धुले के साकरी में कबूतरों के लेनदेन विवाद में युवक की गला रेतकर हत्या। आरोपी ने लूट की फर्जी कहानी गढ़ी, माता-पिता पर भी केस दर्ज। कोर्ट परिसर में आरोपी के रिश्तेदार की पिटाई से मचा हड़कंप।
महाराष्ट्र: धुले जिले के साकरी शहर में कबूतरों के लेनदेन को लेकर हुए विवाद ने खौफनाक मोड़ ले लिया। आरोपी नूर भटू पिंजारी ने अपने ही दोस्त शोएब सईद शेख की धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी के परिवार ने पुलिस को गुमराह करने के लिए ‘लूट की झूठी कहानी’ रची, लेकिन सख्त पूछताछ में सच सामने आ गया। पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और माता-पिता के खिलाफ भी गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया है। वहीं, कोर्ट में पेशी के दौरान आरोपी के मामू की भीड़ ने पिटाई कर दी, जिससे इलाके में तनाव फैल गया।
कबूतरों के शौक ने ली दोस्ती की जान
धुले के साकरी स्थित महाराणा प्रताप चौक इलाके में रहने वाले शोएब शेख और नूर पिंजारी गहरे दोस्त बताए जाते हैं। दोनों को कबूतर पालने और उनके लेनदेन का शौक था।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, कबूतरों की खरीद-फरोख्त और पुराने पैसों के विवाद को लेकर दोनों के बीच काफी समय से तनातनी चल रही थी। घटना वाले दिन यह विवाद इतना बढ़ गया कि नूर ने अपने घर की छत पर शोएब पर धारदार हथियार से हमला कर दिया।
छत पर मिला खून से लथपथ शव
हमला इतना घातक था कि शोएब की मौके पर ही मौत हो गई। उसका शव आरोपी के घर की छत पर खून से सना मिला। इलाके में इस ‘ब्रूटल मर्डर केस’ की खबर फैलते ही सनसनी मच गई।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, दोनों की दोस्ती मिसाल मानी जाती थी, लेकिन कबूतरों के लेनदेन का विवाद जानलेवा बन गया।
लूट की फर्जी कहानी से पुलिस को गुमराह करने की कोशिश
हत्या के बाद मामले ने तब नया मोड़ लिया जब आरोपी के माता-पिता ने पुलिस को बताया कि अज्ञात लुटेरे घर में घुसे और हमला कर फरार हो गए।
लेकिन पुलिस को घटनास्थल पर कई संदिग्ध बातें मिलीं:
- जबरन घुसने के कोई स्पष्ट निशान नहीं
- आरोपी के बयान में विरोधाभास
- वारदात के तुरंत बाद कपड़े बदलना
कड़ाई से पूछताछ और फॉरेंसिक जांच के बाद झूठी कहानी का पर्दाफाश हो गया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई, माता-पिता पर भी केस
साकरी पुलिस ने मुख्य आरोपी नूर पिंजारी को हिरासत में ले लिया है।
साथ ही, साक्ष्य मिटाने, पुलिस को गुमराह करने और अपराधी को संरक्षण देने के आरोप में आरोपी के माता-पिता के खिलाफ भी IPC की गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया गया है।
यह मामला अब “Dhule Murder Case”, “Sakri Kabootar Dispute Murder” और “Maharashtra Crime News” जैसे कीवर्ड्स के साथ तेजी से सर्च किया जा रहा है।


Dhule कोर्ट के सामने ‘सिनेस्टाइल’ हंगामा
इस केस ने और तूल तब पकड़ लिया जब आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया।
न्यायालयीन कोठडी सुनाए जाने के बाद जैसे ही आरोपी को बाहर लाया गया, वहां मौजूद भीड़ भड़क गई। आरोपी का बचाव करने आए उसके मामू नबू पिंजारी को भीड़ ने साकरी-धुले महामार्ग पर बीच सड़क पर घेरकर पीट दिया।
इस घटना से कोर्ट परिसर और हाईवे पर कुछ समय के लिए तनाव का माहौल बन गया। पुलिस को स्थिति नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त बंदोबस्त करना पड़ा।
❓ FAQ Section
Q1. धुले में हत्या किस वजह से हुई?.
कबूतरों के लेनदेन और पुराने विवाद को लेकर झगड़ा हुआ, जो हत्या में बदल गया।
Q2. मुख्य आरोपी कौन है?
नूर भटू पिंजारी।
Q3. क्या परिवार के खिलाफ भी केस दर्ज हुआ?
हाँ, पुलिस को गुमराह करने और सबूत मिटाने के आरोप में माता-पिता पर भी मामला दर्ज किया गया है।
Q4. कोर्ट में क्या हुआ?
आरोपी के मामू की भीड़ ने पिटाई कर दी, जिससे कोर्ट परिसर में तनाव फैल गया।
Q5. आरोपी को कौन सी सजा हो सकती है?
अगर दोष साबित हुआ तो IPC 302 के तहत उम्रकैद या कठोर सजा हो सकती है।

