Category: Maharashtra Crime

  • शुक्ला कंपाउंड विवाद: MLA सुनील प्रभु ने मुख्यमंत्री से मांगा हस्तक्षेप, 1962 की डेट ऑफ लाइन बदलने की मांग तेज

    शुक्ला कंपाउंड विवाद: MLA सुनील प्रभु ने मुख्यमंत्री से मांगा हस्तक्षेप, 1962 की डेट ऑफ लाइन बदलने की मांग तेज

    मुंबई के दहिसर पूर्व स्थित शुक्ला कंपाउंड में 400 परिवारों का भविष्य अधर में लटका है। विकासक द्वारा 1962 से पहले के दस्तावेज़ मांगने पर दिंडोशी के MLA सुनील प्रभु ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को पत्र लिखकर इस नियम में बदलाव की मांग की है। मामला अब शीतकालीन अधिवेशन में उठेगा।

    मंत्रालय प्रतिनिधि
    मुंबई: दहिसर पूर्व के रावलपाड़ा स्थित शुक्ला कंपाउंड में रहने वाले करीब 400 परिवारों का भविष्य संकट में पड़ गया है, क्योंकि प्रोजेक्ट डेवलपर ने इन सभी परिवारों से घर पुनर्विकास पात्रता के लिए 1962 से पहले के दस्तावेज़ देने की शर्त रखी है।

    इन दस्तावेज़ों को उपलब्ध न करा पाने के कारण सैकड़ों परिवार बेघर होने की चिंता में हैं। अब यह मामला राजनीतिक रूप से बड़ा रूप ले चुका है।

    🏘 45 साल से रहने वाले परिवारों पर बेघर होने का खतरा

    शुक्ला कंपाउंड में रहने वाले अधिकतर परिवार पिछले चार से पांच दशकों से इस इलाके में रह रहे हैं। कई परिवार छोटे उद्योग और मजदूरी कर अपनी रोज़ी-रोटी चलाते हैं।

    इन निवासियों का कहना है कि उन्होंने बिजली बिल, राशन कार्ड, आधार कार्ड, पानी के बिल सहित कई सरकारी दस्तावेज़ जमा किए हैं, लेकिन डेवलपर केवल 1962 के पहले की ओनरशिप प्रूफ स्वीकार कर रहा है — जो लगभग असंभव है।

    🏗 डेवलपर पर स्वार्थी प्रोजेक्ट प्लानिंग का आरोप

    मौजूदा ज़मीन का असली मालिक गोविंद पाटिल ने यह प्लॉट साल 1920 में इकबाल मिर्ची से जुड़े नामों और शेलाजी इंफ्रास्ट्रक्चर के अशोक जैन को बेचा था।

    अब विकासक अशोक जैन इस जमीन पर हाई-राइज़ हाउसिंग प्रोजेक्ट बनाने की तैयारी कर रहे हैं।

    रहवासियों का आरोप है कि—

    “डेवलपर खुद का फायदा ज्यादा देख रहा है और पुराना डेट ऑफ लाइन दिखाकर लोगों को बाहर करने की कोशिश कर रहा है।”

    🧾 MLA सुनील प्रभु पैरवी में, मुख्यमंत्री को पत्र

    दिंडोशी विधानसभा के शिवसेना नेता एवं MLA सुनील प्रभु ने इस मामले में दखल देते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को पत्र लिखा है।

    प्रभु ने पत्र में लिखा कि—

    “मुंबई और महाराष्ट्र में किसी भी हाउसिंग स्कीम में पात्रता के लिए अधिकतर जगह 2012 से पहले का डॉक्यूमेंट पर्याप्त माना जाता है। ऐसे में शुक्ला कंपाउंड में 1962 की शर्त अन्यायपूर्ण है और इसे बदला जाना चाहिए।”

    उन्होंने यह भी ऐलान किया कि वे इस मुद्दे को आगामी नागपुर में होने वाले शीतकालीन विधान सभा अधिवेशन में ‘ध्यान आकर्षण’ के रूप में उठाएँगे।

    🔍 इस बदलाव से अन्य प्रोजेक्ट भी होंगे प्रभावित

    यदि सरकार दस्तावेज़ की पात्रता 1962 से बदलकर 2012 या वर्तमान नियम के अनुसार करती है, तो उसका सीधा लाभ—

    ✔ मुंबई
    ✔ ठाणे
    ✔ पालघर
    ✔ नवी मुंबई

    में हो रहे हज़ारों पुनर्विकास प्रोजेक्ट्स को मिल सकता है।


    FAQ सेक्शन:

    प्रश्नउत्तर
    क्या नियम अभी बदले गए हैं?नहीं, नियम बदलने की मांग की गई है और मामला विधानसभा में उठेगा।
    क्या सभी रहवासियों को घर मिलेगा?फिलहाल स्थिति अनिश्चित है। नियम बदलने पर ही रास्ता स्पष्ट होगा।
    क्या यह मामला कानूनी रूप से कोर्ट में जा सकता है?हाँ, यदि समाधान न मिला तो रहवासी कोर्ट का दरवाजा खटखटा सकते हैं।
  • मुंबई के कॉलेज में बुर्का बैन पर हंगामा

    मुंबई के कॉलेज में बुर्का बैन पर हंगामा

    गोरगांव के विवेक विद्यालय जूनियर कॉलेज में कक्षा के अंदर बुर्का पहनने पर पाबंदी लगाने के फैसले के बाद छात्रों ने कड़ा विरोध जताया। AIMIM की मदद के बाद मामला पुलिस स्टेशन पहुंचा।

    मुंबई: गोरगांव स्थित विवेक विद्यालय जूनियर कॉलेज में कक्षाओं के अंदर बुर्का पहनने पर नया नियम लागू होने के बाद विवाद बढ़ गया है। पहले जहां इस कॉलेज में बुर्का पहनकर कक्षाओं में प्रवेश की अनुमति थी, वहीं अब अचानक इस ड्रेस कोड में बदलाव किया गया है। इस निर्णय के खिलाफ कई छात्राओं ने आपत्ति जताई है और विरोध के लिए आवाज भी उठाई है।

    🔹 विरोध क्यों शुरू हुआ?

    कॉलेज प्रशासन द्वारा जारी नए नियमों के अनुसार अब छात्राएं क्लास रुम के अंदर बुर्का नहीं पहन सकेंगी। प्रशासन का कहना है कि किसी भी धार्मिक पहचान को दर्शाने वाली पोशाक कॉलेज के माहौल और ड्रेस कोड के खिलाफ है। हालांकि, हिजाब और सिर पर दुपट्टा पहनने की अनुमति अब भी जारी है।

    कुछ छात्राओं ने बताया कि उन्हें कॉलेज आने पर पहले बुर्का उतारना पड़ता है और क्लास खत्म होने के बाद फिर से पहनना पड़ता है। इससे वे खुद को असहज और असुरक्षित महसूस कर रही हैं।

    🔹 वीडियो वायरल होने के बाद मामला तूल पकड़ा

    स्थानीय न्यूज़ पोर्टल द्वारा पोस्ट किया गया वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ, जिसमें बुर्का पहनकर कॉलेज पहुंची छात्राओं को गेट पर रोका जाता हुआ देखा जा सकता है। वीडियो में छात्राओं और कॉलेज प्रशासन के बीच बहस होती भी दिखाई देती है।

    कुछ छात्राओं का दावा है कि जब उन्होंने इस नियम पर सवाल उठाया, तो कॉलेज प्रबंधन ने कहा कि अगर नियम पसंद नहीं है, तो प्रवेश रद्द करा दें।

    🔹 मामला अब पुलिस स्टेशन पहुंचा

    1 दिसंबर को AIMIM की एडवोकेट जाहानारा शेख के साथ कई छात्राएं गोरगांव वेस्ट के टीन डोंगरी पुलिस स्टेशन पहुंचीं और शिकायत दर्ज करवाई। इसके बाद कॉलेज की प्रिंसिपल को बातचीत के लिए थाने बुलाया गया।

    एडवोकेट जाहानारा शेख के मुताबिक:

    “हमने नियम वापस लेने की मांग रखी है, लेकिन प्रिंसिपल ने कहा कि वह प्रबंधन से बात करने के बाद ही फैसला लेंगी।”

    इस मामले पर कॉलेज प्रबंधन की ओर से अभी कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

    🔹 सिर्फ जूनियर कॉलेज सेक्शन को नियम लागू

    ध्यान देने योग्य बात यह है कि बुर्का बैन का यह नियम सिर्फ जूनियर कॉलेज पर लागू किया गया है, जबकि सीनियर कॉलेज की छात्राओं पर इसका कोई असर नहीं होगा।
    इससे छात्रों और अभिभावकों के बीच और अधिक सवाल खड़े हो रहे हैं।

    🔍 इस फैसले पर सामाजिक बहस

    मुंबई में सामान्य तौर पर कॉलेज ड्रेस कोड जींस, शॉर्ट्स या ट्रेंडी फैंशन तक सीमित होते हैं, लेकिन धार्मिक पहचान पर प्रतिबंध का यह मामला अब ड्रेस कोड बनाम धार्मिक स्वतंत्रता की बड़ी बहस में बदल चुका है।


    ❓ FAQ सेक्शन

    1️⃣ क्या कॉलेज में पूरी तरह बुर्का पहनना बंद है?
    नहीं, कॉलेज कैंपस में आने पर बुर्का पहनने पर प्रतिबंध नहीं है। पाबंदी सिर्फ कक्षाओं के अंदर है।

    2️⃣ हिजाब पहनने की अनुमति है?
    हाँ, कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि हिजाब और साधारण हेडस्कार्फ की अनुमति दी जाएगी।

    3️⃣ क्या मामला कानूनी स्तर पर गया है?
    फिलहाल मामला पुलिस स्टेशन पहुंचा है, पर कोई कानूनी कार्रवाई दर्ज नहीं हुई है।

    4️⃣ क्या नियम पूरे कॉलेज में लागू है?
    नहीं, अभी नियम सिर्फ जूनियर कॉलेज पर लागू किया गया है।

  • मुंबई में बड़ा ड्रग्स ऑपरेशन: बोरीवली से 50 लाख की हेरोइन बरामद, दो गिरफ्तार

    मुंबई में बड़ा ड्रग्स ऑपरेशन: बोरीवली से 50 लाख की हेरोइन बरामद, दो गिरफ्तार

    मुंबई की एंटी नारकोटिक्स सेल ने बोरीवली में कार्रवाई कर 50 लाख की हेरोइन और 5 लाख नकद जब्त किया। दो आरोपी गिरफ्तार, दूसरा केस भी उजागर — पति-पत्नी से 2.4 करोड़ की हेरोइन बरामद।

    मुंबई: नशे के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एंटी नारकोटिक्स सेल (ANC) की कांदिवली यूनिट ने बोरीवली में छापेमारी कर दो ड्रग पेडलर्स को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से ₹50 लाख की हेरोइन और ₹5 लाख नकद बरामद किया। इसके अलावा एक और अलग ऑपरेशन में पुलिस ने पति-पत्नी की जोड़ी से 2.4 करोड़ की हेरोइन बरामद की है। दोनों मामलों में आरोपी पुलिस कस्टडी में हैं और नेटवर्क की जांच जारी है।

    🔍 बोरीवली में ANC की बड़ी कार्रवाई

    सूत्रों से मिली जानकारी के आधार पर ANC कांदिवली यूनिट ने बोरीवली में जाल बिछाया और दो संदिग्धों को हिरासत में लिया। तलाशी के दौरान:

    Major-drug-operation-in-Mumbai-Heroin-worth-Rs-50-lakh-recovered-from-Borivali-two-arrested-1
    • उच्च गुणवत्ता की हेरोइन (₹50 लाख अंतरराष्ट्रीय बाजार मूल्य)
    • ₹5 लाख नकद
    • मोबाइल डेटा और नेटवर्क से जुड़े सुराग

    बरामद किए गए।

    दोनों आरोपी नवी मुंबई के कलंबोली और पनवेल के रहने वाले हैं।

    ⚖️ NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज

    गिरफ्तार आरोपियों को NDPS एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें पुलिस कस्टडी दी गई है।
    पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि:

    • यह ड्रग किसे सप्लाई होना था?
    • इनका नेटवर्क कितना बड़ा है?
    • स्रोत विदेश से है या लोकल सिंडिकेट से?

    🚨 दूसरा मामला: पति-पत्नी से 2.4 करोड़ की हेरोइन जब्त

    इसी ऑपरेशन के अगले ही दिन ANC ने एक और बड़ी सफलता हासिल की। बोरीवली ईस्ट के राष्ट्रीय उद्यान मेट्रो स्टेशन के पास से एक दंपत्ति को ड्रग तस्करी के आरोप में पकड़ा गया।

    • उनके पास से 511 ग्राम हेरोइन बरामद की गई
    • अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग ₹2.4 करोड़
    • दो मोबाइल फोन और डिजिटल सबूत भी जब्त किए गए

    पुलिस के अनुसार, यह दंपत्ति ड्रग नेटवर्क में “बंटी और बबली” नाम से मशहूर था।

    🚓 पुलिस की जांच आगे

    पुलिस अब दोनों मामलों को जोड़कर यह जांच कर रही है कि:

    • क्या दोनों कार्रवाई एक ही नेटवर्क का हिस्सा हैं?
    • क्या इसके पीछे किसी बड़े सिंडिकेट या अंतरराष्ट्रीय गिरोह का हाथ है?
    • क्या मुंबई में बढ़ते नाइटलाइफ और ऑनलाइन डिलीवरी सिस्टम ने अवैध सप्लाई को आसान बनाया है?

    FAQ: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

    प्रश्नजवाब
    1. क्या गिरफ्तार आरोपियों के पहले भी केस हैं?पुलिस के अनुसार, इसका पता मोबाइल डाटा और नेटवर्क जांच के बाद ही चलेगा।
    2. क्या यह इंटरनेशनल ड्रग्स चैन का हिस्सा है?शुरुआती जांच में इंटरनेशनल लिंक की संभावना से इनकार नहीं किया गया है।
    3. आगे कार्रवाई क्या होगी?कोर्ट की अनुमति से पुलिस कस्टडी बढ़ाकर सप्लाई चैन की पूरी जानकारी जुटाई जाएगी।
  • सायन में 21 वर्षीय युवक की चाकू मारकर हत्या, घर में घुसकर दिया घटना को अंजाम

    सायन में 21 वर्षीय युवक की चाकू मारकर हत्या, घर में घुसकर दिया घटना को अंजाम

    मुंबई के सायन इलाके में 21 वर्षीय अशरफ खान की उनके घर में घुसकर चाकू मारकर हत्या कर दी गई। सीने में लगे गहरे वार के कारण अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

    मुंबई: सायन इलाके में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहां 21 वर्षीय अशरफ खान की कुछ लोगों ने घर में घुसकर धारदार हथियार से हमला कर हत्या कर दी। सीने पर हुआ गहरा वार दिल तक पहुंच गया, जिससे युवक की हालत गंभीर हो गई और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मामला वडाला ट्रक टर्मिनस पुलिस स्टेशन में दर्ज हुआ है और पुलिस अब हमलावरों की तलाश में जुट चुकी है।

    📌 घटना कैसे हुई?

    बताया जा रहा है कि रविवार 30 नवंबर की रात सायन के मीठा कोरबा इलाके में कुछ लोगों ने अशरफ खान के घर में जबरन घुसकर उस पर हमला किया। हमलावर पहले से तैयार और हथियारों से लैस थे। घर के अंदर घुसते ही उन्होंने अशरफ के सीने पर तेज धार वाले चाकू से वार किया।

    जानकारी के मुताबिक वार इतनी जोर से किया गया कि चाकू सीधे दिल को भेद गया। वारदात के तुरंत बाद आसपास के लोगों ने खून से लथपथ अशरफ को टैक्सी में डालकर सायन अस्पताल पहुंचाया।

    📌 अस्पताल में दस्तक लेकिन बच न सकी जान

    अस्पताल पहुंचते-पहुंचते अशरफ काफी खून बहा चुका था। डॉक्टरों ने उसे बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन गहरा घाव और ज्यादा रक्तस्राव की वजह से इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।

    हॉस्पिटल सूत्रों के मुताबिक —

    घाव बेहद गहरा था और सीधा दिल पर लगा था, जिससे खून रोकना मुश्किल हो गया था।

    📌 पुलिस जांच में क्या सामने आया?

    ट्रक टर्मिनस पुलिस स्टेशन ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। शुरुआती जांच में माना जा रहा है कि हत्या किसी निजी रंजिश, झगड़े या पुरानी दुश्मनी के चलते की गई होगी।

    हालांकि, पुलिस आरोपी और घटनास्थल के आसपास लगे CCTV फुटेज खंगाल रही है।

    जांच अधिकारी के अनुसार—

    “हमलावरों की पहचान और हत्या के सही कारणों का पता जल्द लगाया जाएगा। यह साफ तौर पर सोची-समझी साजिश लग रही है।”

    📌 इलाके में दहशत, परिवार सदमे में

    इस वारदात के बाद इलाके के लोगों में डर और गुस्सा दोनों है। मृतक के परिवार में मातम पसरा हुआ है और लोगों ने पुलिस से तत्काल कार्रवाई की मांग की है।


    ❓ FAQ सेक्शन

    Q. युवक की मौत कैसे हुई?
    युवक को घर में घुसकर चाकू से सीने में वार किया गया, जिससे दिल पर चोट पहुंची और अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई।

    Q. मामला किस पुलिस स्टेशन में दर्ज हुआ है?
    यह मामला मुंबई के ट्रक टर्मिनस पुलिस स्टेशन में दर्ज किया गया है।

    Q. क्या आरोपी गिरफ्तार हुए हैं?
    अब तक पुलिस द्वारा जांच जारी है और आरोपियों की तलाश की जा रही है।

    Q. क्या हत्या रंजिश में हुई है?
    प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हत्या निजी विवाद या दुश्मनी में की गई हो सकती है, हालांकि पुलिस इसकी पुष्टि जांच के बाद करेगी।

  • मुंबई में हनीट्रैप का पर्दाफाश, 24 साल की लड़की समेत 4 गिरफ्तार

    मुंबई में हनीट्रैप का पर्दाफाश, 24 साल की लड़की समेत 4 गिरफ्तार

    मुंबई पुलिस ने गोरेगांव आरे कॉलोनी से हनीट्रैप गैंग का खुलासा किया। 24 वर्षीय लड़की और उसके 3 साथियों ने व्यापारी को सुनसान जगह ले जाकर 5 लाख रुपये की सोने की चैन लूटा। पुलिस ने सिर्फ 7 घंटे में सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

    मुंबई: गोरेगांव पूर्व आरे इलाके में एक व्यापारी को प्यार के जाल में फंसाकर सुनसान जगह बुलाया गया। लड़की और उसके साथियों ने व्यापारी पर हमला कर करीब 5 लाख रुपये की सोने की चैन छीन ली पीड़ित की ऑखों में मिर्ची पाउडर फेंककर फरार हो गए। पुलिस ने मामले की जांच कर सिर्फ 7 घंटे के अंदर चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

    हनीट्रैप में फंसाकर लूटा

    Honeytrap-busted-in-Mumbai-4-arrested-including-24-year-old-girl-goregaon

    यह पूरा मामला एक हनीट्रैप गैंग से जुड़ा है। पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार लड़की खुद को नौकर मुहैया कराने वाली बताती थी और इसी बहाने धनी लोगों से मिलती थी। जो भी शख्स उसे आर्थिक तौर पर मजबूत दिखता, उसे अपने जाल में फँसा देती।

    पीड़ित 45 वर्षीय व्यापारी मोहम्मद हनीफ खान ने बताया कि 23 नवंबर की शाम सायरा नाम की लड़की और उसके साथ मौजूद एक ऑटो ड्राइवर ने उन्हें आरे डेयरी के पीछे वाले सुनसान रास्ते पर ले गये। वहीं दो और आरोपी बाइक से मौके पर पहुंच गए और मिलकर खान की सोने की चैन जबरन छीन ली।

    भागते समय आरोपियों ने पीड़ित की आंखों में लाल मिर्च पाउडर फेंक दिया, जिससे उन्हें चोटें आईं और वे वहां ही गिर पड़े।

    पुलिस की तेज कार्रवाई

    शिकायत मिलते ही पुलिस ने 17 CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। चेहरे साफ न दिखने के बावजूद तकनीकी जांच, गुप्त नेटवर्क और लोकेशन ट्रेसिंग के जरिए पुलिस ने चारों आरोपियों को पकड़ लिया।

    गिरफ्तार आरोपी और बरामद सामान

    आरोपी का नामउम्र
    विशाल सिद्धार्थ वाघ27
    निलेश नागेश सुर्वे23
    जहागीर सल्लाउद्दीन कुरेशी25
    सायरा औरंगज़ेब कुरेशी24

    पुलिस ने आरोपियों के पास से 10,50,000 रुपये की चोरी की संपत्ति बरामद की, जिसमें शामिल है:

    • 5 लाख रुपये की सोने की चैन
    • 4.50 लाख रुपये का ऑटो रिक्शा
    • 1 लाख रुपये मूल्य की पल्सर बाइक

    पुलिस के मुताबिक आरोपी मुंबई के अलग-अलग इलाकों — मानखुर्द, घाटकोपर और डोंबिवली — से हैं।

    पुलिस टीम को मिली सराहना

    आरे पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक रविंद्र पाटिल ने बताया कि पुलिस की तेज और सटीक कार्रवाई की वजह से यह सफलता मिली।
    टीम में पीएसआई सचिन पांचाल और उनकी टीम का बड़ा योगदान रहा।


    ❓ FAQ सेक्शन

    Q1: यह हनीट्रैप गैंग कब से सक्रिय था?
    👉 पुलिस की जांच में सामने आया है कि आरोपी कई दिनों से रेकी कर रहे थे और मालदार लोगों को टारगेट बनाते थे।

    Q2: क्या पीड़ित को गंभीर चोटें आई हैं?
    👉 पीड़ित की आंखों में मिर्ची पाउडर डाला गया था, जिससे उन्हें अस्थायी चोट आई लेकिन अब वे सुरक्षित हैं।

    Q3: क्या और भी लोग इस गैंग से जुड़े हो सकते हैं?
    👉 पुलिस नेटवर्क की जांच कर रही है। संभव है गैंग बड़ा हो।

    Q4: क्या आरोपियों पर पहले भी मामले दर्ज थे?
    👉 हां, आरोपी विशाल के खिलाफ पहले भी कई केस दर्ज हैं।

  • बोरिवली में शटर तोड़कर चोरी, शातिर चोर गिरफ्तार

    बोरिवली में शटर तोड़कर चोरी, शातिर चोर गिरफ्तार

    मुंबई के बोरिवली इलाके में दुकान का शटर तोड़कर चोरी करने वाले दो शातिर आरोपी गिरफ्तार। पुलिस ने चोरी हुए तांबे की केबल और घटना में इस्तेमाल रिक्शा बरामद किया है।

    मुंबई: बोरिवली पूर्व में बोरवेल सामग्री की दुकान का शटर तोड़कर चोरी करने वाले दो पेशेवर चोरों को कस्तूरबा मार्ग पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने रात में दुकान का ताला तोड़कर करीब 75,000 रुपये की तांबे की केबल चोरी की थी। दोनों आरोपी पहले भी कई चोरी के मामलों में वांछित थे। पुलिस ने चोरी का माल और इस्तेमाल की गई रिक्शा भी बरामद कर ली है।

    🔍 मामला क्या था?

    यह घटना बोरिवली (पूर्व) के कस्तूरबा रोड स्थित साई प्रसाद बिल्डिंग में स्थित बोरवेल सामग्री की दुकान में हुई। दुकान मालिक के मुताबिक 15 नवंबर की शाम 6 बजे से 16 नवंबर की दोपहर 12 बजे के बीच किसी ने दुकान का शटर तोड़कर पॉलीकॅब कंपनी की तांबे की केबल चोरी कर ली थी।

    मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने सीसीटीवी के जरिए जांच शुरू की। फुटेज में रात करीब 4 बजे दो लोगों को रिक्शा में आते हुए और चोरी करते हुए देखा गया।

    👮 कैसे पकड़े गए आरोपी?

    तफ्तीश के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि यह चोरी शातिर चोर सनोजकुमार चंदूप्रसाद हरिजन उर्फ रामू (27) और उसके साथी सोनू दुबे ने की है।

    इसके बाद पुलिस ने भाईंदर पूर्व के आज़ाद नगर झोपड़पट्टी में सर्च ऑपरेशन चलाकर दोनों को गिरफ्तार कर लिया।

    💼 बरामद सामान

    पुलिस ने आरोपियों के पास से:

    • चोरी की तांबे की केबल (₹75,000 मूल्य)
    • घटना में इस्तेमाल रिक्शा (MH 47 C 2473)

    पहचान के आधार पर जब्त की है।

    📁 आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड

    मुख्य आरोपी रामू पहले भी कई चोरी और घरफोड़ियों में शामिल रहा है। उसके खिलाफ नवघर और मीरा रोड पुलिस थानों में कई मामले दर्ज हैं।

    🎯 पुलिस कार्रवाई और टीम

    यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के मार्गदर्शन में की गई। ऑपरेशन में पीएसआई धीरज वायकोस और पुलिस उपनिरीक्षक अनिकेत शिंदे समेत कई अधिकारियों ने हिस्सा लिया।


    ❓ FAQ

    प्रश्नउत्तर
    चोरी कब हुई?15 से 16 नवंबर की रात के बीच।
    चोरी क्या हुई थी?तांबे की केबल जिसकी कीमत लगभग ₹75,000 थी।
    कितने आरोपी गिरफ्तार हुए?दो आरोपी गिरफ्तार किए गए।
    क्या चोरी का माल मिला?हां, चोरी का माल और रिक्शा बरामद हो चुका है।
    क्या आरोपी पहले से अपराधी थे?हां, मुख्य आरोपी पर पहले से कई मामले दर्ज हैं।
  • DRI ने 11 करोड़ की गोल्ड स्मगलिंग में ‘अन्ना’ को पकड़ा

    DRI ने 11 करोड़ की गोल्ड स्मगलिंग में ‘अन्ना’ को पकड़ा

    मुंबई एयरपोर्ट से जुड़े 11 करोड़ रुपये के सोने की तस्करी केस में DRI ने अंबरनाथ के पुजारी वीरन मुनुस्वामी उर्फ अन्ना को गिरफ्तार किया है। अन्ना पर आरोप है कि वह गोल्ड खरीदकर ब्लैक मार्केट में बेचता था और पैसे हवाला के जरिए भेजता था।

    मुंबई: छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर पकड़े गए ₹11 करोड़ की गोल्ड स्मगलिंग केस में DRI ने अब एक बड़े खिलाड़ी वीरन मुनुस्वामी उर्फ अन्ना को गिरफ्तार किया है। अन्ना पर आरोप है कि वह विदेश से आने वाले तस्करों से सोना लेकर उसे ब्लैक मार्केट में बेचता था। इस केस में इससे पहले 6 लोग गिरफ्तार हो चुके हैं जिनमें एयरपोर्ट स्टाफ भी शामिल थे।

    📍 Background: मामला कब और कैसे शुरू हुआ?

    यह पूरा केस पिछले साल दिसंबर में शुरू हुआ जब कस्टम विभाग ने एयरपोर्ट से 12.5 किलो सोना बरामद किया था। यह सोना कैप्सूल के रूप में काले वेलवेट बैग्स में छिपाया गया था।

    जिन 6 आरोपियों को पहले पकड़ा गया था, उनके नाम:

    • अनिल चव्हाण (29)
    • रोहन चव्हाण (20)
    • विवेक रेवले (36)
    • अरशद शेख (26)
    • अनस पटेल (26)
    • अरबाज तांबोली (21)

    इनमें से तीन आरोपी विदेश से गोल्ड लेकर आते थे और तीन एयरपोर्ट के अंदर काम करके उसे बाहर निकालते थे।

    🧾 अन्ना कैसे फंसा?

    📱 मोबाइल रिकॉर्डिंग और कॉल डिटेल्स ने खोला राज़

    DRI को आरोपी अरशद शेख के फोन से कुछ ऑडियो क्लिप्स और कॉल रिकॉर्डिंग्स मिलीं। इनमें एक व्यक्ति, जिसे “अन्ना” कहा जा रहा था, को सोना डिलीवर करने की बात हो रही थी।

    कॉल डिटेल्स में देखा गया कि:

    • अन्ना बार-बार तस्करों से संपर्क में था
    • वह कई बार एयरपोर्ट के पास मौजूद पाया गया
    • उसने अपने कॉल और विज़िट का कोई सही कारण नहीं बताया

    💰 ब्लैक मार्केट में बिकता था सोना

    जांच में पता चला कि अन्ना सोना खरीदकर ब्लैक मार्केट में बेचता था और वहां से मिलने वाली रकम को हवाला चैनल्स के जरिए विदेश भेजा जाता था।

    इसी वजह से DRI ने उसे “सिंडिकेट का की-प्लेयर” बताया है।


    ❓ FAQ सेक्शन

    प्रश्नजवाब
    अन्ना कौन है?अन्ना यानी वीरन मुनुस्वामी, अंबरनाथ का निवासी और इस गोल्ड तस्करी गिरोह का मुख्य खरीदार बताया जा रहा है।
    कितना सोना बरामद हुआ?अब तक लगभग 13 किलो सोना, जिसकी कीमत लगभग ₹11 करोड़ बताई जा रही है।
    कितने लोग गिरफ्तार हुए हैं?अब तक 7 लोग गिरफ्तार हो चुके हैं, जिनमें एयरपोर्ट स्टाफ भी शामिल हैं।
    सोना विदेश से कैसे लाया जा रहा था?सोना पाउडर के रूप में कैप्सूल में भरकर यात्रियों द्वारा एयरपोर्ट पर लाया जा रहा था।
  • बोरीवली में 2,000 दुकानें बंद, बैरिकेडिंग पर बड़ा विरोध

    बोरीवली में 2,000 दुकानें बंद, बैरिकेडिंग पर बड़ा विरोध

    मुंबई के बोरीवली पश्चिम स्टेशन के बाहर पैदल मार्ग पर लगाए गए बैरिकेड्स के खिलाफ 2,000 दुकानों ने तीन घंटे का शटर डाउन प्रोटेस्ट किया। व्यापारी कहते हैं कि कारोबार ठप हो रहा है, जबकि ट्रैफिक पुलिस का दावा है कि भीड़ 60-70% कम हुई है।

    मुंबई: बोरीवली पश्चिम स्टेशन के बाहर लगाए गए नए बैरिकेड्स को लेकर माहौल गर्म हो गया है। करीब 2,000 दुकानों ने बुधवार सुबह तीन घंटे तक शटर डाउन रखकर बीएमसी और ट्रैफिक पुलिस के खिलाफ विरोध जताया।
    व्यापारियों का आरोप है कि 12 पैदल क्रॉसिंग बंद होने से ग्राहकों तक पहुंच बेहद मुश्किल हो गई है, जबकि पुलिस और बीएमसी का कहना है कि इस फैसले से सड़क पर 60–70% ट्रैफिक कम हुआ है और पब्लिक को सिर्फ कुछ समय एडजस्ट करना होगा।

    2000-shops-shut-in-Borivali-major-protest-over-barricading-1

    🔹 बैरिकेड्स क्यों लगाए गए?

    पिछले कुछ महीनों से बोरीवली स्टेशन के आसपास ट्रैफिक जाम की शिकायतें लगातार बढ़ रही थीं।
    ट्रैफिक पुलिस और बीएमसी ने:

    • जाम्बली गली से लेकर चंदावरकर रोड तक 12 पैदल क्रॉसिंग बंद की
    • स्टेशन के सामने रेलिंग लगाई
    • कई जगह पुलिसकर्मी तैनात किए

    DCP संदीप जाधव के मुताबिक:

    “लोगों को बदलाव की आदत होने में दो-तीन महीने लगेंगे, लेकिन ट्रैफिक में अब 60–70% सुधार हुआ है।”

    2000-shops-shut-in-Borivali-major-protest-over-barricading-2

    🔹 दुकानदार क्यों नाराज़ हैं?

    इंद्रप्रस्थ और ठक्कर शॉपिंग सेंटर के व्यापारियों का कहना है कि स्टेशन से प्लेटफॉर्म नंबर 2 और 3 की एंट्री इन्हीं शॉपिंग कॉम्प्लेक्स से होती है।

    अब ग्राहकों को:

    • 300 मीटर दूर यू-टर्न लेना पड़ता है
    • पार्किंग ढूंढने में ज्यादा समय लग रहा है
    • सीनियर सिटिज़न और महिलाएं परेशान हैं

    Borivali Businessmen Association (BBA) के चेयरमैन ललित जैन ने कहा:

    “40 साल में पहली बार हमें दुकानें बंद करनी पड़ीं। बैरिकेड्स हटने चाहिए, वरना कारोबार डूब जाएगा।”

    🔹 दुकानदारों की मांग

    मांगस्थिति
    सभी क्रॉसिंग फिर से खुलें⛔ प्रशासन ने मना किया
    क्रॉसिंग कम से कम 2 फीट चौड़ी होविचाराधीन
    LT रोड- SV रोड पर दो-तरफा ट्रैफिकनिर्णय बाकी
    अवैध ठेलों पर कार्रवाईजारी
    स्टेशन परिसर हॉकर्स-फ्री ज़ोनआंशिक रूप से लागू
    ऑटो रिक्षा लाइन में अनुशासनपुलिस तैनाती जारी

    🔹 स्थानीय लोगों की राय

    📍 राय इस मामले में दो हिस्सों में बंटी हुई है।

    🚦 ट्रैफिक कम होने से खुश लोग

    • कहते हैं पहले 15–20 मिनट जाम में फंसते थे, अब 5 मिनट में रास्ता साफ।

    🚶‍♂️ पैदल यात्रियों और ग्राहकों की दिक्कत

    • कहते हैं स्टेशन जाना मुश्किल हो गया है, शॉपिंग सेंटर में एंट्री भूल जाएं।

    ❓ FAQ सेक्शन

    Q1. दुकानदारों ने दुकानें क्यों बंद कीं?

    क्योंकि स्टेशन के बाहर पैदल क्रॉसिंग बंद होने से ग्राहक उनकी दुकानों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं।


    Q2. क्या बैरिकेड्स हटाए जाएंगे?

    फिलहाल पुलिस ने साफ किया है कि बैरिकेड्स नहीं हटेंगे, क्योंकि ट्रैफिक में सुधार दिख रहा है।


    Q3. क्या आगे बातचीत होगी?

    व्यापारी संगठन प्रशासन से फिर बैठक की मांग कर रहे हैं।


    Q4. क्या ट्रैफिक सच में कम हुआ?

    सरकारी आंकड़ों के अनुसार ट्रैफिक 60–70% तक कम हुआ है, लेकिन इसका नुकसान दुकानों को हो रहा है।

  • भायखला चिड़ियाघर में ‘शक्ति’ बाघ की मौत, निमोनिया बना वजह

    भायखला चिड़ियाघर में ‘शक्ति’ बाघ की मौत, निमोनिया बना वजह

    मुंबई के भायखला स्थित वीरमाता जिजाबाई भोसले चिड़ियाघर में ‘शक्ति’ नाम के रॉयल बंगाल टाइगर की मौत हो गई। चिड़ियाघर प्रशासन ने बताया कि मौत का कारण निमोनिया से हुई सांस की तकलीफ थी, हड्डी फंसने की खबर गलत है।

    मुंबई: भायखला स्थित वीरमाता जिजाबाई भोसले बोटेनिकल गार्डन एंड ज़ू में रहने वाले ‘शक्ति’ नाम के रॉयल बंगाल टाइगर की 17 नवंबर 2025 को मौत हो गई। शुरुआती रिपोर्ट में यह दावा किया जा रहा था कि बाघ (टाइगर) की मौत गले में हड्डी फंसने से हुई, लेकिन चिड़ियाघर प्रशासन ने इस खबर को पूरी तरह गलत बताया है।

    अधिकारियों के मुताबिक, शक्ति की मौत निमोनिया की वजह से हुई सांस की समस्या (Respiratory Failure) के कारण हुई।

    🔹 ‘शक्ति’ की आखिरी स्थिति: डॉक्टर्स ने क्या बताया?

    प्रशासन ने बताया कि:

    • 15 नवंबर को शक्ति ने खाना नहीं खाया था।
    • उसके बाद उसे डॉक्टर्स की निगरानी में रखा गया।
    • 16 नवंबर को उसने थोड़ी मात्रा में चिकन और पानी लिया, लेकिन इसके तुरंत बाद उसे उलटी जैसा एहसास (Retching) हुआ।
    • 17 नवंबर को हेल्थ चेकअप के दौरान उसे अचानक दौरे (Convulsions) पड़े और दोपहर 12:15 बजे उसकी मौत हो गई।

    ज़ू अधिकारियों का कहना है कि शक्ति पहले पूरी तरह स्वस्थ था और उसे पहले कभी कोई बड़ा हेल्थ इश्यू नहीं था।

    🔹 पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में क्या मिला?

    मुंबई वेटरिनरी कॉलेज की टीम ने उसी दिन पोस्टमॉर्टम किया। शुरुआती रिपोर्ट में यह साफ हो गया कि शक्ति की मौत:

    👉 Payogranulomatous Pneumonia Resulting in Respiratory Failure
    (यानी गंभीर निमोनिया जिसके कारण सांस की नली बंद हो गई)

    पोस्टमॉर्टम की विस्तृत रिपोर्ट अभी बाकी है।

    🔹 अब चिड़ियाघर में कितने बाघ बचे?

    शक्ति और करिश्मा (मादा बाघ) की जोड़ी फरवरी 2020 में संभाजीनगर ज़ू से मुंबई लाई गई थी।

    शक्ति की मौत के बाद अब चिड़ियाघर में दो बाघ प्रदर्शन के लिए उपलब्ध हैं:

    🐅 जय (3 साल)
    🐅 करिश्मा (11.5 साल)

    🔹 गलत खबरों पर ज़ू प्रशासन का बयान

    कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि शक्ति की मौत गले में हड्डी फंसने से हुई, लेकिन विभाग ने इसे पूरी तरह गलत बताया और कहा:

    “बिना जानकारी लिए गलत खबर पब्लिश की गई।”


    ❓ FAQ सेक्शन:

    Q1. क्या शक्ति की मौत हड्डी फंसने के कारण हुई थी?

    नहीं। प्रशासन ने साफ किया है कि ऐसी खबरें गलत हैं। मौत न्यूमोनिया की वजह से हुई।


    Q2. पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में क्या सामने आया है?

    पहली रिपोर्ट में बताया गया है कि शक्ति की मौत Respiratory Failure due to Pneumonia से हुई।


    Q3. क्या अभी भी चिड़ियाघर में वाघ हैं?

    हाँ, अभी दो वाघ — जय और करिश्मा — प्रदर्शनी के लिए मौजूद हैं।


    Q4. क्या मामले की रिपोर्ट किसी बड़े प्राधिकरण को भेजी गई?

    हाँ, रिपोर्ट Central Zoo Authority और Maharashtra Zoo Authority को भेज दी गई है।

  • जन्मदिन पर दोस्त बने दुश्मन: युवक पर पेट्रोल डालकर लगाई आग, 5 पर हत्या की कोशिश का केस दर्ज

    जन्मदिन पर दोस्त बने दुश्मन: युवक पर पेट्रोल डालकर लगाई आग, 5 पर हत्या की कोशिश का केस दर्ज

    मुंबई में एक युवक के जन्मदिन पर उसके ही दोस्तों ने पेट्रोल डालकर उसे जिंदा जलाने की कोशिश की। आग मे गंभीर झुलस चुके युवक का इलाज जारी, पांच आरोपी नामजद।

    अहमद शेख
    मुंबई: सांताक्रूज़ पूर्व में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। जन्मदिन मनाने के बहाने दोस्तों ने 21 वर्षीय युवक को बुलाकर उस पर पेट्रोल डालकर जिंदा जलाने की कोशिश की। गंभीर रूप से झुलसे युवक का अस्पताल में इलाज चल रहा है, जबकि पुलिस ने सभी पांच आरोपियों के खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया है।

    केक काटते ही हमला शुरू

    पीड़ित अबुल रहमान मकसूद आलम खान, बीएएफ के दूसरे वर्ष का छात्र है। 24 नवंबर की रात उसके दोस्त अयाज़ मलिक ने आधी रात को केक कटिंग का प्लान बताया। खुशी-खुशी अबुल कोहिनूर फेज-3 सोसायटी के विंग 26 पर पहुंच गया।

    अचानक जैसे ही उसने जन्मदिन का केक काटने के लिए चाकू उठाया, उसके ही पांच दोस्तों —
    अयाज़ मलिक, अशरफ मलिक, कासिम चौधरी, हुसैफा खान और शरीफ शेख — ने उस पर हमला शुरू कर दिया।

    वे उसे पत्थर मारने लगे। इसी दौरान अयाज़ और अशरफ बोतल में लाया गया पेट्रोल उस पर उड़ेलने लगे।

    लाइटर से लगाई आग, दौड़कर बचाई जान

    अबुल गंध सूंघते ही चिल्लाते हुए भागने लगा, पर तभी अयाज़ ने लाइटर जलाकर आग लगा दी।

    कुछ ही सेकंड में उसके कपड़े धधकने लगे।
    वह जान बचाने के लिए पास की बिल्डिंग की ओर दौड़ा।

    गेट पर मौजूद गार्ड से पानी लेकर खुद पर डाला, फिर पास के नल पर जाकर आग बुझाई।

    अस्पताल में भर्ती, शरीर के कई हिस्सों पर गंभीर जलन

    अबुल के चेहरे, कानों, बालों, छाती, दोनों हाथों और दाएँ हाथ पर गहरी जलन है।
    आरोपियों में से हुसैफा उसे खुद अस्पताल भी लेकर गया।

    पुलिस ने दर्ज किया Attempt to Murder का केस

    वाकोला पुलिस के मुताबिक—

    “आरोपियों के खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर लिया गया है। हम घटना के असली कारण की जांच कर रहे हैं।”


    FAQ — अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

    1️⃣ घटना कहां हुई?
    कोहिनूर फेज-3 सोसायटी, वाकोला, मुंबई में।

    2️⃣ पीड़ित कौन है?
    अबुल रहमान मकसूद आलम खान, 21 वर्ष, BAF छात्र।

    3️⃣ कितने आरोपी हैं?
    पांच नामजद आरोपी: अयाज़, अशरफ, कासिम, हुसैफ़ा और शरीफ।

    4️⃣ क्या मामला दर्ज हो गया है?
    हाँ, हत्या के प्रयास का केस दर्ज कर लिया गया है।

    5️⃣ क्या पीड़ित की हालत खतरे से बाहर है?
    उसे गंभीर जलन है, इलाज जारी है।