Category: National News

  • शिवधाम संकुल में नागरिक समस्याओं का दौरा, MLA सुनील प्रभु ने दिए निर्देश

    शिवधाम संकुल में नागरिक समस्याओं का दौरा, MLA सुनील प्रभु ने दिए निर्देश

    मालाड पूर्व — शिवधाम संकुल में सड़क, स्ट्रीट लाइट, सीर्वेज लाइन और भटकते कुत्तों जैसी नागरिक समस्याओं को लेकर MLA सुनील प्रभु ने स्थल निरीक्षण किया। मरम्मत और सुधार कार्यों के लिए नगरपालिका अधिकारियों को तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए।

    मुंबई: मालाड (पूर्व) के प्रभाग क्रमांक 44 स्थित शिवधाम संकुल में नागरिकों की बढ़ती समस्याओं को लेकर स्थानीय विधायक सुनील प्रभु ने मंगलवार दोपहर मौके का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मलनिस्सारण लाइन, सड़कों के कंक्रीटीकरण, स्ट्रीट लाइट, भटकते कुत्तों और फायर ब्रिगेड के पीछे बने कबूतरखाने सहित कई मुद्दों पर नागरिकों से चर्चा की और तुरंत समाधान के निर्देश दिए।

    🔹 सड़क और सीवरेज की खराब स्थिति पर MLA का फोकस

    निरीक्षण के दौरान यह सामने आया कि शिवधाम संकुल के कई अंदरूनी रास्ते टूटे हुए हैं और बरसात के बाद से स्थिति और बिगड़ गई है।
    सीवरेज लाइन की सफाई और मरम्मत पर भी नागरिकों ने शिकायत की।

    👉 इस पर MLA सुनील प्रभु ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि

    • सड़क का कंक्रीटीकरण जल्द पूरा करें
    • सीवरेज लाइन की तुरंत सफाई और मरम्मत शुरू करें
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    🔹 स्ट्रीट लाइट बंद — दो बड़े हॉलोजन लगाने का आदेश

    स्ट्रीट लाइट बंद होने से रात में अंधेरा और सुरक्षा संबंधी समस्याएं बनी रहती हैं।
    जब तक सड़क का काम पूरा नहीं होता तब तक MLA ने निर्देश दिया कि
    ✔ दो बड़े हॉलोजन लाइट तुरंत लगाई जाएं।

    🔹 बैरिकेड्स हटाने के निर्देश — नागरिकों को आराम

    ओबेरॉय मॉल के सामने लगे बैरिकेड्स के कारण लोगों को जान जोखिम में डालकर सड़क पार करनी पड़ रही थी।
    नागरिकों ने यह मुद्दा उठाया तो MLA ने संबंधित अधिकारियों को आज के आज बैरिकेड्स हटाने का आदेश दिया।

    🔹 म्हाडा पार्क की बदहाल स्थिति पर चर्चा

    संकुल में म्हाडा के अंतर्गत बने उद्यान की देखभाल न होने पर नागरिकों ने नाराज़गी जताई।
    सुनील प्रभु ने आश्वासन दिया कि
    👉 म्हाडा प्रशासन से बात कर उद्यान का नवीनीकरण जल्द करवाया जाएगा।

    🔹 निरीक्षण के दौरान मौजूद रहे

    इस निरीक्षण के दौरान शिवसेना के कई स्थानीय पदाधिकारी और संकुल की विभिन्न हाउसिंग सोसायटियों के प्रतिनिधि मौजूद थे —
    शाखा प्रमुख सुभाष धनुका, उपशाखाप्रमुख शैलेश जाधव, अशोक दैने, युवासेना उपशाखाधिकारी आर्यन जाधव, मंगेश चव्हाण, शिवधाम सेवा मंडल के अध्यक्ष रविंद बोभाटे, सचिव जितेंद्र पराडकर ऐसे ही विभिन्न गृहनिर्माण सोसायटी के पदाधिकारी संतोष नाझरे, रामचंद्र म्हापणकर, अरुण वाघ, कुंदन गोस्वामी, सुरेश गोसवी, अनंत ठाकरे, सुनील मोरे, प्रथमेश वेंगुर्लेकर समेत बड़ी संख्या में नागरिक भी शामिल थे।


    FAQ — शिवधाम संकुल नागरिक समस्या दौरे पर

    प्रश्नउत्तर
    दौरा किसने किया?स्थानीय MLA सुनील प्रभु ने।
    मुख्य समस्याएं क्या थीं?टूटी सड़कें, बंद स्ट्रीट लाइट, सीवेज लाइन, भटके कुत्ते, बैरिकेड्स और पार्क की स्थिति।
    क्या अधिकारियों को निर्देश दिए गए?हां, तुरंत मरम्मत और कार्रवाई शुरू करने को कहा गया।
    बैरिकेड हटाने की मांग पर क्या आदेश दिया गया?आज ही हटाने और नागरिकों को सुरक्षित रास्ता उपलब्ध कराने के निर्देश।
    म्हाडा पार्क को लेकर क्या निर्णय लिया गया?नवीनीकरण के लिए म्हाडा के साथ फॉलो-अप करने का आश्वासन।
  • मालाड वेस्ट में हिट एंड रन में बाइक सवार की मौत

    मालाड वेस्ट में तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक सवार नारायण सिंह को टक्कर मारकर फरार हो गया। घायल को अस्पताल ले जाया गया लेकिन इलाज से पहले ही उनकी मौत हो गई।

    मुंबई: मालाड वेस्ट में बुधवार सुबह एक हिट-एंड-रन हादसे में बाइक सवार की दर्दनाक मौत हो गई। तेज रफ्तार ट्रक ने न्यू लिंक रोड पर टक्कर मारी और घबराकर चालक मौके से भाग निकला। पुलिस के अनुसार मृतक 32 वर्षीय नारायण सिंह मलवनी में पत्नी और दो बच्चों के साथ रहते थे और अंधेरी ईस्ट में बिल्डिंग वॉटर सप्लाई का काम करते थे। हादसे के बाद बांगुर नगर पुलिस ने ट्रक ड्राइवर के खिलाफ केस दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।

    📍 हादसा कैसे हुआ — पुलिस की प्रारंभिक जानकारी

    19 नवंबर की सुबह नारायण सिंह अपनी मोटरसाइकिल से न्यू लिंक रोड से अंधेरी की ओर जा रहे थे।
    टॉयोटा सिग्नल के पास अचानक तेज रफ्तार ट्रक उनकी बाइक से टकरा गई।
    टक्कर इतनी जोरदार थी कि सिंह सड़क पर गिर पड़े और गंभीर रूप से घायल हो गए।
    हादसे के बाद ट्रक चालक रुकने के बजाय मौके से फरार हो गया।

    🏥 हादसे के बाद अस्पताल ले जाया गया, लेकिन जान नही बच सकी

    तुरंत सूचना मिलने पर पुलिस ने उन्हें तुरंत ट्रॉमा केयर अस्पताल पहुंचाया और घर पर खबर दी।
    पत्नी दक्षा सिंह तुरंत अस्पताल पहुंचीं, लेकिन डॉक्टरों ने सुबह करीब 10:30 बजे नारायण सिंह को मृत घोषित कर दिया।
    परिवार अब सदमे में है — वह दो छोटे बच्चों और पत्नी का सहारा थे।

    👮 केस दर्ज, आरोपी ट्रक ड्राइवर की तलाश जारी

    बांगुर नगर पुलिस ने

    • लापरवाही से वाहन चलाने
    • मौत का कारण बनने
    • और मदद किए बिना फरार होने
      के आरोपों में मामला दर्ज किया है।
      पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज और ट्रक की पहचान के आधार पर आरोपी की तलाश कर रही है।

    ❓ FAQ — पूछे जाने वाले सामान्य सवाल

    सवालजवाब
    हादसा किस दिन हुआ?19 नवंबर, बुधवार की सुबह।
    हादसा कहाँ हुआ?मालाड वेस्ट, न्यू लिंक रोड, टॉयोटा सिग्नल के पास।
    मृतक कौन थे?नारायण सिंह, जो मलवनी में परिवार के साथ रहते थे।
    दुर्घटना कैसे हुई?तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक सवार को टक्कर मारी और ड्राइवर फरार हो गया।
    केस किस थाने में दर्ज है?बांगुर नगर पुलिस स्टेशन में।
    क्या आरोपी ड्राइवर गिरफ्तार हुआ?पुलिस फुटेज के आधार पर उसकी तलाश कर रही है।
  • BMC में अनुसूचित जाति आयोग की समीक्षा बैठक संपन्न

    BMC में अनुसूचित जाति आयोग की समीक्षा बैठक संपन्न

    बीएमसी मुख्यालय में महाराष्ट्र राज्य अनुसूचित जाति आयोग की अहम बैठक हुई। योजनाओं, निधि उपयोग, रिक्त पदों की भरती और सफाई कर्मी आवास पर चर्चा हुई।

    मुंबई: महाराष्ट्र राज्य अनुसूचित जाति आयोग की महत्वपूर्ण बैठक आज बृहन्मुंबई महानगर पालिका (BMC) मुख्यालय में आयोजित की गई। आयोग के अध्यक्ष आनंदराव अडसूळ ने इस बैठक की अध्यक्षता की। इसमें बीएमसी द्वारा आर्थिक रूप से कमजोर तबकों पर किए गए खर्च, अनुसूचित जाति वर्ग के लिए मिलने वाले फंड का उपयोग, और अनुकंपा आधारित प्रकरणों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। अडसूळ ने प्रशासन को निर्देश दिए कि बीएमसी में अनुसूचित जाति वर्ग के रिक्त पद जल्द भरे जाएं और पदोन्नति से जुड़े मामलों का निपटारा बिना देर किए किया जाए।

    🔍 बैठक में किन मुद्दों की समीक्षा हुई? — मुख्य बिंदु

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    1️⃣ बीएमसी के योजनागत खर्च और अनुसूचित जाति फंड का आढावा

    बैठक में सबसे पहले उस फंड का विस्तृत विवरण रखा गया जो अनुसूचित जाति वर्ग के नागरिकों के लिए योजनाओं, कल्याण कार्यक्रमों और सामाजिक सहायता के तहत बीएमसी को प्राप्त होता है।
    अडसूळ ने कहा कि—

    • फंड का उपयोग समयबद्ध तरीके से हो,
    • योजनाएँ सीधे लाभार्थियों तक पहुँचे,
    • और रिपोर्टिंग पारदर्शी रहे।

    2️⃣ लाड पागे समिति और अनुकंपा नियुक्तियों पर चर्चा

    लाड पागे समिति से संबंधित प्रकरणों, लंबित प्रस्तावों और अनुकंपा पर नियुक्ति मामलों पर भी विस्तृत जानकारी आयोग के सामने प्रस्तुत की गई।
    आयोग ने प्रशासन से कहा कि ऐसी फाइलें लंबित न रहें और निर्धारित समय में निर्णय दिए जाएँ।

    3️⃣ रिक्त पदों की भरती और पदोन्नति—तुरंत कार्रवाई के निर्देश

    अनुसूचित जाति वर्ग के कर्मचारियों के रिक्त पद लंबे समय से खाली हैं।
    अध्यक्ष अडसूळ ने स्पष्ट निर्देश दिए कि—

    • भर्ती प्रक्रिया तेज़ी से शुरू की जाए
    • और जिन कर्मचारियों की पदोन्नति अटकी हुई है, उनके मामलों को प्राथमिकता के साथ निपटाया जाए।

    4️⃣ सफाई कर्मचारियों के आवास और कल्याण योजनाएँ

    बैठक में बीएमसी द्वारा सफाई कर्मचारियों के लिए चल रही आश्रय (हाउसिंग) योजनाओं की समीक्षा भी की गई।
    आयोग को बताया गया कि—

    • सफाई कर्मचारियों को स्थायी आवास उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य चल रहा है।
    • कई परिवारों को आवास योजनाओं का लाभ दिया गया है और आगे की प्रक्रिया भी तेज़ है।

    5️⃣ दलित बस्तियों में बीएमसी की सेवाओं की जानकारी प्रस्तुत

    बीएमसी अधिकारियों ने बताया कि दलित वस्तियों में—

    • स्वास्थ्य सुविधा
    • सफाई व्यवस्था
    • पानी
    • सड़कें
    • और आवश्यक नागरिक सुविधाएँ
      नियमित रूप से उपलब्ध कराई जा रही हैं।
      आयोग ने सुझाव दिया कि इन सेवाओं की गुणवत्ता और भी बेहतर की जाए।

    👥 बैठक में उपस्थित अधिकारी

    बैठक में निम्न अधिकारी उपस्थित रहे:

    • सदस्य सचिव — गोरक्ष लोखंडे
    • उपायुक्त (सामान्य प्रशासन) — किशोर गांधी
    • उपायुक्त (विशेष अभियांत्रिकी) — यतीन दळवी
    • उपायुक्त (घनकचरा व्यवस्थापन) — किरण दिघावकर
    • संचालक (अभियांत्रिकी सेवा व प्रकल्प) — पुरुषोत्तम माळवदे
      साथ ही विभिन्न विभागों के प्रमुख अधिकारी भी मौजूद थे।

    FAQ — सवाल और जवाब

    1. यह बैठक किस उद्देश्य से आयोजित की गई थी?

    बीएमसी द्वारा अनुसूचित जाति वर्ग के नागरिकों पर किए गए खर्च, योजनाओं की प्रगति, रिक्त पदों और आवास योजनाओं की समीक्षा के लिए।

    2. बैठक में मुख्य निर्देश क्या दिए गए?

    रिक्त पदों की भर्ती तेज़ करने, पदोन्नति के मामलों को तत्काल निपटाने और योजनाओं का लाभ सीधे जनता तक पहुँचाने के निर्देश दिए गए।

    3. क्या सफाई कर्मचारियों की आवास योजना पर भी चर्चा हुई?

    हाँ, बीएमसी ने बताया कि स्थायी घर उपलब्ध कराने की दिशा में प्रगति हो रही है।

    4. क्या आयोग ने दलित बस्तियों की स्थिति पर भी चर्चा की?

    बीएमसी ने दलित बस्तियों में उपलब्ध नागरिक सुविधाओं की जानकारी दी और आयोग ने इनके सुधार के सुझाव दिए।

    5. बैठक में कौन-कौन अधिकारी मौजूद थे?

    महाराष्ट्र राज्य अनुसूचित जाति आयोग और बीएमसी के वरिष्ठ अधिकारी, जिनमें किशोर गांधी, यतीन दळवी, किरण दिघावकर आदि शामिल रहे।

  • मालाड पूर्व के विजय सालसकर उद्यान का नवीनीकरण तेज़, जल्द खुलेगा नागरिकों के लिए

    मालाड पूर्व के विजय सालसकर उद्यान का नवीनीकरण तेज़, जल्द खुलेगा नागरिकों के लिए

    मालाड पूर्व के रहेजा कॉम्प्लेक्स में स्थित विजय सालसकर उद्यान का नवीनीकरण तेज़ी से पूरा हो रहा है। विधायक सुनील प्रभू ने निरीक्षण कर जल्द शुरू करने का आश्वासन दिया।

    मुंबई: मालाड पूर्व में रहेजा कॉम्प्लेक्स के पास स्थित स्वर्गीय विजय सालसकर उद्यान अब नई चमक के साथ तैयार हो रहा है। स्थानीय नागरिकों की लंबे समय से चल रही मांग और विधायक सुनील प्रभू के लगातार प्रयासों के बाद उद्यान का नवीनीकरण अब अंतिम चरण में पहुंच चुका है। बुधवार को विधायक प्रभू ने मौके पर जाकर काम की प्रगति का निरीक्षण किया और भरोसा दिलाया कि यह उद्यान जल्द ही आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा।

    उद्यान की स्थिति और नवीनीकरण का सारांश

    मालाड पूर्व के वॉर्ड 36 में स्थित यह उद्यान कई सालों से जर्जर अवस्था में था। न मॉर्निंग वॉक के लिए पर्याप्त जगह, न बच्चों के खेलने की कोई सुविधा—स्थानीय लोग लगातार परेशान थे। विधायक सुनील प्रभू ने बृहन्मुंबई महानगर पालिका (BMC) से बजट मंजूरी के लिए लगातार फॉलो-अप किया और अब 6,500 वर्गमीटर के इस उद्यान को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जा रहा है।

    🏞️ उद्यान में क्या-क्या बदलेगा? — नवीनीकरण की प्रमुख बातें

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    1️⃣ 6500 वर्ग मीटर में आधुनिक सुविधाओं की नई लिस्ट

    विजय सालसकर उद्यान को पूरी तरह से रीडिज़ाइन किया जा रहा है, जिसमें नागरिकों की हर उम्र को ध्यान में रखा गया है।

    ✔ लिटिल किड्स प्ले ज़ोन

    • बच्चों के लिए सुरक्षित रॉक क्लाइम्बिंग गेम
    • नई प्ले-स्ट्रक्चर और ओपन एरिया

    ✔ फिटनेस कॉर्नर

    • आधुनिक व्यायाम उपकरण
    • ओपन जिम जैसा अनुभव देने वाली मशीनें

    ✔ वॉकिंग ट्रैक

    • मॉर्निंग वॉकर्स के लिए मजबूत और चौड़ा वॉकवे
    • एंटी-स्किड सरफेस

    ✔ सीनियर सिटिजन कॉर्नर

    • आरामदायक आसन व्यवस्था
    • शांत बैठने और मिलने-जुलने की जगह

    ✔ व्यूइंग गैलरी

    • कॉलोनी को देखते हुए डिजाइन की गई गैलरी
    • परिवारों और बच्चों के लिए आकर्षण

    ✔ हरियाली और साफ-सुथरापन

    • पूरे उद्यान में नई प्राकृतिक घास
    • उद्यान की दीवारों पर आकर्षक पेंटिंग्स और रंगरंगोटी

    🧑‍⚖️ निरीक्षण के दौरान कौन-कौन मौजूद रहा?

    निरीक्षण दौरे में विधायक एवं विभाग प्रमुख सुनील प्रभू के साथ कई पदाधिकारी मौजूद थे, जिनमें शामिल हैं:

    • शिवसेना महिला विधानसभा संघटक रीनाताई सुर्वे
    • वॉर्ड 36 के पूर्व नगरसेवक सुनील गुजर
    • रुचिता आरोसकर
    • कृष्णा सुर्वे
    • अशोक राणे
    • अल्पेश चव्हाण
    • बाळा शिरोडकर
    • वामन तिरोडकर
    • सुरेश करपे
    • सुशांत पांचाळ
    • सुशांत पारकर
    • अतुल पाखरे
      …और अन्य शिवसेना पदाधिकारी व कार्यकर्ता।

    विधायक ने अधिकारियों अमोल हितापे और ज्योती तुडस के साथ उद्यान का पूरा निरीक्षण किया और आवश्यक सुझाव भी दिए।


    FAQ — अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

    1. विजय सालसकर उद्यान कब तक खुलेगा?

    निरीक्षण के दौरान विधायक सुनील प्रभू ने बताया कि नवीनीकरण लगभग पूरा है और उद्यान जल्द ही नागरिकों के लिए खुल जाएगा।

    2. उद्यान में कौन-कौन सी नई सुविधाएँ मिलेंगी?

    यहाँ बच्चों के लिए रॉक क्लाइम्बिंग, वॉकिंग ट्रैक, एक्सरसाइज उपकरण, सीनियर सिटिजन बैठने की जगह, व्यूइंग गैलरी और नई हरियाली जोड़ी जा रही है।

    3. उद्यान कितनी बड़ी जगह में फैला है?

    पूरा उद्यान करीब 6,500 वर्ग मीटर क्षेत्र में फैला है।

    4. यह उद्यान किस इलाके में स्थित है?

    यह मालाड पूर्व के रहेजा कॉम्प्लेक्स, वॉर्ड 36 में स्थित है।

  • एनयूएचएम कर्मचारियों को सीधे BMC में शामिल करने की मांग तेज

    एनयूएचएम कर्मचारियों को सीधे BMC में शामिल करने की मांग तेज

    मुंबई में राष्ट्रीय शहरी स्वास्थ्य अभियान (NUHM) के 1200 कर्मचारियों ने बीएमसी में सीधी नियुक्ति की मांग उठाई। ठेकेदार पर वेतन, सुविधाओं और भत्तों में लापरवाही के आरोप।

    मुंबई: बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) के अधीन राष्ट्रीय शहरी स्वास्थ्य अभियान (NUHM) में 2016 से काम कर रहे करीब 1200 कर्मचारियों ने ठेकेदार डी.एस. इंटरप्रायज़ेस को हटाकर उन्हें सीधे बीएमसी के पब्लिक हेल्थ डिपार्टमेंट में शामिल करने की मांग की है। कर्मचारियों का आरोप है कि वर्षों की सेवा के बावजूद उन्हें न वेतनवृद्धि, न पीएफ, न मेडिकल सुविधा और न ही कोरोना काल में मिला भत्ता नही दिया गया है।

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    🔹 क्या है पूरा मामला?

    महाराष्ट्र सरकार के स्वास्थ्य विभाग की ओर से पूरे राज्य में एनयूएचएम चलाया जाता है। मुंबई में यह सभी कर्मचारी बीएमसी के अधीन स्वास्थ्य सेवाओं में तैनात हैं।

    लेकिन दूसरी महानगरपालिकाओं की तरह सीधे नियुक्ति करने की बजाय बीएमसी ने डी.एस. इंटरप्रायज़ेस नामक ठेकेदार को जिम्मेदारी दी, जिसने निविदा के अनुसार कर्मचारी रखे।

    कर्मचारियों का कहना है कि—

    • 2016 से लगातार स्वास्थ्य सेवाओं में योगदान
    • कोरोना महामारी में राउंड द क्लॉक काम
    • कम वेतन में मुंबई जैसे महंगे शहर में गुज़ारा बेहद मुश्किल
    • ठेकेदार की ओर से किसी भी प्रकार की सहयोग सुविधा नहीं
    • मासिक खर्च, बच्चों की पढ़ाई और चिकित्सा खर्च पूरा करना कठिन

    🔹 सुविधाओं को लेकर गंभीर आरोप

    कर्मचारियों ने बताया कि डी.एस. इंटरप्रायज़ेस ने श्रम कानून और कॉन्ट्रैक्ट शर्तों का पालन नहीं किया।

    कर्मचारियों को नहीं मिल रही ये सुविधाएँ—

    • वेतनवृद्धि
    • प्रसूति अवकाश
    • पीएफ (Provident Fund)
    • स्वास्थ्य बीमा योजना
    • कोरोना भत्ता (विशेषकर डेटा ऑपरेटरों के लिए)

    कर्मचारियों ने कहा कि कोरोना के दौरान कई साथी बीमार हुए, फिर भी प्रशासन और ठेकेदार की ओर से न कोई आर्थिक सहायता और न ही विशेष सुविधा दी गई।

    🔹 ‘मुंबई में इतने कम वेतन में जीना मुश्किल’

    कर्मचारियों का कहना है कि मुंबई जैसे महंगे शहर में इतनी कम तनख्वाह पर परिवार चलाना लगभग नामुमकिन हो रहा है। हर महीने—

    • घर किराया
    • बच्चों की फीस
    • मेडिकल खर्च
    • रोजमर्रा का खर्च

    इन सबके बीच गुज़ारा मुश्किल होता जा रहा है।

    🔹 यूनियन की मांग— बीएमसी में सीधी नियुक्ति

    म्युनिसिपल कर्मचारी कामगार सेना द्वारा उठाई गई मुख्य मांग—

    ठेकेदार हटाकर 1200 कर्मचारियों को बीएमसी के सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग में सीधे शामिल किया जाए।

    यूनियन का कहना है कि कर्मचारियों ने हमेशा ईमानदारी से काम किया है, इसलिए उन्हें स्थाई या कम से कम सीधे नगरपालिका ढांचे में शामिल किया जाना चाहिए।


    ❓ FAQ SECTION

    Q1. एनयूएचएम कर्मचारी बीएमसी से क्या मांग कर रहे हैं?

    वे चाहते हैं कि ठेकेदार को हटाकर उन्हें सीधे बीएमसी के पब्लिक हेल्थ डिपार्टमेंट में शामिल किया जाए।

    Q2. कर्मचारियों की मुख्य शिकायतें क्या हैं?

    पीएफ, मेडिकल सुविधा, वेतनवृद्धि, प्रसूति अवकाश और कोरोना भत्ता जैसी मूलभूत सुविधाएँ न मिलना।

    Q3. कितने कर्मचारी इस अभियान के तहत काम करते हैं?

    करीब 1200 कर्मचारी 2016 से लगातार सेवा दे रहे हैं।

    Q4. कोरोना काल में उन्हें क्या दिक्कतें आईं?

    उन्होंने बिना रुके काम किया लेकिन कोरोना भत्ता नहीं मिला, और बीमारी के समय सहायता भी नहीं मिली।

  • विक्रोली पार्कसाइट में बीएमसी ने तीन खतरनाक इमारतें खाली कराईं

    विक्रोली पार्कसाइट में बीएमसी ने तीन खतरनाक इमारतें खाली कराईं

    बीएमसी ने विक्रोली पार्कसाइट के पुनर्विकास प्रोजेक्ट में तीन अतिधोकादायक इमारतें खाली कराईं। कुल 28 इमारतों के पुनर्निर्माण का काम शुरू।

    मुंबई: बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMc) ने विक्रोली पार्कसाइट क्षेत्र में चल रहे 28 इमारतों के बड़े पुनर्विकास प्रोजेक्ट के तहत मंगलवार (18 नवंबर 2025) तीन अतिधोकादायक (C-1 श्रेणी) इमारतों को खाली करा दिया। यह पहली बार है जब बीएमसी खुद पूरे प्रोजेक्ट का निर्माण कार्य संभाल रही है। पहले चरण में 9 इमारतों को खाली किया जाना था, जिनमें से 5 पहले ही खाली हो चुकी थीं।

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    🔹 प्रोजेक्ट का आकार: 28 इमारतें, दो चरणों में काम

    विक्रोली पार्कसाइट इलाके में सभी 28 इमारतें C-1 श्रेणी में आती हैं, जिन्हें नही रहने लायक खतरनाक घोषित किया गया है।

    • कुल प्रभावित इमारतें: 28
    • पहले चरण की इमारतें: 9
    • पहले से खाली की गईं: 5
    • मंगलवार खाली हुईं: 3
    • शेष के लिए कार्रवाई जल्द

    बीएमसी अधिकारी ने बताया कि खाली कराई गई इमारतों का निष्कासन (Demolition) जल्द शुरू किया जाएगा।

    🔹 बीएमसी अधिकारियों की मौजूदगी में कार्रवाई

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    कार्रवाई बीएमसी आयुक्त तथा प्रशासक भूषण गगराणी के निर्देश पर की गई।
    पूरी प्रक्रिया की निगरानी में शामिल अधिकारी:

    • अतिरिक्त आयुक्त (पूर्व उपनगर): डॉ. अमित सैनी
    • उपायुक्त (परिमंडल-6): संतोषकुमार धोंडे
    • सहायक आयुक्त (एन-वार्ड): डॉ. गजानन बेल्लाळे

    बीएमसी टीम ने मौके पर पहुंचकर पूरे परिसर को सुरक्षित तरीके से खाली कराया।

    🔹 67 परिवारों को मिला तात्कालिक आश्रय

    खाली कराई गई तीन इमारतों में कुल 67 भाड़ोत्री रह रहे थे।

    इन्हें भांडुप स्थित ओबेरॉय रियल्टी के PAP क्वार्टर्स में अस्थायी रूप से पुनर्वसित किया गया है।
    बीएमसी का कहना है कि किसी भी भाड़ोत्री को बेघर नहीं छोड़ा जाएगा।

    🔹 पुराने 280 sq ft के बदले मिलेगा 405 sq ft का नया घर

    पुनर्विकास पूरा होने पर भाड़ोत्रीओं को—

    पुराने 280 वर्ग फुट की जगह
    405 वर्ग फुट का नया घर

    विक्रोली पार्कसाइट में ही मालकी हक के साथ दिया जाएगा।

    यह बीएमसी के सबसे बड़े स्वनिर्मित पुनर्विकास प्रोजेक्ट्स में शामिल है।

    🔹 नए एस-3 विंग में 13 मंज़िलों तक निर्माण पूरा

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    पहले चरण में प्रस्तावित S-3 बिल्डिंग के:

    • कुल मंज़िलें: 23
    • पूरा हुआ निर्माण: 13 मंज़िलें

    बीएमसी का दावा है कि निर्माण कार्य तय समय सीमा में आगे बढ़ रहा है।


    ❓ FAQ SECTION

    Q1. विक्रोली पार्कसाइट में कितनी इमारतों का पुनर्विकास हो रहा है?

    बीएमसी कुल 28 इमारतों का पुनर्विकास कर रही है।

    Q2. मंगलवार को कितनी इमारतें खाली कराई गईं?

    मंगलवार को तीन अतिधोकादायक (C-1) इमारतों को खाली कराया गया।

    Q3. भाड़ोत्रीओं को अस्थायी घर कहाँ दिया गया है?

    उन्हें भांडुप के ओबेरॉय रियल्टी में पीएपी क्वार्टर्स में ठहराया गया है।

    Q4. पुनर्विकास के बाद उन्हें कितना बड़ा फ्लैट मिलेगा?

    पहले के 280 sq ft के बदले 405 sq ft का फ्लैट मिलेगा।

    Q5. निर्माण कार्य कितनी प्रगति पर है?

    S-3 इमारत में 23 में से 13 मंज़िलें बन चुकी हैं।

  • सीनियर सिटीजन को 30% टैक्स छूट का मैसेज फर्जी: BMC ने किया अलर्ट

    सीनियर सिटीजन को 30% टैक्स छूट का मैसेज फर्जी: BMC ने किया अलर्ट

    सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे “ज्येष्ठ नागरिकों को 30% प्रॉपर्टी टैक्स छूट” वाले संदेश को BMC ने फर्जी बताया। निगम ने अपील की—नागरिक वॉर्ड ऑफिस न पहुंचें।

    मुंबई: सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे उस संदेश को BMC ने पूरी तरह फर्जी करार दिया है, जिसमें दावा किया गया था कि महाराष्ट्र सरकार के हाउसिंग पॉलिसी 2025 के तहत वरिष्ठ नागरिकों को उनकी रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी पर 30% टैक्स छूट दी जा रही है। BMC ने साफ कहा है कि नगर निगम अधिनियम 1888 में ऐसी कोई भी प्रावधान नहीं है और वरिष्ठ नागरिक अनावश्यक रूप से वॉर्ड ऑफिसों में भीड़ न लगाएँ।

    सोशल मीडिया पर वायरल मैसेज से बढ़ी वॉर्ड ऑफिसों में भीड़

    पिछले कुछ दिनों से WhatsApp, Facebook और दूसरे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक संदेश बड़े पैमाने पर वायरल हो रहा था।
    उसमें लिखा था कि “ज्येष्ठ नागरिक को उनकी रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी पर 30% प्रॉपर्टी टैक्स छूट मिलेगी”।

    इस संदेश को सच मानकर कई वरिष्ठ नागरिक मुंबई के अलग–अलग BMC वॉर्ड ऑफिसों में जानकारी के लिए पहुंच रहे थे।
    प्रशासन को अचानक बढ़ी भीड़ से दिक्कतें भी हुईं।

    BMC ने दिया स्पष्ट बयान: यह मैसेज 100% फर्जी

    बीएमसी ने प्रेस नोट जारी कर कहा—

    • नगर निगम अधिनियम 1888 में वरिष्ठ नागरिकों के लिए 30% टैक्स छूट का कोई नियम नहीं है।
    • नागरिक ऐसे मैसेज पर विश्वास न करें।
    • किसी भी प्रकार की पूछताछ के लिए वॉर्ड ऑफिस न आएँ, ताकि उन्हें बेवजह परेशानी न झेलनी पड़े।

    प्रशासन ने इसे सोशल मीडिया अफवाह करार दिया है।

    कौन-सी छूट वास्तव में लागू है? BMC ने बताया

    BMC ने सही जानकारी साझा करते हुए कहा—

    ✔ 1. 500 sq ft से कम रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी पर टैक्स छूट

    1 जनवरी 2022 से मुंबई में 500 वर्ग फुट या उससे कम क्षेत्र वाली रेजिडेंशियल प्रॉपर्टीज को टैक्स में छूट दी गई है।

    ✔ 2. माजी सैनिक और शहीद परिवार को भी छूट

    • पूर्व सैनिक
    • उनकी विधवा
    • शहीद सैनिकों के अविवाहित परिवारजन
      इनकी एक प्रॉपर्टी को टैक्स में छूट मिलती है (शासन के टैक्स को छोड़कर)।

    ✔ वरिष्ठ नागरिकों के लिए कोई अलग से छूट नहीं

    बीएमसी ने दोहराया कि ज्येष्ठ नागरिकों के लिए 30% टैक्स छूट का संदेश पूरी तरह गलत है।


    FAQ सेक्शन

    1. क्या मुंबई में वरिष्ठ नागरिकों को प्रॉपर्टी टैक्स में 30% छूट मिलती है?

    नहीं, बीएमसी ने साफ कहा है कि ऐसा कोई नियम मौजूद नहीं है। वायरल मैसेज पूरी तरह फर्जी है।

    2. क्या इस फर्जी मैसेज के कारण बीएमसी कार्यालयों में भीड़ बढ़ी?

    हाँ, कई वरिष्ठ नागरिक वॉर्ड ऑफिस पहुंच गए थे, इसलिए बीएमसी ने स्पष्टीकरण जारी किया।

    3. वास्तव में मुंबई में किसे टैक्स छूट मिलती है?

    500 sq ft से कम क्षेत्र वाली रिहायशी प्रॉपर्टी को और पूर्व सैनिक/शहीद परिवार को छूट मिलती है।

    4. वरिष्ठ नागरिकों को कोई विशेष टैक्स छूट है?

    नहीं, वरिष्ठ नागरिकों के लिए अलग से कोई छूट लागू नहीं है।

    5. सही जानकारी कहाँ से लें?

    बीएमसी की आधिकारिक वेबसाइट, प्रेस नोट या वॉर्ड ऑफिस में अधिकृत अधिकारियों से।

  • मुंबई में CNG संकट: GAIL पाइपलाइन नुकसान से सप्लाई ठप

    मुंबई में CNG संकट: GAIL पाइपलाइन नुकसान से सप्लाई ठप

    GAIL की पाइपलाइन को नुकसान पहुंचने से मुंबई, ठाणे और नवी मुंबई में CNG सप्लाई बुरी तरह प्रभावित। MGL ने कहा—18 नवंबर दोपहर तक सप्लाई बहाल होने की उम्मीद।

    मुंबई: रविवार से शुरू हुआ CNG संकट अब पूरे शहर में असर दिखा रहा है। वडाला स्थित GAIL पाइपलाइन को हुए बड़े नुकसान की वजह से Mahanagar Gas Limited (MGL) का मुख्य City Gate Station बंद हो गया, जिससे कई CNG पंप बंद पड़ गए या बेहद कम प्रेशर पर चल रहे हैं। इससे ऑटो-रिक्शा, टैक्सी और कई बस सेवाएं ठप जैसी स्थिति में आ गईं। MGL ने बताया कि घरेलू PNG सप्लाई को प्राथमिकता दी जा रही है और 18 नवंबर दोपहर तक CNG सप्लाई सामान्य होने की संभावना है।

    CNG संकट क्यों हुआ? पाइपलाइन डैमेज ने पूरा सिस्टम बिगाड़ा

    मुंबई के वडाला में स्थित RCF प्लांट के पास GAIL की एक अहम पाइपलाइन को नुकसान पहुंच गया। यह पाइपलाइन सीधे MGL के Wadala CGS (City Gate Station) को गैस सप्लाई करती है।
    जैसे ही यह सप्लाई रुकी—

    • MGL का पूरा CNG नेटवर्क प्रभावित हुआ,
    • शहर के कई CNG स्टेशनों ने ऑपरेशन रोक दिया,
    • और पब्लिक ट्रांसपोर्ट लगभग आधा ठप हो गया।

    MGL के मुताबिक, कुल 389 CNG स्टेशनों में से सिर्फ 225 ही चालू रह पाए।

    घरों में PNG चालू, लेकिन ऑटो-टैक्सी को बड़ा झटका

    MGL ने साफ कहा है कि घरेलू PNG सप्लाई बंद नहीं होगी।
    इसलिए उद्योगों और बड़े कमर्शियल उपभोक्ताओं को वैकल्पिक ईंधन पर शिफ्ट होने की सलाह दी गई है।

    हालांकि, CNG पर चलने वाले हजारों ऑटो और टैक्सियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
    सुबह से ही कई पंपों पर लंबी लाइनें लगी थीं।

    गोरगांव (वेस्ट) के एक ऑटो ड्राइवर ने बताया—
    “मैं रोज अपने लिए दो–तीन दिन का गैस स्टॉक भरकर रखता हूं, इसलिए थोड़ा चल पा रहा हूं। बाकी ज्यादातर ड्राइवर्स लाइन में फंसे हैं या गाड़ी ही नहीं निकाली।”

    सबर्बन इलाकों में ऑटो लगभग गायब, BEST पर बढ़ा दबाव

    सोमवार सुबह मुंबई के कई इलाकों में स्थिति यह रही—

    • जोगेश्वरी, अंधेरी, मालाड, मुलुंड, ठाणे में ऑटो रिक्शा करीब आधे से भी कम दिखे।
    • नॉन-ओनर ड्राइवर, जो रोज गैस भरते हैं, उन्होंने गाड़ी चलाना बंद किया।
    • कुछ BEST बस रूटों पर भारी भीड़ देखी गई, खासकर BKC, गोरगाांव ईस्ट, और मालाड में।

    BEST पर संकट कम इसलिए आया क्योंकि बस बेड़े में इलेक्ट्रिक बसों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
    MGL संचालित CNG बसें 2026 तक पूरी तरह हटने वाली हैं।

    सप्लाई कब ठीक होगी? MGL ने दिया अपडेट

    MGL का कहना है कि—

    • पाइपलाइन नुकसान ठीक होते ही सप्लाई सामान्य हो जाएगी।
    • 18 नवंबर 2025 दोपहर तक नेटवर्क सामान्य होने की संभावना है।

    Axis Capital के एनालिस्ट आदित्य वेलेकर के मुताबिक,
    “इस घटना का MGL पर बड़ा आर्थिक असर नहीं पड़ेगा।”

    MGL की क्षमता: कितने स्टेशन हैं?

    Q2 FY26 के अनुसार—

    • कुल CNG स्टेशन: 485
    • इस तिमाही में जोड़े गए स्टेशन: 14
    • FY26 में जोड़ने का लक्ष्य: 80 स्टेशन

    FAQ

    1. मुंबई में CNG सप्लाई क्यों बंद हुई?

    वडाला में GAIL की एक मुख्य पाइपलाइन डैमेज होने से MGL का City Gate Station बंद हो गया, जिससे शहरभर में CNG सप्लाई प्रभावित हुई।

    2. सप्लाई कब बहाल होगी?

    MGL ने कहा है कि 18 नवंबर 2025 दोपहर तक सप्लाई सामान्य होने की उम्मीद है।

    3. घरेलू PNG पर कोई असर पड़ा है?

    नहीं, घरेलू PNG सप्लाई को प्राथमिकता दी गई है और यह बिना रुकावट जारी है।

    4. कौन-कौन से वाहन सबसे ज्यादा प्रभावित हुए?

    ऑटो-रिक्शा, टैक्सी और कुछ CNG बसें सबसे ज्यादा प्रभावित हुईं।

    5. क्या सभी CNG पंप बंद हैं?

    नहीं, MGL के कुल 389 में से 225 CNG पंप चालू रहे, लेकिन कई कम प्रेशर पर चल रहे हैं।

  • घोड़बंदर रोड पर ट्रैफिक बदलाव, 6 महीने चलेगी दिक्कत

    घोड़बंदर रोड पर ट्रैफिक बदलाव, 6 महीने चलेगी दिक्कत

    ठाणे–बोरीवली डबल टनल परियोजना के काम के चलते मुल्लाबाग इलाके में बड़े पैमाने पर ट्रैफिक बदलाव 11 मई 2026 तक लागू रहेंगे। घोड़बंदर रोड पर रोज बढ़ रही जाम की समस्या और बदली गई रूट डिटेल पढ़ें।

    मुंबई: ठाणे और बोरीवली के बीच डबल टनल प्रोजेक्ट के निर्माण के चलते ठाणे ट्रैफिक पुलिस ने मुल्लाबाग क्षेत्र में करीब छह महीने के लिए बड़े ट्रैफिक बदलाव लागू किए हैं। यह बदलाव 14 नवंबर से 11 मई 2026 तक रहेंगे। घोड़बंदर रोड पर पहले से ही भारी जाम की स्थिति है, और नए रूट बदलाव का असर हजारों यात्रियों पर पड़ने की संभावना है।

    घोड़बंदर रोड पर रोज़ाना जाम, यात्रियों का बुरा हाल

    ठाणे, भिवंडी और कल्याण से बोरिवली की ओर आने और जाने वाले यात्रियों को घोड़बंदर घाट रोड पर पहले से भारी ट्रैफिक का सामना करना पड़ता है। सड़क की खराब हालत और रोज-रोज की जाम से लोग परेशान हो चुके हैं। इसी बीच टनल प्रोजेक्ट के कारण ट्रैफिक स्थिति और चुनौतीपूर्ण होने वाली है।

    ठाणे–बोरीवली डबल टनल का काम तेज़, मशीनों की आवाजाही शुरू

    एमएमआरडीए द्वारा बनाए जा रहे इस प्रोजेक्ट का काम मुल्लाबाग, घोड़बंदर रोड की तरफ़ तेज़ी से जारी है। संजय गांधी नेशनल पार्क के नीचे से 11.8 किमी लंबा भारत का सबसे बड़ा और सबसे लंबा डबल टनल बनाया जा रहा है।
    यह टनल पूरा होने पर मौजूदा 60–90 मिनट का सफर घटकर सिर्फ 15 मिनट में पूरा होने का दावा किया गया है।

    6 महीने तक रहेगा ट्रैफिक बदलाव

    ठाणे ट्रैफिक पुलिस ने स्पष्ट किया है कि 14 नवंबर से 11 मई 2026 तक रूट बदले रहेंगे।
    मुल्लाबाग इलाके में टनल के निर्माण के लिए भारी वाहन, मशीनें और कंस्ट्रक्शन मटीरियल ले जाने वाले ट्रक लगातार आवाजाही करेंगे, इसलिए सड़क पर सामान्य वाहनों की मूवमेंट में बदलाव किया गया है।

    असली बदलाव क्या है?

    • हिलक्रेस्ट हाउसिंग सोसाइटी से नीलकंठ ग्रीन की तरफ जाने वाले वाहनों को रोक दिया गया है।
    • इस क्षेत्र में वाहनों का प्रवेश सत्या शंकर हाउसिंग सोसाइटी के पास बंद कर दिया गया है।
    • वाहन अब विपरीत दिशा वाली लेन से आवाजाही करेंगे, जिससे इस हिस्से में जाम बढ़ने की संभावना है।

    ट्रैफिक डीसीपी पंकज शिरसाट ने आधिकारिक आदेश जारी किया है।

    यात्रियों को अगले कई महीनों तक परेशानी का अनुमान

    चूंकि मुल्लाबाग रूट पहले से ही घोड़बंदर रोड की कंजेशन का विकल्प माना जाता रहा है, इसलिए यहां ट्रैफिक बदले जाने से दिक्कतें और बढ़ सकती हैं।
    पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे वैकल्पिक मार्ग का उपयोग करें और यात्रा समय बढ़ाकर चलें।


    FAQ सेक्शन

    1. ट्रैफिक बदलाव कितने समय तक लागू रहेंगे?

    14 नवंबर 2024 से 11 मई 2026 तक, यानी लगभग छह महीने से भी ज़्यादा।

    2. ट्रैफिक बदलाव किस वजह से किया गया है?

    ठाणे–बोरीवली डबल टनल प्रोजेक्ट के निर्माण, मशीनरी और भारी वाहनों की आवाजाही के कारण।

    3. कौन-सा रूट बंद किया गया है?

    हिलक्रेस्ट सोसायटी से नीलकंठ ग्रीन की ओर जाने वाला मार्ग बंद किया गया है।

    4. यात्रा पर इसका क्या असर पड़ेगा?

    विपरीत लेन से आवाजाही होने के कारण जाम बढ़ेगा और यात्रा समय ज्यादा लगेगा।

    5. टनल बनने के बाद क्या फायदा होगा?

    ठाणे से बोरीवली का 1 घंटे से अधिक का सफर सिर्फ 15 मिनट में पूरा होगा।

  • मुंबई में 100 से ज़्यादा चोरी करने वाला कुख्यात चोर गिरफ्तार

    मुंबई में 100 से ज़्यादा चोरी करने वाला कुख्यात चोर गिरफ्तार

    मुंबई पुलिस ने 100 से ज़्यादा दुकानों में सेंधमारी करने वाले कुख्यात चोर मोनू उर्फ़ आज़न खान को गिरफ्तार किया। मेडिकल स्टोर, हार्डवेयर व मिठाई दुकानों को निशाना बनाने वाला यह आरोपी सिर्फ़ कैश चुराता था। पढ़ें पूरी खबर।

    मुंबई लंबे समय से फरार चल रहे 38 वर्षीय अजान खान उर्फ़ मोनू को मुंबई पुलिस ने गिरफ्तार किया है, जो शहर में 100 से ज़्यादा दुकानों में सेंधमारी कर चुका है। यह आरोपी सिर्फ़ नकदी चुराता था और चोरी के तुरंत बाद ड्रग्स और फिज़ूलखर्ची में पैसे उड़ा देता था। पुलिस की 10 दिन की निगरानी के बाद उसे मलवानी इलाके से रंगे हाथों पकड़ा गया।

    मोनू का अनोखा चोरी करने का तरीका

    पुलिस के मुताबिक, मोनू की चोरी करने की शैली बाकी चोरों से अलग थी।
    वह सिर्फ़ उन दुकानों को निशाना बनाता था जहां नकदी मिलने की संभावना अधिक हो—जैसे मेडिकल स्टोर, हार्डवेयर शॉप, मिठाई की दुकानें, किराना स्टोर व छोटी दुकानें
    खास बात यह थी कि वह ज्वेलरी, मोबाइल फोन या कोई कीमती सामान नहीं चुराता था
    चोरी में हाथ लगते ही वह पूरा पैसा ड्रग्स और पार्टी में खर्च कर देता था और फिर दो दिन तक गायब रहता था।

    कई इलाकों की पुलिस कर रही थी तलाश

    मोनू मलवानी क्षेत्र में रहता था, लेकिन परिवार के साथ नहीं रहता था।
    मुंबई के कांदिवली, मालाड और बांगुर नगर में उसने कई चोरी की वारदातें की थीं।
    कई पुलिस टीमें एक साल से उसकी तलाश में थीं, लेकिन वह हर बार बच निकलता था।

    10 दिन तक पुलिस ने की लगातार निगरानी

    DCP संदीप जाधव और ACP नीता पाडवी के मार्गदर्शन में
    सीनियर इंस्पेक्टर करण सोनकवडे,
    असिस्टेंट इंस्पेक्टर हेमंत गीते
    और सब-इंस्पेक्टर नितिन साटम की टीम ने आरोपी पर करीब 10 दिन तक लगातार नज़र रखी।

    CCTV फुटेज में सामने आया कि वह हर रात लगभग 2.30 बजे मार्वे रोड, स्थित मालवनी कब्रिस्तान के पास वाले सिग्नल से गुजरता है
    पुलिस टीम उसकी रूटीन मूवमेंट का पीछा करते हुए शनिवार की रात उसे पकड़ने में सफल रही।

    रंगे हाथों गिरफ्तार, चोरी की बाइक भी बरामद

    शनिवार देर रात पुलिस ने उसे एक दुकान का शटर उठाते समय रंगे हाथों पकड़ लिया।
    जांच में पता चला कि जिस बाइक से वह घूमता था वह भी मटुंगा इलाके से चोरी की गई थी
    अदालत ने उसे पुलिस हिरासत में भेज दिया है और चोरी की रकम व सामान की बरामदगी की कोशिशें जारी हैं।

    कई मामलों का खुलासा

    कांदिवली पुलिस के मुताबिक, मोनू की गिरफ्तारी के बाद अब तक
    10 चोरी के मामले सुलझाए जा चुके हैं,
    जिनमें छह मामले कांदिवली के, जबकि बाकी मालाड और बांगुर नगर के हैं।
    पुलिस का मानना है कि जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, और भी मामले खुल सकते हैं।


    FAQ सेक्शन

    1. मोनू कौन है और उसे क्यों गिरफ्तार किया गया?

    मोनू उर्फ़ आज़न खान पर मुंबई में 100 से ज़्यादा दुकानों में चोरी करने का आरोप है। पुलिस ने उसे मलवानी इलाके से रंगे हाथों पकड़ा।

    2. वह किस तरह की दुकानों को निशाना बनाता था?

    वह सिर्फ़ मेडिकल स्टोर, हार्डवेयर दुकानें, मिठाई और किराना दुकानों में सेंध लगाता था और सिर्फ़ नकदी चुराता था।

    3. पुलिस ने उसे कैसे पकड़ा?

    करीब 10 दिन की निगरानी और CCTV फुटेज की मदद से उसकी हर रात की मूवमेंट ट्रैक की गई। अंत में उसे शटर उठाते हुए रंगे हाथों दबोच लिया गया।

    4. क्या चोरी का सामान बरामद हुआ है?

    पुलिस ने उसकी चोरी की बाइक बरामद की है, और बाकी चोरी की रकम व सामान की तलाश जारी है।

    5. आरोपी पर अब तक कितने केस दर्ज हैं?

    कांदिवली पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के साथ 10 चोरी के केस सुलझा लिए हैं, और संख्या बढ़ सकती है।