया से बात की। उन्होंने कहा, “आज हमने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से बातचीत की और विनती की है कि जो ‘वॉटर फॉर ऑल’ योजना है, जिसे हम लेकर आए थे उस पर वे वापस अमल करें। पिछली एकनाथ शिंदे सरकार ने इस योजना को ‘स्थगित’ कर दिया था। हम चाहते हैं कि मुंबई के हर घर को पानी मिलना चाहिए। (Discussion of ‘merger’ of Pawar groups! Aditya Thackeray met Fadnavis)

    गठबंधन बन-बिगड़ सकते है।

    कामकाज के सिलसिले में मिलने-जुलने में कोई खास बात नहीं है लेकिन पवार परिवार में चल रही हलचल के बीच आदित्‍य ठाकरे की मुलाकात मायने रखती है। दरअसल महाराष्‍ट्र में विधानसभा चुनावों के बाद सभी दल अपने हिसाब से भविष्‍य की राह बुन रहे हैं। इसी बीच राज्य में आने वाले नगरनिगम एवं पंचायती चुनाव को लेकर सभी दल नए सिरे से तैयारियां कर रहे हैं। वैसे भी महाराष्‍ट्र के जानकार कह रहे हैं क‍ि अब विधानसभा चुनाव के बाद यहां नए सिरे से गठबंधन बन-बिगड़ सकते हैं। (Discussion of ‘merger’ of Pawar groups! Aditya Thackeray met Fadnavis)

    पवार का पावर गेम

    एक तरफ राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) को एकजुट करने वाले राजनेता इस आधार पर पैरोकारी कर रहे हैं, कि महाराष्‍ट्र में यदि अजित पवार और शरद पवार की पार्टी का आपस में विलय हो जाए तो उनका वोट प्रतिशत बढ़कर 20% हो जाएगा। इसके साथ ही शरद पवार की पार्टी में 8 लोकसभा और चार राज्‍यसभा सांसद हैं। अजित गुट के पास एक लोकसभा सदस्‍य है। इन सबके एक साथ आने से केंद्र सरकार में एनसीपी का प्रतिनिधित्‍व होगा। इसके अलावा पूरे महाराष्‍ट्र में अजित पवार के पास 41 और शरद पवार के पास 10 विधायक हैं। इनके एकजुट होने से डिप्‍टी सीएम अजित पवार का महाराष्‍ट्र में दबदबा बढ़ेगा। (Discussion of ‘merger’ of Pawar groups! Aditya Thackeray met Fadnavis)

    इंडिया की जगह NDA की शरण

    इसी तरह उद्धव ठाकरे की शिवसेना के भीतर भी मंथन का दौर चल रहा है. पार्टी के कुछ नेता दबे स्‍वरों में राज ठाकरे की महाराष्‍ट्र नवर्निमाण सेना को एक साथ लाने की मांग कर रहे हैं। उनका मकसद ठाकरे परिवार को एकजुट करके शिवसेना की खोई हुई ताकत को फिर से हासिल करना है। एकनाथ शिंदे के अलग होने के बाद उद्धव की पार्टी कमजोर हुई है। उद्धव के पास केवल 20 विधायक हैं। वहीं कुछ नेता कांग्रेस और इंडिया गठबंधन से हटने की बात कह रहे हैं। उनका मानना है कि ऐसा करने के बाद ही शिवसेना अपनी फायरब्रांड हिंदू छवि को हासिल करने में सक्षम हो सकती है। ऐसे लोग इंडिया गठबंधन की जगह एनडीए में जाने के पक्षधर हैं। महाराष्‍ट्र और केंद्र में अगले पांच साल तक कोई चुनाव नहीं होने वाला है। उसको देखते हुए सियासी दल नए सिरे से अपनी तैयारियों में लग गए हैं। (Discussion of ‘merger’ of Pawar groups! Aditya Thackeray met Fadnavis)