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  • 16 साल बाद टूटी खामोशी: मुंबई की मूक-बधिर महिला ने यौन शोषण का केस दर्ज कराया

    16 साल बाद टूटी खामोशी: मुंबई की मूक-बधिर महिला ने यौन शोषण का केस दर्ज कराया

    मुंबई की एक मूक-बधिर महिला ने 2009 में हुए यौन शोषण का मामला 16 साल बाद पति की मदद से दर्ज कराया। आरोपी गिरफ्तार, जांच जारी।

    मुंबई: एक झकझोर देने वाला मामला सामने आया है, जहां मूक और बधिर महिला ने 16 साल पहले हुए यौन शोषण के खिलाफ आखिरकार पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। साल 2009 में, जब वह नाबालिग थी, एक जन्मदिन पार्टी के दौरान उसे नशीला पदार्थ देकर शोषण किए जाने का आरोप है। परिवार से उस वक्त मदद नहीं मिली, लेकिन अब पति के सहयोग से उसने हिम्मत जुटाई। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की जांच शुरू कर दी है।

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    2009 की घटना, नाबालिग थी पीड़िता

    पीड़िता के अनुसार, साल 2009 में वह अपने एक दोस्त की बर्थडे पार्टी में गई थी। वहीं उसकी मुलाकात आरोपी से हुई। आरोप है कि आरोपी ने उसके पेय पदार्थ में नशीला पदार्थ मिलाया, जिससे वह बेहोश हो गई। इसी हालत में उसके साथ यौन शोषण किया गया।

    जब पीड़िता को होश आया तो उसने खुद को गंभीर हालत में पाया और खून बह रहा था। किसी तरह वह घर पहुंची और परिवार को पूरी बात बताई।

    परिवार से नहीं मिला साथ, शिकायत दबा दी गई

    पीड़िता का कहना है कि उसने उसी समय पुलिस में शिकायत दर्ज कराने की इच्छा जताई थी, लेकिन परिवार का समर्थन नहीं मिला। सामाजिक दबाव, डर और संवाद की कठिनाई के चलते मामला दबा दिया गया।
    मूक-बधिर होने के कारण वह अपनी पीड़ा किसी से ठीक से साझा भी नहीं कर सकी।

    पति का सहारा, 16 साल बाद दर्ज हुई FIR

    समय बीतने के साथ पीड़िता की शादी हुई। पति को जब पूरी घटना की जानकारी मिली तो उन्होंने उसे कानूनी लड़ाई लड़ने के लिए प्रोत्साहित किया। पति की मदद से पीड़िता ने पुलिस से संपर्क किया और आखिरकार एफआईआर दर्ज कराई गई।

    आरोपी गिरफ्तार, मोबाइल से मिले आपत्तिजनक वीडियो

    शिकायत के बाद मालाड़ पूर्व की कुरार पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया और मामले को वाकोला पुलिस स्टेशन ट्रांसफर कर दिया, क्योंकि घटना वाकोला पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में हुई थी।

    आरोपी का मोबाइल फोन जब्त करने पर पुलिस को कई महिलाओं के आपत्तिजनक वीडियो मिले। शुरुआती जांच में आशंका जताई जा रही है कि आरोपी ने वीडियो कॉल के दौरान बिना सहमति रिकॉर्डिंग की और बाद में ब्लैकमेलिंग भी की।

    पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि कहीं इस मामले में और पीड़िताएं तो शामिल नहीं हैं।

    विरार का मिलताजुलता मामला भी उजागर

    इसी बीच, मुंबई पुलिस ने एक और बड़े मामले में विरार से महेश रमेश पवार (45) नाम के आरोपी को गिरफ्तार किया है।
    आरोप है कि उसने 10 से ज्यादा लड़कियों को कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ देकर शोषण किया, अश्लील वीडियो बनाए और बाद में उन्हें ब्लैकमेल किया।

    इस आरोपी को भी कुरार पुलिस की डिटेक्शन टीम ने पकड़ा है।


    FAQ | अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

    Q1: घटना कब हुई थी?
    👉 साल 2009 में, जब पीड़िता नाबालिग थी।

    Q2: शिकायत दर्ज कराने में 16 साल क्यों लगे?
    👉 परिवार के सहयोग की कमी और संवाद की कठिनाइयों के कारण मामला दब गया था।

    Q3: आरोपी को किस पुलिस ने गिरफ्तार किया?
    👉 कुरार पुलिस ने गिरफ्तारी की, बाद में केस वाकोला पुलिस को सौंपा गया।

    Q4: क्या आरोपी के खिलाफ और मामले हो सकते हैं?
    👉 मोबाइल से मिले वीडियो के आधार पर पुलिस को कई और पीड़िताओं की आशंका है।

  • Malad में फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़, विदेशियों को बैन दवाइयां बेचने वाले 5 गिरफ्तार

    Malad में फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़, विदेशियों को बैन दवाइयां बेचने वाले 5 गिरफ्तार

    मुंबई के मालाड स्थित चिनचोली बंदर में चल रहे एक फर्जी कॉल सेंटर पर पुलिस ने छापा मारकर पाँच लोगों को गिरफ्तार किया। आरोपी विदेशों में बैन दवाओं की सप्लाई का झांसा देकर भारी रकम वसूल रहे थे। पुलिस ने IT Act, BNS और टेलीग्राफ एक्ट की धाराओं में मामला दर्ज किया है।

    मुंबई: मालाड इलाके में बांगुर नगर पुलिस ने एक बड़े फर्जीवाड़े का पर्दाफाश करते हुए पाँच लोगों को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी एक अवैध कॉल सेंटर चलाकर अमेरिका सहित कई देशों के ग्राहकों को बैन दवाइयां भेजने का दावा करते थे और उनसे भारी रकम वसूलते थे। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ IT Act और नई दंड संहिता (BNS) की कई धाराओं में केस दर्ज किया है।

    Malad में चल रहा था अवैध कॉल सेंटर, विदेशी ग्राहकों को बनाया जा रहा था निशाना

    मुंबई के चिंचोली बंदर, मालाड स्थित एक ऑफिस में यह फर्जी कॉल सेंटर ऑपरेट किया जा रहा था। गिरफ्तार आरोपी खुद को विदेशी ऑनलाइन फार्मेसी कंपनियों का प्रतिनिधि बताकर विदेशी ग्राहकों से संपर्क करते थे।

    वे ग्राहक को कहते थे कि उनके लिए ऐसी दवाइयां उपलब्ध हैं जो आमतौर पर बैन हैं या ऑनलाइन बेचना गैरकानूनी है। इसी बहाने उनसे डॉलर में भुगतान भी ले लिया जाता था।

    गिरफ्तार आरोपियों की पहचान

    पुलिस के अनुसार पकड़े गए पाँच आरोपी—

    • अयूब शेख (30)
    • फैजान भलीम (27)
    • फारुख शेख (29)
    • मोइन अहमद शेख (32)
    • ज़ीशान नासिर अंसारी (22)

    ये सभी मिलकर लंबे समय से ये फर्जीवाड़ा चला रहे थे।
    ये सभी मिलकर अमेरिका सहित कई देशों के लोगों को फंसाकर लाखों की ठगी कर रहे थे।

    कैसे करते थे ठगी? पुलिस ने खोला पूरा खेल

    • संदिग्ध वेबसाइट या डेटा के जरिए विदेशी ग्राहकों तक पहुँच बनाना
    • खुद को इंटरनेशनल ऑनलाइन फार्मेसी का अधिकारी बताना
    • मेडिकल कंसल्टेशन का झांसा देना
    • “बैन मेडिसिन उपलब्ध” कहकर ऑनलाइन पेमेंट वसूलना
    • पैसे लेने के बाद उत्पाद न भेजना

    यह पूरा नेटवर्क फार्मा से जुड़े अवैध कारोबार + साइबर फ्रॉड का कॉम्बिनेशन था।

    कौन-कौन सी धाराओं में केस दर्ज?

    बांगुर नगर पुलिस ने मामला दर्ज किया है—

    • BNS की धाराएँ 318(4), 319(2), 3(5)
    • IT Act 2000 की धाराएँ 66(A), 66(D), 75
    • Indian Telegraph Act की धारा 20

    पाँचों आरोपियों को 15 दिसंबर तक पुलिस कस्टडी में भेजा गया है।

    मालाड और मुंबई में बढ़ते साइबर फ्रॉड को लेकर पुलिस अलर्ट

    इस तरह के कॉल सेंटर लगातार मुंबई के कई इलाकों में पकड़े जा रहे हैं। विदेशी ग्राहकों को निशाना बनाया जा रहा है क्योंकि—

    • वे दवाओं की कीमत ज़्यादा चुकाते हैं
    • वे शिकायत भारत में दर्ज नहीं करा पाते
    • वेरिफिकेशन की प्रक्रिया मुश्किल होती है

    पुलिस अब इस रैकेट से जुड़े और लोगों की तलाश कर रही है।


    FAQ सेक्शन

    1. क्या गिरफ्तार कॉल सेंटर वास्तव में दवाइयां सप्लाई करता था?

    नहीं, आरोपी सिर्फ भुगतान लेते थे और बाद में उत्पाद नहीं भेजते थे। यह पूरा रैकेट फर्जीवाड़ा था।

    2. क्या ग्राहकों को किसी तरह की मेडिकल प्रिस्क्रिप्शन की सुविधा दी जाती थी?

    वे खुद को इंटरनेशनल फार्मेसी बताकर नकली कंसल्टेशन की बात करते थे, जो पूरी तरह अवैध था।

    3. क्या इस रैकेट में और लोग शामिल हो सकते हैं?

    पुलिस के अनुसार यह एक बड़ा नेटवर्क हो सकता है, जिसकी जाँच जारी है।

    4. क्या विदेशी ग्राहक भारत में केस दर्ज कर सकते हैं?

    तकनीकी रूप से हाँ, लेकिन शिकायत प्रक्रिया जटिल होने के कारण अक्सर ठगी की रिपोर्ट नहीं होती।

  • बलात्कार और दुष्कर्म मामले में कुख्यात ज़ाकिर डॉट कॉम गिरफ्तार, लेकिन बेटा फरार

    बलात्कार और दुष्कर्म मामले में कुख्यात ज़ाकिर डॉट कॉम गिरफ्तार, लेकिन बेटा फरार

    मालवनी में हफ्ता वसूली और प्रॉपर्टी कब्जे के मामलों में कुख्यात ज़ाकिर डॉट कॉम को दुष्कर्म केस में गिरफ्तार किया गया। पीड़िता ने उसके बेटे आमीर पर भी जबरन छेड़छाड़ का आरोप लगाया है। पुलिस आरोपी बेटे की तलाश में छापेमारी कर रही है।

    मुंबई: मालाड पश्चिम के मालवनी इलाके में लंबे समय से फरार चल रहे कुख्यात ज़ाकिर हुसैन सैय्यद उर्फ ज़ाकिर डॉट कॉम को पुलिस ने एक महिला के साथ दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग के मामले में गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के खिलाफ पहले से हफ्ता वसूली, प्रॉपर्टी कब्जा, धमकी और किडनैपिंग जैसी कई धाराओं में केस दर्ज हैं। पीड़िता ने गिरफ्तारी के बाद उसकी संलिप्तता और भी उजागर की तथा उसके बेटे आमीर हुसैन सैय्यद पर भी जबरन छेड़छाड़ और जान से मारने की धमकी का मामला दर्ज कराया है। ज़ाकिर के हिरासत में आने के बाद बेटा फरार हो गया।

    कई मामलों में वांछित आरोपी ज़ाकिर डॉट कॉम की गिरफ्तारी

    मालवनी पुलिस के हाथ आखिरकार वह आरोपी लग गया जो वर्षों से कानून की पकड़ से बचता फिर रहा था। ज़ाकिर हुसैन सैय्यद उर्फ ज़ाकिर डॉट कॉम अपराध जगत में जाना-पहचाना नाम है। उस पर हफ्ता वसूली, प्रॉपर्टी कब्जा, मारपीट, धमकी, जबरन वसूली, किडनैपिंग और अलग-अलग धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैं। दुष्कर्म के इस नए केस के बाद उसकी आपराधिक फाइल और भी लंबी हो गई है।

    कानूनी मदद के बहाने नज़दीकी बढ़ाई, फिर ऑफिस में किया दुष्कर्म

    पीड़िता 32 वर्षीय महिला ने मालवनी पुलिस को बताया कि उसे एक कानूनी मामले में किसी की मदद चाहिए थी। आरोपी ने खुद को पुलिस सिस्टम से जुड़ा बताया और भरोसा दिलाया कि वह उसकी मदद कर सकता है। कुछ दिनों में उसने महिला से नज़दीकी बढ़ाई, घर में राशन भिजवाया और आर्थिक परेशानी का फायदा उठाते हुए उसे अपने ऑफिस में बुलाया।
    वहीं उसने महिला के साथ बलात्कार किया। पीड़िता डर के मारे कुछ नहीं बोली और आंसू पोंछकर वहां से निकल आई।

    महिला का आरोप है कि आरोपी ने उसका अश्लील वीडियो भी बना लिया और उसी का सहारा लेकर उसे ब्लैकमेल करता रहा। लगातार मानसिक और शारीरिक शोषण की वजह से वह ख़ुद को पूरी तरह असहाय महसूस कर रही थी।

    बाप ने चुप कराया तो बेटे की हिम्मत बढ़ी

    पीड़िता के अनुसार, मामला यहीं नहीं रुका।
    एक दिन ज़ाकिर का बेटा आमीर हुसैन सैय्यद नशे की हालत में उसके घर पहुंचा और उसे कहा—
    “मेरे अब्बा के साथ जो तुम्हारा सेक्स रिलेशन चल रहा है, वो मुझे भी चाहिए।”

    इतना कहते ही उसने महिला पर हमला किया और उसकी छाती पकड़ने की कोशिश की। महिला ने पूरी ताकत लगाकर उसे घर से बाहर धक्का दिया। जाते-जाते वह धमकी देकर गया—
    “तेरे को बाद में देखता हूँ।”

    पीड़िता ने पिता को बताया तो मिला धमकी भरा जवाब

    महिला ने जब ज़ाकिर को फोन कर शिकायत की, तो उसने बेटे का बचाव करते हुए कहा—
    “जो भी किया वो नशे में किया। चिल्लम-चिल्ली मत कर… बात वहीं खत्म कर। नहीं तो मुझसे बुरा कोई नहीं होगा।”
    इसके बाद महिला और डर गई और कई महीनों तक शिकायत नहीं कर सकी।

    2022 से जारी शोषण, 2025 में शिकायत

    पीड़िता के मुताबिक,

    • दुष्कर्म 2022 में हुआ
    • बेटे द्वारा छेड़छाड़ और जबरदस्ती 2023 में
      लेकिन आरोपी की दहशत के कारण महिला चुप रही।
      2025 की शुरुआत में ज़ाकिर के खिलाफ कई नए आपराधिक मामले दर्ज होने लगे। इसके बाद पीड़िता ने हिम्मत जुटाई और FIR दर्ज कराई।

    गुप्त सूचना पर रेड, ज़ाकिर गिरफ्तार—बेटा फरार

    पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी अपने मालवनी स्थित घर में छिपा है।
    सीनियर पीआई शैलेंद्र नागरकर और क्राइम डिटेक्शन पीआई जीवन भातकुले की टीम ने रेड कर आरोपी को दबोच लिया।

    दुष्कर्म मामले में पिता गिरफ्तार हो गया, लेकिन दूसरे FIR दर्ज होते-होते बेटा आमीर फरार हो चुका था।
    अब मालवनी पुलिस उसकी तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है।


    FAQ SECTION

    1. ज़ाकिर डॉट कॉम कौन है?

    वह मालवनी क्षेत्र का कुख्यात आरोपी है, जिसके खिलाफ हफ्ता वसूली, प्रॉपर्टी कब्जा, किडनैपिंग और धमकी जैसी कई धाराओं में केस दर्ज हैं।

    2. पीड़िता ने क्या आरोप लगाए हैं?

    पीड़िता का आरोप है कि आरोपी ने कानूनी मदद के बहाने भरोसा जीता, दुष्कर्म किया, अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेल किया और लगातार शोषण करता रहा।

    3. बेटे पर क्या आरोप है?

    ज़ाकिर के बेटे आमीर पर जबरन छेड़छाड़, हमला और धमकी देने का आरोप है। पीड़िता के अनुसार, उसने “सेक्स रिलेशन” की जबरन मांग की और उस पर हमला किया।

    4. आरोपी कब से फरार था?

    ज़ाकिर 2022 में दुष्कर्म के बाद से ही लगातार पुलिस को चकमा देता रहा। उसकी अग्रिम जमानत भी खारिज हो चुकी थी।

    5. पुलिस ने उसे कैसे पकड़ा?

    पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि वह मालवनी स्थित अपने घर में छिपा है। इसके बाद दबिश देकर उसे पकड़ लिया गया।

    6. बेटे की गिरफ्तारी हुई क्या?

    नहीं, बेटा आमीर हुसैन सैय्यद अभी फरार है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है।

  • मालाड ईस्ट में युवक गिरफ्तार, देसी कट्टा और जिंदा कारतूस बरामद

    मालाड ईस्ट में युवक गिरफ्तार, देसी कट्टा और जिंदा कारतूस बरामद

    मुंबई के मालाड ईस्ट में पुलिस ने एक युवक को बिना लाइसेंस देसी पिस्टल और जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया। आरोपी पुणे का रहने वाला है। पुलिस ने उस पर महाराष्ट्र पुलिस एक्ट के तहत केस दर्ज किया है।

    मुंबई: मालाड ईस्ट के कुरार इलाके में पुलिस ने तलाशी अभियान के दौरान एक 30 वर्षीय युवक को बिना लाइसेंस वाली देसी पिस्टल (कट्टा) और एक जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया। आरोपी की पहचान फैसल शेख के रूप में हुई है, जो पुणे का रहने वाला बताया जा रहा है।

    पुलिस सूत्रों के अनुसार घटना 3 दिसंबर 2025 की है। कुरार पुलिस की टीम शांति नगर स्लम, पिंप्रिपाड़ा इलाके में नियमित पेट्रोलिंग पर थी। उसी दौरान संदिग्ध हरकत और तेज चाल में चलते देख पुलिस ने फैसल शेख को रोका।

    जांच के दौरान उसके पास से एक देसी कट्टा और एक लाइव कारतूस मिला, जिसकी कीमत पुलिस के रिकॉर्ड के अनुसार लगभग ₹15,500 बताई जा रही है।

    🔹 पुलिस की कार्रवाई

    आरोपी को तुरंत हिरासत में लेकर थाने लाया गया और उसके खिलाफ महाराष्ट्र पुलिस एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है।
    पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि:

    • हथियार उसे कहां से मिला?
    • क्या वह हथियार बेचने आया था या किसी वारदात की तैयारी में था?
    • क्या आरोपी किसी गैंग या अपराधी गिरोह से जुड़ा है?

    पुलिस अधिकारी का कहना है कि जांच आगे बढ़ने पर इस मामले में और खुलासे हो सकते हैं।


    🔹 FAQ सेक्शन

    Q. आरोपी कहां पकड़ा गया?
    ➡ मालाड ईस्ट के शांति नगर स्लम, पिंप्रिपाड़ा में पुलिस पेट्रोलिंग के दौरान।

    Q. आरोपी के पास क्या मिला?
    ➡ एक देसी कट्टा और एक जिंदा कारतूस।

    Q. आरोपी पर कौन सा केस दर्ज हुआ?
    ➡ महाराष्ट्र पुलिस एक्ट के तहत केस दर्ज हुआ है।

    Q. क्या आरोपी किसी गैंग से जुड़ा है?
    ➡ इसकी जांच पुलिस कर रही है, अभी पुष्टि नहीं हुई है।

  • मालवनी में 72 लाख की कोकीन बरामद, नाइजीरियन ड्रग पैडलर गिरफ्तार

    मालवनी में 72 लाख की कोकीन बरामद, नाइजीरियन ड्रग पैडलर गिरफ्तार

    मुंबई के मालवनी इलाके में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 180 ग्राम कोकीन जब्‍त की। इसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 72 लाख बताई जा रही है। आरोपी नाइजीरियन नागरिक गिरफ्तार, एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज।

    मुंबई: मालाड़ पश्चिम के मालवनी इलाके में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 180 ग्राम कोकीन के साथ एक नाइजीरियन ड्रग सप्लायर को गिरफ्तार किया है। बरामद ड्रग्स की कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में लगभग ₹72 लाख रुपये बताई जा रही है। आरोपी बिना पासपोर्ट और वीजा के भारत में रुका हुआ था।

    यह कार्रवाई मालवणी पुलिस स्टेशन के निगरानी पथक ने वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर की

    🔹 कैसे हुआ ऑपरेशन?

    दिनांक 04 दिसंबर की शाम करीब 7 बजे पुलिस को एक सीक्रेट इनपुट मिला कि विदेशी नागरिक ड्रग्स की सप्लाई के लिए मालवनी इलाके में आने वाला है। जानकारी की पुष्टि के बाद पुलिस की टीम ने मौके पर जाल बिछाया और आरोपी को घेरकर हिरासत में लिया।

    पंचों की मौजूदगी में की गई तलाशी में आरोपी के पास से सफेद पाउडर मिला, जिसकी जांच में वह कोकीन (Cocaine) निकली।

    🔹 आरोपी की पहचान

    गिरफ्तार आरोपी की पहचान इस प्रकार है:

    नामउम्रराष्ट्रीयता
    मोनाची अगवू उर्फ ओलिवर जे अगवू (Munachi Agwu @ Oliverj Agwu)27 वर्षनाइजीरिया

    🔹 ड्रग की वैल्यू और मात्रा

    • जब्त मात्रा: 180 ग्राम कोकीन
    • अंतरराष्ट्रीय बाजार मूल्य: ₹72,00,000/-
    • प्रति ग्राम कीमत: ₹40,000/-

    यह मात्रा कमर्शियल क्वांटिटी (Commercial Quantity) के अंतर्गत आती है, जो NDPS कानून में गंभीर अपराध माना जाता है।

    🔹 पुलिस अब क्या जांच रही है?

    पुलिस अब यह पता लगा रही है:

    • आरोपी ड्रग सप्लाई कहाँ से लाता था?
    • मुंबई में किसे देने वाला था?
    • क्या उसके अन्य साथी भी मौजूद हैं?
    • वह बिना वीजा-पासपोर्ट भारत में कैसे आया?

    🔹 आरोपी पर दर्ज केस

    उसके खिलाफ मालवणी पुलिस स्टेशन में अपराध क्रमांक 1500/2025 दर्ज किया गया है
    🎯 NDPS Act 1985 की धारा:

    • 8(c)
    • 21(c)

    के अंतर्गत मुकदमा दर्ज है।

    🔹 किन अधिकारियों ने ऑपरेशन लीड किया?

    यह कार्रवाई निम्न अधिकारियों के मार्गदर्शन में की गई:

    • मा. शशीकुमार मिना — अपर पोलीस आयुक्त (उत्तर विभाग)
    • मा. संदीप जाधव — डीसीपी, परिमंडल 11
    • मा. निता पाडवी — एसीपी, मालवणी विभाग
    • मा. शैलेंद्र नगरकर — वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक
    • पीएसआई डॉ. दीपक हिंडे व निगरानी पथक

    ❓ FAQ सेक्शन


    Q1. आरोपी के पास से कितनी कोकीन मिली?
    ✔ 180 ग्राम, जिसकी कीमत लगभग ₹72 लाख है।


    Q2. आरोपी किस देश का है?
    ✔ आरोपी नाइजीरिया का रहने वाला है।


    Q3. आरोपी को किस कानून के तहत गिरफ्तार किया गया?
    ✔ NDPS Act 1985 की धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया।


    Q4. क्या आरोपी के पास पासपोर्ट या वीजा था?
    ✔ नहीं, पुलिस के अनुसार उसके पास कोई वैध डॉक्यूमेंट नहीं मिला।

  • बोरीवली में 9 साल की बच्ची के साथ शर्मनाक, रिटायर्ड पुलिस अधिकारी गिरफ्तार

    बोरीवली में 9 साल की बच्ची के साथ शर्मनाक, रिटायर्ड पुलिस अधिकारी गिरफ्तार

    मुंबई के बोरीवली में 68 वर्षीय रिटायर्ड पुलिस अधिकारी को 9 साल की बच्ची से छेड़छाड़ के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। घटना सोसायटी की लिफ्ट में हुई। पुलिस ने POCSO एक्ट और अपराध से संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।

    मुंबई: शहर में बच्चों के साथ यौन अपराधों (Sexual Offence) के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। ताज़ा घटना बोरीवली-पूर्व के कस्तूरबा मार्ग इलाके से सामने आई है, जहाँ एक 68 वर्षीय सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारी को अपनी ही सोसायटी में रहने वाली 9 साल की बच्ची से छेड़छाड़ और गलत तरीके से छूने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। इस घटना ने न सिर्फ इलाके को हिलाकर रख दिया, बल्कि पुलिस विभाग की छवि पर भी सवाल खड़ा कर दिया है।

    📍 घटना कैसे हुई?

    घटना रविवार शाम करीब 6:50 से 7:30 बजे के बीच की बताई जा रही है। पीड़ित बच्ची लिफ्ट में जा रही थी, तभी आरोपी भी उसी लिफ्ट में चढ़ गया। आरोप है कि उसने बच्ची के साथ अनुचित स्पर्श, छेड़खानी और किस करने की कोशिश की।

    डरी हुई बच्ची ने उस समय विरोध नहीं किया, लेकिन घर पहुंचने पर उसने अपनी मां को पूरी बात बता दी।

    📁 FIR और जांच

    परिजनों ने तुरंत कस्तूरबा मार्ग पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने सोसायटी की लिफ्ट और सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज में आरोपी की हरकत साफ दिखाई देने पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की।

    आरोपी के खिलाफ मामला POCSO (Protection of Children from Sexual Offences Act) और अपराध के संबंधित धाराओं के तहत दर्ज किया गया है। आरोपी को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहाँ से उसे पुलिस रिमांड में भेज दिया गया है।

    📌 स्थानीयों में नाराज़गी

    घटना के बाद सोसायटी और आसपास के लोगों में भारी गुस्सा और आक्रोश है। लोगों का कहना है कि ऐसे अपराधियों को कड़ी से कड़ी सज़ा मिलनी चाहिए, खासकर तब जब आरोपी खुद कभी कानून की रक्षा करने वाले विभाग का हिस्सा रहा हो।


    ❓ FAQ सेक्शन

    प्रश्नउत्तर
    आरोपी कौन है?आरोपी 68 वर्षीय रिटायर्ड पुलिस अधिकारी है।
    घटना कहां हुई?बोरीवली-पूर्व के कस्तूरबा मार्ग स्थित एक हाउसिंग सोसायटी में।
    क्या मामला दर्ज हो चुका है?हाँ, पुलिस ने POCSO एक्ट और IPC के तहत केस दर्ज किया है।
    क्या आरोपी गिरफ्तार है?हाँ, आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट से पुलिस रिमांड मिल चुका है।
  • मुंबई में बड़ा ड्रग्स ऑपरेशन: बोरीवली से 50 लाख की हेरोइन बरामद, दो गिरफ्तार

    मुंबई में बड़ा ड्रग्स ऑपरेशन: बोरीवली से 50 लाख की हेरोइन बरामद, दो गिरफ्तार

    मुंबई की एंटी नारकोटिक्स सेल ने बोरीवली में कार्रवाई कर 50 लाख की हेरोइन और 5 लाख नकद जब्त किया। दो आरोपी गिरफ्तार, दूसरा केस भी उजागर — पति-पत्नी से 2.4 करोड़ की हेरोइन बरामद।

    मुंबई: नशे के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एंटी नारकोटिक्स सेल (ANC) की कांदिवली यूनिट ने बोरीवली में छापेमारी कर दो ड्रग पेडलर्स को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से ₹50 लाख की हेरोइन और ₹5 लाख नकद बरामद किया। इसके अलावा एक और अलग ऑपरेशन में पुलिस ने पति-पत्नी की जोड़ी से 2.4 करोड़ की हेरोइन बरामद की है। दोनों मामलों में आरोपी पुलिस कस्टडी में हैं और नेटवर्क की जांच जारी है।

    🔍 बोरीवली में ANC की बड़ी कार्रवाई

    सूत्रों से मिली जानकारी के आधार पर ANC कांदिवली यूनिट ने बोरीवली में जाल बिछाया और दो संदिग्धों को हिरासत में लिया। तलाशी के दौरान:

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    • उच्च गुणवत्ता की हेरोइन (₹50 लाख अंतरराष्ट्रीय बाजार मूल्य)
    • ₹5 लाख नकद
    • मोबाइल डेटा और नेटवर्क से जुड़े सुराग

    बरामद किए गए।

    दोनों आरोपी नवी मुंबई के कलंबोली और पनवेल के रहने वाले हैं।

    ⚖️ NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज

    गिरफ्तार आरोपियों को NDPS एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें पुलिस कस्टडी दी गई है।
    पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि:

    • यह ड्रग किसे सप्लाई होना था?
    • इनका नेटवर्क कितना बड़ा है?
    • स्रोत विदेश से है या लोकल सिंडिकेट से?

    🚨 दूसरा मामला: पति-पत्नी से 2.4 करोड़ की हेरोइन जब्त

    इसी ऑपरेशन के अगले ही दिन ANC ने एक और बड़ी सफलता हासिल की। बोरीवली ईस्ट के राष्ट्रीय उद्यान मेट्रो स्टेशन के पास से एक दंपत्ति को ड्रग तस्करी के आरोप में पकड़ा गया।

    • उनके पास से 511 ग्राम हेरोइन बरामद की गई
    • अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग ₹2.4 करोड़
    • दो मोबाइल फोन और डिजिटल सबूत भी जब्त किए गए

    पुलिस के अनुसार, यह दंपत्ति ड्रग नेटवर्क में “बंटी और बबली” नाम से मशहूर था।

    🚓 पुलिस की जांच आगे

    पुलिस अब दोनों मामलों को जोड़कर यह जांच कर रही है कि:

    • क्या दोनों कार्रवाई एक ही नेटवर्क का हिस्सा हैं?
    • क्या इसके पीछे किसी बड़े सिंडिकेट या अंतरराष्ट्रीय गिरोह का हाथ है?
    • क्या मुंबई में बढ़ते नाइटलाइफ और ऑनलाइन डिलीवरी सिस्टम ने अवैध सप्लाई को आसान बनाया है?

    FAQ: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

    प्रश्नजवाब
    1. क्या गिरफ्तार आरोपियों के पहले भी केस हैं?पुलिस के अनुसार, इसका पता मोबाइल डाटा और नेटवर्क जांच के बाद ही चलेगा।
    2. क्या यह इंटरनेशनल ड्रग्स चैन का हिस्सा है?शुरुआती जांच में इंटरनेशनल लिंक की संभावना से इनकार नहीं किया गया है।
    3. आगे कार्रवाई क्या होगी?कोर्ट की अनुमति से पुलिस कस्टडी बढ़ाकर सप्लाई चैन की पूरी जानकारी जुटाई जाएगी।
  • मलाड वेस्ट में इंस्टाग्राम इन्फ्लुएंसर से छेड़छाड़, सोशल मीडिया पोस्ट वायरल होने पर आरोपी गिरफ्तार

    मलाड वेस्ट में इंस्टाग्राम इन्फ्लुएंसर से छेड़छाड़, सोशल मीडिया पोस्ट वायरल होने पर आरोपी गिरफ्तार

    मुंबई के मलाड वेस्ट में रात के समय टहल रही 20 वर्षीय इंस्टाग्राम इन्फ्लुएंसर से छेड़छाड़। पुलिस ने सोशल मीडिया पोस्ट वायरल होने के बाद आरोपी को गिरफ्तार किया। जांच जारी।

    मुंबई: देर रात टहल रही मलाड वेस्ट की एक 20 वर्षीय इंस्टाग्राम इन्फ्लुएंसर के साथ छेड़छाड़ का गंभीर मामला सामने आया है। घटना 26 नवंबर की रात करीब 9:45 बजे हुई, जब एक युवक ने उसके साथ बदसलूकी की और मौके से फरार हो गया। पीड़िता को पुलिस कंट्रोल रूम से तत्काल मदद नहीं मिल पाई, जिसके बाद उसने इंस्टाग्राम पर पूरी घटना पोस्ट की। पोस्ट वायरल होने के बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।

    घटना कैसे हुई?

    पुलिस के अनुसार, पीड़िता फोन पर बात करते हुए एस.वी. रोड पर रैडिसन होटल ब्रिज के पास टहल रही थी। तभी अचानक पीछे से एक युवक आया, उसे पकड़कर छेड़छाड़ की और सड़क पार कर भाग गया। पीड़िता ने मदद के लिए चीखा, लेकिन कोई भी राहगीर उसकी सहायता के लिए आगे नहीं आया।

    पुलिस हेल्पलाइन नंबर क्यों नहीं लगे?

    पीड़िता ने घटना के तुरंत बाद 100 और महिला सुरक्षा हेल्पलाइन नंबरों पर कॉल किया, लेकिन कॉल कनेक्ट नहीं हो पाया। परेशान होकर उसने अपनी मां को फोन किया, जो मौके पर पहुंचीं और उसे घर ले गईं।

    अगले दिन पीड़िता ने पूरी घटना इंस्टाग्राम पर विस्तृत रूप से बताया और Mumbai Police और बाकी काफी सारे लोगों को टैग किया।

    सोशल मीडिया पोस्ट के बाद तेज हुई कार्रवाई

    जैसे ही पोस्ट वायरल हुई, मुंबई पुलिस हरकत में आ गई। यह मामला गोरगांव पुलिस स्टेशन के अंतर्गत आने के कारण वहां FIR दर्ज की गई। जांच ACP प्रकाश बागल और DCP संदीप यादव की देखरेख में शुरू हुई। जिसमें मालाड़, गोरेगांव और बांगूरनगर पुलिस की तीन टीम तैयार की गई जिसका नेतृत्व वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक सूर्यकांत खरात को सौंपा गया।

    • तीन पुलिस टीम बनाई गईं
    • होटल के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए
    • तकनीकी जांच के जरिए पहचान हुई

    हालांकि घटना स्थल के पास सीसीटीवी नहीं था, मगर होटल रैडिसन की फुटेज ने जांच में अहम भूमिका निभाई।

    आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी

    पुलिस ने 24 वर्षीय आरोपी कुलदीप कन्नौजिया को गिरफ्तार किया है। वह उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले का रहने वाला है और मलाड–गोरगांव के बीच उधोग नगर में स्थित एक प्लास्टिक फैक्ट्री में काम करता था।

    पूछताछ में आरोपी ने अपराध स्वीकार कर लिया।

    पीड़िता की पोस्ट ने उठाए सुरक्षा पर सवाल

    पीड़िता ने अपनी पोस्ट में लिखा:

    “मुंबई को सुरक्षित शहर कहा जाता है, लेकिन सड़क के बीच एक आदमी ने ये हरकत की और कोई भी मदद के लिए नहीं आया। हेल्पलाइन नंबर भी काम नहीं कर रहे थे।”

    इस बयान ने सोशल मीडिया पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर नया विवाद खड़ा कर दिया है।


    FAQ सेक्शन

    प्रश्नउत्तर
    घटना कब हुई?26 नवंबर की रात करीब 9:45 बजे।
    पीड़िता कौन है?20 वर्षीय इंस्टाग्राम इन्फ्लुएंसर, नाम गोपनीय रखा गया है।
    आरोपी को गिरफ्तार किया गया है?हाँ, पुलिस ने तकनीकी जांच के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया है।
    पुलिस ऐक्शन कब हुआ?सोशल मीडिया पोस्ट वायरल होने के तुरंत बाद।
    क्या हेल्पलाइन नंबर काम नहीं कर रहे थे?पीड़िता के अनुसार, उस समय कॉल कनेक्ट नहीं हुआ।
  • मुंबई में हनीट्रैप का पर्दाफाश, 24 साल की लड़की समेत 4 गिरफ्तार

    मुंबई में हनीट्रैप का पर्दाफाश, 24 साल की लड़की समेत 4 गिरफ्तार

    मुंबई पुलिस ने गोरेगांव आरे कॉलोनी से हनीट्रैप गैंग का खुलासा किया। 24 वर्षीय लड़की और उसके 3 साथियों ने व्यापारी को सुनसान जगह ले जाकर 5 लाख रुपये की सोने की चैन लूटा। पुलिस ने सिर्फ 7 घंटे में सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

    मुंबई: गोरेगांव पूर्व आरे इलाके में एक व्यापारी को प्यार के जाल में फंसाकर सुनसान जगह बुलाया गया। लड़की और उसके साथियों ने व्यापारी पर हमला कर करीब 5 लाख रुपये की सोने की चैन छीन ली पीड़ित की ऑखों में मिर्ची पाउडर फेंककर फरार हो गए। पुलिस ने मामले की जांच कर सिर्फ 7 घंटे के अंदर चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

    हनीट्रैप में फंसाकर लूटा

    Honeytrap-busted-in-Mumbai-4-arrested-including-24-year-old-girl-goregaon

    यह पूरा मामला एक हनीट्रैप गैंग से जुड़ा है। पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार लड़की खुद को नौकर मुहैया कराने वाली बताती थी और इसी बहाने धनी लोगों से मिलती थी। जो भी शख्स उसे आर्थिक तौर पर मजबूत दिखता, उसे अपने जाल में फँसा देती।

    पीड़ित 45 वर्षीय व्यापारी मोहम्मद हनीफ खान ने बताया कि 23 नवंबर की शाम सायरा नाम की लड़की और उसके साथ मौजूद एक ऑटो ड्राइवर ने उन्हें आरे डेयरी के पीछे वाले सुनसान रास्ते पर ले गये। वहीं दो और आरोपी बाइक से मौके पर पहुंच गए और मिलकर खान की सोने की चैन जबरन छीन ली।

    भागते समय आरोपियों ने पीड़ित की आंखों में लाल मिर्च पाउडर फेंक दिया, जिससे उन्हें चोटें आईं और वे वहां ही गिर पड़े।

    पुलिस की तेज कार्रवाई

    शिकायत मिलते ही पुलिस ने 17 CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। चेहरे साफ न दिखने के बावजूद तकनीकी जांच, गुप्त नेटवर्क और लोकेशन ट्रेसिंग के जरिए पुलिस ने चारों आरोपियों को पकड़ लिया।

    गिरफ्तार आरोपी और बरामद सामान

    आरोपी का नामउम्र
    विशाल सिद्धार्थ वाघ27
    निलेश नागेश सुर्वे23
    जहागीर सल्लाउद्दीन कुरेशी25
    सायरा औरंगज़ेब कुरेशी24

    पुलिस ने आरोपियों के पास से 10,50,000 रुपये की चोरी की संपत्ति बरामद की, जिसमें शामिल है:

    • 5 लाख रुपये की सोने की चैन
    • 4.50 लाख रुपये का ऑटो रिक्शा
    • 1 लाख रुपये मूल्य की पल्सर बाइक

    पुलिस के मुताबिक आरोपी मुंबई के अलग-अलग इलाकों — मानखुर्द, घाटकोपर और डोंबिवली — से हैं।

    पुलिस टीम को मिली सराहना

    आरे पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक रविंद्र पाटिल ने बताया कि पुलिस की तेज और सटीक कार्रवाई की वजह से यह सफलता मिली।
    टीम में पीएसआई सचिन पांचाल और उनकी टीम का बड़ा योगदान रहा।


    ❓ FAQ सेक्शन

    Q1: यह हनीट्रैप गैंग कब से सक्रिय था?
    👉 पुलिस की जांच में सामने आया है कि आरोपी कई दिनों से रेकी कर रहे थे और मालदार लोगों को टारगेट बनाते थे।

    Q2: क्या पीड़ित को गंभीर चोटें आई हैं?
    👉 पीड़ित की आंखों में मिर्ची पाउडर डाला गया था, जिससे उन्हें अस्थायी चोट आई लेकिन अब वे सुरक्षित हैं।

    Q3: क्या और भी लोग इस गैंग से जुड़े हो सकते हैं?
    👉 पुलिस नेटवर्क की जांच कर रही है। संभव है गैंग बड़ा हो।

    Q4: क्या आरोपियों पर पहले भी मामले दर्ज थे?
    👉 हां, आरोपी विशाल के खिलाफ पहले भी कई केस दर्ज हैं।

  • DRI ने 11 करोड़ की गोल्ड स्मगलिंग में ‘अन्ना’ को पकड़ा

    DRI ने 11 करोड़ की गोल्ड स्मगलिंग में ‘अन्ना’ को पकड़ा

    मुंबई एयरपोर्ट से जुड़े 11 करोड़ रुपये के सोने की तस्करी केस में DRI ने अंबरनाथ के पुजारी वीरन मुनुस्वामी उर्फ अन्ना को गिरफ्तार किया है। अन्ना पर आरोप है कि वह गोल्ड खरीदकर ब्लैक मार्केट में बेचता था और पैसे हवाला के जरिए भेजता था।

    मुंबई: छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर पकड़े गए ₹11 करोड़ की गोल्ड स्मगलिंग केस में DRI ने अब एक बड़े खिलाड़ी वीरन मुनुस्वामी उर्फ अन्ना को गिरफ्तार किया है। अन्ना पर आरोप है कि वह विदेश से आने वाले तस्करों से सोना लेकर उसे ब्लैक मार्केट में बेचता था। इस केस में इससे पहले 6 लोग गिरफ्तार हो चुके हैं जिनमें एयरपोर्ट स्टाफ भी शामिल थे।

    📍 Background: मामला कब और कैसे शुरू हुआ?

    यह पूरा केस पिछले साल दिसंबर में शुरू हुआ जब कस्टम विभाग ने एयरपोर्ट से 12.5 किलो सोना बरामद किया था। यह सोना कैप्सूल के रूप में काले वेलवेट बैग्स में छिपाया गया था।

    जिन 6 आरोपियों को पहले पकड़ा गया था, उनके नाम:

    • अनिल चव्हाण (29)
    • रोहन चव्हाण (20)
    • विवेक रेवले (36)
    • अरशद शेख (26)
    • अनस पटेल (26)
    • अरबाज तांबोली (21)

    इनमें से तीन आरोपी विदेश से गोल्ड लेकर आते थे और तीन एयरपोर्ट के अंदर काम करके उसे बाहर निकालते थे।

    🧾 अन्ना कैसे फंसा?

    📱 मोबाइल रिकॉर्डिंग और कॉल डिटेल्स ने खोला राज़

    DRI को आरोपी अरशद शेख के फोन से कुछ ऑडियो क्लिप्स और कॉल रिकॉर्डिंग्स मिलीं। इनमें एक व्यक्ति, जिसे “अन्ना” कहा जा रहा था, को सोना डिलीवर करने की बात हो रही थी।

    कॉल डिटेल्स में देखा गया कि:

    • अन्ना बार-बार तस्करों से संपर्क में था
    • वह कई बार एयरपोर्ट के पास मौजूद पाया गया
    • उसने अपने कॉल और विज़िट का कोई सही कारण नहीं बताया

    💰 ब्लैक मार्केट में बिकता था सोना

    जांच में पता चला कि अन्ना सोना खरीदकर ब्लैक मार्केट में बेचता था और वहां से मिलने वाली रकम को हवाला चैनल्स के जरिए विदेश भेजा जाता था।

    इसी वजह से DRI ने उसे “सिंडिकेट का की-प्लेयर” बताया है।


    ❓ FAQ सेक्शन

    प्रश्नजवाब
    अन्ना कौन है?अन्ना यानी वीरन मुनुस्वामी, अंबरनाथ का निवासी और इस गोल्ड तस्करी गिरोह का मुख्य खरीदार बताया जा रहा है।
    कितना सोना बरामद हुआ?अब तक लगभग 13 किलो सोना, जिसकी कीमत लगभग ₹11 करोड़ बताई जा रही है।
    कितने लोग गिरफ्तार हुए हैं?अब तक 7 लोग गिरफ्तार हो चुके हैं, जिनमें एयरपोर्ट स्टाफ भी शामिल हैं।
    सोना विदेश से कैसे लाया जा रहा था?सोना पाउडर के रूप में कैप्सूल में भरकर यात्रियों द्वारा एयरपोर्ट पर लाया जा रहा था।