मन्नत पूरी न होने पर पंडित को बंधक बनाने और परिवार से ₹1 लाख मांगने का आरोप है। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर पंडित को सकुशल बचाया।
नोएडा: धार्मिक अनुष्ठान के बाद मनोकामना पूरी नहीं होने से नाराज दो लोगों पर एक पंडित को बंधक बनाने और उनके परिवार से ₹1 लाख मांगने का आरोप लगा है। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने पंडित को दोबारा पूजा कराने के बहाने बुलाया और बाद में कथित तौर पर कमरे में बंधक बना लिया। परिवार की शिकायत के बाद पुलिस ने जांच शुरू की और आरोपियों को पैसे लेने के लिए बुलाकर दोनों को गिरफ्तार कर लिया। पंडित को भी सकुशल बरामद कर लिया गया।
पूजा के बाद नहीं हुई मन्नत पूरी, फिर पंडित को बनाया बंधक
पुलिस के मुताबिक, अनिल कुमार तिवारी पुरोहित का काम करते हैं और कुछ समय पहले उन्होंने जौनपुर के रहने वाले आशीष यादव और प्रवेश यादव के यहां धार्मिक अनुष्ठान कराया था। आरोप है कि पूजा के बाद दोनों की मनोकामना पूरी नहीं हुई।
इसके बाद आरोपियों ने अनिल तिवारी को दोबारा पूजा कराने के बहाने बुलाया। पुलिस की शुरुआती जांच के अनुसार, उनके वहां पहुंचने के बाद उन्हें बंधक बना लिया गया।
आरोपियों ने कथित तौर पर कहा कि पूजा में उनका करीब एक लाख रुपये खर्च हुआ है और मनोकामना पूरी नहीं हुई, इसलिए यह रकम वापस की जाए। रकम नहीं देने पर जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप है।
5 सितंबर को गए थे पूजा कराने
पुलिस के अनुसार, अनिल तिवारी 5 सितंबर 2026 को पूजा कराने के लिए जौनपुर गए थे। इसके बाद परिवार से उनका संपर्क नहीं हो सका। उनके बेटे ने 9 सितंबर को थाना सेक्टर-113 में शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने पंडित की तलाश शुरू की। जांच में तकनीकी निगरानी और अन्य माध्यमों से आरोपियों की गतिविधियों के बारे में जानकारी जुटाई गई।
पुलिस ने पैसे लेने के बहाने आरोपियों को बुलाया
पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने के लिए योजना बनाई। अनिल तिवारी के बेटे के माध्यम से आरोपियों को बताया गया कि पैसे लेने के लिए नोएडा आ सकते हैं।
पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपी जौनपुर से अनिल तिवारी को साथ लेकर नोएडा पहुंचे। इसके बाद पुलिस टीम ने उन्हें सर्फाबाद क्षेत्र के पास पकड़ लिया और पंडित को उनके कब्जे से सकुशल बरामद कर लिया।
दो आरोपी गिरफ्तार, हथियार भी बरामद
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आशीष यादव उर्फ बाबा और प्रवेश यादव उर्फ गोरे के रूप में हुई है। दोनों जौनपुर के सिकरारा थाना क्षेत्र के मसीदा गांव के रहने वाले बताए गए हैं।
पुलिस के अनुसार, आशीष यादव के पास से .315 बोर का तमंचा और दो जिंदा कारतूस मिले, जबकि प्रवेश यादव के कब्जे से चाकू बरामद किया गया।
मामले में BNS की धारा 127(7)/140 के तहत कार्रवाई किए जाने की जानकारी सामने आई है।
₹1 लाख की मांग पर पुलिस की जांच जारी
इस मामले में पुलिस के सामने सबसे अहम सवाल यह है कि आरोपियों ने ₹1 लाख की रकम किस आधार पर मांगी थी। पुलिस के अनुसार आरोपी पूजा में खर्च हुए पैसे वापस लेने की बात कह रहे थे, जबकि परिवार से ₹1 लाख की मांग की गई थी।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि अनिल तिवारी को दोबारा बुलाने के दौरान आरोपियों और उनके बीच क्या बातचीत हुई थी और क्या इस घटना में गिरफ्तार दोनों आरोपियों के अलावा कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल था।
फिलहाल दोनों आरोपी पुलिस की गिरफ्त में हैं और अनिल कुमार तिवारी को सकुशल बरामद किया जा चुका है। मामले की आगे की जांच जारी है।
