Drug Smuggling: मुम्बई एयरपोर्ट पर कस्टम विभाग के अधिकारियों ने 13.92 करोड़ रुपये की नशीला पदार्थ गांजा जब्त कर ड्रग्स तस्करी से जुड़े बड़े रैकेट का भांडाफोड़ किया है। इसमें 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर NDPS कानून के तहत कार्यवाही। (Mumbai Airport: Ganja smuggling from Bangkok to Mumbai, four arrested)
Mumbai Airport: मुम्बई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे (Mumbai International Airport) पर सीमा शुल्क अधिकारियों ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए ड्रग्स तस्करी के अंतरराष्ट्रीय रैकेट का पर्दाफाश किया है। अधिकारियों ने एयर इंडिया और इंडिगो की दो अलग-अलग फ्लाइट्स के जरिए बैंकॉक से आए चार भारतीय यात्रियों के पास से 13,923 ग्राम नशीला पदार्थ गांजा जब्त किया है। इस जब्त किए गए ड्रग्स की अंतरराष्ट्रीय बाजार मूल्यांकन लगभग 13.92 करोड़ रुपये आंकी गई है। (Mumbai Airport: Ganja smuggling from Bangkok to Mumbai, four arrested)
बैंकॉक की फ्लाइट मे गांजे की तस्करी
एयर इंटेलिजेंस यूनिट (AIU) के अधिकारी शुक्रवार 7 फरवरी को मुंबई एयरपोर्ट पर नियमित ड्यूटी पर तैनात थे। इसी बीच बैंकॉक से आए दो अलग-अलग फ्लाइट के चार यात्रियों की गतिविधियां उन्हें संदिग्ध लगीं। अधिकारियों ने शक के आधार पर उनकी जांच की तो भारी मात्रा में नशे के लिए इस्तेमाल किए जाने वाला गांजा बरामद हुआ। (Mumbai Airport: Ganja smuggling from Bangkok to Mumbai, four arrested)
दो अलग-अलग फ्लाइट से आए थे यात्री
पहली जांच में एयर इंडिया (Air INDIA) की फ्लाइट A353 से मुम्बई आए प्रवीण सिंह और सूरज उपाध्याय की तलाशी के दौरान प्रवीण सिंह के बैग से 4,015 ग्राम और सूरज उपाध्याय के बैग से 2,859 ग्राम नशीला गांजा मिला। इसके बाद इंडिगो (indigo) की फ्लाइट 6E-1052 से आए दो बाकी यात्रियों शिवम बलिंद्र यादव और मयंक बलराम दीक्षित को रोका गया। जांच के दौरान शिवम के बैग से 3,004 ग्राम और मयंक के बैग से 4,045 ग्राम गांजा बरामद किया गया। (Mumbai Airport: Ganja smuggling from Bangkok to Mumbai, four arrested)
मुम्बई एयरपोर्ट पर बैंकॉक से आए चारो आरोपी प्रवीण सिंह, सूरज उपाध्याय, शिवम बलिंद्र यादव और मयंक बलराम दीक्षित के खिलाफ मादक पदार्थ निषेध अधिनियम (NDPS Act) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है। आज उन्हें कोर्ट में पेश किया गया जहां आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। मुंबई एयरपोर्ट पर हालही के महीनों में ज्यादातर ड्रग्स तस्करी के कई मामले सामने आए हैं। कस्टम विभाग लगातार सतर्कता बरत रही है और इस तरह की तस्करी को रोकने के लिए कड़े से कड़े कदम उठाने पर विचार कर रही है। (Mumbai Airport: Ganja smuggling from Bangkok to Mumbai, four arrested)
मुंबई महानगर पालिका अतिक्रमण एवं निष्कासन को लेकर सख्त हो गई है। शहर भर में खास कर रेलवे स्टेशनों के बाहर ट्रेफिक की समस्या को दूस करने का मनपा ने बीड़ा उठाया है। (Mumbai BMC’s big action in Ghatkopar West)
मुंबई– बृहन्मुंबई महानगर पालिका रेलवे स्टेशनों के बाहर अतिक्रमण को लेकर सख्त हो गई है। घाटकोपर पश्चिम रेलवे लाइन के पास की कार्रवाई शहर भर में अवैध निर्माण और अतिक्रमण से निपटने के लिए बीएमसी की बड़ी पहल का हिस्सा है, जिसके लिए अतिरिक्त नगर आयुक्त अश्विनी जोशी ने 31 मार्च की समय सीमा तय की है।
कार्यवाही की जानकारी
घाटकोपर मामले में स्थानीय निवासियों ने सार्वजनिक स्थान के अनधिकृत उपयोग की शिकायत बीएमसी से की थी। मनपा ने शिकायतों पर ध्यान देते हुए, घाटकोपर पश्चिम में रेलवे लाइन के किनारे अवैध निर्माणों के खिलाफ कड़क कार्रवाई की है। यह कार्रवाई शहर भर में अवैध निर्माण और अतिक्रमण से निपटने के लिए बीएमसी की बड़ी पहल का हिस्सा है, जिसके लिए अतिरिक्त नगर आयुक्त अश्विनी जोशी ने 31 मार्च की समय सीमा तय की है।
बता दें कि मनपा एम पश्चिम विभाग द्वारा अतिक्रमण विरोधी अभियान के तहत एक अन्य कार्रवाई में, बीएमसी के अतिक्रमण और निष्कासन विभाग ने हाल ही में 544 ठेले, 968 सिलेंडर और 1251 अन्य सामान जैसे स्टोव, शोरमा बनाने की मशीन आदि जब्त किए है। अतिक्रमण एवं निष्कासन विभाग द्वारा ज़ब्त सामानों को नष्ट कर दिया जाता है और भंगार की हालत में नीलामी कर इनसे मिले पैसों को राजस्व खाते में जमा कर दिया जाता है।
पटोले ने यह भी जानना चाहा कि खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री धनंजय मुंडे के खिलाफ कोई कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही है, जबकि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के एक मंत्री ने उन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि उनको लेकर उठे विवाद ने सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन के अंदरूनी कलह को सामने ला दिया है। (Mahayuti government is not only corrupt, but the people involved in it are criminals-Nana Patole)
मुख्यमंत्री पर उठे सवाल
पटोले ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार न केवल भ्रष्ट है, बल्कि जो लोग इसमें शामिल हैं, वे सभी अपराधी हैं। सिर्फ़ मंत्री ही नहीं, बल्कि पूरा प्रशासन भ्रष्ट है। धनंजय मुंडे के खिलाफ आरोप गंभीर हैं, लेकिन इन आरोपों के पीछे भाजपा ही है। भाजपा के एक विधायक मुंडे के भ्रष्टाचार को खुलेआम उजागर कर रहे हैं, फिर भी मुख्यमंत्री ने कोई कार्रवाई नहीं की है।’’ (Mahayuti government is not only corrupt, but the people involved in it are criminals-Nana Patole)
उन्होंने कहा, ‘‘यह सरकार गंभीर मुद्दों को छिपा रही है, लेकिन विपक्ष चुप नहीं रहेगा। सरकार को इन सवालों का जवाब देना चाहिए।’’ इससे पहले दिन में शिवसेना (UBT) नेता संजय राउत ने दावा किया कि देवेंद्र फडणवीस अंधविश्वास के कारण दक्षिण मुंबई स्थित महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री के आधिकारिक आवास ‘वर्षा’ में रहने नहीं गए हैं। राउत ने कहा था कि अफवाह यह है कि एकनाथ शिंदे की कामाख्या मंदिर यात्रा के दौरान गुवाहाटी में कथित तौर पर बलि दिये गए भैंसों के सींग को ‘वर्षा’ के परिसर में गाड़ा गया था, ताकि मुख्यमंत्री का पद शिंदे के अलावा किसी और के पास न रहे। (Mahayuti government is not only corrupt, but the people involved in it are criminals-Nana Patole)
मुख्यमंत्री आवास में रहने से इनकार
राउत के आरोप पर एक सवाल का जवाब देते हुए पटोले ने कहा, ‘‘जब से मोदी सरकार सत्ता में आई है, देश में काला जादू और अंधविश्वास फैल गया है। क्या महाराष्ट्र में भी ऐसा ही हो रहा है? क्या वे अपना राजनीतिक भविष्य सुनिश्चित करने के लिए अनुष्ठान कर रहे हैं? क्या इसीलिए देवेंद्र फडणवीस ‘वर्षा’ में रहने से इनकार कर रहे हैं?’’ (Mahayuti government is not only corrupt, but the people involved in it are criminals-Nana Patole)
उन्होंने कहा कि राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री विलासराव देशमुख ने अंधविश्वास रोधी कानून बनाया, फिर भी ऐसी प्रथाएं हो रही हैं। उन्होंने कहा कि यह शर्मनाक है। उन्होंने कहा कि यह बेहद चिंताजनक है कि छत्रपति शिवाजी महाराज, शाहू महाराज, ज्योतिबा फुले और डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर की भूमि महाराष्ट्र में ऐसी घटनाएं हो रही हैं। (Mahayuti government is not only corrupt, but the people involved in it are criminals-Nana Patole)
चुनाव में धांधली का आरोप
वंचित बहुजन आघाडी (VBA) के प्रमुख प्रकाश आंबेडकर द्वारा हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों के परिणामों की विश्वसनीयता पर चिंता व्यक्त करने पर पटोले ने कहा कि कांग्रेस और महा विकास आघाडी (MVA) ने इसी तरह के मुद्दे उठाए हैं। उन्होंने कहा, ‘‘हमने पहले ही निर्वाचन आयोग से शिकायत की है, जिसने खुद लोकतंत्र का अपमान किया है। प्रकाश आंबेडकर ने अदालत का रुख किया है, वहीं राहुल गांधी ने भी कल संसद में इस मुद्दे को उठाया। अब जब मामला अदालत में है, तो हमें उम्मीद है कि न्याय मिलेगा।’’ (Mahayuti government is not only corrupt, but the people involved in it are criminals-Nana Patole)
न्यूज़ डेस्क मुंबई- “ह्यूमन्स ऑफ बॉम्बे” की 32 वर्षीय संस्थापक करिश्मा मेहता अचानक सुर्खियों में आ गई हैं। दरअसल उन्होंने इस साल जनवरी महीने में अपने अंडाणु (Eggs) फ्रीज करवाने का फैसला किया और इस बात की जानकारी खुद सोशल मीडिया पर शेयर कर दी। इसके बाद लोग उनसे जुड़ी जानकारी को गूगल पर सर्च कर रहे हैं। 1992 में जन्मी करिश्मा ने 2014 में ह्यूमन्स ऑफ बॉम्बे की स्थापना की। (Karishma Mehta Humans of Bombay came into limelight after getting eggs frozen, what is its process)
उन्होंने अपनी पोस्ट में आगे लिखा, “जनवरी में मैंने अपने अंडाणु फ्रीज करवा लिए और यह मेरे लिए एक खास उपलब्धि है।” पोस्ट के साथ उन्होंने तस्वीर भी शेयर की है। अपने पोस्ट में, मेहता ने अपने निजी और प्रोफेशनल जीवन की कुछ महत्वपूर्ण झलकियां शेयर की। उन्होंने अभिनेता अभय देओल के साथ अपनी पहली विज्ञापन शूट की एक तस्वीर भी साझा की। (Karishma Mehta Humans of Bombay came into limelight after getting eggs frozen, what is its process)
करिश्मा मेहता ने 2014 में ह्यूमन ऑफ बॉम्बे की शुरुआत की थी। करिश्मा उस वक्त सिर्फ 21 साल की थी। उन्होंने अपने पेज के जरिए मुंबई और मुंबईकरों की जिंदगी से जुड़ी कहानियों को लिखना शुरू किया। करिश्मा ने बॉम्बे स्कॉटिश स्कूल से पढ़ाई की, बाद में बेंगलुरू के बोर्डिंग स्कूल में पढ़ाई की। आगे की पढ़ाई के लिए वो ब्रिटेन चली गईं, जहां से उन्होंने इकोनॉमिक्स और बिजनेस की डिग्री ली। (Karishma Mehta Humans of Bombay came into limelight after getting eggs frozen, what is its process)
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का लिया इंटरव्यू
लेकिन करिश्मा पहली बार चर्चा में तब आई जब उन्होंने साल 2019 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का इंटरव्यू लिया। इसके बाद वो सोशल मीडिया पर काफी पॉपुलर हो गईं। पीएम मोदी के इंटरव्यू ने उनके करियर को एक नई दिशा दे दी। इस महीने के शुरू में करिश्मा मेहता ने एक और बड़ा कदम उठाया जब उन्होंने अपने लक्जरी लेदर सामानों से खुद को अलग करने का ऐलान किया। शाकाहारी होने के नाते, उन्होंने फैशन में क्रूएल्टी-फ्री रुख अपनाने के अपने फैसले के बारे में सोशल मीडिया पर समझाया। (Karishma Mehta Humans of Bombay came into limelight after getting eggs frozen, what is its process)
क्या है एग फ्रीजिंग ?
UCLA (यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया, लॉस एंजिल्स) हेल्थ के अनुसार, एग फ्रीजिंग, जिसे ओसाइट क्रायोप्रिजर्वेशन (Oocyte cryopreservation) के नाम से भी जाना जाता है। यह एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें एक महिला के अंडों को निकाला जाता है, जमाया जाता है और भविष्य में उपयोग के लिए फ्रीज कर दिया जाता है। इस विधि का उपयोग अक्सर उन महिलाओं के लिए प्रजनन क्षमता को बनाए रखने के लिए किया जाता है जो व्यक्तिगत या चिकित्सा कारणों से बच्चे पैदा करने में देरी करना चाहती हैं। (Karishma Mehta Humans of Bombay came into limelight after getting eggs frozen, what is its process)
फ्रीजिंग से पहले क्या किया जाता है?
एग फ्रीजिंग में ब्लड टेस्ट और अल्ट्रासाउंड के बाद एक महिला के अंडाणु की मात्रा की जांच की जाती है। फिर, अंडाशय को अंडे का उत्पादन करने के लिए उत्तेजित करने के लिए हार्मोनल दवाओं का उपयोग किया जाता है। फिर परिपक्व अंडों को एक सरल प्रक्रिया के माध्यम से एकत्र कर लिया जाता है और विट्रिफिकेशन नामक तकनीक का उपयोग करके इसे जल्दी से जमाया जाता है। इससे अंडों को भविष्य में उपयोग के लिए रखा जा सकता है। (Karishma Mehta Humans of Bombay came into limelight after getting eggs frozen, what is its process)
1968 में हुआ था पहले बच्चे का जन्म
फ्रीज हुए अंडे से पहले बच्चे का सफलतापूर्वक जन्म 1986 में हुआ था। इस प्रक्रिया में हल की हुई प्रगति से अंडाणु के जीवित रहने और जीवित बच्चों के जन्म की सफलता दर में काफी सुधार हुआ है। अगर आप भी अपने एग्स फ्रीज कराने की सोच रहे हैं, तो यह इतना आसान नहीं है। इसके लिए अपनी बॉडी को पहले से प्रिपेयर करना बहुत जरूरी है। तो आइए जानते हैं एग फ्रीजिंग से पहले शरीर को किस तरह से तैयार करना पड़ता है और यह क्यों जरूरी है? (Karishma Mehta Humans of Bombay came into limelight after getting eggs frozen, what is its process)
एग फ्रीजिंग करने से पहले शारिरीक तैयारी
एग फ्रीजिंग एक कठिन फैसला है। ज्यादातर मामलों में महिलाओं को इस संबंध में लोगों की बातें भी सुननी पड़ती है। जिससे तनाव बढ़ता है और प्रजनन क्षमता प्रभावित होती है। इसलिए सबसे पहले स्ट्रेस मैनेजमेंट टिप्स अपनाकर खुद को मानसिक रूप से तैयार करना पडता है। अंडे की गुणवत्ता बढ़ाने और स्वास्थ्य को ठीक रखने के लिए फर्टिलिटी डाइट लेना जरूरी है। बता दें कि, फर्टिलिटी फ्रेंडली डाइट में एंटीऑक्सीडेंट, हेल्दी फैट और जरूरी पोषक तत्व होते हैं। इस डाइट को फॉलो करने से प्रजनन क्षमता में सुधार हो सकता है। (Karishma Mehta Humans of Bombay came into limelight after getting eggs frozen, what is its process)
एक्सपर्ट की राय
एक्सपर्ट मानते हैं कि एग फ्रीजिंग से पहले महिलाओं को अपने रूटीन में फर्टिलिटी सप्लीमेंट भी शामिल करनी चाहिए। सप्लीमेंट भी ऐसे होने चाहिए जिनमें इनोसिटोल और जरूरी विटामिन व मिनरल शामिल हों। एक्सरसाइज स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद होती है, लेकिन एग फ्रीजिंग प्रोसेस के दौरान अपने वर्कआउट में बदलाव करना जरूरी है। दरअसल, हार्मोन स्टीमुलेशन के दौरान ओवरी का आकार इंजेक्शन के 10 दिन बाद बढ़ जाता है, जिससे ओवेरियन टॉर्जन की समस्या हो सकती है। इस रिस्क को कम करने के लिए इंटेंस एक्सरसाइज से बचने की सलाह दी जाती है। महिलाओं की रिप्रोडक्टिव हेल्थ के लिए विटामिन “डी” बहुत जरूरी है। यह न केवल अंडे की गुणवत्ता में सुधार करता है, बल्कि इससे बेहतर फर्टिलिटी रिजल्ट्स मिलते हैं। (Karishma Mehta Humans of Bombay came into limelight after getting eggs frozen, what is its process)
एग फ्रीजिंग के बारे किसे विचार करना चाहिए?
एग फ्रीजिंग उन महिलाओं के लिए एक विकल्प हो सकता है जो प्रजनन संबंधी जोखिमों का सामना कर रही हैं।
वैसी महिलाएं जो कैंसर के उपचार के तहत कीमोथेरेपी या पेल्विक रेडिएशन का सामना कर रही है।
ऐसी सर्जिकल प्रक्रियाए जो अंडाशय को नुकसान पहुंचा सकती हैं।
आनुवंशिक स्थितियां या समय से पहले पीरियड आने का पारिवारिक इतिहास।
बच्चे पैदा करने में देरी करने के सामाजिक या व्यक्तिगत कारण।
न्यूज़ डेस्क मुंबई- छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (CSMIA) पर सोने और ड्रग्स की तस्करी का बड़ा मामला सामने आया है। पिछले दो दिनों में मुंबई एयरपोर्ट पर अधिकारियों ने खुफिया सूचना के आधार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए 1.16 किलो का सोना, करोड़ों की ड्रग्स और विदेशी मुद्रा जब्त की है। इस मामले में दो तस्करों को भी गिरफ्तार किया गया है विभाग उनसे पूछताछ कर रही है। (Drugs worth crores, gold worth lakhs and foreign currency seized! Two arrested on smuggling charges)
खबर के मुताबिक, 24 से 25 जनवरी, 2025 के दौरान, मुंबई एयरपोर्ट कमिश्नरेट (जोन-III) के अधिकारियों ने 751 ग्राम एनडीपीएस (ड्रग्स) बरामद की है। जब्त ड्रग्स का अवैध बाजार मूल्यांकन लगभग 7.51 करोड़ रुपये आंका गया है। वहीं दूसरे मामले में 1.16 किलो सोना जब्त किया गया है। जिसकी कीमत लगभग 86.68 लाख रुपये बताई जा रही है। यह सोना तस्करी के जरिए देश में लाया जा रहा था। (Drugs worth crores, gold worth lakhs and foreign currency seized! Two arrested on smuggling charges)
बता दें कि मुंबई एयरपोर्ट पर सोने की तस्करी का मामला आए दिन बढ़ता ही जा रहा है। हाल ही में मुंबई डीआरआई (Directorate of Revenue Intelligence) ने छत्रपति शिवाजी महाराज एयरपोर्ट से सोने की तस्करी करने वाले चार लोगों को गिरफ्तार किया था। एजेंसी ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से 4 करोड़ 84 लाख रुपये का सोना बरामद किया था। तस्कर इस सोने का पाउडर बनाकर तस्करी कर रहे थे। बता दें कि मुंबई एयरपोर्ट पर लगातार सतर्कता और खुफिया सूचनाओं के आधार पर कार्रवाई के चलते तस्करों के मंसूबे विफल हो रहे हैं। यह बरामदगी न केवल आर्थिक अपराधों पर नकेल कसता है, बल्कि ड्रग्स तस्करी के खिलाफ एक बड़ा मुहिम भी साबित हो रहा है। (Drugs worth crores, gold worth lakhs and foreign currency seized! Two arrested on smuggling charges)
न्यूज़ डेस्क मुंबई- राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने शुक्रवार को यहां छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर 26.62 करोड़ रुपये का 2.6 किलोग्राम संदिग्ध कोकीन जब्त किया है। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। बताया, कि पाउडर को थैले की बाहरी और भीतरी परतों के बीच छिपाया गया था। अधिकारी ने बताया कि यात्री को गिरफ्तार कर लिया गया है और जांच जारी है। इसके साथ ही सीमा शुल्क अधिकारियों ने 17 और 18 जनवरी की मध्य रात्रि में अलग-अलग मामलों में कुल 2.55 करोड़ रुपये का सोना और हीरे जब्त किए हैं। इसको लेकर भी तीन लोगों की गिरफ्तारी हुई है। इसके पीछे किसी बड़े नेटवर्क या सहयोगियों के होने की आशंका जताते हुए डीआरआइ के अधिकारी मामले की और अधिक तहकीकात कर रहे हैं। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)
बॉम्बे मे कोकीन की तस्करी
कोकीन नामक ड्रग्स तस्करी के मामले में एक अधिकारी ने बताया कि नैरोबी से आए एक यात्री के थैले में सफेद पाउडर जैसा पदार्थ पाया गया। मौके पर की गई जांच से पता चला कि यह कोकीन है। इसी की वैधानिक पुष्टि के लिए संदिग्ध कोकीन को परीक्षण के लिए फोरेंसिक लैब में भेज दिया गया है। पाउडर को थैले की बाहरी और भीतरी परतों के बीच छिपाया गया था। अधिकारी ने बताया कि यात्री को गिरफ्तार कर लिया गया है और जांच जारी है। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)
सोने की तस्करी
इसके साथ ही 17 और 18 जनवरी की मध्य रात्रि में सोने की तस्करी को लेकर पहले से जानकारी मिली थी। विशेष जानकारी के आधार पर सीमा शुल्क के अधिकारियों ने बैंकॉक से आ रहे दो यात्रियों को रोका। जांच के दौरान अधिकारियों ने संदिग्धों के शरीर के अंदरूनी हिस्सों में छिपाया गया 24 कैरेट कच्चे सोने का पाउडर (गोल्ड डस्ट/स्वर्ण कण) बरामद किया। (Mumbai Airport News Cocaine worth Rs 26 crore, gold and diamonds worth Rs 2.55 crore seized)
न्यूज़ डेस्क मुंबई- बम्बई शहर और आस-पास के गरीब तबके के लोगों की स्वास्थ्य समस्याओं पर इलाज के लिए एक मात्र सरकारी अस्पताल इन दिनों दवाई संकट से जूझ रहा है। जबकि यहां बृहन्मुंबई महानगर पालिका (BMC) द्वारा संचालित अस्पतालों की दवाइयां हमेशा से ही लोगों के इलाज में सटीक साबित हुई। प्राइवेट अस्पतालों के मुकाबले सरकारी अस्पताल के एक ही डोज से मरीज ठिक हो जाया करता है। लेकिन इन सरकारी अस्पतालों में दवाइयां उपलब्ध नही होने के कारण शहर भर के लोगों पर स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा मंडराने लगा है। (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)
क्या है पूरा मामला?
मुंबई के बीएमसी द्वारा संचालित अस्पतालों को दवा आपूर्ति करने वाली कंपनियों ने 120 करोड़ रुपये के बकाया नही मिलने के कारण डिलीवरी को निलंबित (Suspended) करने की धमकी दी है। यह कृष्णा डायग्नोस्टिक्स द्वारा आपली चिकित्सा योजना के तहत अपनी पैथोलॉजी सेवाओं को बंद करने के कुछ समय बाद हुआ है, जिसमें बकाया भुगतान नही किए जाने का का हवाला दिया गया था। (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)
सोमवार से नही होगी दवाई की सप्लाई
बीएमसी अस्पतालों में दवाई सप्लाई करने वाली 150 से अधिक कंपनियों का प्रतिनिधित्व करने वाली ऑल फूड एंड ड्रग्स लाइसेंस होल्डर फाउंडेशन (AFDLH Fondation) ने सोमवार 13 जनवरी यानी कल से दवाइयों की सप्लाई रोकने की घोषणा की है। कहा, कि यदि उनके चार महीने से लंबित 120 करोड़ रूपये का भुगतान नहीं किया जाता है। तो कोई भी कंपनी सरकारी अस्पतालों में दवाइयों की सप्लाई नही करेगा। इस निर्णय के कारण बम्बई के सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाओं को बुरी तरह से बाधित कर सकता है। इसमें बम्बई ही नही बम्बई और आस-पास को लोग भी स्वास्थ्य समस्याओं का इलाज करवा रहे हैं। (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)
AFDLH Fondation के अध्यक्ष अभय पांडे ने आपूर्तिकर्ताओं के सामने मौजूद गंभीर वित्तीय स्थिति पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, “हमारे सदस्य वित्तीय बर्बादी के कगार पर हैं।” पश्चिमी उपनगरों के एक विक्रेता ने स्थिति पर निराशा व्यक्त करते हुए कहा, “भुगतान में देरी असहनीय हो गई है। बीएमसी अस्पतालों को आपूर्ति करना एक निरंतर संघर्ष बन गया है, बार-बार याद दिलाने के बावजूद कोई सुनवाई नहीं हो रही है।” (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)
BMC ने क्या कहा?
बृहन्मुंबई महानगर पालिका के आयुक्त भूषण गगरानी को लिखे एक औपचारिक पत्र में संस्था ने वित्तीय तनाव की रूपरेखा प्रस्तुत की। पत्र में कहा गया है, कि “बकाया राशि के कारण हमारे सदस्य भारी दबाव में हैं। बार-बार संपर्क करने के बावजूद कोई समाधान नहीं हुआ है। भुगतान पूरा होने तक आपूर्ति स्थगित करने के अलावा हमारे पास कोई विकल्प नहीं है।” इस बीच, बीएमसी के स्वास्थ्य विभाग के उपायुक्त संजय कुर्हाड़े ने आश्वासन दिया, कि “इस मुद्दे को सुलझाने और संकट को हल करने के लिए प्रयास जारी हैं।” (BMC News Medicines will no longer be available in government hospitals of Mumbai)