Category: Maharashtra Crime

Read the latest Maharashtra crime news, police investigations and exclusive reports from Mumbai, Pune, Nagpur, Nashik, Thane and across the state. Stay informed with coverage on cybercrime, financial fraud, court cases, law enforcement actions and major criminal incidents, only on Indian FastTrack.

  • Kandivali ESIS Hospital में Blackmail: महिला कर्मचारी पर सहकर्मी से पैसे मांगने और झूठे केस में फंसाने की धमकी का आरोप

    Kandivali ESIS Hospital में Blackmail: महिला कर्मचारी पर सहकर्मी से पैसे मांगने और झूठे केस में फंसाने की धमकी का आरोप

    Mumbai के Kandivali East स्थित ESIS Hospital में बड़ा विवाद सामने आया है। महिला कर्मचारी पर सहकर्मी से पैसे मांगने, ब्लैकमेल करने और झूठे केस में फंसाने की धमकी देने का आरोप लगा है। पीड़ित ward boy ने Samta Nagar Police Station में शिकायत दर्ज कराई है।

    मुंबई: Kandivali (East) स्थित ESIS Hospital (Kamgar Hospital) से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। अस्पताल की एक महिला कर्मचारी पर अपने ही सहकर्मी को ब्लैकमेल कर पैसे मांगने और झूठे केस में फंसाने की धमकी देने का आरोप लगा है।

    इस मामले में पीड़ित कर्मचारी Rahul Ram Rajbhar ने 12 मार्च 2026 को Samta Nagar Police Station में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस अब इस पूरे मामले की जांच कर रही है।

    ESIS Hospital में काम करते हैं दोनों कर्मचारी

    पुलिस में दी गई शिकायत के मुताबिक Rahul Ram Rajbhar अपने परिवार के साथ Akurli Cross Road, Kandivali (East) में रहता है और ESIS Hospital (Kamgar Hospital) में Ward Boy के पद पर कार्यरत है।

    उसी अस्पताल में 26 वर्षीय महिला कर्मचारी Pooja Mahadev Gupta भी काम करती है। बताया गया है कि महिला ने राहुल से बातचीत शुरू कर धीरे-धीरे उससे मेल-जोल बढ़ाया और अपनी घरेलू परेशानियां और आर्थिक तंगी की बातें उससे साझा कीं।

    पहले छोटी रकम ली, फिर शुरू हुई बड़ी पैसों की मांग

    शिकायत के अनुसार Pooja Gupta ने कुछ समय पहले अपनी आर्थिक परेशानी बताते हुए राहुल से कई बार पैसे मांगे थे। सहकर्मी होने और इंसानियत के नाते राहुल ने उसे कुछ रकम दे भी दी।

    लेकिन बाद में महिला ने उससे बड़ी रकम की मांग शुरू कर दी। जब राहुल ने पैसे देने से इनकार किया, तो आरोप है कि महिला ने उसे झूठे मामलों में फंसाने की धमकी देकर ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया।

    पति के खिलाफ झूठा Domestic Violence केस करने का आरोप

    शिकायत में यह भी दावा किया गया है कि Pooja Gupta ने Borivali Court में अपने पति के खिलाफ Domestic Violence का झूठा मामला दर्ज कराया है।

    इसके अलावा अस्पताल के मुकादम Himmat Makwana सहित कुछ आपराधिक तत्वों से महिला के अंतरंग संबंध होने की बात भी शिकायत में कही गई है।

    दो अज्ञात गुंडों के साथ घर पहुंचकर दी धमकी

    पीड़ित राहुल के अनुसार 11 मार्च 2026 को Pooja Gupta दो अज्ञात गुंडों के साथ उसके घर पहुंची और वहां गाली-गलौज करते हुए उसे झूठे केस में फंसाने और पैसे देने के लिए धमकाया।

    राहुल का आरोप है कि उसी रात करीब 11:30 बजे वे दोनों गुंडे फिर उसके घर के बाहर आए और उसे बाहर आने के लिए धमकाने लगे। उन्होंने कहा कि बाहर आकर सामना करे, नहीं तो उसे सबक सिखाया जाएगा।

    अलग-अलग नंबरों से फोन कर मांगे पैसे

    राहुल का कहना है कि हमले की आशंका को देखते हुए वह घर से बाहर नहीं निकला। इसके बाद Pooja Gupta अलग-अलग मोबाइल नंबरों से फोन कर उसे लगातार धमकाती रही और पैसे मांगती रही।

    सुबह 3 बजे दर्ज कराया हमला करने का केस

    शिकायत के मुताबिक 12 मार्च 2026 की सुबह करीब 3 बजे महिला ने उल्टा राहुल के खिलाफ हमला करने का मामला दर्ज करा दिया।

    इसके बाद पुलिस राहुल के घर पहुंची और उसे पूछताछ के लिए Samta Nagar Police Station ले गई।

    राहुल ने आरोपों से किया साफ इनकार

    थाने में राहुल ने महिला द्वारा लगाए गए सभी आरोपों से साफ इनकार किया।

    उसने पुलिस से कहा कि पड़ोसियों से पूछताछ की जाए, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि महिला वास्तव में दो गुंडों के साथ उसके घर आई थी या नहीं।

    परिवार के खिलाफ झूठे केस न दर्ज करने की मांग

    राहुल ने पुलिस को लिखित आवेदन देकर अनुरोध किया है कि उसके और उसके परिवार के खिलाफ झूठी और जालसाजी वाली शिकायतें दर्ज न की जाएं।

    फिलहाल Samta Nagar Police पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है और सभी तथ्यों की जांच की जा रही है।


    FAQ

    Q1: Kandivali ESIS Hospital में क्या मामला सामने आया है?

    अस्पताल की एक महिला कर्मचारी पर अपने सहकर्मी को ब्लैकमेल कर पैसे मांगने और झूठे केस में फंसाने की धमकी देने का आरोप लगा है।

    Q2: शिकायत किसने दर्ज कराई?

    यह शिकायत Rahul Ram Rajbhar, जो ESIS Hospital में Ward Boy के रूप में कार्यरत है, ने Samta Nagar Police Station में दर्ज कराई।

    Q3: आरोपी महिला का नाम क्या बताया गया है?

    शिकायत के अनुसार महिला कर्मचारी का नाम Pooja Mahadev Gupta बताया गया है।

    Q4: यह घटना कब की है?

    पीड़ित के अनुसार 11 मार्च 2026 को धमकी दी गई और 12 मार्च 2026 को पुलिस में शिकायत दर्ज की गई।

    Q5: फिलहाल पुलिस क्या कार्रवाई कर रही है?

    Samta Nagar Police पूरे मामले की जांच कर रही है और दोनों पक्षों के बयान लेकर तथ्यों की जांच की जा रही है।

  • Mumbai Police Action: अंतरराज्यीय चोरी गैंग गिरफ्तार, 25 लाख की चोरी की माल बरामद

    Mumbai Police Action: अंतरराज्यीय चोरी गैंग गिरफ्तार, 25 लाख की चोरी की माल बरामद

    Mumbai Crime News: Mata Ramabai Marg Police ने बिहार और पश्चिम बंगाल से अंतरराज्यीय चोरी गैंग के 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया। करीब 25.60 लाख रुपये की महंगी घड़ियां और कैमरे बरामद, 7 चोरी के केस सुलझे।

    मुंबई: चोरी और घरफोडी की घटनाओं पर बड़ी कार्रवाई करते हुए Mata Ramabai Marg Police Station की टीम ने एक Interstate Burglary Gang का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने बिहार और पश्चिम बंगाल से 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर करीब 25.60 लाख रुपये की चोरी की मालमत्ता बरामद की है।

    पुलिस की जांच में यह भी सामने आया है कि इस गैंग ने मुंबई में कुल 7 चोरी की वारदातों को अंजाम दिया था, जिन्हें अब पुलिस ने सुलझा लिया है।

    23 फरवरी को दर्ज हुआ था चोरी का केस

    पुलिस के अनुसार 23 फरवरी 2026 को Siddhat Mahesh Shetde (39) ने Mata Ramabai Marg Police Station में चोरी की शिकायत दर्ज कराई थी।

    सिद्धात शेटदे Aastha Guru Auction Firm में नौकरी करते हैं। उनकी शिकायत पर CCTNS Crime No.101/2026 के तहत Bharatiya Nyaya Sanhita 2023 की धारा 305(3), 331(4), 3(5) के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया।

    खिड़की का ग्रिल तोड़कर की गई थी चोरी

    जांच में पता चला कि यह चोरी रात के समय हुई थी। आरोपियों ने खिड़की का ग्रिल तोड़कर अंदर प्रवेश किया और वहां ऑक्शन के लिए रखी गई महंगी ब्रांडेड घड़ियां और फोटोग्राफी के कैमरे चोरी कर लिए।

    50 CCTV फुटेज की जांच से मिला सुराग

    मामले की जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे करीब 50 CCTV कैमरों के फुटेज की जांच की।

    फुटेज में आरोपी चेहरा पूरी तरह ढककर घूमते हुए दिखाई दिए, जिससे उनकी पहचान करना मुश्किल था। इसके बावजूद पुलिस ने तकनीकी जांच और डिजिटल ट्रैकिंग के जरिए आरोपियों के बारे में अहम जानकारी जुटाई।

    चोरी के बाद फ्लाइट से भाग जाते थे आरोपी

    पुलिस जांच में सामने आया कि चोरी करने के बाद आरोपी फ्लाइट से अपने राज्यों बिहार और पश्चिम बंगाल भाग जाते थे।

    इस जानकारी के बाद DCP Zone 1 के मार्गदर्शन में पुलिस की दो टीमें तुरंत बिहार और पश्चिम बंगाल रवाना की गईं।

    दुर्गम गांवों में 10 दिन तक वेश बदलकर रही पुलिस

    पुलिस को पता चला कि आरोपी बिहार और पश्चिम बंगाल के सीमा क्षेत्र के बेहद दुर्गम गांवों में छिपे हुए थे, जहां चारपहिया वाहन भी नहीं पहुंच सकते थे।

    काफी मुश्किल हालात के बावजूद पुलिस टीम ने लगातार 10 दिन तक गांव में वेश बदलकर रहकर निगरानी की और आखिरकार चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

    25.60 लाख की महंगी घड़ियां और कैमरे बरामद

    गिरफ्तार आरोपियों से पुलिस ने ₹25,60,141 की चोरी की मालमत्ता बरामद की।

    बरामद सामान में शामिल हैं:

    • Sony कंपनी का कैमरा और कैमरा किट (Model A74) – ₹3,70,070
    • Rolex कंपनी की लग्जरी घड़ी – ₹11,20,000
    • TAG Heuer कंपनी की घड़ी – ₹72,000
    • Vacheron Constantin कंपनी की घड़ी – ₹7,50,000
    • Sony कंपनी का पुराना कैमरा और कैमरा किट (Model A74) – ₹2,48,071

    कुल बरामद माल की कीमत ₹25,60,141 बताई गई है।

    गिरफ्तार आरोपियों के नाम

    पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है:

    1. Chhotu Miyan Mubarak Hussain (23) – निवासी उत्तर दिनाजपुर, पश्चिम बंगाल
    2. Munawar Tushnududdin Sheikh (42) – वर्तमान पता कामाठीपुरा, नागपाड़ा मुंबई / मूल निवासी पश्चिम बंगाल
    3. Mohammad Rajiful Mohammad Rahim Sheikh (32) – निवासी परमपुर, बिहार
    4. Achabul Charu Sheikh (34) – निवासी उत्तर दिनाजपुर, पश्चिम बंगाल

    7 अन्य चोरी के मामले भी सुलझे

    पुलिस पूछताछ में यह भी सामने आया कि आरोपी मुंबई में कई अन्य चोरी की वारदातों में शामिल थे।

    अब तक कुल 7 चोरी के मामले सुलझाए जा चुके हैं और पुलिस अन्य मामलों की भी जांच कर रही है।

    वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में हुई कार्रवाई

    यह पूरी कार्रवाई Additional CP South Region Dr. Abhinav Deshmukh,
    DCP Zone 1 Dr. Pravin Munde,
    ACP Azad Maidan Division Jagdish Kulkarni

    और Senior Police Inspector Yogesh Sable (Mata Ramabai Marg Police Station) के मार्गदर्शन में की गई।

    इन पुलिस अधिकारियों ने निभाई अहम भूमिका

    इस ऑपरेशन में मुख्य रूप से इन अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका रही:

    • API Dhanesh Satardekar
    • API Pravin Shinde
    • Police Havaldar Sameer Sankukhe
    • Police Havaldar Krishna Gawde
    • PSI Bhagwat Pakhare
    • PSI Sagar Hemade
    • PSI Prakash Hake
    • PSI Sachin Mandale
    • PSI Rahul Kamble
    • Police Havaldar Sachin Patil (Technical Support)

    इन सभी की तकनीकी जांच और लगातार ऑपरेशन के चलते इस Interstate Burglary Gang को पकड़ने में सफलता मिली।


    FAQ

    Q1: मुंबई में किस गैंग को गिरफ्तार किया गया?

    मुंबई पुलिस ने Interstate Burglary Gang के 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

    Q2: आरोपियों को कहां से पकड़ा गया?

    आरोपियों को बिहार और पश्चिम बंगाल के सीमावर्ती क्षेत्रों से गिरफ्तार किया गया।

    Q3: कितनी चोरी की मालमत्ता बरामद हुई?

    पुलिस ने करीब ₹25,60,141 की चोरी की घड़ियां और कैमरे बरामद किए।

    Q4: कितने केस सुलझे?

    इस कार्रवाई में मुंबई के 7 चोरी के मामलों का खुलासा हुआ है।

    Q5: यह कार्रवाई किस पुलिस स्टेशन ने की?

    यह कार्रवाई Mata Ramabai Marg Police Station, Mumbai ने की।

  • Mumbai Road Rage: Malad में मामूली बहस ने ली 25 साल के युवक की जान, कैब ड्राइवर गिरफ्तार

    Mumbai Road Rage: Malad में मामूली बहस ने ली 25 साल के युवक की जान, कैब ड्राइवर गिरफ्तार

    Mumbai Crime News: Malad के Link Road पर रोड रेज के दौरान 25 वर्षीय biker Sharik Ansari की हत्या कर दी गई। Bangur Nagar Police ने cab driver को गिरफ्तार किया है। Mith Chowky और Infiniti Mall के पास हुई घटना के CCTV फुटेज खंगाले जा रहे हैं।

    मुंबई: Malad इलाके में रोड रेज की एक खौफनाक घटना सामने आई है, जहां एक मामूली बहस ने 25 साल के बाइक सवार की जान ले ली। घटना में एक cab driver ने कथित तौर पर तेज नुकीली चीज से हमला कर दिया, जिससे युवक की मौत हो गई।

    पुलिस ने आरोपी ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया है और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।

    मृतक की पहचान Sharik Ansari

    मृतक की पहचान 25 वर्षीय Sharik Ansari के रूप में हुई है। वह Malad के Malwani MHADA इलाके का रहने वाला था।

    पुलिस के अनुसार, शारिक Malad के Mindspace इलाके के पास स्थित एक digital marketing firm में काम करता था।

    Malwani से Andheri जाते समय हुआ विवाद

    पुलिस सूत्रों के मुताबिक, घटना के समय बाइक सवार Sharik Ansari और cab driver दोनों Malwani से Andheri की तरफ Link Road से जा रहे थे।

    इसी दौरान Mith Chowky Junction के पास दोनों के बीच ड्राइविंग को लेकर बहस शुरू हो गई।

    बताया जा रहा है कि दोनों चलते-चलते एक-दूसरे से बहस करते रहे और मामला धीरे-धीरे ज्यादा गर्म हो गया।

    Infiniti Mall के पास पहुंचकर हुआ झगड़ा

    यह विवाद तब और बढ़ गया जब दोनों ने Malad के Infiniti Mall के पास Oswal Metro Station के नीचे अपने वाहन रोक दिए।

    इसके बाद दोनों के बीच सीधे हाथापाई शुरू हो गई, जिससे वहां मौजूद लोग भी हैरान रह गए।

    हेलमेट से कार का शीशा तोड़ा, फिर हुआ घातक हमला

    प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, झगड़े के दौरान बाइक सवार ने हेलमेट से कार के ड्राइवर साइड का शीशा तोड़ दिया।

    इसके बाद गुस्से में आकर cab driver ने एक नुकीली चीज से हमला कर दिया, जो संभवतः चाबी (key) बताई जा रही है।

    इस हमले में नुकीली चीज युवक के सीने और गर्दन के पीछे तक घुस गई, जिससे उसे कई गंभीर चोटें आईं।

    अस्पताल पहुंचने से पहले ही हो गई मौत

    घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों और पुलिस ने तुरंत गंभीर रूप से घायल Sharik Ansari को पास के एक private hospital पहुंचाया।

    लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे dead on arrival घोषित कर दिया।

    Bangur Nagar Police ने किया आरोपी को गिरफ्तार

    घटना के बाद Bangur Nagar Police Station की टीम मौके पर पहुंची और cab driver को हिरासत में ले लिया।

    पुलिस ने कार में मौजूद एक अन्य व्यक्ति को भी पूछताछ के लिए पकड़ा, जो कथित तौर पर mechanic बताया जा रहा है।

    CCTV फुटेज से पता चलेगा पूरा सच

    पुलिस ने इस मामले में murder case दर्ज कर लिया है।

    अधिकारियों के अनुसार, पुलिस Mith Chowky, Kanchpada और घटना स्थल के आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज की जांच कर रही है ताकि पूरे विवाद का सही कारण पता चल सके।

    सुबह 10 से 11 बजे के बीच हुई घटना

    पुलिस सूत्रों के मुताबिक यह घटना सुबह करीब 10 से 11 बजे के बीच हुई।

    फोरेंसिक टीम और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर panchnama किया और सबूत इकट्ठा किए।

    रोड रेज का खतरनाक अंजाम

    यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि road rage कितनी तेजी से खतरनाक रूप ले सकता है।

    एक मामूली बहस कुछ ही मिनटों में एक युवा की जान ले गई, जिससे इलाके में डर और सदमा फैल गया है।


    FAQ (Frequently Asked Questions)

    Q1. Mumbai road rage case में मृतक कौन था?
    मृतक की पहचान 25 वर्षीय Sharik Ansari के रूप में हुई है।

    Q2. यह घटना कहां हुई?
    यह घटना Malad Link Road, Mith Chowky और Infiniti Mall के पास हुई।

    Q3. हत्या कैसे हुई?
    पुलिस के अनुसार cab driver ने नुकीली चीज (संभवतः चाबी) से हमला किया जिससे युवक की मौत हो गई।

    Q4. आरोपी को गिरफ्तार किया गया है?
    जी हां, Bangur Nagar Police ने cab driver को गिरफ्तार कर लिया है।

    Q5. पुलिस अब क्या जांच कर रही है?
    पुलिस CCTV फुटेज और फोरेंसिक सबूत की मदद से मामले की पूरी जांच कर रही है।

  • Mumbai Crime: तली हुई मछली के शक में दोस्त की हत्या, बाद में पता चला चूहों ने खाई थी मछली

    Mumbai Crime: तली हुई मछली के शक में दोस्त की हत्या, बाद में पता चला चूहों ने खाई थी मछली

    Mumbai Murder Case: Goregaon में तली हुई मछली गायब होने के शक में दो दोस्तों ने 35 वर्षीय Afser की पीट-पीटकर हत्या कर दी। बाद में पता चला कि मछली इंसान नहीं बल्कि चूहों ने खा ली थी। Vanrai Police ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

    मुंबई: Goregaon इलाके से एक बेहद चौंकाने वाला और दर्दनाक मामला सामने आया है। यहां तली हुई मछली गायब होने के शक में दो दोस्तों ने अपने ही साथी की पीट-पीटकर हत्या कर दी। बाद में जांच में पता चला कि जिस मछली को लेकर विवाद हुआ था, उसे किसी इंसान ने नहीं बल्कि चूहों ने खा लिया था। इस घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है और लोगों को हैरान कर दिया है।

    24 फरवरी की रात हुई यह खौफनाक घटना

    पुलिस के अनुसार यह घटना 24 फरवरी को Goregaon, Mumbai में हुई। मृतक की पहचान 35 वर्षीय अफसर (Afser) के रूप में हुई है।9

    उस दिन अफसर अपने दो दोस्तों सुरेश और राजेश रामेशनाथ उर्फ “Nepali” के साथ अपने फ्लैट में बैठा हुआ था। तीनों ने मिलकर मछली पकाई और शराब पीते हुए समय बिताया। खाना तैयार होने के बाद तीनों वहीं बैठते-बैठते सो गए।

    रात में रसोई में पहुंच गए चूहे

    जब तीनों दोस्त सो रहे थे, उसी दौरान रसोई में रखी तली हुई मछली को चूहों ने खा लिया।

    सुबह जब सुरेश और राजेश की नींद खुली तो उन्होंने देखा कि पैन का बर्तन पूरी तरह खाली है। उन्हें लगा कि अफसर ने रात में उठकर सारी मछली खा ली है।

    मछली को लेकर शुरू हुआ विवाद

    मछली गायब होने की बात पर तीनों के बीच बहस शुरू हो गई। शुरुआत में यह सिर्फ कहासुनी थी, लेकिन कुछ ही देर में मामला गंभीर हो गया।

    दोनों दोस्तों को शक था कि अफसर ने अकेले ही सारी मछली खा ली, जिस वजह से उनका गुस्सा बढ़ता गया।

    लात-घूंसों से हमला, फिर पत्थर से सिर कुचल दिया

    पुलिस के अनुसार बहस के दौरान सुरेश और राजेश ने अफसर को बुरी तरह पीटना शुरू कर दिया।

    मारपीट इतनी ज्यादा हो गई कि आरोपियों ने लात-घूंसों से हमला करने के बाद पत्थर से उसका सिर कुचल दिया। इस हमले में अफसर की मौके पर ही मौत हो गई।

    हत्या के बाद हरियाणा भाग गए आरोपी

    हत्या करने के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए और हरियाणा की तरफ भाग गए।

    इसके बाद मुंबई के Vanrai Police Station में मामला दर्ज किया गया और पुलिस ने जांच शुरू कर दी।

    बिना मोबाइल और पहचान के आरोपियों को पकड़ना था मुश्किल

    पुलिस के लिए यह केस काफी चुनौतीपूर्ण था क्योंकि आरोपियों के पास न मोबाइल फोन था और न कोई पहचान पत्र।

    जांच के दौरान पुलिस ने इलाके में रहने वाले करीब 50 कबाड़ बीनने वालों (scrap collectors) से पूछताछ की। इसी पूछताछ से पुलिस को महत्वपूर्ण जानकारी मिली।

    ऐसे पकड़े गए दोनों आरोपी

    जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी सुरेश को हरियाणा के कैथल (Kaithal) से गिरफ्तार किया।

    वहीं दूसरा आरोपी राजेश रामेशनाथ उर्फ “Nepali” को मालाड़ के रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया गया।

    तीनों करते थे कबाड़ का काम

    पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि अफसर, सुरेश और राजेश तीनों कबाड़ (scrap collection) का काम करते थे और अक्सर साथ में रहते थे।

    जांच के दौरान पुलिस को यह भी पता चला कि आरोपी राजेश का पहले से आपराधिक रिकॉर्ड रहा है।

    आरोपी पर पहले भी गंभीर केस दर्ज

    पुलिस के अनुसार राजेश पर पहले भी हत्या और रंगदारी (extortion) जैसे गंभीर मामलों में शामिल होने के आरोप लग चुके हैं।

    फिलहाल पुलिस ने अफसर के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की आगे की जांच जारी है।

    छोटी गलतफहमी का बड़ा अंजाम

    मुंबई का यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि शक और गुस्सा इंसान को कितना खतरनाक बना सकता है।

    अगर उस समय थोड़ी समझदारी दिखाई जाती, तो शायद आज अफसर जिंदा होता। एक मामूली गलतफहमी ने एक इंसान की जिंदगी खत्म कर दी।


    FAQ (Frequently Asked Questions)

    Q1. Goregaon murder case में मृतक कौन था?
    मृतक की पहचान 35 वर्षीय अफसर (Afser) के रूप में हुई है।

    Q2. हत्या की वजह क्या थी?
    आरोपियों को शक था कि अफसर ने सारी तली हुई मछली खा ली, जबकि बाद में पता चला कि मछली चूहों ने खाई थी।

    Q3. इस मामले में कितने आरोपी गिरफ्तार हुए?
    इस केस में दो आरोपी — सुरेश और राजेश रामेशनाथ उर्फ Nepali गिरफ्तार हुए हैं।

    Q4. आरोपियों को कहां से पकड़ा गया?
    सुरेश को हरियाणा के कैथल से और राजेश को एक रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया गया।

    Q5. केस की जांच कौन कर रहा है?
    इस मामले की जांच Vanrai Police, Mumbai कर रही है।

  • Mumbai Crime: Goregaon में scrap के पैसों के झगड़े में कचरा बीनने वाले की हत्या, 2 आरोपी गिरफ्तार

    Mumbai Crime: Goregaon में scrap के पैसों के झगड़े में कचरा बीनने वाले की हत्या, 2 आरोपी गिरफ्तार

    Mumbai Crime News: Goregaon के Hanuman Tekri इलाके में एक homeless scrap collector की हत्या के मामले में Vanrai Police ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। पैसों के बंटवारे को लेकर हुए विवाद में पत्थर से हमला कर हत्या की गई।

    मुंबई: Goregaon इलाके में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां scrap बेचने से मिले पैसों के बंटवारे को लेकर हुए विवाद में एक बेघर कचरा बीनने वाले की हत्या कर दी गई। इस मामले में Vanrai Police ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

    पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपियों को शुक्रवार को अदालत में पेश किया गया, जहां कोर्ट ने उन्हें चार दिन की पुलिस कस्टडी में भेज दिया।

    Hanuman Tekri के पास मिला घायल व्यक्ति

    पुलिस अधिकारियों के अनुसार, उन्हें सूचना मिली थी कि Goregaon के Hanuman Tekri इलाके के पास एक व्यक्ति बेहोशी की हालत में पड़ा हुआ है।

    पुलिस मौके पर पहुंची और घायल व्यक्ति को तुरंत Jogeshwari East के Trauma Care Hospital ले जाया गया। हालांकि, अस्पताल में जांच के बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

    पहले ADR केस दर्ज, बाद में हत्या का शक

    शुरुआत में Vanrai Police ने मामले को Accidental Death Report (ADR) के तहत दर्ज किया था।

    लेकिन शुरुआती जांच के दौरान पुलिस को मृतक के सिर पर गंभीर चोटें दिखाई दीं। यह चोटें संदिग्ध लगने के बाद पुलिस ने मामले की जांच को हत्या के एंगल से आगे बढ़ाया।

    मृतक की पहचान शुरू में नहीं हो सकी

    मृतक के पास कोई पहचान पत्र नहीं था, इसलिए कुछ समय तक उसकी पहचान नहीं हो सकी।

    इसके बाद पुलिस ने दो अलग-अलग investigation teams बनाईं और मृतक की तस्वीरें Goregaon-Dahisar belt में काम करने वाले scrap collectors के बीच दिखाई गईं।

    पुलिस ने करीब 50 से 70 कचरा बीनने वालों को फोटो दिखाए। आखिरकार उनमें से कुछ लोगों ने मृतक की पहचान Azhar के रूप में की।

    Azhar के साथ काम करते थे दो साथी

    जांच में सामने आया कि Azhar scrap collection का काम करता था और उसके साथ दो लोग अक्सर काम करते थे —

    • Suresh उर्फ “Kaliya”
    • Salim उर्फ “Nepali”

    पुलिस ने जब जांच आगे बढ़ाई तो पता चला कि घटना वाले दिन से ही दोनों साथी लापता थे, जिससे उन पर शक और मजबूत हो गया।

    पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि

    अस्पताल से आई post-mortem report में पुष्टि हुई कि Azhar की मौत सिर पर हमले से लगी चोटों के कारण हुई।

    इसके बाद पुलिस ने unknown persons के खिलाफ murder case दर्ज किया और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी।

    Haryana और Malad से दोनों आरोपी गिरफ्तार

    जांच के दौरान पुलिस ने Suresh उर्फ “Kaliya” को Haryana से ट्रेस कर हिरासत में लिया।

    पूछताछ के दौरान उसने कथित तौर पर अपराध कबूल किया और बताया कि उसने अपने साथी Salim उर्फ “Nepali” के साथ मिलकर Azhar की हत्या की थी।

    इसके बाद पुलिस ने दूसरे आरोपी Salim को Malad के Pathanwadi इलाके से गिरफ्तार कर लिया।

    पत्थर से सिर पर वार कर की हत्या

    पुलिस के अनुसार, scrap बेचने से मिले पैसों के बंटवारे को लेकर तीनों के बीच विवाद हुआ था।

    बहस के दौरान आरोपियों ने पत्थर से Azhar के सिर पर कई बार हमला किया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

    अब पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।


    FAQ (Frequently Asked Questions)

    Q1. Goregaon murder case में मृतक कौन था?
    मृतक की पहचान Azhar के रूप में हुई है, जो scrap collector का काम करता था।

    Q2. हत्या किस वजह से हुई?
    पुलिस के अनुसार scrap बेचने से मिले पैसों के बंटवारे को लेकर विवाद हुआ था।

    Q3. इस मामले में कितने आरोपी गिरफ्तार हुए हैं?
    इस केस में दो आरोपी — Suresh उर्फ Kaliya और Salim उर्फ Nepali को गिरफ्तार किया गया है।

    Q4. आरोपियों को कहां से पकड़ा गया?
    एक आरोपी को Haryana से और दूसरे को Malad के Pathanwadi इलाके से गिरफ्तार किया गया।

    Q5. मामले की जांच कौन कर रहा है?
    इस केस की जांच Vanrai Police, Mumbai कर रही है।

  • Mumbai Scam: वर्सोवा रिडेवलपमेंट घोटाले में 55 करोड़ की ठगी, कोल्हापुर का डेवलपर गिरफ्तार

    Mumbai Scam: वर्सोवा रिडेवलपमेंट घोटाले में 55 करोड़ की ठगी, कोल्हापुर का डेवलपर गिरफ्तार

    Mumbai Versova Redevelopment Scam – EOW ने 55 करोड़ रुपये के हाउसिंग फ्रॉड मामले में कोल्हापुर के डेवलपर Amrut Mahendrakar को गिरफ्तार किया। Versova building redevelopment के नाम पर फ्लैट गिरवी रखकर और बेचकर की गई बड़ी ठगी का खुलासा।

    मुंबई: मुंबई में Versova redevelopment scam से जुड़ा बड़ा खुलासा सामने आया है। शहर की Economic Offences Wing (EOW) – Mumbai Police ने 55 करोड़ रुपये की कथित ठगी के मामले में कोल्हापुर के एक डेवलपर को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि Versova, Andheri स्थित एक पुराने बिल्डिंग के पुनर्विकास (redevelopment project) के नाम पर समाज के सदस्यों के फ्लैट्स को उनकी अनुमति के बिना mortgage और sale कर दिया गया। पुलिस के अनुसार इस पूरे मामले में फर्जी दस्तावेज, नकली एग्रीमेंट और जाली हस्ताक्षर का इस्तेमाल कर बैंकों से करोड़ों रुपये का लोन लिया गया।

    EOW ने कोल्हापुर के डेवलपर को किया गिरफ्तार

    मुंबई पुलिस की EOW Housing Unit ने इस मामले में Amrut Uttam Mahendrakar (34) को गिरफ्तार किया है। महेंद्रकर कोल्हापुर जिले के Ichalkaranji का रहने वाला है।

    पुलिस के मुताबिक वह इस पूरे real estate fraud case में मुख्य आरोपी की मदद कर रहा था। उस पर आरोप है कि उसने फर्जी दस्तावेज तैयार कराने और फ्लैट्स की अवैध बिक्री व मॉर्गेज प्रक्रिया को आसान बनाने में अहम भूमिका निभाई।

    पहले भी हो चुकी है एक आरोपी की गिरफ्तारी

    इस मामले में इससे पहले भी पुलिस कार्रवाई कर चुकी है। अगस्त 2025 में पुलिस ने Amarjit Shukla को गिरफ्तार किया था, जो Mid City Heights नाम की कंपनी का मालिक बताया गया है।

    पुलिस के अनुसार Mahendrakar इस केस में गिरफ्तार किया गया दूसरा आरोपी है और जांच में अभी और लोगों के शामिल होने की संभावना से भी इनकार नहीं किया गया है।

    Versova की हाउसिंग सोसाइटी ने दर्ज कराई थी शिकायत

    यह मामला Versova Police Station में दर्ज किया गया था। शिकायत Meena Singh Thilon (71) ने दर्ज कराई थी, जो Zakaria Aghadi Nagar No.3 Co-operative Housing Society से जुड़ी हैं।

    जानकारी के मुताबिक इस सोसाइटी ने 2015 में Midcity Heights Partnership Firm को अपनी पुरानी बिल्डिंग के redevelopment project के लिए नियुक्त किया था।

    13 परिवारों को नए घर देने का दिया गया था वादा

    डेवलपर कंपनी ने सोसाइटी के 13 निवासियों, जिनके पास कुल 14 फ्लैट थे, उन्हें तय समय सीमा के भीतर नए फ्लैट देने का भरोसा दिया था।

    लेकिन जब प्रोजेक्ट आगे बढ़ा तो सोसाइटी के सदस्यों को शक हुआ कि Permanent Alternate Accommodation Agreement (PAAA) के तहत उन्हें मिलने वाले फ्लैट्स के साथ धोखाधड़ी हो रही है।

    बिना अनुमति फ्लैट्स को गिरवी रखकर बेच दिया गया

    जांच के दौरान सामने आया कि सोसाइटी के सदस्यों को मिलने वाले कई फ्लैट्स को उनकी अनुमति के बिना ही बैंकों के पास गिरवी (mortgage) रखा गया।

    इतना ही नहीं, इन्हीं फ्लैट्स को तीसरे पक्ष (third parties) को बेचने के भी आरोप लगे हैं। इससे सोसाइटी के सदस्यों को करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ।

    फर्जी दस्तावेज और नकली स्टैम्प का इस्तेमाल

    पुलिस की जांच में यह भी सामने आया कि मुख्य आरोपी Amarjit Shukla और उसके साथियों ने कई फर्जी दस्तावेज तैयार किए।

    इनमें कथित तौर पर:

    • Fake agreements for sale
    • Joint Deputy Registrar के जाली हस्ताक्षर
    • Counterfeit stamps और forged paperwork

    का इस्तेमाल किया गया। इन दस्तावेजों के आधार पर कई बैंकों से करोड़ों रुपये के लोन उठाए गए, जिससे कुल ठगी का आंकड़ा लगभग ₹55 करोड़ तक पहुंच गया।

    जांच में सामने आ सकते हैं और बड़े खुलासे

    EOW अधिकारियों के मुताबिक यह मामला Mumbai real estate fraud के बड़े मामलों में से एक हो सकता है।

    पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस Versova redevelopment scam में और कौन-कौन लोग शामिल हैं और कितने बैंक या वित्तीय संस्थान इस फर्जीवाड़े का शिकार हुए हैं।


    FAQ (Frequently Asked Questions)

    1. वर्सोवा रिडेवलपमेंट घोटाला क्या है?

    यह एक real estate fraud case है जिसमें redevelopment के नाम पर सोसाइटी के फ्लैट्स को बिना अनुमति गिरवी रखकर और बेचकर करीब ₹55 करोड़ की ठगी की गई।

    2. इस मामले में किसे गिरफ्तार किया गया है?

    Amrut Uttam Mahendrakar, जो कोल्हापुर जिले के इचलकरंजी का निवासी है।

    3. पहले किस आरोपी को गिरफ्तार किया गया था?

    इस केस में पहले Amarjit Shukla, Mid City Heights का मालिक, गिरफ्तार किया गया था।

    4. शिकायत किसने दर्ज कराई थी?

    शिकायत Meena Singh Thilon (71) ने Versova पुलिस स्टेशन में दर्ज कराई थी।

    5. सोसाइटी का नाम क्या है?

    Zakaria Aghadi Nagar No.3 Co-operative Housing Society।

  • Goregaon: सौतेली मां पर जिम वेट से हमला, 25 साल का युवक गिरफ्तार

    Goregaon: सौतेली मां पर जिम वेट से हमला, 25 साल का युवक गिरफ्तार

    मुंबई के Goregaon इलाके में 25 साल के युवक ने सौतेली मां पर जिम के वेट प्लेट से हमला कर दिया। Bangur Nagar Police ने आरोपी Abdul Rehman Sabir Ansari को गिरफ्तार कर लिया है। महिला को गंभीर चोटों के बाद अस्पताल में इलाज दिया गया।

    मुंबई: Goregaon West इलाके में पारिवारिक विवाद के चलते एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां एक 25 साल के युवक ने अपनी सौतेली मां पर जिम के भारी वेट प्लेट से हमला कर दिया। इस हमले में महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था, लेकिन Bangur Nagar Police की विशेष टीम ने उसे कुछ दिनों की तलाश के बाद गिरफ्तार कर लिया।

    पुलिस के अनुसार आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे पुलिस हिरासत (Police Custody) में भेज दिया गया है।

    आरोपी और घायल महिला की पहचान

    पुलिस के मुताबिक आरोपी की पहचान Abdul Rehman Sabir Ansari (25) के रूप में हुई है। वहीं घायल महिला का नाम Fatima Mohammad Sakir Ansari (32) बताया गया है।

    फातिमा अपने पति Mohammad Sakir और चार बच्चों के साथ Goregaon के Anwar Chawl में रहती हैं। उन्होंने करीब चार साल पहले मोहम्मद साकिर से शादी की थी।

    पिता की दूसरी शादी से नाराज था आरोपी

    पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी Abdul Rehman अपने पिता की दूसरी शादी से काफी नाराज था। वह फातिमा को अपनी सौतेली मां के रूप में स्वीकार नहीं कर पा रहा था।

    पुलिस के अनुसार पिछले कई महीनों से दोनों के बीच इस बात को लेकर लगातार झगड़े और बहस हो रही थी।

    27 फरवरी को भी हुआ था बड़ा विवाद

    पुलिस ने बताया कि 27 फरवरी 2026 को भी आरोपी और फातिमा के बीच बड़ा झगड़ा हुआ था। उस समय परिवार के अन्य रिश्तेदारों ने बीच-बचाव कर मामले को शांत कराया था।

    लेकिन इसके बावजूद दोनों के बीच तनाव बना हुआ था।

    3 मार्च की सुबह हुआ हमला

    पुलिस के अनुसार यह घटना 3 मार्च को सुबह करीब 11:15 बजे हुई। उस समय फातिमा घर पर बीमार थीं और उनके दो बच्चे भी घर में मौजूद थे।

    वहीं उनके पति Mohammad Sakir काम पर गए हुए थे।

    इसी दौरान आरोपी अब्दुल रहमान घर पहुंचा और पुराने विवाद को लेकर फातिमा से बहस शुरू कर दी।

    गाली-गलौज के बाद जिम वेट से हमला

    पुलिस के मुताबिक बहस के दौरान आरोपी ने कथित तौर पर गाली-गलौज शुरू कर दी। इस पर फातिमा ने उसे ऐसा करने से मना किया और पूछा कि वह उनके घर क्यों आया है।

    इस बात से गुस्से में आकर आरोपी ने जिम की भारी वेट प्लेट से उनके सिर पर हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं।

    हमला करने के बाद आरोपी तुरंत मौके से फरार हो गया।

    पड़ोसियों ने अस्पताल पहुंचाया

    घटना के बाद आसपास के लोगों ने तुरंत घायल फातिमा को Kandivali के Shatabdi Hospital पहुंचाया। वहां उन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया।

    इलाज के बाद फातिमा ने पुलिस को पूरी घटना बताई और अपने सौतेले बेटे के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।

    पुलिस ने चलाया सर्च ऑपरेशन

    शिकायत मिलने के बाद Bangur Nagar Police ने मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी। कई दिनों तक जांच और तलाश के बाद पुलिस की विशेष टीम ने 7 मार्च को Goregaon से Abdul Rehman को गिरफ्तार कर लिया।

    अदालत ने भेजा पुलिस हिरासत में

    गिरफ्तारी के बाद आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से अदालत ने उसे पुलिस हिरासत में भेजने का आदेश दिया। पुलिस अब मामले की आगे जांच कर रही है।


    FAQ

    1. यह घटना मुंबई के किस इलाके में हुई?

    यह घटना मुंबई के Goregaon West के Anwar Chawl इलाके में हुई।

    2. आरोपी कौन है?

    आरोपी का नाम Abdul Rehman Sabir Ansari (25) है।

    3. घायल महिला कौन है?

    घायल महिला का नाम Fatima Mohammad Sakir Ansari (32) है।

    4. हमला किस वजह से हुआ?

    पुलिस के अनुसार आरोपी अपने पिता की दूसरी शादी से नाराज था और इसी विवाद के चलते हमला हुआ।

    5. आरोपी को कब गिरफ्तार किया गया?

    पुलिस ने आरोपी को 7 मार्च को Goregaon से गिरफ्तार किया।

  • Kandivali में अवैध E-Cigarette रैकेट का भंडाफोड़, नाबालिग छात्रों को सप्लाई; दो आरोपी गिरफ्तार

    Kandivali में अवैध E-Cigarette रैकेट का भंडाफोड़, नाबालिग छात्रों को सप्लाई; दो आरोपी गिरफ्तार

    मुंबई के Kandivali West में पुलिस ने अवैध e-cigarette सप्लाई रैकेट का खुलासा किया। Class 11 के छात्रों को vaping devices देने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और 1.16 लाख रुपये के प्रतिबंधित सामान जब्त किए गए।

    मुंबई: कांदिवली इलाके में अवैध e-cigarette सप्लाई रैकेट का बड़ा खुलासा हुआ है। Kandivali Police ने नाबालिग छात्रों को banned electronic cigarettes बेचने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इस कार्रवाई में करीब 1.16 लाख रुपये के प्रतिबंधित vaping products जब्त किए हैं। यह कार्रवाई Prohibition of Electronic Cigarettes Act, 2019 के तहत की गई है, जिसके तहत भारत में e-cigarette की बिक्री और वितरण पूरी तरह प्रतिबंधित है।

    पुलिस को गश्त के दौरान मिला सुराग

    पुलिस के अनुसार 2 मार्च को Sub-Inspector श्रीकांत मगर (Shrikant Magar) की टीम कांदिवली वेस्ट के इरानीवाड़ी इलाके में नियमित गश्त कर रही थी। उसी दौरान पुलिस ने कुछ Class 11 के छात्रों को e-cigarette पीते हुए (vaping) देखा।

    भारत में electronic cigarettes पर प्रतिबंध होने के कारण पुलिस ने तुरंत छात्रों से पूछताछ की।

    छात्रों ने बताया दोस्त से मिला था vaping device

    पूछताछ के दौरान छात्रों ने पुलिस को बताया कि उन्हें यह vaping device उनके दोस्त “मंथन” से मिला था। इस जानकारी के आधार पर पुलिस ने आगे जांच शुरू की और सप्लाई चेन का पता लगाने की कोशिश की।

    जांच के दौरान पुलिस ने एक अन्य संदिग्ध की पहचान रोहित सभाजीत उपाध्याय (Rohit Sabhajit Upadhyay) के रूप में की, जो कांदिवली वेस्ट का रहने वाला है।

    आरोपी के घर से बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित सामान बरामद

    पुलिस ने रोहित उपाध्याय के घर पर तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान वहां से 131 प्रतिबंधित e-cigarettes और अलग-अलग कंपनियों के refill e-liquid bottles बरामद किए गए।

    जब्त किए गए इन सामानों की कीमत लगभग 78,500 रुपये बताई जा रही है।

    कुल 292 प्रतिबंधित सामान जब्त

    पूरे ऑपरेशन के दौरान पुलिस ने कुल 292 प्रतिबंधित items जब्त किए। इनमें e-cigarettes, e-liquids और विदेशी सिगरेट शामिल हैं। इन सभी की कुल कीमत लगभग 1.16 लाख रुपये बताई गई है।

    पुलिस का कहना है कि यह नेटवर्क खास तौर पर नाबालिग छात्रों को target कर रहा था, जो एक गंभीर चिंता का विषय है।

    Electronic Cigarettes Act के तहत कार्रवाई

    पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ Prohibition of Electronic Cigarettes Act, 2019 के तहत मामला दर्ज किया है। इस कानून के अनुसार भारत में e-cigarette की बिक्री, स्टोरेज, ट्रांसपोर्ट और विज्ञापन पूरी तरह गैरकानूनी है।

    पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि यह अवैध सप्लाई नेटवर्क और किन-किन इलाकों में सक्रिय था।

    नाबालिगों में बढ़ती vaping की समस्या

    पुलिस अधिकारियों का कहना है कि हाल के दिनों में स्कूल और कॉलेज के छात्रों में vaping का चलन बढ़ता दिखाई दे रहा है। यही वजह है कि पुलिस अब ऐसे मामलों पर कड़ी निगरानी रख रही है।

    विशेषज्ञों के मुताबिक e-cigarette का इस्तेमाल स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक हो सकता है और कम उम्र के बच्चों पर इसका असर और ज्यादा गंभीर हो सकता है।


    FAQ

    1. कांदिवली में क्या मामला सामने आया है?

    कांदिवली में पुलिस ने अवैध e-cigarette सप्लाई रैकेट का भंडाफोड़ किया है।

    2. कितने आरोपी गिरफ्तार हुए हैं?

    इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।

    3. पुलिस ने कितने सामान जब्त किए?

    पुलिस ने कुल 292 प्रतिबंधित items जब्त किए हैं।

    4. जब्त सामान की कीमत कितनी है?

    जब्त किए गए सामान की कुल कीमत लगभग 1.16 लाख रुपये बताई गई है।

    5. भारत में e-cigarette क्यों बैन है?

    भारत में Prohibition of Electronic Cigarettes Act, 2019 के तहत e-cigarette की बिक्री और इस्तेमाल पर प्रतिबंध है।

  • Mumbai Hospital Controversy: Borivali के HCG Hospital पर ‘Dead Body रोकने’ का आरोप, बिल बकाया को लेकर परिवार का हंगामा

    Mumbai Hospital Controversy: Borivali के HCG Hospital पर ‘Dead Body रोकने’ का आरोप, बिल बकाया को लेकर परिवार का हंगामा

    Mumbai के Borivali स्थित HCG Hospital पर मृत मरीज का शव देने से इनकार करने का आरोप लगा है। परिवार का दावा है कि ₹1–2 लाख के बकाया बिल के कारण अस्पताल ने करीब 6 घंटे तक शव रोके रखा, जबकि ₹5 लाख का Mediclaim पहले ही मंजूर था।

    मुंबई: बोरीवली पश्चिम के एक Hospital Billing Controversy ने सोशल मीडिया पर बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है। HCG Hospital पर आरोप लगा है कि उसने मृत मरीज का शव परिवार को देने से इनकार कर दिया, क्योंकि अस्पताल का कुछ बिल बाकी था।

    यह घटना I.C. Colony, Borivali स्थित अस्पताल में बताई जा रही है। इस मामले का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक व्यक्ति Mumbai Police से मदद की अपील करता नजर आ रहा है।

    सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो

    बताया जा रहा है कि यह वीडियो Vinod Pal नाम के सोशल मीडिया यूजर ने शेयर किया है।

    वीडियो में एक व्यक्ति दावा करता दिखाई दे रहा है कि अस्पताल ने बकाया मेडिकल बिल के कारण मृत मरीज का शव करीब 6 घंटे तक रोके रखा और परिवार को तुरंत भुगतान करने के लिए कहा।

    ₹5 लाख Mediclaim के बावजूद मांगे गए अतिरिक्त पैसे

    वीडियो में व्यक्ति का आरोप है कि मरीज के इलाज के दौरान ₹5 लाख का Mediclaim Approval पहले ही मिल चुका था।

    लेकिन मरीज की मौत के बाद अस्पताल प्रबंधन ने मौत की वजह बताने की बजाय बकाया भुगतान के बारे में पूछना शुरू कर दिया।

    परिवार का दावा है कि अस्पताल ने लगभग ₹1 से ₹2 लाख की अतिरिक्त रकम की मांग की और जब परिवार तुरंत भुगतान नहीं कर पाया तो शव देने से इनकार कर दिया।

    “Dead Body Held Hostage” का आरोप

    वीडियो में व्यक्ति ने आरोप लगाया कि अस्पताल ने मृत शरीर को ‘Hostage’ की तरह रोककर रखा है।

    परिवार का कहना है कि यह व्यवहार अमानवीय (Inhuman) है और अस्पताल को ऐसे संवेदनशील मामलों में मानवीय दृष्टिकोण अपनाना चाहिए।

    पुलिस को बुलाया गया, लेकिन दखल नहीं दिया गया

    परिवार के मुताबिक जब अस्पताल ने शव देने से इनकार किया तो पुलिस को बुलाया गया।

    हालांकि परिवार का आरोप है कि पुलिस ने भी पहले बकाया बिल चुकाने की सलाह दी।

    लिखित गारंटी देने की भी पेशकश

    परिवार ने पुलिस और अस्पताल प्रशासन से कहा कि वे लिखित में गारंटी देने को तैयार हैं कि बाकी रकम बाद में चुका दी जाएगी।

    उन्होंने यह भी अनुरोध किया कि मृतक की मां को अंतिम संस्कार के लिए शव सौंप दिया जाए, लेकिन कथित तौर पर इस पर भी तुरंत सहमति नहीं बनी।

    “कानून व्यवस्था का मामला नहीं” – पुलिस का जवाब

    परिवार का दावा है कि मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने कहा कि जब तक मामला कानून-व्यवस्था की स्थिति नहीं बनता, वे हस्तक्षेप नहीं कर सकते।

    व्यक्ति ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस ने परिवार को अप्रत्यक्ष रूप से ज्यादा विवाद न करने की चेतावनी भी दी।

    “अगर कार्रवाई नहीं हुई तो शव नहीं लेंगे”

    वीडियो में व्यक्ति ने कहा कि अगर अधिकारियों ने एक घंटे के भीतर कार्रवाई नहीं की, तो परिवार शव लेने से ही इनकार कर देगा।

    Mumbai Police ने मामले को आगे बढ़ाया

    इस मामले पर सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए Mumbai Police ने कहा कि शिकायत को Borivali Police Station के वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचा दिया गया है और आगे की कार्रवाई की जाएगी।

    निष्पक्ष जांच की मांग

    वीडियो पोस्ट करने वाले Vinod Pal ने पुलिस के जवाब पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इस मामले की जल्द और निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।

    उन्होंने कहा कि बकाया अस्पताल बिल के कारण मृत शरीर को रोकना बेहद गंभीर और अमानवीय मुद्दा है, इसलिए ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई जरूरी है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं न हों।

    वीडियो में दिख रहे व्यक्ति की पहचान स्पष्ट नहीं

    फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि वीडियो में दिखाई देने वाला व्यक्ति मृतक के परिवार का सदस्य है या नहीं।

    पुलिस मामले की तथ्यों के आधार पर जांच कर रही है।


    FAQ (People Also Ask)

    1. मामला किस अस्पताल का है?

    यह मामला Borivali के HCG Hospital से जुड़ा बताया जा रहा है।

    2. परिवार का आरोप क्या है?

    परिवार का आरोप है कि ₹1–2 लाख के बकाया बिल के कारण अस्पताल ने मृत मरीज का शव देने से इनकार कर दिया।

    3. क्या Mediclaim पहले से मंजूर था?

    हाँ, इलाज के दौरान ₹5 लाख का Mediclaim Approval पहले ही मिल चुका था।

    4. पुलिस ने क्या कहा?

    Mumbai Police ने बताया कि मामले को Borivali Police Station के वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचा दिया गया है।

    5. वीडियो में दिख रहा व्यक्ति कौन है?

    फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि वीडियो में दिखाई देने वाला व्यक्ति मृतक के परिवार से जुड़ा है या नहीं।

  • Boat Investment Scam: Goa के शख्स ने Mumbai के बिजनेसमैन को ₹1.48 करोड़ का चूना लगाया, Borivali Police ने किया गिरफ्तार

    Boat Investment Scam: Goa के शख्स ने Mumbai के बिजनेसमैन को ₹1.48 करोड़ का चूना लगाया, Borivali Police ने किया गिरफ्तार

    Mumbai के Borivali में बड़ा Investment Scam सामने आया है। Goa के रहने वाले S Naik ने Abu Dhabi में Passenger Boat Contract के नाम पर Shipping Businessman से ₹1.48 करोड़ की ठगी की। Borivali Police ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और जांच जारी है।

    मुंबई: Investment Fraud और Business Scam का एक बड़ा मामला सामने आया है। Borivali इलाके में रहने वाले एक Shipping Businessman को Passenger Boat Investment के नाम पर करीब ₹1.48 करोड़ रुपये का चूना लगाया गया।

    इस मामले में Mumbai Police की Borivali Police Station ने Goa निवासी S Naik को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे शनिवार तक पुलिस कस्टडी में भेज दिया गया है।

    Shipping Businessman को दिया गया Boat Investment का लालच

    पुलिस के अनुसार शिकायतकर्ता Tariq Pathan (40) Borivali में रहते हैं और Shipping Business से जुड़े हुए हैं।

    पुलिस जांच में सामने आया कि S Naik और Tariq Pathan एक-दूसरे को कई सालों से जानते थे, इसी भरोसे का फायदा उठाकर आरोपी ने यह ठगी की।

    Abu Dhabi Passenger Boat Contract का दिया झांसा

    पुलिस के मुताबिक अक्टूबर 2025 में आरोपी S Naik ने Pathan के सामने एक बिजनेस प्रपोजल रखा।

    उसने दावा किया कि वह Abu Dhabi में एक कंपनी के साथ Passenger Crew Boat Contract लेने वाला है और अगर इस प्रोजेक्ट में निवेश किया जाए तो भारी मुनाफा (High Return Investment) मिल सकता है।

    भरोसा जीतकर पहले लिए ₹20 लाख

    Naik की बातों पर भरोसा करते हुए Tariq Pathan ने शुरुआत में ₹20 लाख रुपये निवेश के तौर पर दिए।

    पुलिस के अनुसार यह रकम एक कॉमन दोस्त की मौजूदगी में आरोपी को दी गई थी।

    बाद में और पैसे की मांग

    इसके बाद आरोपी ने Pathan से कहा कि Abu Dhabi की कंपनी के साथ Contract Secure करने और Capital बढ़ाने के लिए और पैसों की जरूरत है।

    इस पर Pathan ने अतिरिक्त ₹3 लाख रुपये और दे दिए।

    Pathan ने खुद भी दिलाया Contract

    एफआईआर के मुताबिक Tariq Pathan ने अपने संपर्कों के जरिए Abu Dhabi की कंपनी से Contract भी हासिल कर लिया, क्योंकि उन्हें Naik की बातों पर भरोसा था कि जल्द ही Passenger Boat खरीदी जाएगी।

    Boat नहीं खरीदी, उल्टा देना पड़ा 1.50 लाख डॉलर का जुर्माना

    लेकिन पुलिस जांच में सामने आया कि Passenger Boat कभी खरीदी ही नहीं गई।

    इस वजह से Contract पूरा नहीं हो सका और Abu Dhabi की कंपनी को Pathan को 1,50,000 US Dollar (लगभग करोड़ों रुपये) का Penalty देना पड़ा, ताकि उनकी कंपनी को Blacklist होने से बचाया जा सके।

    अक्टूबर 2025 से जनवरी 2026 तक चलता रहा धोखा

    पुलिस के अनुसार अक्टूबर 2025 से 22 जनवरी 2026 के बीच आरोपी Naik ने Pathan का भरोसा जीतकर Passenger Boat खरीदने के नाम पर कुल ₹23 लाख रुपये लिए।

    लेकिन इस पूरे मामले में देरी, नुकसान और पेनल्टी सहित Pathan को लगभग ₹1.25 करोड़ से ज्यादा का आर्थिक नुकसान हुआ, जबकि कुल नुकसान करीब ₹1.48 करोड़ तक पहुंच गया।

    पैसे वापस न मिलने पर पुलिस में शिकायत

    जब Pathan ने आरोपी से कई बार पैसे वापस मांगे, तब भी Naik ने रकम लौटाने से इनकार कर दिया।

    इसके बाद Pathan ने Borivali Police Station में पिछले महीने शिकायत दर्ज कराई।

    Borivali Police ने किया आरोपी को गिरफ्तार

    पुलिस ने शिकायत की जांच और तथ्यों की पुष्टि के बाद Goa निवासी S Naik को गिरफ्तार कर लिया।

    अधिकारियों के मुताबिक आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे शनिवार तक पुलिस कस्टडी में भेज दिया गया है और मामले की Further Investigation जारी है।


    FAQ

    1. Boat Investment Scam क्या है?

    इस मामले में आरोपी ने Passenger Boat Investment और Abu Dhabi Contract का झांसा देकर पैसे लिए और ठगी कर ली।

    2. कुल कितने रुपये की ठगी हुई?

    इस मामले में कुल नुकसान करीब ₹1.48 करोड़ रुपये तक बताया जा रहा है।

    3. आरोपी कौन है?

    आरोपी की पहचान Goa निवासी S Naik के रूप में हुई है।

    4. शिकायत किसने दर्ज कराई?

    Borivali के Shipping Businessman Tariq Pathan ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।

    5. केस की जांच कौन कर रहा है?

    मामले की जांच Borivali Police Station की टीम कर रही है।