Category: Crime News

  • विक्रोली पार्कसाइट में बीएमसी ने तीन खतरनाक इमारतें खाली कराईं

    विक्रोली पार्कसाइट में बीएमसी ने तीन खतरनाक इमारतें खाली कराईं

    बीएमसी ने विक्रोली पार्कसाइट के पुनर्विकास प्रोजेक्ट में तीन अतिधोकादायक इमारतें खाली कराईं। कुल 28 इमारतों के पुनर्निर्माण का काम शुरू।

    मुंबई: बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMc) ने विक्रोली पार्कसाइट क्षेत्र में चल रहे 28 इमारतों के बड़े पुनर्विकास प्रोजेक्ट के तहत मंगलवार (18 नवंबर 2025) तीन अतिधोकादायक (C-1 श्रेणी) इमारतों को खाली करा दिया। यह पहली बार है जब बीएमसी खुद पूरे प्रोजेक्ट का निर्माण कार्य संभाल रही है। पहले चरण में 9 इमारतों को खाली किया जाना था, जिनमें से 5 पहले ही खाली हो चुकी थीं।

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    🔹 प्रोजेक्ट का आकार: 28 इमारतें, दो चरणों में काम

    विक्रोली पार्कसाइट इलाके में सभी 28 इमारतें C-1 श्रेणी में आती हैं, जिन्हें नही रहने लायक खतरनाक घोषित किया गया है।

    • कुल प्रभावित इमारतें: 28
    • पहले चरण की इमारतें: 9
    • पहले से खाली की गईं: 5
    • मंगलवार खाली हुईं: 3
    • शेष के लिए कार्रवाई जल्द

    बीएमसी अधिकारी ने बताया कि खाली कराई गई इमारतों का निष्कासन (Demolition) जल्द शुरू किया जाएगा।

    🔹 बीएमसी अधिकारियों की मौजूदगी में कार्रवाई

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    कार्रवाई बीएमसी आयुक्त तथा प्रशासक भूषण गगराणी के निर्देश पर की गई।
    पूरी प्रक्रिया की निगरानी में शामिल अधिकारी:

    • अतिरिक्त आयुक्त (पूर्व उपनगर): डॉ. अमित सैनी
    • उपायुक्त (परिमंडल-6): संतोषकुमार धोंडे
    • सहायक आयुक्त (एन-वार्ड): डॉ. गजानन बेल्लाळे

    बीएमसी टीम ने मौके पर पहुंचकर पूरे परिसर को सुरक्षित तरीके से खाली कराया।

    🔹 67 परिवारों को मिला तात्कालिक आश्रय

    खाली कराई गई तीन इमारतों में कुल 67 भाड़ोत्री रह रहे थे।

    इन्हें भांडुप स्थित ओबेरॉय रियल्टी के PAP क्वार्टर्स में अस्थायी रूप से पुनर्वसित किया गया है।
    बीएमसी का कहना है कि किसी भी भाड़ोत्री को बेघर नहीं छोड़ा जाएगा।

    🔹 पुराने 280 sq ft के बदले मिलेगा 405 sq ft का नया घर

    पुनर्विकास पूरा होने पर भाड़ोत्रीओं को—

    पुराने 280 वर्ग फुट की जगह
    405 वर्ग फुट का नया घर

    विक्रोली पार्कसाइट में ही मालकी हक के साथ दिया जाएगा।

    यह बीएमसी के सबसे बड़े स्वनिर्मित पुनर्विकास प्रोजेक्ट्स में शामिल है।

    🔹 नए एस-3 विंग में 13 मंज़िलों तक निर्माण पूरा

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    पहले चरण में प्रस्तावित S-3 बिल्डिंग के:

    • कुल मंज़िलें: 23
    • पूरा हुआ निर्माण: 13 मंज़िलें

    बीएमसी का दावा है कि निर्माण कार्य तय समय सीमा में आगे बढ़ रहा है।


    ❓ FAQ SECTION

    Q1. विक्रोली पार्कसाइट में कितनी इमारतों का पुनर्विकास हो रहा है?

    बीएमसी कुल 28 इमारतों का पुनर्विकास कर रही है।

    Q2. मंगलवार को कितनी इमारतें खाली कराई गईं?

    मंगलवार को तीन अतिधोकादायक (C-1) इमारतों को खाली कराया गया।

    Q3. भाड़ोत्रीओं को अस्थायी घर कहाँ दिया गया है?

    उन्हें भांडुप के ओबेरॉय रियल्टी में पीएपी क्वार्टर्स में ठहराया गया है।

    Q4. पुनर्विकास के बाद उन्हें कितना बड़ा फ्लैट मिलेगा?

    पहले के 280 sq ft के बदले 405 sq ft का फ्लैट मिलेगा।

    Q5. निर्माण कार्य कितनी प्रगति पर है?

    S-3 इमारत में 23 में से 13 मंज़िलें बन चुकी हैं।

  • सीनियर सिटीजन को 30% टैक्स छूट का मैसेज फर्जी: BMC ने किया अलर्ट

    सीनियर सिटीजन को 30% टैक्स छूट का मैसेज फर्जी: BMC ने किया अलर्ट

    सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे “ज्येष्ठ नागरिकों को 30% प्रॉपर्टी टैक्स छूट” वाले संदेश को BMC ने फर्जी बताया। निगम ने अपील की—नागरिक वॉर्ड ऑफिस न पहुंचें।

    मुंबई: सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे उस संदेश को BMC ने पूरी तरह फर्जी करार दिया है, जिसमें दावा किया गया था कि महाराष्ट्र सरकार के हाउसिंग पॉलिसी 2025 के तहत वरिष्ठ नागरिकों को उनकी रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी पर 30% टैक्स छूट दी जा रही है। BMC ने साफ कहा है कि नगर निगम अधिनियम 1888 में ऐसी कोई भी प्रावधान नहीं है और वरिष्ठ नागरिक अनावश्यक रूप से वॉर्ड ऑफिसों में भीड़ न लगाएँ।

    सोशल मीडिया पर वायरल मैसेज से बढ़ी वॉर्ड ऑफिसों में भीड़

    पिछले कुछ दिनों से WhatsApp, Facebook और दूसरे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक संदेश बड़े पैमाने पर वायरल हो रहा था।
    उसमें लिखा था कि “ज्येष्ठ नागरिक को उनकी रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी पर 30% प्रॉपर्टी टैक्स छूट मिलेगी”।

    इस संदेश को सच मानकर कई वरिष्ठ नागरिक मुंबई के अलग–अलग BMC वॉर्ड ऑफिसों में जानकारी के लिए पहुंच रहे थे।
    प्रशासन को अचानक बढ़ी भीड़ से दिक्कतें भी हुईं।

    BMC ने दिया स्पष्ट बयान: यह मैसेज 100% फर्जी

    बीएमसी ने प्रेस नोट जारी कर कहा—

    • नगर निगम अधिनियम 1888 में वरिष्ठ नागरिकों के लिए 30% टैक्स छूट का कोई नियम नहीं है।
    • नागरिक ऐसे मैसेज पर विश्वास न करें।
    • किसी भी प्रकार की पूछताछ के लिए वॉर्ड ऑफिस न आएँ, ताकि उन्हें बेवजह परेशानी न झेलनी पड़े।

    प्रशासन ने इसे सोशल मीडिया अफवाह करार दिया है।

    कौन-सी छूट वास्तव में लागू है? BMC ने बताया

    BMC ने सही जानकारी साझा करते हुए कहा—

    ✔ 1. 500 sq ft से कम रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी पर टैक्स छूट

    1 जनवरी 2022 से मुंबई में 500 वर्ग फुट या उससे कम क्षेत्र वाली रेजिडेंशियल प्रॉपर्टीज को टैक्स में छूट दी गई है।

    ✔ 2. माजी सैनिक और शहीद परिवार को भी छूट

    • पूर्व सैनिक
    • उनकी विधवा
    • शहीद सैनिकों के अविवाहित परिवारजन
      इनकी एक प्रॉपर्टी को टैक्स में छूट मिलती है (शासन के टैक्स को छोड़कर)।

    ✔ वरिष्ठ नागरिकों के लिए कोई अलग से छूट नहीं

    बीएमसी ने दोहराया कि ज्येष्ठ नागरिकों के लिए 30% टैक्स छूट का संदेश पूरी तरह गलत है।


    FAQ सेक्शन

    1. क्या मुंबई में वरिष्ठ नागरिकों को प्रॉपर्टी टैक्स में 30% छूट मिलती है?

    नहीं, बीएमसी ने साफ कहा है कि ऐसा कोई नियम मौजूद नहीं है। वायरल मैसेज पूरी तरह फर्जी है।

    2. क्या इस फर्जी मैसेज के कारण बीएमसी कार्यालयों में भीड़ बढ़ी?

    हाँ, कई वरिष्ठ नागरिक वॉर्ड ऑफिस पहुंच गए थे, इसलिए बीएमसी ने स्पष्टीकरण जारी किया।

    3. वास्तव में मुंबई में किसे टैक्स छूट मिलती है?

    500 sq ft से कम क्षेत्र वाली रिहायशी प्रॉपर्टी को और पूर्व सैनिक/शहीद परिवार को छूट मिलती है।

    4. वरिष्ठ नागरिकों को कोई विशेष टैक्स छूट है?

    नहीं, वरिष्ठ नागरिकों के लिए अलग से कोई छूट लागू नहीं है।

    5. सही जानकारी कहाँ से लें?

    बीएमसी की आधिकारिक वेबसाइट, प्रेस नोट या वॉर्ड ऑफिस में अधिकृत अधिकारियों से।

  • मुंबई में CNG संकट: GAIL पाइपलाइन नुकसान से सप्लाई ठप

    मुंबई में CNG संकट: GAIL पाइपलाइन नुकसान से सप्लाई ठप

    GAIL की पाइपलाइन को नुकसान पहुंचने से मुंबई, ठाणे और नवी मुंबई में CNG सप्लाई बुरी तरह प्रभावित। MGL ने कहा—18 नवंबर दोपहर तक सप्लाई बहाल होने की उम्मीद।

    मुंबई: रविवार से शुरू हुआ CNG संकट अब पूरे शहर में असर दिखा रहा है। वडाला स्थित GAIL पाइपलाइन को हुए बड़े नुकसान की वजह से Mahanagar Gas Limited (MGL) का मुख्य City Gate Station बंद हो गया, जिससे कई CNG पंप बंद पड़ गए या बेहद कम प्रेशर पर चल रहे हैं। इससे ऑटो-रिक्शा, टैक्सी और कई बस सेवाएं ठप जैसी स्थिति में आ गईं। MGL ने बताया कि घरेलू PNG सप्लाई को प्राथमिकता दी जा रही है और 18 नवंबर दोपहर तक CNG सप्लाई सामान्य होने की संभावना है।

    CNG संकट क्यों हुआ? पाइपलाइन डैमेज ने पूरा सिस्टम बिगाड़ा

    मुंबई के वडाला में स्थित RCF प्लांट के पास GAIL की एक अहम पाइपलाइन को नुकसान पहुंच गया। यह पाइपलाइन सीधे MGL के Wadala CGS (City Gate Station) को गैस सप्लाई करती है।
    जैसे ही यह सप्लाई रुकी—

    • MGL का पूरा CNG नेटवर्क प्रभावित हुआ,
    • शहर के कई CNG स्टेशनों ने ऑपरेशन रोक दिया,
    • और पब्लिक ट्रांसपोर्ट लगभग आधा ठप हो गया।

    MGL के मुताबिक, कुल 389 CNG स्टेशनों में से सिर्फ 225 ही चालू रह पाए।

    घरों में PNG चालू, लेकिन ऑटो-टैक्सी को बड़ा झटका

    MGL ने साफ कहा है कि घरेलू PNG सप्लाई बंद नहीं होगी।
    इसलिए उद्योगों और बड़े कमर्शियल उपभोक्ताओं को वैकल्पिक ईंधन पर शिफ्ट होने की सलाह दी गई है।

    हालांकि, CNG पर चलने वाले हजारों ऑटो और टैक्सियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
    सुबह से ही कई पंपों पर लंबी लाइनें लगी थीं।

    गोरगांव (वेस्ट) के एक ऑटो ड्राइवर ने बताया—
    “मैं रोज अपने लिए दो–तीन दिन का गैस स्टॉक भरकर रखता हूं, इसलिए थोड़ा चल पा रहा हूं। बाकी ज्यादातर ड्राइवर्स लाइन में फंसे हैं या गाड़ी ही नहीं निकाली।”

    सबर्बन इलाकों में ऑटो लगभग गायब, BEST पर बढ़ा दबाव

    सोमवार सुबह मुंबई के कई इलाकों में स्थिति यह रही—

    • जोगेश्वरी, अंधेरी, मालाड, मुलुंड, ठाणे में ऑटो रिक्शा करीब आधे से भी कम दिखे।
    • नॉन-ओनर ड्राइवर, जो रोज गैस भरते हैं, उन्होंने गाड़ी चलाना बंद किया।
    • कुछ BEST बस रूटों पर भारी भीड़ देखी गई, खासकर BKC, गोरगाांव ईस्ट, और मालाड में।

    BEST पर संकट कम इसलिए आया क्योंकि बस बेड़े में इलेक्ट्रिक बसों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
    MGL संचालित CNG बसें 2026 तक पूरी तरह हटने वाली हैं।

    सप्लाई कब ठीक होगी? MGL ने दिया अपडेट

    MGL का कहना है कि—

    • पाइपलाइन नुकसान ठीक होते ही सप्लाई सामान्य हो जाएगी।
    • 18 नवंबर 2025 दोपहर तक नेटवर्क सामान्य होने की संभावना है।

    Axis Capital के एनालिस्ट आदित्य वेलेकर के मुताबिक,
    “इस घटना का MGL पर बड़ा आर्थिक असर नहीं पड़ेगा।”

    MGL की क्षमता: कितने स्टेशन हैं?

    Q2 FY26 के अनुसार—

    • कुल CNG स्टेशन: 485
    • इस तिमाही में जोड़े गए स्टेशन: 14
    • FY26 में जोड़ने का लक्ष्य: 80 स्टेशन

    FAQ

    1. मुंबई में CNG सप्लाई क्यों बंद हुई?

    वडाला में GAIL की एक मुख्य पाइपलाइन डैमेज होने से MGL का City Gate Station बंद हो गया, जिससे शहरभर में CNG सप्लाई प्रभावित हुई।

    2. सप्लाई कब बहाल होगी?

    MGL ने कहा है कि 18 नवंबर 2025 दोपहर तक सप्लाई सामान्य होने की उम्मीद है।

    3. घरेलू PNG पर कोई असर पड़ा है?

    नहीं, घरेलू PNG सप्लाई को प्राथमिकता दी गई है और यह बिना रुकावट जारी है।

    4. कौन-कौन से वाहन सबसे ज्यादा प्रभावित हुए?

    ऑटो-रिक्शा, टैक्सी और कुछ CNG बसें सबसे ज्यादा प्रभावित हुईं।

    5. क्या सभी CNG पंप बंद हैं?

    नहीं, MGL के कुल 389 में से 225 CNG पंप चालू रहे, लेकिन कई कम प्रेशर पर चल रहे हैं।

  • सलमान खान ने दिखाई जबरदस्त फ्लेक्सिबिलिटी, शेयर की मजेदार स्ट्रेचिंग फोटो

    सलमान खान ने दिखाई जबरदस्त फ्लेक्सिबिलिटी, शेयर की मजेदार स्ट्रेचिंग फोटो

    सलमान खान ने सोशल मीडिया पर अपनी नई स्ट्रेचिंग फोटो शेयर कर फैंस को चौंका दिया। द-बैंग टूर, फिटनेस रूटीन और उनकी आने वाली फिल्म बैटल ऑफ गलवान को लेकर फिर बढ़ी चर्चा।

    मुंबई: बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान ने एक बार फिर अपनी फिटनेस और फ्लेक्सिबिलिटी दिखाकर सोशल मीडिया पर धमाल मचा दिया। शुक्रवार को सलमान ने दबंग टूर, कतर के दौरान बैकस्टेज से एक मजेदार स्ट्रेचिंग फोटो शेयर की, जिसे देखकर फैंस उनकी फिटनेस पर एक बार फिर फिदा हो गए। फोटो में सलमान अपनी टांगों को स्ट्रेच करते दिख रहे हैं और कैप्शन में सिर्फ लिखा— “Aahhhhaaa”

    सोशल मीडिया पर फैंस का प्यार—‘हीरो’, ‘स्टे स्ट्रॉन्ग’ जैसी प्रतिक्रियाओं की बाढ़

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    फोटो शेयर होते ही इंस्टाग्राम पर कमेंट्स की लाइन लग गई।
    एक यूज़र ने लिखा—“Wow… hero!”
    दूसरे ने कमेंट किया—“Stay strong always.”

    सलमान की यह तस्वीर दबंग टूर में उनकी एनर्जी और फिजिकल फिटनेस को दर्शाती है, जो उम्र के इस पड़ाव पर भी फैंस को हैरान कर देती है।

    पहले भी शेयर की थीं शर्टलेस तस्वीरें, दिखाए थे सिक्स-पैक एब्स

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    कुछ दिन पहले सलमान खान ने अपनी वर्कआउट सेशन की शर्टलेस फोटो भी पोस्ट की थी।
    उन्होंने कैप्शन में लिखा था—
    “Kuch haasil karne ke liye kuch chhodna padta hai… yeh bina chhode hai.”

    इन तस्वीरों में सलमान अपनी सिक्स-पैक एब्स और रग्ड फिजीक फ्लॉन्ट करते नजर आए थे, जो सोशल मीडिया पर खूब ट्रेंड हुआ।

    फिल्मी मोर्चे पर—‘बैटल ऑफ गलवान’ में सेना के किरदार में नज़र आएंगे सलमान

    सलमान खान जल्द ही निर्देशक अपूर्व लखिया की फिल्म ‘Battle of Galwan’ में भारतीय सेना की वर्दी में दिखेंगे।
    फिल्म 2020 में भारत-चीन गलवान घाटी में हुई झड़प पर आधारित है, जिसमें 20 भारतीय सैनिक शहीद हुए थे।

    फिल्म में उनके साथ एक्ट्रेस चित्रांगदा सिंह नज़र आएंगी।
    शूटिंग और तैयारी को लेकर सलमान इन दिनों काफ़ी व्यस्त हैं।


    FAQ

    1. सलमान खान ने कौन सी नई फोटो शेयर की?

    द-बैंग टूर कतर से बैकस्टेज स्ट्रेचिंग करते हुए अपनी एक मजेदार तस्वीर।

    2. फैंस ने क्या प्रतिक्रिया दी?

    फैंस ने “Wow hero”, “Stay strong always” जैसे ढेरों कमेंट किए।

    3. सलमान की अगली फिल्म कौन सी है?

    अपूर्व लखिया की फिल्म बैटल ऑफ गलवान, जिसमें वे भारतीय सेना का किरदार निभाएंगे।

    4. क्या हाल ही में सलमान ने वर्कआउट फोटो भी शेयर की थी?

    हाँ, उन्होंने सिक्स-पैक एब्स वाली शर्टलेस वर्कआउट तस्वीरें भी शेयर की थीं।

  • गोरेगांव में ऑटो ड्राइवर का फोन उड़ाने वाले दो चोर गिरफ्तार

    गोरेगांव में ऑटो ड्राइवर का फोन उड़ाने वाले दो चोर गिरफ्तार

    मुंबई के गोरेगांव में ऑटो रिक्शा ड्राइवर का मोबाइल चोरी करने वाले दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया। आरोपी स्टीयरिंग पर बंधा फोन झटके में उड़ाकर फरार होते थे। दोनों पर पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।

    मुंबई: गोरेगांव इलाके में ऑटो रिक्शा ड्राइवर के स्टीयरिंग पर बंधा मोबाइल फोन चोरी करने वाले दो कुख्यात चोरों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपियों के नाम सोहेल खान और संदीप मोहिते बताए गए हैं, जो गोरेगांव लिंक रोड़ स्थित भगत सिंह नगर झोपड़पट्टी के रहने वाले हैं। आधी रात हुई चोरी की वारदात के बाद बांगुर नगर पुलिस की टीम ने कुछ ही घंटों में दोनों को पकड़ लिया।

    वारदात कैसे हुई: रात 12:30 बजे रिक्शा में बैठे ड्राइवर का फोन उड़ाया

    44 वर्षीय ऑटो ड्राइवर मनोज साव लिंक रोड पर यात्रियों का इंतज़ार कर रहे थे। उनका फोन स्टीयरिंग पर रबर बैंड से बंधा हुआ था ताकि वे नेविगेशन आसानी से देख सकें।
    इसी दौरान आरोपी वहां आए और झटके में मोबाइल (कीमत ₹6,000) उड़ाकर फरार हो गए। ड्राइवर ने तुरंत पुलिस स्टेशन जाकर शिकायत दर्ज कराई।

    जांच में खुलासा: दोनों आरोपी बेरोजगार, इलाके में कई चोरी की वारदातों में शामिल

    पुलिस की जांच में सबसे पहले सोहेल खान पकड़ा गया। उससे पूछताछ में संदीप मोहिते का नाम सामने आया।
    दोनों से कुल दो चोरी के मोबाइल फोन (कुल कीमत ₹11,000) बरामद हुए। पुलिस को शक है कि वे इसी तरह की कई चोरियों में शामिल रहे हैं।

    संदीप मोहिते का लंबा आपराधिक रिकॉर्ड

    संदीप मोहिते पर

    • 22 पुराने मामले दर्ज हैं
    • बांगुर नगर, गोरेगांव और कस्तूरबा मार्ग पुलिस स्टेशन में चोरी और गैरकानूनी गतिविधियों के केस
    • पहले भी DCP संदीप जाधव ने उसे शहर की सीमा में दाखिल होने से प्रतिबंधित किया था
      सोहेल खान पर भी 2 पुराने केस दर्ज हैं।

    पुलिस का कहना है कि दोनों चोरी को अपना “नियमित धंधा” बना चुके थे और रिक्शा ड्राइवरों के स्टीयरिंग पर लगे फोन उनकी खास टारगेट लिस्ट में थे।


    FAQ सेक्शन

    1. चोरी की घटना कब और कहां हुई थी?

    वारदात आधी रात करीब 12:30 बजे गोरेगांव लिंक रोड पर भगत सिंह नगर के पास हुई।

    2. गिरफ्तार आरोपी कौन हैं और कहां के रहने वाले हैं?

    सोहेल खान और संदीप मोहिते, दोनों भगत सिंह नगर झोपड़पट्टी इलाके के निवासी हैं।

    3. आरोपियों से क्या बरामद हुआ?

    पुलिस ने दोनों के पास से दो चोरी के मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी कीमत करीब ₹11,000 है।

    4. क्या आरोपियों का पहले से कोई आपराधिक रिकॉर्ड है?

    हाँ, संदीप मोहिते पर 22 पुराने केस और सोहेल खान पर 2 पुराने केस दर्ज हैं।

  • घोड़बंदर रोड पर ट्रैफिक बदलाव, 6 महीने चलेगी दिक्कत

    घोड़बंदर रोड पर ट्रैफिक बदलाव, 6 महीने चलेगी दिक्कत

    ठाणे–बोरीवली डबल टनल परियोजना के काम के चलते मुल्लाबाग इलाके में बड़े पैमाने पर ट्रैफिक बदलाव 11 मई 2026 तक लागू रहेंगे। घोड़बंदर रोड पर रोज बढ़ रही जाम की समस्या और बदली गई रूट डिटेल पढ़ें।

    मुंबई: ठाणे और बोरीवली के बीच डबल टनल प्रोजेक्ट के निर्माण के चलते ठाणे ट्रैफिक पुलिस ने मुल्लाबाग क्षेत्र में करीब छह महीने के लिए बड़े ट्रैफिक बदलाव लागू किए हैं। यह बदलाव 14 नवंबर से 11 मई 2026 तक रहेंगे। घोड़बंदर रोड पर पहले से ही भारी जाम की स्थिति है, और नए रूट बदलाव का असर हजारों यात्रियों पर पड़ने की संभावना है।

    घोड़बंदर रोड पर रोज़ाना जाम, यात्रियों का बुरा हाल

    ठाणे, भिवंडी और कल्याण से बोरिवली की ओर आने और जाने वाले यात्रियों को घोड़बंदर घाट रोड पर पहले से भारी ट्रैफिक का सामना करना पड़ता है। सड़क की खराब हालत और रोज-रोज की जाम से लोग परेशान हो चुके हैं। इसी बीच टनल प्रोजेक्ट के कारण ट्रैफिक स्थिति और चुनौतीपूर्ण होने वाली है।

    ठाणे–बोरीवली डबल टनल का काम तेज़, मशीनों की आवाजाही शुरू

    एमएमआरडीए द्वारा बनाए जा रहे इस प्रोजेक्ट का काम मुल्लाबाग, घोड़बंदर रोड की तरफ़ तेज़ी से जारी है। संजय गांधी नेशनल पार्क के नीचे से 11.8 किमी लंबा भारत का सबसे बड़ा और सबसे लंबा डबल टनल बनाया जा रहा है।
    यह टनल पूरा होने पर मौजूदा 60–90 मिनट का सफर घटकर सिर्फ 15 मिनट में पूरा होने का दावा किया गया है।

    6 महीने तक रहेगा ट्रैफिक बदलाव

    ठाणे ट्रैफिक पुलिस ने स्पष्ट किया है कि 14 नवंबर से 11 मई 2026 तक रूट बदले रहेंगे।
    मुल्लाबाग इलाके में टनल के निर्माण के लिए भारी वाहन, मशीनें और कंस्ट्रक्शन मटीरियल ले जाने वाले ट्रक लगातार आवाजाही करेंगे, इसलिए सड़क पर सामान्य वाहनों की मूवमेंट में बदलाव किया गया है।

    असली बदलाव क्या है?

    • हिलक्रेस्ट हाउसिंग सोसाइटी से नीलकंठ ग्रीन की तरफ जाने वाले वाहनों को रोक दिया गया है।
    • इस क्षेत्र में वाहनों का प्रवेश सत्या शंकर हाउसिंग सोसाइटी के पास बंद कर दिया गया है।
    • वाहन अब विपरीत दिशा वाली लेन से आवाजाही करेंगे, जिससे इस हिस्से में जाम बढ़ने की संभावना है।

    ट्रैफिक डीसीपी पंकज शिरसाट ने आधिकारिक आदेश जारी किया है।

    यात्रियों को अगले कई महीनों तक परेशानी का अनुमान

    चूंकि मुल्लाबाग रूट पहले से ही घोड़बंदर रोड की कंजेशन का विकल्प माना जाता रहा है, इसलिए यहां ट्रैफिक बदले जाने से दिक्कतें और बढ़ सकती हैं।
    पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे वैकल्पिक मार्ग का उपयोग करें और यात्रा समय बढ़ाकर चलें।


    FAQ सेक्शन

    1. ट्रैफिक बदलाव कितने समय तक लागू रहेंगे?

    14 नवंबर 2024 से 11 मई 2026 तक, यानी लगभग छह महीने से भी ज़्यादा।

    2. ट्रैफिक बदलाव किस वजह से किया गया है?

    ठाणे–बोरीवली डबल टनल प्रोजेक्ट के निर्माण, मशीनरी और भारी वाहनों की आवाजाही के कारण।

    3. कौन-सा रूट बंद किया गया है?

    हिलक्रेस्ट सोसायटी से नीलकंठ ग्रीन की ओर जाने वाला मार्ग बंद किया गया है।

    4. यात्रा पर इसका क्या असर पड़ेगा?

    विपरीत लेन से आवाजाही होने के कारण जाम बढ़ेगा और यात्रा समय ज्यादा लगेगा।

    5. टनल बनने के बाद क्या फायदा होगा?

    ठाणे से बोरीवली का 1 घंटे से अधिक का सफर सिर्फ 15 मिनट में पूरा होगा।

  • बोरीवली स्टेशन पर दो फूड स्टॉल बंद

    बोरीवली स्टेशन पर दो फूड स्टॉल बंद

    वेस्टर्न रेलवे ने बोरीवली स्टेशन पर खराब सफाई और घटिया गुणवत्ता के कारण दो फूड स्टॉल सील कर दिए। अचानक की गई जांच में खानपान की स्थिति असंतोषजनक पाई गई। जानें पूरा मामला।

    मुंबई: वेस्टर्न रेलवे ने गुरुवार को बोरीवली स्टेशन पर अचानक जांच के दौरान खराब सफाई और असंतोषजनक खाद्य गुणवत्ता पाए जाने पर दो फूड स्टॉल पर कार्रवाई की। प्लेटफॉर्म 4/5 और 6/7 पर चल रहे इन स्टॉल्स को तुरंत बंद करने का आदेश दिया गया है। यह कार्रवाई मुंबई के पूरे सबअर्बन नेटवर्क में चल रही खाद्य सुरक्षा चेकिंग ड्राइव का हिस्सा है।

    अचानक जांच में मिली गंदगी, स्टॉल तुरंत सील

    वेस्टर्न रेलवे की टीम ने नियमित निरीक्षण के दौरान बोरीवली स्टेशन पर दो फूड स्टॉल्स—M/s Choleshchand Tea Stall (प्लेटफॉर्म 4/5) और Dilip Dilhoud Stall (प्लेटफॉर्म 6/7)—में गंदगी, खराब सफाई और घटिया भोजन की गुणवत्ता पाई।
    निरीक्षण रिपोर्ट “अनसैटिस्फैक्टरी” आने के बाद दोनों स्टॉल्स को तुरंत बंद करने का आदेश जारी कर दिया गया।

    Borivali-railway-station

    मुंबई लोकल नेटवर्क में जारी है सफाई ड्राइव

    अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई किसी एक दिन का मामला नहीं है, बल्कि मुंबई के पूरे लोकल रेल नेटवर्क में चल रहे फूड सेफ्टी ड्राइव का हिस्सा है।
    बोरीवली जैसे हाई-फुटफॉल स्टेशनों पर रोज़ाना लाखों यात्री आते हैं, ऐसे में रेलवे यह सुनिश्चित कर रहा है कि खाने-पीने की दुकानों में सफाई और गुणवत्ता से कोई समझौता न हो।

    यात्रियों की शिकायतें बनी वजह

    रेलवे सूत्रों के मुताबिक, यात्रियों की ओर से कई बार स्टेशनों के स्टॉल्स पर महीन सफाई, बदबूदार तेल, बेस्वाद चाय-कॉफी, और खराब पैक्ड आइटम्स की शिकायतें मिलती रही हैं।
    दैनिक चेकिंग से न सिर्फ़ दुकानदारों की जवाबदेही तय होती है, बल्कि यात्रियों को भी बेहतर सुविधाएँ मिलती हैं।

    स्टॉल्स को दोबारा खोलने से पहले कड़ी जांच होगी

    अधिकारियों ने बताया कि दोनों स्टॉल्स को तभी दोबारा चालू करने की अनुमति दी जाएगी, जब वे रेलवे के सभी तय सेफ्टी और हाइजीन मानकों को पूरा करेंगे।
    रेलवे उनकी कंप्लायंस रिपोर्ट की समीक्षा करने के बाद ही आगे निर्णय लेगा।


    FAQ सेक्शन

    1. बोरीवली स्टेशन पर किन फूड स्टॉल्स को बंद किया गया?

    दो स्टॉल्स—M/s Choleshchand Tea Stall (प्लेटफॉर्म 4/5) और Dilip Dilhoud Stall (प्लेटफॉर्म 6/7)—को बंद किया गया है।

    2. रेलवे ने कार्रवाई क्यों की?

    अचानक जांच में दोनों स्टॉल्स पर खराब सफाई, गंदगी और असंतोषजनक भोजन गुणवत्ता पाई गई।

    3. क्या यह एक नियमित ड्राइव का हिस्सा है?

    जी हाँ, मुंबई के सभी स्टेशनों पर रेलवे द्वारा चलाए जा रहे फूड सेफ्टी ड्राइव के तहत यह कार्रवाई की गई।

    4. स्टॉल कब दोबारा खुलेंगे?

    जब तक वे रेलवे की सभी हाइजीन और गुणवत्ता मानकों का पालन नहीं कर लेते, उन्हें संचालन की अनुमति नहीं मिलेगी।

    5. क्या यात्रियों से शिकायतें मिली थीं?

    हां, यात्रियों ने पहले भी कई बार खराब क्वालिटी और गंदगी की शिकायतें की थीं। यह कार्रवाई उसी दिशा में उठाया गया कदम है।

  • मुंबई में 100 से ज़्यादा चोरी करने वाला कुख्यात चोर गिरफ्तार

    मुंबई में 100 से ज़्यादा चोरी करने वाला कुख्यात चोर गिरफ्तार

    मुंबई पुलिस ने 100 से ज़्यादा दुकानों में सेंधमारी करने वाले कुख्यात चोर मोनू उर्फ़ आज़न खान को गिरफ्तार किया। मेडिकल स्टोर, हार्डवेयर व मिठाई दुकानों को निशाना बनाने वाला यह आरोपी सिर्फ़ कैश चुराता था। पढ़ें पूरी खबर।

    मुंबई लंबे समय से फरार चल रहे 38 वर्षीय अजान खान उर्फ़ मोनू को मुंबई पुलिस ने गिरफ्तार किया है, जो शहर में 100 से ज़्यादा दुकानों में सेंधमारी कर चुका है। यह आरोपी सिर्फ़ नकदी चुराता था और चोरी के तुरंत बाद ड्रग्स और फिज़ूलखर्ची में पैसे उड़ा देता था। पुलिस की 10 दिन की निगरानी के बाद उसे मलवानी इलाके से रंगे हाथों पकड़ा गया।

    मोनू का अनोखा चोरी करने का तरीका

    पुलिस के मुताबिक, मोनू की चोरी करने की शैली बाकी चोरों से अलग थी।
    वह सिर्फ़ उन दुकानों को निशाना बनाता था जहां नकदी मिलने की संभावना अधिक हो—जैसे मेडिकल स्टोर, हार्डवेयर शॉप, मिठाई की दुकानें, किराना स्टोर व छोटी दुकानें
    खास बात यह थी कि वह ज्वेलरी, मोबाइल फोन या कोई कीमती सामान नहीं चुराता था
    चोरी में हाथ लगते ही वह पूरा पैसा ड्रग्स और पार्टी में खर्च कर देता था और फिर दो दिन तक गायब रहता था।

    कई इलाकों की पुलिस कर रही थी तलाश

    मोनू मलवानी क्षेत्र में रहता था, लेकिन परिवार के साथ नहीं रहता था।
    मुंबई के कांदिवली, मालाड और बांगुर नगर में उसने कई चोरी की वारदातें की थीं।
    कई पुलिस टीमें एक साल से उसकी तलाश में थीं, लेकिन वह हर बार बच निकलता था।

    10 दिन तक पुलिस ने की लगातार निगरानी

    DCP संदीप जाधव और ACP नीता पाडवी के मार्गदर्शन में
    सीनियर इंस्पेक्टर करण सोनकवडे,
    असिस्टेंट इंस्पेक्टर हेमंत गीते
    और सब-इंस्पेक्टर नितिन साटम की टीम ने आरोपी पर करीब 10 दिन तक लगातार नज़र रखी।

    CCTV फुटेज में सामने आया कि वह हर रात लगभग 2.30 बजे मार्वे रोड, स्थित मालवनी कब्रिस्तान के पास वाले सिग्नल से गुजरता है
    पुलिस टीम उसकी रूटीन मूवमेंट का पीछा करते हुए शनिवार की रात उसे पकड़ने में सफल रही।

    रंगे हाथों गिरफ्तार, चोरी की बाइक भी बरामद

    शनिवार देर रात पुलिस ने उसे एक दुकान का शटर उठाते समय रंगे हाथों पकड़ लिया।
    जांच में पता चला कि जिस बाइक से वह घूमता था वह भी मटुंगा इलाके से चोरी की गई थी
    अदालत ने उसे पुलिस हिरासत में भेज दिया है और चोरी की रकम व सामान की बरामदगी की कोशिशें जारी हैं।

    कई मामलों का खुलासा

    कांदिवली पुलिस के मुताबिक, मोनू की गिरफ्तारी के बाद अब तक
    10 चोरी के मामले सुलझाए जा चुके हैं,
    जिनमें छह मामले कांदिवली के, जबकि बाकी मालाड और बांगुर नगर के हैं।
    पुलिस का मानना है कि जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, और भी मामले खुल सकते हैं।


    FAQ सेक्शन

    1. मोनू कौन है और उसे क्यों गिरफ्तार किया गया?

    मोनू उर्फ़ आज़न खान पर मुंबई में 100 से ज़्यादा दुकानों में चोरी करने का आरोप है। पुलिस ने उसे मलवानी इलाके से रंगे हाथों पकड़ा।

    2. वह किस तरह की दुकानों को निशाना बनाता था?

    वह सिर्फ़ मेडिकल स्टोर, हार्डवेयर दुकानें, मिठाई और किराना दुकानों में सेंध लगाता था और सिर्फ़ नकदी चुराता था।

    3. पुलिस ने उसे कैसे पकड़ा?

    करीब 10 दिन की निगरानी और CCTV फुटेज की मदद से उसकी हर रात की मूवमेंट ट्रैक की गई। अंत में उसे शटर उठाते हुए रंगे हाथों दबोच लिया गया।

    4. क्या चोरी का सामान बरामद हुआ है?

    पुलिस ने उसकी चोरी की बाइक बरामद की है, और बाकी चोरी की रकम व सामान की तलाश जारी है।

    5. आरोपी पर अब तक कितने केस दर्ज हैं?

    कांदिवली पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के साथ 10 चोरी के केस सुलझा लिए हैं, और संख्या बढ़ सकती है।

  • मुंबई NDPS केस: 115 किलो गांजा रखने वाले दो आरोपियों को 15 साल की सजा, दो सप्लायर बरी

    मुंबई NDPS केस: 115 किलो गांजा रखने वाले दो आरोपियों को 15 साल की सजा, दो सप्लायर बरी

    मुंबई की विशेष एनडीपीएस अदालत ने 115 किलो गांजा रखने के मामले में दो आरोपियों को 15 साल की कठोर कैद की सजा सुनाई। गांजे की कीमत ₹28.75 लाख बताई गई। दो सप्लायरों को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया।

    मुंबई: एक विशेष एनडीपीएस (NDPS) अदालत ने 115 किलो गांजा रखने के मामले में दो आरोपियों को 15 साल की कठोर कैद और जुर्माने की सजा सुनाई है। जब्त गांजे की कीमत करीब ₹28.75 लाख बताई गई है।
    दोषी पाए गए आरोपियों के नाम इस्माइल शेख (पवई) और इमरान अंसारी (मुम्ब्रा) हैं, जिन्हें पुलिस ने जनवरी 2022 में घाटकोपर बस डिपो के पास से गिरफ्तार किया था।
    अदालत ने दो अन्य आरोपियों को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया है।

    🚨 पुलिस को मिली थी गांजा डिलीवरी की गुप्त जानकारी

    कांदिवली यूनिट की एंटी-नारकोटिक्स सेल (ANC) को 23 जनवरी 2022 को सूचना मिली कि दो व्यक्ति घाटकोपर बस डिपो के पास गांजा बेचने पहुंचने वाले हैं।
    सूत्रों ने वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर और आरोपियों का पूरा विवरण भी दिया था। इसके बाद पुलिस ने मौके पर जाल बिछाया।

    🚗 घाटकोपर बस स्टॉप पर कार से मिली 115 किलो गांजा

    पुलिस ने होंडा एकॉर्ड कार को रोका और तलाशी में 115 किलो गांजा बरामद किया।
    पकड़े गए आरोपियों इस्माइल शेख और इमरान अंसारी को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
    पुलिस के अनुसार, बरामद माल की बाजार कीमत लगभग ₹28.75 लाख है।

    🔬 फॉरेंसिक जांच में गांजा की पुष्टि

    बरामद किए गए पदार्थ का नमूना फॉरेंसिक लैब भेजा गया, जहां रिपोर्ट में पुष्टि हुई कि यह पदार्थ गांजा (कैनाबिस) ही था।
    पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि यह खेप अल्ताफ शेख (अंधेरी निवासी) ने सप्लाई की थी।

    ⚖️ दो सप्लायरों को सबूतों के अभाव में मिली राहत

    पुलिस ने अल्ताफ शेख और चक्रपाणि गौड़ा (ओडिशा निवासी) को अक्टूबर 2022 में गुजरात से गिरफ्तार किया था।
    हालांकि, अदालत में अभियोजन पक्ष उनके खिलाफ ठोस सबूत पेश नहीं कर सका।
    नतीजतन, विशेष एनडीपीएस अदालत ने दोनों को बरी कर दिया।

    👨‍⚖️ कोर्ट ने कहा – “समाज में नशे के कारोबार पर कड़ी सजा जरूरी”

    अदालत ने अपने आदेश में कहा कि नशे के व्यापार में लिप्त अपराधियों को सख्त सजा देना समाज और युवाओं के भविष्य के लिए आवश्यक है।
    इस्माइल शेख और इमरान अंसारी को अदालत ने 15 साल की कठोर कैद की सजा सुनाई है।

    📊 केस से जुड़ी अहम जानकारी:

    • 📍 स्थान: घाटकोपर, मुंबई
    • 📅 गिरफ्तारी की तारीख: 23 जनवरी 2022
    • ⚖️ कोर्ट: विशेष एनडीपीएस कोर्ट, मुंबई
    • 🚓 जब्त गांजा: 115 किलो
    • 💰 कीमत: ₹28.75 लाख
    • 👨‍⚖️ सजा: 15 साल की कैद (2 आरोपी)
    • 🙅‍♂️ बरी: 2 सप्लायर

    FAQ सेक्शन

    Q1. एनडीपीएस केस में कौन-कौन दोषी पाए गए?
    👉 इस्माइल शेख (पवई) और इमरान अंसारी (मुम्ब्रा) को दोषी करार दिया गया है।
    Q2. पुलिस ने कितनी मात्रा में गांजा जब्त किया था?
    👉 कुल 115 किलो गांजा, जिसकी कीमत लगभग ₹28.75 लाख बताई गई।
    Q3. सप्लायरों का क्या हुआ?
    👉 अल्ताफ शेख और ओडिशा के चक्रपाणि गौड़ा सबूतों के अभाव में बरी कर दिए गए।
    Q4. गिरफ्तारी कब हुई थी?
    👉 23 जनवरी 2022 को घाटकोपर बस डिपो के पास से दोनों आरोपी गिरफ्तार किए गए थे।
    Q5. अदालत ने क्या सजा सुनाई?
    👉 दोनों दोषियों को 15 साल की कठोर कैद और जुर्माने की सजा दी गई है।

  • मालाड में विकास कार्य बना सिरदर्द, लोगों की बढ़ी मुश्किलें

    मालाड में विकास कार्य बना सिरदर्द, लोगों की बढ़ी मुश्किलें

    मालाड में चल रहे बीएमसी के विकास प्रोजेक्ट से लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। पुल, सड़क चौड़ीकरण और निर्माण कार्यों से ट्रैफिक जाम और धूल-मिट्टी से नागरिकों का जीना मुश्किल हुआ। करोड़ों के प्रोजेक्ट के बावजूद सुविधाओं की जगह बढ़ी दिक्कतें।

    मुंबई: मालाड इलाके में चल रही कई विकास परियोजनाएं अब स्थानीय लोगों के लिए परेशानी का कारण बन चुकी हैं। सड़कों की खुदाई, अधूरे पुल और धूल-मिट्टी के बीच नागरिकों का रोजमर्रा का जीवन कठिन हो गया है। बीएमसी ने यातायात सुधारने और कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए 2,200 करोड़ रुपए के टेंडर जारी किए हैं, लेकिन काम की धीमी रफ्तार और खराब प्लानिंग से जनता नाराज़ है।

    🏗️ एक साथ कई प्रोजेक्ट, जनता बेहाल

    मालाड पश्चिम में इस समय कई बड़े इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट चल रहे हैं — जिनमें नए पुलों का निर्माण, सड़क चौड़ीकरण, और पुराने ब्रिज का पुनर्निर्माण शामिल है।
    बीएमसी का दावा है कि ये काम मुंबई के पश्चिमी उपनगरों की ट्रैफिक समस्या को कम करेंगे, लेकिन फिलहाल इसका उल्टा असर दिख रहा है। कई जगहों पर ट्रैफिक जाम, रास्तों की खुदाई और डाइवर्जन के चलते यात्रियों को रोज घंटों की देरी झेलनी पड़ रही है।

    🌉 लगून रोड पुल: बड़ा सपना, बड़ी मुसीबत

    मालाड-पश्चिम में इंफिनिटी मॉल से अंधेरी तक के मालवनी कच्चा रोड़ यानी लगून रोड को जोड़ने के लिए एक केबल-स्टेयड वाहन पुल बनाया जा रहा है।
    इसकी लागत लगभग ₹1,700 करोड़ और लंबाई 380 मीटर है।
    बीएमसी का कहना है कि इससे लिंक रोड और एस.वी. रोड का ट्रैफिक कम होगा, मगर स्थानीय निवासियों का कहना है कि पुल के काम ने रोजमर्रा की ज़िंदगी को मुश्किल बना दिया है।

    🏞️ रामचंद्र लेन नाले पर एलिवेटेड रोड का काम अटका

    रामचंद्र लेन नाले के ऊपर बन रही एलिवेटेड रोड जो रायन इंटरनेशनल स्कूल से एमडीपी रोड को जोड़ेगी, फिलहाल अधर में लटकी है।
    करीब ₹400 करोड़ की लागत से बनने वाले इस प्रोजेक्ट से एवरशाइन नगर और अथर्व कॉलेज के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद थी, मगर लोगों का कहना है कि “काम चल रहा है, लेकिन खत्म होने का कोई टाइम नहीं दिखता।”

    🛣️ तटीय सड़क और चौड़ीकरण कार्य से बढ़ी दिक्कतें

    तटीय सड़क (Coastal Road) से जोड़ने के लिए मार्वे रोड पर नया लिंक बनाया जा रहा है।
    साथ ही मालाड-मार्वे रोड को महाकाली जंक्शन से चारकोप नाका तक चौड़ा किया जा रहा है, लेकिन महीनों से ये काम अधूरा पड़ा है।
    पुराने पुलों को गिराकर नए बनाने की योजना ने भी स्थानीय नागरिकों की नींद उड़ा दी है।

    🏚️ दुकानदारों का विरोध और नागरिकों की नाराज़गी

    नवंबर 2022 में एसवी रोड पर पुल बंद करने की मनपा की योजना के खिलाफ दुकानदारों ने विरोध किया था।
    उनका कहना था कि अचानक नोटिस देकर कुछ ही दिनों में दुकानें खाली करने को कहा गया, जिससे कई व्यापारियों का रोज़गार खतरे में पड़ गया।
    स्थानीय निवासी सुखदेव सिंह ने कहा —

    “हर बार मनपा विकास का नाम लेकर सड़कें खोद देती है, लेकिन काम कभी टाइम पर पूरा नहीं होता। अच्छी-भली सड़कों को तोड़कर लोगों को परेशान किया जा रहा है।”

    ⚙️ परियोजना 2028 तक पूरी करने का लक्ष्य

    बीएमसी ने इन सभी प्रोजेक्ट्स को 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा है, लेकिन शहर के अनुभव बताते हैं कि शायद ही कोई प्रोजेक्ट समय पर पूरा हुआ हो।
    लोगों का कहना है कि ‘टेंडर तो पास हो जाते हैं, लेकिन काम जनता को राहत नहीं देते।’


    FAQ सेक्शन

    Q1. मालाड में कौन-कौन से बड़े प्रोजेक्ट चल रहे हैं?
    👉 मालवनी लगून रोड पुल, रामचंद्र लेन नाले पर एलिवेटेड रोड, तटीय सड़क लिंक और मालाड-मार्वे रोड चौड़ीकरण जैसे प्रमुख प्रोजेक्ट चल रहे हैं।
    Q2. बीएमसी ने इन प्रोजेक्ट्स पर कितना खर्च तय किया है?
    👉 लगभग ₹2,200 करोड़ का टेंडर जारी किया गया है।
    Q3. क्या इन प्रोजेक्ट्स से ट्रैफिक समस्या कम होगी?
    👉 फिलहाल उल्टा असर दिख रहा है। निर्माण कार्यों से सड़कों पर भारी ट्रैफिक और नागरिकों को असुविधा हो रही है।
    Q4. प्रोजेक्ट कब तक पूरे होंगे?
    👉 बीएमसी का लक्ष्य 2028 तक पूरा करने का है, लेकिन लोगों को देरी की चिंता है।