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  • NEET Paper Leak: मोबाइल में मिला बड़ा सीक्रेट!

    NEET Paper Leak: मोबाइल में मिला बड़ा सीक्रेट!

    NEET Paper Leak मामले में CBI ने लातूर के RCC संचालक को गिरफ्तार किया। मोबाइल में पेपर मिलने से जांच में बड़ा खुलासा हुआ।

    मुंबई: देशभर में चर्चा का विषय बने NEET UG Examination Paper Leak मामले में अब महाराष्ट्र का लातूर भी जांच एजेंसियों के रडार पर आ गया है। केंद्रीय जांच एजेंसी Central Bureau of Investigation (CBI) ने लातूर के चर्चित ‘रेणुकाई करिअर सेंटर’ (RCC) के संचालक शिवराज रघुनाथ मोटेगावकर को गिरफ्तार किया है।

    CBI की शुरुआती जांच में सामने आया है कि लीक हुआ NEET पेपर सीधे उनके मोबाइल फोन में मिला था। इसी खुलासे के बाद पूरे शिक्षा जगत में हड़कंप मच गया है।

    NEET Paper Leak में कैसे हुआ बड़ा खुलासा?

    NEET Paper Leak

    CBI अधिकारियों के अनुसार, शिवराज मोटेगावकर को 17 मई 2026 की शाम पुणे से गिरफ्तार किया गया। जांच एजेंसी का दावा है कि आरोपी NEET पेपर लीक करने वाले संगठित नेटवर्क का सक्रिय हिस्सा था।

    जांच में जो बातें सामने आईं, वे बेहद गंभीर मानी जा रही हैं:

    • परीक्षा से पहले ही प्रश्न और उत्तर हासिल किए गए
    • 23 अप्रैल 2026 को पेपर आरोपी तक पहुंच चुका था
    • मोबाइल फोन में लीक प्रश्नों के डिजिटल सबूत मिले
    • परीक्षा के बाद डेटा डिलीट करने की कोशिश की गई
    • लाभार्थी छात्रों के नाम बताने से आरोपी ने कथित तौर पर बचने की कोशिश की

    मोबाइल फोन बना जांच का सबसे बड़ा सबूत

    CBI ने 14 मई को लातूर स्थित आरोपी के घर पर छापा मारा था। सूत्रों के मुताबिक मोबाइल फोन की फॉरेंसिक जांच में NEET UG परीक्षा के प्रश्न और संबंधित सामग्री बरामद हुई।

    जांच एजेंसियों का मानना है कि डिजिटल ट्रेल इस पूरे नेटवर्क की सबसे बड़ी कड़ी साबित हो सकती है। फिलहाल मोबाइल डेटा रिकवरी और चैट हिस्ट्री की जांच जारी है।

    कौन हैं शिवराज मोटेगावकर?

    शिवराज रघुनाथ मोटेगावकर लातूर के शिक्षा क्षेत्र में एक जाना-पहचाना नाम माने जाते हैं। वे Renukai Career Center (RCC) से जुड़े हुए थे।

    लातूर लंबे समय से मेडिकल और इंजीनियरिंग कोचिंग हब के रूप में जाना जाता है। ऐसे में इस मामले ने राज्य के कोचिंग सेक्टर पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।

    किन धाराओं में दर्ज हुआ मामला?

    CBI ने आरोपी पर कई गंभीर धाराओं के तहत केस दर्ज किया है, जिनमें शामिल हैं:

    • भारतीय न्याय संहिता (BNS)
    • भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (PC Act)
    • सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम 2024

    जांच एजेंसियों के अनुसार आरोपी पर:

    • धोखाधड़ी
    • आपराधिक साजिश
    • राष्ट्रीय परीक्षा में गड़बड़ी

    जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं।

    क्या छात्रों तक पहुंचा था लीक पेपर?

    CBI को शक है कि लीक प्रश्न कई छात्रों और अन्य लोगों तक पहुंचाए गए थे। हालांकि अब तक लाभार्थियों की आधिकारिक सूची सार्वजनिक नहीं की गई है।

    सूत्रों के अनुसार एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि:

    • कितने छात्रों तक पेपर पहुंचा
    • इसके बदले कितने पैसे लिए गए
    • क्या दूसरे राज्यों तक भी नेटवर्क फैला था

    Maharashtra Coaching Network भी जांच के दायरे में

    इस मामले के बाद महाराष्ट्र के कई निजी कोचिंग नेटवर्क भी जांच एजेंसियों की नजर में आ गए हैं। विशेष रूप से मेडिकल एंट्रेंस कोचिंग से जुड़े संस्थानों की गतिविधियों पर निगरानी बढ़ाई गई है।

    मुंबई और पुणे में भी कुछ डिजिटल कनेक्शन खंगाले जा रहे हैं।

    छात्रों और अभिभावकों में बढ़ी चिंता

    NEET देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षाओं में शामिल है। ऐसे में पेपर लीक की खबर ने लाखों छात्रों और अभिभावकों को चिंता में डाल दिया है।

    सोशल मीडिया पर कई लोग परीक्षा प्रणाली की सुरक्षा को लेकर सवाल उठा रहे हैं।


    FAQ Section

    Q1. NEET Paper Leak मामले में किसे गिरफ्तार किया गया?

    CBI ने लातूर के RCC संचालक शिवराज मोटेगावकर को गिरफ्तार किया है।

    Q2. जांच में सबसे बड़ा सबूत क्या मिला?

    आरोपी के मोबाइल फोन में कथित तौर पर लीक प्रश्नपत्र से जुड़े डिजिटल सबूत मिले।

    Q3. आरोपी को कहां से गिरफ्तार किया गया?

    उन्हें पुणे से गिरफ्तार किया गया।

    Q4. क्या छात्रों को भी पेपर पहुंचाया गया था?

    CBI को संदेह है कि पेपर कई छात्रों तक पहुंचाया गया था, जांच जारी है।

    Q5. इस मामले की जांच कौन कर रहा है?

    पूरे मामले की जांच CBI कर रही है।


    Conclusion

    NEET Paper Leak मामले में लातूर कनेक्शन सामने आने के बाद जांच अब और गंभीर हो गई है। मोबाइल फोन से मिले डिजिटल सबूतों ने जांच एजेंसियों को बड़ा आधार दिया है। आने वाले दिनों में इस नेटवर्क से जुड़े और नाम सामने आने की संभावना जताई जा रही है। फिलहाल देशभर के छात्र और अभिभावक इस मामले में निष्पक्ष कार्रवाई की उम्मीद कर रहे हैं।

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  • Petrol-Diesel Panic? कंपनियों ने कहा – कोई कमी नहीं, अफवाहों से बचें

    Petrol-Diesel Panic? कंपनियों ने कहा – कोई कमी नहीं, अफवाहों से बचें

    India में petrol diesel shortage की अफवाहों पर IOC, BPCL और HPCL का बड़ा बयान। Fuel supply पूरी तरह stable, panic buying से बचने की अपील। जानिए latest fuel price और पूरा अपडेट।

    नई दिल्ली: भारत में पेट्रोल और डीजल की कमी को लेकर चल रही अफवाहों के बीच सरकारी तेल कंपनियों ने बड़ा बयान जारी किया है।
    Indian Oil Corporation (IOC), Bharat Petroleum Corporation Limited और Hindustan Petroleum Corporation Limited ने साफ कहा है कि देश में fuel shortage जैसी कोई स्थिति नहीं है

    कंपनियों ने अफवाहों को बताया गलत

    IOC ने कहा कि सोशल मीडिया पर फैल रही खबरें “भ्रामक” हैं और इससे लोगों में बेवजह चिंता पैदा हो रही है।
    BPCL ने इन रिपोर्ट्स को “completely unfounded” बताया और कहा कि भारत के पास petrol, diesel, crude oil और ATF का पर्याप्त स्टॉक है।
    HPCL ने भी कहा कि petrol, diesel और LPG की सप्लाई पूरी तरह stable है।

    🌍 West Asia तनाव के बीच भी सप्लाई मजबूत

    यह बयान ऐसे समय आया है जब West Asia में युद्ध चौथे हफ्ते में है और Strait of Hormuz से गुजरने वाले oil tankers की आवाजाही सीमित हो गई है।
    इसके बावजूद भारत में fuel supply पर कोई असर नहीं पड़ा है।

    🚫 Panic Buying से बचने की अपील

    तेल कंपनियों ने लोगों से खास अपील की है कि वे panic buying न करें।
    कंपनियों के मुताबिक, ऐसी अफवाहें सप्लाई चेन को प्रभावित कर सकती हैं और अनावश्यक दबाव बना सकती हैं।

    💰 Fuel Prices में नहीं हुआ बड़ा बदलाव

    26 मार्च के हिसाब से:

    • दिल्ली: Petrol ₹94.77 / Diesel ₹87.67
    • मुंबई: Petrol ₹103.50 / Diesel ₹90.03

    Regular petrol और diesel की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है।

    हालांकि, पिछले हफ्ते premium petrol की कीमत करीब ₹2 प्रति लीटर और industrial diesel की कीमत ₹22 प्रति लीटर बढ़ाई गई थी।

    📊 Premium Fuel का असर बहुत कम

    कंपनियों के अनुसार premium petrol का इस्तेमाल कुल उपभोक्ताओं के 5% से भी कम लोग करते हैं, इसलिए इसका आम जनता पर ज्यादा असर नहीं पड़ता।

    🌐 Diversified Sourcing से मजबूत सप्लाई

    भारत 40 से ज्यादा देशों से crude oil खरीदता है, जिसमें Russia और Iran जैसे देश भी शामिल हैं।
    इसी diversified sourcing की वजह से supply stable बनी हुई है और कीमतों को नियंत्रित रखा जा सका है।

    🔗 सरकारी जानकारी और अपडेट


    FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)

    Q1. क्या भारत में पेट्रोल-डीजल की कमी है?
    नहीं, तेल कंपनियों ने साफ किया है कि कोई shortage नहीं है।

    Q2. क्या fuel prices बढ़ने वाले हैं?
    अभी regular petrol और diesel की कीमतें स्थिर हैं।

    Q3. Panic buying क्यों नहीं करनी चाहिए?
    इससे supply chain पर दबाव पड़ता है और artificial shortage बन सकता है।

    Q4. West Asia war का भारत पर असर पड़ेगा?
    अभी तक भारत की diversified sourcing के कारण कोई बड़ा असर नहीं पड़ा है।

  • Udaan Girl Prerna Sood: Chandigarh की छात्रा ने साइन की फिल्म ‘The Legend of Rajputana’

    Udaan Girl Prerna Sood: Chandigarh की छात्रा ने साइन की फिल्म ‘The Legend of Rajputana’

    Entertainment News: Chandigarh की Prerna Sood ने टीवी शो Udaan के बाद अब ‘The Legend of Rajputana’ फिल्म साइन की। कम उम्र में एक्टिंग करियर की शानदार शुरुआत, सोशल मीडिया पर चर्चा तेज।

    एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में एक नया नाम तेजी से उभर रहा है — Prerna Sood। चंडीगढ़ की यह युवा छात्रा इन दिनों सुर्खियों में है क्योंकि उसने हाल ही में अपनी नई फिल्म The Legend of Rajputana साइन की है।

    कम उम्र में ही इस उपलब्धि ने सोशल मीडिया पर हलचल मचा दी है और लोग इसे rising star of Indian entertainment बता रहे हैं।

    Chandigarh की 12वीं की छात्रा बनी चर्चा का केंद्र

    Prerna Sood फिलहाल Chandigarh में 12वीं की पढ़ाई कर रही हैं और जल्द ही 2 अप्रैल 2026 को 20 साल की उम्र पूरी करने वाली हैं

    किशोरावस्था से निकलकर अब वह अपने करियर के नए पड़ाव में कदम रखने जा रही हैं, जहां उनका फोकस पूरी तरह acting career पर है।

    स्कूल के Cultural Programs से मिला एक्टिंग का जुनून

    प्रेरणा को एक्टिंग का शौक बचपन से ही था।

    स्कूल के cultural programs और stage performances में हिस्सा लेते-लेते उन्हें एहसास हुआ कि उन्हें आगे चलकर actress ही बनना है

    उन्होंने तय कर लिया कि चाहे कितनी भी मुश्किल आए, वह acting field में ही आगे बढ़ेंगी

    “Udaan” से मिला पहला बड़ा मौका

    प्रेरणा के करियर में पहला बड़ा ब्रेक टीवी शो Udaan से मिला।

    हालांकि उनका रोल बड़ा नहीं था, लेकिन इतना जरूर था कि वह अपनी acting talent को साबित कर सकें

    अपने प्रदर्शन से उन्होंने इंडस्ट्री का ध्यान खींचा और यहीं से उनके करियर की असली उड़ान शुरू हुई।

    अब मिली फिल्म ‘The Legend of Rajputana’

    अब Prerna Sood को भोजपुरी फिल्म The Legend of Rajputana में काम करने का मौका मिला है।

    इस फिल्म में उनकी भूमिका दमदार और अहम बताई जा रही है, जो उनके करियर के लिए बड़ा turning point साबित हो सकती है।

    फिल्म के प्रोड्यूसर और बड़ा मौका

    इस फिल्म के निर्माता हैं Kanhaiya Lal Gupta।

    इतनी कम उम्र में इतनी बड़ी फिल्म मिलना अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है, जिसे लेकर इंडस्ट्री में भी चर्चा तेज हो गई है।

    मेहनत और टैलेंट से मिली पहचान

    प्रेरणा ने सिर्फ एक्टिंग सीखने पर ही नहीं, बल्कि talent hunting और opportunities पकड़ने पर भी बराबर ध्यान दिया

    उनकी यही मेहनत अब रंग लाई है और वह young actress success story बनकर सामने आई हैं।

    सोशल मीडिया पर वायरल हो रही कहानी

    इस खबर के सामने आने के बाद social media platforms पर Prerna Sood trend कर रही हैं

    लोग उनकी कहानी को inspiring journey बता रहे हैं और कई युवा इसे अपने career के लिए motivation के रूप में देख रहे हैं।

    Government Related Useful Links (Career & Arts)

    अगर आप भी acting या performing arts में career बनाना चाहते हैं, तो इन सरकारी प्लेटफॉर्म्स पर जानकारी ले सकते हैं:


    FAQ

    Q1: प्रेरणा सूद कौन हैं?

    प्रेरणा सूद एक Chandigarh की छात्रा और उभरती हुई actress हैं।

    Q2: उन्होंने कौन सी नई फिल्म साइन की है?

    उन्होंने ‘The Legend of Rajputana’ नाम की भोजपुरी फिल्म साइन की है।

    Q3: उन्हें पहला ब्रेक कहां मिला?

    उन्हें टीवी शो ‘Udaan’ में काम करने का मौका मिला था।

    Q4: उनकी उम्र कितनी है?

    वह 2 अप्रैल 2026 को 20 साल की हो जाएंगी

    Q5: यह खबर क्यों वायरल हो रही है?

    कम उम्र में बड़ी फिल्म मिलने और उनके inspiring journey की वजह से यह खबर वायरल हो रही है।

  • BFUHS Staff Nurse Recruitment 2026: 672 पदों पर भर्ती, ₹29,200 सैलरी — 2 अप्रैल तक करें ऑनलाइन आवेदन

    BFUHS Staff Nurse Recruitment 2026: 672 पदों पर भर्ती, ₹29,200 सैलरी — 2 अप्रैल तक करें ऑनलाइन आवेदन

    BFUHS Staff Nurse Vacancy 2026: Baba Farid University of Health Sciences, Faridkot ने 672 Staff Nurse पदों पर भर्ती निकाली है। सैलरी ₹29,200 से ₹92,300 तक। जानिए eligibility, age limit, selection process और apply online link।

    नई दिल्ली: सरकारी नौकरी की तलाश कर रहे Nursing Diploma (GNM) धारकों के लिए बड़ी खबर है। Baba Farid University of Health Sciences (BFUHS), Faridkot ने Department of Health and Family Welfare, Punjab के तहत Staff Nurse के 672 पदों पर भर्ती का नोटिफिकेशन जारी किया है।

    इस भर्ती के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 13 मार्च 2026 से शुरू हो चुकी है और 2 अप्रैल 2026 तक जारी रहेगी। इच्छुक उम्मीदवार आधिकारिक वेबसाइट के जरिए आवेदन कर सकते हैं।

    BFUHS Staff Nurse Recruitment 2026 के मुख्य Highlights

    यह भर्ती Punjab Government Health Department के लिए की जा रही है, जिसके तहत राज्य के सरकारी अस्पतालों में स्टाफ नर्स की नियुक्ति होगी।

    • Post Name: Staff Nurse
    • Total Vacancies: 672
    • Pay Level: Level 5
    • Salary Range: ₹29,200 – ₹92,300
    • Job Location: Government Hospitals in Punjab
    • Application Mode: Online
    • Last Date: 2 April 2026

    Category-wise Vacancy Details

    BFUHS द्वारा जारी नोटिफिकेशन के अनुसार 672 पद अलग-अलग श्रेणियों में बांटे गए हैं।

    CategoryMaleVacancies
    General (UR)113187
    OBC5674
    SC (Mazbi & Balmiki)2441
    SC (Ravidasia & Others)1327
    BC2441
    EWS2767
    ESM / LDESM2754
    Sports Quota1117
    Freedom Fighter47
    PwBD1627

    Total Vacancies:
    351 (Male) + 321 (Female) = 672 Posts

    BFUHS Staff Nurse 2026 के लिए Eligibility Criteria

    इस सरकारी भर्ती के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों को कुछ जरूरी योग्यता पूरी करनी होगी।

    Educational Qualification

    • उम्मीदवार Senior Secondary (10+2) पास होना चाहिए
    • Diploma in General Nursing and Midwifery (GNM) मान्यता प्राप्त संस्थान से होना चाहिए
    • Punjab Nursing Registration Council में रजिस्ट्रेशन होना जरूरी
    • Punjabi language proficiency जरूरी है

    उम्मीदवारों को या तो Matriculation में Punjabi subject पास होना चाहिए या भर्ती परीक्षा के साथ होने वाले Punjabi qualifying test में कम से कम 50% अंक लाने होंगे

    Age Limit (1 January 2026 के अनुसार)

    • Minimum Age: 18 Years
    • Maximum Age: 37 Years

    Age Relaxation

    • SC / BC: 5 साल
    • PwBD: 10 साल
    • Punjab Govt Employees: 45 साल तक
    • Widows / Divorcees: 40 साल तक

    BFUHS Staff Nurse Salary 2026

    BFUHS में Staff Nurse पद की सैलरी Punjab Health and Family Welfare Technical (Group C) Service Rules 2025 के तहत दी जाएगी।

    • Basic Pay: ₹29,200 प्रति माह
    • Pay Level: Level 5
    • Salary Range: ₹29,200 – ₹92,300

    Allowances

    • Dearness Allowance (DA)
    • House Rent Allowance (HRA)
    • Transport Allowance (TA)

    इन सभी को मिलाकर In-hand salary लगभग ₹38,000 से ₹48,000 प्रति माह तक हो सकती है।

    अन्य Benefits

    • NPS (National Pension System)
    • Medical reimbursement
    • Leave encashment
    • Punjab Govt employee benefits

    Selection Process और Exam Pattern

    BFUHS Staff Nurse भर्ती में चयन written test और experience marks के आधार पर होगा।

    Stage 1: Written Exam (90 Marks)

    • लिखित परीक्षा BFUHS Faridkot द्वारा आयोजित होगी
    • उम्मीदवारों को कम से कम 33% अंक लाने होंगे

    Stage 2: Punjabi Qualifying Test

    • Matric level Punjabi test अनिवार्य होगा
    • कम से कम 50% अंक जरूरी

    Stage 3: Experience Marks (10 Marks)

    • संबंधित काम के अनुभव के लिए अधिकतम 10 अंक दिए जाएंगे

    Stage 4: Document Verification

    • Original documents verification
    • Police verification
    • Medical fitness test

    Application Fees

    CategoryFee
    General / OBC / BC / EWS / PwBD₹2,360
    SC₹1,180

    Payment Mode: Online

    Important Dates

    EventDate
    Notification Release13 March 2026
    Online Application Start13 March 2026
    Last Date to Apply2 April 2026

    BFUHS Staff Nurse Recruitment 2026 Apply Online

    आवेदन करने से पहले ये डॉक्यूमेंट तैयार रखें:

    • 10+2 Certificate
    • GNM Diploma
    • Punjab Nursing Registration Certificate
    • Category Certificate (अगर लागू हो)
    • Passport size photo
    • Signature scan

    Apply करने के Steps

    1. आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं
    2. Recruitment Section में Staff Nurse Recruitment 2026 पर क्लिक करें
    3. Email ID और मोबाइल नंबर से Registration करें
    4. Personal details और qualification भरें
    5. Photo और signature upload करें
    6. Application fee online pay करें
    7. Form submit कर confirmation slip download करें

    Online Apply Link


    FAQ

    Q1: BFUHS Staff Nurse Recruitment 2026 में कितनी vacancies हैं?

    इस भर्ती में कुल 672 Staff Nurse पद हैं।

    Q2: BFUHS Staff Nurse की सैलरी कितनी है?

    Basic salary ₹29,200 से ₹92,300 के बीच है।

    Q3: आवेदन की अंतिम तारीख क्या है?

    2 अप्रैल 2026 आवेदन की अंतिम तारीख है।

    Q4: चयन प्रक्रिया क्या है?

    Selection written exam (90 marks) + experience marks (10 marks) के आधार पर होगा।

    Q5: क्या Punjabi language जरूरी है?

    हाँ, Punjabi language qualifying test में कम से कम 50% अंक जरूरी हैं

  • RERA का बड़ा आदेश: Omaxe को घर खरीदारों को देने होंगे ₹53.65 लाख, 3BHK पजेशन में 5 साल की देरी

    RERA का बड़ा आदेश: Omaxe को घर खरीदारों को देने होंगे ₹53.65 लाख, 3BHK पजेशन में 5 साल की देरी

    RERA Order Against OmaxeChandigarh Extension Developers को 3BHK फ्लैट की पजेशन में देरी के मामले में ₹53.65 लाख मुआवजा देने का आदेश। Mumbai के Andheri East के होमबायर्स को मिला बड़ा राहत।

    मुंबई: रियल एस्टेट सेक्टर में देरी से परेशान होमबायर्स के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। Punjab Real Estate Regulatory Authority (RERA) ने Omaxe Chandigarh Extension Developers को आदेश दिया है कि वह मुंबई के Andheri East में रहने वाले दो घर खरीदारों को करीब ₹53.65 लाख का मुआवजा (compensation) दे। यह फैसला New Chandigarh, Mohali में स्थित “The Lake Project” में 3BHK फ्लैट की पजेशन में पांच साल से ज्यादा की देरी के कारण सुनाया गया है।

    मुंबई के होमबायर्स ने RERA में दर्ज कराई थी शिकायत

    यह मामला Reena Thakur और Sujit Thakur, जो मुंबई के Andheri East के निवासी हैं, द्वारा दायर शिकायत के बाद सामने आया।

    दोनों ने Real Estate (Regulation and Development) Act, 2016 की Section 31 के तहत RERA में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ताओं की ओर से Advocate M Shahnawaz Khan ने पैरवी की, जबकि डेवलपर की ओर से Advocate Tejeshwar Singh अदालत में पेश हुए।

    2015 में बुक किया था 3BHK फ्लैट

    शिकायत के अनुसार, होमबायर्स ने 9 जुलाई 2015 को The Lake Project के Tower Caspean-B की 12वीं मंजिल पर एक 3BHK residential unit बुक किया था।

    इस फ्लैट की कुल कीमत ₹82,11,487 तय की गई थी।

    खरीदारों का कहना है कि उन्होंने कुल रकम का 90% से ज्यादा यानी ₹76,05,041 पहले ही डेवलपर को भुगतान कर दिया था।

    जनवरी 2019 तक मिलनी थी फ्लैट की पजेशन

    Buyer Agreement के अनुसार, डेवलपर को 42 महीने के भीतर यानी 8 जनवरी 2019 तक फ्लैट का पजेशन देना था

    लेकिन प्रोजेक्ट में लगातार देरी होती गई और पांच साल से ज्यादा समय बीत जाने के बावजूद भी घर खरीदारों को फ्लैट का कब्जा नहीं दिया गया

    RERA ने ₹53.65 लाख ब्याज के रूप में देने का आदेश दिया

    मामले की सुनवाई के बाद Punjab RERA ने Omaxe डेवलपर को निर्देश दिया कि वह खरीदारों को जमा की गई राशि पर Highest MCLR Rate + 2% के हिसाब से ब्याज दे।

    इस गणना के अनुसार कुल मुआवजा करीब ₹53,65,000 बनता है, जिसे डेवलपर को होमबायर्स को देना होगा।

    हर महीने बढ़ता रहेगा मुआवजा

    RERA के आदेश में यह भी कहा गया है कि जब तक डेवलपर Occupation Certificate (OC) या Completion Certificate (CC) लेकर फ्लैट का वैध पजेशन नहीं देता, तब तक मुआवजा बढ़ता रहेगा।

    आदेश के मुताबिक हर महीने करीब ₹62,383 की दर से compensation बढ़ता रहेगा

    Covid-19 को अनंत समय तक बहाना नहीं बना सकता डेवलपर

    RERA ने अपने आदेश में साफ कहा कि डेवलपर कोविड-19 महामारी को हमेशा के लिए देरी का कारण नहीं बता सकता

    अथॉरिटी ने कहा कि अगर प्रोजेक्ट में देरी हुई है तो उसके लिए डेवलपर जिम्मेदार होगा और उसे खरीदारों को उचित मुआवजा देना पड़ेगा।

    आदेश का पालन नहीं किया तो होगी सख्त कार्रवाई

    RERA ने चेतावनी दी है कि अगर डेवलपर इस आदेश का पालन नहीं करता है तो उसके खिलाफ RERA Act की Section 63 के तहत अलग से non-compliance proceedings शुरू की जा सकती हैं।

    इसका मतलब है कि कंपनी को भारी जुर्माना या कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है।


    FAQ (Frequently Asked Questions)

    1. RERA ने Omaxe को कितना मुआवजा देने का आदेश दिया है?

    RERA ने करीब ₹53.65 लाख मुआवजा देने का आदेश दिया है।

    2. यह मामला किस प्रोजेक्ट से जुड़ा है?

    यह मामला The Lake Project, New Chandigarh (Mohali) से जुड़ा है।

    3. शिकायत किसने दर्ज कराई थी?

    मुंबई के Andheri East के निवासी Reena Thakur और Sujit Thakur ने शिकायत दर्ज कराई थी।

    4. फ्लैट कब तक मिलना था?

    Agreement के अनुसार 8 जनवरी 2019 तक पजेशन मिलना था।

    5. हर महीने कितना अतिरिक्त मुआवजा बढ़ेगा?

    जब तक पजेशन नहीं मिलता, ₹62,383 प्रति माह मुआवजा बढ़ता रहेगा।

  • Mumbai Bomb Threat Case: Hoax Email भेजने वाला 28 साल का आरोपी गिरफ्तार

    Mumbai Bomb Threat Case: Hoax Email भेजने वाला 28 साल का आरोपी गिरफ्तार

    Mumbai में स्कूल, Stock Exchange और Metro Stations को Bomb Threat Email भेजने वाले 28 वर्षीय आरोपी को Gujarat Police ने गिरफ्तार किया। Dindoshi Police अब MaladGoregaon केस में उसकी कस्टडी लेने की तैयारी कर रही है।

    मुंबई: Bomb Threat Email Case को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। स्कूलों, Stock Exchange और Metro Stations को बम से उड़ाने की धमकी देने वाले एक 28 वर्षीय युवक को Gujarat Police ने गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल पुलिस यह जांच कर रही है कि इन धमकी भरे ईमेल्स के पीछे उसका असली मकसद क्या था। शुरुआती जांच में सामने आया है कि सभी धमकियां Hoax Bomb Threat यानी झूठी निकलीं।

    Mumbai-Bomb-Threat-Case-hoax-email-news

    Gujarat Police ने आरोपी को किया गिरफ्तार

    पुलिस के मुताबिक आरोपी को Ahmedabad की Cyber Police ने 1 मार्च को गिरफ्तार किया। जांच में पता चला कि उसने सिर्फ मुंबई ही नहीं बल्कि देश के कई शहरों में ईमेल भेजकर Bomb Blast Threat दी थी।

    इन शहरों में शामिल हैं:

    • Mumbai
    • Delhi
    • Punjab
    • Ahmedabad

    पुलिस का कहना है कि आरोपी ने अलग-अलग संस्थानों और सार्वजनिक जगहों को निशाना बनाते हुए धमकी भरे ईमेल भेजे थे।

    Mumbai के Malad-Goregaon इलाके में भेजे थे ईमेल

    मुंबई में यह मामला Dindoshi Police Station के अधिकार क्षेत्र में दर्ज हुआ था।

    पुलिस के अनुसार आरोपी ने 26 फरवरी को ईमेल भेजकर धमकी दी थी कि स्कूलों, Stock Exchange और Metro Stations पर बम धमाके होंगे।

    ये सभी संस्थान मुख्य रूप से Malad-Goregaon belt में आने वाले इलाकों से जुड़े बताए जा रहे हैं।

    सभी जगहों की हुई जांच, कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला

    ईमेल मिलने के बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां तुरंत अलर्ट हो गईं।

    पुलिस टीमों ने जिन जगहों को धमकी दी गई थी, वहां पूरी तरह से सर्च ऑपरेशन चलाया। हालांकि जांच के दौरान कहीं भी कोई विस्फोटक या संदिग्ध वस्तु नहीं मिली, जिससे साफ हो गया कि यह Hoax Bomb Threat था।

    Bhartiya Nyaya Sanhita के तहत दर्ज हुआ केस

    मुंबई पुलिस ने इस मामले में Bhartiya Nyaya Sanhita की धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।

    अब Dindoshi Police आरोपी को मुंबई लाकर पूछताछ करने के लिए उसकी कस्टडी लेने की तैयारी कर रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या यह सब Prank था या इसके पीछे कोई और बड़ा मकसद था।

    पुलिस कर रही है Motive की जांच

    फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि आरोपी ने देशभर में इस तरह के Bomb Threat Emails क्यों भेजे।

    पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि:

    • क्या यह सिर्फ मजाक (Prank) था
    • या फिर किसी को डराने की कोशिश
    • या इसके पीछे कोई Cyber Crime Network जुड़ा है

    जांच एजेंसियां आरोपी के ईमेल अकाउंट, डिजिटल डिवाइस और इंटरनेट गतिविधियों की भी जांच कर रही हैं।


    FAQ (People Also Ask)

    1. Mumbai Bomb Threat Case में आरोपी कौन है?

    इस मामले में 28 वर्षीय युवक को गुजरात पुलिस ने गिरफ्तार किया है।

    2. आरोपी को कब और कहां गिरफ्तार किया गया?

    उसे 1 मार्च को Ahmedabad Cyber Police ने गिरफ्तार किया।

    3. मुंबई में धमकी कब दी गई थी?

    मुंबई में 26 फरवरी को ईमेल के जरिए धमकी दी गई थी।

    4. किन जगहों को Bomb Threat मिला था?

    स्कूलों, Stock Exchange और Metro Stations को बम धमाके की धमकी दी गई थी।

    5. क्या धमकी सच थी?

    नहीं, पुलिस जांच में यह Hoax Bomb Threat यानी झूठी धमकी निकली।

  • Mumbai: अंधेरी से बांद्रा तक का किराया 90 हजार रुपये, ऑटोरिक्शा चालक ने ठग लिया

    Mumbai: अंधेरी से बांद्रा तक का किराया 90 हजार रुपये, ऑटोरिक्शा चालक ने ठग लिया

    बांद्रा पश्चिम के रहने वाले 30 वर्षीय हरियाणवी को एक ऑटोरिक्शा ड्राईवर ने अंधेरी से बांद्रा तक के सफर के बदले 90 हजार 518 रुपये का चुना लगा दिया। इसके पहले पीड़ित से ऑटो ड्राईवर की बहस भी हुई। Mumbai: Autorickshaw driver duped a man for Rs 90,000 fare from Andheri to Bandra

    मुंबई: बांद्रा पुलिस ने एक 30 वर्षीय व्यक्ति की शिकायत पर एफआईआर दर्ज की है, जिसके साथ 10 अप्रैल को अंधेरी से बांद्रा तक सफर के लिए ऑटोरिक्शा चालक ने 90, 518 रुपए ठग लिए। गलती ये हुई कि वह अपना चश्मा एक रेस्टोरेंट में भूल गया था, इसलिए फरियादी ने पैसा ट्रान्सफर करने के लिए अपना मोबाइल फोन ऑटो चालक को दे दिया। बांद्रा पश्चिम का रहने वाला हरियाणवी जब अंधेरी से बांद्रा पहुंचा तो ऑटो चालक के हिसाब से पैसा लेने से इनकार करते हुए जबरन 1500 रुपए मांगे। शिकायतकर्ता ने पहले तो बहस किया, लेकिन बाद में झगड़े से बचने के लिए आखिरकार वह पैसे देने के लिए तैयार हो गया। Mumbai: Autorickshaw driver duped a man for Rs 90,000 fare from Andheri to Bandra

    मोबाइल फोन और पासवर्ड दे दिया

    फरियाद को आंखों का प्रोब्लम है जिसके कारण उसने अपना मोबाइल फोन ऑटो चालक को दे दिया, ताकि वह गूगल पे के जरिए पेमेंट कर सके और पैसा ट्रान्सफर करने के लिए पासवर्ड भी दिया। बांद्रा पुलिस के अनुसार, ऑटो चालक ने स्थिति का फायदा उठाते हुए धोखे से मोहम्मद फुरकान शेख नामक व्यक्ति के खाते में 90 हजार 518 रुपए ट्रांसफर कर दिया। इसके बाद शेख ने पैसे तीन या चार बैंक खातों में ट्रांसफर किया और बाद में निकाल भी लिया। पुलिस को संदेह है कि मोहम्मद फुरकान शेख ही ऑटोरिक्शा चालक रहा होगा जिसके खाते में पैसे ट्रांसफर किए गए है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। Mumbai: Autorickshaw driver duped a man for Rs 90,000 fare from Andheri to Bandra

    रातभर चली पार्टी

    बांद्रा पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, रात करीब 12.30 बजे फरियादी अपने दोस्तों के साथ अंधेरी के एक रेस्टोरेंट में गया था। सुबह करीब 5.45 बजे उसने घर लौटने के लिए रेस्टोरेंट के बाहर से ऑटोरिक्शा लिया। अधिकारी ने कहा, “सफर के दौरान ऑटो चालक ने लंबा रास्ता लिया, जिसकी वजह से दोनों में बहस हुई। जब वो दोनों बांद्रा पहुंचे, तो ऑटो चालक ने मीटर से चार्ज करने के बदले 1500 रुपये मांगे। शिकायतकर्ता ने पहले 500 रुपये देने का फैसला किया, लेकिन चालक 1500 रुपये से कम लेनो को तैयार नही था लगातार बहस करने लगा।” Mumbai: Autorickshaw driver duped a man for Rs 90,000 fare from Andheri to Bandra

    नींद खुली तब पता चला

    अधिकारी ने कहा, “मामले को खत्म करने के लिए शिकायतकर्ता ने बड़ी रकम देने के लिए सहमत हो गया और अपना फोन चालक को दे दिया, जिसने बाद में ट्रांजेक्शन किया और मोबाइल फोन वापस कर दिया। इसके बाद वह घर जाकर सो गया। सुबह करीब 11 बजे जब वह उठा, तो उसने अपना फोन चेक किया, तो पता चला कि ऑटो चालक ने 90 हजार 518 रुपये ट्रांसफर कर दिए हैं।” Mumbai: Autorickshaw driver duped a man for Rs 90,000 fare from Andheri to Bandra

    बैंक में क्या हुआ?

    शिकायतकर्ता ने तुरंत अपने बैंक को सूचित किया और शिकायत दर्ज कराई। लेकिन बैंक ने जवाब दिया कि पैसे कई खातों में ट्रांसफर किए गए हैं और निकाल लिए गए हैं। घटना के बाद, हरियाणा निवासी काम के लिए चंडीगढ़ चला गया। गुरुवार, 22 मई को मुंबई लौटने पर, उसने बांद्रा पुलिस स्टेशन में एक एफआईआर दर्ज कराई। Mumbai: Autorickshaw driver duped a man for Rs 90,000 fare from Andheri to Bandra

    पुलिस ने क्या कहा?

    एक पुलिस अधिकारी ने कहा, “हमने पुष्टि की है कि शिकायतकर्ता के खाते से शेख को पैसे ट्रांसफर किए गए थे, जिन्होंने इसे कई खातों में ट्रांसफर कर दिया। हम विवरण प्राप्त करने के लिए बैंक के साथ काम कर रहे हैं और ऑटोरिक्शा का पता लगा रहे हैं। सड़कों पर लगे सीसीटीवी फुटेज की भी जांच की जा रही है। हम आरोपी तक पहुंचने के लिए साइबर टीम की मदद भी ले रहे हैं।” इस मामले के जांच अधिकारी बांद्रा पुलिस स्टेशन के पुलिस सब इंस्पेक्टर कपिल शिरसाट ने कहा, कि “हमने संदिग्ध ऑटो चालक मोहम्मद फुरकान शेख के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर लिया है। हम बहुत जल्द कार्रवाई करेंगे।” Mumbai: Autorickshaw driver duped a man for Rs 90,000 fare from Andheri to Bandra

  • वक्फ संशोधन विधेयक में क्या है सेक्शन 40, जिसे खत्म करने का किया ऐलान

    वक्फ संशोधन विधेयक में क्या है सेक्शन 40, जिसे खत्म करने का किया ऐलान

    लोकसभा में केंद्रीय मंत्री वक्फ एक्ट के सेक्शन 40 खत्म करने का ऐलान कर दिया है। वक्फ बोर्ड अधिनियम 40 के तहत वक्त बोर्ड को वक्फ संपत्तियों के फैसले का अधिकार दिया गया था। लेकिन अब इसे हटाने का प्रस्ताव किया गया है, जिससे बोर्ड की स्वतंत्रता पर सवाल उठ रहे हैं।

    Waqf Amendment Bill 2024: 2 अप्रैल को लोकसभा में पेश किए गए ‘वक्फ संशोधन बिल 2024’ में सबसे बड़ा बदलाव है सेक्शन 40 को खत्म करना। ये सेक्शन ही इस बोर्ड को किसी भी भूमि को वक्फ संपत्ति में बदलने की अनुमति देता था। अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू ने बुधवार को संसद में एक बहस के दौरान इसे वक्फ अधिनियम का सबसे कठोर प्रावधान बताया था। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    रिजिजू ने चर्चा के दौरान कहा कि, ‘अधिनियम में सबसे कठोर प्रावधान सेक्शव 40 है, जिसके तहत वक्फ बोर्ड किसी भी जमीन को वक्फ संपत्ति घोषित कर सकता था, लेकिन संशोधन के तहत हमने उस प्रावधान को हटा दिया है।” ऐसे में, दूसरी तरफ सवाल उठता है कि आखिर ये सेक्शन 40 है क्या? और इसे हटाने के बाद किस तरीके के बदलाव आ सकते हैं? (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    वक्फ कानून अधिनियम 40

    वक्फ कानून का अधिनियम 40 वक्फ संपत्तियों के बारे में फैसला करने से जुड़ा हुआ है। इसका मतलब है कि अगर किसी संपत्ति के बारे में यह सवाल उठता है कि क्या वह संपत्ति वक्फ है या नहीं ? तो वक्फ बोर्ड इस सवाल का फैसला खुद कर सकता था। इस फैसले को चुनौती देने का अधिकार किसी के भी पास नहीं था। अगर किसी को आपत्ति होती भी थी तो वह, वक्फ ट्रिब्यूनल में अपील कर सकता था। जिसपर फैसले का अधिकार भी वक्फ बोर्ड के ही पास था। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    इस सेक्शन के तहत, अगर वक्फ बोर्ड किसी संपत्ति को वक्फ संपत्ति मानता है, तो उसका यह फैसला अंतिम होता है। इसका मतलब है कि सरकार या कोई और संस्थान इस फैसले में हस्तक्षेप नहीं कर सकता। अगर किसी को बोर्ड के फैसले से आपत्ति होती, तो वह वक्फ ट्रिब्यूनल में अपील कर सकता था। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    यह सेक्शन वक्फ बोर्ड को एक तरह से स्वतंत्रता देता था कि वह बिना किसी बाहरी दबाव के यह तय कर सके कि कोई संपत्ति वक्फ बोर्ड की संपत्ति है या नही? साथ ही, अगर कोई अन्य ट्रस्ट या सोसाइटी की संपत्ति को वक्फ संपत्ति के रूप में पंजीकरण कराने की आवश्यकता होती, तो बोर्ड उसे ऐसा करने का निर्देश दे सकता था। अब, वक्फ संशोधन बिल में इस सेक्शन को हटाने के प्रस्ताव से वक्फ बोर्ड की ताकत और स्वतंत्रता पर सवाल उठने लगे हैं। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    सरकारी हस्तक्षेप नहीं

    सेक्शन 40 के तहत, बोर्ड के फैसले पर सरकार या किसी अन्य सरकारी संस्थान का कोई सीधा हस्तक्षेप नहीं होता था। इसका मतलब है कि वक्फ संपत्तियों के मामलों में बोर्ड का फैसला ही सर्वोपरि होता था। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    इस सेक्शन के तहत अगर कोई संपत्ति किसी अन्य ट्रस्ट या सोसाइटी के तहत पंजीकृत होती, लेकिन वक्फ बोर्ड को लगता कि वह संपत्ति वक्फ संपत्ति हो सकती है, तो बोर्ड उसकी जांच कर सकता था। अगर बोर्ड ने यह फैसला लिया कि वह संपत्ति वक्फ संपत्ति है, तो उस ट्रस्ट या सोसाइटी को उसे वक्फ एक्ट के तहत पंजीकरण करने के लिए कहा जाता था। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    सेक्शन 40 को लागू नहीं किया जाएगा

    वक्फ (संशोधन) बिल 2025 में इस सेक्शन को हटा दिया गया है। इस बदलाव को लेकर केंद्रीय मंत्री ने संसद में ऐलान किया कि सेक्शन 40 को अब लागू नहीं किया जाएगा। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    इस बदलाव के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसद कालन बैनर्जी ने संसद में कहा कि अगर सेक्शन 40 को हटा दिया गया, तो वक्फ बोर्ड महज एक ‘गुड़िया’ बनकर रह जाएगा, जिसकी कोई ताकत नहीं होगी। उनका कहना था कि अगर इस सेक्शन को हटा दिया जाता है, तो वक्फ बोर्ड को बनाए रखने का कोई मतलब नहीं है और इसकी शक्तियां सीधे तौर पर मंत्री को दे दी जानी चाहिए। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    केंद्र सरकार का तर्क

    केंद्र सरकार का कहना है कि इस बदलाव से वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन में पारदर्शिता और प्रभावशीलता आएगी। उनका मानना है कि अब वक्फ संपत्तियों के मामलों में कोई भ्रम नहीं होगा और यह प्रक्रिया ज्यादा सरल और सुचारू होगी। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

    वक्फ कानून मे संशोधन का असर

    विपक्ष का कहना है कि इस बदलाव से वक्फ बोर्ड की स्वायत्तता खत्म हो जाएगी और सरकार को वक्फ संपत्तियों के मामलों में ज्यादा नियंत्रण मिलेगा। वहीं, सरकार का कहना है कि यह बदलाव वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन को और बेहतर बनाएगा। अब यह देखना होगा कि इस बिल को लेकर आगे क्या कदम उठाए जाते हैं और इसका वक्फ बोर्ड पर क्या प्रभाव पड़ेगा। (What is section 40 in the Wakf Amendment Bill, which was announced to be abolished)

  • डंकी रूट से US गए भारतीयों को लोकेट करेगी मुंबई क्राइम ब्रांच

    डंकी रूट से US गए भारतीयों को लोकेट करेगी मुंबई क्राइम ब्रांच

    Mumbai Crime Branch : ज्यादातर गुजरात, पंजाब और हरियाणा राज्य के युवाओं को टार्गेट किया गया था। भारतीयों को अमेरिका का सपना दिखाकर उनसे 30 से 60 लाख रुपये तक लेते और फर्जी वीज़ा और डंकी रूट का इस्तेमाल करते .. (Mumbai Crime Branch will locate Indians who went to US via Donkey Route)

    Mumbai Crime Branch : अमेरिका जाने का सपना दिखाकर मोटी रकम लेकर डंकी रूट से भेजे गए करीबन 80 भारतीयों को लोकेट करेगी मुंबई क्राइम ब्रांच। इस बात की जानकारी लीगल चैनल के माध्यम से मुंबई पुलिस केंद्रीय एजेंसी और फिर उनके माध्यम से अमेरिकन अथॉरिटी से सांझा करेगी। पुलिस को मिली जानकारी के मुताबिक फर्जी वीज़ा के जरिए भारतीय युवाओं को अमेरिका भेजने के लिए डंकी रूट का इस्तेमाल किया जाता है। (Mumbai Crime Branch will locate Indians who went to US via Donkey Route)

    इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) से मिली जानकारी के आधार पर मुंबई क्राइम ब्रांच ने करवाई करते हुए अबतक 8 दलालों को गिरफ्तार किया है। जिन्होंने 3 साल में करीबन 80 युवाओं को कनाडा, तुर्की, पोलैंड और UAE में फर्जी वीजा का इस्तेमाल कर भेजा। सूत्रों ने बताया कि एजेंसियों को शक है कि आरोपियों ने उन देशों से (कनाडा, तुर्की, पोलैंड, UAE) भारतीय युवाओं को डंकी रूट का इस्तेमाल कर अमेरिका भेजा है। (Mumbai Crime Branch will locate Indians who went to US via Donkey Route)

    वीज़ा नही मिल पाने का कारण क्या है?

    क्राइम ब्रांच की जांच में पता चला कि ये युवा ज्यादातर गुजरात, पंजाब और हरियाणा राज्य से हैं। आरोपियों ने भारतीयों को अमेरिका का सपना दिखाकर उनसे 30 से 60 लाख रुपये लिए हैं। एक अधिकारी ने बताया कि कई ऐसे लोग होते हैं, जिन पर कोई न कोई केस या लीगल मामला होता है, जिसकी वजह से उन्हें वीजा नही मिलता। जांच में पता चला कि कनाडा भेजने के लिए ये एजेंट 50 लाख के करीब लेते थे। कनाडा का फर्जी वीजा बनाकर देते थे। इनका काम सिर्फ इतना होता था कि उन्हें एयरपोर्ट पर उतार दे। उसके बाद उन भारतीयों के साथ क्या होगा उससे कोई लेना देना नही। (Mumbai Crime Branch will locate Indians who went to US via Donkey Route)

    कनाडा से अमेरिका डंकी रूट का इस्तेमाल

    इसके बाद एक बार युवा कनाडा पहुंच गया तो फिर वहां से आगे उसे डंकी रूट का इस्तेमाल कर अमेरिका भेजा जाता है और कनाडा से अमेरिका डंकी रूट से जाने के लिए करीब 12 से 13 दिन लगते हैं। तुर्की भेजने के लिए एजेंट करीब 35 लाख रुपये लेते हैं। वहां से आगे अमेरिका उसे डंकी रूट से भेजा जाता है, जिसमें लगभग 10 दिनों तक का समय लगता है। (Mumbai Crime Branch will locate Indians who went to US via Donkey Route)

    UAE के लिये 25 लाख

    पोलैंड भेजने के लिए दलाल करीबन 40 लाख रुपये लेते हैं। वहां से आगे अमेरिका डंकी रूट से जाने में 20 से 25 दिनों का समय लगता है। वहीं UAE के वीज़ा के लिये एजेंट 25 लाख रुपये तक लेते हैं। वहां से भारतीयों को अमेरिका भेजने के लिए यूरोप और फिर मैक्सिको के रास्तों का इस्तेमाल करते हैं। एक अधिकारी ने बताया कि 80 भारतीयों में से 70 से 75 सीधे कनाडा भेजे गए हैं। (Mumbai Crime Branch will locate Indians who went to US via Donkey Route)

    कौन है मुख्य आरोपी?

    पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक इस केस का मुख्य आरोपी अजित पूरी और दूसरा आरोपी रोशन दुधवनकर है। इसमें रोशन के खिलाफ इसी तरह की मानव तस्करी करने के 12 मामले दर्ज हैं। क्राइम ब्रांच इस मामले में अब BNS की धारा 111 (ऑर्गनाइज्ड क्राइम) भी जोड़ने वाली है ताकि आरोपियों के खिलाफ केस और भी मजबूत बनाया जा सके। (Mumbai Crime Branch will locate Indians who went to US via Donkey Route)

    अबतक 344 भारतीय हुए वापस

    पिछले महीने भारत के लिए निर्वासन उड़ानें शुरू हुईं, जिसमें 104 अवैध अप्रवासियों का पहला जत्था, 5 फरवरी को अमेरिकी सैन्य विमान से अमृतसर में उतरा। 15 फरवरी की रात को उतरी दूसरी उड़ान में 116 अवैध अप्रवासी थे, और 16 फरवरी को उतरी तीसरी उड़ान में 112 लोग थे। 12 निर्वासितों का अंतिम जत्था 23 फरवरी को पनामा से आने वाली एक वाणिज्यिक तुर्की एयरलाइंस की उड़ान से पहुंचा। यह उड़ान दिल्ली में उतरी थी। (Mumbai Crime Branch will locate Indians who went to US via Donkey Route)

  • Mumbai : हथियार सप्लाई करने वाला आतंकी सदस्य गिरफ्तार

    Mumbai : हथियार सप्लाई करने वाला आतंकी सदस्य गिरफ्तार

    एनआईए ने आतंकी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल (BKI) का कथित सदस्य जतिंदर सिंह उर्फ ​​ज्योति को गिरफ्तार किया है। आतंकियों हथियार सप्लाई करने वाला जतिंदर खालिस्तानी आतंकी समूह का प्रमुख सदस्य है। (Mumbai Terrorist member supplying weapons arrested)

    विशेष संवाददाता
    मुंबई
    – राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने सोमवार को मुंबई के ट्रांबे इलाके से जतिंदर सिंह उर्फ ​​ज्योति को गिरफ्तारी किया है। एनआईए ने इसी के साथ पंजाब आतंकी साजिश के मामले में एक बड़ी सफलता हासिल की है। सिंह प्रतिबंधित आतंकी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल (BKI) का कथित सदस्य है और लखबीर सिंह उर्फ ​​लांडा और गैंगस्टर बचितर सिंह उर्फ ​​पवित्र बटाला के नेतृत्व वाले खालिस्तानी आतंकी समूह का प्रमुख सदस्य है। सिंह कई सालों से मध्य प्रदेश में हथियार खरीदकर पंजाब के लांडा और बटाला के गुर्गों को सप्लाई कर रहा था। जब उसे लगा कि एनआईए उसके पीछे पड़ी है, तो वह मध्य प्रदेश के अपने ठिकाने से भाग गया और पांच महीने तक मुंबई में छुपकर रह रहा था। (Mumbai Terrorist member supplying weapons arrested)

    कैसे हुई गिरफ्तारी?

    एनआईए ने सिंह को इस सूचना पर गिरफ्तार किया कि वह मुंबई के पूर्वी उपनगर ट्रॉम्बे में है, जहां वह जेसीबी क्रेन ऑपरेटर के तौर पर काम कर रहा है। एनआईए के एक अधिकारी के अनुसार, मूल रूप से पंजाब के गुरदासपुर जिले का रहने वाला सिंह जुलाई 2024 में मध्य प्रदेश के हथियार सप्लायर बलजीत सिंह उर्फ ​​राणा भाई की गिरफ्तारी के बाद से फरार हो गया था। एनआईए अधिकारियों ने बताया कि उसे व्यापक तकनीकी और जमीनी प्रयास के बाद पकड़ा गया है। (Mumbai Terrorist member supplying weapons arrested)

    इसे भी देखें: ईशा अंबानी रंग बदलने वाली लग्जरी कार के साथ नजर आई, कीमत और खासियत देख रह जाएंगे दंग

    हथियार तस्करी का आरोप ..

    सिंह पहले मध्य प्रदेश के इंदौर में रहता था। वहां भी, उसका छुपने का जरिया जेसीबी क्रेन ऑपरेटर की नौकरी थी, जबकि उसने बलजीत सिंह से हथियार खरीदे थे, जिसके खिलाफ हाल ही में ऐसे ही एक मामले में आरोप पत्र दाखिल किया गया है। एनआईए अधिकारी ने बताया कि सिंह ने एमपी से दस पिस्तौलें लाकर पंजाब के लांडा और बटाला के गुर्गों को दी थीं। उसने पंजाब में और भी हथियार तस्करी करने की योजना बनाई थी, लेकिन एनआईए द्वारा कई महीने पहले तलाशी अभियान शुरू करने के बाद उसकी योजना विफल हो गई। एनआईए के अनुसार, सिंह की गिरफ्तारी हथियारों, गोला-बारूद, विस्फोटकों आदि की तस्करी और भारती की धरती पर आतंकवादी गतिविधियों के लिए धन जुटाने को विफल करके आतंकी-गैंगस्टर गठजोड़ को खत्म करने के प्रयास में एक बड़ी उपलब्धि है। (Mumbai Terrorist member supplying weapons arrested)