बीएमसी ने विक्रोली पार्कसाइट के पुनर्विकास प्रोजेक्ट में तीन अतिधोकादायक इमारतें खाली कराईं। कुल 28 इमारतों के पुनर्निर्माण का काम शुरू।
मुंबई: बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMc) ने विक्रोली पार्कसाइट क्षेत्र में चल रहे 28 इमारतों के बड़े पुनर्विकास प्रोजेक्ट के तहत मंगलवार (18 नवंबर 2025) तीन अतिधोकादायक (C-1 श्रेणी) इमारतों को खाली करा दिया। यह पहली बार है जब बीएमसी खुद पूरे प्रोजेक्ट का निर्माण कार्य संभाल रही है। पहले चरण में 9 इमारतों को खाली किया जाना था, जिनमें से 5 पहले ही खाली हो चुकी थीं।

🔹 प्रोजेक्ट का आकार: 28 इमारतें, दो चरणों में काम
विक्रोली पार्कसाइट इलाके में सभी 28 इमारतें C-1 श्रेणी में आती हैं, जिन्हें नही रहने लायक खतरनाक घोषित किया गया है।
- कुल प्रभावित इमारतें: 28
- पहले चरण की इमारतें: 9
- पहले से खाली की गईं: 5
- मंगलवार खाली हुईं: 3
- शेष के लिए कार्रवाई जल्द
बीएमसी अधिकारी ने बताया कि खाली कराई गई इमारतों का निष्कासन (Demolition) जल्द शुरू किया जाएगा।
🔹 बीएमसी अधिकारियों की मौजूदगी में कार्रवाई

कार्रवाई बीएमसी आयुक्त तथा प्रशासक भूषण गगराणी के निर्देश पर की गई।
पूरी प्रक्रिया की निगरानी में शामिल अधिकारी:
- अतिरिक्त आयुक्त (पूर्व उपनगर): डॉ. अमित सैनी
- उपायुक्त (परिमंडल-6): संतोषकुमार धोंडे
- सहायक आयुक्त (एन-वार्ड): डॉ. गजानन बेल्लाळे
बीएमसी टीम ने मौके पर पहुंचकर पूरे परिसर को सुरक्षित तरीके से खाली कराया।
🔹 67 परिवारों को मिला तात्कालिक आश्रय
खाली कराई गई तीन इमारतों में कुल 67 भाड़ोत्री रह रहे थे।
इन्हें भांडुप स्थित ओबेरॉय रियल्टी के PAP क्वार्टर्स में अस्थायी रूप से पुनर्वसित किया गया है।
बीएमसी का कहना है कि किसी भी भाड़ोत्री को बेघर नहीं छोड़ा जाएगा।
🔹 पुराने 280 sq ft के बदले मिलेगा 405 sq ft का नया घर
पुनर्विकास पूरा होने पर भाड़ोत्रीओं को—
➡ पुराने 280 वर्ग फुट की जगह
➡ 405 वर्ग फुट का नया घर
विक्रोली पार्कसाइट में ही मालकी हक के साथ दिया जाएगा।
यह बीएमसी के सबसे बड़े स्वनिर्मित पुनर्विकास प्रोजेक्ट्स में शामिल है।
🔹 नए एस-3 विंग में 13 मंज़िलों तक निर्माण पूरा

पहले चरण में प्रस्तावित S-3 बिल्डिंग के:
- कुल मंज़िलें: 23
- पूरा हुआ निर्माण: 13 मंज़िलें
बीएमसी का दावा है कि निर्माण कार्य तय समय सीमा में आगे बढ़ रहा है।
❓ FAQ SECTION
Q1. विक्रोली पार्कसाइट में कितनी इमारतों का पुनर्विकास हो रहा है?
बीएमसी कुल 28 इमारतों का पुनर्विकास कर रही है।
Q2. मंगलवार को कितनी इमारतें खाली कराई गईं?
मंगलवार को तीन अतिधोकादायक (C-1) इमारतों को खाली कराया गया।
Q3. भाड़ोत्रीओं को अस्थायी घर कहाँ दिया गया है?
उन्हें भांडुप के ओबेरॉय रियल्टी में पीएपी क्वार्टर्स में ठहराया गया है।
Q4. पुनर्विकास के बाद उन्हें कितना बड़ा फ्लैट मिलेगा?
पहले के 280 sq ft के बदले 405 sq ft का फ्लैट मिलेगा।
Q5. निर्माण कार्य कितनी प्रगति पर है?
S-3 इमारत में 23 में से 13 मंज़िलें बन चुकी हैं।



