Category: Mumbai News

  • HC का झटका: मराठा आरक्षण नेता मनोज जरांगे अब मुंबई में बिना परमिशन प्रदर्शन नहीं कर पाएंगे

    HC का झटका: मराठा आरक्षण नेता मनोज जरांगे अब मुंबई में बिना परमिशन प्रदर्शन नहीं कर पाएंगे

    बॉम्बे हाईकोर्ट ने गणेशोत्सव को देखते हुए मनोज जरांगे को बिना अनुमति प्रदर्शन से रोका। अब सिर्फ तय जगह पर ही हो सकेगा आंदोलन।

    मुंबई। मराठा आरक्षण आंदोलन के नेता मनोज जरांगे को बॉम्बे हाईकोर्ट ने बड़ा झटका दिया है। अदालत ने साफ कहा कि अब जरांगे बिना परमिशन के मुंबई में आंदोलन या प्रदर्शन नहीं कर सकते। कोर्ट ने ये आदेश इसलिए दिया क्योंकि गणेशोत्सव के दौरान पुलिस पहले से ही शहर की सुरक्षा और भीड़ कंट्रोल में व्यस्त रहेगी।

    हाईकोर्ट की बेंच ने ये भी कहा कि लोकतंत्र में विरोध करना सबका हक है, लेकिन ये सिर्फ निर्धारित जगहों पर और सरकार की इजाजत लेकर ही किया जा सकता है। जरांगे और उनके समर्थकों को सरकार चाहे तो नवी मुंबई के खारघर में वैकल्पिक जगह भी दे सकती है, ताकि मुंबई की लाइफ और ट्रैफिक पर असर न पड़े।

    जरांगे ने हाल ही में सरकार को अल्टीमेटम दिया था कि अगर मराठा समाज को OBC कोटे में 10% आरक्षण नहीं मिला, तो वह 29 अगस्त से मुंबई में अनिश्चितकालीन अनशन करेंगे। इसी को लेकर अदालत में एमी फाउंडेशन ने जनहित याचिका दायर की थी।

    राज्य सरकार ने भी कोर्ट में कहा कि वे शांतिपूर्ण आंदोलन का विरोध नहीं करते, लेकिन गणेशोत्सव जैसे बड़े त्योहार में भीड़ और ट्रैफिक की वजह से कानून-व्यवस्था बिगड़ सकती है। इसी कारण कोर्ट ने परमिशन की शर्त रखी।

    अब अगली सुनवाई 9 सितंबर को होगी और जरांगे को इस मामले में जवाब दाखिल करना होगा।

  • 🚨 कांग्रेस को बड़ा झटका: महेंद्र मुंगेकर शिंदे शिवसेना में शामिल, बीएमसी चुनाव से पहले बदला सियासी समीकरण

    🚨 कांग्रेस को बड़ा झटका: महेंद्र मुंगेकर शिंदे शिवसेना में शामिल, बीएमसी चुनाव से पहले बदला सियासी समीकरण

    बृहन्मुंबई महानगर पालिका कार्यालय (BMC) चुनाव 2025 से पहले कांग्रेस को बड़ा झटका। महेंद्र मुंगेकर, उनकी पत्नी पल्लवी मुंगेकर और सैकड़ों कार्यकर्ता कांग्रेस छोड़कर शिंदे शिवसेना में शामिल हुए। जानें पूरी खबर और राजनीतिक असर। Big blow to Congress: Mahendra Mungekar Shinde joins Shiv Sena, political equation changes before BMC elections

    मंत्रालय प्रतिनिधि
    मुंबई:
    महाराष्ट्र की राजनीति में बड़ा उलटफेर हुआ है। मुंबई कांग्रेस के दिग्गज नेता और सांसद व मुंबई कांग्रेस महासचिव वर्षा गायकवाड़ के करीबी माने जाने वाले महेंद्र मुंगेकर ने कांग्रेस पार्टी से इस्तीफा देकर मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की अगुवाई वाली शिवसेना (शिंदे गुट) का दामन थाम लिया है। Big blow to Congress: Mahendra Mungekar Shinde joins Shiv Sena, political equation changes before BMC elections

    मुंगेकर के साथ उनकी पत्नी और पूर्व नगरसेविका पल्लवी मुंगेकर और सैकड़ों समर्थक भी कांग्रेस से अलग होकर शिवसेना में शामिल हो गए। यह घटनाक्रम ऐसे समय पर सामने आया है जब बृहन्मुंबई महानगर पालिका (BMC) के चुनाव सिर पर हैं। Big blow to Congress: Mahendra Mungekar Shinde joins Shiv Sena, political equation changes before BMC elections

    🔹 मुंबई कांग्रेस को लगा करारा झटका

    महेंद्र मुंगेकर का कांग्रेस छोड़ना पार्टी के लिए बड़ा नुकसान माना जा रहा है। वे लंबे समय से वर्षा गायकवाड़ के बेहद करीबी और संगठनात्मक फैसलों में सक्रिय भूमिका निभाने वाले नेता रहे हैं।

    मुंबई कांग्रेस की राजनीति में उनका नाम बड़े चेहरे के रूप में लिया जाता था। स्थानीय स्तर पर उनकी पकड़ मजबूत रही है और वे पार्टी की चुनावी रणनीति का अहम हिस्सा रहे हैं।

    कांग्रेस सूत्रों का कहना है कि मुंगेकर के जाने से पार्टी न केवल संगठनात्मक रूप से कमजोर होगी बल्कि आगामी बीएमसी चुनावों में भी इसकी कीमत चुकानी पड़ सकती है।

    🔹 शिवसेना (शिंदे गुट) की चुनावी रणनीति को मिला बल

    एकनाथ शिंदे की शिवसेना फिलहाल मुंबई में अपनी पकड़ और मजबूत करने के मूड में है। बीएमसी चुनाव 2025 को लेकर पार्टी लगातार नए-नए नेताओं और कार्यकर्ताओं को जोड़ रही है।

    महेंद्र मुंगेकर के जुड़ने से शिवसेना को स्थानीय नेटवर्क और कांग्रेस से असंतुष्ट वोटरों तक पहुंचने में मदद मिलेगी। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि शिंदे गुट आने वाले दिनों में मुंगेकर को महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंप सकता है ताकि कांग्रेस के वोट बैंक को सीधे तौर पर चुनौती दी जा सके। Big blow to Congress: Mahendra Mungekar Shinde joins Shiv Sena, political equation changes before BMC elections

    🔹 कांग्रेस में बढ़ रहा है असंतोष?

    पिछले कुछ समय से महाराष्ट्र कांग्रेस में आंतरिक मतभेद और असंतोष की खबरें सामने आती रही हैं। महेंद्र मुंगेकर जैसे बड़े नेता का जाना इस बात का सबूत माना जा रहा है कि पार्टी की जमीनी पकड़ कमजोर होती जा रही है। Big blow to Congress: Mahendra Mungekar Shinde joins Shiv Sena, political equation changes before BMC elections

    विशेषज्ञ मानते हैं कि कांग्रेस के कई नेता खुद को पार्टी संगठन में दरकिनार महसूस कर रहे हैं। यही वजह है कि वे चुनाव से पहले विकल्प तलाशने में जुटे हैं।

    🔹 बीएमसी चुनाव 2025 पर असर

    बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) एशिया की सबसे अमीर नगरपालिका मानी जाती है और यहां के चुनाव हमेशा बेहद अहम होते हैं।

    • कांग्रेस को उम्मीद थी कि मुंबई कांग्रेस का नेटवर्क और पुराने नेता पार्टी को मजबूती देंगे।
    • लेकिन महेंद्र मुंगेकर के जाने से कांग्रेस की रणनीति को बड़ा झटका लगा है।
    • अब शिंदे गुट इस मौके का फायदा उठाकर कांग्रेस के वोट बैंक को अपने पाले में करने की कोशिश करेगा।

    बीजेपी पहले से ही शिंदे गुट की सहयोगी है। ऐसे में दोनों दलों की एकजुटता कांग्रेस और उद्धव ठाकरे गुट के लिए बड़ी चुनौती साबित हो सकती है। Big blow to Congress: Mahendra Mungekar Shinde joins Shiv Sena, political equation changes before BMC elections

    🔹 राजनीतिक विश्लेषण

    1. कांग्रेस की कमजोरी:
       मुंगेकर के कांग्रेस छोड़ने से यह संदेश गया है कि पार्टी अपने ही बड़े नेताओं को संभाल नहीं पा रही है।

    2. शिंदे गुट का आत्मविश्वास:
       बीएमसी चुनाव से पहले लगातार नेताओं का पार्टी में आना यह दर्शाता है कि शिंदे गुट खुद को आक्रामक मोड में लेकर चल रहा है।

    3. गठबंधन की राजनीति:
       बीजेपी-शिंदे गुट की जोड़ी बनाम कांग्रेस-उद्धव ठाकरे गुट की लड़ाई और ज्यादा दिलचस्प होती जा रही है।

    🔹 आगे की राह

    राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले हफ्तों में और भी कांग्रेस नेता शिंदे गुट या बीजेपी का रुख कर सकते हैं। बीएमसी चुनाव में अब मुकाबला सीधा और कड़ा होने की संभावना है।

    मुंबई की राजनीति में यह साफ हो गया है कि सत्ता पक्ष (शिंदे-बीजेपी गठबंधन) कोई भी मौका गंवाना नहीं चाहता और विपक्ष की कमजोरी का भरपूर फायदा उठा रहा है।

    📝 निष्कर्ष

    महेंद्र मुंगेकर का कांग्रेस छोड़ना और शिंदे शिवसेना में शामिल होना न सिर्फ कांग्रेस के लिए बड़ा झटका है बल्कि यह आने वाले बीएमसी चुनाव 2025 के लिए राजनीतिक समीकरण बदलने वाला कदम है। Big blow to Congress: Mahendra Mungekar Shinde joins Shiv Sena, political equation changes before BMC elections

    मुंबई की सियासत में इस घटनाक्रम से साफ हो गया है कि शिंदे गुट अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए आक्रामक रणनीति अपना रहा है, जबकि कांग्रेस के सामने अब अपनी साख बचाने की चुनौती है। Big blow to Congress: Mahendra Mungekar Shinde joins Shiv Sena, political equation changes before BMC elections

  • मुंबई के ट्रेन टॉयलेट में मिला 3 साल के मासूम का शव, सूरत से अपहरण कर की हत्या

    मुंबई के ट्रेन टॉयलेट में मिला 3 साल के मासूम का शव, सूरत से अपहरण कर की हत्या

    सूरत से अपहरण कर 3 साल के बच्चे की हत्या, शव मुंबई लोकमान्य तिलक टर्मिनस पर ट्रेन टॉयलेट में मिला। आरोपी विकाश शाह गिरफ्तार, पुलिस जांच जारी। The body of a 3-year-old innocent was found in a train toilet in Mumbai, he was kidnapped from Surat and murdered

    डिजिटल डेस्क
    मुंबई:
    एक दिल दहला देने वाली घटना ने सूरत और मुंबई दोनों शहरों को हिला कर रख दिया है। सूरत से अपने तीन साल के कज़िन का अपहरण कर हत्या करने वाले युवक ने बच्चे का शव मुंबई लोकमान्य तिलक टर्मिनस (LTT) पर खड़ी ट्रेन के टॉयलेट में छोड़ दिया। यह मामला सामने आया जब ट्रेन के सफाईकर्मी ने शव देखा और तुरंत पुलिस को सूचना दी। The body of a 3-year-old innocent was found in a train toilet in Mumbai, he was kidnapped from Surat and murdered

    आरोपी विकाश शाह गिरफ्तार

    पुलिस के मुताबिक, आरोपी की पहचान विकास शाह (25 वर्ष) के रूप में हुई है।

    • उसे मुंबई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स (BKC) से गिरफ्तार किया गया।
    • आरोपी मूल रूप से सूरत का रहने वाला है और वह पिछले हफ्ते अपनी मां के साथ रिश्तेदार के घर आया था।
    • बच्चे की मां से झगड़े के बाद उसने 22 अगस्त को मासूम को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले लिया।

    सूरत क्राइम ब्रांच के DCP बी. राजिया ने पुष्टि की कि आरोपी को मुंबई से गिरफ्तार कर सूरत ले जाया गया है और जल्द ही अदालत में पेश किया जाएगा। The body of a 3-year-old innocent was found in a train toilet in Mumbai, he was kidnapped from Surat and murdered

    कैसे हुआ पूरा घटनाक्रम?

    • आरोपी ने बच्चे को सूरत रेलवे स्टेशन से उठाया और उसे लेकर ट्रेन में बैठ गया।
    • वह सौराष्ट्र एक्सप्रेस से मुंबई आया।
    • इसके बाद उसने बच्चे की हत्या की और शव को कुशीनगर एक्सप्रेस की एसी कोच B2 के टॉयलेट में छोड़ दिया।
    • फिलहाल पुलिस यह जांच कर रही है कि हत्या कहां और कैसे हुई।

    GRP अधिकारी ने बताया –
    “बच्चे की मां ने उसी दिन शाम को अमरोली पुलिस स्टेशन, सूरत में शिकायत दर्ज कराई थी। हमें सूचना मिली कि आरोपी मुंबई भाग आया है। बाद में लोकमान्य तिलक टर्मिनस पर शव बरामद हुआ।” The body of a 3-year-old innocent was found in a train toilet in Mumbai, he was kidnapped from Surat and murdered

    बच्चे की मां और परिवार

    बच्चे की मां बिहार की रहने वाली हैं और सूरत में अपने परिवार के साथ रहती हैं।

    • पति दुबई में नौकरी करते हैं।
    • परिवार में आठ साल की बेटी और पांच साल का बेटा भी है।
    • आरोपी विकास शाह रिश्तेदार के घर ठहरा हुआ था और वारदात से पहले वह शिकायतकर्ता का मोबाइल भी ले गया था।

    पुलिस जांच जारी

    • सूरत पुलिस आरोपी को रिमांड पर लेकर हत्या की असल वजह और घटनाक्रम की जानकारी जुटा रही है।
    • पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी ने बच्चे की हत्या किस परिस्थिति में और कहां की।
    • मुंबई और सूरत पुलिस इस मामले में संयुक्त रूप से काम कर रही हैं।
  • मुंबई की स्टार्टअप कंपनी में अनोखी नौकरी – ‘Doom-Scroller’

    मुंबई की स्टार्टअप कंपनी में अनोखी नौकरी – ‘Doom-Scroller’

    Monk Entertainment के CEO विराज शेट ने अनोखी नौकरी निकाली है। कंपनी को चाहिए Doom-Scoller, जो दिनभर सोशल मीडिया पर ट्रेंड्स और क्रिएटर कल्चर पर नजर रखे। जानें क्या है योग्यता और सैलरी। Mumbai company will give jobs to ‘Doom-Scrollers’, their only work will be Insta-scrolling all day long.

    डिजिटल डेस्क
    मुंबई:
    क्या आपने कभी सोचा है कि सोशल मीडिया पर घंटों तक इंस्टाग्राम और रील्स स्क्रॉल करना भी नौकरी बन सकता है? जी हां, मुंबई की मशहूर क्रिएटर मैनेजमेंट कंपनी Monk Entertainment (Monk-E) के को-फाउंडर और CEO विराज शेट ने हाल ही में सोशल मीडिया पर एक पोस्ट डालकर बताया कि कंपनी को चाहिए फुल-टाइम Doom-ScrollerMumbai company will give jobs to ‘Doom-Scrollers’, their only work will be Insta-scrolling all day long.

    कौन है Doom-Scroller?

    ‘Doom-Scroller’ दरअसल वह होता है जो लगातार घंटों तक सोशल मीडिया पर ट्रेंड्स, वायरल कंटेंट और क्रिएटर्स से जुड़ी हर छोटी-बड़ी अपडेट्स पर नजर रखता है।
    Monk-E ने इस जॉब के लिए साफ शर्त रखी है कि उम्मीदवार को कम से कम 6 घंटे रोज़ Instagram पर स्क्रॉलिंग करनी होगी। Mumbai company will give jobs to ‘Doom-Scrollers’, their only work will be Insta-scrolling all day long.

    नौकरी के लिए योग्यता और स्किल्स

    कंपनी ने इस रोल के लिए कुछ जरूरी स्किल्स भी बताए हैं –

    • हिंदी और इंग्लिश दोनों भाषाओं में फ्लुएंसी होना जरूरी।
    • सोशल मीडिया का डीप नॉलेज और क्रिएटर कल्चर के प्रति जुनून।
    • Reddit के InstaCelebsGossip जैसे ऑनलाइन कम्युनिटी में रुचि।
    • ह्यूमर और पर्सनैलिटी के साथ मेल भेजने की क्षमता (सीधा कॉपी-पेस्ट नहीं, खुद की क्रिएटिविटी दिखानी होगी)।

    विराज शेट ने अपने पोस्ट में लिखा –
    “Hiring Doom-Scollers at Monk-E. Write to careers@monk-e.in with ‘doomscroller’ as the title. Please show some personality/humour in the email body. Do not use ChatGPT for it.”

    सैलरी और जॉब लोकेशन

    यह नौकरी मुंबई में फुल-टाइम होगी और कंपनी ने इसे प्रतिस्पर्धी सैलरी पैकेज के साथ ऑफर किया है। हालांकि, कितनी सैलरी मिलेगी यह अभी तक डिस्क्लोज़ नहीं किया गया है।

    सोशल मीडिया पर यूजर्स की मजेदार प्रतिक्रिया

    इस पोस्ट ने इंटरनेट पर धूम मचा दी। कई यूजर्स ने मजाकिया अंदाज में कहा –

    • “अब मम्मी को बोलूंगा कि मेरा Doom-Scrolling टाइम बर्बादी नहीं बल्कि नौकरी है।”
    • “19 घंटे स्क्रॉल करता हूं, क्या मैं ओवरक्वालिफाइड हूं?”
    • “बुरा एडिक्शन नहीं, अब ये पैसों वाली स्किल है।”

    कई यूजर्स ने इसे मजाक समझा, जबकि बहुतों ने सच में “I am interested” लिखकर कॉमेंट कर दिया।

  • मराठा आरक्षण आंदोलन: मनोज जरांगे पाटिल का मुंबई कूच, 29 अगस्त से आज़ाद मैदान में आखिरी लड़ाई

    मराठा आरक्षण आंदोलन: मनोज जरांगे पाटिल का मुंबई कूच, 29 अगस्त से आज़ाद मैदान में आखिरी लड़ाई

    मराठा आरक्षण के लिए मनोज जरांगे पाटिल ने मुंबई कूच का ऐलान किया है। 27 अगस्त से जालना से यात्रा शुरू होगी और 29 अगस्त से मुंबई के आज़ाद मैदान में शांतिपूर्ण आंदोलन होगा। जानिए पूरी खबर।

    डिजिटल डेस्क
    मुंबई:
    महाराष्ट्र में एक बार फिर से मराठा आरक्षण का मुद्दा गरमाने लगा है। मराठा समाज के प्रमुख कार्यकर्ता मनोज जरांगे पाटिल ने साफ कर दिया है कि अब आरक्षण की लड़ाई सीधी मुंबई की सड़कों पर लड़ी जाएगी।
    उन्होंने रविवार 24 अगस्त को मराठा समाज से अपील करते हुए कहा कि 27 अगस्त को ‘चलो मुंबई’ मार्च में शामिल हों और 29 अगस्त से देश की आर्थिक राजधानी मुंबई के आज़ाद मैदान में शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। Maratha reservation movement: Manoj Jarange Patil marches to Mumbai, final battle at Azad Maidan from August 29

    “अब मुकाबला मुंबई में होगा” – जरांगे

    बीड जिले के मंजरसुम्बा गांव में आयोजित रैली को संबोधित करते हुए जरांगे ने कहा कि अगर गांव-गांव में जुटी भीड़ से सरकार को फर्क नहीं पड़ा तो असली दबाव मुंबई पहुंचने के बाद ही महसूस होगा।
    जरांगे ने कहा, “अब मुकाबला मुंबई में होगा। यह हमारी आखिरी लड़ाई है और हम मराठा आरक्षण लिए बिना पीछे नहीं हटेंगे।” Maratha reservation movement: Manoj Jarange Patil marches to Mumbai, final battle at Azad Maidan from August 29

    मराठा आरक्षण: ओबीसी कोटे में शामिल करने की मांग

    जरांगे और उनके समर्थकों की मुख्य मांग है कि मराठा समाज को ओबीसी आरक्षण में शामिल किया जाए, ताकि समाज के युवाओं को सरकारी नौकरी और शिक्षा में समान अवसर मिल सके।
    जरांगे 27 अगस्त को अपने पैतृक स्थान अंतरवाली सरती (जालना जिला) से मुंबई कूच करेंगे और हजारों समर्थकों के साथ आज़ाद मैदान तक पहुंचेंगे। Maratha reservation movement: Manoj Jarange Patil marches to Mumbai, final battle at Azad Maidan from August 29

    सीएम फडणवीस पर गंभीर आरोप

    जरांगे ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस पर आरोप लगाया कि वे छोटी-छोटी अड़चनें खड़ी करके मराठा समाज को उकसाने का काम कर रहे हैं। उन्होंने साफ कहा –
    “सीएम फडणवीस हमें पुलिस के जरिए परेशान करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन हम शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन करेंगे। पुलिस को हमें परेशान करने की बजाय बीड के महादेव मुंडे के हत्यारों को पकड़ना चाहिए।” Maratha reservation movement: Manoj Jarange Patil marches to Mumbai, final battle at Azad Maidan from August 29

    आंदोलन को शांतिपूर्ण रखने की अपील

    जरांगे ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहेगा। उन्होंने मराठा समाज से अपील की कि अगर कोई आंदोलन को भटकाने की कोशिश करे तो उसे पुलिस के हवाले कर दिया जाए।
    उन्होंने यह भी कहा कि “अगर कोई पत्थर फेंकेगा तो वह हमारा आदमी नहीं होगा, बल्कि यह सरकार की साज़िश भी हो सकती है।” Maratha reservation movement: Manoj Jarange Patil marches to Mumbai, final battle at Azad Maidan from August 29

    सरकार के लिए बड़ी चुनौती

    जरांगे का यह आंदोलन महाराष्ट्र सरकार के लिए एक बड़ी चुनौती बन सकता है। मराठा आरक्षण की मांग लंबे समय से चल रही है और हर बार यह मुद्दा राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर गरमा जाता है। जरांगे का यह ऐलान साफ संकेत देता है कि मुंबई में मराठा आरक्षण की सबसे बड़ी लड़ाई लड़ी जाएगी। Maratha reservation movement: Manoj Jarange Patil marches to Mumbai, final battle at Azad Maidan from August 29

  • मुंबई BEST क्रेडिट सोसायटी चुनाव: ठाकरे पैनल को झटका, बीजेपी समर्थित पैनल की जीत

    मुंबई BEST क्रेडिट सोसायटी चुनाव: ठाकरे पैनल को झटका, बीजेपी समर्थित पैनल की जीत

    मुंबई BEST क्रेडिट सोसायटी चुनाव में ठाकरे गठबंधन को बड़ा झटका। शशांक राव पैनल ने 14 सीटें जीतीं, जबकि बीजेपी नेताओं का पैनल 7 सीटों पर विजयी रहा। Mumbai BEST Credit Society Election: Setback for Thackeray panel, BJP-backed panel wins

    मंत्रालय प्रतिनिधि
    मुंबई: मुंबई BEST क्रेडिट सोसायटी चुनाव में ठाकरे गठबंधन को बड़ा झटका लगा है। नौ साल बाद हुए इस चुनाव में शशांक राव पैनल ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 21 में से 14 सीटों पर जीत हासिल की। वहीं, बीजेपी नेताओं प्रसाद लाड और प्रवीण डेरेकर के नेतृत्व वाला ‘सहकार समृद्धि’ पैनल 7 सीटों पर विजयी रहा। चौंकाने वाली बात यह रही कि उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे के ‘उत्कर्ष पैनल’ को एक भी सीट नहीं मिली। Mumbai BEST Credit Society Election: Setback for Thackeray panel, BJP-backed panel wins

    ठाकरे ब्रांड को झटका, विपक्ष के तंज

    इस हार पर विपक्षी नेताओं ने ठाकरे परिवार पर निशाना साधा। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा, “लोगों ने ठाकरे ब्रांड को नकार दिया है। जिन्होंने EVM पर सवाल उठाए थे, उन्हें जनता ने करारा जवाब दिया है।” वहीं उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने तंज कसते हुए कहा कि “जो काम करते हैं उन्हें मौका मिलेगा, और जो घर पर बैठते हैं उन्हें जनता घर पर ही बैठा देगी।” Mumbai BEST Credit Society Election: Setback for Thackeray panel, BJP-backed panel wins

    शिवसेना (UBT) और MNS के आरोप

    शिवसेना (UBT) नेता सुहास सामंत और मनसे नेता संदीप देशपांडे ने आरोप लगाया कि इस चुनाव में पैसे का खेल हुआ। उनका कहना था कि ठाकरे पैनल पैसे की ताकत के आगे टिक नहीं सका। Mumbai BEST Credit Society Election: Setback for Thackeray panel, BJP-backed panel wins

    शशांक राव का बयान

    चुनाव जीतने के बाद शशांक राव ने कहा कि यह जीत BEST कर्मचारियों की आवाज है। उन्होंने शिवसेना (UBT) पर आरोप लगाते हुए कहा कि “ठाकरे पैनल ने कर्मचारियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया, प्राइवेटाइजेशन की नीति अपनाई और ग्रेच्युटी फंड का गलत इस्तेमाल किया। कर्मचारियों की भर्तियां सालों से लंबित थीं और सातवें वेतन आयोग का लाभ भी नहीं मिला। यही वजह रही कि इस बार कर्मचारियों ने बदलाव का मन बनाया।” Mumbai BEST Credit Society Election: Setback for Thackeray panel, BJP-backed panel wins

    चुनाव का राजनीतिक महत्व

    करीब 17,000 सदस्यों वाली इस क्रेडिट सोसायटी के चुनाव को आगामी बीएमसी चुनाव से पहले राजनीतिक रूप से बेहद अहम माना जा रहा है। चुनाव में कुल 15,093 मतदाता दर्ज थे और हर विजयी उम्मीदवार को औसतन 4000 से ज्यादा वोट मिले। Mumbai BEST Credit Society Election: Setback for Thackeray panel, BJP-backed panel wins

  • मुंबई बिजनेसमैन कंगाल: ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप में 12 करोड़ गंवाए, परिवार और कारोबार तबाह

    मुंबई बिजनेसमैन कंगाल: ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप में 12 करोड़ गंवाए, परिवार और कारोबार तबाह

    मुंबई के एक बिजनेसमैन ने ऑनलाइन सट्टेबाजी गेमिंग ऐप में 12 करोड़ रुपये गंवाए। लॉकडाउन में शुरू हुई लत ने कारोबार और परिवार दोनों बर्बाद कर दिए। Mumbai businessman bankrupt: Lost 12 crores in online betting app, ruined family and business

    डिजिटल डेस्क
    मुंबई:
    लॉकडाउन में शुरू हुई ऑनलाइन सट्टेबाजी की लत ने एक बिजनेसमैन की जिंदगी तबाह कर दी। चार साल में उसने करीब 12 करोड़ रुपये एक गेमिंग ऐप पर गँवा दिए। परिवार और कारोबार दोनों बर्बाद हो गए और अब वह चाहता है कि सरकार ऐसे फर्जी गेमिंग ऐप्स पर कड़ा एक्शन ले। Mumbai businessman bankrupt: Lost 12 crores in online betting app, ruined family and business

    लॉकडाउन में मिली बर्बादी की शुरुआत

    2020 के कोविड लॉकडाउन में बिजनेसमैन ने एक सेलेब्रिटी द्वारा प्रमोट किए गए गेमिंग ऐप पर छोटे दांव लगाना शुरू किया। शुरुआत में लाखों की जीत ने उन्हें लुभाया, लेकिन धीरे-धीरे हार का सिलसिला बढ़ता गया। लत इतनी गहरी हो गई कि सालों की मेहनत से कमाया हुआ पैसा कुछ ही सालों में डूब गया। Mumbai businessman bankrupt: Lost 12 crores in online betting app, ruined family and business

    परिवार और कारोबार पर असर

    ऑनलाइन सट्टेबाजी की वजह से उनके माता-पिता को गंभीर स्वास्थ्य झटके लगे और कारोबार में भी नुकसान हुआ। जो बिजनेस पहले विदेश यात्राएं और मुनाफा देता था, वह अब घाटे में चला गया। Mumbai businessman bankrupt: Lost 12 crores in online betting app, ruined family and business

    “गेमिंग की लत नशे जैसी” – मनोचिकित्सक

    मनोचिकित्सक डॉ. अविनाश देसूसा का कहना है कि ऑनलाइन जुआ लत उतनी ही खतरनाक है जितनी ड्रग्स की। जीत का लालच खिलाड़ियों को बार-बार पैसे लगाने पर मजबूर करता है और बाहर निकलना बेहद मुश्किल हो जाता है। Mumbai businessman bankrupt: Lost 12 crores in online betting app, ruined family and business

    पुलिस शिकायत और विदेशी ऐप का जाल

    2024 में पीड़ित ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। उनका कहना है कि जिस गेमिंग ऐप ठगी में उन्होंने करोड़ों गंवाए, उसका भारत में कोई ठिकाना नहीं। यह अवैध रूप से चलाया जा रहा है। ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में यह ऐप ब्लॉक है, लेकिन भारत में अब तक कार्रवाई नहीं हुई। Mumbai businessman bankrupt: Lost 12 crores in online betting app, ruined family and business

    जीत के लालच से हुआ धोखा

    शुरुआत में उन्होंने लाखों जीते, लेकिन रकम निकालने पर KYC का बहाना बनाया गया। बाद में अलग-अलग बैंक खातों और UPI आईडी में पैसे ट्रांसफर करने को कहा गया। इसी तरह उन्होंने करोड़ों रुपये फर्जी खातों में भेज दिए। Mumbai businessman bankrupt: Lost 12 crores in online betting app, ruined family and business

    बैंक और संदिग्ध कॉल्स का खेल

    जब उन्होंने एक खाते में डाले गए 25 लाख रुपये को लेकर बैंक से सवाल किया, तो संतोषजनक जवाब नहीं मिला। इसके बाद उन्हें फर्जी कॉल आने लगे। एक शख्स ने गृह मंत्रालय का कर्मचारी बनकर 10 लाख रुपये के बदले पैसे वापस दिलाने का झांसा भी दिया। Mumbai businessman bankrupt: Lost 12 crores in online betting app, ruined family and business

    “डिजिटल गिरफ्तारी” से सबक

    आखिरकार कारोबारी को एहसास हुआ कि वह डिजिटल गिरफ्तारी जैसी स्थिति में फँस चुका था। अब वह चाहता है कि सरकार सख्ती दिखाए और इन अवैध ऐप्स पर पूरी तरह बैन लगाया जाए ताकि कोई और उसकी तरह जिंदगी और कमाई दोनों न गंवाए। Mumbai businessman bankrupt: Lost 12 crores in online betting app, ruined family and business

  • ‘साइकिल बैंक’ से लड़कियों की पढ़ाई को मिलेगी रफ्तार, पुणे जिला परिषद की अनोखी पहल

    ‘साइकिल बैंक’ से लड़कियों की पढ़ाई को मिलेगी रफ्तार, पुणे जिला परिषद की अनोखी पहल

    महाराष्ट्र में पुणे जिला परिषद ने एक अनोखी पहल की है। इसमें साइकिल बैंक के उपयोग से ग्रामीण भाग की लड़कियों की शिक्षा को नई गती मिलेगी और उनकी मुश्किलें कम होंगी। Girls’ education will get a boost through ‘Cycle Bank’, a unique initiative of Pune Zila Parishad

    पुणे: ग्रामीण इलाकों में पढ़ने वाली छात्राओं को अब स्कूल आने-जाने में परेशानी नहीं होगी। पुणे जिला परिषद ने इसके लिए ‘साइकिल बैंक’ नाम का अनोखा उपक्रम शुरू किया है। इस पहल को समाज से भी जबरदस्त प्रतिसाद मिल रहा है और अब तक प्रशासन को 1,430 साइकिलें दान में मिल चुकी हैं। Girls’ education will get a boost through ‘Cycle Bank’, a unique initiative of Pune Zila Parishad

    कैसे काम करेगी ‘साइकिल बैंक’?

    यह योजना फिलहाल पांचवीं से आठवीं तक पढ़ने वाली छात्राओं के लिए है। स्वतंत्रता दिवस के मौके पर कई गांवों में साइकिलें बच्चियों को दी गईं।
    नियम यह है कि आठवीं तक पढ़ाई पूरी करने के बाद छात्राओं को साइकिल वापस ‘साइकिल बैंक’ में जमा करनी होगी, ताकि वही साइकिल दूसरी ज़रूरतमंद बच्ची को मिल सके। इस तरह एक साइकिल से कई छात्राओं को फायदा मिलेगा। Girls’ education will get a boost through ‘Cycle Bank’, a unique initiative of Pune Zila Parishad

    उद्देश्य क्या है?

    ग्रामीण छात्राओं को अक्सर स्कूल जाने के लिए लंबा रास्ता तय करना पड़ता है। कई बार पैदल दूरी ज्यादा होने की वजह से लड़कियां स्कूल छोड़ भी देती हैं। इस समस्या को हल करने और नियमित हाज़िरी बढ़ाने के मकसद से जिला परिषद ने यह पहल शुरू की है।
    मुख्य कार्यकारी अधिकारी गजानन पाटील ने बताया – “इस उपक्रम से ग्रामीण भाग की लड़कियों की शिक्षा को नई गती मिलेगी और उनकी मुश्किलें कम होंगी।” Girls’ education will get a boost through ‘Cycle Bank’, a unique initiative of Pune Zila Parishad

    अब तक कितनी साइकिलें मिलीं?

    अब तक पुणे जिले के अलग-अलग तालुकों से 1,430 साइकिलें जमा हुई हैं। इनमें सबसे ज्यादा साइकिलें शिरूर (331) और खेड (250) से आई हैं। इसके अलावा मुळशी (125), जुन्नर (112), मावळ (112), बारामती (110), पुरंदर (108), इंदापूर (101), आंबेगाव (60), दौंड (51), हवेली (30), भोर (15) और राजगड/वेल्हे (25) तालुकों से भी योगदान मिला है। Girls’ education will get a boost through ‘Cycle Bank’, a unique initiative of Pune Zila Parishad

    खास बातें

    • यह योजना इसी शैक्षणिक वर्ष से शुरू हुई है।
    • जिले में पांचवीं से आठवीं तक करीब 32 से 35 हजार छात्राएं हैं।
    • साइकिलें ज्यादातर CSR फंड से खरीदी जाएंगी, जरूरत पड़ने पर जिला निधि से भी खरीदी होगी।
    • इन साइकिलों का लाभ सिर्फ जरूरतमंद और ग़रीब परिवार की बच्चियों को मिलेगा।
  • भाभा अस्पताल में रामशरीक सोनार की रहस्यमय मौत, डॉक्टर-पुलिस पर सवाल

    भाभा अस्पताल में रामशरीक सोनार की रहस्यमय मौत, डॉक्टर-पुलिस पर सवाल

    मुंबई कुर्ला भाभा अस्पताल में रामशरीक सोनार की संदिग्ध मौत ने डॉक्टरों और पुलिस की मिलीभगत पर सवाल खड़े किए। पोस्टमार्टम और जांच पर विवाद। Mysterious death of Ram Shariq Sonar in Bhabha Hospital, questions on doctor and police

    वी बी माणिक
    मुंबई:
    बृहन्मुंबई महानगर पालिका के कुर्ला पश्चिम स्थित भाभा अस्पताल में 4 अगस्त को हुई रामशरीक सोनार की मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। आरोप है कि अस्पताल प्रशासन और पुलिस की मिलीभगत से इस मामले को दबाने की कोशिश की गई। मृत अवस्था में लाए गए रामशरीक को डॉक्टरों ने भर्ती दिखाया, आईसीयू में सीपीआर देने का नाटक किया और फिर बिना पोस्टमार्टम शव का जल्दबाजी में अंतिम संस्कार करवा दिया गया। इस पूरे घटनाक्रम से परिजनों और आम जनता में आक्रोश फैल गया है। Mysterious death of Ram Shariq Sonar in Bhabha Hospital, questions on doctor and police

    अस्पताल पर उठे सवाल

    रामशरीक सोनार को 4 अगस्त दोपहर करीब 3:45 बजे मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया था। सवाल यह है कि जब मरीज पहले से मृत था, तो उसे किस नियम के तहत भर्ती किया गया? अस्पताल की सुपरिटेंडेंट डॉ. पद्मश्री अहिरे ने तत्काल आईसीयू में भर्ती कर सीपीआर देने का आदेश क्यों दिया? मृतक का डेथ सर्टिफिकेट किसी प्राइवेट डॉक्टर से बनवाया गया, जो गंभीर शंका पैदा करता है। Mysterious death of Ram Shariq Sonar in Bhabha Hospital, questions on doctor and police

    पुलिस पर उठे सवाल

    अस्पताल प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठाने के साथ-साथ पुलिस की कार्यवाही भी संदिग्ध नजर आती है। पुलिस उपनिरीक्षक विकास माली ने पोस्टमार्टम क्यों नहीं करवाया? क्यों पूरी रात शव अस्पताल में रखा गया और 5 अगस्त की सुबह आनन-फानन में अंतिम संस्कार कर दिया गया? इससे यह अंदेशा और गहरा हो गया है कि मामले को दबाने के लिए सब कुछ योजनाबद्ध तरीके से किया गया। Mysterious death of Ram Shariq Sonar in Bhabha Hospital, questions on doctor and police

    मौत का रहस्य

    मृतक के परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में गरीब मरीजों के साथ लगातार दुर्व्यवहार होता है, उनसे बाहर से दवाइयाँ मंगाई जाती हैं और भ्रष्टाचार खुलेआम चलता है। वहीं, रामशरीक की बीमारी और उनके पहले इलाज की जानकारी भी स्पष्ट नहीं है, जिससे उनकी मौत का रहस्य और गहरा हो गया है। Mysterious death of Ram Shariq Sonar in Bhabha Hospital, questions on doctor and police

    जांच की मांग

    अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर रामशरीक की रहस्यमय मौत के पीछे कौन जिम्मेदार है? क्या डॉक्टर और पुलिस की मिलीभगत से यह खेल खेला गया? इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग उठ रही है। Mysterious death of Ram Shariq Sonar in Bhabha Hospital, questions on doctor and police

  • मुंबई के दहिसर में मिलावटखोरी के खिलाफ फूड एंड ड्रग्स की कार्रवाई

    मुंबई के दहिसर में मिलावटखोरी के खिलाफ फूड एंड ड्रग्स की कार्रवाई

    मुंबई क्राईम ब्रांच युनिट 12 की टीम ने दहिसर पूर्व इलाके में फूड एंड ड्रग्स ऑफिसर की मदद से छापामारी कर 39,917 रुपये के माल जब्त किया है। गिरफ्तार 38 वर्षीय आरोपी अमूल, गोकुल और नंदिनी दूध में मिलावटखोरी कर बिक्री कर रहा था। Food and Drugs action against adulteration in Dahisar, Mumbai

    मुंबई: दहिसर (पूर्व), रूम नं. 07, मनुभाई चाळ, एस.पी.रोड, घरटनपाडा, नितीन इंडस्ट्रीज के कमरे में तडके सुबह के लगभग 5 बजे जब मुंबई क्राईम ब्रांच युनिट 12 की टीम ने छापेमारी की तो वहां 38 वर्षीय सैदुल नरसिम्हा कावेरी नामक व्यक्ति अमूल, गोकुल और नंदिनी ब्रांड के दूध के पैकेट में अस्वच्छ पानी मिला कर पैकिंग करता हुआ पकड़ा गया। इसकी गुप्त सूचना पहले से मिली थी इसलिए पुलिस ने मुंबई शहर की अन्न सुरक्षा अधिकारी श्रीमती अर्चना रामभाऊ वानरे को भी साथ ले गई थी। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह दहिसर पश्चिम के आईसी कॉलोनी झोपडपट्टी इलाके और चाय की टपरी चलाने वालों को यह मिलावटी दूध का पैकेट वितरित करता था। Food and Drugs action against adulteration in Dahisar, Mumbai

    दूध में मिलावटखोरी

    Mumbai-dahisar-crime-news

    दूध हमारे जीवन का इतना महत्वपूर्ण आहार है। जिसे हमारे शारिरीक पोषक तत्व के लिए इस्तेमाल करते है। खासकर हम अपने बच्चों को एक भरोसे के आधार पर कंपनी के ब्रांड को देखते हुए खरीद कर पिला देते हैं। ऐसे में मिलावट खोरी के कारण बच्चों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ कितना महंगा पड़ सकता है। इस बारे में सोचना भी कोई नही चाहेगा। लेकिन कुछ लोग मुनाफे के चक्कर में मिलावटी दूध बेचकर हमारे स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। ऐसे ही एक सूचना पर मुंबई क्राईम ब्रांच युनिट 12 की टीम ने सतर्कता दिखाई और सीधे फूड एंड ड्रग्स ऑफिसर को साथ लेकर छापामारी कर दी। Food and Drugs action against adulteration in Dahisar, Mumbai

    पुलिस ने क्या कहा?

    दहिसर (पूर्व) क्राईम ब्रांच युनिट 12 के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक सचिन गवस ने बताया कि युनिट की महिला पुलिस हवलदार पडवळ को इसकी गुप्त सूचना मिली थी। उन्होंने बताया, कि हमने अन्न व औषध प्रशासन से संपर्क किया और मुंबई शहर अन्न सुरक्षा अधिकारी के साथ सहायक पुलिस निरीक्षक रासकर, पुलिस हवलदार बिचकर, गोमे, गोरूले, महिला पुलिस हवलदार पडवळ, पुलिस सिपाही के साथ एक टीम बनाकर घटना स्थल पर छापामारी की जहां से आरोपी को रंगे हाथ पकड़ा गया। घटना स्थल से (1) अमुल, गोकुळ व नंदिनी नामांकीत कंपनी के 29,917/- रू किमत के कुल 488 लिटर दुध, (2) अमुल ताजा, अमुल गोल्ड व अमुल बफेलो के 1350 बनावट खाली प्लास्टिक की थैलियां (3) दूध में मिलावटखोरी के लिए आवश्यक साधन सामुग्री (4) मोबाईल फोन तकरिबन 10,000/- रू कुल मिलाकर लगभग 39,917/- रुपये का माल जब्त किया गया। Food and Drugs action against adulteration in Dahisar, Mumbai

    पहले भी यही करता था और हुआ था गिरफ्तार

    पुलिस ने बताया कि आरोपी के खिलाफ दहिसर पुलिस थाने में पहले से इसी तरह का अपराध दर्ज है। दहिसर पुलिस ठाणे गुरक्र. 175/2021 भारतीय दंड संहिता की धारा  272, 482, 486, 420, 468, 34 एवं अन्न सुरक्षा व मानदे अधिनियम 2006 व नियमन 2011 की धारा 26, 27, 31 में भी इसी तरह के अपराध में इसकी गिरफ्तारी हुई थी। पुलिस ने बताया कि फिलहाल वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में आरोपी को दहिसर पुलिस थाने के हवाले कर भारतीय न्याय संहिता की धारा 274, 345(3), 347(1), 318(4), 336(3), 3(5) के साथ-साथ  26, 27, 31, शिक्षा कलम 59 व 63 अन्न सुरक्षा व मानदे कायदा 2006 नियम व नियमन 2011 के तहत गिरफ्तार किया गया है। मामले की और अधिक तहकीकात दहिसर पुलिस कर रही है। Food and Drugs action against adulteration in Dahisar, Mumbai