Category: Mumbai News

Read the latest Mumbai news, top headlines and live updates from across the city. Stay informed with coverage on civic issues, crime, politics, local administration, traffic, weather, business, public transport and major events, only on Indian FastTrack.

  • बार डांसर पर लिव-इन पार्टनर का हमला, महिला ने दर्ज कराई शिकायत

    बार डांसर पर लिव-इन पार्टनर का हमला, महिला ने दर्ज कराई शिकायत

    महाराष्ट्र के उल्वे में लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही बार डांसर पर उसके 40 वर्षीय पार्टनर ने हमला कर दिया। महिला ने उल्वे पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज कराया है। जानें पूरी खबर विस्तार से।

    महाराष्ट्र: नवी मुंबई के उल्वे इलाके से एक चौंकाने वाली वारदात सामने आई है। शुक्रवार (19 सितंबर) को 24 वर्षीय बार डांसर महिला पर उसके लिव-इन रिलेशनशिप के पार्टनर ने बेरहमी से हमला कर दिया। आरोपी की पहचान 40 वर्षीय रूपेश विलंकर के तौर पर हुई है, जो पिछले आठ साल से पीड़िता के साथ रह रहा था।

    नया घर देखने पर भड़का आरोपी

    पुलिस के मुताबिक, पीड़िता उसी दिन उल्वे सेक्टर-23 में नया फ्लैट देखने गई थी। जब वह घर लौटी, तो आरोपी ने गुस्से में आकर गालियां देना शुरू कर दिया। बहस इतनी बढ़ गई कि विलंकर ने महिला की पिटाई कर दी।

    पुलिस शिकायत और जांच

    हमले के बाद महिला सीधे उल्वे पुलिस स्टेशन पहुंची और शिकायत दर्ज कराई। उल्वे पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मारपीट और गाली-गलौज की धाराओं में केस दर्ज किया है। वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक अर्जुन रजाने ने बताया कि,

    “महिला के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज है और जांच जारी है।”

    गवाहों ने बताया – अक्सर होते थे झगड़े

    इमारत के पड़ोसियों ने बताया कि दोनों के बीच अक्सर झगड़े होते रहते थे। एक निवासी ने कहा,

    “हमने कई बार दोनों को झगड़ते सुना है। इस बार मामला गंभीर हो गया और महिला जोर-जोर से रो रही थी। इसके बाद फिर से चीख-पुकार सुनाई दी।”

    मेडिकल जांच जारी, आरोपी फरार

    पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया जा रहा है। वहीं, आरोपी रूपेश विलंकर अभी तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। पुलिस की टीम उसकी तलाश कर रही है और इलाके में कड़ी निगरानी रखी जा रही है।

    ❓ FAQ सेक्शन

    Q1. यह घटना कब हुई?
    ➡️ घटना शुक्रवार, 19 सितंबर की है।

    Q2. पीड़िता कौन है और उसकी उम्र कितनी है?
    ➡️ पीड़िता 24 वर्षीय बार डांसर है, जो पिछले आठ साल से आरोपी के साथ रह रही थी।

    Q3. आरोपी कौन है और उसके खिलाफ क्या कार्रवाई हुई है?
    ➡️ आरोपी का नाम रूपेश विलंकर (40 वर्ष) है। उसके खिलाफ मारपीट और गाली-गलौज की धाराओं में केस दर्ज हुआ है।

    Q4. क्या आरोपी गिरफ्तार हो चुका है?
    ➡️ रविवार तक आरोपी फरार है, लेकिन पुलिस उसकी तलाश में है।

  • Mumbai News: सलमान खान लद्दाख शूटिंग के दौरान घायल, ‘बैटल ऑफ गलवान’ के अगले शेड्यूल से पहले लौटे मुंबई

    Mumbai News: सलमान खान लद्दाख शूटिंग के दौरान घायल, ‘बैटल ऑफ गलवान’ के अगले शेड्यूल से पहले लौटे मुंबई

    सलमान खान अपनी अपकमिंग फिल्म Battle of Galwan की शूटिंग लद्दाख में कर रहे थे, जहां ठंड और ऑक्सीजन की कमी के बीच उन्हें हल्की चोट लग गई। अब वह मुंबई लौट आए हैं और आराम करने के बाद फिल्म के अगले शेड्यूल में हिस्सा लेंगे।

    मुंबई: बॉलीवुड के दबंग स्टार सलमान खान इन दिनों अपनी बहुचर्चित फिल्म बैटल ऑफ गलवान की शूटिंग कर रहे हैं। यह फिल्म 2020 के भारत-चीन गलवान घाटी संघर्ष पर आधारित है और इसका निर्देशन अपूर्व लखिया कर रहे हैं।

    फिल्म का पहला शेड्यूल लद्दाख की बर्फीली वादियों में रखा गया था, जहां मौसम बेहद सख्त और ऑक्सीजन की कमी जैसी चुनौतियां थीं।

    एक्शन सीन के दौरान लगी चोट

    शूटिंग के दौरान सलमान खान को हल्की चोट आई। हालांकि, उन्होंने शूटिंग बीच में छोड़ी नहीं और पूरा शेड्यूल पूरा किया। एक टीम मेंबर ने बताया – “सलमान भाई ने हर सीन पूरे जोश और समर्पण के साथ किया। मौसम कितना भी खराब रहा हो, उन्होंने कभी बहाना नहीं बनाया।”

    Bollywood-Superstar-salman-khan

    45 दिन का शेड्यूल, सलमान रहे 15 दिन मौजूद

    इस लद्दाख शेड्यूल को 45 दिनों तक चलाया गया। इसमें सलमान लगभग 15 दिन सेट पर मौजूद रहे। उन्होंने ज़्यादातर एक्शन सीन खुद किए, जिससे बाकी टीम भी मोटिवेट हुई।

    मुंबई लौटे सलमान, अगला शेड्यूल जल्द

    अब सलमान खान मुंबई लौट आए हैं और यहां थोड़ी देर आराम करेंगे। अगले हफ्ते से फिल्म का दूसरा शेड्यूल शुरू होगा, जिसमें मुख्य रूप से इमोशनल और ड्रामेटिक सीन शूट किए जाएंगे।

    फिल्म का मोशन पोस्टर पहले ही रिलीज़ हो चुका है, जिसमें सलमान खान का खून से सना चेहरा और तेज़ नज़रें काफी चर्चा में हैं। हालांकि, फिल्म की रिलीज़ डेट अब तक अनाउंस नहीं की गई है।

    बिग बॉस 19 और फिल्मों में बैलेंस

    फिल्मों के साथ-साथ सलमान खान टीवी शो बिग बॉस 19 भी होस्ट कर रहे हैं। लद्दाख शेड्यूल के दौरान उन्होंने कुछ एपिसोड मिस किए, लेकिन हमेशा की तरह इस बार भी वह फिल्मों और टीवी प्रोजेक्ट्स में अच्छा बैलेंस बना रहे हैं।

    फैंस की उम्मीदें

    सलमान खान के डेडिकेशन और प्रोफेशनलिज्म को देखते हुए कहा जा रहा है कि बैटल ऑफ गलवान उनके करियर की सबसे चुनौतीपूर्ण फिल्मों में से एक साबित हो सकती है। फैंस बेसब्री से इसके अगले शेड्यूल और रिलीज़ डेट का इंतजार कर रहे हैं।

    ❓ FAQ Section

    Q1. सलमान खान को चोट कैसे लगी?
    👉 लद्दाख में बैटल ऑफ गलवान की शूटिंग के दौरान एक्शन सीन करते वक्त उन्हें हल्की चोट लगी।

    Q2. क्या शूटिंग रोकी गई थी?
    👉 नहीं, सलमान खान ने चोट लगने के बाद भी पूरा शेड्यूल पूरा किया।

    Q3. अगला शेड्यूल कब होगा?
    👉 फिल्म का दूसरा शेड्यूल मुंबई में अगले हफ्ते शुरू होगा।

    Q4. फिल्म का निर्देशन कौन कर रहा है?
    👉 बैटल ऑफ गलवान का निर्देशन अपूर्व लखिया कर रहे हैं।

    Q5. फिल्म की रिलीज़ डेट क्या है?
    👉 अभी तक फिल्म की रिलीज़ डेट आधिकारिक तौर पर घोषित नहीं की गई है।

  • Mumbai News: गोवंडी में दुर्गा मां की मूर्ति ले जा रहे भक्तों पर तलवार-डंडों से हमला, 6 आरोपी गिरफ्तार

    Mumbai News: गोवंडी में दुर्गा मां की मूर्ति ले जा रहे भक्तों पर तलवार-डंडों से हमला, 6 आरोपी गिरफ्तार

    मुंबई के गोवंडी इलाके में दुर्गा मां की मूर्ति ले जा रहे भक्तों पर कुछ उपद्रवियों ने तलवार, रॉड और डंडों से हमला कर दिया। मूर्ति को नुकसान पहुंचाया गया। पुलिस ने FIR दर्ज कर 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया और इलाके में भारी पुलिसबल तैनात कर दिया है।

    मुंबई: नवरात्रि के मौके पर जहां पूरे शहर में माता दुर्गा की जयकार गूंज रही है, वहीं गोवंडी इलाके से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है। बताया जा रहा है कि अन्नाभाऊ साठे नगर एकता चॉल में रविवार देर रात माता दुर्गा की मूर्ति ले जा रहे भक्तों पर कुछ लोगों ने तलवार, रॉड और डंडों से हमला कर दिया।

    भक्तों को पीटा, मूर्ति खंडित

    स्थानीय लोगों के मुताबिक, भक्त जयकारा लगाते हुए मूर्ति ले जा रहे थे। तभी कुछ उपद्रवियों ने पहले उन्हें गाना बजाने से रोका, फिर जयकारा लगाने से मना किया। जब भक्तों ने “जय माता दी” के नारे लगाए, तो आरोपियों ने अचानक हमला बोल दिया। इस दौरान मूर्ति को भी नुकसान पहुंचाया गया और कई लोग घायल हो गए।

    पुलिस की फौरन कार्रवाई

    घटना की जानकारी मिलते ही मुंबई पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाल लिया। पुलिस ने तेजी दिखाते हुए FIR दर्ज की और 6 लोगों को गिरफ्तार कर लिया। इलाके में अतिरिक्त पुलिसबल तैनात कर दिया गया है ताकि हालात काबू में रहें।

    श्रद्धालुओं की आपबीती

    एक भक्त ने बताया, “हम शांतिपूर्वक मूर्ति ले जा रहे थे। हमने बस जयकारा लगाया था, लेकिन अचानक वो लोग तलवार-डंडे लेकर आ गए और हमें पीटना शुरू कर दिया।”
    इस घटना के बाद से पूरे इलाके में तनाव फैल गया, लेकिन पुलिस का कहना है कि अब स्थिति नियंत्रण में है।

    पुलिस का बयान

    पुलिस सूत्रों के अनुसार, “दोनों समुदायों के बीच झड़प हुई थी। देवी की मूर्ति को भी नुकसान पहुंचाया गया। FIR दर्ज कर ली गई है और आरोपियों को हिरासत में लिया गया है। इलाके में शांति बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया है।”

    ❓ FAQ Section

    Q1. घटना कहां हुई?
    👉 घटना मुंबई के गोवंडी इलाके के अन्नाभाऊ साठे नगर एकता चॉल में हुई।

    Q2. भक्तों पर क्यों हमला किया गया?
    👉 श्रद्धालुओं का कहना है कि जब उन्होंने “जय माता दी” का जयकारा लगाया तो उपद्रवियों ने तलवार, रॉड और डंडों से हमला कर दिया।

    Q3. मूर्ति को क्या नुकसान हुआ?
    👉 हां, मूर्ति को खंडित कर दिया गया, जिससे इलाके में तनाव फैल गया।

    Q4. पुलिस ने क्या कार्रवाई की है?
    👉 पुलिस ने FIR दर्ज कर 6 लोगों को गिरफ्तार किया है और इलाके में भारी पुलिसबल तैनात किया गया है।

    Q5. क्या स्थिति अब नियंत्रण में है?
    👉 हां, पुलिस के मुताबिक इलाके में फिलहाल शांति है और हालात पूरी तरह काबू में हैं।

  • IOCL Pipeline Apprentice Bharti 2025: 537 पदों पर भर्ती, लास्ट डेट बढ़ी – ऐसे करें अप्लाई

    IOCL Pipeline Apprentice Bharti 2025: 537 पदों पर भर्ती, लास्ट डेट बढ़ी – ऐसे करें अप्लाई

    इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (IOCL) ने पाइपलाइन डिविजन अपरेंटिस भर्ती 2025 के लिए 537 पदों पर नोटिफिकेशन निकाला है। ऑनलाइन आवेदन की आखिरी तारीख अब 28 सितंबर 2025 तक बढ़ा दी गई है। जानें पूरी डिटेल्स – योग्यता, आयु सीमा, स्टाइपेंड और अप्लाई करने का तरीका।

    डिजिटल डेस्क
    मुंबई: इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (IOCL), जो देश की सबसे बड़ी सरकारी कंपनी और फॉर्च्यून 500 लिस्टेड PSU है, ने पाइपलाइन डिविजन में अपरेंटिस भर्ती 2025 निकाली है। इस भर्ती में कुल 537 पद हैं, जो अलग-अलग राज्यों में भरे जाएंगे।

    👉 पहले आवेदन की लास्ट डेट 21 सितंबर थी, लेकिन अब इसे बढ़ाकर 28 सितंबर 2025 कर दिया गया है।

    कितने पद, कहां-कहां?

    IOCL की इस भर्ती में पूरे देश में अलग-अलग राज्यों के लिए वैकेंसी निकली है। सबसे ज़्यादा पद गुजरात (84) और पश्चिम बंगाल (64) में हैं।
    कुछ प्रमुख राज्यों की वैकेंसी इस तरह है:

    • पश्चिम बंगाल – 64
    • राजस्थान – 53
    • उत्तर प्रदेश – 53
    • ओडिशा – 51
    • तमिलनाडु – 39
    • बिहार – 38
    • महाराष्ट्र – 15
    • दिल्ली – 14

    कुल मिलाकर – 537 पद

    कौन कर सकता है अप्लाई? (Eligibility)

    इस भर्ती के लिए अलग-अलग ट्रेड और पोस्ट के हिसाब से योग्यता तय है।

    • Technician Apprentice (Mechanical/Electrical/Instrumentation) → 3 साल का डिप्लोमा
    • Trade Apprentice (HR/Accountant) → किसी भी विषय में ग्रेजुएशन / कॉमर्स ग्रेजुएशन
    • Data Entry Operator (DEO) → न्यूनतम 12वीं पास
    • Domestic DEO (Skill Certificate Holder) → 12वीं + स्किल सर्टिफिकेट

    👉 जनरल/OBC/EWS उम्मीदवारों को कम से कम 50% मार्क्स, और SC/ST/PwBD को 45% मार्क्स चाहिए।

    उम्र सीमा (Age Limit – as on 31.08.2025)

    • न्यूनतम आयु: 18 साल
    • अधिकतम आयु: 24 साल

    👉 SC/ST को 5 साल, OBC को 3 साल और PwBD को 10 साल तक की छूट मिलेगी।

    स्टाइपेंड (Salary/Stipend)

    सभी चयनित कैंडिडेट्स को Apprentices Act, 1961 के अनुसार मासिक स्टाइपेंड मिलेगा। हालांकि यह पक्की नौकरी नहीं है, लेकिन ट्रेनिंग IOCL जैसी बड़ी कंपनी में होगी, जो करियर के लिए बहुत फायदेमंद है।

    सिलेक्शन प्रोसेस (Selection Process)

    इस भर्ती में कोई लिखित परीक्षा या इंटरव्यू नहीं होगा।

    • सिर्फ अकादमिक मेरिट (अंक प्रतिशत) के आधार पर लिस्ट बनेगी।
    • टाई होने पर उम्र (बड़ा उम्मीदवार) और फिर 10वीं के नंबर देखे जाएंगे।
    • डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन और मेडिकल फिटनेस ज़रूरी होगी।

    कैसे करें अप्लाई? (How to Apply)

    1. सबसे पहले NATS/NAPS पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करें (डिप्लोमा/ग्रेजुएट या DEO के हिसाब से)।
    2. फिर IOCL की ऑफिशियल वेबसाइट पर जाकर आवेदन करें।
    3. आवेदन की प्रक्रिया दो स्टेप्स में होगी –
    • Part-I: बेसिक डिटेल्स भरें और रजिस्ट्रेशन नंबर लें।
    • Part-II: फोटो, सिग्नेचर, एजुकेशन डिटेल्स और NATS/NAPS नंबर अपलोड करें।
    1. फाइनल सबमिशन के बाद प्रिंटआउट ज़रूर लें।

    👉 कोई आवेदन शुल्क (Application Fee) नहीं है।

    ज़रूरी डेट्स (Important Dates)

    • ऑनलाइन आवेदन शुरू – 29 अगस्त 2025
    • आवेदन की आखिरी तारीख (Extended) – 28 सितंबर 2025
    • कट-ऑफ डेट (Eligibility Check) – 31 अगस्त 2025

    ❓ FAQ

    Q1: IOCL Apprentice Recruitment 2025 में कितने पद हैं?
    Ans: कुल 537 पद हैं।

    Q2: आवेदन की आखिरी तारीख क्या है?
    Ans: अब बढ़ाकर 28 सितंबर 2025 कर दी गई है।

    Q3: IOCL Apprentice में सलेक्शन कैसे होगा?
    Ans: सलेक्शन सिर्फ मेरिट (अंक प्रतिशत) के आधार पर होगा, कोई परीक्षा या इंटरव्यू नहीं है।

    Q4: योग्यता क्या चाहिए?
    Ans: डिप्लोमा, ग्रेजुएशन या 12वीं पास (पोस्ट के हिसाब से)।

    Q5: क्या आवेदन शुल्क है?
    Ans: नहीं, सभी कैंडिडेट्स के लिए आवेदन फ्री है।

  • Lodha ने मुंबई-Palava में 24 एकड़ जमीन STT Global Data Centres को बेची ₹500 करोड़ में

    Lodha ने मुंबई-Palava में 24 एकड़ जमीन STT Global Data Centres को बेची ₹500 करोड़ में

    Lodha Developers ने Palava (मुंबई क्षेत्र) में 24.34 एकड़ जमीन STT GDC को लगभग ₹499-500 करोड़ में बेची है। ये सौदा Lodha-Maharashtra सरकार के ₹30,000 करोड़ के डेटा सेंटर पार्क योजना से जुड़ा है जिससे 6,000 नौकरियाँ और 2 GW प्लानिंग की जा रही है।

    मुंबई: नवी मुंबई के Palava क्षेत्र में Lodha Developers ने Singapore-based ST Telemedia Global Data Centres (STT GDC) को लगभग ₹500 करोड़ में करीब 24.34 एकड़ भूमि बेच दी है। इस जमीन की पंजीकरण प्रक्रिया पूरी हो चुकी है।

    जमीन का ब्योरा

    • कुल भूमि: 24.34 एकड़
    • Lodha Developers ने बेची: 1.74 एकड़
    • उसकी सहायक कंपनी Palava Induslogic 4 Pvt Ltd ने बेची: 22.60 एकड़
    • मूल्यांकन राशि: लगभग ₹499-500 करोड़

    बड़े प्रोजेक्ट से जुड़ी पहल

    • इस सौदे से Lodha की महाराष्ट्र सरकार के साथ हुई MoU (मेमोरेंडम ऑफ़ अंडरस्टैंडिंग) की योजना को बल मिलेगा, जिसमें Palava में एक ग्रीन इंटीग्रेटेड डेटा सेंटर पार्क बनाया जाना है।
    • योजना के अनुसार परियोजना में निवेश होगा ₹30,000 करोड़ का, इससे अनुमानित रूप से 6,000 डायरेक्ट और इनडायरेक्ट नौकरियाँ सृजित होंगी।
    • पार्क का क्षेत्रफल होगा 370 एकड़, और इसकी क्षमता होगी लगभग 2 गीगावाट बिजली की।

    Lodha की रणनीति और महत्व

    • Lodha Developers ने Palava में बड़े पैमाने पर ज़मीन बँकी (land bank) बनाई हुई है, जिसे अब वो आवासीय, वाणिज्यिक, वेयरहाउसिंग और डेटा सेंटर प्रोजेक्ट्स के लिए उपयोग कर रही है।
    • इस तरह की पहल भारत में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास और डेटा स्टोरेज / क्लाउड कम्प्यूटिंग / AI आदि क्षेत्रों की बढ़ती ज़रूरतों को पूरा करने में सहायक होगी।

    यह सौदा न सिर्फ Lodha के लिए महत्वपूर्ण है बल्कि महाराष्ट्र और भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था के लिए भी एक संकेत है कि कैसे निजी और सरकारी साझेदारी से बड़े पैमाने पर डेटा सेंटर इन्फ्रास्ट्रक्चर का निर्माण संभव हो रहा है। यह निवेश न सिर्फ आर्थिक विकास बढ़ाएगा बल्कि पर्यावरण-अनुकूल (ग्रीन) उपायों के सहारे टिकाऊ मॉडल की नींव भी रखेगा।

    FAQ सेक्शन

    प्रश्नउत्तर
    इस सौदे में कितने एकड़ जमीन बेचे गए?कुल 24.34 एकड़ जमीन बेची गई है — जिसमें से Lodha ने 1.74 एकड़ और उसकी सहायक कंपनी ने 22.60 एकड़।
    मूल्य कितना था इस ज़मीन का?लगभग ₹499-500 करोड़
    इस सौदे का उद्देश्य क्या है?यह सौदा Palava में एक ‘ग्रीन इंटीग्रेटेड डेटा सेंटर पार्क’ के हिस्से के रूप में है, जो महाराष्ट्र सरकार और Lodha द्वारा नियोजित है।
    इस डेटा सेंटर पार्क में कुल निवेश कितना होगा?लगभग ₹30,000 करोड़ निवेश की योजना है।
    कुल कितनी नौकरियों की उम्मीद है?लगभग 6,000 प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष नौकरियाँ इससे बनेंगी।
    डेटा सेंटर पार्क की प्लान की गई बिजली क्षमता क्या है?लगभग 2 गीगावाट क्षमता की योजना है।
    यह प्रोजेक्ट कहाँ स्थित है?Palava, मुंबई के पास, महाराष्ट्र में।
  • 🏎️ Navi Mumbai Street Circuit: दिसंबर 2025 में होगी पहली नाइट रेस, इंडियन रेसिंग फेस्टिवल का बनेगा आकर्षण

    🏎️ Navi Mumbai Street Circuit: दिसंबर 2025 में होगी पहली नाइट रेस, इंडियन रेसिंग फेस्टिवल का बनेगा आकर्षण

    नवी मुंबई में 3.753 किमी लंबा नया स्ट्रीट सर्किट बनाया जा रहा है। इस ट्रैक पर दिसंबर 2025 में इंडियन रेसिंग लीग और F4 इंडिया की रेस होगी। पहली बार नवी मुंबई में नाइट रेस का आयोजन होगा।

    मुंबई: नवी मुंबई महानगरपालिका (NMMC) और रेसिंग प्रमोशन्स प्राइवेट लिमिटेड (RPPL) ने मिलकर एक नया 3.753 किमी लंबा स्ट्रीट सर्किट बनाने का MoU साइन किया है। यह ट्रैक इस साल दिसंबर में होने वाले इंडियन रेसिंग फेस्टिवल 2025 की मेज़बानी करेगा।

    यहां इंडियन रेसिंग लीग (IRL) और F4 इंडिया चैंपियनशिप का फाइनल राउंड आयोजित किया जाएगा।

    Navi-mumbai-The-first-night-race-will-be-held-in-December-2025-and-will-become-a-highlight-of-the-Indian-Racing-Festival

    🌃 नवी मुंबई स्ट्रीट सर्किट पर होगी नाइट रेस

    • लंबाई: 3.753 किमी
    • मोड़: 14 टर्न्स
    • लेआउट: एंटी-क्लॉकवाइज
    • खासियत: पहली नाइट रेस

    आयोजकों के मुताबिक, इस ट्रैक पर दिसंबर 2025 में पहली नाइट रेस होगी। इससे पहले चेन्नई नाइट रेस ने जबरदस्त लोकप्रियता हासिल की थी।

    📍 ट्रैक का रूट और लोकेशन

    यह सर्किट Palm Beach Road से शुरू होगा और Nerul Lake के किनारे बनेगा। शहर के बीच से गुजरने वाला यह ट्रैक लोगों को मोनाको और सिंगापुर जैसे इंटरनेशनल स्ट्रीट सर्किट्स की झलक देगा।

    🏁 महाराष्ट्र सरकार का समर्थन

    महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा:

    > “नवी मुंबई स्ट्रीट रेस महाराष्ट्र की मोटरस्पोर्ट जर्नी का ऐतिहासिक पड़ाव है। यह हमारे राज्य की क्षमता दिखाता है कि हम वर्ल्ड क्लास इवेंट आयोजित कर सकते हैं, जो पर्यटन और रोजगार दोनों को बढ़ावा देगा।”

    🇮🇳 इंडियन रेसिंग लीग (IRL) – भारत की अपनी मोटरस्पोर्ट्स लीग

    इंडियन रेसिंग लीग में 6 सिटी बेस्ड टीमें हिस्सा ले रही हैं। इनमें कई मशहूर टीम ओनर्स शामिल हैं –

    • सौरव गांगुली
    • जॉन अब्राहम
    • किच्चा सुदीप

    टीमें Wolf GB08 Thunder कारों से रेस करती हैं और हर टीम को भारतीय + विदेशी ड्राइवर + एक महिला रेसर उतारना ज़रूरी है।

    🏎️ F4 इंडिया – युवाओं के लिए बड़ा मौका

    F4 इंडिया, FIA सर्टिफाइड फॉर्मूला 4 चैंपियनशिप है। इसमें ड्राइवर्स को Super Licence Points मिलते हैं, जिससे आगे चलकर फॉर्मूला 1 तक का रास्ता खुलता है।

    • इस्तेमाल होने वाली कार: Mygale F4 (French F4 जैसी कार)
    • इंजन: Alpine 1.3 L टर्बोचार्ज्ड इंजन

    इस सीरीज में भारतीय ड्राइवरों को इंटरनेशनल ड्राइवर्स के साथ सीखने और रेस करने का मौका मिलता है।

    📅 शेड्यूल और आने वाले राउंड्स

    • गोवा स्ट्रीट सर्किट – 1-2 नवंबर 2025 (Day Race)
    • नवी मुंबई स्ट्रीट सर्किट – दिसंबर 2025 (Night Race)

    अगर सबकुछ प्लान के हिसाब से हुआ तो नवी मुंबई स्ट्रीट सर्किट देश का चौथा बड़ा स्ट्रीट सर्किट होगा, हैदराबाद, चेन्नई और गोवा के बाद।

    ❓ Navi Mumbai Street Circuit 2025 – FAQ

    1. Navi Mumbai Street Circuit कहाँ बनाया जा रहा है?

    नवी मुंबई स्ट्रीट सर्किट Palm Beach Road से शुरू होकर Nerul Lake के आसपास बनेगा।

    2. Navi Mumbai Street Circuit कितना लंबा होगा?

    इसका ट्रैक 3.753 किलोमीटर लंबा होगा और इसमें 14 टर्न्स होंगे।

    3. Navi Mumbai Street Circuit पर कौन सी रेस होंगी?

    यहां दिसंबर 2025 में Indian Racing Festival का फाइनल राउंड होगा, जिसमें शामिल हैं:

    • Indian Racing League (IRL)
    • F4 India Championship

    4. क्या यह रेस नाइट रेस होगी?

    हाँ ✅, नवी मुंबई स्ट्रीट सर्किट पर पहली बार नाइट रेस आयोजित की जाएगी।

    5. Indian Racing League (IRL) क्या है?

    IRL भारत की अपनी मोटरस्पोर्ट्स लीग है, जिसमें 6 सिटी बेस्ड टीमें हिस्सा लेती हैं। इसमें भारतीय, विदेशी और महिला ड्राइवर्स का मिश्रण ज़रूरी होता है।

    6. F4 India Championship क्यों खास है?

    F4 India एक FIA सर्टिफाइड सीरीज़ है। यहां मिलने वाले Super Licence Points से ड्राइवर्स का रास्ता आगे Formula 1 तक खुलता है।

    7. Navi Mumbai Street Circuit कब तक तैयार होगा?

    आयोजकों के अनुसार, यह ट्रैक दिसंबर 2025 तक तैयार हो जाएगा और उसी महीने इसका डेब्यू होगा।

    8. इससे महाराष्ट्र को क्या फायदा होगा?

    इससे न सिर्फ पर्यटन और रोजगार बढ़ेंगे बल्कि महाराष्ट्र को ग्लोबल मोटरस्पोर्ट मैप पर भी पहचान मिलेगी।

  • मुंबई में फेरीवालों पर कार्रवाई के खिलाफ मंत्रालय में चर्चा और ज्ञापन, अधिकारियों ने दिया आश्वासन

    मुंबई में फेरीवालों पर कार्रवाई के खिलाफ मंत्रालय में चर्चा और ज्ञापन, अधिकारियों ने दिया आश्वासन

    मुंबई सहित महाराष्ट्र के अलग-अलग शहरों में फेरीवालों पर हो रही पुलिस कार्रवाई और भारी जुर्माने के खिलाफ सामाजिक संगठनों ने मंत्रालय में अधिकारियों से मुलाकात की और ज्ञापन सौंपा। अधिकारियों ने इस मुद्दे को विधानसभा के शीतकालीन सत्र में उठाने का भरोसा दिलाया।

    मुंबई: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई और महाराष्ट्र के अन्य शहरों में फुटपाथ पर रोज़ी-रोटी कमाने वाले फेरीवालों पर बार-बार की जा रही कार्रवाई को लेकर सामाजिक संगठनों ने आवाज़ बुलंद की है। फेरीवालों का कहना है कि मुंबई पुलिस अधिनियम की धाराओं का दुरुपयोग कर उनसे हजारों रुपये का जुर्माना वसूला जा रहा है। इसी मुद्दे पर 18 सितंबर 2025 को मंत्रालय में कई सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने अधिकारियों से मुलाकात की और एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा।

    🚶‍♂️ फेरीवालों का संघर्ष और परेशानी

    मुंबई महानगर और उपनगरों में हज़ारों लोग फेरी लगाकर अपना पेट पालते हैं। लेकिन पुलिस प्रशासन द्वारा रोज़ाना किए जाने वाले छापों और कार्रवाई के कारण इनकी ज़िंदगी मुश्किल हो गई है।

    • एक ही फेरीवाले पर ₹1200 तक का जुर्माना लगाया जाता है।
    • कई बार दिन में दो-दो बार भी जुर्माना वसूला जाता है।
    • कई पुलिस कर्मियों पर धारा 102, 115 और 117 का गलत इस्तेमाल करने के आरोप लगे हैं।

    🏢 मंत्रालय में हुआ प्रतिनिधिमंडल

    इस मुद्दे को गंभीरता से उठाने के लिए महाराष्ट्र हॉकर्स फेडरेशन, लाल बावटा जनरल वर्कर्स यूनियन, महाराष्ट्र राज्य राष्ट्रीय मजदूर संघ, शहीद भगत सिंह हॉकर्स यूनियन मुंबई, महाराष्ट्र एकता हॉकर्स यूनियन सहित कई संगठन एक साथ आए।
    बैठक में उपस्थित रहे प्रमुख लोग:

    • कर्नल प्रकाश रेड्डी
    • श्री मिलिंद ताम्बड़े
    • कर्नल सुरेश सावंत
    • शांताराम जाधव
    • कर्नल अखिलेश गौड़

    इन सभी ने मिलकर फेरीवालों पर हो रहे अन्याय की विस्तृत जानकारी दी और अधिकारियों को ठोस सबूत भी दिखाए।

    📑 ज्ञापन की मुख्य बातें

    संगठनों ने मंत्रालयीन अधिकारियों को जो ज्ञापन सौंपा, उसमें मुख्य रूप से यह मुद्दे उठाए गए:

    1. पुलिस द्वारा धारा 102, 115 और 117 का दुरुपयोग।
    2. अनुचित और भारी जुर्माना, जिससे फेरीवालों की रोज़ी-रोटी पर असर।
    3. पुलिसकर्मियों द्वारा एक ही दिन में बार-बार जुर्माना लगाने की घटनाएँ।
    4. गरीब और मेहनतकश तबके पर आर्थिक बोझ।
    5. स्थायी समाधान की ज़रूरत ताकि फेरीवाले सम्मान के साथ जीवन जी सकें।

    ⚖️ अधिकारियों की प्रतिक्रिया

    मंत्रालय के उप सचिव और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने शिष्टमंडल की बातों को गंभीरता से सुना।

    • उन्होंने आश्वासन दिया कि यह मुद्दा आगामी विधानसभा के शीतकालीन सत्र में रखा जाएगा।
    • अधिकारियों ने माना कि जुर्माना लगाने की प्रक्रिया में कुछ गड़बड़ियाँ हो सकती हैं।
    • आगे की कार्रवाई के लिए विस्तृत रिपोर्ट तैयार करने का आदेश दिया गया है।

    🗣️ संगठनों की मांग

    संगठनों ने साफ कहा कि:

    • फेरीवालों को रोज़ परेशान करने का सिलसिला बंद होना चाहिए।
    • मुंबई पुलिस अधिनियम में बदलाव कर फेरीवालों के लिए अलग गाइडलाइन बने।
    • पुलिस और स्थानीय निकायों द्वारा की जाने वाली कार्रवाई पर निगरानी समिति बने।
    memorandum-in-the-ministry-against-action-against-hawkers-in-Mumbai

    📊 फेरीवालों की संख्या और अहमियत

    • सिर्फ मुंबई में अनुमानित 2.5 से 3 लाख फेरीवाले रोज़ाना काम करते हैं।
    • ये छोटे कारोबार शहर की अर्थव्यवस्था का हिस्सा हैं।
    • आम जनता को सस्ता सामान और रोज़मर्रा की ज़रूरतें उपलब्ध कराते हैं।

    फेरीवालों का कहना है कि अगर उनकी सुरक्षा और कामकाज सुनिश्चित हो तो वे भी टैक्स और रजिस्ट्रेशन के लिए तैयार हैं।

    🛑 लगातार कार्रवाई का असर

    • फेरीवालों के परिवारों पर आर्थिक संकट।
    • बच्चों की पढ़ाई पर असर।
    • छोटे-छोटे कर्ज़ चुकाना मुश्किल।
    • रोज़ कमाने-खाने वालों की रोज़ी-रोटी खतरे में।

    🚨 नतीजा और आगे की राह

    यह मुलाकात फेरीवालों के लिए उम्मीद की किरण लेकर आई है।
    अगर विधानसभा में इस मुद्दे पर चर्चा होती है और ठोस कदम उठाए जाते हैं तो हजारों परिवारों को राहत मिलेगी।

    ❓ FAQ – मुंबई में फेरीवालों पर कार्रवाई और मंत्रालय को सौंपा गया ज्ञापन

    Q1. फेरीवालों पर बार-बार कार्रवाई क्यों की जा रही है?
    👉 स्थानीय निकाय और पुलिस प्रशासन मुंबई पुलिस अधिनियम की धारा 102, 115 और 117 का हवाला देकर कार्रवाई करते हैं। इन धाराओं के तहत फुटपाथ अतिक्रमण और असुविधा को रोकने के लिए प्रावधान है, लेकिन सामाजिक संगठनों का आरोप है कि इन धाराओं का दुरुपयोग हो रहा है।

    Q2. एक फेरीवाले पर कितना जुर्माना लगाया जाता है?
    👉 फेरीवालों पर नियमित रूप से ₹1200 तक का जुर्माना लगाया जाता है। कुछ मामलों में तो एक ही दिन में दो-दो बार चालान काटा जाता है।

    Q3. इस मुद्दे पर मंत्रालय में किन-किन संगठनों ने ज्ञापन सौंपा?
    👉 महाराष्ट्र हॉकर्स फेडरेशन, लाल बावटा जनरल वर्कर्स यूनियन, महाराष्ट्र राज्य राष्ट्रीय मजदूर संघ, शहीद भगत सिंह हॉकर्स यूनियन मुंबई, महाराष्ट्र एकता हॉकर्स यूनियन समेत कई संगठन शामिल रहे।

    Q4. सरकार की ओर से क्या आश्वासन मिला है?
    👉 मंत्रालयीन अधिकारियों और उप सचिव ने कहा है कि इस मुद्दे को गंभीरता से लिया जाएगा और विधानसभा के आगामी शीतकालीन सत्र में इसे उठाने का प्रयास किया जाएगा।

    Q5. फेरीवालों की मुख्य मांगें क्या हैं?
    👉

    • अनुचित और बार-बार किए जा रहे जुर्माने को रोका जाए।
    • मुंबई पुलिस अधिनियम की धारा 102, 115 और 117 के दुरुपयोग पर रोक लगे।
    • स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट 2014 के तहत फेरीवालों को कानूनी सुरक्षा मिले।
    • नगर पालिका और पुलिस की ओर से पारदर्शी और न्यायपूर्ण व्यवस्था बनाई जाए।
  • मुंबई में मोबाइल का IMEI नंबर बदलने वाला गिरोह पकड़ा गया, क्राइम ब्रांच ने दो को किया गिरफ्तार

    मुंबई में मोबाइल का IMEI नंबर बदलने वाला गिरोह पकड़ा गया, क्राइम ब्रांच ने दो को किया गिरफ्तार

    मुंबई क्राइम ब्रांच ने पवई इलाके से दो लोगों को गिरफ्तार किया, जो मोबाइल फोन का IMEI नंबर बदलने का गैरकानूनी काम कर रहे थे। पुलिस ने मौके से संदिग्ध मोबाइल जब्त किए और मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।

    मुंबई: पवई इलाके में मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने शुक्रवार को एक मोबाइल शॉप में छापामारी कर दो लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि ये लोग मोबाइल फोन का IMEI नंबर बदलने का गैरकानूनी काम कर रहे थे।

    पकड़े गए आरोपियों के नाम हैं –

    • रामप्रसाद सरगुन राजभर (37)
    • गुलाम रसूल राशिद खान, जो पवई में मोबाइल शॉप चलाता है और टेक्नीशियन भी है।

    क्राइम ब्रांच यूनिट 6 को जब पुख्ता सूचना मिली, तो उन्होंने छापा मारकर इस धंधे का खुलासा किया।

    📱 IMEI नंबर क्या होता है और क्यों है ज़रूरी?

    IMEI (International Mobile Equipment Identity) एक 15 अंकों का यूनिक नंबर होता है, जो हर मोबाइल फोन की पहचान बताता है।

    • इससे फोन का असली मालिक और लोकेशन ट्रैक करना आसान होता है।
    • चोरी हुए या गुम फोन को ट्रेस करने में पुलिस को IMEI बहुत मदद करता है।
      👉 लेकिन जब इसका नंबर बदल दिया जाता है, तो मोबाइल की पहचान बदल जाती है और अपराधियों को पकड़ना मुश्किल हो जाता है।

    🔍 कैसे पकड़ा गया गिरोह?

    क्राइम ब्रांच यूनिट 6 (चेंबूर) की टीम को खबर मिली थी कि पवई के एक मोबाइल शॉप में संदिग्ध तरीके से IMEI नंबर बदला जा रहा है।

    • पुलिस ने छापा मारते समय पाया कि आरोपी “App Unlock Tool” (गूगल क्रोम के जरिए) इस्तेमाल कर रहे थे।
    • इस सॉफ्टवेयर की मदद से मोबाइल का असली IMEI बदलकर नया नंबर डाला जा रहा था।

    👮 पुलिस की कार्रवाई

    • छापे में कई संदिग्ध और फर्जी सेकेंड-हैंड मोबाइल बरामद हुए।
    • पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल किया।
    • उन्हें भारतीय न्याय संहिता (Bharatiya Nyaya Sanhita – BNS) की संबंधित धाराओं में बुक किया गया।
    • मेडिकल टेस्ट के बाद उन्हें मुंबई कोर्ट में पेश किया गया।

    📌 पुलिस अधिकारियों की भूमिका

    यह पूरी कार्रवाई पुलिस इंस्पेक्टर भारत घोणे (यूनिट 6, चेंबूर) की देखरेख में हुई।
    आगे की जांच का जिम्मा पुलिस इंस्पेक्टर सुशांत सावंत की टीम को सौंपा गया है।

    ⚖️ कानून और IMEI छेड़छाड़ का अपराध

    भारत में मोबाइल का IMEI नंबर बदलना या छेड़छाड़ करना एक गंभीर अपराध है।

    • भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत इस पर सख्त सज़ा और जुर्माना हो सकता है।
    • मोबाइल कंपनियों और पुलिस दोनों के लिए यह अपराध ट्रैकिंग सिस्टम को नुकसान पहुंचाता है।

    🌐 मुंबई में बढ़ते साइबर क्राइम केस

    मुंबई जैसे बड़े शहर में मोबाइल और साइबर क्राइम तेजी से बढ़ रहे हैं।

    • IMEI नंबर बदलने वाले ऐसे गैंग चोरी हुए फोन, ब्लैक मार्केट और धोखाधड़ी में शामिल होते हैं।
    • कई बार इन मोबाइल का इस्तेमाल बड़े क्राइम (फ्रॉड, स्मगलिंग, ड्रग्स नेटवर्क) में किया जाता है।
      👉 इसीलिए पुलिस लगातार इस तरह के नेटवर्क पर नज़र बनाए हुए है।

    📊 मोबाइल यूज़र्स के लिए चेतावनी

    • सेकेंड हैंड फोन खरीदते वक्त हमेशा IMEI नंबर चेक करें।
    • IMEI चेक करने के लिए *#06# डायल करें।
    • नकली, ब्लैकलिस्टेड या बदले हुए IMEI वाले फोन पर नेटवर्क सर्विस बंद हो सकती है।
    • ऐसे फोन खरीदने पर कानूनी पचड़े में फंसने का खतरा रहता है।

    📱 IMEI नंबर कैसे चेक करें?

    (हर मोबाइल यूज़र के लिए ज़रूरी जानकारी)

    • अपने मोबाइल पर *#06# डायल करें 👉 IMEI नंबर स्क्रीन पर दिखेगा।
    • फोन की सेटिंग्स → अबाउट फोन → IMEI में भी यह नंबर मिलता है।
    • मोबाइल के डिब्बे और बिल पर भी IMEI प्रिंट होता है।
    • कभी भी सेकेंड-हैंड मोबाइल खरीदते समय IMEI ज़रूर मिलाएं।

    ⚖️ IMEI छेड़छाड़ पर क्या सज़ा है?

    भारत में IMEI नंबर बदलना या छेड़छाड़ करना है गंभीर अपराध

    • 📌 भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में केस दर्ज होता है।
    • ⛔ अपराध साबित होने पर जेल + भारी जुर्माना हो सकता है।
    • 🚔 IMEI बदलने वाले फोन का इस्तेमाल ब्लैकलिस्ट हो जाता है।

    🚨 मुंबई पुलिस की चेतावनी

    • नकली या बदले हुए IMEI वाले मोबाइल का इस्तेमाल न करें।
    • सेकेंड-हैंड मोबाइल खरीदने से पहले IMEI ऑनलाइन चेक करें।
    • संदिग्ध मोबाइल की तुरंत पुलिस या सर्विस प्रोवाइडर को जानकारी दें।
  • कांदिवली (पूर्व) में अवैध फेरीवालों से हलकान जनता – आखिर कब होगी कार्रवाई?

    कांदिवली (पूर्व) में अवैध फेरीवालों से हलकान जनता – आखिर कब होगी कार्रवाई?

    मुंबई कांदिवली (पूर्व) ठाकुर विलेज इलाके में अवैध फेरीवालों और ऑटो रिक्शा स्टैंड के कारण ट्रैफिक जाम और गंदगी से लोग परेशान। डेंगू-मलेरिया का खतरा बढ़ा, नागरिकों ने शिकायतें दर्ज कराई लेकिन कार्रवाई नहीं हुई।

    मुंबई: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई जैसे महानगर में हर दिन लाखों लोग सफर करते हैं। लेकिन यहां की सबसे बड़ी समस्याओं में से एक है सड़क पर कब्जा जमाए हुए अवैध फेरीवाले और ट्रैफिक जाम। कांदिवली (पूर्व) का ठाकुर विलेज और समता नगर इलाका भी इन समस्याओं से बुरी तरह जूझ रहा है।

    यहां अप्पर आयुक्त कार्यालय से लेकर ठाकुर कॉलेज के सामने तक की सड़क पर पचासों फेरीवाले रोजाना अवैध दुकानें लगाते हैं। सड़कें पूरी तरह कब्जाई जाती हैं, जिससे स्थानीय लोग और राहगीर परेशान हैं।

    गंदगी और बीमारी का खतरा

    फेरीवालों के कारण इलाके में गंदगी इतनी बढ़ गई है कि डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियों का खतरा बढ़ गया है।
    लोगों का कहना है कि सड़क किनारे सब्ज़ियां, फल और खाने-पीने का सामान गंदगी के बीच बेचा जाता है। इससे न सिर्फ संक्रमण फैलने का खतरा है बल्कि बच्चों और बुज़ुर्गों की सेहत भी दांव पर लग रही है।

    एक स्थानीय निवासी ने बताया:
    “हर तरफ कचरा और बदबू फैली रहती है। बारिश में तो हालत और खराब हो जाती है। चारों तरफ पानी भरने के बाद मच्छरों का प्रकोप बढ़ जाता है। अगर अभी कार्रवाई नहीं हुई तो इलाके में डेंगू और मलेरिया के केस तेजी से बढ़ेंगे।”

    ऑटो रिक्शा स्टैंड से यातायात ठप

    फेरीवालों के साथ-साथ यहां ऑटो रिक्शा वालों ने भी अपने-अपने अनधिकृत स्टैंड बना लिए हैं।

    • सड़क के दोनों ओर ऑटो खड़े रहते हैं।
    • इससे यातायात बाधित होता है और कभी-कभी तो रास्ता पूरी तरह जाम हो जाता है।
    • लोगों को ऑफिस, स्कूल और अस्पताल पहुंचने में दिक्कत आती है।

    एक कॉलेज स्टूडेंट ने शिकायत करते हुए कहा:
    “सुबह-शाम ट्रैफिक इतना बढ़ जाता है कि कॉलेज पहुंचने में आधा घंटा ज्यादा लग जाता है। पुलिस और बीएमसी को रोजाना यह जाम दिखता है, लेकिन फिर भी कोई कदम नहीं उठाया जाता।”

    Kandivali-East-residents-are-worried-about-illegal-hawkers-when-will-action-be-taken-bmc-news

    शिकायतें हुईं लेकिन कार्रवाई नहीं

    स्थानीय नागरिकों ने इस समस्या को लेकर कई बार शिकायतें दर्ज कराई हैं।

    • सहायक आयुक्त, आर/दक्षिण वार्ड
    • डीएमसी संजय कुर्हाडे
    • सहायक आयुक्त मनीष सालवे

    को लिखित में शिकायत दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

    लोगों का आरोप है कि अधिकारी सिर्फ शिकायतें सुनते हैं, लेकिन कार्रवाई करने में बिल्कुल भी रुचि नहीं दिखाते।

    नागरिकों का आक्रोश – जिम्मेदार कौन?

    इलाके के लोगों का कहना है कि

    • जब तक अवैध फेरीवालों और ऑटो वालों पर कड़ी कार्रवाई नहीं होगी, तब तक समस्या बनी रहेगी।
    • बीएमसी और पुलिस दोनों की जिम्मेदारी है कि वे मिलकर इलाके को फेरीवालों और जाम से मुक्त कराएं।
    • लेकिन अधिकारियों का रवैया देखकर लगता है कि उन्हें जनता की परेशानी से कोई मतलब नहीं है।

    एक बुज़ुर्ग महिला ने कहा:
    “हमारे घर के सामने रोजाना फेरीवाले दुकान लगाते हैं। गली में चलना भी मुश्किल हो गया है। कई बार शिकायत की लेकिन कोई सुनवाई नहीं। आखिर हमें ही क्यों भुगतना पड़ रहा है?”

    खतरनाक हालात – कभी भी हो सकता है हादसा

    स्थानीय लोग डर के साए में जी रहे हैं।

    • जाम की वजह से एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड जैसी इमरजेंसी गाड़ियां भी फंस जाती हैं।
    • कहीं भी अनचाही दुर्घटना हो सकती है।
    • भीड़ और अव्यवस्था से महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा पर भी खतरा बढ़ गया है।

    वरिष्ठ निरीक्षक की जिम्मेदारी

    अब लोगों की नज़रें अतिक्रमण एवं निर्मूलन विभाग के वरिष्ठ निरीक्षक नंदकुमार आवारे पर टिकी हैं।
    लोग उम्मीद कर रहे हैं कि वे जल्द से जल्द कार्रवाई करेंगे और इलाके को अवैध फेरीवालों और ऑटो वालों से मुक्त कराएंगे।

    मुंबई के अन्य इलाकों की कहानी भी ऐसी ही

    गौर करने वाली बात यह है कि सिर्फ कांदिवली ही नहीं, बल्कि मुंबई के कई हिस्सों – दहिसर, बोरीवली, मलाड और अंधेरी – में भी यही समस्या देखी जाती है।
    जहां-जहां लोकल ट्रेन स्टेशन और कॉलेज हैं, वहां अवैध फेरीवालों का कब्जा आम बात है।

    इससे साफ है कि यह समस्या सिर्फ एक इलाके की नहीं, बल्कि पूरे मुंबई शहर की है।

    लोगों की मांग – कड़ी कार्रवाई हो

    स्थानीय नागरिकों की मांग है कि:

    1. अवैध फेरीवालों के खिलाफ तुरंत निर्मूलन अभियान चलाया जाए।
    2. ऑटो रिक्शा वालों को सिर्फ निर्धारित स्टैंड पर खड़ा करने का आदेश दिया जाए।
    3. गंदगी साफ करने के लिए बीएमसी की सफाई टीम को रोजाना तैनात किया जाए।
    4. इलाके में पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ाई जाए ताकि दोबारा अवैध कब्जा न हो।

    कांदिवली (पूर्व) का यह मुद्दा आज की मुंबई की असलियत बयान करता है।

    • अवैध फेरीवाले और ऑटो वाले
    • प्रशासन की लापरवाही
    • और आम जनता की परेशानी

    यह सिर्फ एक लोकल समस्या नहीं है, बल्कि एक ऐसा सवाल है जो हर मुंबईकर के दिल में है – “जनता की शिकायतें कब सुनी जाएंगी और कार्रवाई आखिर कब होगी?”

  • मुंबई में फर्जी पुलिस बनकर लोगों से ठगी करने वाले दो शातिर गिरफ्तार | नकली पुलिस आईडी और सोने की चेन बरामद

    मुंबई में फर्जी पुलिस बनकर लोगों से ठगी करने वाले दो शातिर गिरफ्तार | नकली पुलिस आईडी और सोने की चेन बरामद

    मुंबई पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो पुलिस बनकर लोगों से पैसे और गहने ठगते थे। आरोपियों के पास से नकली दिल्ली पुलिस का आईडी कार्ड और 2 लाख की सोने की चेन बरामद हुई। जानें पूरी डिटेल।

    मुंबई: कांदीवली पश्चिम के चारकोप इलाके में पुलिस ने ऐसे दो लोगों को पकड़ा है, जो खुद को पुलिसवाला बताकर लोगों से पैसे और गहने ऐंठते थे। दोनों आरोपियों की पहचान जाहिद जावेद अली जाफरी (42) और काबुल नौशाद अली (58) के तौर पर हुई है।

    पुलिस का जाल और गिरफ्तारी

    चारकोप पुलिस स्टेशन को खबर मिली थी कि इलाके में दो लोग पुलिस की वर्दी और नकली आईडी दिखाकर लोगों को बेवकूफ बना रहे हैं। इस सूचना पर पुलिस ने जाल बिछाया और दोनों को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।

    पकड़े गए आरोपियों के पास से पुलिस ने नकली दिल्ली पुलिस का आईडी कार्ड और करीब ₹2 लाख की सोने की चेन बरामद की है।

    कैसे करते थे ठगी?

    पुलिस जांच में सामने आया कि ये आरोपी पहले खुद को पुलिस बताते और लोगों को डराते थे। फिर झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर उनसे पैसे और गहने वसूलते थे।

    मुंबई और गुजरात में भी सक्रिय

    पूछताछ में आरोपियों ने कबूल किया कि उन्होंने मुंबई के कई इलाकों जैसे महिम, दादर, दहिसर, धारावी, सांताक्रुज़, अंधेरी, विले पार्ले, गोरेगांव और नेहरू नगर में इस तरह की ठगी की है। यही नहीं, वे गुजरात के सूरत और बर्दोली में भी सक्रिय थे।

    पहले से दर्ज हैं 25 मामले

    पुलिस के मुताबिक, इन दोनों आरोपियों पर पहले से ही 25 ठगी और चोरी के केस दर्ज हैं। ये एक संगठित गैंग का हिस्सा हैं, जो महाराष्ट्र और गुजरात में इसी तरह की वारदातों को अंजाम देता था।

    पुलिस की अपील

    मुंबई पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति के झांसे में न आएं और अगर कोई पुलिस बनकर पैसे मांगता है तो तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराएं।