Category: Crime News

Read the latest crime news, investigations and exclusive reports from India and around the world. Stay informed with coverage on police investigations, court cases, cybercrime, fraud, murders, theft, organized crime and major law enforcement developments, only on Indian FastTrack.

  • Flip kart से चोरी Swiggy में डिलीवरी पुलिस ने किया गिरफ्तार।

    Flip kart से चोरी Swiggy में डिलीवरी पुलिस ने किया गिरफ्तार।

    मुंबई के बोरीवली में Flip kart कंपनी से चोरी कर फरार, मीरा रोड के Swiggy डिलीवरी ब्वॉय को एमएचबी पुलिस ने गिरफ्तार किया है।

    इस्माईल शेख
    मुंबई-
    बोरीवली पश्चिम के एमएचबी कॉलोनी स्थित एक फ्लिपकार्ट (Flip kart) कंपनी में काम करने वाले डिलीवरी ब्वॉय ने पैसों की चोरी कर फरार हो गया था। लगभग 1, 23, 715 (एक लाख तेईस हजार सात सौ पंद्रह) रुपए की चोरी की घटना में एमएचबी पुलिस थाने को 14 मई को शिकायत मिली। शिकायत में कहा गया है कि डिलीवरी ब्वॉय को 15 पार्सल डिलीवर करना था जिसके बदले मिले सारे पैसे उसने जमा किए बगैर फरार हो गया है।

    एम एच बी कॉलनी पुलिस थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक सुधीर कुडाळकर ने बताया, कि गु.र.क्र. 262/23 भारतीय दंड संहिता की धारा 408 के तहत मुकदमा दर्ज कर पुलिस उप निरीक्षक डॉ दिपक हिंडे को मामले की तहकीकात कर आरोपी को गिरफ्तार करने के आदेश दिए गए थे।

    Indian fasttrack news
    Flip kart, Swiggy,
    गिरफ्तार आरोपी के साथ एमएचबी पुलिस की तस्वीर

    Flip kart से चोरी Swiggy में डिलीवरी..

    पुलिस उप निरीक्षक डॉ दिपक हिंडे ने बताया कि आरोपी का मोबाइल सीडीआर और तांत्रिक विश्लेषण से उसकी पहचान मीरा रोड में बताई जा रही थी। पुलिस सिपाही घोडके को साथ लेकर मीरा रोड का चप्पा चप्पा छान मारा तो वहां स्विगी ऑर्डर (Swiggy Order) डिलीवरी करते हुए आरोपी को हिरासत में लिया गया।

    Live video on Indian fasttrack news channel

    गिरफ्तार आरोपी की पहचान 40 वर्षीय शैलेश सुहास दिघसकर बताई जा रही है जो दहिसर पूर्व रावलपाड़ा का रहने वाला बताया जा रहा है। आरोपी ने अपना गुनाह कबूल करते हुए बताया कि वह अपने वैद्यकीय उपचार के लिए पैसे गबन कर फरार हो गया था।

  • Vistara Airlines में Hijack की खबर यात्री हुआ गिरफ्तार।

    Vistara Airlines में Hijack की खबर यात्री हुआ गिरफ्तार।

    मुंबई से दिल्ली जाने वाली Vistara Airlines की फ्लाइट मे एक यात्री ने फोन पर Hijack से संबंधित बात की। शिकायत पर सहार पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।

    इस्माईल शेख
    मुंबई- विस्तार एयरलाइन (Vistara Airlines) के विमान (Flight) में चालक दल के एक सदस्य ने एक यात्री को फोन पर ‘हाईजैक’ (Hijack) के बारे में बात करते हुए सुना जिसके बाद मुंबई पुलिस (Mumbai Police) ने उसे गिरफ्तार कर लिया। एक पुलिस अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि घटना गुरुवार रात को यहां छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुई।

    पुलिस अधिकारी ने बताया, कि “दिल्ली जाने वाली विस्तार एयरलाइन की उड़ान के चालक दल के एक सदस्य ने यात्री को अपने फोन पर विमान ‘हाईजैक’ के बारे में बात करते सुना था। चालक दल के सदस्य ने तुरंत अधिकारियों को सूचित किया और पुलिस को भी इसकी सूचना मिली।”

    https://indian-fasttrack.com/2023/06/19/ban-on-entry-of-cbi-in-not-one-or-two-but-ten-states
    Indian fasttrack news

    Vistara Airlines में Hijack की खबर.

    Vistara Airlines, Hijack,
    मुंबई पुलिस बंदोबस्त की फाइल तस्वीर

    गिरफ्तार आरोपी की पहचान रितेश संजयकुकर जुनेजा के रूप में हुई है। यह व्यक्ति विस्तारा एयरलाइंस (Vistara Airlines) की फ्लाइट में सवार था। सहार पुलिस थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक संजय गोविलकर ने जानकारी देते हुए बताया, कि “यात्री मानसिक रूप से अस्थिर है और 2021 से उसका उपचार चल रहा है।”

    Live video on Indian fasttrack news channel

    उन्होंने कहा, कि यात्री के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 336 (लापरवाही या गलत इरादे से लोगों के जीवन या व्यक्ति अथवा अन्य की सुरक्षा को खतरे में डालना) और 505(2) (जो अफवाहें फैलाने या चिंताजनक समाचार फैलाने जैसे अपराधों से संबंधित) के तहत प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई है। मामले की अभी और अधिक तहकीकात सहार पुलिस कर रही है।

  • Mumbai: फर्जी शेयर बाजार चलाने वाला गिरफ्तार, एप के जरिये 3 महीने में की 4,672 करोड़ रुपयों की शेयर ट्रेडिंग

    Mumbai: फर्जी शेयर बाजार चलाने वाला गिरफ्तार, एप के जरिये 3 महीने में की 4,672 करोड़ रुपयों की शेयर ट्रेडिंग

    Mumbai में फर्जी शेयर बाजार चलाने वाले जतिन मेहता को गिरफ्तार कर लिया गया है। वह एप के जरिये तीन महीने में 4,672 करोड़ रुपयों की शेयर ट्रेडिंग कर टैक्स चोरी से सरकार को लगभग 1.95 करोड़ रुपये का चूना लगा चुका है। पुलिस ने उसे कांदीवली से किया गिरफ्तार।

    इस्माईल शेख
    मुंबई-
    फर्जी शेयर बाजार चलाने वाले जतिन मेहता को क्राईम ब्रांच यूनिट 11 की पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। वह एप के जरिये तीन महीने में 4672 करोड़ रुपयों की शेयर ट्रेडिंग कर टैक्स चोरी से सरकार को लगभग 1.95 करोड़ रुपये का चूना लगा चुका है। उसे मंगलवार को मुंबई उपनगर (Mumbai suburbs) कांदीवली से गिरफ्तार किया गया। बिना किसी वैध लाइसेंस के वह ‘मूडी’ नामक मोबाइल एप के जरिये कैश से फर्जी शेयर बाजार चला रहा था।

    Mumbai में डिब्बा ट्रेडिंग..

    23 मार्च से 20 जून के बीच बिना किसी वैध लाइसेंस के वह ‘मूडी’ नामक मोबाइल एप के जरिये कैश से फर्जी शेयर बाजार चला रहा था। ऐसे शेयर बाजार को मुंबई (Mumbai) में डिब्बा ट्रेडिंग के नाम से जाना जाता है। इस मामले के जांच अधिकारी अभिजीत जाधव के अनुसार, जतिन बिल्कुल शेयर दलालों जैसा व्यवहार करता था और शेयर बाजार से जुड़ने के इच्छुक लोगों को अपने एप का पासवर्ड दे देता था। वह लोगों से 50-50 हजार का डिपाजिट भी लेता था।

    https://indian-fasttrack.com/2023/06/22/kurar-police-arrested-4-one-absconding
    Indian fasttrack news
    Mumbai, डिब्बा ट्रेडिंग,
    क्राइम ब्रांच यूनिट 11 की पुलिस और आरोपी की तस्वीर

    तीन महिनों में किया 4,672 करोड़ रुपयों का कारोबार

    उन्होंने आगे बताया कि शेयर बाजार में लाभ होने पर वह लाभ की राशि अपना कमीशन काट कर नकद ही अपने ग्राहकों को भिजवा देता था। घाटा होने पर उनकी डिपाजिट राशि से पैसे काट लिए जाते थे और बाद में उतने पैसे डिपाजिट में और जमा करवा लिए जाते थे। इस प्रकार उसने तीन माह में इस फर्जी शेयर बाजार से 4,672 करोड़ रुपयों का कारोबार किया। शेयर बाजार में लाभ होने पर शेयरधारकों को 15 से 30 प्रतिशत तक टैक्स देना पड़ता है। लेकिन, फर्जी शेयर बाजार में वे टैक्स देने से बच जाते थे।

    Live video on Indian fasttrack news channel

    इस प्रकार सरकार को करीब दो करोड़ रुपये के टैक्स का नुकसान हुआ है। इसके अलावा जतिन मेहता ने सिक्योरिटी ट्रांजैक्शन टैक्स, कैपिटल गेन्स टैक्स, राज्य सरकार के स्टांप ड्यूटी शुल्क, सेबी की टर्नओवर फीस जैसे कई टैक्सों की चोरी की है। उस पर कार्रवाई करने के लिए पुलिस को नेशनल स्टाक एक्सचेंज (एनएसई) एवं मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) के अधिकारियों की भी मदद लेनी पड़ी। डीसीपी राज तिलक रौशन ने बताया कि क्राइम ब्रांच ने आरोपी के पास से 5 मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, एक राउटर, एक टैब, एक पैन ड्राइव और काफी कैश भी जब्त किया है।

  • अमित मालवीय के खिलाफ एफआईआर दर्ज होगा मुकदमा!

    अमित मालवीय के खिलाफ एफआईआर दर्ज होगा मुकदमा!

    भाजपा के आईटी सेल मुखिया अमित मालवीय के खिलाफ जहर बोने के आरोप लगाकर कर्नाटक में एफआईआर दर्ज हो गई है। फेक खबरें फैलाना ही बीजेपी आईटी सेल का काम- कांग्रेस

    सुरेंद्र राजभर
    मुंबई-
    बीजेपी की एक झूठ फैलाने वाली फैक्ट्री है जिसे बीजेपी आईटी सेल कहा जाता है।इसका काम है विपक्षी नेताओं के प्रति नफरत फैलाकर समाज में गलत संदेश देकर सांप्रदायिक माहौल बिगड़ना। यह दो तरह से काम करती है। पीएम मोदी की छवि निर्माण और विपक्षी नेताओं विशेषकर कांग्रेस के राहुल गांधी को टारगेट कर बदनाम करना।

    राहुल गांधी ने महत्त्वपूर्ण मुद्दों पर हमेशा छोटी छोटी बातें बोलने वाले मोदी की चुप्पी पर सवाल उठाए हैं। बढ़ती मंहगाई पर चुप्पी क्यों? रुपया गिरते जाने पर चुप्पी क्यों? बेरोजगारी पर चुप्पी क्यों? चीन पर चुप्पी क्यों? आदि-आदि।
    राहुल गांधी के एक वीडियो को बीजेपी आईटी सेल के मुखिया अमित मालवीय ने पहले सोशल मीडिया पर शेयर किया। फिर बीजेपी अध्यक्ष जे पी नड्डा और दूसरे ने शेयर किया। जिसमे सामाजिक सदभाव बिगाड़ने, समाज में जहर घोलने का काम किया। आईटी सेल को झूठ की फैक्ट्री नहीं कहें तो और क्या कहेंगे।फेक खबरें फैलाना ही बीजेपी आईटी सेल का काम है। यही हिंदू मुस्लिम, मंदिर मस्जिद और पाकिस्तान की रट लगाता रहता है। जो भारतीय कानून के अंतर्गत अपराध की श्रेणी में आता है।

    https://indian-fasttrack.com/2023/06/19/it-is-not-easy-to-throw-nitin-gadkari-out-of-the-party
    Indian fasttrack news
    अमित मालवीय,
    भाजपा आईटी सेल प्रमुख अमित मालवीय की फाइल तस्वीर

    याद होगा राहुल गांधी ने नीरव मोदी, ललित मोदी और नरेंद्र मोदी के नाम लेते हुए पूछा था, कि “सबके सरनेम मोदी ही क्यों?” राहुल का यह राजनीतिक भाषण था। जैसे नेहरू परिवार को भ्रष्ट परिवार खुद मोदी ने कहा था। बार-बार नेहरू और गांधी परिवार के खिलाफ खुद पीएम जहर घोलते रहते हैं। कांग्रेस मुक्त भारत का नारा खुद मोदी ने दिया था। लेकिन कांग्रेस और नेहरू, गांधी परिवार ने कभी तवज्जो नहीं दी।

    Live video on Indian fasttrack news channel

    अमित मालवीय के खिलाफ एफआईआर दर्ज..

    भारतीय जनता पार्टी के आईटी सेल मुखिया अमित मालवीय के खिलाफ कांग्रेसी अध्यक्ष खड़गे के पुत्र और मंत्री ने जहर बोने के आरोप लगाकर कर्नाटक में एफआईआर दर्ज कराई है। मंत्री के अनुसार वे एफआईआर के बाद कोर्ट जाएंगे। सजा भी दिलाएंगे। मामला कर्नाटक में है। वहां कांग्रेस की सरकार है। जैसे बीजेपी नेता ने राहुल गांधी के खिलाफ सूरत में एफआईआर दायर किया गया था।
    अब आईटी सेल प्रमुख अमित मालवीय के विरुद्ध कर्नाटक में एफआईआर दर्ज करते हुए कोर्ट में घसीटने का निर्णय लिया गया हैं।

  • कुरार पुलिस ने किया 4 को गिरफ्तार एक फरार..

    कुरार पुलिस ने किया 4 को गिरफ्तार एक फरार..

    ATM के भीतर बोलबचन कर हाथ की सफाई करने वाले गिरोह का कुरार पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। सभी बदमाश भांडुप के रहने वाले बताया जा रहे हैं।

    इस्माईल शेख
    मुंबई-
    मलाड पूर्व के कुरार पुलिस ने एक ऐसे गिरोह का भंडाफोड़ किया है। जो एटीएम में लोगों से बोल बचन कर अपने हाथ की सफाई से उन लोगों का अकाउंट साफ कर दिया करते थे। कुरार पुलिस ने 4 बदमाशों को भांडुप पश्चिम से गिरफ्तार किया है और तीन अपराधियों की पुलिस सरगर्मी से तलाश कर रही है।

    ATM में बोलबच्चन ..

    घटना 16 जून 2023 की है। जब गोरेगाव पूर्व, आरे मिल्क कॉलनी, युनिट क्रमांक 32, एकता रहिवासी मंडळ की रहने वाली, 57 वर्षीय फरियादी लिला डोमनिक जेवियर अपने खाते से पैसे निकालने के लिए मलाड पूर्व दिंडोशी शाखा बैंक ऑफ इंडिया के पास लगे एटीएम मशीन में गई। वहां मौजूद कुछ अज्ञात लोगों ने अपने हाथ की सफाई दिखाते हुए उनके अकाउंट से 50 हजार रुपये निकाल लिए। इस घटना की जानकारी पीड़ित महिला ने कुरार पुलिस को दी।

    https://indian-fasttrack.com/2023/06/18/police-arrested-thief-with-gold-worth-8-lakh-65-thousand-from-gujarat
    Indian fasttrack news
    ATM, बोलबच्चन,
    प्रतिकारात्मक तस्वीर

    पुलिस ने घटनाएं वारदात की सीसीटीवी फुटेज खंगाली और गु.र. क्र. 350/2023 भारतीय दंड संहिता की धारा 420 और 34 के तहत मामला दर्ज कर सीसीटीवी की मदद से बदमाशों की तलाशी शुरू कर दी। कुरार पुलिस थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक सतीश गाढवे ने बताया, कि क्राईम डिटेक्शन के पुलिस निरीक्षक मनोज चाळके के मार्गदर्शन में सहायक पुलिस निरीक्षक वानखेडे और उनकी टीम ने घटनास्थल से बदमाशों का पीछा करते हुए कुल 109 सीसीटीवी फुटेज को खंगाला और उनके रहते इलाके तक पहुंच गए।

    19 जून की आधी रात को पुलिस ने भांडुप पश्चिम के जंगल मंगल रोड, सर्वोदय नगर, गावदेवी मंदिर के पास से तीन बदमाशों को हिरासत में लिया। उनसे मामले के तहत पूछताछ की तो उन्होंने अपना गुनाह कबूल कर लिया और साथ ही बिहार की रहने वाली और एक महिला साथी का भी नाम उन लोगों ने उजागर कर दिया। जो उस घटना में शामिल थी। चारों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। बिहार का रहने वाला इनका एक और साथी फरार बताया जा रहा है।

    गिरफ्तार तीन बदमाश भांडुप पश्चिम के रहने वाले बताए जा रहे हैं और एक महिला और पुरुष बिहार के होने की जानकारियां दी जा रही है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान 32 वर्षीय धर्मवीर किशुन महतो, 28 वर्षीय विवेक कुमार बुधन पासवान, 23 वर्षीय बिरलाल लक्ष्मण सहा के रूप में हुई है यह सभी भांडुप पश्चिम गांवदेवी मंदिर के पास, जंगल मंगल रोड, सर्वोदय नगर के रहने वाले हैं। इनके साथ ही 27 वर्षीय किशोर कांचन महतो को भी गिरफ्तार किया गया है, जो गायखत, रामनगर, हर्षिदी, मतिहारी, बिहार की रहने वाली बताई जा रही है।

    Live video on Indian fasttrack news channel

    इसके साथ ही 29 वर्षीय अरुण कुमार मोहन प्रसाद फरार है, जो सूर्यापूर, जीवधारा थाना पिपरकाठी, सुरजपूर, पूर्वी चंपारण्य, बिहार राज्य का रहने वाला बताया जा रहा है। पुलिस की पड़ताल में इन बदमाशों के खिलाफ माटुंगा पुलिस थाने, पार्कसाईट पुलिस थाने, वरळी पुलिस थाने, माणिकपूर और भायखला पुलिस थाने में अपराधिक मामले दर्ज हैं। मामले की और अधिक तहकीकात कुरार पुलिस कर रही हैं।

  • एक दो नहीं दस राज्यों में CBI की एंट्री पर बैन

    एक दो नहीं दस राज्यों में CBI की एंट्री पर बैन

    • CBI की एंट्री पर बैन मैं तमिलनाडू भी हुआ शामिल।
    • 2024 के चुनाव में सेंट्रल जांच एजेंसियों पर रोक का होगा कितना असर?

    नितिन तोरस्कर ( मंत्रालय प्रतिनिधि)
    मुंबई-
    विपक्ष शासित राज्यों में सीबीआई-ईडी जैसी सेंट्रल जांच एजेंसियों की एंट्री और एक्शन पर सवाल उठते रहे हैं। विपक्षी दलों का आरोप है कि केंद्र सरकार के इशारे पर सीबीआई और ईडी विपक्षी दलों के नेताओं के खिलाफ कार्रवाई करते हैं। विपक्ष शासित 10 राज्य ऐसे हैं, जहां सीबीआई बिना राज्य सरकार के परमिशन के कोई जांच या धर-पकड़ नहीं कर सकती। ताजा मामला तमिलनाडु का है। एमके स्टालिन सरकार के गृह मंत्रालय ने सर्कुलर जारी कर कहा है, कि किसी भी तरह की जांच के लिए केंद्रीय जांच एजेंसियों को राज्य सरकार से अनुमति लेनी होगी।

    तमिलनाडु सरकार का यह फैसला तब आया है, जब ईडी ने लंबी पूछताछ के बाद एक्साइज मिनिस्टर बालाजी सेंदिल को गिरफ्तार कर लिया। तमिलनाडु सरकार ने यह आदेश दिल्ली स्पेशल पुलिस एस्टैबलिशमेंट एक्ट 1946 के प्रावधानों के अनुरूप जारी किया है। बिहार में लालू यादव के परिवार के लोग भी यही आरोप लगाते हैं, कि केंद्रीय जांच एजेंसियों (CBI) का इस्तेमाल केंद्र सरकार अपने मतलब के लिए करती है। इसे एकतरफा कार्रवाई या बदले के भावना बताया जाता रहा है। चुनाव के संदर्भ में यह दलील दी जाती है, कि सिर्फ विपक्षी नेताओं के खिलाफ जांच हो रही है। क्या इसका चनावों पर असर पड़ेगा, यह देखना बाकी है।

    Indian fasttrack news

    सेंट्रल एजेंसियों (CBI) पर है बैन वाले राज्य ..

    भारत के कुल 10 राज्यों में सेंट्रल एजेंसियों (CBI) पर बैन लगा दिया गया है। पश्चिम बंगाल, झारखंड, पंजाब, तेलंगाना, छत्तीसगढ़, केरल, मिजोरम, मेघालय और राजस्थान के बाद अब तमिलनाडु भी केंद्रीय जांच एजेंसियों पर बैन लगाने वाले राज्यों में शुमार हैं। इन राज्यों में सीबीआई और ईडी जैसी केंद्रीय एजेंसियां किसी भी शिकायत पर बिना राज्य सरकार की सहमति के कोई कार्रवाई नहीं कर सकतीं। हां, इसमें एक छूट जरूर शामिल है। अगर जांच किसी न्यायालयी आदेश या राज्य सरकार की संस्तुति पर हो रही हो, तो इस पर कोई प्रतिबंध नहीं होगा। हकीकत यह है कि जब भी किसी मामले में केंद्रीय एजेंसियों से जांच की जरूरत महसूस होती है तो लोग हाईकोर्ट की शरण में जाते हैं। कोर्ट अगर इजाजत देता है तो जांच होती है।

    CBI,
    पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की फाइल तस्वीर

    बंगाल और झारखंड में बैन का कोई असर नहीं।

    बैन के बावजूद सेंट्रल एजेंसियां कुछ राज्यों में आराम से अपने काम को कर रही है। पड़ोस की बात करें तो बंगाल और झारखंड में भी केंद्रीय एजेंसियों (CBI) की जांच पर रोक है। बंगाल में शिक्षक नियुक्ति घोटाला की जांच सीबीआई और ईडी दोनों कर रहे हैं। यह जांच भी राज्य सरकार की मर्जी के खिलाफ है। लेकिन बाध्यता यह है कि इसकी जांच का आदेश कलकत्ता हाईकोर्ट ने दिया है। जांच का परिणाम यह है कि सीएम ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी के कई नेताओं-कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी हुई है तो कुछ अन्य की गिरफ्तारियां कभी भी हो सकती हैं। यहां राज्य सरकार की बंदिश का कोई रोड़ा सेंट्रल एजेंसियों की जांच या गिरफ्तारी में अटक नहीं रहा है।

    Live video on Indian fasttrack news channel

    सेंट्रल एजेंसियों के खिलाफ 14 दल..

    सीबीआई (CBI) और ईडी (ED) के एक्शन से नाराज 14 राजनीतिक दलों के नेतों ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। उसमें बिहार से आरजेडी के नेता तेजस्वी यादव, झारखंड से सीएम हेमंत सोरेन और पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी भी शामिल थे। सुप्रीम कोर्ट ने साफ कह दिया कि सेंट्रल एजेंसियों की जांच नहीं रोकी जा सकती। सुप्रीम कोर्ट जाने वालों में अधिकतर वैसे दल शामिल थे, जिसके नेता या कार्यकर्ता बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना कर रहे हैं। उनके खिलाफ अदालतों ने सेंट्रल एजेंसियों से जांच की सिफारिश की है। सुप्रीम कोर्ट से निराश होकर ये नेता जांच से बचने की नयी तरकीब तलाश रहे हैं।

    एजेंसियों की जांच का, चुनाव पर असर…

    केंद्रीय जांच एजेंसियां अपना काम कर रही हैं। उन्हें जांच के लिए कोर्ट या राज्य सरकारों ने ही कहा है। आम आदमी को इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि जांच के लपेटे में उनके पसंदीदा नेता रहे हैं या विरोधी। सामान्य भाव यही है कि चोर या भ्रष्टाचारी पकड़ा जाना चाहिए। लालू यादव के परिवार की बात करें तो उनके मामले में भी स्वजातीय को छोड़ कर किसी को इसकी परवाह नहीं है कि जांच एजेंसियां उनके परिवार के खिलाफ जांच कर रही हैं।

    हां, थोड़ा-बहुत संदेह तब तक बरकरार रहता है, जब तक दोष न सिद्ध हो जाए। सुखद पहलू यह है कि ईडी ने जितने मामलों की अब तक जांच की है, उनमें अधिकतर के खिलाफ दोष सिद्ध हुए हैं और सजा भी हुई हैं। सामाजिक न्याय के मसीहा, समाज के वंचित लोगों को स्वर्ग नहीं, स्वर देने का दावा करने वाले लालू प्रसाद के बारे में भी जब चारा घोटाले में सीबीआई जांच शुरू हुई थी तो यही कहा जाता था कि उन्हें फंसाया गया है। दोष सिद्ध होने और सजा के बाद सबकी बोलती बंद हो गई थी।

  • मंत्री का घर फूंका, पीएम चले विदेश।

    मंत्री का घर फूंका, पीएम चले विदेश।

    • मणिपुर में लोगों ने केंद्रीय मंत्री आरके रंजन सिंह के घर को फूंका दिया।
    • संविधान और लोकतंत्र को कुचलना स्वभाव बन गया है।
    • यह कमाल केवल कमल कर सकता है।

    सुरेंद्र राजभर
    वाराणसी-
    मणिपुर में लोगों ने केंद्रीय मंत्री आरके रंजन सिंह के घर को फूंका है। मंत्री उस वक्त घर में नहीं थे। बीजेपी चाहे जितने दावे करे लेकिन सच तो यह है, कि शासन करना इसके बूते का नहीं है। झूठ पर खड़ी ताश की इमारत कभी न तो ठोस धरातल बना पाती है न ठोस इमारत। फितरत जिसकी रग-रग में भरा हो। ईर्ष्या जिसका भाव हो। बदला जिसकी प्रकृति हो। दंभ जिसका स्वभाव हो। ऐसा व्यक्ति गांव के मुखिया का भी पदभार सम्हाल नहीं सकता तो देश कैसे सम्हालेगा?

    Indian fasttrack news
    मंत्री का घर फूंका,
    मणिपुर आगजनी की तस्वीर

    झूठ सिर्फ झूठ, वादे कोरे, जिन्हें पूरे नहीं किए जाएं। लोकलुभावन नारे,विज्ञापन पर अरबों खरबों अपव्यय कर अपनी सफलता का झूठा प्रचार करना। पांच ट्रिलियन डॉलर वाली अर्थव्यवस्था जिसका फितूर हो। समस्या का समाधान नहीं कर सके। समस्या पर चुप्पी साध ले। शुतुरमुर्ग की तरह अपना सिर रेत में छिपा ले। प्रश्न पूछने पर चुप रहे क्योंकि जवाब नहीं और फिर प्रश्न कर्ता को जेल भेज दे। विपक्षी नेताओं के घर कभी सीबीआई तो कभी ईडी भेजकर डराए।

    Maharashtra Election : महायुती में महासंग्राम? गरमाया वोट जिहाद

    किसान आंदोलन चलता रहे कुछ न बोले अंत में माफी मांग ले।महिला पहलवानों की यौनशोषण आरोप पर चुप्पी साध ले फिर दिल्ली पुलिस पर दबाव डालकर आरोपी को क्लीन चिट दिला दे। कभी देश की बेटियां कहे तो कभी पुलिस द्वारा जबरन उन्हें उठाकर फेंकवा दे। पीड़िताओं से पुलिस कितनी बेहयाई के साथ सबूत मांगे और धमकी देकर, परिवार को खत्म करने का भय दिखाकर बयान बदलवाए। बस यही तो किया है। कभी नोट बंदी कर आम जनता को परेशान करे तो कानून बनाकर जनता को दंडित करे। अच्छे दिन के ख्वाब दिखाए। इसी का नाम है बीजेपी।

    Live video on Indian fasttrack news channel

    मंत्री का घर फूंका..

    संविधान और लोकतंत्र को कुचलना स्वभाव बन गया हो। मणिपुर में मैती को आरक्षण का वादा करे दूसरी तरफ विरोधियों को विरोध के लिए उकसाए। जिस तरह रोम को जलते देख अनदेखा कर नीरो बंसी बजाता रहा वैसे ही अपने मंत्री का घर फूंके जाने पर छवि निर्माण हेतु, विदेश पलायन कर जाए। यह कमाल केवल कमल ही कर सकता है। मत भूले कि हमेशा के लिये सत्ता नही मिली है। राज्यों की तरह सिमटता साम्राज्य खत्म होते देख भी सम्राट समझने की भ्रांति पालने वाले का हश्र अगले चुनाव में मालूम पड़ेगा।

  • मुंबई पुलिस कर रही है लुटेरी दुल्हन की तलाश, एजंट हुआ गिरफ्तार।

    मुंबई पुलिस कर रही है लुटेरी दुल्हन की तलाश, एजंट हुआ गिरफ्तार।

    सुहागरात के दिन ही गहनें और रुपये लेकर दुल्हन हुई फरार। शादी कराने वाला एजेंट गिरफ्तार। लेकिन फरार दुल्हन का मुंबई पुलिस अब भी कर रही है तलाश..

    इस्माईल शेख
    मुंबई-
    मालाड पुलिस स्टेशन सै हैरान करने वाली खबर सामने आई है। यहां शादी के बाद सुहागरात के दिन दुल्हन दूल्हे के घर से सोने के गहनें और कैश लेकर फरार हो गई। पुलिस ने शादी कराने वाले एजेंट को मालाड के एसवी रोड से गिरफ्तार कर लिया है। गुजरात की रहने वाली 30 साल की आरोपी दुल्हन का नाम आशा गायकवाड़ बताया जा रहा है। जबकि दूल्हा भी गुजरात के दमन का ही रहने वाला है।

    Kandivali East Shocker: चाकू लेकर दहशत फैलाने वाला Bala Patil गिरफ्तार, पुलिस की देरी पर उठे सवाल!

    मालाड पुलिस स्टेशन के सीनियर पीआई रविन्द्र अडाने ने बताया कि पीड़ित दुल्हे की शादी नही हो रही थी। इसके लिये दूल्हे के परिवार वालों ने शादी कराने वाले एजेंट की मदद से लड़की की तलाश की। 29 मार्च 2022 को मालाड पुलिस स्टेशन की हद में दोनो की धूमधाम से शादी हुई। शादी के दूसरे ही दिन जब सुहागरात थी, उसी दिन दुल्हन सुहागरात के बाद फरार हो गई। दुल्हन अपने साथ दूल्हे के घर मे रखे करीब डेढ़ लाख रुपये और 4 तोला सोने के गहनें लेकर चंपक हो गई।

    पुलिस ने बताया कि 28 साल का शिकायतकर्ता दूल्हा ऋषभ मेहता प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता है। मालाड एसवी रोड के पास में रहता है। दोनो की शादी एजेंट कमलेश कदम ने करवाई थी। जिसके बदले कमलेश ने दूल्हे के परिवार से करीब 15 हजार रुपये कमीशन लिया था। वही लड़की पक्ष की तरफ से भी एक एजेंट है, जो दोनो ने मिलकर शादी करवाई थी।

    Mumbai: आर्थर रोड जेल में कैदी का उत्पात, ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मी पर हमला

    सुहागरात के दिन ही लुट गया दूल्हा, दुल्हन हुई फरार।

    सुहागरात, दुल्हन,
    गिरफ्तार आरोपी की तस्वीर

    मालाड पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज होने के बाद पीएसआई दिगंबर लेंगरे, हवलदार गुजर, सिपाही गावड़े, कोली, बोधले ने मिलकर आरोपी दुल्हन और एजेंट की तलाश शुरू कर दी। दोनो की शादी की फ़ोटो ग्राफ और मोबाइल लोकेशन के आधार पर शादी कराने वाला एजेंट कमलेश कदम की गिरफ्तारी हो चुकी है।

    कमलेश ने बताया कि वह लड़की को बहुत ज्यादा नही जानता है। लेकिन लड़की को शादी करनी थी इसलिए वह दोनो को मिलवाकर अपना कमीशन ले लिया। बहरहाल पुलिस दुल्हन की तलाश कर रही है। क्योंकि दुल्हन ने और ऐसे कितनी शादी कर दूल्हे को चुना लगाया होगा। जानकारी के अनुसार दुल्हन ने शादी के लिए अपना डुप्लीकेट नाम का इस्तेमाल भी किया है। असली नाम कुछ और भी हो सकता हैं। इसलिए पुलिस को उसकी तलाश में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

    Mumbai Borivali east murder case