Category: West India

  • पवित्र रिश्ता फेम प्रिया मराठे का 38 साल की उम्र में निधन

    पवित्र रिश्ता फेम प्रिया मराठे का 38 साल की उम्र में निधन

    टीवी और मराठी फिल्मों की जानी-मानी अभिनेत्री प्रिया मराठे का 38 साल की उम्र में मुंबई में निधन हो गया। ‘पवित्र रिश्ता’ में निभाए गए उनके किरदार को आज भी दर्शक याद करते हैं। Pavitra Rishta fame Priya Marathe dies at the age of 38

    मुंबई: मराठी और हिंदी टीवी इंडस्ट्री की लोकप्रिय अभिनेत्री प्रिया मराठे का 38 वर्ष की उम्र में निधन हो गया है। वह पिछले एक साल से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रही थीं। 31 अगस्त 2025, रविवार को उन्होंने मुंबई से सटे मीरा रोड स्थित अपने घर में अंतिम सांस ली। Pavitra Rishta fame Priya Marathe dies at the age of 38

    प्रिया मराठे ने अपनी मेहनत और अभिनय के दम पर मराठी और हिंदी टीवी इंडस्ट्री में एक खास पहचान बनाई थी। उन्हें ज़्यादातर लोग ‘पवित्र रिश्ता’ सीरियल में निभाए गए ‘वर्षा’ के किरदार से पहचानते हैं। इस शो में दिवंगत अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत और अंकिता लोखंडे भी मुख्य भूमिकाओं में थे। Pavitra Rishta fame Priya Marathe dies at the age of 38

    प्रिया मराठे का शुरुआती जीवन और करियर

    प्रिया का जन्म 23 अप्रैल 1987 को मुंबई में हुआ था। पढ़ाई-लिखाई यहीं से पूरी करने के बाद उन्होंने अभिनय की दुनिया में कदम रखा। शुरुआत में वह स्टैंड-अप कॉमेडियन के रूप में जानी जाती थीं। इसके बाद उन्होंने मराठी सीरियल्स में काम करना शुरू किया। Pavitra Rishta fame Priya Marathe dies at the age of 38

    उनका पहला मराठी सीरियल ‘या सुखानंया’ था, जिसके बाद उन्होंने ‘चार दिवस सासूचे’ जैसे शो में भी काम किया। धीरे-धीरे उन्होंने हिंदी टीवी इंडस्ट्री में भी अपनी जगह बनाई। Pavitra Rishta fame Priya Marathe dies at the age of 38

    ‘पवित्र रिश्ता’ से मिली पहचान

    प्रिया मराठे को असली पहचान ‘पवित्र रिश्ता’ से मिली। इस सीरियल में उन्होंने वर्षा का किरदार निभाया, जो दर्शकों के बीच काफी लोकप्रिय हुआ। उनकी एक्टिंग में गहराई और सच्चाई झलकती थी, जिस वजह से लोग उनके किरदार से भावनात्मक रूप से जुड़ गए। Pavitra Rishta fame Priya Marathe dies at the age of 38

    अन्य टीवी शो और किरदार

    ‘पवित्र रिश्ता’ के अलावा प्रिया ने कई पॉपुलर टीवी शोज़ में काम किया।

    • उन्होंने ‘बड़े अच्छे लगते हैं’ में ज्योति मल्होत्रा का किरदार निभाया।
    • मराठी सीरियल ‘तू तिथे मी’ में प्रिया मोहते का नेगेटिव रोल किया।
    • साल 2017 में उन्होंने स्टार प्लस के शो ‘साथ निभाना साथिया’ में भावनी राठौड़ का किरदार निभाया, जिसमें वह एक खलनायिका बनीं।

    उनके अभिनय में विविधता देखने को मिलती थी – कॉमिक रोल से लेकर नेगेटिव किरदार तक उन्होंने हर भूमिका को जीवंत कर दिया। Pavitra Rishta fame Priya Marathe dies at the age of 38

    निजी जीवन

    प्रिया मराठे का विवाह 24 अप्रैल 2012 को अभिनेता शंतनु मोगे से हुआ था। शंतनु ने भी मराठी सीरियल ‘स्वराज्य रक्षक संभाजी’ में अहम भूमिका निभाई थी। दोनों का रिश्ता इंडस्ट्री में एक आदर्श जोड़ी के रूप में देखा जाता था। Pavitra Rishta fame Priya Marathe dies at the age of 38

    कैंसर से संघर्ष

    पिछले एक साल से प्रिया कैंसर से जूझ रही थीं। इलाज के दौरान भी उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और सकारात्मक बनी रहीं। लेकिन बीमारी ने अंततः उनकी ज़िंदगी छीन ली। Pavitra Rishta fame Priya Marathe dies at the age of 38

    इंडस्ट्री में शोक

    प्रिया मराठे के निधन से मराठी और हिंदी टीवी इंडस्ट्री में शोक की लहर है। उनके को-स्टार्स, दोस्त और फैन्स सोशल मीडिया पर शोक व्यक्त कर रहे हैं। लोग उन्हें एक टैलेंटेड, सादगीभरी और मिलनसार इंसान के रूप में याद कर रहे हैं।

    उनका योगदान हमेशा याद किया जाएगा और उनके निभाए किरदार आने वाले सालों तक दर्शकों के दिलों में जीवित रहेंगे। Pavitra Rishta fame Priya Marathe dies at the age of 38

  • मराठा आरक्षण आंदोलन: मुंबई में प्रदर्शनकारियों को पानी-भोजन की कमी

    मराठा आरक्षण आंदोलन: मुंबई में प्रदर्शनकारियों को पानी-भोजन की कमी

    मुंबई के आज़ाद मैदान में मनोज जरांगे के नेतृत्व में मराठा आरक्षण आंदोलन जारी है। प्रदर्शनकारियों को बारिश, भोजन और पानी की कमी से जूझना पड़ रहा है, जबकि BMC सुविधाओं का दावा कर रही है।

    मुंबई: मराठा आरक्षण की मांग को लेकर आज़ाद मैदान में चल रहा आंदोलन लगातार दूसरे दिन भी जारी रहा। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे कार्यकर्ता मनोज जरांगे ने शुक्रवार से अनिश्चितकालीन उपवास शुरू किया है। उनका मुख्य आग्रह है कि मराठा समुदाय को OBC श्रेणी में 10% आरक्षण दिया जाए। Maratha reservation movement: Protesters in Mumbai face shortage of water and food

    तेज़ बारिश और खराब मौसम ने प्रदर्शनकारियों की परेशानी बढ़ा दी है। कई लोग ट्रेन और बस से मुंबई पहुँचे हैं, लेकिन उन्हें भोजन, पानी और रहने की जगह की कमी का सामना करना पड़ रहा है। कई प्रदर्शनकारी छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (CSMT) के आसपास सड़क किनारे डेरा जमाए बैठे हैं और खुद ही खाना पकाने को मजबूर हैं। Maratha reservation movement: Protesters in Mumbai face shortage of water and food

    प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि आंदोलन स्थल के आसपास की दुकानें और होटल बंद करा दिए गए हैं। उनका कहना है कि सरकार और BMC ने जानबूझकर भोजन और पानी की आपूर्ति रोक दी है। वहीं दूसरी तरफ, बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) ने दावा किया है कि सभी जरूरी इंतज़ाम किए गए हैं। Maratha reservation movement: Protesters in Mumbai face shortage of water and food

    BMC के अनुसार –

    • 11 पानी के टैंकर उपलब्ध कराए गए हैं।
    • 29 मुफ्त शौचालय मैदान में खोले गए हैं।
    • मोबाइल और पोर्टेबल टॉयलेट्स आसपास लगाए गए हैं।
    • गड्ढों में भरे पानी को सुखाने के लिए दो ट्रक बजरी मैदान में डाली गई है।
    • चिकित्सा सहायता केंद्र, चार मेडिकल टीम और दो एम्बुलेंस 24 घंटे तैनात हैं।
    • मैदान में अंधेरा न रहे, इसके लिए हाई इंटेंसिटी फ्लडलाइट्स लगाई गई हैं।

    इसके बावजूद प्रदर्शनकारियों का कहना है कि हालात ज़मीनी स्तर पर अलग हैं। भोजन-पानी की वास्तविक कमी और शौचालयों की बदहाल स्थिति के चलते आंदोलनकारियों में गुस्सा है। Maratha reservation movement: Protesters in Mumbai face shortage of water and food

    मनोज जरांगे ने मीडिया से बात करते हुए कहा –
    “BMC प्रशासन मुख्यमंत्री के दबाव में काम कर रहा है और उन्होंने प्रदर्शनकारियों के लिए भोजन और पानी रोक दिया है। गरीब मराठाओं को परेशान किया जा रहा है, लेकिन हम पीछे नहीं हटेंगे।”

    मुंबई पुलिस और प्रशासन की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच, आंदोलन और तेज़ होने की संभावना जताई जा रही है।

  • Mumbai: वेज की जगह चिकन टाको दिया तो FIR दर्ज

    Mumbai: वेज की जगह चिकन टाको दिया तो FIR दर्ज

    मुंबई के अंधेरी में एक स्टूडेंट को पिज्जा आउटलेट ने वेज पनीर टाको की जगह चिकन परोस दिया। शिकायत के बाद पुलिस ने मैनेजर और स्टाफ पर FIR दर्ज कर दी है। Mumbai: FIR lodged for serving chicken taco instead of veg

    मुंबई: अंधेरी इलाके के एक पिज्जा आउटलेट पर बड़ा बवाल खड़ा हो गया है। एक 23 वर्षीय स्टूडेंट ने आरोप लगाया कि उसने वेज पनीर टाको ऑर्डर किया था लेकिन उसे डिलीवरी में चिकन टाको सर्व कर दिया गया। मामला इतना बढ़ा कि पुलिस तक पहुंच गया और अब आउटलेट मैनेजर और एक स्टाफ पर केस दर्ज किया गया है। Mumbai: FIR lodged for serving chicken taco instead of veg

    📌 कैसे शुरू हुआ मामला?

    जानकारी के मुताबिक, स्टूडेंट जो डेटा साइंस की पढ़ाई कर रहा है, 26 अगस्त की रात करीब 9 बजे उसने ऑनलाइन क्लासेस के दौरान घर पर पिज्जा आउटलेट से खाना मंगवाया। उसने वेज पनीर टाको और मैक्सिकन टाको ऑर्डर किया।

    जब ऑर्डर आया, उसने पहला बाइट लिया तो उसे स्वाद कुछ अजीब लगा। तुरंत जांच करने पर पता चला कि टाको में पनीर नहीं बल्कि चिकन था। चूंकि वह सख्त शाकाहारी है, यह गलती उसे बहुत अखर गई। Mumbai: FIR lodged for serving chicken taco instead of veg

    📞 मैनेजर से शिकायत और माफी

    स्टूडेंट ने तुरंत आउटलेट मैनेजर को फोन किया। मैनेजर ने इस गलती के लिए माफी मांगी और आश्वासन दिया कि ऐसा दोबारा नहीं होगा। लेकिन स्टूडेंट ने इसे सिर्फ “माफ़ी” तक सीमित नहीं रखा और कानून का सहारा लेने का फैसला किया।

    🚔 FIR दर्ज, पुलिस जांच में जुटी

    अगले दिन यानी 27 अगस्त को छात्र ने अंधेरी पुलिस स्टेशन जाकर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मैनेजर और उस स्टाफ के खिलाफ FIR दर्ज की जिसने यह ऑर्डर तैयार किया था। Mumbai: FIR lodged for serving chicken taco instead of veg

    पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह पता लगाया जा रहा है कि डिश बदलने की गलती लापरवाही थी या जानबूझकर किया गया। फिलहाल, मामला जांच के अधीन है। Mumbai: FIR lodged for serving chicken taco instead of veg

    🥗 शाकाहारी-नॉनवेज विवाद और संवेदनशीलता

    मुंबई जैसे महानगर में जहां वेज और नॉनवेज खाने वालों की बड़ी तादाद है, वहां इस तरह का मिक्सअप गंभीर विवाद खड़ा कर सकता है। कई लोग धार्मिक और व्यक्तिगत कारणों से नॉनवेज नहीं खाते। ऐसे में गलती से भी नॉनवेज परोसना एक बड़ी लापरवाही मानी जाती है। Mumbai: FIR lodged for serving chicken taco instead of veg

    ⚖️ सोशल मीडिया पर चर्चा

    यह मामला सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय बना हुआ है। कुछ लोग स्टूडेंट के फैसले का समर्थन कर रहे हैं तो कुछ का कहना है कि यह आउटलेट की मानवीय गलती हो सकती है। लेकिन ज्यादातर यूज़र्स का कहना है कि फूड इंडस्ट्री में इतनी लापरवाही स्वीकार नहीं की जा सकती। Mumbai: FIR lodged for serving chicken taco instead of veg

    विश्वासघात का मामला

    यह घटना सिर्फ एक स्टूडेंट और पिज्जा आउटलेट का मामला नहीं है, बल्कि यह पूरे फूड इंडस्ट्री के लिए चेतावनी है कि ग्राहक की डिमांड और उनकी डाइटरी प्राथमिकताओं का सम्मान करना बेहद ज़रूरी है। छोटी-सी गलती भी विश्वास तोड़ सकती है और कानूनी कार्रवाई तक ले जा सकती है। Mumbai: FIR lodged for serving chicken taco instead of veg

  • न्यूट्रिशन का ‘डार्क मैटर’: आखिर क्या खा रहे हैं हम?

    न्यूट्रिशन का ‘डार्क मैटर’: आखिर क्या खा रहे हैं हम?

    जानिए न्यूट्रिशन का ‘डार्क मैटर’ क्या है और क्यों आपका खाना सिर्फ कैलोरी और विटामिन तक सीमित नहीं है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    डिजिटल डेस्क
    मुंबई:
    जब 2003 में वैज्ञानिकों ने ह्यूमन जीनोम (मानव का पूरा जेनेटिक कोड) सीक्वेंस किया था, तब उम्मीद थी कि इससे बीमारियों के रहस्य खुल जाएंगे। लेकिन रिसर्च से पता चला कि जेनेटिक्स यानी हमारे जीन्स, बीमारियों का सिर्फ 10% कारण बनते हैं। बाकी 90% फैक्टर हमारे एनवायरनमेंट और डाइट (खानपान) से जुड़े हैं। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    पूरी दुनिया में खराब खानपान हर साल 25 साल से ऊपर के करीब हर 5 में से 1 व्यक्ति की मौत से जुड़ा है। यूरोप में लगभग आधी हार्ट डिजीज मौतें पुअर डाइट के कारण होती हैं। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    पिछले कई दशकों से हमें कम फैट, कम नमक और कम शुगर खाने की सलाह मिलती रही है। लेकिन मोटापा और डाइट-रिलेटेड बीमारियाँ लगातार बढ़ रही हैं। यानी कहीं न कहीं न्यूट्रिशन को समझने के हमारे तरीके में कुछ कमी है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    न्यूट्रिशन सिर्फ प्रोटीन और विटामिन तक नहीं

    अब तक डाइट को अक्सर सरल रूप में समझा गया है – खाना यानी ईंधन, और न्यूट्रिएंट्स यानी शरीर की ईंटें। प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, फैट और विटामिन – यानी लगभग 150 ज्ञात केमिकल्स ही हमारी थाली के मुख्य किरदार माने गए। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    लेकिन नई रिसर्च बताती है कि हमारी डाइट में 26,000 से ज्यादा कम्पाउंड्स होते हैं, जिनमें से ज्यादातर के बारे में हमें पता तक नहीं है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    The-dark-matter-of-nutrition
    प्रतिकारात्मक फाइल तस्वीर

    जैसे अंतरिक्ष में डार्क मैटर, वैसे ही हमारे खाने में भी

    खगोल विज्ञान (Astronomy) बताता है कि ब्रह्मांड का लगभग 27% हिस्सा डार्क मैटर से भरा है। ये दिखाई नहीं देता, लेकिन उसके ग्रेविटेशनल असर से वैज्ञानिक जानते हैं कि यह मौजूद है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    इसी तरह न्यूट्रिशन साइंस भी डार्क मैटर की तरह एक रहस्य से भरा है। हमारी थाली में ढेर सारे ऐसे केमिकल्स हैं जिन्हें हम रोज खाते हैं, लेकिन हमें नहीं पता कि उनका शरीर पर क्या असर पड़ता है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    इन्हें ही वैज्ञानिक “Nutritional Dark Matter” कहते हैं।

    फूडोमिक्स (Foodomics) क्या है?

    इस डार्क मैटर को समझने के लिए एक नई रिसर्च फील्ड है – Foodomics
    यह चार साइंस की ब्रांच को जोड़ती है:

    • Genomics (जीन्स का रोल)
    • Proteomics (प्रोटीन्स का स्टडी)
    • Metabolomics (सेल एक्टिविटी)
    • Nutrigenomics (जीन्स और डाइट का रिश्ता)

    इससे पता चल रहा है कि खाना सिर्फ कैलोरी और विटामिन का खेल नहीं, बल्कि एक जटिल केमिकल वेब है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    उदाहरण: मेडिटेरेनियन डाइट क्यों काम करती है?

    मेडिटेरेनियन डाइट (Mediterranean Diet) में फ्रूट्स, वेजिटेबल्स, होल ग्रेन्स, लेग्यूम्स, नट्स, ऑलिव ऑयल और मछली शामिल होती है। इसे हार्ट डिजीज से बचाव के लिए बेस्ट माना जाता है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    लेकिन क्यों?

    👉 रिसर्च से पता चला है कि जब हम रेड मीट और अंडे खाते हैं तो गट बैक्टीरिया उन्हें तोड़कर TMAO (Trimethylamine N-oxide) बनाते हैं। TMAO की हाई लेवल हार्ट डिजीज का खतरा बढ़ाती है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    लेकिन लहसुन में मौजूद कुछ पदार्थ TMAO के बनने को ब्लॉक कर देते हैं। यानी डाइट में एक चीज दूसरी के नेगेटिव असर को कंट्रोल कर सकती है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    गट बैक्टीरिया और डाइट का रिश्ता

    हमारे आंतों के बैक्टीरिया कई कम्पाउंड्स को नए केमिकल्स में बदल देते हैं, जो इंफ्लेमेशन, इम्युनिटी और मेटाबोलिज्म पर असर डालते हैं। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    उदाहरण:

    • Ellagic Acid (फ्रूट्स और नट्स में पाया जाने वाला) गट बैक्टीरिया की मदद से Urolithins में बदल जाता है।
    • ये यू्रोलिथिन्स हमारी माइटोकॉन्ड्रिया (शरीर की एनर्जी फैक्ट्री) को हेल्दी रखने में मदद करते हैं।

    जेनेटिक्स और डाइट का कनेक्शन

    डाइट सिर्फ शरीर पर असर नहीं डालती, बल्कि हमारे जीन्स को भी ऑन-ऑफ कर सकती है। इसे कहते हैं EpigeneticsThe ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    उदाहरण:
    दूसरे विश्व युद्ध में जब नीदरलैंड में अकाल पड़ा, उस समय गर्भवती माताओं के बच्चों में आगे चलकर हार्ट डिजीज, डायबिटीज और स्किज़ोफ्रेनिया का खतरा ज्यादा पाया गया। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    सालों बाद पता चला कि उनकी जीन एक्टिविटी उनकी माँ की डाइट से बदल गई थी। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    फूडोम प्रोजेक्ट: खाने का नक्शा बनाना

    आज Foodome Project जैसे इंटरनेशनल रिसर्च चल रहे हैं, जिनमें अब तक 1.3 लाख से ज्यादा फूड मॉलिक्यूल्स को लिस्ट किया जा चुका है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    इनका मकसद है एक ऐसा Atlas of Food Chemistry बनाना जिससे पता चले कि कौन सा कम्पाउंड शरीर पर क्या असर करता है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    क्यों जरूरी है ये समझना?

    • क्यों एक डाइट कुछ लोगों पर काम करती है और कुछ पर नहीं?
    • क्यों कुछ फूड्स बीमारी से बचाते हैं और कुछ उसे बढ़ाते हैं?
    • कौन से फूड कम्पाउंड्स को नई दवाइयों या न्यूट्रिशनल फूड्स में बदला जा सकता है?

    ये सारे जवाब Nutritional Dark Matter को समझे बिना नहीं मिल सकते। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    निष्कर्ष

    हमारी थाली में सिर्फ कैलोरी और न्यूट्रिएंट्स ही नहीं, बल्कि हजारों छुपे हुए केमिकल्स भी हैं। यह डार्क मैटर ऑफ न्यूट्रिशन हमारी सेहत, जीन्स और आने वाली पीढ़ियों पर असर डाल सकता है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

    जिस तरह डार्क मैटर ने ब्रह्मांड की समझ बदल दी, उसी तरह न्यूट्रिशनल डार्क मैटर को समझना हमारी सेहत, बीमारियों के इलाज और खाने की आदतों को बदल सकता है। The ‘dark matter’ of nutrition: What are we eating?

  • मुंबई के कांदीवली शताब्दी अस्पताल में दिव्यांग प्रमाणपत्र केंद्र

    मुंबई के कांदीवली शताब्दी अस्पताल में दिव्यांग प्रमाणपत्र केंद्र

    मुंबई महानगरपालिका ने कांदीवली शताब्दी अस्पताल में दिव्यांग प्रमाणपत्र केंद्र शुरू किया। अब पश्चिमी उपनगरों के दिव्यांगों को बड़ी राहत मिलेगी। Disability Certification Centre at Shatabdi Hospital, Kandivali, Mumbai

    मुंबई: बृहन्मुंबई महानगरपालिका की ओर से कांदीवली पश्चिम स्थित भारत रत्न डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर जनरल हॉस्पिटल (शताब्दी) में नया दिव्यांग परीक्षण, मूल्यांकन और प्रमाणपत्र वितरण केंद्र शुरू किया गया है। इस पहल से पश्चिमी उपनगरों के दिव्यांग नागरिकों को बड़ी राहत मिलेगी, जिन्हें पहले दस्तावेज़ और प्रमाणपत्र बनाने के लिए जेजे या कूपर अस्पताल तक लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी। Disability Certification Centre at Shatabdi Hospital, Kandivali, Mumbai

    किस तरह के प्रमाणपत्र मिलेंगे?

    इस नए केंद्र पर चार श्रेणियों में दिव्यांग प्रमाणपत्र उपलब्ध होंगे:

    1. हड्डी से जुड़ी विकलांगता (Orthopaedic disabilities)
    2. कान से जुड़ी विकलांगता (Ear-related conditions)
    3. आंखों की विकलांगता (Eye impairments)
    4. कुष्ठ रोग से संबंधित विकलांगता (Leprosy-related deformities)

    किन क्षेत्रों के लोगों को मिलेगी राहत?

    अब जोगेश्वरी से दहिसर और मीरा रोड से विरार तक के दिव्यांग नागरिकों को दस्तावेज़ीकरण के लिए लंबी दूरी तय करने की आवश्यकता नहीं होगी। यह सुविधा सीधे कांदीवली पश्चिम के शताब्दी अस्पताल में उपलब्ध होगी। Disability Certification Centre at Shatabdi Hospital, Kandivali, Mumbai

    प्रक्रिया और पंजीकरण

    • दिव्यांग नागरिकों को पहले Unique Disability ID (UDID) के लिए सरकारी वेबसाइट पर पंजीकरण करना होगा।
    • पंजीकरण के बाद योग्य उम्मीदवारों को हर बुधवार मेडिकल परीक्षण के लिए बुलाया जाएगा।
    • अस्पताल में एक विशेष अटेंडेंट भी तैनात रहेगा जो मरीजों को सभी विभागों तक लेकर जाएगा, रिपोर्ट जमा कराने में मदद करेगा और उनकी प्रक्रिया को आसान बनाएगा।

    अस्पताल प्रबंधन की भूमिका

    बृहन्मुंबई महानगर पालिका अस्पतालों के मुख्य अधीक्षक डॉ. चंद्रकांत पवार ने बताया कि यह कदम न सिर्फ स्थानीय मरीजों को फायदा देगा बल्कि कूपर अस्पताल पर बोझ भी कम करेगा। Disability Certification Centre at Shatabdi Hospital, Kandivali, Mumbai

    शुरुआत में यह केंद्र प्रति सप्ताह केवल 3–4 मरीजों को प्रमाणपत्र जारी करेगा क्योंकि कर्मचारियों को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है ताकि फर्जी दावों को रोका जा सके। अनुभव और प्रशिक्षण बढ़ने के साथ प्रमाणपत्र वितरण की गति भी बढ़ाई जाएगी। Disability Certification Centre at Shatabdi Hospital, Kandivali, Mumbai

    मुंबई महानगरपालिका की यह पहल दिव्यांग नागरिकों के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे न केवल समय और यात्रा की परेशानी कम होगी बल्कि दिव्यांगों को एक सम्मानजनक और सुविधाजनक व्यवस्था भी मिलेगी। Disability Certification Centre at Shatabdi Hospital, Kandivali, Mumbai

  • साइबर सुरक्षा: सीईआरटी-इन का फ्री बॉट रिमूवल टूल डाउनलोड करें

    साइबर सुरक्षा: सीईआरटी-इन का फ्री बॉट रिमूवल टूल डाउनलोड करें

    भारत सरकार का सीईआरटी-इन नागरिकों को साइबर सुरक्षा के लिए “फ्री बॉट रिमूवल टूल” डाउनलोड करने की सलाह दे रहा है। जानें कैसे बचे मालवेयर और बॉटनेट से। Cyber ​​Security: Download CERT-In’s Free Bot Removal Tool

    डिजिटल डेस्क
    मुंबई:
    आज के डिजिटल दौर में हर कोई इंटरनेट और स्मार्टफोन का इस्तेमाल कर रहा है। लेकिन इसके साथ ही साइबर अपराध भी तेजी से बढ़ रहे हैं। हैकर्स अक्सर बॉटनेट (Botnet) और मालवेयर (Malware) के जरिए लोगों के मोबाइल, कंप्यूटर और अन्य डिवाइस पर हमला करते हैं। ऐसे हमलों से न केवल आपकी पर्सनल जानकारी चोरी हो सकती है, बल्कि बैंकिंग डिटेल्स, पासवर्ड और डिजिटल पेमेंट से जुड़ी जानकारियां भी खतरे में पड़ जाती हैं। Cyber ​​Security: Download CERT-In’s Free Bot Removal Tool

    इसी खतरे को देखते हुए भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) के तहत काम करने वाली सीईआरटी-इन (CERT-In) यानी इंडियन कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम ने आम जनता के लिए खास पहल की है। Cyber ​​Security: Download CERT-In’s Free Bot Removal Tool

    सीईआरटी-इन का “फ्री बॉट रिमूवल टूल”

    सीईआरटी-इन ने लोगों को सलाह दी है कि वे अपने डिवाइस को सुरक्षित रखने के लिए सरकार की आधिकारिक वेबसाइट https://www.csk.gov.in से “फ्री बॉट रिमूवल टूल” डाउनलोड करें। यह टूल खास तौर पर ऐसे सॉफ़्टवेयर और प्रोग्राम को पहचानता है जो आपके डिवाइस को संक्रमित कर सकते हैं। Cyber ​​Security: Download CERT-In’s Free Bot Removal Tool

    इस टूल की मदद से –

    • आपके कंप्यूटर या मोबाइल में मौजूद हानिकारक बॉटनेट को हटाया जा सकता है।
    • डिवाइस की सिक्योरिटी को मजबूत बनाया जा सकता है।
    • ऑनलाइन लेन-देन और पर्सनल डाटा को चोरी होने से बचाया जा सकता है।

    बॉटनेट और मालवेयर क्या हैं?

    बॉटनेट ऐसे संक्रमित डिवाइसों का नेटवर्क होता है जिसे साइबर अपराधी कंट्रोल करते हैं। एक बार डिवाइस संक्रमित हो जाए, तो उसे रिमोटली इस्तेमाल कर स्पैम ईमेल भेजने, ऑनलाइन धोखाधड़ी करने या बड़े स्तर पर साइबर अटैक करने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है।
    मालवेयर यानी हानिकारक सॉफ़्टवेयर आपके डिवाइस में घुसकर आपकी जानकारी चुरा सकता है या सिस्टम को नुकसान पहुंचा सकता है। Cyber ​​Security: Download CERT-In’s Free Bot Removal Tool

    कैसे बचें साइबर हमलों से?

    सीईआरटी-इन और दूरसंचार विभाग ने नागरिकों को कुछ आसान साइबर सुरक्षा टिप्स भी दिए हैं:

    1. फ्री बॉट रिमूवल टूल ज़रूर डाउनलोड करें।
    2. अपने मोबाइल और कंप्यूटर में हमेशा एंटीवायरस अपडेट रखें।
    3. अनजान लिंक या संदिग्ध ईमेल पर क्लिक करने से बचें।
    4. डिजिटल पेमेंट और बैंकिंग ऐप्स में हमेशा टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन का इस्तेमाल करें।
    5. समय-समय पर पासवर्ड बदलते रहें और स्ट्रॉन्ग पासवर्ड रखें।

    क्यों है जरूरी यह टूल?

    मुंबई जैसे बड़े शहरों में रोज़ हजारों लोग ऑनलाइन ट्रांजैक्शन करते हैं। साइबर फ्रॉड के केस तेजी से बढ़ रहे हैं। हाल ही में कई मामलों में देखा गया कि लोगों के डिवाइस पर मालवेयर अटैक हुआ और उनकी बैंक अकाउंट डिटेल्स चोरी हो गईं। ऐसे में यह टूल हर नागरिक के लिए बेहद जरूरी है। Cyber ​​Security: Download CERT-In’s Free Bot Removal Tool

    नतीजा

    भारत सरकार की यह पहल आम नागरिकों को साइबर अपराधियों से सुरक्षित रखने की दिशा में एक बड़ा कदम है। यदि हर कोई इस फ्री बॉट रिमूवल टूल को डाउनलोड कर लेता है और बुनियादी सावधानियां बरतता है, तो न केवल व्यक्तिगत डेटा सुरक्षित रहेगा बल्कि देश की साइबर सुरक्षा भी मजबूत होगी। Cyber ​​Security: Download CERT-In’s Free Bot Removal Tool

  • Mumbai: ऑनलाइन गेमिंग में कर्ज़ को लेकर बिश्नोई गैंग की धमकी

    Mumbai: ऑनलाइन गेमिंग में कर्ज़ को लेकर बिश्नोई गैंग की धमकी

    मुंबई में ऑनलाइन गेमिंग में कर्ज़ से डूबे युवक ने बॉस को लॉरेंस बिश्नोई गैंग का नाम लेकर फिरौती धमकी दी। पुलिस ने जांच में चौंकाने वाला सच उजागर किया। Mumbai: Bishnoi gang threatens over debt in online gaming

    मुंबई: ऑनलाइन गेमिंग का नशा और कर्ज़ ने एक युवक को अपराध की राह पर धकेल दिया। मामला मुंबई के गोरेगांव पुलिस स्टेशन का है, जहां एक बिजनेसमैन को लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम पर धमकी भरा कॉल आया। कॉलर ने दावा किया कि बिजनेसमैन पर ₹25 लाख नकद और 1 किलो सोने की सुपारी दी गई है। जान बचाने के लिए उससे और ज्यादा फिरौती मांगी गई। Mumbai: Bishnoi gang threatens over debt in online gaming

    धमकी का खौफ और पुलिस की चालाकी

    कॉलर ने कहा – “हम जानते हैं आप जुहू में रहते हो, आपका ऑफिस गोरेगांव में है और फैक्ट्री वसई में। ऊपर से ऑर्डर आया है, आपकी दोनों बेटियों पर भी नज़र है। शूटर भेज दिए गए हैं।”
    बिजनेसमैन घबराकर बोला कि वह पैसा देने को तैयार है और रकम गोरेगांव पुलिस स्टेशन पहुंचाने की बात कही। लेकिन जैसे ही पुलिस स्टेशन का नाम आया, कॉलर ने फ़ौरन फोन काट दिया। Mumbai: Bishnoi gang threatens over debt in online gaming

    जांच में निकला चौंकाने वाला सच

    मुंबई पुलिस उपायुक्त संदीप जाधव और सीनियर इंस्पेक्टर सूर्यकांत खरात ने टीम बनाकर नंबर ट्रेस किया। जांच में सामने आया कि धमकी देने वाला कोई गैंगस्टर नहीं बल्कि बिजनेसमैन का ही कर्मचारी तेजस सेलार (26) है। तेजस ने ऑनलाइन गेमिंग में ₹3 लाख हारे और कर्ज़ चुकाने के लिए यह प्लान बनाया। Mumbai: Bishnoi gang threatens over debt in online gaming

    फर्जी आईडी से सिम कार्ड और बॉस की रूटीन का फायदा

    पुलिस ने बताया कि तेजस ने किसी और के नाम से नया सिम लिया और अपने मालिक की पूरी दिनचर्या का इस्तेमाल करके डराने की साजिश रचीवह जानता था कि बॉस के ऑफिस, फैक्ट्री और घर कहां हैं। इस वजह से धमकी असली लग रही थी। Mumbai: Bishnoi gang threatens over debt in online gaming

    तेजस को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया है। फिलहाल पुलिस उससे ऑनलाइन गेमिंग नेटवर्क और सिम कार्ड सप्लायर के बारे में पूछताछ कर रही है। Mumbai: Bishnoi gang threatens over debt in online gaming

  • Mumbai: भायखला के नाले से शव बरामद, तीन गिरफ्तार

    Mumbai: भायखला के नाले से शव बरामद, तीन गिरफ्तार

    मुंबई के भायखला में बिहार के युवक का शव नाले से बरामद हुआ। ज़मीन विवाद में हत्या का खुलासा, पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। Mumbai: Body recovered from Byculla drain, three arrested

    मुंबई: एक सनसनीखेज मामला भायखला इलाके से सामने आया है। यहाँ मज़गांव स्थित सूर्यकुंड सोसायटी के ड्रेनेज लाइन में एक युवक का शव बरामद हुआ। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि युवक की गला दबाकर हत्या की गई थी। मृतक की पहचान बिहार निवासी केशव कुमार चौधरी (झा) के रूप में हुई, जो महज़ दो हफ्ते पहले काम की तलाश में मुंबई आया था। Mumbai: Body recovered from Byculla drain, three arrested

    चाचा समेत तीन आरोपी गिरफ्तार

    पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक अपने मामा मृत्युञ्जय झा (36) के पास रह रहा था, जो मझगांव के एक सोसायटी में सिक्योरिटी गार्ड का काम करता था। इसी सोसायटी में गांव के दो अन्य परिचित — सनी कुमार चौधरी (31) और गिरिधारी रॉय — भी काम करते थे। Mumbai: Body recovered from Byculla drain, three arrested

    सोमवार की रात चारों लोग एक साथ शराब पी रहे थे। इसी दौरान गांव की पुश्तैनी ज़मीन को लेकर विवाद छिड़ गया। विवाद इतना बढ़ा कि मृत्युञ्जय ने गुस्से में अपने भांजे के गले पर पैर रखकर उसकी हत्या कर दी। Mumbai: Body recovered from Byculla drain, three arrested

    हत्या के बाद शव को नाले में फेंका

    हत्या के बाद तीनों आरोपियों ने शव को सोसायटी के ड्रेनेज टैंक में डाल दिया। घटना के बाद सनी और गिरिधारी बिहार भाग गए, जबकि मृत्युञ्जय मुंबई में ही छिपा रहा। Mumbai: Body recovered from Byculla drain, three arrested

    भायखला पुलिस ने स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के आधार पर मृत्युञ्जय को तुरंत गिरफ्तार कर लिया। वहीं, क्राइम ब्रांच यूनिट-3 ने सनी और गिरिधारी को भुसावल से पकड़कर मुंबई लाया। Mumbai: Body recovered from Byculla drain, three arrested

    पुलिस ने दर्ज किया मर्डर केस

    भायखला पुलिस ने तीनों आरोपियों पर हत्या का केस दर्ज कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि जमीन विवाद की जड़ तक पहुँचने के लिए आगे की जांच जारी है। यह घटना मुंबई जैसे महानगर में भी पारिवारिक और सामाजिक विवाद कैसे खून-खराबे में बदल सकते हैं, इसका बड़ा उदाहरण है। Mumbai: Body recovered from Byculla drain, three arrested

  • मनोज जारंगे आंदोलन को मिला विधायकों और सांसदों का समर्थन

    मनोज जारंगे आंदोलन को मिला विधायकों और सांसदों का समर्थन

    मराठा आरक्षण आंदोलन में मनोज जारंगे पाटिल को विधायकों और सांसदों का बड़ा समर्थन मिल रहा है। मुंबई की ओर रैली से सरकार पर दबाव बढ़ा।

    महाराष्ट्र: मराठा आरक्षण के लिए संघर्ष कर रहे मनोज जारंगे पाटिल का आंदोलन अब और तेज़ हो गया है। “चलो मुंबई” के नारे के बाद पूरे महाराष्ट्र में मराठा समाज बड़ी संख्या में उनके साथ खड़ा हो रहा है। खास बात यह है कि पहले चुप रहने वाले विधायक और सांसद अब समर्थन जताने के लिए आगे आने लगे हैं। Manoj Jarange movement got the support of MLAs and MPs

    जारंगे की यह स्पष्ट चेतावनी कि “जो विधायक और सांसद मराठा समाज के साथ नहीं होंगे, उन्हें जनता कभी माफ नहीं करेगी”, नेताओं पर दबाव डालने लगी है। नतीजा यह हुआ कि अब विभिन्न राजनीतिक दलों के जनप्रतिनिधि खुले तौर पर जारंगे के आंदोलन में शामिल हो रहे हैं। Manoj Jarange movement got the support of MLAs and MPs

    बीड जिले से बढ़ा समर्थन

    बीड के विधायक संदीप क्षीरसागर ने अंतरवली सराटी जाकर मनोज जारंगे से मुलाकात की और आंदोलन का समर्थन किया। इतना ही नहीं, वे मराठा युवकों के साथ रैली में भी शामिल हुए। बीड से ही सांसद बजरंग सोनवणे और माजलगांव के विधायक प्रकाश सोलंके ने भी आंदोलन को समर्थन देने का ऐलान किया है। Manoj Jarange movement got the support of MLAs and MPs

    वहीं, गेवराई विधायक विजयसिंह पंडित ने पहले ही सोशल मीडिया के जरिए “चलो मुंबई” का आह्वान कर दिया था और निर्वाचन क्षेत्र में बड़े-बड़े बैनर भी लगाए गए थे। Manoj Jarange movement got the support of MLAs and MPs

    धाराशिव और अन्य जिलों का रुख

    धाराशिव के विधायक कैलास पाटिल ने फेसबुक पोस्ट कर जारंगे के आंदोलन को जॉइन करने की अपील की है। ओमराजे निंबालकर ने भी सरकार से अपील की है कि मराठा समाज की मांगों को तुरंत सुलझाया जाए। Manoj Jarange movement got the support of MLAs and MPs

    राज्य के अन्य हिस्सों में भी नेताओं की ओर से समर्थन मिलने लगा है। एनसीपी (शरद पवार गुट), एनसीपी (अजित पवार गुट), शिवसेना (उद्धव ठाकरे गुट) और कांग्रेस—all पार्टियों ने आंदोलन को समर्थन दिया है। वरिष्ठ कांग्रेस नेता बालासाहेब थोरात ने भी मराठा समाज की मांगों को जायज़ बताते हुए आंदोलन के पक्ष में आवाज़ उठाई। Manoj Jarange movement got the support of MLAs and MPs

    गाँवों से उमड़ा जनसैलाब

    सिर्फ राजनीतिक ही नहीं, सामाजिक स्तर पर भी आंदोलन को भारी समर्थन मिल रहा है। महाराष्ट्र के अलग-अलग ज़िलों से मराठा समाज के लोग ट्रैक्टर, बस और गाड़ियों में भरकर मुंबई की ओर रवाना हो गए हैं। कई गांवों के युवा अपने गाँव के बैनर और झंडे लेकर जारंगे की रैली में शामिल हो रहे हैं। Manoj Jarange movement got the support of MLAs and MPs

    सरकार पर बढ़ता दबाव

    जारंगे के आंदोलन को मिल रहा राजनीतिक और सामाजिक समर्थन सरकार के लिए चुनौती बन गया है। नेताओं का झुकाव और जनता का बढ़ता दबाव यह साफ दिखा रहा है कि अगर सरकार ने जल्द ही ठोस समाधान नहीं निकाला, तो मुंबई में बड़ा जनसैलाब खड़ा हो सकता है। Manoj Jarange movement got the support of MLAs and MPs

  • लोकल ट्रेन में पैंट की जीप खोलकर युवती से छेड़छाड़ , Video Viral | यात्रियों ने ट्रेन से उतारकर पीटा

    लोकल ट्रेन में पैंट की जीप खोलकर युवती से छेड़छाड़ , Video Viral | यात्रियों ने ट्रेन से उतारकर पीटा

    ठाणे लोकल ट्रेन में युवती के बगल में बैठे युवक ने बैग की आड़ में घिनौनी हरकत की। वीडियो वायरल होने के बाद यात्रियों ने आरोपी को ट्रेन से उतारकर पीटा। सोशल मीडिया पर महिलाओं की सुरक्षा पर उठे सवाल। A girl was molested in a local train after her pants were zipped up, video went viral | Passengers were taken off the train and beaten up

    मुंबई: महाराष्ट्र के ठाणे से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जिसने फिर से लोकल ट्रेन में महिलाओं की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मंगलवार (26 अगस्त) दोपहर करीब 1:30 बजे ठाणे से वाशी जाने वाली हार्बर लाइन लोकल में एक यात्री ने युवती के साथ अश्लील हरकत की। इस पूरी घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। A girl was molested in a local train after her pants were zipped up, video went viral | Passengers were taken off the train and beaten up

    बैग की आड़ में घिनौनी हरकत

    जानकारी के मुताबिक, एक युवक ट्रेन में युवती के बगल में बैठा था। उसने बैग की आड़ में अश्लील हरकत शुरू कर दी। सामने की सीट पर बैठे एक अन्य यात्री ने इस हरकत को देख लिया और तुरंत मोबाइल में वीडियो रिकॉर्ड कर लिया। जैसे ही बगल में बैठी युवती को इसका एहसास हुआ, वह तुरंत सीट से उठ खड़ी हुई और युवक पर बरस पड़ी। A girl was molested in a local train after her pants were zipped up, video went viral | Passengers were taken off the train and beaten up

    यात्रियों ने आरोपी को ट्रेन से उतारकर पीटा

    वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि युवती ने आरोपी युवक को थप्पड़ मारे, इसके बाद आसपास बैठे अन्य यात्रियों ने भी उसे पकड़कर पीटा। इतना ही नहीं, आरोपी को अगले स्टेशन पर ट्रेन से उतारकर यात्रियों ने पुलिस को सौंपने की कोशिश की। A girl was molested in a local train after her pants were zipped up, video went viral | Passengers were taken off the train and beaten up

    सोशल मीडिया पर गुस्सा

    वीडियो वायरल होने के बाद नेटिज़न्स ने आरोपी की कड़ी आलोचना की। कई यूज़र्स ने लिखा कि ऐसे लोगों को सार्वजनिक रूप से सख्त सबक सिखाना चाहिए। एक यूज़र ने कहा – “वाह! ऐसे लोगों को जमकर पीटना चाहिए, ताकि कोई और ऐसी हरकत करने की हिम्मत न करे।” वहीं, दूसरे ने लिखा – “अगर ऐसे लोग मौजूद हों तो पुरुषों के डिब्बे में भी महिलाएं सुरक्षित नहीं रह सकतीं।” A girl was molested in a local train after her pants were zipped up, video went viral | Passengers were taken off the train and beaten up

    सार्वजनिक जगहों पर बढ़ रही घटनाएं

    इस घटना के बाद एक बार फिर यह सवाल उठ खड़ा हुआ है कि क्या मुंबई लोकल जैसी भीड़भाड़ वाली जगह पर भी महिलाएं सुरक्षित हैं? पिछले कुछ समय से मेट्रो, लोकल ट्रेन और बसों में महिलाओं के खिलाफ छेड़छाड़ और अश्लील हरकतों की घटनाएं बढ़ी हैं। सामाजिक संगठनों का कहना है कि रेलवे प्रशासन और पुलिस को ऐसे मामलों में तुरंत सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। A girl was molested in a local train after her pants were zipped up, video went viral | Passengers were taken off the train and beaten up

    🔎 निष्कर्ष

    ठाणे लोकल ट्रेन की यह घटना सिर्फ एक युवती के साथ छेड़छाड़ का मामला नहीं है, बल्कि यह महिलाओं की सुरक्षा पर गंभीर चिंता की तरफ इशारा करती है। वीडियो वायरल होने के बाद लोगों का गुस्सा सामने आना लाजमी है। अब देखना होगा कि रेलवे पुलिस इस मामले में कितनी सख्ती दिखाती है। A girl was molested in a local train after her pants were zipped up, video went viral | Passengers were taken off the train and beaten up