Category: Maharashtra Crime

Read the latest Maharashtra crime news, police investigations and exclusive reports from Mumbai, Pune, Nagpur, Nashik, Thane and across the state. Stay informed with coverage on cybercrime, financial fraud, court cases, law enforcement actions and major criminal incidents, only on Indian FastTrack.

  • अंधेरी के डांस बारों में पुलिस की दबंगई का आरोप, चेंजिंग रूम में घुस कर लेते है सेल्फी

    अंधेरी के डांस बारों में पुलिस की दबंगई का आरोप, चेंजिंग रूम में घुस कर लेते है सेल्फी

    अंधेरी के डांस बारों में काम करने वाली महिला कलाकारों ने पुलिस पर जबरन सेल्फी लेने, मेकअप रूम में घुसने और उत्पीड़न का आरोप लगाया, महिला आयोग से शिकायत।

    मुंबई: अंधेरी इलाके में डांस बारों में काम करने वाली महिला कलाकारों ने स्थानीय पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कलाकारों का कहना है कि कुछ पुलिसकर्मी जबरन सेल्फी लेते हैं, बिना अनुमति मेकअप और चेंजिंग रूम में घुस जाते हैं और निजी जानकारी मांगते हैं। इस कथित उत्पीड़न से परेशान होकर महिलाओं ने महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग को लिखित शिकायत देकर हस्तक्षेप की मांग की है।

    📍 अंधेरी के डांस बारों से उठा गंभीर मामला

    अंधेरी ईस्ट और वेस्ट के कई डांस और ऑर्केस्ट्रा बारों में काम करने वाली महिला कलाकारों का आरोप है कि अंधेरी पुलिस डिविजन के कुछ अधिकारी लगातार उनकी निजता में दखल दे रहे हैं। खासतौर पर रात 9:30 बजे के बाद पुलिस की मौजूदगी से डर और असुरक्षा का माहौल बन जाता है।

    📸 जबरन फोटो और सेल्फी लेने का आरोप

    महिला कलाकारों का कहना है कि पुलिसकर्मी बिना अनुमति उनके फोटो खींचते हैं और जबरन सेल्फी लेते हैं। शिकायत में बताया गया है कि ये घटनाएं अक्सर 9:30 बजे के बाद होती हैं, जब बार में ग्राहक भी मौजूद रहते हैं, जिससे माहौल असहज हो जाता है और कारोबार पर असर पड़ता है।

    🚪 चेंजिंग और मेकअप रूम में घुसने की शिकायत

    कलाकारों ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मी जांच के नाम पर मेकअप और चेंजिंग रूम में बिना दस्तक दिए घुस जाते हैं। कई बार वहां महिलाएं असुरक्षित स्थिति में होती हैं। महिला कलाकारों का कहना है कि पुरुष पुलिसकर्मियों का बिना महिला स्टाफ के निजी जगहों में प्रवेश करना नियमों का खुला उल्लंघन है।

    😨 डर का माहौल, विरोध करने की हिम्मत नहीं

    एक कलाकार ने बताया कि अगर कोई महिला सवाल उठाती है या विरोध करती है तो उसे झूठे केस में फंसाने की धमकी दी जाती है। इसी डर से ज्यादातर महिलाएं चुप रह जाती हैं। उनका कहना है कि यह स्थिति उन्हें मानसिक रूप से तोड़ रही है।

    👨‍👩‍👧 परिवारों तक पहुंचने का डर

    अधिकतर बार डांसर और सिंगर अपनी नौकरी की जानकारी परिवार से छुपाकर रखते हैं। कलाकारों का कहना है कि अगर उनकी तस्वीरें वायरल हो गईं या गलत हाथों में चली गईं तो उनकी जिंदगी बर्बाद हो सकती है।

    “एक फोटो किसी की पूरी जिंदगी खत्म कर सकती है,”
    ऐसा शिकायत पत्र में लिखा गया है।

    ⏰ 9:30 बजे की पाबंदी से रोज़ी-रोटी पर असर

    शिकायत में यह भी कहा गया है कि अंधेरी में महिला कलाकारों को जबरन 9:30 बजे काम बंद करने के लिए मजबूर किया जाता है, जबकि नियमों के अनुसार बार 1:30 बजे तक खुले रह सकते हैं। कलाकारों का कहना है कि उनकी सबसे ज्यादा कमाई 9:30 बजे के बाद होती है और यह पाबंदी सीधे उनकी आजीविका पर चोट है।

    ⚖️ महिला आयोग से क्या मांग की गई

    महिला कलाकारों ने महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग से मांग की है कि:

    • बिना सहमति फोटो खींचने पर रोक लगे
    • चेंजिंग रूम में प्रवेश पर सख्त नियम लागू हों
    • महिला-संवेदनशील पुलिस प्रोटोकॉल अपनाया जाए
    • भेदभावपूर्ण समय पाबंदी खत्म की जाए
    • उन्हें सम्मानजनक और सुरक्षित कार्यस्थल मिले

    🗣️ बार कमेटी का आरोप – नियमों की खुलेआम अनदेखी

    परफॉर्मेंस बार कमेटी के एक पदाधिकारी ने कहा कि कानून के अनुसार पुलिस केवल एक्साइज अधिकारियों के साथ ही बार में जांच कर सकती है, लेकिन अंधेरी पुलिस हर 30 मिनट में बार में घुसकर कलाकारों की फोटो ले रही है, जिससे व्यापार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।

    🚔 पुलिस का पक्ष: आरोप बेबुनियाद

    अंधेरी पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ निरीक्षक उमेश मचिंदर ने सभी आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि पुलिस सिर्फ यह जांचने जाती है कि बार खुले हैं या बंद।

    “हमारे अधिकारी न तो फोटो लेते हैं और न ही मेकअप रूम में जाते हैं। ये आरोप पूरी तरह निराधार हैं।”


    FAQ – अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

    Q1. महिला कलाकारों ने शिकायत कहां की है?
    ➡️ महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग में।

    Q2. मुख्य आरोप क्या हैं?
    ➡️ जबरन फोटो लेना, चेंजिंग रूम में घुसना, धमकी देना और भेदभाव।

    Q3. पुलिस ने क्या जवाब दिया है?
    ➡️ पुलिस ने सभी आरोपों को झूठा बताया है।

    Q4. क्या बार पूरी तरह बंद कराए जा रहे हैं?
    ➡️ कलाकारों का कहना है कि 9:30 बजे जबरन बंद कराय

  • गोरगांव दिंडोशी में ‘मासूम’ का आतंक खत्म, गणतंत्र दिवस की चाकूबाजी लूट के आरोपी की गिरफ्तारी

    गोरगांव दिंडोशी में ‘मासूम’ का आतंक खत्म, गणतंत्र दिवस की चाकूबाजी लूट के आरोपी की गिरफ्तारी

    गोरगांव पूर्व के दिंडोशी में चाकू की नोक पर लूट करने वाला ‘मासूम’ नाम से कुख्यात बदमाश गिरफ्तार, रिपब्लिक डे पर की थी वारदात, इलाके में दहशत का माहौल खत्म।

    मुंबई: गोरगांव पूर्व के दिंडोशी इलाके में लंबे समय से दहशत फैलाने वाले ‘मासूम’ नाम के कुख्यात बदमाश का आतंक आखिरकार खत्म हो गया है। 26 जनवरी गणतंत्र दिवस के दिन चाकू की नोक पर लूट और हमले की वारदात को अंजाम देने वाले आरोपी साबिर इस्लाम शेख (26) को दिंडोशी पुलिस ने 31 जनवरी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी खुद को लोकल डॉन बताकर लोगों को डराता था, जिससे इलाके के लोग पुलिस तक जाने से भी घबराते थे।

    😨 ‘मासूम’ नाम, लेकिन काम से दहशत

    दिंडोशी और आसपास के संकरे इलाकों में ‘मासूम’ नाम सुनते ही लोग सहम जाते थे। विडंबना यह थी कि मासूम नाम रखने वाला यह युवक चोरी और चाकू की नोक पर लूट की घटनाओं से पूरे इलाके में आतंक का पर्याय बन चुका था। स्थानीय लोगों का कहना है कि उसके डर से कई वारदातें रिपोर्ट तक नहीं हो पाती थीं।

    🇮🇳 गणतंत्र दिवस पर हुई चाकू की नोक पर लूट

    पुलिस के अनुसार, रिपब्लिक डे के दिन 52 वर्षीय शिकायतकर्ता, जो आरे मिल्क कॉलोनी में एक होटल में वेटर का काम करता है, ड्यूटी खत्म कर बाइक से अपने घर लौट रहा था। संतोष नगर इलाके में बाइक पार्क करते ही आरोपी ने उसे जानबूझकर गिराया, गाली-गलौज की और चाकू दिखाकर ₹1500 नकद और आधार कार्ड लूट लिया।

    🔪 बेटे ने किया बचाव, पिता पर चाकू से हमला

    जब शिकायतकर्ता का 18 वर्षीय बेटा बीच-बचाव के लिए आगे आया, तो आरोपी और ज्यादा हिंसक हो गया। आरोप है कि आरोपी ने खुद को लोकल डॉन बताते हुए धमकाया और शिकायतकर्ता के दाहिने हाथ पर चाकू से वार कर दिया। इसके बाद वह मौके से फरार हो गया।

    🚔 पुलिस ने ऐसे दबोचा आरोपी

    घटना की शिकायत दिंडोशी पुलिस स्टेशन में दर्ज होने के बाद पुलिस ने इलाके के सीसीटीवी फुटेज और लोकल इन्फॉर्मेशन के आधार पर जांच शुरू की। 31 जनवरी की शाम को पुलिस ने आरोपी साबिर इस्लाम शेख को गोरगांव ईस्ट के संतोष नगर इलाके से गिरफ्तार कर लिया।

    ⚖️ इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला

    दिंडोशी पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराएं 311, 309(6), 351 और 352 के तहत केस दर्ज किया है। इसके अलावा महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम की धारा 37(1)(A)/135 भी लगाई गई है।

    🏘️ इलाके के लोगों ने ली राहत की सांस

    ‘मासूम’ की गिरफ्तारी के बाद दिंडोशी इलाके में रहने वाले लोगों ने राहत की सांस ली है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि अब वे बिना डर के बाहर निकल पा रहे हैं और पुलिस पर भरोसा बढ़ा है।

    🔍 पुलिस का कहना – आगे भी होगी सख्त कार्रवाई

    पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी के पुराने रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि वह पहले भी ऐसी वारदातों में शामिल रहा है या नहीं। पुलिस ने साफ किया है कि इलाके में अपराध और गुंडागर्दी किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


    FAQ – अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

    Q1. ‘मासूम’ कौन है?
    ➡️ ‘मासूम’ गोरगांव दिंडोशी इलाके में सक्रिय 26 वर्षीय बदमाश साबिर इस्लाम शेख का उपनाम है।

    Q2. आरोपी ने कौन-सी वारदात की थी?
    ➡️ रिपब्लिक डे के दिन चाकू की नोक पर लूट और हमला।

    Q3. आरोपी को कब गिरफ्तार किया गया?
    ➡️ 31 जनवरी को गोरगांव ईस्ट के संतोष नगर से।

    Q4. मामला कहां दर्ज हुआ है?
    ➡️ दिंडोशी पुलिस स्टेशन में।

  • बांद्रा वेस्ट में 14 घंटे पानी बंद, 10 फरवरी को जलापूर्ति प्रभावित

    बांद्रा वेस्ट में 14 घंटे पानी बंद, 10 फरवरी को जलापूर्ति प्रभावित

    बांद्रा पश्चिम में 900 मिमी पानी की पाइपलाइन की मरम्मत के चलते 10 फरवरी 2026 को 14 घंटे जलापूर्ति बंद रहेगी। BMC ने पानी का स्टॉक रखने की अपील की है।

    मुंबई: बांद्रा (पश्चिम) इलाके में रहने वाले नागरिकों के लिए जरूरी सूचना है। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) द्वारा पाली हिल जलाशय से जुड़ी 900 मिमी व्यास की इनलेट जलवाहिनी में गड़बड़ी की मरम्मत का काम किया जा रहा है। यह काम मंगलवार, 10 फरवरी 2026 को सुबह 10 बजे से रात 12 बजे तक चलेगा। इस दौरान एच वेस्ट वार्ड के कई इलाकों में पानी पूरी तरह बंद रहेगा, जबकि कुछ इलाकों में कम दबाव से पानी सप्लाई की जाएगी।

    🔧 क्यों किया जा रहा है यह काम?

    BMC के मुताबिक:

    • पाली हिल जलाशय की 900 मिमी इनलेट पाइपलाइन में लीकेज पाया गया है
    • यह पाइपलाइन कुरैशी नगर झोपड़पट्टी (बांद्रा वेस्ट) के पास
    • MHADA के खुले भूखंड और
    • वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे के पास से गुजरती है

    भविष्य में बड़ी समस्या से बचने के लिए तत्काल मरम्मत जरूरी थी।

    ⏰ मरम्मत का समय और अवधि

    • 📅 दिनांक: मंगलवार, 10 फरवरी 2026
    • ⏱️ समय: सुबह 10 बजे से रात 12 बजे तक
    • ⌛ कुल अवधि: लगभग 14 घंटे

    ❌ इन इलाकों में पानी पूरी तरह बंद रहेगा

    बांद्रा (पश्चिम) और खार (पश्चिम) के कई हिस्सों में जलापूर्ति पूरी तरह ठप रहेगी:

    1. हिल रोड, पेरी रोड, मैन्युअल गोन्साल्विस रोड, सेंट एंड्रूज रोड, सेंट पॉल रोड, कार्टर रोड, पाली गांव, चिंबई गांव, शर्ली गांव, कांत्वाड़ी इलाका
    2. खार दांडा, कोळीवाड़ा, दांडा पाडा, चुईम गांवठाण, गझदरबंद झोपड़पट्टी, खार पश्चिम का कुछ हिस्सा
    3. हनुमान नगर झोपड़पट्टी, लक्ष्मी नगर, कार्टर रोड, यूनियन पार्क रोड नंबर 1 से 4, पाली हिल
    4. डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर रोड, पाली पठार झोपड़पट्टी, खार के 15वें से 20वें रोड तक का इलाका
    5. चैपल रोड, वेरोनिका रोड, डॉ. पीटर डायस रोड, सेंट जॉन बैप्टिस्ट रोड का कुछ हिस्सा
    6. माउंट मेरी चर्च और आसपास का इलाका
    7. के. सी. रोड, एल. के. मेहता रोड, बाजार रोड का कुछ हिस्सा, ए. के. वैद्य रोड
    8. झिगझैग रोड, कोलडोंगरी, नरगिस दत्त रोड, पाली माला रोड

    ⚠️ इन इलाकों में कम दबाव से पानी मिलेगा

    • हिल रोड के आखिरी सिरे से
    • ताज लैंड्स एंड
    • बी. जे. रोड
    • एच. के. भाभा रोड
    • काणे रोड
    • गणेश झोपड़पट्टी

    ➡️ इन इलाकों में रात 1 बजे से सुबह 4:30 बजे तक कम दबाव में पानी दिया जाएगा।

    🧴 BMC की नागरिकों से अपील

    महानगरपालिका ने नागरिकों से अपील की है कि:

    • पहले से जरूरी पानी का स्टॉक करके रखें
    • मरम्मत के दौरान पानी का किफायती इस्तेमाल करें
    • एहतियातन अगले कुछ दिनों तक
      👉 पानी उबालकर या छानकर पिएं

    BMC ने इस दौरान नागरिकों से पूरा सहयोग करने की अपील की है।


    ❓ FAQ – अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

    Q1. बांद्रा में पानी कब बंद रहेगा?
    ➡️ 10 फरवरी 2026 को सुबह 10 बजे से रात 12 बजे तक।

    Q2. पानी बंद होने की वजह क्या है?
    ➡️ 900 मिमी इनलेट पाइपलाइन में लीकेज की मरम्मत।

    Q3. किन इलाकों में पानी पूरी तरह बंद रहेगा?
    ➡️ बांद्रा वेस्ट और खार वेस्ट के कई रिहायशी इलाके।

    Q4. क्या कहीं पानी मिलेगा भी?
    ➡️ कुछ इलाकों में रात 1 से सुबह 4:30 बजे तक कम दबाव में पानी मिलेगा।

    Q5. BMC ने क्या सलाह दी है?
    ➡️ पानी जमा करने, किफायत से उपयोग करने और उबालकर पीने की सलाह।

  • मुंबई के जूहू में घर के अंदर रखा मगरमच्छ और कछुआ, वन विभाग ने किया रेस्क्यू

    मुंबई के जूहू में घर के अंदर रखा मगरमच्छ और कछुआ, वन विभाग ने किया रेस्क्यू

    मुंबई के जूहू इलाके में एक घर से अवैध रूप से रखे गए मगरमच्छ और कछुए को वन विभाग और क्राइम ब्रांच ने रेस्क्यू किया। वाइल्डलाइफ एक्ट के तहत युवक पर केस दर्ज।

    बॉबी शेख
    मुंबई: विलेपार्ले पश्चिम के जूहू इलाके से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां एक रिहायशी घर के अंदर मगरमच्छ और कछुए को अवैध रूप से रखा गया था। गुप्त सूचना के आधार पर वन विभाग, मुंबई क्राइम ब्रांच यूनिट-9 और NGO की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए दोनों जानवरों को सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया। इस मामले में 29 वर्षीय इमरान इस्माइल शेख के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।

    गुप्त सूचना के बाद हुई संयुक्त कार्रवाई

    मुंबई पुलिस के मुताबिक, वन विभाग को सूचना मिली थी कि जूहू इलाके के एक घर में मगरमच्छ रखा गया है। इसके बाद वरिष्ठ वन अधिकारी के निर्देश पर अंधेरी रेंज के फॉरेस्ट गार्ड रोशन बिंदे ने क्राइम ब्रांच यूनिट-9 से संपर्क किया।
    इसके बाद पुलिस, वन विभाग और NGO ‘Serp India’ की संयुक्त टीम बनाई गई।

    जूहू के रुइया पार्क इलाके में छापा

    संयुक्त टीम ने जूहू स्थित रुइया पार्क, मोरागांव शंकर चॉल, जे.आर. म्हात्रे मार्ग पर छापा मारा।
    कार्रवाई के दौरान दो स्वतंत्र गवाह भी मौजूद थे। जैसे ही टीम ने घर का दरवाजा खोला, अंदर एक महिला और युवक मिले, जिनकी पहचान शाहिदा शेख और उसके भाई इमरान शेख के रूप में हुई।

    कांच के टैंक में रखा था मगरमच्छ

    घर की तलाशी के दौरान एक छोटे कमरे में रखे कांच के टैंक से एक जिंदा भारतीय मगरमच्छ और एक भारतीय धब्बेदार कछुआ (Indian Spotted Turtle) बरामद किया गया।
    दोनों जानवरों को तुरंत सावधानीपूर्वक बाहर निकालकर सुरक्षित पिंजरों में रखा गया।

    शेड्यूल-1 में शामिल हैं दोनों जानवर

    पुलिस ने बताया कि मगरमच्छ और कछुआ दोनों ही वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की शेड्यूल-1 सूची में शामिल हैं।
    इस श्रेणी के जानवरों को निजी तौर पर रखना पूरी तरह से गैरकानूनी है और इसके लिए सख्त सजा का प्रावधान है।

    भाई पर लगाया आरोप, जानकारी देने से बचा

    पूछताछ के दौरान शाहिदा शेख ने बताया कि ये जानवर उसके भाई इमरान घर लेकर आया था। वहीं इमरान शेख ने यह बताने से बचने की कोशिश की कि उसने ये जानवर कहां से और कैसे हासिल किए।

    वाइल्डलाइफ एक्ट के तहत मामला दर्ज

    मुंबई पुलिस ने इमरान इस्माइल शेख के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की धारा 9, 39, 48 और 51 के तहत केस दर्ज किया है।
    पूरी कार्रवाई की डिजिटल रिकॉर्डिंग भी की गई है। फिलहाल मामले की आगे की जांच जारी है।

    वन विभाग को सौंपे गए जानवर

    रेस्क्यू किए गए मगरमच्छ और कछुए को वन विभाग के हवाले कर दिया गया है। अधिकारियों के मुताबिक, दोनों जानवरों को अब उचित देखभाल और पुनर्वास दिया जाएगा।


    FAQ | अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

    Q1. यह मामला मुंबई के किस इलाके से सामने आया?
    👉 जूहू इलाके से।

    Q2. घर से कौन-कौन से जानवर मिले?
    👉 एक भारतीय मगरमच्छ और एक भारतीय धब्बेदार कछुआ।

    Q3. किस कानून के तहत केस दर्ज हुआ है?
    👉 वन्यजीव संरक्षण अधिनियम (Wildlife Protection Act)।

    Q4. आरोपी कौन है?
    👉 29 वर्षीय इमरान इस्माइल शेख।

    Q5. रेस्क्यू किए गए जानवरों का क्या हुआ?
    👉 दोनों को वन विभाग को सौंप दिया गया है, जहां उनका पुनर्वास किया जाएगा।

  • Maharashtra: बार काउंसिल चुनाव पर हाईकोर्ट में याचिका, वोटर लिस्ट पर सवाल

    Maharashtra: बार काउंसिल चुनाव पर हाईकोर्ट में याचिका, वोटर लिस्ट पर सवाल

    बार काउंसिल ऑफ Maharashtra चुनाव 2026 की तारीख बढ़ाने की मांग को लेकर एडवोकेट नितिन सतपुते की याचिका, 2.70 लाख वकीलों का सत्यापन बाकी।

    मुंबई: महाराष्ट्र बार काउंसिल चुनाव 2026 को लेकर बड़ा कानूनी विवाद सामने आया है। एडवोकेट नितिन शिवराम सतपुते ने बॉम्बे हाईकोर्ट में रिट याचिका दायर कर 24 मार्च 2026 को प्रस्तावित चुनाव की समय-सीमा बढ़ाने की मांग की है। याचिका में दावा किया गया है कि करीब 2 लाख 70 हजार वकीलों का अभी तक सत्यापन नहीं हुआ, जिससे वे आगामी चुनाव में मतदान से वंचित रह जाएंगे।

    ⚖️ किसके खिलाफ दायर हुई याचिका

    Petition-in-High-Court-on-Maharashtra-Bar-Council-elections-question-on-voter-list

    यह रिट याचिका
    Adv. Nitin Shivram Satpute & Others बनाम Bar Council of Maharashtra एवं संबंधित प्राधिकरणों के खिलाफ दायर की गई है।

    याचिका का मुख्य तर्क है कि मौजूदा वोटर लिस्ट में गंभीर विसंगतियां हैं और बड़ी संख्या में पात्र वकीलों को मतदाता सूची से बाहर रखा गया है।

    📋 Maharashtra कितने वकील अब भी वेरिफाई नहीं

    याचिका के अनुसार, महाराष्ट्र भर में
    👉 2,70,000 से अधिक वकीलों का सत्यापन अभी अधूरा है
    👉 ये वकील फिलहाल वोटर नहीं हैं
    👉 चुनाव तय तारीख पर हुए तो हजारों अधिवक्ताओं का मताधिकार खत्म हो जाएगा

    याचिकाकर्ता का कहना है कि यह लोकतांत्रिक प्रक्रिया और वकीलों के संवैधानिक अधिकारों का उल्लंघन है।

    🧾 वोटर लिस्ट में गड़बड़ियों का आरोप

    याचिका में यह भी कहा गया है कि:

    • वोटर लिस्ट में डुप्लीकेट नाम हैं
    • कई सक्रिय वकीलों के नाम गायब हैं
    • कुछ अयोग्य नाम सूची में शामिल हैं

    इन खामियों को दूर किए बिना चुनाव कराना अन्यायपूर्ण और अवैध होगा।

    🏛️ किस बेंच में होगी सुनवाई

    यह मामला
    सीनियर नंबर 912
    WPL/3468/2026
    कोर्ट रूम नंबर 52 में सूचीबद्ध है।

    मामले की सुनवाई
    👉 जस्टिस रविंद्र वी. घुगे
    👉 एवं माननीय डिवीजन बेंच द्वारा की जाएगी।

    👨‍⚖️ याचिकाकर्ता की ओर से पेश होने वाले वकील

    एडवोकेट नितिन सतपुते की ओर से निम्न वरिष्ठ वकील पेश होंगे:

    • एडवोकेट श्रवण गिरी
    • एडवोकेट एजाज नकवी
    • एडवोकेट शोभा बुद्धिवंत
    • एडवोकेट रचित सिंह
    • एडवोकेट अभिषेक बांदेकर
    • एडवोकेट दयानंद उडबाले
    • एडवोकेट मानाली गवली
    • एडवोकेट दीपक जगदेव

    📌 क्यों अहम है यह मामला

    बार काउंसिल चुनाव केवल एक संगठनात्मक प्रक्रिया नहीं बल्कि पूरे वकील समुदाय की लोकतांत्रिक भागीदारी से जुड़ा विषय है। अगर समय रहते सत्यापन और वोटर लिस्ट सुधार नहीं हुआ, तो इसका असर चुनाव की वैधता पर पड़ सकता है।


    ❓ FAQ

    Q1. बार काउंसिल चुनाव कब होने हैं?
    24 मार्च 2026 को प्रस्तावित हैं।

    Q2. याचिका किसने दायर की है?
    एडवोकेट नितिन शिवराम सतपुते ने।

    Q3. मुख्य आपत्ति क्या है?
    2.70 लाख वकीलों का सत्यापन पूरा नहीं हुआ और वोटर लिस्ट में गड़बड़ियां हैं।

    Q4. मामला किस कोर्ट में है?
    बॉम्बे हाईकोर्ट, कोर्ट रूम नंबर 52।

  • Borivali: बिल्डर-बाप बेटे पर करोड़ों की ठगी, कई FIR दर्ज

    Borivali: बिल्डर-बाप बेटे पर करोड़ों की ठगी, कई FIR दर्ज

    मुंबई के Borivali में रियल एस्टेट डेवलपर अशोक जेठवा और बेटे मिहिर पर करीब 3 करोड़ की ठगी का आरोप। फर्जी दस्तावेज, फ्लैट का झांसा, कई केस दर्ज।

    मुंबई: बोरीवली इलाके में एक बड़े रियल एस्टेट फ्रॉड का खुलासा हुआ है। रिटायर्ड शिपिंग कर्मचारी और अन्य निवेशकों से करोड़ों रुपये लेकर फ्लैट न देने के आरोप में डेवलपर अशोक जेठवा (55) और उसका बेटा मिहिर जेठवा (35) पुलिस के शिकंजे में आ गए हैं। पुलिस के मुताबिक, दोनों ने फर्जी दस्तावेज, झूठे वादे और रेरा रजिस्ट्रेशन का हवाला देकर कई लोगों को ठगा।

    क्या है पूरा मामला

    कस्तूरबा मार्ग पुलिस स्टेशन में दर्ज FIR के अनुसार, शिकायतकर्ता प्रज्योत डाभोलकर (60), जो कांदिवली ईस्ट के निवासी और रिटायर्ड शिपिंग कर्मचारी हैं, वर्ष 2015 में एक फ्लैट खरीदने की तलाश में थे। इसी दौरान उनकी मुलाकात ब्रोकर नवीनचंद्र बरखड़ा से हुई, जिसने उन्हें मिहिर जेठवा से मिलवाया।

    मिहिर ने खुद को और अपने पिता अशोक जेठवा को बोरीवली इलाके का नामी रियल एस्टेट डेवलपर बताते हुए कई प्रोजेक्ट्स की जानकारी दी।

    फ्लैट नहीं पसंद आए, निवेश का लालच दिया

    डाभोलकर को शुरू में दिखाए गए फ्लैट्स पसंद नहीं आए। इसके बाद मिहिर ने उन्हें “आने वाले प्रोजेक्ट्स” में निवेश करने का सुझाव दिया और भरोसा दिलाया कि बदले में उन्हें बोरीवली वेस्ट में पांच फ्लैट मिलेंगे।

    अक्टूबर 2015 से दिसंबर 2019 के बीच डाभोलकर ने अलग-अलग किश्तों में ₹2.12 करोड़ निवेश कर दिए। वहीं उनकी सास से भी ₹85 लाख लिए गए।

    पैसे गए, न फ्लैट मिला न रिफंड

    पुलिस का कहना है कि आरोपियों ने यह रकम प्रोजेक्ट में लगाने के बजाय निजी इस्तेमाल में लगा दी। न तो फ्लैट दिए गए और न ही पैसे लौटाए गए। जब शिकायतकर्ता ने दबाव बनाया तो टालमटोल शुरू हो गई।

    Borivali दूसरा निवेशक भी ठगा गया

    इसी तरह खार वेस्ट के रहने वाले एक 50 वर्षीय निवेशक ने भी शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि जेठवा पिता-पुत्र ने उन्हें बोरीवली ईस्ट के नील आकाश को-ऑप हाउसिंग सोसायटी प्रोजेक्ट में तीन फ्लैट देने का झांसा दिया।

    उन्हें बताया गया कि:

    • इमारत को 10 मंज़िलों की मंज़ूरी है
    • 3 अतिरिक्त मंज़िलों का प्रस्ताव BMC में लंबित है
    • प्रोजेक्ट RERA रजिस्टर्ड है
    • 31 दिसंबर 2018 तक कब्ज़ा मिलेगा

    इन बातों पर भरोसा कर उन्होंने ₹1.74 करोड़ ट्रांसफर कर दिए।

    साइट पर सिर्फ 6 मंज़िल, काम बंद

    जब निवेशक ने दिसंबर 2018 में साइट देखी, तो केवल 6 मंज़िलें बनी थीं और निर्माण पूरी तरह बंद था। बाद में आरोपियों ने कांदिवली में फ्लैट देने का वादा किया, जो कभी नहीं मिला। पैसे वापस मांगने पर कथित तौर पर जवाब मिला –
    “जो करना है कर लो।”

    केरल से गिरफ्तारी, फर्जी पहचान का खुलासा

    पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों आरोपी फर्जी आधार कार्ड का इस्तेमाल कर अलग-अलग राज्यों में छिपते फिर रहे थे।
    जोन-12 की स्पेशल टीम ने उन्हें केरल के एर्नाकुलम स्थित एक होटल से गिरफ्तार किया और मुंबई लाया गया।

    एक नहीं, कई मामले दर्ज

    पुलिस के अनुसार, जेठवा पिता-पुत्र के खिलाफ 6 से अधिक केस दर्ज हैं।

    प्रमुख केस डिटेल्स

    • Cr No. 177/25 – ₹1.17 करोड़
    • Cr No. 488/25 – ₹1.51 करोड़
    • Cr No. 351/25 – ₹1.74 करोड़
    • Cr No. 852/23 (MPID) – ₹13.52 करोड़
    • Cr No. 288/23 – ₹75 लाख
    • Cr No. 108/23 – ₹1.20 करोड़
    • बोरीवली: Cr No. 75/21, 464/24
    • MHB कॉलोनी: Cr No. 356/23

    पुलिस की अपील

    पुलिस ने आशंका जताई है कि और भी पीड़ित सामने आ सकते हैं। ऐसे किसी भी व्यक्ति से आगे आकर शिकायत दर्ज कराने की अपील की गई है।


    FAQ

    Q1. आरोपी कौन हैं?
    अशोक जेठवा और उनका बेटा मिहिर जेठवा, दोनों रियल एस्टेट डेवलपर बताए जा रहे हैं।

    Q2. कुल कितनी रकम की ठगी का आरोप है?
    अलग-अलग मामलों में ₹20 करोड़ से ज्यादा की ठगी का आरोप है।

    Q3. गिरफ्तारी कहां से हुई?
    केरल के एर्नाकुलम से, जहां वे फर्जी पहचान के साथ रह रहे थे।

    Q4. क्या और पीड़ित सामने आ सकते हैं?
    पुलिस के मुताबिक, संभावना है कि और निवेशक भी ठगे गए हों।

  • सरपंच बनने की सनक: नांदेड़ में पिता ने 6 साल की बेटी की कथित हत्या की

    सरपंच बनने की सनक: नांदेड़ में पिता ने 6 साल की बेटी की कथित हत्या की

    महाराष्ट्र के नांदेड़ में पंचायत चुनाव लड़ने की योग्यता पाने के लिए एक पिता ने कथित तौर पर अपनी 6 साल की बेटी की हत्या कर दी। यह मामला राजनीतिक महत्वाकांक्षा और सामाजिक दबाव की भयावह तस्वीर दिखाता है।

    बॉबी शेख
    महाराष्ट्र: नांदेड़ जिले से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां सरपंच बनने की चाहत में एक व्यक्ति ने कथित तौर पर अपनी 6 साल की मासूम बेटी की हत्या कर दी। आरोपी पंचायत चुनाव लड़ना चाहता था, लेकिन तीन बच्चों का पिता होने के कारण अयोग्य माना जा रहा था। इस घटना ने पूरे समाज को झकझोर कर रख दिया है और राजनीति की अमानवीय हदों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

    📍 क्या है नांदेड़ का पूरा मामला

    जानकारी के मुताबिक, आरोपी व्यक्ति स्थानीय पंचायत चुनाव में सरपंच पद के लिए दावेदारी करना चाहता था। चुनावी नियमों के अनुसार, उसे दो से अधिक बच्चों का पिता होने के कारण अयोग्य घोषित किया जा रहा था।
    इसी अयोग्यता को खत्म करने के लिए उसने पहले अपनी 6 साल की बेटी को गोद देने की कोशिश की, लेकिन जब यह प्रयास असफल रहा तो उसने कथित तौर पर अपनी ही बेटी की हत्या कर दी।

    😨 समाज को झकझोर देने वाली सच्चाई

    यह घटना सिर्फ एक अपराध नहीं, बल्कि

    • टूटते पारिवारिक मूल्यों
    • अंधी राजनीतिक महत्वाकांक्षा
    • और सामाजिक दबाव की खतरनाक तस्वीर

    को उजागर करती है।
    जिस पिता को अपनी बेटी का रक्षक होना चाहिए था, वही उसकी जान का दुश्मन बन गया।

    🗳️ राजनीति की कीमत पर मासूम की जान?

    यह मामला बताता है कि कैसे

    • सत्ता की लालसा
    • राजनीतिक करियर की दौड़
    • और “किसी भी कीमत पर चुनाव जीतने” की सोच

    इंसान को हैवानियत की हद तक ले जा सकती है।
    राजनीति, जो समाज की सेवा का माध्यम होनी चाहिए, यहां खूनी महत्वाकांक्षा में बदलती नजर आई।

    👶 बच्चों के अधिकारों पर बड़ा सवाल

    इस घटना ने बाल अधिकारों की सुरक्षा पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
    एक 6 साल की बच्ची, जो न तो राजनीति समझती थी और न ही चुनावी नियम, उसे अपने पिता की महत्वाकांक्षा की कीमत अपनी जान देकर चुकानी पड़ी।

    ⚖️ कानून और नैतिकता दोनों की हार

    यह मामला न केवल

    • कानून के खिलाफ है
    • बल्कि समाज की नैतिकता पर भी करारा तमाचा है

    विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मामलों में सख्त सजा और सामाजिक चेतना दोनों जरूरी हैं, ताकि भविष्य में कोई इस तरह का अपराध करने की हिम्मत न कर सके।

    🧠 राजनीतिक संस्कृति बदलने की जरूरत

    यह घटना एक चेतावनी है कि

    • राजनीति में स्वार्थ हावी हो चुका है
    • इंसानियत पीछे छूटती जा रही है
    • और सत्ता की भूख रिश्तों को भी निगल रही है

    समाज को यह सोचने की जरूरत है कि राजनीतिक महत्वाकांक्षा की सीमा क्या होनी चाहिए।


    ❓ FAQ

    Q1. यह घटना कहां की है?
    यह मामला महाराष्ट्र के नांदेड़ जिले का है।

    Q2. आरोपी ने ऐसा क्यों किया?
    पंचायत चुनाव लड़ने के लिए अयोग्यता खत्म करने के मकसद से।

    Q3. बच्ची की उम्र कितनी थी?
    करीब 6 साल।

    Q4. यह मामला क्या दर्शाता है?
    राजनीतिक महत्वाकांक्षा और सामाजिक दबाव किस हद तक खतरनाक हो सकते हैं।

  • फर्जी POCSO केस का डर दिखाकर 8.63 लाख की वसूली, मालवनी में खंडणी का सनसनीखेज मामला

    फर्जी POCSO केस का डर दिखाकर 8.63 लाख की वसूली, मालवनी में खंडणी का सनसनीखेज मामला

    मुंबई के मालवनी इलाके में एक ऑटो चालक से फर्जी POCSO और रेप केस दर्ज कराने की धमकी देकर 8.63 लाख रुपये और सोना वसूलने का गंभीर आरोप सामने आया है। पीड़ित ने पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई है।

    मुंबई: मालवनी इलाके में रहने वाले एक ऑटो रिक्शा चालक ने कुछ लोगों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। शिकायत के मुताबिक, उसके बेटे और बेटी के खिलाफ POCSO और रेप जैसे झूठे केस दर्ज कराने की धमकी देकर उससे कुल 8 लाख 63 हजार रुपये नकद और सोना वसूला गया। पीड़ित का आरोप है कि आरोपी लगातार परिवार को डराते रहे और नए-नए केस में फंसाने की धमकी देकर खंडणी मांगते रहे।

    👤 कौन है शिकायतकर्ता

    शिकायतकर्ता अब्दूल गफूर बाबू पटेल (उम्र 55 वर्ष) पेशे से ऑटो रिक्शा चालक हैं और मालवनी, मालाड पश्चिम में अपने परिवार के साथ रहते हैं। परिवार की रोज़ी-रोटी पूरी तरह ऑटो चलाकर होने वाली कमाई पर निर्भर है।

    ⚖️ कैसे शुरू हुआ POCSO का पूरा मामला

    पीड़ित के अनुसार, 4 जुलाई 2025 को मिरारोड के गिता नगर की रहने वाली जैनब बानो जाकीर सय्यद नाम की महिला ने मालवनी पुलिस स्टेशन में उनके बेटे आकीब अब्दूल गफूर पटेल और बेटी समीना के खिलाफ गंभीर धाराओं में शिकायत दर्ज कराई। उस वक्त जैनब बानो के साथ उनका पडोसी अब्दूल अजीज कादर शेख उर्फ अज्जू भी पुलिस स्टेशन आया हुआ था।
    इस केस में POCSO एक्ट 2012 समेत भारतीय न्याय संहिता 2023 की कई धाराएं लगाई गईं और उसी दिन बेटे की गिरफ्तारी भी हो गई।

    😨 डर और दबाव का खेल

    पीड़ित का आरोप है कि शिकायत दर्ज होते ही उनका पडोसी जो मालवनी कच्चा रोड़ स्थित झूनका भाकर के सामने अल अजिज सिख कार्नर के नाम से सिख पराठा का धंधा करता है अब्दूल अजीज कादर शेख उर्फ अज्जू उनसे मिला और कहा कि

    “अगर केस खत्म कराना है तो सेटलमेंट करना पड़ेगा, नहीं तो और FIR होगी।”

    इसके बाद पीड़ित और उसके परिवार को बार-बार फोन, मुलाकात और धमकियों के जरिए डराया गया।

    🏢 ऑफिस बुलाकर दी गई धमकी

    8 जुलाई 2025 को पीड़ित और उसकी बेटी शुमाईला को गेट नंबर 3 स्थित एक ऑफिस में बुलाया गया, जहां जाकीर डॉटकॉम नाम का व्यक्ति मौजूद था।
    यहां साफ कहा गया कि अगर पैसे नहीं दिए गए तो पूरे परिवार पर नालासोपारा और मिरारोड में और भी झूठे केस दर्ज किए जाएंगे। परिवार में पीड़ित की बेटी शुमाईला का खास नाम लिया गया था। जिससे पीड़ित परिवार और ज्यादा घबरा गया।

    💰 सोना और नकद की मांग

    आरोप है कि आरोपियों ने कहा कि

    • जैनब बानो का 6 तोला सोना जो ज्वेलर्स के पास गिरवी है, उसे छुड़वाना होगा
    • साथ ही 5 लाख रुपये कैश भी देने होंगे

    धमकी दी गई कि ऐसा न करने पर नालासोपारा और मिरारोड के नयानगर में नए रेप केस दर्ज कराए जाएंगे।

    📞 कॉल रिकॉर्डिंग भी मौजूद

    पीड़ित का दावा है कि बेटी शुमाईला के जरिए हुई कई बातचीत की WhatsApp कॉल रिकॉर्डिंग उनके पास मौजूद है, जिसमें पैसे की मांग और धमकियां साफ सुनी जा सकती हैं।

    🏠 घर तक गिरवी रखना पड़ा

    डर और दबाव में आकर पीड़ित ने

    • 2.63 लाख रुपये रौनक ज्वेलर्स को देकर सोना छुड़वाया
    • फिर 5 लाख रुपये कैश दिए
    • इसके अलावा 1 लाख रुपये अलग से जाकीर डॉटकॉम को देने का भी आरोप है

    इतना ही नहीं, पीड़ित ने बताया कि अपने ही घर को 7.50 लाख रुपये की हेवी डिपॉजिट पर देकर उसे किराए पर रहना पड़ा।

    📌 कुल कितनी वसूली का आरोप

    पीड़ित के अनुसार, आरोपियों ने मिलकर उससे
    👉 कुल 8,63,000 रुपये (नकद + सोना) की खंडणी वसूली।

    🚔 पुलिस से क्या मांग

    पीड़ित ने मांग की है कि

    • पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो
    • झूठे केस दर्ज कराने और खंडणी मांगने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए
    • POCSO जैसे गंभीर कानून का गलत इस्तेमाल करने वालों को सजा मिले

    आप को बता दें कि जाकिर हुसैन सैय्यद उर्फ ज़ाकिर डॉट कॉम पहले ही एक रेप के केस में गिरफ्तार हो चुका है। जो न्यायिक हिरासत में सजा काट रहा है। पुलिस ने अब्दूल गफूर बाबू पटेल की शिकायत में अब्दूल अजीज कादर शेख उर्फ अज्जू और जैनब बानो जाकीर सय्यद को गिरफ्तार कर पैसे और सोने की रिकवरी कर रही है। इस केस के सिलसिले में माननीय न्यायालय के समक्ष मालवनी पुलिस जाकिर हुसैन सैय्यद उर्फ ज़ाकिर डॉट कॉम की कस्टडी की मांग कर रही है। जाकिर की गिरफ्तारी से और भी खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।


    ❓ FAQ

    Q1. क्या यह मामला अभी जांच में है?
    हाँ, पीड़ित ने पूरे घटनाक्रम की लिखित शिकायत दी है और जांच की मांग की है।

    Q2. क्या पीड़ित के पास सबूत हैं?
    पीड़ित का दावा है कि उसके पास कॉल रिकॉर्डिंग और पैसों के लेन-देन से जुड़े सबूत मौजूद हैं।

    Q3. किन लोगों पर आरोप हैं?
    अब्दूल अजीज कादर शेख, जाकीर डॉटकॉम, जैनब बानो और उनकी बेटी नुसरत पर आरोप लगाए गए हैं।

    Q4. कितनी रकम की खंडणी का आरोप है?
    कुल 8.63 लाख रुपये नकद और सोने की वसूली का आरोप है।

  • दिंडोशी में पानी संकट पर बड़ी राहत, 3 लाख लीटर की टंकी के काम का शुभारंभ

    दिंडोशी में पानी संकट पर बड़ी राहत, 3 लाख लीटर की टंकी के काम का शुभारंभ

    दिंडोशी विधानसभा क्षेत्र की महानगरपालिका, नागरी निवारा और म्हाडा वसाहत में लंबे समय से चली आ रही पानी की समस्या के समाधान के लिए 3 लाख लीटर क्षमता की नई पानी टंकी के निर्माण का काम शुरू हो गया है।

    मुंबई: दिंडोशी विधानसभा क्षेत्र में रहने वाले हजारों नागरिकों के लिए बड़ी राहत की खबर है। महानगरपालिका वसाहत, संतोष नगर, श्रीकृष्ण नगर, नागरी निवारा और म्हाडा वसाहत में लंबे समय से कम दबाव और अनियमित पानी आपूर्ति की समस्या से जूझ रहे लोगों को अब स्थायी समाधान मिलने जा रहा है। शिवसेना के प्रयासों से यहां 3 लाख लीटर क्षमता की सहायक पानी टंकी (AST) के निर्माण कार्य का शुभारंभ किया गया है, जिससे इलाके की पानी किल्लत हमेशा के लिए दूर होने की उम्मीद जताई जा रही है।

    चुनाव में दिया गया वादा अब ज़मीन पर उतरा

    शिवसेना के वरिष्ठ नेता, आमदार और पूर्व महापौर सुनिल प्रभु ने विधानसभा और मुंबई महानगरपालिका चुनाव के दौरान दिंडोशी क्षेत्र के नागरिकों को यह भरोसा दिलाया था कि पानी की पुरानी समस्या का स्थायी समाधान किया जाएगा। अब उसी वादे को पूरा करते हुए यह अहम परियोजना शुरू की गई है।

    कहां बनेगी 3 लाख लीटर की पानी टंकी?

    यह नई सहायक पानी टंकी—

    • दिंडोशी वसाहत
    • संतोष नगर
    • सेक्टर C, G, L, H, M और D
    • ए–1 स्वीट के पास
    • दिंडोशी वसाहत स्थित महानगरपालिका के भूखंड पर

    निर्मित की जा रही है, जिससे आसपास के ऊंचाई वाले इलाकों को सीधा फायदा मिलेगा।

    क्यों थी दिंडोशी में पानी की बड़ी समस्या? (पार्श्वभूमी)

    दिंडोशी वसाहत का एक बड़ा हिस्सा भौगोलिक रूप से ऊंचाई पर स्थित है। इसी वजह से यहां—

    • कई सालों से कम दबाव में पानी आता था
    • पानी की सप्लाई सिर्फ सुबह सीमित समय के लिए होती थी
    • ऑनलाइन पंपिंग सिस्टम होने के बावजूद ऊंचे हिस्सों तक पर्याप्त पानी नहीं पहुंचता था

    इससे महिलाओं, बुजुर्गों और नौकरीपेशा लोगों को रोज़ाना भारी परेशानी झेलनी पड़ती थी।

    महापालिका रिपोर्ट में क्या सामने आया? (तकनीकी जानकारी)

    बीएमसी के जल अभियंता विभाग की जांच में यह तथ्य सामने आए—

    • मौजूदा टंकी की क्षमता: 1.25 लाख लीटर
    • टंकी का निर्माण वर्ष: 2007
    • पंपिंग सिस्टम: ऑनलाइन पंपिंग + गुरुत्वाकर्षण
    • ज़ोन–I: सेक्टर D, H, M
    • ज़ोन–II: सेक्टर C, G, L

    पानी की समयसीमा बढ़ाने के बावजूद ऊंचे इलाकों में दबाव की समस्या बनी रही।

    तीन साल की मेहनत के बाद मिली मंज़ूरी

    आमदार सुनिल प्रभु, नगरसेवक तुलशीराम शिंदे और एडवोकेट सुहास वाडकर ने पिछले तीन वर्षों तक लगातार बीएमसी जल अभियंता विभाग के साथ बैठकें कर इस मुद्दे को आगे बढ़ाया।

    • 4 दिसंबर 2024 को AST टंकी का प्रस्ताव रखा गया
    • 6 जनवरी 2025 को संयुक्त बैठक में परियोजना को मंज़ूरी मिली

    नई पानी टंकी की प्रमुख विशेषताएं

    • लाभार्थी आबादी: 17,690 नागरिक
    • रोज़ाना पानी की मांग: 8 लाख लीटर
    • टंकी क्षमता: 3,00,000 लीटर
    • पंप: 2 (एक कार्यरत, एक स्टैंडबाय)
    • पंप क्षमता: 3300 लीटर प्रति मिनट
    • परियोजना लागत: ₹1.77 करोड़
    • काम शुरू: 15 दिसंबर 2025
    • अनुमानित पूर्णता: 14 नवंबर 2027

    हजारों परिवारों को होगा सीधा फायदा

    इस नई टंकी के शुरू होने से—

    • ऊंचे इलाकों में पूरा दबाव मिलेगा
    • पानी की सप्लाई नियमित होगी
    • सुबह-सुबह पानी भरने की मजबूरी खत्म होगी
    • महिलाओं और बुजुर्गों को बड़ी राहत मिलेगी

    क्या बोले आमदार सुनिल प्रभु?

    आमदार सुनिल प्रभु ने कहा—

    “दिंडोशी के ऊंचाई वाले इलाकों की पानी समस्या सिर्फ तकनीकी नहीं, बल्कि आम लोगों के रोज़मर्रा के जीवन से जुड़ी हुई थी। हमने 3 लाख लीटर की सहायक पानी टंकी मंज़ूर करवाई है। यह प्रोजेक्ट पूरा होते ही यहां की पानी समस्या हमेशा के लिए खत्म हो जाएगी। हम जो कहते हैं, उसे करके दिखाते हैं।”

    कार्यक्रम में कौन-कौन रहा मौजूद?

    इस शुभारंभ कार्यक्रम में—

    • नगरसेवक तुलशीराम शिंदे
    • एडवोकेट सुहास वाडकर
    • शाखाप्रमुख संदीप जाधव
    • संपत मोरे
    • सामाजिक कार्यकर्ता संपतदादा उतेकर
    • बीएमसी के अभियंता
    • शिवसैनिक, महिला-पुरुष पदाधिकारी
    • बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक

    मौजूद रहे। काम शुरू होते ही इलाके में खुशी और उत्साह का माहौल देखा गया।


    FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)

    Q1. दिंडोशी में कितनी क्षमता की पानी टंकी बन रही है?
    👉 3 लाख लीटर क्षमता की सहायक पानी टंकी।

    Q2. इस परियोजना से कितने लोगों को फायदा होगा?
    👉 करीब 17,690 नागरिकों को।

    Q3. टंकी कब तक पूरी होगी?
    👉 नवंबर 2027 तक पूरा होने की उम्मीद है।

    Q4. सबसे ज़्यादा फायदा किन इलाकों को मिलेगा?
    👉 संतोष नगर, श्रीकृष्ण नगर, नागरी निवारा और म्हाडा वसाहत के ऊंचाई वाले इलाके।

  • विक्रोली में अंजुमन इत्तेहाद तंबोलियन जमात की नई बॉडी गठित, रहमान भाई बने अध्यक्ष

    विक्रोली में अंजुमन इत्तेहाद तंबोलियन जमात की नई बॉडी गठित, रहमान भाई बने अध्यक्ष

    मुंबई के विक्रोली में अंजुमन इत्तेहाद तंबोलियन जमात की नई कार्यकारिणी का सर्वसम्मति से गठन किया गया। अध्यक्ष रहमान भाई ने संगठन को मज़बूत करने और समाज सेवा को आगे बढ़ाने की बात कही।

    बॉबी शेख
    मुंबई: विक्रोली इलाके में अंजुमन इत्तेहाद तंबोलियन जमात की नई बॉडी का गठन सर्वसम्मति से किया गया। इस मौके पर रहमान भाई को अध्यक्ष चुना गया। कार्यक्रम में समाजसेवा, आपसी एकता और सभी धर्मों के लोगों की मदद को आगे बढ़ाने पर ज़ोर दिया गया। इस अवसर पर विक्रोली से शिंदे गुट के नगरसेवक राजेश पंढरीनाथ सोनावले भी मौजूद रहे और उन्होंने नई समिति को शुभकामनाएँ दीं।

    कार्यक्रम का आयोजन और माहौल

    विक्रोली में आयोजित इस कार्यक्रम में जमात के वरिष्ठ सदस्य, युवा साथी और समाज के कई गणमान्य लोग बड़ी संख्या में शामिल हुए। पूरे आयोजन में भाईचारे और एकजुटता का माहौल देखने को मिला। नई बॉडी के गठन को लेकर समाज में उत्साह साफ़ दिखाई दिया।

    रहमान भाई का अध्यक्ष पद पर पहला बयान

    नव-निर्वाचित अध्यक्ष रहमान भाई ने कहा कि यह ज़िम्मेदारी उनके लिए सम्मान के साथ-साथ बड़ी जिम्मेदारी भी है।
    उन्होंने कहा,

    “मैं संगठन के सभी वरिष्ठ सदस्यों, सहयोगियों और जमात के हर सदस्य के साथ मिलकर काम करूंगा। हमारी कोशिश रहेगी कि भविष्य की योजनाओं और प्रभावी कार्यप्रणाली से संगठन को और मज़बूत किया जाए।”

    उन्होंने यह भी बताया कि अंजुमन इत्तेहाद तंबोलियन जमात हमेशा से समाज सेवा में आगे रही है।

    समाज सेवा में जमात की भूमिका

    रहमान भाई ने बताया कि जमात ने बिना किसी धर्म या जाति का भेद किए हमेशा ज़रूरतमंद लोगों की मदद की है।
    इनमें शामिल हैं:

    • शादी-ब्याह से जुड़ी समस्याएँ
    • कर्ज़ और आर्थिक परेशानियाँ
    • आवास और रहने की दिक्कतें
    • आपातकालीन मदद और सामाजिक सहयोग

    उन्होंने कहा कि आगे भी यह सिलसिला और मज़बूती से जारी रहेगा।

    नगरसेवक राजेश सोनावले का संबोधन

    इस कार्यक्रम में विक्रोली से शिंदे गुट के नगरसेवक राजेश पंढरीनाथ सोनावले ने भी सभा को संबोधित किया।
    उन्होंने कहा,

    “हमारी पार्टी हर समुदाय का सम्मान करती है। तंबोलियन जमात का यह कार्यक्रम समाज के लोगों की मदद करता है और हम भी उसी सोच के साथ काम करते हैं।”

    उन्होंने नई समिति को बधाई देते हुए कहा कि उनकी पार्टी हमेशा सभी वर्गों के लोगों की सेवा के लिए तैयार है।

    नई समिति के प्रमुख सदस्य

    इस मौके पर नई समिति के कई सदस्य मौजूद रहे, जिनमें प्रमुख रूप से:

    • राशिद भाई तंबोलियन
    • ताजुद्दीन भाई तंबोलियन
    • मुनीर भाई तंबोलियन
    • और अन्य समाजसेवी सदस्य शामिल थे

    सभी ने मिलकर संगठन को आगे ले जाने का संकल्प लिया।


    FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)

    Q1. अंजुमन इत्तेहाद तंबोलियन जमात की नई बॉडी कहाँ बनी?
    👉 मुंबई के विक्रोली इलाके में।

    Q2. नई बॉडी के अध्यक्ष कौन चुने गए?
    👉 रहमान भाई को सर्वसम्मति से अध्यक्ष चुना गया।

    Q3. इस कार्यक्रम में कौन-कौन मौजूद था?
    👉 जमात के सदस्य, वरिष्ठ समाजसेवी और नगरसेवक राजेश पंढरीनाथ सोनावले।

    Q4. जमात किस तरह की समाज सेवा करती है?
    👉 शादी, कर्ज़, आवास और ज़रूरतमंद लोगों की हर संभव मदद।